Unplugged ft. Vishwajit Rane | Goa | Political Journey | Manohar Parrikar | Pratapsingh Rane
आपके फादर सात बार के चीफ मिनिस्टर रहे।. कभी किसी ने आपसे कहा कि आप नेपोटिज्म के. प्रोडक्ट हैं? फादर का कद अमिताभ बच्चन. जैसा हो तो अभिषेक बच्चन होके कैसा महसूस. होता है? लोगों की अपेक्षा अलग होती है। यू हैव टू. बी अचीवर लाइक हिम।. आपके फादर 50 साल तक एक्टिव पॉलिटिक्स में. विधायक चुनकर आए। क्या सबसे बड़ी स्ट्रेंथ. थी जो आपने ली उनसे? पेशेंस व्हिच आई एम डेवलपिंग नाउ।. गोवा में जिस पार्टी को सीट कम आती है वो. सरकार कैसे बना लेती है? टेल मी समथिंग. अबाउट मनोहर पारकर सर। यूनिक पर्सनालिटी.
जब वो बीमार थे पहली बार मैंने देखा कि. मनोहर परिकर की आंखों में आंसू आए जब मेरे. पिताजी उनको मिलने को हुए कि इतना इंटेंस. रिलेशनशिप था।. आपकी पर्सनालिटी में मुझे वो एक फायर नजर. आता है कि फ्लावर नहीं फायर है मैं।. फायर है. अभी आपका रिसेंटली वो वायरल हुआ था। वो. सिंघम वाला वीडियो।. अरे हु इज द सीएमओ हियर? सीएमओ कौन है? सिंघम वाला वीडियो नहीं था वो तो। मुझे. किसी का फोन आया और उसकी मां फोन पे रो. रही थी कि मुझे इंजेक्शन नहीं मिल रहा है।. तब मैं हॉस्पिटल चला गया। आपने कांग्रेस. क्यों छोड़ी थी? कांग्रेस ने मुझे टिकट नहीं दी।.
कांग्रेस की फंक्शनिंग और बीजेपी की. फंक्शनिंग में क्या अंतर है? वर्किंग. स्टाइल में क्या अंतर है? भारतीय जनता पार्टी में एक अलग तरीके की. इको सिस्टम है।. बहुत सारे आर्टिकल्स छपे आपके चीफ. मिनिस्टर बनने को लेकर।. बड़ी तकलीफ होती है जब आप योग्य हो और लोग. आपकी योग्यता ना पहचाने।. मेरी नजर में गोवा की इमेज जो है वो अलग आ. रही है सर। फिल्मों में भी हमने अलग ही. दिखाया वो मलंग वाली दुनिया।. गोवा इस आल्सो स्पिरिचुअलिज्म। गोवा इज. आल्सो स्पिरिचुअल म्यूजिक एंड हीलिंग।. गोवा इज आल्सो रिलीजियस टूरिज्म। बहुत से. मंदिर हैं। बहुत से चर्चेस हैं।.
आपके हाथ में बहुत सारे कलावे, बहुत सारे. धागे हैं। चीफ मिनिस्टर वाली मन्नत है ये. सारी? यह कुछ मन्नत नहीं है।. महाराष्ट्र में आजकल बड़ा चल रहा है। हिंदी. बोलने में पिटाई होती है।. गोवा में तो नहीं पिटाई करवाओगे।. गोवा में आप कौन सी भी भाषा बोलो। गोवा इज़. अ वेरी एडप्टिव स्टेट। आप कनाडा में बात. करो।. कोई अपोजिशन का लीडर आप उसको लुक अप करते. हो। ये भी आपको अच्छा लगता है।. मैंने बहुत फोकस बीजेपी पे ही रखा है।. बीजेपी. बिकम अ स्मार्ट पॉलिटिशियन। मैं आप. मोदी जी को गोवा में क्या पसंद है? जब वो मनोहर परिकर के बेटे की शादी में आए. थे तो मुझे एक फोटो निकालना था मोदी जी.
का।. हर खेल में सियासत होता है और सियासत का. अपना एक अलग खेल होता है। लेकिन कुछ. खिलाड़ी ऐसे होते हैं जो हर खेल में माहिर. होते हैं। मेरे आज के मेहमान भी ऐसे हैं।. जब वो खेल रहे थे तब गोवा को रिप्रेजेंट. किया और जब सियासत में आए तब भी गोवा की. कद्दावर पहचान है। नाम है विश्वजीत राणे.
जी।. नमस्ते।. गोवा के हेल्थ मिनिस्टर हमारे साथ हैं।. कैसे हैं सर आप? ठीक हूं।. गोवा की हवा पानी से नोएडा की हवा पानी. कैसी लग रही है आपको? मैं पहली बार नोएडा आया हूं। बहुत समय से. बहुत साल पहले आया था लेकिन अभी जमीन. आसमान का फल है।. लोग यहां से गोवा घूमने जाते हैं। मैं. शायद पहली बार ऐसा हो रहा है कि कोई इंसान. गोवा से यहां आया है। आमतौर पर हम लोग. छुट्टियां मनाने गोवा जाते हैं।. आप आना चाहिए गोवा।. आप इनवाइट करेंगे मैं जरूर आऊंगा।. डेफिनेटली वी विल इनवाइट यू एंड शो इज़ अ. बेटर पार्ट्स ऑफ़ गोवा व्हिच यू मे हैव नॉट.
एक्सपीरियंस्ड। देखा नहीं होगा आपने। तो. मुझे लगता है कि आप हमारी इनविटेशन पे. प्लीज आइए। गोवा कैसी है? गोवा का. परसेप्शन कैसा है? एक अलग परसेप्शन है।. मैं आज गोवा पे कई सारे सवाल आपसे करूंगा।. लेकिन उससे पहले मैं आप पर सवाल करूंगा।. मैं जब आपकी प्रोफाइल पढ़ रहा था तो. मुझे यह एहसास हुआ कि हर आदमी का अपना एक. संघर्ष होता है। हर आदमी की अपनी एक जर्नी. होती है। मैं जानना चाहता हूं कि अगर फादर. का कद अमिताभ बच्चन जैसा हो तो अभिषेक. बच्चन हो के कैसा महसूस होता है। आपके. फादर सात बार के चीफ मिनिस्टर रहे। सेवन.
टाइम्स 50 साल वहां पर विधानसभा में रहे।. आप खुद कई सालों से विधायक रहे। मिनिस्टर. हैं, दो-दो इंपॉर्टेंट मंत्रालय है। सीएम. पद में रहे। फिर भी क्या लोग कंपेयर करते. हैं आपके फादर से? आपको. नहीं मेरे पिताजी का एक लेगसी अलग था।. मेरे पिताजी अमेरिका जाके एक कष्ट करके. उधर पढ़ाई करके डब्ल्यूho में थे। फिर. यूएन में काम करके फिर गोवा आके एक गोवा. का नेतृत्व संभालने का उनको मौका मिला।. लेकिन उनकी लेगसी जो थी मैं उनके साथ.
कंपेयर नहीं कर सकता हूं। लेकिन मेरा अलग. तरीके से एक संघर्ष रहा। एक आइडेंटिटी और. काम करने का एक पैशन रहा। तो ये पैशन और. ये कमिटमेंट उनके माध्यम से ही ये. वैल्यू्यूज मुझ में आएंगी और मुझे लगता है. कि उनकी लेगसी और उनका और मेरा एक जर्नी. पॉलिटिक्स में जो आई आई डोंट थिंक वी कैन. कंपेयर इट बिकॉज़ उनकी एक जर्नी अलग जर्नी. थी।. बट स्ट्रगल तो होती है। जैसे आप अगर फादर. सात बार का चीफ मिनिस्टर हो तो बेटे का. स्ट्रगल किस तरह का होता है? बहुत लोगों की अपेक्षा अलग होती है। लोग.
लोगों को लगता है कि उनकी तरह आपका एक अलग. तरीके से अचीव यू हैव टू बी अचीवर लाइक. हिम। यू हैव टू डिलीवर लाइक हिम। लेकिन. मेरे पिताजी जो 21 साल मुख्यमंत्री रहे 50. साल विधायक रहे. ह्यूज टाइम 21 इयर्स और ही स्टार्टेड ऑफ. जो उनका एक 1980 से उनका एक जो जर्नी रहा. ये जर्नी ऐसे ऐसी रही कि पूरी ग्राउंड. वर्क और गोवा को एक टूरिज्म मैप पे लाने. का कोशिश शोगम गोवा में हो हुई और यह सब.
चीज करने में और पूरी इंफ्रास्ट्रक्चर. मुझे लगता है कि उनका एक टेन्योर में 21. साल के टेन्योर में उन्होंने बहुत सीखा।. का काम ऐसे किया लेकिन एक हमेशा चैलेंज. रहता है कि एक आइडेंटिटी उसमें से वही. शैडो में एक आइडेंटिटी बनाओ। यू डेफिनेटली. कैन नॉट क्रिएट बिकम अनदर प्रताप सिंह. राणे बट यू कैन ऑलवेज हैव अ आइडेंटिटी विद. इन दैट शैडो। मैंने हमेशा मेरे कार्यकर्ता. को बोला है कि यह जो पेड़ है इस पेड़ की. छाया में हम हम हैं। और यह पेड़ जो है. इसके बेसिकली इट्स अंडर द अंब्रेला ऑफ़.
हिस्ट्री जो हमें सिखाया गया है। दोज़. वैल्यूज़ वी हैव टू टेक टू द पीपल। एंड आई. थिंक वी कैन क्रिएट आवर ओन आइडेंटिटी अंडर. दिस अंब्रेला। बट दिस दिस अंब्रेला विल. ऑलवेज रिमेन। ये छत्रछाया के नीचे हमने जो. कोशिश की आज तक लोगों की सेवा करने में ये. कोशिश हमेशा रहेगी। लेकिन डेफिनेटली वी. कैन नॉट कंपेयर इट विथ दैट टाइप ऑफ लेगसी. एंड दैट टाइप ऑफ अचीवमेंट्स दैट ही हैज़. हेड एस इंडिया।. नेवर नो शायद आगे आपकी यात्रा और बड़ी हो. जाए। बीजू पटनायक के सामने नवीन पटनायक और. आगे निकल गए।. नहीं आगे जो होगा दैट ओनली टाइम विल टेल।.
बट वी हैव टू एप्रिशिएट व्हाट वाज़ डन। हम. हमें एप्रिशिएट करना चाहिए कि यह यह लेगसी. जो थी इट्स वी आर प्राउड हमें हमें एक. प्राउड अ वी ओन अप टू दैट लेगसी दैट ही. हैज़ क्रिएटेड और मुझे लगता है कि यही. लेगसी. को एक मान के यही वैल्यूज लेके लोगों के. बीच जाने में हमें आसानी होती है क्योंकि. लोग बिलीव करते हैं कि ये प्रताप सिंह. राणे का लड़का है और यह कुछ करके दिखाएगा. वो करेगा और हमें हमारे अपेक्षा जो है ये. अपेक्षा के आधार पे जो हम उनमें बिलीफ.
हमने रखा है हमने फेथ जो रखा है हम उनको. जीिताते हैं हमेशा कि यह कुछ ना कुछ करके. दिखाएंगे।. तो अगर मैं इसको और कॉम्प्लिकेट करूं और. मैं आपसे पूछूं कि आपके फादर की जो 21 साल. चीफ मिनिस्टर की लेगसी है ये आप पर बोझ. बनती है या आपको और ताकत हौसला देती है? नहीं एक एक पाथवे देती है कि 21 साल चीफ. मिनिस्टर है कि आपने आपने ऑलरेडी आपकी. रिसर्च के माध्यम से आपने देखा होगा एक. नॉन कंट्रोवर्शियल एक एब्सोलुटली क्लीन. एंड एब्सोलुटली कोई उस पे उनपे एक डाग ये.
50 साल में नहीं लगा ऐसे एक इंसान और एक. वैल्यूज़ जो उनमें है टू फॉलो दैट इन टुडेज़. टाइम इज़ अ चैलेंज एंड इट इज़ अ ग्रेट थिंग. टू मूव इन दैट डायरेक्शन एंड मुझे लगता है. आई एम प्राउड टू बी ह सन एंड इट्स. डेफिनेटली नॉट अ बर्डन ऑन. बट जैसे अपोजिशन होता है। अपोजिशन का क्या. काम होता है? वो तो हर चीज में कमी. निकालेगा। एंड आई एम श्योर आपके भी आलोचक. खूब सारे होंगे। आप भी लगातार जीत रहे हो. तो आलोचक होते होंगे। तो कभी किसी ने आपसे. कहा कि आप नेपोटिज्म के प्रोडक्ट हैं। ऐसे. आरो एलगेशन लगे आप पे?
नहीं एलगेशन एलगेशन ऑोजिशन हो या कोई भी. हो कुछ भी एलगेशन लेकिन आपकी मेहनत आपके. काम के माध्यम से लोग आपको जीताते हैं।. मैं प्रताप सिंह राणे का बेटा हूं इसलिए. मैं जीतता नहीं।. लोगों की फेथ होती है लेकिन एक टर्म शायद. आप जीत सकते हो।. लेकिन पांच टर्म जीतना यह आपकी काम के. माध्यम से ही आप जीत सकते हो।. मुझसे बहुत सारे लोगों से मैंने बात की. गोवा वालों से तो उन्होंने कहा कि आपके. फादर थोड़ा सरल स्वभाव के थे।. शांत मिजाज थे। आपकी पर्सनालिटी है। मुझे.
वो एक फायर नजर आता है। लोगों ने कहा कि. वो पुष्पा वाला स्टाइल कि फ्लावर नहीं. फायर है। मैं नहीं मैंने ऐसा नहीं है।. लेकिन एज अ यंगर पर्सन फ्रॉम द यंगर. जनरेशन हमें एक ये होती है कि अपेक्षा खुद. से अपेक्षा होती है कि यू नीड टू डिलीवर. फास्ट। उस समय परिस्थिति अलग थी। आज के. दिन लोगों की भी अपेक्षा बढ़ गई है। सो यू. नीड टू डिलीवर। इट्स नॉट अबाउट एनी स्टाइल. और नहीं और आई एम ट्राइंग टू इमिटेट समबडी.
नहीं बट कभी-कभी ऐसा होता है कि प्रेशर. इतना बढ़ जाता है यू हैव टू परफॉर्म यू. हैव टू डिलीवर तो मुझे लगता है कि आई एम. फाइन समय के हिसाब से एज यू मूव फॉरवर्ड. इन लाइफ लेसंस ऑफ़ लाइफ टीच यू टू बी मोर. काम एंड बी मोर एडप्टिव टू व्हाट इज. हैपनिंग कभी किसी ने आपसे कहा कि यार गोवा. से आप ज्यादा हाईलाइट हो जाते हो क्योंकि. आप आप खबरों में रहते हो नेशनल मीडिया में. भी आपको खबरें कवर होती रहती हैं लोगों का. इंटरेस्ट आप में जग जाता है जबकि क्योंकि. गोवा की बहुत सारी खबरें लोग नेशनल मीडिया. में कवर नहीं करते।. नहीं कभी-कभी खबर अच्छे कामों के लिए.
अच्छा है। पब्लिसिटी अच्छी होनी चाहिए।. ओके। आपने गोवा को बैडमिंटन में भी. रिप्रेजेंट किया था।. जी. तो ये खेल में मजा नहीं आ रहा था या खेल. में सियासत हो गई इसलिए सियासत में खेल. लोगे आप? नहीं ऐसा नहीं है। मैं जब तक. खिलाड़ी तो आप थे दोनों।. नहीं खेला। मैं गोवा को रिप्रेजेंट करता. था बैडमिंटन में बहुत साल। जब तक खेल सका. खेल सका। कंपटीशन बहुत होती है और देन आप. कॉलेज ज्वाइन करते करने के बाद मैंने वो. ऐसे शुरू से आपको यह था कि आपको. पॉलिटिशियन बनना है. नहीं ऐसा नहीं था बचपन से जब से मेरा पहला.
पहले जन्मदिन से मेरे पिताजी मंत्री थे और. उस समय के मुख्यमंत्री दयानंद बांदोड़कर. ने उन्होंने उन्हें स्पेसिफिकली चुन के घर. आके उन्होंने बोला आप एक पढ़े लिखे इंसान. हो मुझे आप जैसा इंसान मुझे मेरे कैबिनेट. में चाहिए एंड ही हैड जस्ट कम बैक फ्रॉम. अमेरिका एंड ही वाज़ अ डबल प्रो पोस्ट. ग्रेजुएट एंड उन्होंने आके उनको एक घर में. बैठकर उन्होंने बोला कि हमारी रीजनल. पार्टी है और यह लोगों के लिए है। लोगों. की सेवा करने में आप जैसे इंसान का मुझे. बहुत सहयोग मिलेगा और उस समय वो अ.
पॉलिटिक्स अ जॉइन किए। मुझे लगता है कि. लुकिंग एट द ओवरऑल सिचुएशन आई थिंक थिंग्स. आर ओके गोइंग ऑन एट द मोमेंट।. आपने कब रियलाइज़ किया कि आपको पॉलिटिशियन. बनना है? मुझे रियलाइज नहीं हुआ। मैं अभी आपने जो. प्रश्न पूछा कि मेरे पिताजी का एक जर्नी. जब चालू हुआ मुझे वही देयर वाज़ अ. ट्रेमेंडस अमाउंट ऑफ अ रोज के दिन हम. देखते थे कि पिताजी का काम करने का स्वभाव. लोगों को मिलना लोगों की सेवा करना और जब.
लोग खुशी हो के आते थे कि मेरा काम हुआ है. हॉस्पिटल की सेवा हो या किसी की. कोई काम हो कि लोगों के बीच जो हमेशा रहना. ये एक आदत पड़ चुकी थी। तो पिताजी जब. प्रचार को जाते थे। उस समय कार्यकर्ता. ज्यादा नहीं थे। अभी आप जब देखते हो सोशल. मीडिया का आउटरीच देखते हो या हजारों. लोगों की मीटिंग आप जब देखते हो उस समय. चारप लोग जाते थे और मैं भी बैठता था।. मेरे उम्र चारप साल हुई होगी। उस समय मैं.
देखता था कि पिताजी कैसे प्रचार करते हैं, जाते हैं, गांव में जाते हैं, लोगों से. मिलते हैं। एंड आफ्टर कमिंग फ्रॉम अमेरिका. आफ्टर स्टेइंग इन अमेरिका फॉर 10, 10 साल. से ज्यादा वह अमेरिका में रह चुके। 10. नहीं 10 12 साल उसके बाद आके एडप्ट करना. मैं जब छोटा था मैं देखता था तो लोगों के. बीच रहना ये स्वाभाविक मैं एक अलग तरीके. से एक मुझे एक इंटरेस्ट हो गया था कि. लोगों की सेवा करना और लोगों के लिए कुछ. करना यही मेरा माइंडसेट हो चुका था तो. ऑटोमेटिकली इट वाज़ बट नेचुरल जब संधि मिली.
तब मैं पॉलिटिक्स में प्रवेश किया।. आपके फादर 50 साल तक एक्टिव पॉलिटिक्स में. विधायक चुनकर आए। क्या सबसे बड़ी स्ट्रेंथ. थी जो आपने ली उनसे? पेशेंस व्हिच आई एम. डेवलपिंग नाउ. पेशेंस इज़ वन थिंग एंड आल्सो यह कभी. कुर्सी के पीछे कभी नहीं दौड़े और उनका एक. ही था कि लोगों समाज सेवा लोगों के लिए. कुछ करना लोगों के बीच रहना ही वाज़ अ वेरी.
ग्राउंडेड पर्सनालिटी एनीवन टुडे ही इज़. वेरी ग्राउंडेड जो बोलना है वो बोलते हैं. जो उनको लगता है कि मैंने करना चाहिए हियर. इज़ अ फॉरेस्ट मिनिस्टर सर आपका क्या काम. होना चाहिए क्योंकि सबसे ज्यादा समय गोवा. में वही फॉरेस्ट मिनिस्टर थे। तो इट्स अ. गुड लर्निंग और मुझे लगता है इट्स अ नाइस. थिंग दैट यू हैव सच अ एक्सपीरियंस पर्सन. एट होम हु कैन गाइड यू एंड यही मुझे लगता. है इज़ समथिंग दैट इज टेकिंग मी बट जैसे. हमारे यहां कहते हैं सर हम यूपी बिहार में.
अक्सर कहते हैं घर की मुर्गी दाल बराबर. कितना भी टैलेंटेड इंसान हो बट घर की. एडवाइस नहीं लेते हम बाहर से ले लेते हैं. तो आपके फादर ने कौन सी ऐसी चीज है जो. आपको सिखानी चाहिए और आपने उनसे पहले नहीं. सीखी बट आप उम्र के हिसाब सीख रहे हो. मुझे हमेशा बोला है बी सेटिस्फइड विथ. व्हाट यू आर डूइंग हैव अ ऑब्जेक्टिव इन. फ्रंट ऑफ यू व्हाट यू वांट टू डू आपको. क्या करना है? आपके आगे एक यह रख के आदर्श. रख के कि बाबा यह चीज मुझे करना है। गोवा. राज्य में यह सब चीज करना है। वो करके उसी. डायरेक्शन में जाओ। 10 तरह के लोग 10 तरह. की चीज बोलेंगे। एंबिशन एंबिशन होना चाहिए.
हर इंसान में। लेकिन वो एंबिशन कैन नॉट. ड्राइव यू ऑल द टाइम। काम के माध्यम से. आदमी ऑटोमेटिकली आगे बढ़ता जाता है। तो. दैट शुड बी योर मेन फोकस इन लाइफ। इसी तरह. आपको आगे जाना है।. ओके। अह गोवा में आपके फादर कांग्रेस. स्टार्टिंग रीजनल पार्टी से की। फिर. कांग्रेस में हुआ आए। लंबे समय तक. कांग्रेस में रहे। आप खुद कांग्रेस में. थे। एज अ आउटसाइडर फ्रॉम गोवा। जब हम. देखते हैं तो गोवा बड़ा इंटरेस्टिंग स्टेट. लगता है। कोई पार्टी कम सीट लाती है वो.
सरकार बना लेती है। ज्यादा लाती है वो. बाहर बैठी रहती है। आपने कांग्रेस क्यों. छोड़ी थी? एक्चुअली में ओरिजिनली कांग्रेस. से अ इलेक्शन नहीं लड़ा। मैं इंडिपेंडेंट. करके कांग्रेस ने मुझे टिकट नहीं दी। तो. आई कांटेस्टेड एज अ इंडिपेंडेंट वन एज अ. इंडिपेंडेंट ऑन माय ओन हम. और देन आई जॉइ द कांग्रेस बट उसके बाद. मुझे लगा कि मोदी जी के नेतृत्व और जब. मैंने मेरे पिताजी आल्सो यूज़ टू लुक अप टू. मोदी जी और उनके नेतृत्व उनका विज़न इज़ वाज़. समथिंग दैट वाज़ ऑलवेज अट्रैक्टिंग मी।. आफ्टर अ सर्टेन पीरियड ऑफ टाइम इन. कांग्रेस आई रियल मुझे लगा कि मोदी जी के.
नेतृत्व और जो उनकी विचारधारा है लोगों के. प्रति और लोगों के तरफ उनका जो ध्यान जाता. है और आउटरीच के माध्यम से वो लोगों की. सेवा करना चाहते हैं। मुझे लगा कि ये उनके. माध्यम से और उनके लीडरशिप और नेतृत्व के. नीचे मुझे काम एक कार्यकर्ता जैसे काम. करना चाहिए और संधि मिला तो मैं काम. करूंगा। यह पहले से मेहनत है।. बट देव फ्यू आर्टिकल्स आपके नाम पे जिसमें. था कि कांग्रेस सरकार नहीं बना पाई थी और. दिग्विजय सिंह से आप नाराज थे कि बड़ी. लापरवाही हो गई और हमने भी उस टाइम टीवी.
क्योंकि मैं एक्टिव था तो हम बड़ी खबरें. चलाए थे कांग्रेस ढीली पड़ गई।. आपने पहले भी उसमें देखा होगा कि विश्वजीत. बीजेपी की तरफ बीजेपी बीजेपी जो भारतीय. जनता पार्टी जो है प्रधानमंत्री उनकी नीति. उनके बारे में बहुत बात करता था मैं। तो. पहले से मेरा तय था कि मैं भारतीय जनता. पार्टी और प्रधानमंत्री के नेतृत्व के. नीचे काम करूंगा। ऐसा नहीं था कि सरकार. आएगी, सरकार नहीं आएगी। अभी इतने साल मैं. अभी भारतीय जनता पार्टी में हूं। मोदी जी.
के नेतृत्व है। गृह मंत्री जी के एक. मार्गदर्शन और अलग तरीके से हमें आगे जाना. है। और मुझे लगा कि देश आगे बढ़ना चाहिए. और राज्य आगे बढ़ना चाहिए। तो मेरे जैसे. यंग जनरेशन के लीडर्स हम यह नेतृत्व के. नीचे काम करना चाहिए। मुझे लगा कि दिस इज़. अ दिस इज़ अ ग्रेटेस्ट सैटिस्फैक्शन वन कैन. गेट इज़ टू वर्क अंडर दिस लीडरशिप एंड टू. सर्व योर पीपल।. अगर सेंट्रल में गवर्नमेंट किसी की हो. तो क्या स्टेट गवर्नमेंट को फायदा होता. है? डेफिनेटली फायदा होता है। डेफिनेटली फायदा.
होता है। और और एक होता है कि आप कैसे. फायदा ले सकते हो और देश के नेतृत्व में. आप बोलेंगे मैं क्यों बोल रहा हूं यह चीज।. देश मोदी जी के विज़न मोदी जी के माध्यम से. गए इतने 11 सालों में अलग-अलग माध्यम से. गोवा राज्य को बहुत सी बेनिफिट मिली है।. आप बोल रहे थे आप गोवा जाते हैं छुट्टियां. मनाने के लिए। आप गोवा का इंफ्रास्ट्रक्चर. का देखिए 30 से 40 500 करोड़ जो इतने. सालों में नहीं आया। अह रोड. इंफ्रास्ट्रक्चर और रोड नेटवर्क.
एयरपोर्ट्स उसके माध्यम हमारे पास अभी. हेल्थ सेक्टर में इतना बेनिफिट गोवा राज्य. को मिल रहा है। ये सिर्फ मोदी जी के. माध्यम से गोवा राज्य में हमें इन्हें. इतना बेनिफिट मिला है। और मुझे लगता है कि. गोवा इज़ ऑन अ अप स्विंग टुवर्ड्स बिकमिंग. अ वेरी प्रोग्रेसिव स्टेट। कई चीज. चैलेंजेस होती है। लेकिन मुझे लगता है कि. मोदी जी के माध्यम से जो कुछ गोवा को. बेनिफिट मिला है, दिस विल ट्रांसफॉर्म. गोवा इनू वन ऑफ़ द बेस्ट स्टेट्स इन द. कंट्री। कहते हैं छोटे राज्यों की बड़ी. समस्याएं होती हैं। छोटे राज्यों में. पॉलिटिक्स बड़े राज्यों में ज्यादा होती. है। हम यूपी बिहार में बात करते हैं तो.
यहां पर कास्ट बेस पॉलिटिक्स खूब होती है।. धर्म की पॉलिटिक्स खूब होती है। गोवा में. आपको क्या लगता है? किस-किस मसले पर आप. लोग लड़ते झगड़ते हैं अपोजिशन से? बहुत सी चीज होती है। अपोजिशन का काम ही. है कि हर चीज और हर इशू आगे ले जाने के. लिए। लेकिन बेसिकली गोवा में एक यंगर. जनरेशन का बहुत सी बहुत सी इशू होती है और. बेसिकली एव्री गवर्नमेंट हैज़ अ चैलेंज ऑफ़. द यंगर जनरेशन। एंड इन गोवा कास्ट बेस ऐसी. चर्चा नहीं होती। एक्चुअली बेसिकली इट. हैप्पेंस ओनली ऑन प्रोजेक्ट्स.
इंप्लीमेंटेशन एंड मुझे लगता है कि ठीक. है।. कांग्रेस की फंक्शनिंग और बीजेपी की. फंक्शनिंग में बिकॉज़ आप दोनों जगह रहे हो।. आपके फादर बहुत लंबे समय तक कांग्रेस में. रहे। फंक्शनिंग में क्या अंतर है? वर्किंग. स्टाइल में क्या अंतर है बीजेपी और. कांग्रेस में? भारतीय जनता पार्टी एक. डिसिप्लिन पार्टी है। भारतीय जनता पार्टी. में एक अलग तरीके की इकोसिस्टम है और एक. डिसिप्लिन और एक कार्यकर्ता हर आदमी एक. कार्यकर्ता होता है। मंत्री हो या कोई भी. हो हमें काम जब हम करते हैं लोगों के बीच. जाते हैं। एक कार्यकर्ता के माध्यम से हम. जाते हैं और मुझे लगता है कि योर. अंडरस्टैंडिंग ऑफ द वर्ड ऑफ़ एक कार्यकर्ता.
का अंडरस्टैंडिंग होता है। एक तो हो गया. एक कहने की बात हो गई।. कहने की बात हो गई। लेकिन ग्राउंडेड होना. जरूरी है। और जब हम बा बैठते हैं यह मैं. मंत्री हूं इसलिए मैं मुझे ऊपर का दर्जा. मिलेगा पार्टी में ऐसा नहीं है। एक. कार्यकर्ता और बाकी का जो जो कार्यकर्ते. हैं उनको साथ में ले जाने की एक अलग तरीके. से एक डिसिप्लिन और इंप्लीमेंटेशन और सबको. एक फीलिंग ऑफ बीइंग यूनाइटेड एंड फीलिंग. फॉर भारतीय जनता पार्टी और भारतीय जनता. पार्टी और नेतृत्व के लिए हमें कैसा काम. करना चाहिए। ये सब यूनाइटेडली हम कैसे आगे.
जा सकते हैं।. यह तो बीजेपी की स्ट्रेंथ आपने बता दी।. कांग्रेस में क्या था? नहीं उधर ऐसी. डिसिप्लिन नहीं थी। डिसिप्लिन नहीं थी और. डिसिप्लिन अह मुझे नहीं लगता कि इस तरीके. से डिसिप्लिन और एक विज़न और फोकस और जिस. तरीके काम करने की एक पैटर्न होना चाहिए. वो टोटली अनऑर्गेनाइज्ड था। मुझे लगता है. कि भारतीय जनता पार्टी एक डिसिप्लिन. ऑर्गेनाइजेशन और पार्टी है और एक. विचारधारा के माध्यम से वह विचारधारा हम. कैसे हम लोगों के पास पहुंचा सकते हैं और. वो विचारधारा के माध्यम से लोग कैसे हमें.
हमारी तरफ आ सकते हैं और जुड़ जा सकते. हैं। यह बहुत इंपॉर्टेंट चीज है। मैं काम. करूंगा आपका इसलिए मेरे पास आओ। नहीं यह. एक मेरी विचारधारा भारतीय जनता पार्टी की. नीति भारतीय जनता पार्टी की पॉलिसी और यह. पार्टी यह पॉलिसी यह माध्यम से हम काम. करते हैं। इसलिए आप हमारी तरफ आना चाहिए. और जुड़ना चाहिए। ये हम लोगों को कन्विंस. करके हमारी तरफ लाते हैं। मेरे क्षेत्र. में बहुत से काम होते हैं। आपने बोला आप. केदारनाथ गए थे। अब मैं भी गोवा में अभी. हमें अलग तरीके से हम चीज कर रहे हैं कि.
स्पिरिचुअल म्यूजिक और हीलिंग फेस्टिवल्स. के माध्यम से लोगों को जुड़वाना चाहते. हैं। स्पिरिचुअल. स्पिरिचुअल म्यूजिक. बिकॉज़ मैं मेरी नजर में गोवा की इमेज जो. है वो अलग आ रही है सर फिल्मों में भी. हमने अलग ही दिखाया वो मलंग वाली दुनिया. आप आपको शुभांकर जी आप अभी केदारनाथ का. बात कर रहे थे आप बोल रहे थे. ब्यूटीफुल प्लेस आप गए हैं. मैं अभी जा के आया हूं. तो मेरे को पहले चलो केदारनाथ बता दो आप. हाउ वास एक्सपीरियंस केदारनाथ. एक्सीलेंट मुझे मैं हर साल जाता हूं और. हां मुझे लगता है कि ये ये ऐसे एक स्थान. है जो आपको एक सेटिस्फैक्शन मिलता है उधर.
जाके अभिषेक करके प्रार्थना करके उधर काल. भैरव का मंदिर इधर ऊपर है उधर जाके उधर. हवन करके एक अलग तरीके सेटिस्फेक्शन है।. एक अलग तरीके की एक इनर फीलिंग और इनर. सेंस ऑफ़ सेटिस्फेक्शन आप आप आप खुद जाते. हो। आप बोलते हो कि हमेशा आपको उधर जाके. मुझे बहुत सुकून भी लगता है। मुझे लगता है. जब आप ऊपर पहुंचते हो तो आपको वो जो हवाएं. भी छूती हैं। आपको एक अलग ऊर्जा देती है।. एक अलग वाइब है। बट आई एम वेरी हैप्पी एंड. आई वांट पीपल टू नो कि गोवा के हेल्थ. मिनिस्टर जो है वो केदारनाथ. मैं गोवा मैं गोवा मैं गोवा का एक अलग.
नजरें आपको बोलूंगा एक एक प्रेजेंट करूंगा. कि गोवा में यही समय में हमने देश के. प्रधानमंत्री के यश प्राप्ति के लिए और. आर्म फोर्सेस के सक्सेस और जो हमारे. पहलगाम में पाकिस्तान की तरफ से जो हुआ. उनके फैमिलीज़ के लिए और आर्म में जो. पहलगाम में जो हुआ उनके लिए हमने अति अति. रुद्र रखा था। अति अति रुद्र गए 350 साल. में नहीं हुआ है। और अति अति रुद्र अति.
रुद्र. अति रुद्र जो होता है एक 11 * 11 यह अति. अति रुद्र होता है। एक 2500 पंडित लेके. जम्मू से ले कन्याकुमारी और सौराष्ट्र से. ले त्रिपुरा से पंडित आए थे और हमने ये. किया था और यह किया था और एक स्पिरिचुअल. अलग तरीके से एक एनर्जी और प्रार्थना एक. ही थी यश प्राप्ति प्रधानमंत्री के लिए. मोदी जी के लिए और देश के आर्म फोर्सेस को. बल मिलने के लिए और मुझे लगता है कि इस. माध्यम से बहुत से लोग जुड़ जाते हैं।.
बहुत से लोग जुड़ गए। प्रार्थना के माध्यम. से सब समाज के लोग जुड़ जा सकते हैं। मैं. जब जाता हूं बाकी समाजों में मेरे. कॉन्स्टिट्यूएंसी की कॉम्बिनेशन होती है. कि मुसलमान है, क्रिश्चियन है। मैं बोला. मैं मैंने जन्म लिया हिंदू. मुझे प्रार्थना. मेरे मां ने पिताजी ने जो सिखाया वो. प्रार्थना के माध्यम से मैं मैक्सिमम. प्रार्थना करूं। मेरे मां को कैंसर है। तो. मेरा एक ही इच्छा होती है कि प्रार्थना के. माध्यम से मैं क्या करूं? तो मुझे जो. सिखाया गया था वो उस माध्यम से जाओ। मैंने.
मुसलमान भाइयों को बोला आपकी मां बीमार. होती क्या मैं मुसलमान जन्म लेता तो मैं. मुस्लिम धर्म के माध्यम से प्रार्थना. करता। मैं क्रिश्चियन में ये इफ आई वास. बोर्न इन अ क्रिश्चियन कम्युनिटी मैं तो. चर्च में जाके प्रार्थना करता। लेकिन आज. भी गोवा में एक सेंट एंटनी चैपर है जो एक. गोवा वेल एक वेरी पॉपुलर प्लेस वो चर्च. मैं संभालता हूं। पूरी सेवा मैं करता हूं।. लेकिन मैं धार्मिक और मेरी जो हिंदू धर्म.
का मुझे एक अभिमान है। इस माध्यम से मैंने. यह स्पिरिचुअल जर्नी अलग तरीके से गोवा. में यंगर जनरेशन को कैसे हम आकर्षित कर. सकते हैं ये करने की कोशिश कर रहा हूं।. अभी 7 नवंबर को भी और एक कार्यक्रम गोवा. में होगा। बड़े पैमाने पे होगा। और यह हम. क्या कर रहे हैं कि स्पिरिचुअल म्यूजिक. हीलिंग उस उस वक्त मेरे हम हमने उधर. परफॉर्मेंस करना नहीं करना बहुत चैलेंजिंग. था ऋषभ रिक शर्मा हमारे बीच में थे तो एक. ही था कि आर्म फोर्सेस के विचार उनके. परिवार उनको यश मिले उनके.
पूरी एक रक्षा कवच और भगवान का आशीर्वाद. उनके पूरी आर्म फोर्स की फैमिलीज पे रहे. क्योंकि आर्म फोर्स बॉर्डर्स पे जाके जो. प्रेत जो टोटल सुरक्षा देश के लिए करते. हैं और हमारे प्रधानमंत्री को यश प्राप्ति. और बल, अच्छे विचार और अच्छे अह. बेस्ट ऑफ़ हेल्थ ये सब यह सब चीज़ करने की. जरूरत होती है और मुझे लगा कि गोवा में. आपने जो बोला कि गोवा की पार्टी का. परसेप्शन होता है। गोवा मैं आपको इसको और.
अच्छे से फ्रेम कर देता हूं।. गोवा इंडिया में अगर आप किसी से बात करोगे. आप गोवा के हो तो आपका एक शायद एक नजरिया. लगा। वहां रहते हो आप कि वो स्टेट है। बट. अगर बाहर से देखें तो हमारे लिए वो एक. वैकेशन पॉइंट है जहां पर हम एंजॉय करने. आते हैं। गोवा को लेकर जो फिल्में बनी वो. केवल एंजॉय पे है। कई बार क्रिटिस. क्रिटिसिज्म में हम कहते हैं कि जैसे. उत्तराखंड देवभूमि आप अभी घूम कर आए तो. वहां पर हम कहते हैं कि आप उसको गोवा मत. बनाइए। गोवा ना बनाने का मतलब है नशा, मौजमस्ती, पार्टी। एक यही इमेज हमारे. दिमाग में आती है। मैं आपसे बात कर रहा.
हूं। मुझे गोवा के बिल्कुल डिफरेंट इमेज. आप दिखा रहे हो। सो आपको लगता है इस देयर. समथिंग जिसको आप चेंज करना चाह रहे हो? डेफिनेटली गोवा का जो परसेप्शन है वह चेंज. हो रहा है। गोवा का परसेप्शन जो है इवन इन. हिंट टूरिज्म जो फॉरेस्ट में लोग पीपल कैन. गो एंड टेक मैक्सिमम प्लेजर आउट ऑफ़ गोइंग. इंटू द फॉरेस्ट। ये फॉरेस्ट में जाके इको. टूरिज्म ये सब हब्स डेवलप करने की कोशिश. ऑलरेडी हमने चालू कर कर कर दिया है।. प्राइवेट सेक्टर को इन्वॉल्व करके तो. लोगों को एग्जैक्टली गोवा की ग्रीनरी गोवा. का हिंटलैंड टूरिज्म क्या है? गोवा के.
वॉटरफॉल्स क्या है? ये सब एंड इट्स अ. टोटली डिफरेंट एक्सपीरियंस। आप मुझसे कह. रहे हो कि शुभांकर गोवा में वीकेंड मस्ती. करने मत आना। स्पिरिचुअल चीजें दिखाएंगे. आप मुझे गोवा में।. आपको बीच टूरिज्म एक इज़ वन एस्पेक्ट।. हम. पीपल कम टू एंजॉय द बीचेस। पीपल कम टू. एंजॉय द स्पिरिचुअल एस्पेक्ट आल्सो। एंड. वी आर आल्सो ट्राइंग टू सी दैट वी आर एबल. टू मेक दिस इंटू अ वेरी स्पिरिचुअल कैपिटल. ऑफ़ स्पिरिचुअल म्यूजिक, हीलिंग। ये सब चीज. के माध्यम से अलग तरीके से पोट्रे करना. चाहिए। मुझे लगता है यह कोशिश करने की आज.
जरूरत है। यंगर जनरेशंस को भी पता होना. चाहिए कि क्या चाहिए। व्हाट इज गुड। व्हाट. इज एंजॉयमेंट कि कैन नॉट बी ओनली अ. डेफिनेशन के व्हेयर यू गो एंड ओनली अ. पार्टी इन अ पर्टिकुलर मैनर। बट इट कैन बी. आल्सो एंजॉयमेंट थ्रू स्पिरिचुअल म्यूजिक. हीलिंग एंड सेवरल अदर थिंग्स। सो बेसिकली. टू क्रिएट अ कैपिटल ऑफ स्पिरिच स्पिरिचुअल. कैपिटल एंड स्पिरिचुअल म्यूजिक एंड हीलिंग. कैपिटल इन ऑफ़ द कंट्री। वी आर वर्किंग इन. दैट डायरेक्शन। मेरे हाथ में सर एक कलावा.
है। एक वैष्णो माता का यह काला वाला धागा. है जो भैरव बाबा का है। आपके हाथ में बहुत. सारे कलावे बहुत सारे धागे हैं। चीफ. मिनिस्टर वाली मन्नत है ये सारी? ये कुछ मन्नत नहीं है। ये जब मैं मंदिर. में जाता हूं कोई पंडित बांध देता है। तो. बांध देता है तो मैं छोड़ देता हूं। तो. ऐसे. कितने कितने आपने बंधवा रखे हैं मतलब? चार पांच है। अब क्या है आप आप भी. स्पिरिचुअल हो। मैं देख रहा था आपके हाथ. पे भी त्रिशूल है।. शिव जी। तो, बेसिकली, ऐसी बात नहीं है। यह. अभी कोई अभी मैं गया था स्वा गया था अह.
बेंगलोर। उधर स्वामी जी ने बोला हम एक. भगवत गीता का बड़ा एक एक कोटि जाप का हम. पारायण कर रहे हैं। तो यह आप बांधो। जब. स्वामी जी बांधते थे। मैंने ऐसे रख दिया।. अभी ये रुद्राक्ष हम पहनते हैं। हमें. रुद्राक्ष तो धर्म के लिए अच्छा है। पूजा. पाठ होती है। मेरे घर में भी पूजा पाठ. होती है। तो आई एम वेरी स्पिरिचुअल। आप. जैसे. शिव जी के भक्त हैं। आप. मैं बहुत शिव जी का भक्त बहुत कर करता हूं. मैं। आय अंदर से इट्स अ डिफरेंट टाइप ऑफ़. इमोशन।. व्हाई लॉर्ड शिवा ओनली? इट्स नॉट अबाउट व्हाई लॉर्ड शिवा। मैं. व्हाई लॉर्ड शिवा? जैसे मुझे शिव मुझे शिव.
जी में सुकून मिलता है।. मुझे बहुत सुकून मिलता है। अभिषेक जब करता. हूं बहुत सुकून मिलता है। जो हमने. स्फटिक का जो शिवलिंग अत्यंत में रखा था. उसका मैं रोज अभिषेक करता हूं घर में। तो. यह एक अलग एक अलग सेंस ऑफ़ सेटिस्फेक्शन।. इट इज नॉट बिकॉज़ यू वांट टू पोट्रे दैट यू. आर समबडी। नो दिस इज फॉर माय पर्सनल।. ये तो मेरी नजर गए इसलिए मैंने सवाल पूछ. लिया।. नहीं ठीक है नजर. अच्छा लगा मुझे कि आपने रुद्राक्ष पहना और. क्योंकि मैंने वो भी दौर देखा जब लोग अपनी.
आइडेंटिटी छिपे थे।. नहीं मैं छिपाता नहीं। मेरे घर पे ऊपर. सनातन धर्म का फ्लैग भी चलता है। और एक. फ्लैग ऐसे शायद सालासर बालाजी हनुमान जी. का हो या मेरे घर पे खाटूश्याम भगवान का. हो। होय नॉट अजय दिस कन्वर्सेशन। और सनातन. आप बिलीव नहीं करोगे जब अत्यधिक हुआ था तब. हमने हमारे पास 2500 ब्राह्मण थे। हमने. नेशनल फ्लैग लेके इन इंटीग्रिटी एंड इन वन. वि द नेशन हमारे ब्राह्मणों ने हाथी के.
साथ प्रोसेशन निकाला टिल द शिवलिंग। यू. लाइक गोवा टू बी अ प्लेस ऑफ़ एंजॉयमेंट। यू. मस्ट कम टू गोवा टू एंजॉय। बट गोवा हैज़. मोर देन एंजॉयमेंट। गोवा इज़ आल्सो. स्पिरिचुअलिज्म। गोवा हैज़ आल्सो. स्पिरिचुअल म्यूजिक एंड हीलिंग। गोवा इज़. आल्सो रिलीजियस टूरिज्म। सो वी हैव टू लुक. एट क्या है मुझे थोड़ा बताओ आप. बहुत से मंदिर है, बहुत से चर्चेस हैं।. व्हेन आई से स्पिरिचुअल सारे धर्मों का. सारे धर्मों का उस माध्यम से मैं जो नए. तरह से मैं आगे ले रहा हूं। जो अत्य रुद्र.
जब हुआ 20, 25,000 लोग आए थे। 20-2, 25,000 लोग उसमें दे वर पार्टिसिपेटेड इन. दिस अत्यधिक रुद्र। सो बेसिकली. माय होल थिंग इज दैट वी एज़ अ कैपिटल वी एज़. अ स्टेट एंड वी हैव टू अंडरस्टैंड वन थिंग. इज़ व्हेन वी टेक द यंगर जनरेशन जो यंग. जनरेशन के जो नौ नौजवान हैं उनको वी नीड़. टू एंगेज देम एंड वी नीड़ टू एंगेज देम. इनको एंगेज इस तरह से करना चाहिए जो दे. आल्सो अह बिकम अ पार्ट ऑफ़ दिस जर्नी ऑफ़.
स्पिरिचुअल अह म्यूजिक एंड हीलिंग।. स्पिरिचुअल स्पिरिचुअलिज्म डज़ंट मीन इज़. रिस्ट्रिक्टेड वन ये रिस्ट्रिक्टेड नहीं. है एक रिलीजन के लिए। सब लोग जुड़ जा सकते. हैं। म्यूजिक कैन बाउंड एवरीबॉडी वी ऑल से. दैट म्यूजिक इज वन फैक्टर दैट बंड अभी 7. तारीख को मैं आपको भी खुद आके इनवाइट. करूंगा कि आप एक ऐसी फेस्टिवल होगी जो तीन. दिन का एक स्पिरिचुअल माध्यम से कि लोग. जुड़ जाएंगे। यंगर जनरेशन जुड़ जाएगा। तो. इसलिए मैं बोल रहा हूं कि हर चीज लेट मैं.
जो चीज आपको बोलना चाहता था इट्स नॉट इजी।. यू हैव टू प्लान इट। आपको इस तरह से प्लान. करना चाहिए कि मैं यह यंगर जनरेशन क्या यह. गोवा का जो परसेप्शन है यह गोवा का. परसेप्शन कैसे बदललूंगा और गोवा का. परसेप्शन बदलना चाहिए कि सब लोग जुड़ जाए।. मैं नहीं बोल रहा हूं कि सनातन धर्म क्या. सनातन धर्म का फ्लैग मेरे घर के ऊपर है।. इसलिए मैं कुछ पोट्रे या शोकेस करना चाहता. हूं। मैं कुछ शोकेस नहीं करना चाहता हूं।. मेरे धर्म के प्रति मैं एक हिंदू हूं।. मेरे धर्म के प्रति मुझे अभिमान है। उसी.
बात सेम ब्रेथ आई वुड लाइक टू मेक अ मेंशन. टू यू दैट गोवा बिलोंग्स टू ऑल एंड. स्पिरिचुअलिज्म इज़ समथिंग दैट हैज़ टू बी. टेकन फॉर बिकॉज़ इन टुडेेस टाइम ऑफ़. चैलेंजेस एंड आज के समय में हम जो स्ट्रेस. लेवल से गुजरते हैं चैलेंजेस और डायनेमिक. जो प्रोसेस आप जो बोल रहे थे कि आप देखते. हो कि ओवरऑल द डायनेमिक्स ऑफ लाइफ ये चेंज. हो चुका है।. मेंटल हेल्थ को बहुत तकलीफ. मेंटल हेल्थ को बहुत तकलीफ होती है। तो. मुझे लगता है कि इस समय हमें इस तरह जाना.
चाहिए। यंगर जनरेशन को भी प्रति उनको एक. सोच विचार अलग करना चाहिए। वी आर नॉट. आस्किंग देम टू चेंज देयर थॉट प्रोसेस बट. वी आर ट्राइंग टू क्रिएट समथिंग वेयर. एवरीवन कैन बी अ पार्ट ऑफ़।. गोवा में हिंदी बोलने पिटाई तो नहीं. करवाओगे आप? कोई नहीं पिटाई करेगा। हिंदी बोलना मैं. हिंदी बोलता हूं गोवा में। बहुत से लोगों. के साथ हिंदी बोलता हूं। ऐसे बाहर के लोग. सेटल्ड इन गोवा बहुत है गोवा में। मुझे. नहीं लगता सर आपके पड़ोस आपके पड़ोस में. महाराष्ट्र में आजकल बड़ा चल रहा है कि. हिंदी बोलने में पिटाई होती है। गोवा ऑन. दैट.
नहीं आई थिंक. और हां इसी में काउंटर क्वेश्चन गोवा में. तो नहीं पिटाई करवाओगे।. डेफिनेटली नॉट एंड गोवा में आप कौन सी भी. भाषा बोलो गोवा इज अ वैरी एडप्टिव स्टेट।. आप कनाडा में बात करो। मैं भी क्नाडा में. बात करता हूं। मैं मां कर्नाटका से है।. मैं तो प्रचार करने लगे करने के लिए. कर्नाटक कर्नाटक जब जाता हूं। मैं कनाडा. में बात करता हूं। ऐसे नहीं है। गोवा में. इज अ वैरी अकोमोडेटिव स्टेट। गोवा इज अ. वैरी ब्यूटीफुल स्टेट। हमारे लोग बहुत. शांत हैं।. बट दैट्स हाउ इट शुड बी। भाषा केवल एक. कम्युनिकेट करने का ज़रिया है। आप आपस में. लड़ाने का लॉजिक समझ नहीं आता। आपका क्या. ठीक है सर जो ये महाराष्ट्र में आजकल हो.
रहा है भाषा के नाम पे लड़ाई झगड़े हो रहे. हैं।. आप गोवा के बारे में पूछ रहे हैं।. चलिए ठीक है। मैं गोवा कह रहा गोवा में. कोई लैंग्वेज बैरियर नहीं है।. नहीं लैंग्वेज बैरियर नहीं है। मुझे लगता. है कि गोवा के लोग बहुत शांत हैं। गोवा के. पीपल ऑफ गोवा। आप जो गोवा आते हुए आपने. देखा होगा कि पीपल आर वेरी फ्रेंडली। अपने. जो अपने वो चाहते हैं वो करते रहते हैं।. लेकिन आई थिंक इज अ वेरी पीसफुल स्टेट बाय. एंड लार्ज।. ओके। आपकी फैमिली में कई पॉलिटिशियन है।. आपकी वाइफ पॉलिटिशियन है। आपके फादर. पॉलिटिशियन है। आप पॉलिटिशियन है। तो ये.
डिनर टेबल पे आप लोग पॉलिटिक्स की बात. करते हो? नहीं डिस्कशन पॉलिटिक्स के घर में नहीं. होती। मेरा एक रोल है कि घर में पॉलिटिक्स. मत लाओ। इट बिकम्स अ बिग हेडेक। एंड मुझे. लगता है कि हम हर चीज पर बातचीत कर सकते. हैं। लेकिन यह पॉलिटिक्स पॉलिटिक्स आप जब. पॉलिटिक्स बोलते हो बियों्ड पॉलिटिक्स. अच्छी चीज के बारे में हम लेकिन राजनीति. और राजकरण के राजनीति के क्या तकलीफ है या. व्हाट आर द इश्यूज वी फेस ऑन डेली बेसिस. दैट शुड बी अवॉयडेड यू कैन टॉक अबाउट न्यू.
थिंग्स। मुझे लगता है कि नई-नई चीज जो आ. रही है हम क्या कर सकते हैं? क्या नहीं. क्या हो रहा है? दोज़ आर द थिंग्स यू शुड. बी टॉकिंग अबाउट बट डेफिनेटली नॉट एंड. इट्स नॉट अ किचन कैबिनेट और समथिंग लाइक. दैट इट्स डेफिनेटली नॉट. अ इस बार जब लास्ट टाइम इलेक्शन हुए थे तो. बड़ी चर्चाएं चल रही थी. बहुत सारे आर्टिकल्स छपे आपके चीफ. मिनिस्टर बनने को लेकर बहुत सारी खबरें आई. कि आपकी महत्वाकांक्षा थी अक्सर जो मीडिया. कर्मी गोवा को कवर करते हैं जो गोवा के भी. अखबार आते हैं वो वहां के चीफ मिनिस्टर और.
आपको लेकर काफी खबरें लिखते रहते हैं। इस. पे कुछ कहना चाहोगे आप? नहीं डॉक्टर. प्रमोद सावंत हमारे लीडर हैं। उनके. नेतृत्व के नीचे हम सरकार चलाते हैं।. कैबिनेट में मेरा भी अच्छा स्थान है। जो. लीडरशिप स्थान देती है वो स्थान लेके. लोगों का सेवा करने के लिए वही हम एक. एजेंडा लेके एक टीम के माध्यम से मांगे. जाते हैं। मुझे लगता है सब ठीक है। पेपर. के माध्यम से या मीडिया के माध्यम से. कभी-कभी मेरा और मुख्यमंत्री का उनको लगता. है कि संघर्ष है। ऐसा कुछ संघर्ष नहीं है।. हम दोनों चर्चा करते हैं अभी भी एक आधा.
घंटा चर्चा करके कि गोवा में क्या करना. चाहिए? अभी इलेक्शन 16 महीने में है। हमें. क्या करना चाहिए? कैसे आगे जाना है? हर. चीज हम चर्चा करते हैं। ऐसा नहीं पता. मीडिया को नहीं लगता है। वो अलग बात है।. क्योंकि मैं जो चर्चा करता हूं वो मेरे. सीमित रखता हूं। और हम चर्चा करते हैं।. एंबिशन हर आदमी के पास है। लेकिन मेरा. एंबिशन ऐसा नहीं है कि मेरा काम कहीं. लिगलेक्ट हो। आई एम वेरी हैप्पी। मैं बहुत. खुश हूं जो लीडरशिप तय करती है कि मुझे यह. स्थान मिलना चाहिए। यह स्थान पे मैं रह के. कार्यकर्ता के माध्यम से मैं काम करता.
रहूंगा।. गोवा में जिस पार्टी को सीट कम आती है, वह. सरकार कैसे बना लेती है? हमें अच्छी सीट्स आई है। पिछले बार अच्छी. सीट्स आई और. मुझे लगता है कि आगे भी अच्छा होगा।. ये हेल्थ मिनिस्टर जो आपको बनाया गया। दो. अहम डिपार्टमेंट आपको दिए। अर्बन. डेवलपमेंट हेल्थ. नहीं पांच डिपार्टमेंट हैं।. पांच डिपार्टमेंट है। ओके। दो तो ये इतने. इंपॉर्टेंट पोर्टफोलियोज़ आपके हेल्थ एक. बड़ा इंपॉर्टेंट पार्ट होता है।. अह. ये आपने मांगा था हेल्थ या आपको हेल्थ. उन्होंने दिया था हमेशा मेरी रिक्वेस्ट.
होती है कि जो लोगों की सेवा मैं कर सकता. हूं और मैं आपको एक थोड़ी मेरे पिताजी को. बहुत 202 साल पहले हार्ट अटैक आया था। उस. समय मैंने हेल्थ की स्थिति देखो में देखी।. उनको गा- गाड़ी के पिछले सीट पे डाल के. मैंने गोवा मेडिकल कॉलेज में ड्राइव करके. लाया था। और उस टाइम देयर वाज़ अ इंजेक्शन. कॉल्ड. यूरोगाइनिस करके एक इंजेक्शन था। तो ये. इंजेक्शन को 4 घंटे के अंदर देना पड़ता. है। सो दैट ज्यादा डैमेज हार्ट में ना हो।. तो उस समय मैंने देखा कि परिस्थिति बहुत.
बुरी थी। और तब से तब मैं बहुत यंग था। तब. मैंने देखा कि परिस्थिति क्या है। जब मेरी. बेटी माय डॉटर वास बोर्न उनका जन्म जब हुआ. तो उसको एक बॉर्डर लाइन. बॉर्डर लाइन है हेमोप्लीजिया और सेल. पॉलिसी का उनका डिटेक्ट हुआ था। उस समय वो. फैसिलिटी गोवा में नहीं थी और डॉक्टर ने. मुझे बोला था आप बहुत बड़े पॉलिटिशियन के. बेटे हो। उस टाइम एमएलए नहीं था। तो आप.
अपने इन्फ्लुएंस यूज़ करके आप एंबुलेंस. लाओ और आपके बेटी को ले जाओ। 50 50% भी. चांस नहीं है बचने में। तो मैंने एक. डॉक्टर को मैंने सलाह ली। वो डॉक्टर के. माध्यम से वो बच गई। तो तब मैंने तय कर. दिया था कि जब बाय चांस मैं राजनीति में. आऊंगा तो मैं यह मुझे जो मेरे जीवन में जो. दुख हुआ है वो लोगों के जीवन में नहीं. होना चाहिए और गरीब लोगों की सेवा करने. में मौका मिला तो यह पोर्टफोलियो मैं. डेफिनेटली मांग के लूंगा और बाय डिफॉल्ट.
जब मैं पहली बार जीत के आया मैं मैं मैं. 21वां नंबर था इंडिपेंडेंट जो मैंने अह. सरकार को मैंने. मनोहर पारकर साहब. नहीं नहीं ये पहले बार जब मैं जीता तब. जब आप इंडिपेंडेंट ही थे कांग्रेस में आप. जब गए थे फर्स्ट टाइम. फर्स्ट टाइम मैंने उनको बोला था कि मुझे. हेल्थ चाहिए. ओके. हेल्थ और वुमेन एंड चाइल्ड ये मेरा. प्रायोरिटी सेक्टर है और हेल्थ मुझे बहुत. पसंद है और मेरे जीवन में मैंने जो दुख. देखे हैं मैंने. नहीं हेल्थ तो आपको पसंद है सर तभी आपने.
वाइफ जो चुनी वो हेल्थ वाली चुनी. मैडम भी डॉक्टर ही है. वो बाय डिफॉल्ट. तो आपका आपका दिल तो डॉक्टर के आसपास रह. जाता है. ऐसा नहीं है लेकिन आप कहते तो सही होगा।. नहीं आप कह दीजिए सर आपको घर भी जाना है।. नहीं नहीं. आप कितने बड़े पॉलिटिशियन होंगे घर पे तो. जाना ही होगा आपको।. नहीं जाना है लेकिन हेल्थ एक बहुत पैशनेट. सब्जेक्ट है मेरे लिए और जीवन के जो मैंने. जो सीखा है जीवन में और मैंने जो अनुभव. किया है मुझे मुझे हमेशा लगा कि हेल्थ इज.
समथिंग दैट आई शुड ऑलवेज कीप विथ मी।. ओके। अभी मैंने मनोहर पारकर साहब का जिक्र. कर दिया था और वो एक ऐसे चीफ मिनिस्टर रहे. जो में बहुत पॉपुलर रहे। अनफॉर्चुनेटली वो. इस दुनिया में नहीं है।. जी. बट बहुत सारी चीजें उन्होंने जिस टाइम. इंप्लीमेंट की उससे देश को आज फायदा हुआ. और हमने स्पेशली ऑपरेशन सिंदूर में देखा. कि कैसे देश को बहुत फायदा हुआ उन पॉलिसीज. से जो पारकर साहब लेकर गए थे। बड़ी. चर्चाएं भी चलती थी। मुझे एक बार मिलने का. भी फॉर्चूनेटली मौका मिला और उनसे मैंने. पूछा था एक सवाल कि व्हाई नॉट एन आईटीए इन.
फ्रंट ऑफ एन आईटीएन। 2012-13 में केजरीवाल. साहब थे। आया चाय वाला एंड ही टोल्ड मी. ब्यूटीफुल स्टोरी अबाउट हिज मॉम कि मैं. उनसे सलाह लेने जाता हूं एंड ही गव मी अ. ब्यूटीफुल लाइन कि जिस सादगी का प्रचार. किया जाए उसे सादगी नहीं कहते हैं. ओके. और वो लाइन मुझे याद रह गई बट क्योंकि मैं. उनको करीब से जानता हूं आप उनकी सरकार में. भी मिनिस्टर थे टेल मी समथिंग अबाउट मनोहर. पारकर सर. ही वा यूनिक पर्सनालिटी मनोहर परिककर जी. एक यूनिक पर्सनालिटी थे और मुझे एक मौका. मिला बहुत समय से उनके साथ जुड़ने का काम. करने का जब वो अपोजिशन भी लीडर थे मेरे.
पिताजी भी मुख्यमंत्री थे। उन्होंने भी. बहुत वो आके चर्चा करते थे और यू विल नॉट. बिलीव जब मेरे पिताजी मुख्यमंत्री थे और. मनोहर परिकल अपोजिशन में थे। वो आके बोलते. थे नहीं विश्वजीत नहीं ऐसा-सा काम करना. चाहिए। ऐसा-सा चीज करना चाहिए। ये इतना. इंटेंस रिलेशनशिप था। जब वो बीमार थे।. पहले बार मैंने देखा कि मनोहर परिकर की. आंखों में आंसू आए। जब मेरे पिताजी उनको. मिलने को गए। देयर वाज़ पिन ड्रॉप साइलेंस।. दैट इज़ अ रिलेशनशिप बोथ दैट। परसेप्शन कुछ.
भी हो लेकिन एक अलग तरीके से रिच जब वह. मुख्यमंत्री थे मेरे पिताजी स्पीकर थे तो. यह सब एक अलग तरीके से जुड़ने वाली बात थी. और एक इमोशंस होता है। राजनीति में एक. इमोशंस का भी फैक्टर होता है। राजनीति में. हमेशा राजनीति ही नहीं होती है। लेकिन एक. इमोशनली कनेक्टेड और कनेक्शन होता है। ऐसे. ही कनेक्शन मेरे पिताजी और मनोहर परिकर. में था।. मनोहर परिकर जी को एक ऐसे इंसान थे जो. गोवा को एक ट्रांसफॉर्म करने की कोशिश कर.
रहे थे और ट्रांसफॉर्म बहुत. ट्रांसफॉर्मेशन लाया। आप जो देख रहे हो कि. आप जो ब्रिजेस भी लाए और मोदी जी के. नेतृत्व के के माध्यम से और परिकर जी जब. गोवा में मुख्यमंत्री थे इतना फंड्स गोवा. में लाके रोड इंफ्रास्ट्रक्चर से लेके सब. कुछ बदलने की कोशिश जो आज हो रही है और. जिसका आज हमें बेनिफिट मिल रहा है ये इनके. उनकी वजह से मिल रहा है। इंसान के तौर पे. कैसे क्योंकि बहुत हमने नेशनल मीडिया में. या फिर नॉर्थ इंडिया में बहुत चर्चा होती. है उनकी सादगी को लेकर। वह स्कूटर की. फोटो, वोटिंग लाइन की फोटो।.
ही वाज़ अ सिंपल पर्सन है। ऐसा नहीं वाज़ अ. वेरी सिंपल पर्सन।. जैसे हमारे यहां छोटा सा विधायक या सरपंच. भी होता है तो वो भी 30 आदमी ले घूमता है।. नहीं नहीं वो ऐसे नहीं करते थे। वो एक जब. मैंने देखा है मन परिकर जी को जब एक. साधारण Maruti Alto लेके कभी-कभी रात को. घूमते थे और कभी देखने के इंस्पेक्शन रुक. जाते किसी को पता किसी को पता भी नहीं. होता था कि मुख्यमंत्री आ रहे हैं चेकिंग. के लिए पायलट एस्कॉट नहीं ले जाते. तो वो पीआर नहीं था वो एक्चुअली में. रियलिटी थी जो हम. वो रियलिटी थी वो रियलिटी थी आई हैव वर्क. विद हिम मैं उनका मंत्री था और मंत्री जब.
नहीं था तब भी हमारे दोनों की मेरे घर आके. खाना खाते थे बहुत बार और यू विल नॉट. बिलीव कुछ पसंद था तो बोलते थे ये पैक. करके मुझे देना मुझे घर ले जाना है तो ये. एक अलग ही वास अ डिफरेंट ह्यूमन बीइंग एंड. वी मिस हिम अ लॉट इन गो. ट्रू इवन मतलब हमें भी लगता है कि बहुत. जल्दी चले गए और वो कुछ और वक्त रहते तो. शायद शायद इस देश का और फायदा हो जाता है।. डेफिनेटली।. ओके। एज अ हेल्थ मिनिस्टर सर आपने अब तक. ऐसा क्या किया है जो आपको लगता है कि आप. प्राउड हो गोवा के लिए? बहुत सी चीज. जैसे मैंने एक कुछ पढ़ा था कि फेफड़ों के.
कैंसर के लिए एआई की स्क्रीनिंग आप लोगों. ने शायद शुरुआत की थी। एआई की स्क्रीनिंग. आर्टिफिशियल देश के प्रधानमंत्री की. विचारधारा है कि यूटिलाइजेशन ऑफ़ एआई। एंड. ये यूटिलाइजेशन एआई उनकी जो विचारधारा है. ये विचारधारा हम गोवा में वी आर वर्किंग. हार्ड। एंड कोशिश हमारी हो रही है कि टू. मेक गोवा एआई हब फॉर डायग्नोस्टिक्स एंड. फॉर हेल्थ केयर और यह कोशिश चल रही है एआई. स्क्रीनिंग फॉर लंग कैंसर का हमारा हो रहा. है। गोवा पहला राज्य है जिसमें हमने 2 लाख. से ज्यादा महिलाओं को ब्रेस्ट कैंसर का. स्क्रीनिंग हमने करवाया है। आइब्रेस्ट.
करके कंपनी है। युवराज सिंह जी का. फाउंडेशन है। उनको लेके गोवा सरकार एक. ट्राईपड एग्रीमेंट करके एक एक इट वाज़. बेसिकली अ स्टार्टअप और जब मैं न्यूयॉर्क. में था ये स्टार्टअप का एक आर्टिकल आया. था। एंड ये स्टार्टअप किरण शो मुजुमदार और. रंजन पए और और दो-तीन लोकल लोगों ने जो. प्रॉमिनेंट लोग हैं उन्होंने शुरू की थी. और उनको सपोर्ट दिया था। सो मैंने उनको. बुलाया चाय पे कॉफी हमने पी। मैंने बोला. गोवा इज़ अ वेरी इंटरेस्टेड स्टेट वी वांट. टू वी आर वेरी प्रोग्रेसिव। तो हमने वो.
इनिशिएटिव लेके हमने वो किया। गोवा विल बी. द फर्स्ट स्टेट इन द कंट्री। टुडे टू. स्टार्ट सर्वाइकल कैंसर, ओरल स्क्रीनिंग. एंड ब्रेस्ट कैंसर टुगेदर इन वन इन एव्री. प्राइमरी हेल्थ सेंटर इन द हॉस्पिटल। तो. इस तरीके से बहुत सी चीज न्यूबर्न बेबी. स्क्रीनिंग गोवा पहला राज्य था देश में ये. करने के लिए। मेरे समय में हमने चालू किया. था। ये 108 विद न्यूनेटल एंबुलेंसेस एंड. मेमोग्राफी मोबाइल क्लीनिक्स ये सब मेरे. समय में हमने चालू किया था। हमारे देश के. प्रधानमंत्री की विचारधारा उनको प्रजा की.
से प्रजा का सेवा कैसे करना चाहिए। यह सीख. के हमने हर चीज लोगों तक कैसे पहुंचना. चाहिए? डायग्नोस्टिक एज द डोर स्टेप ऑफ द. पीपल। स्टेट केयर्स करके नया हम एक. इंप्लीमेंटेशन मोड पे है। स्टेट केयर्स. एलाइड साइंसेस के बच्चों को रिक्रूट करके. उनको मैपिंग करके डब्ल्यूसीडी के माध्यम. से जो वुमेन एंड चाइल्ड डिपार्टमेंट है।. समझो एक आदमी को स्ट्रोक आता है गांव में।. तो उसको मैप करके उनके पास पैसा नहीं होता. है कि फॉलो अप करने के लिए वो स्ट्रोक. पेशेंट के लिए। इसलिए वी आर ट्राइंग आवर.
बेस्ट टू सी दैट वी क्रिएट अ प वी क्रिएट. अ मैपिंग एंड अ प्लान जो पर्सन गोज़ टू द. हाउस ऑफ़ दैट पर्सन एंड गिव्स हिम. फिजियोथेरेपी। वी वांट टू टेक केयर ऑफ़ द. पीपल ऑफ़ द स्टेट ऑफ़ गोवा। एंड यही हमारी. कोशिश रही है और यही कोशिश रहेगी कि. प्रधानमंत्री की विचारधारा उनके माध्यम से. गोवा का हेल्थ सेक्टर को बहुत सा बेनिफिट. मिला है और हमें अभी टाटा मेमोरियल के साथ. हमने एमओयू साइन करके नया कैंसर का. हॉस्पिटल देश के प्रधानमंत्री के माध्यम. से हमें गोवा में मिल रहा है। नया सुपर. स्पेशलिटी हॉस्पिटल जिसमें सेंटर ऑफ.
एक्सीलेंस का कांसेप्ट मैंने इंट्रोड्यूस. किया है। तो ये हमारे मुख्यमंत्री के. सहकार्य से और पूरी टीम जो मंत्रिमंडल में. है उनका सहकार्य से हम ये कर रहे हैं।. भारतीय जनता पार्टी की विचारधारा और लोगों. की सेवा हम कैसे करना चाहिए ये इस माध्यम. से हम कर रहे हैं। आप जो मैं जो अब बोलने. वाला था कि ये सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल एक. चीज हो गई। एक है कि गोवा एक राज्य है. जिसमें इंश्योरेंस है लेकिन हम हर चीज. फ्री लोगों को देते हैं। मोर देन थ्री टू. 400 करोड़ का मेडिसिंस हम फ्री देते हैं.
इन पेशेंट्स को आउट पेशेंट्स को और कौन से. राज्य में ये नहीं होता है। और स्टेमी का. प्रोग्राम शुभांकर जी आप सुनके हैरान हो. जाएंगे कि स्टेमी का प्रोग्राम जो गांव. में जो आदमी है जो टाइम लगता था पहले उसको. इंटरवेंशन के लिए इधर पूरी फुल फ्लेज. कार्डियक सेटअप्स करके हमने हब एंड स्पोक. मॉडल के माध्यम से स्टेमी प्रोग्राम हमने. इंप्लीमेंट गोवा एक में वो राज्य जिसमें. स्टेमी प्रोग्राम है जो हम पेशेंट को. एलेक्सिन देते हैं वाईफाई के माध्यम से हम. उसके ईसीजी निकाल के वो ट्रांसमिट करके.
कॉल सेंटर को डॉक्टर पढ़ता है और उसको. बोलता है कि कैसे क्या डोसेज देना है. डोसेज देके पीएचसी में डोसेज देके उसको. इमीडिएटली इंटरवेंशन के लिए गोवा मेडिकल. कॉलेज नहीं तो दूसरे हॉस्पिटल में हम ले. जाते हैं। तो इस तरह की सेवा और इवन. स्ट्रोक पेशेंट को थ्रम्बोलाइज करके उनकी. सेवा करने की कोशिश और कॉइलिंग फ्री ऑफ. चार्ज आप सुन के 7 8 लाख 9 10 लाख तक. खर्चा होता है कॉइलिंग का वो फ्री हम गोवा. राज्य में करते हैं। ये भारतीय जनता. पार्टी की सरकार है। मोदी जी की नेतृत्व. की विचारधारा हम इस तरह से गोवा राज्य में.
इंप्लीमेंट करेंगे। अब एक क्वेश्चन आम. आदमी का सर अभी मैंने NDTV पे जो हमारा. 8:00 बजे का शो आता है कचहरी उसमें हमने. एक हेल्थ को लेकर एक शो किया था। उस शो. में हमने दवाइयों का जिक्र किया था कि. प्रधानमंत्री औषधि केंद्र में जो दवाइयां. मिलती हैं यानी जेरिक दवाइयां और ब्रांडेड. दवाइयों का फर्क। सो जब उस शो को हमने. कचहरी में किया तो उसमें ये आया कि इंडिया. की जेरिक दवाइयां 90% अमेरिका में भी यूज़. होती हैं। मतलब अमेरिका में ओवरऑल 90% दे. यूज़ जेनेरिक दवाइयां। आप तो वहां रहे भी.
हैं। 10% वो ब्रांडेड यूज़ करते हैं। उन. 90% दवाइयों में भी हमारे इंडिया की. दवाइयां जो है वो ज्यादा इस्तेमाल की जाती. हैं। वो सस्ती जाती हैं। लेकिन जब इंडिया. में हम जाते हैं तो ब्रांडेड दवाइयों का. बोलबाला है। सरकार ने कोशिश की उसका. प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र खोले। बट अभी. भी डॉक्टर्स प्रिस्राइब जो करते हैं वो. ज्यादातर वही कर देते हैं।. आई एग्री विद यू। यह ब्रांडेड. दवाई का लोगों को मन में गया कि आई मस्ट. बाय अ पर्टिकुलर ब्रांड एंड जेनरिक. टैबलेट्स। सो हमने क्या किया है गोवा में.
कि वी हैव मैंड मेड इट मैंडेटरी हर. प्राइमरी हेल्थ सेंटर हर कम्युनिटी हेल्थ. सेंटर में हम कोशिश कर रहे हैं कि वी हैव. वन फार्मेसी ओनली ऑफ़ जेनरिक ड्रग्स बट देन. दैट रिक्वायर्स अ लॉट ऑफ़ ओरिएंटेशन इट. रिक्वायर्स अ डॉक्टर्स आल्सो टू चेंज देयर. माइंडसेट डॉक्टर्स जब प्रिस्राइब करते हैं. उनको बोलना पड़ेगा कि ये जेरिक है ये और ये. प्रिस्राइब करके देना है. नहीं बट डॉक्टर को तो एमआर अच्छा खासा. गिफ्ट दे जाता है डॉक्टर साहब की तो मैंने. हमने इस पे भी रिपोर्ट की थी कि कोविड में. डोलो की जो दवा वायरल हुई बाद में एक. स्टडी पाई गई जिसमें पता लगा कि देश भर.
में ₹1000 करोड़ बांटे गए। डोलो. प्रिस्क्राइब करने के लिए कोविड में डोलो. ही डोलो चल रहा था। अब डोलो कहां डोल रही. है किसी को पता नहीं है। सो एज अ हेल्थ. मिनिस्टर आई एम आस्किंग कि अपर क्लास को. फर्क नहीं पड़ता। बाकी मिडिल क्लास लोअर. क्लास जो है वो कई बार परिवार के लिए डर. जाता है। जो तबीयत खराब होती है। एंड आई. श्योर आप तो खुद की अपनी बेटी का जिक्र कर. रहे थे। मॉम हेल्थ बड़ी सेंसिटिव चीज होती. है। बट उस हेल्थ का कोई नाजायज फायदा ना. उठाए। बेसिक चीजों में जो दवा ₹5 की है. उसको कोई 150. डेफिनेटली। लेकिन गोवा गोवा में अभी साउथ. गोवा डिस्ट्रिक्ट हॉस्पिटल में हमने बड़ा.
एक जन औषधि केंद्र खोला है और सब हॉस्पिटल. में मैंडेटरी जैसे मैं बोल रहा था कि. डॉक्टर को प्रिस्रिप्शन इज नाउ बीइंग. डॉक्यूमेंटेड एंड हमें डॉक्टर को बोला है. दैट यू रेकमेंडेड इफ इट इज़ जेनेटरिक इफ द. पर्सन जो पेशेंट है वो पेशेंट चाहता है कि. मैं जाके एक ब्रांडेड खरीदूं उसको खरीदने. लेकिन आप प्रिस्राइब भी यह फार्मेसी में. करना जरूरी है क्योंकि यह वेल टेस्टेड है. इट्स गॉट एफडीए ऑल अप्रूवल्स और हमें. कोशिश करना चाहिए कि पर्सन इज़ ही इज़. अन्नेसेसली नॉट स्पेंडिंग मनी ऑन समथिंग. ही डज़ नॉट हैव टू। एंड दैट प्रोडक्ट इज़. इक्विवेलेंट टू द ब्रांडेड प्रोडक्ट। एंड.
दैट इज़ व्हाट वी नीड टू डू इट। एंड वी नीड. टू डु इट विद अ लॉट ऑफ़ सेंस सिंसियरिटी. ओनली देन फॉर दैट नॉट ओनली मी। इट इज़ इन द. डॉक्टर्स कम्युनिटी ऑल हैव टू कम टुगेदर. टू अंडरस्टैंड एंड ट्राई टू कन्विंस एंड. काउंसिल द पेशेंट दैट दिस इज़ आल्सो. इक्विवेलेंट टू द प्रोडक्ट। जो प्रोडक्ट. आप अह ब्रांडेड ले रहे हो ये जेनेरिक. प्रोडक्ट और जन औषधि का जो प्रोडक्ट. केंद्र में जो मिलता है इज़ एज गुड।. मैं इस पे फिर एक काउंटर क्वेश्चन करता. हूं। कई सारे डॉक्टर्स ने क्लेम किया कि. जो जेरिक दवाइयां होती हैं वो ब्रांडेड. दवाइयों के असरदार नहीं होती। जब हमने इशू.
किया था पे आप हेल्थ मिनिस्टर हो। कई साल. से हेल्थ मिनिस्टर हो। आप कह रहे हो कि. जेरिक दवाइयों में जो साल्ट होता है वो. उतना ही होता है जितना ब्रांडेड दवाइयों. का होता है।. मैं गोवा में एक कॉन्फिडेंशियली प्राइिंग. के माध्यम से एक नए पॉलिसी फ्लोट कर रहा. हूं। वो कैबिनेट के पास आने वाली है।. उसमें से मोर देन 30 टू 40% आपको. प्रोपराइटरी आइटम्स पे रिलीफ मिलेगा।. बिकॉज़ योर कॉस्ट विल ड्रॉप। तो इस तरह से. देन इफ माय कॉस्ट इज गोइंग टू ड्रॉप इफ आई. ब्रिंग सच अ पॉलिसी ये तरह की पॉलिसी मैं. जब ला रहा हूं कॉन्फिडेंशियलिटी प्राइिंग. तो हर कंपनी का जो प्रोपराइटरी जो लाइफ.
सेविंग ड्रग होता है इफ इट कैन फॉल बाय. 40% देन डेफिनेटली देन दैट दैट दैट. मार्जिन जो है दैट मार्जिन इफ आई कैन. ब्रिंग इट डाउन बाय 40% देन डेफिनेटली. देयर इज़ अ ओवरऑल पिक्चर बाय व्हिच वी कैन. सी दैट एक्सेसिबल हेल्थ केयर दिस ऑल कैन. फ्रॉम अ पार्ट ऑफ़ द एक्सेबल हेल्थ केयर।. सो, दैट पर्टिकुलर पर्सन हु थिंक्स इन हिज़. माइंड टुडे, दैट आइदर आई हैव टू गो फॉर वन. ब्रांड और आई हैव टू गो अनदर ब्रांड।. पैरासिटामॉल आई विल नॉट गो ओनली फॉर. जेनरिक। फॉर दैट। ये इसलिए कि डॉक्टर्स और. हम सब मिलके हमें लोगों को काउंसिल करना.
पड़ेगा। पीपल बिलीव द डॉक्टर्स। और डॉक्टर. को हमें कन्विंस करना पड़ेगा कि आप यह जन. औषधि केंद्र के पास भेज दीजिए। हां, लाइफ. सेविंग ड्रग्स इधर जो होता है उसमें अलग. बात है। लेकिन वो तो हम देते ही हैं गोवा. में। फ्री ऑफ़ चार्ज। बाकी राज भी देते. हैं। बट आई थिंक देयर इज़ अ लॉट ऑफ़ एफर्ट. रिक्वायर्ड फ्रॉम ऑल ऑफ़ अस। टू सी दैट. पीपल स्टार्ट बिलीविंग इन द जनोशिक केंद्र. एंड गो देयर। बट पीपल आर डूइंग वेल। आर. सेंटर्स आर डूइंग वेल बट लॉट ऑफ़ मोर. इंपेटेंस इज़ रिक्वायर्ड फ्रॉम पीपल।. जनरिक दवाइयां भारत में इतनी बनती है कि.
आप सबको सप्लाई कर सकें।. मुझे लगता है कि जो हमें आई एम टॉकिंग. फ्रॉम गोवा पर्सेपेक्टिव। वी आर फाइन।. तो आप हमारी मुहिम को सपोर्ट करते हैं।. डेफिनेटली। जो हमने वहां पे की थी और आप. गोवा के डॉक्टर से कहेंगे कि आप जेरिक. दवाइयों भेजिए ताकि आप जनता को. डेफिनेटली वी विल वी विल एनकरेज एंड. व्हाटएवर सजेशन आई एम व्हाटएवर यू हैव. सजेस्टेड एंड व्हाट यू आर मेंशनिंग आप जो. बोल रहे थे शो के बारे में गोवा में हमने. ऑलरेडी एंड प्रिस्क्रिप्शन पे अभी हम. डॉक्टर के सिग्नेचर बिकॉज़ वी कैन नॉट. अंडरस्टैंड व्हाट इज़ रिटन। सो हमने बोला. ये हम हर डॉक्टर को अपने नाम और.
प्रिस्क्रिप्शन जिधर रिफर करते हैं वह. हमें चाहिए रिकॉर्ड चाहिए। सो इट हैज़ टू. पेशेंट वी आर एबल टू कोरिलेट सो दैट वी आर. एबल टू मॉनिटर। सो वी नो एग्जैक्टली वेयर. व्हिच प्रिसक्रिप्शन इज़ गोइंग एंड व्हाट. इज़ हैपनिंग। यह करने की जरूरत है। नहीं तो. कंट्रोल मैकेनिज्म नहीं रहेगा। हम जो. चाहते हैं कि जेनेरिक प्रोडक्ट्स की यूजेज. बढ़े वो नहीं होगी क्योंकि हमें यह कन्विंस. करना पड़ेगा डॉक्टर कम्युनिटी को। यह आपको. करना है. और कंट्रोल भी करना पड़ेगा कि लालच में ना. चला जाए। क्योंकि अल्टीमेटली जनता करना.
है।. वो रिपोर्ट आई ना वो 1000 करोड़ वाली। नहीं. आप डॉक्टर क्या जाए जितनी बड़ी भीड़. आप आप मैंने आपके रिपोर्ट का अभी बोला. आपने बोला 1000 करोड़ का रिपोर्ट आया तो. मैं कुछ उसमें बोलने को बोला डॉक्टर. कम्युनिटी मेरे पे चढ़ जाएगी तो मुझे उनको. कन्विंस करना है कि ये देश के लिए अच्छा. है हमारे लिए अच्छा. आप लोगों को रिप्रेजेंट करते हैं मैं उन. लोगों के लिए बात कर रहा हूं डॉक्टर्स के. सर दरदर तो अलग है वो तो कुछ अच्छे हैं. कुछ उसमें जैसे भी है बट अल्टीमेटली मेरी. आपकी जिम्मेदारी लोगों पे है तो मैं उन. लोगों की बात कर रहा हूं जिसके आप. रिप्रेजेंटेटिव हैं और जिसको मैं. रिप्रेजेंट कर रहा हूं के तौर पर.
मुझे लगता है कि कोशिश करना चाहिए हम ओके. मुझसे लेके डॉक्टर कम्युनिटी को लेके एंड. हेल्थ वर्कर्स को. आई एम श्योर आर मेनी गुड डॉक्टर्स जो थोड़े. बहुत शरारती है उनको. करेंगे डॉक्टर्स करेंगे क्योंकि दिस हैज़. टू बी डन बिकॉज़ आउटरीच हैज़ टू बी देयर एंड. मुझे लगता है कि लोगों तक पहुंचना चाहिए. ये चीज पहुंचनी चाहिए नहीं तो लोग क्या. करते हैं कि एक लकीली गोवा में अलग बात है. कि सब मेडिसिंस हम फ्री दे रहे हैं तो ये. कोशिश जारी रखना जरूरी है एंड वी हैव टू. ऑल ट्राई।.
ठीक है? अह गोवा सर टूरिज्म के पॉइंट ऑफ़. व्यू से बहुत इंपॉर्टेंट स्टेट है। बट. कोविड में हमने रियलाइज़ किया कि चीज़ें बदल. जाती हैं कई बार। सो अब आप लोग टूरिज्म के. अलावा भी कुछ और प्रमोट करो जिससे गोवा का. रेवेन्यू जो है कभी इफ़ेक्ट ना हो। और कई. सारे एरियाज़ पे आप लोग ध्यान दे रहे हो? नहीं वही हिंटलैंड टूरिज्म एंड लाइक ये जो. स्पिरिचुअल टूरिज्म का मैंने बात किया।. योग फेस्टिवल का जो हम कर रहे हैं। यह. अलग-अलग तरीके से बेसिकली टू टेक पीपल अवे. फ्रॉम द बीचेस इन टू द इंटरलैंड। यह कोशिश. चल रही है। एक्टिविटी वाइज गोवा में जरूरत.
है कि हमें गोल्फ कोर्सेस से लेके अलग-अलग. चीज जिस माध्यम से अलग सेगमेंट्स ऑफ़. सोसाइट सेगमेंट्स ऑफ़ टूरिस्ट हम अट्रैक्ट. कर सके। ये कोशिश हम कर रहे हैं और मुझे. लगता है कि हमें यश मिलेगा इन डूइंग दीज़. न्यू थिंग्स। प्लान जब हम करते हैं आपने. आपने देखा होगा आप कहीं बाहर के देश में. आप जाओ। क्या इवन जयपुर राजस्थान को आप आप. जाएंगे। मैं एक एग्जांपल दे रहा हूं। आप. बोलेंगे पहले दिन में मैं ये चीज करूंगा. हवा महल करूंगा या तीनचार चीज क्या सिटी. पैलेस एक दिन में करूंगा तो करने के लिए.
तीन-चार दिन मिनिमम तीन-चार दिन की. एक्टिविटीज जरूरी है स्टेट के लिए बीचेस. एक बार वो हो गया बीचेस के आगे जाके क्या. कर सकते मुझे लगता है मुख्यमंत्री और जो. टूरिज्म मिनिस्टर है वो कर रहे हैं और. पूरी टीम उस पे मेहनत कर रही है कंसलटेंस. अपॉइंट करके और पैरेलली ये हिंटलैंड. टूरिज्म और फॉरेस्ट में जो जो एक्टिविटीज. हम बढ़ा सकते हैं। स्पिरिचुअल टूरिज्म ये. सब करने की कोशिश गोवा में ऑलरेडी चालू हो.
चुकी है।. गोवा को लेकर सर एक बड़ा वीडियो आजकल सोशल. मीडिया पे जो लोग घूम कर आते हैं वो कहते. हैं गोवा में सब अच्छा है। बस एक प्रॉब्लम. हो रही है। वो कहते हैं ट्रैवलिंग का।. जी. ये सच है? नहीं मुझे लगता है कि मुख्यमंत्री इस. सीज्ड ऑफ़ द मैटर एंड डॉ. सावंत जो एक. काबिल मुख्यमंत्री है वो ये सशन. निकालेंगे।. आपके यहां Ola Uber नहीं होती। लोग कहते. हैं प्राइवेट टैक्सी वालों. नहीं मुझे कॉन्फिडेंस है कि मुख्यमंत्री. इस पे विचार कर रहे हैं और वो एक. अल्टरनेटिव सशन वो लेकर आएंगे।.
ओके ठीक है। अ गोवा में मेंटल हेल्थ. क्योंकि हम दो चीजें आपने अभी मेंटल हेल्थ. का काफी जिक्र किया। एक अच्छी अच्छा उसके. लिए हो सकता है कि गोवा प्लेस हो गया। बट. नशे को लेकर बड़ी बातें होती है। जैसे हम. जब उत्तराखंड के सीएम के पास गए तो भी. हमने केदार ऋषिकेश का जिक्र करके कहा था. कि आप ऋषिकेश अब गोवा बनता जा रहा है। ये. लोगों का थॉट प्रोसेस आ गया है। नशा आप. लोग की लिस्ट में है प्रायोरिटी में. क्योंकि बाहर से परसेप्शन ये आता है कि. ऐसी चीजें वहां बहुत ईजीली अवेलेबल है और. काफी कंज्यूम की जा रही है।. क्या आई आई मुझे लगता है कि ये ओवरऑल जो.
गोवा का रिफ्लेक्शन जो होता है इट्स नॉट. ओनली गोवा पर्सपेक्टिव। यह हर हर जगह में. हमें सुनने में आता है। बट नॉट इन आई एम. सेम टाइम मुझे लगता है कि यह चीज जो है इस. पे सरकार सीरियसली ले रही है। मुख्यमंत्री. भी सीरियसली ले रहे हैं। हर कैबिनेट में. इसकी चर्चा होती है कि कहीं से भी जो. इनरोड्स है वो इनरोड्स बंद करना चाहिए। और. यंगर जनरेशन को और काउंसलिंग करके एजुकेट. करने की जरूरत है। और मुझे लगता है कि. यंगर जनरेशन को आकर्षित करने के लिए मैं.
जो आप जो बोल मैंने वो बोल रहा था टू. क्रिएट अ न्यू टाइप ऑफ अ द यंगर जनरेशन. हैज़ टू बी काउंसिल्ड काउंसिल्ड फॉर राइट. फ्रॉम द एटथ नाइंथ 10थ ऑनवर्ड्स मेनी. टाइम्स बहुत सी बार हम देखते हैं कि यंगर. जनरेशन डायवर्ट हो जाती है। कभी-कभी सोशल. मीडिया के माध्यम से मैं एक जनरल बोल रहा. हूं। हां, ट्रू। समटाइम्स दे गेट. डाइवर्टेड इंटू गुड थिंग्स, समटाइम्स दे. गेट डाइवर्टेड इंटू रोंग थिंग्स। सो एज़. रिजल्ट ऑफ़ व्हिच इट इज़ेंट फॉर द स्टेट टू. बी वैरी स्ट्रिक्ट एज़ फार एज़ दिस एस्पेक्ट. इज़ कंसर्न है। मुझे लगता है कि स्टेट.
स्ट्रिक्ट है। शायद आती होगी। बहुत से चीज़. आते हैं। बाकी राज्य के भी आते हैं। लेकिन. मुझे लगता है गोवा में जो आप बोल रहे हैं।. मुझे लगता है कि द गवर्नमेंट इज़ सीज़्ड एंड. गवर्नमेंट इज़ वेरी अग्रेसिव एंड स्ट्रिक्ट. टू सी दैट दिस इन रोड्स ऑफ़ सच आइटम्स इनू. द स्टेट आर स्टॉप्ड। आपके डैड गोवा में 7. साल चीफ मिनिस्टर रहे। आप लगातार विधायक. रहे। आप मिनिस्टर हैं। पांच-पांच. डिपार्टमेंट आप पास है। कोई इंसान जो गोवा. ना गया हो उसको आप क्या बताओगे कि पांच. जगह गोवा में जरूर घूम के आना।. नहीं आप आइए। गोवा में बहुत सी चीजें हैं।.
खाना अच्छा मिलता है। आपको दो दो तरह यू. यू गेट हिंटलैंड ऑफ इज़ बिकम अ कलरी कैपिटल. टुडे। यह एक कलरी कैपिटल बन चुका है गोवा।. एंड कोविड के माध्यम से ही कोविड के समय. से ही गोवा एक सेकंड होम बन चुका है लोगों. के लिए। बीचेस हैं। आप फॉरेस्ट में भी आके. एक फॉरेस्ट जो टूरिज्म की बढ़ाने की कोशिश. कर रही है, कैंप्स कर रही है, फॉरेस्ट. ट्रेल्स कर रही है। फोटोग्राफी के लिए एक. वेरी रेयर स्पीशीज के बर्ड्स हैं वो. ट्रे्स कर रही है। तो मुझे लगता है आप आइए.
स्पिरिचुअल टूरिज्म हमारे पास टेंपल्स. हैं। हमारे पास चर्चेस है, बीचेस है। और. मुझे लगता है कि हिंटलैंड टूरिज्म में पे. आके उधर भी आप एक झलक. लेके जाने की जरूरत है। रिवर वाइट वाटर. राफ्टिंग का भी उधर उधर चालू किया है. सरकार ने। मुझे लगता है ये हर चीज अलग-अलग. चीज है। आप आना चाहिए मुझे। व्हेन यू से. यू वांट टू कम टू गोवा एंड फाइव थिंग्स।. आई वांट टू नो व्हाट इज इट देयर इंटरेस्ट. शुभांकर जी।.
देखिए गोवा को लोगों ने नॉर्मली फिल्मों. के नजरिए से ज्यादा देखा है। मतलब जो अगर. मैं बच्चों की बात करूं हमारे लिए गोवा वो. है कि हम मेंटल पीस के लिए आते हैं। कि हम. कामकाज की जिंदगी में हमने बहुत मेहनत की, पैसे कमाए। अब एक ब्रेक चाहिए, सुकून. चाहिए। तो लोग सुकून के लिए गोवा जाते. हैं। उस सुकून में आज मुझे आपसे एक नया. वर्जन मिला स्पिरिचुअलिटी का, बहुत सारी. और चीजों का। तो मुझे वो फैसनेट किया एंड. आई एम श्योर बहुत सारे और लोग सुनेंगे। इस. पे चर्चा तो एटलीस्ट होगी ही कि ये एक नया. एस्पेक्ट आया है। हालांकि थोड़ा. स्टीरियोटाइप गोवा को लेकर शायद हमारे हम. सबके दिमाग में भी है कि हमने एक ही नजरिए.
से देखा। आप क्योंकि वहां से आप मिनिस्टर. वहां पर हैं। आपकी पूरी फैमिली की लेगसी. रही है। आप करंट सरकार में आप खुद कह रहे. हैं हम चीफ मिनिस्टर से बातें करते रहते. हैं। सो इसीलिए मैं वाइडर एस्पेक्ट में. समझना चाह रहा हूं आपसे मैं।. आई थिंक देयर आर डिफरेंट एस्पेक्ट्स गोवा. में अलोंग विद फाइव स्टॉल्स देयर आर ये. विला टूरिज्म विला टूरिज्म भी अभी बढ़ता. जा रहा है।. आपका फेवरेट आपका फेवरेट स्पॉट गोवा क्या. है? मैं तो जा मेरा फेवरेट स्पॉट्स आप पूछेंगे. इज माय फार्म वेयर आई एम एट द मोमेंट।. वो तो घर परिवार हो गया। घर के अलावा दिस.
कुछ होता है कोई एक अच्छी जगह।. नहीं मेरा क्षेत्र मेरा क्षेत्र इज़ इन द. मिडिल ऑफ़ द वाइल्ड लाइफफ़ सेंचुरी महादेव. वाइल्ड लाइफफ़ सेंचुरी। दैट्स अ मच वेरी. पीसफुल प्लेस एंड उधर भी ऑन द ऑन राइट जो. महादेव सेंचुरी जो हमारे क्षेत्र में है. जो व्हिच इज़ अ पार्ट ऑफ़ द वाइल्ड लाइफफ़. वाइल्ड लाइफफ़ रिजर्व। देयर आर ब्यूटीफुल. रिसोर्ट्स व्हिच आर देयर व्हिच आर. ओवरलुकिंग द ब्यूटीफुल हिलिटेरियन ऑफ़ द. एंड वेस्टर्न घाट्स। सो ये सब चीज़ अच्छे. हैं।. गोवा में फेस्टिवल्स बड़े अच्छे सेलिब्रेट.
होते हैं।. जी।. कौन सा ऐसा जिसे मिस नहीं करना चाहिए. लोगों को? बहुत से होते हैं। यू हैव द. फिल्म फेस्टिवल जो आती है। वन इज दैट नाउ. वी आर ट्राइंग टू इंट्रोड्यूस द. स्पिरिचुअल फेस्टिवल आल्सो दैट आल्सो विल. बी ऑन ऑन पीपल्स एजेंडा। उसके बाद आपके. पास शिगमो करके होली के समय फेस्टिवल होता. है। इट्स रियली यूनिक एंड रियली वर्थ. सीइंग एंड कार्निमल इज़ आल्सो देयर। कपल ऑफ़. ऐसे फेस्टिवल्स जो व्हिच आर रियली. इंटरेस्टिंग एंड ब्यूटीफुल। आपने सब देखा. होगा।. अगर आपको गोवा को डिफाइन करना हो बिकॉज़.
आपसे बेहतर कोई कर नहीं सकता। कैसे डिफाइन. करोगे आप? कैसा स्टेट है आप? इट्स अ ब्यूटीफुल स्टेट। इट्स अ वेरी. ब्यूटीफुल स्टेट विद ब्यूटीफुल पीपल।. हम. टेंपरामेंट ऑफ़ द पीपल इज अमेजिंग। पीपल आर. वै लोग बहुत फ्रेंडली है गोवा में। और. वेरी एडप्टिव. हम. और बाहर से जब लोग आते हैं इमीडिएटली उनको. एक्सेप्ट करते हैं। और एक टूरिज्म के लिए. दिस एस्पेक्ट इज़ वेरीेंट। एंड पीपल बहुत. एडप्टिव नेचर के लोग हैं। रिलैक्स नेचर के.
लोग एंड लोगों का एक रॉन्ग परसेप्शन है कि. गोवा के लोग हार्ड वर्किंग नहीं है। नहीं. गोवा के लोग हार्ड वर्किंग भी है। मुझे. लगता है कि ओवरऑल इट्स अ ब्यूटीफुल स्टेट. विद ब्यूटीफुल पीपल. ये आपसे किसने कहा कि. आई आई आई आई लव द स्टेट आई कम फ्रॉम। या. आपसे किसने कहा कि गोवा के लोग हार्ड. वर्किंग नहीं है। आई एम श्योर किसी ने. नहीं कभी-कभी कभी हम मीम्स देखते हैं कि. सुशकांत सुशकांत करके सब जगह चलता है। ऐसा. नहीं है सुशिकांत नहीं गोवा के लोग भी काम. करते हैं। बहुत काम करते हैं।. हु इज योर फेवरेट चीफ मिनिस्टर प्रमोद. सावंत हटा देते हैं। हम क्योंकि आपके. स्टेट के हैं उनकी हम बात नहीं करेंगे।.
अपार्ट फ्रॉम दैट आपका फेवरेट चीफ. मिनिस्टर अभी कौन है? गोवा के अलावा गोवा. के चीफ मिनिस्टर का नाम. सब चीफ मिनिस्टर अच्छे हैं।. फिर भी कोई जो आप जिसकी आपको वर्किंग. स्टाइल अच्छी लगती हो।. नहीं मुझे सबकी वर्किंग से अलग-अलग. वर्किंग स्टाइल लगी।. चलिए कुछ के आप तीन बता दो तीन चार नाम. बता दो। नहीं नहीं तीन चार नाम बताना भी. बहुत मुश्किल है क्योंकि हर लीडर हैज़ गॉट. हिज ओन यूएसपीस एंड इट्स वेरी डिफिकल्ट टू. आइडेंटिफाई वन पर्सन।. चलिए मैं कुछ लीडर्स. आसाम के आप मुख्यमंत्री को देखेंगे उनकी. अलग स्टाइल है।. क्या आपको हेमंत विश्व शर्मा में क्या. अच्छा लगता है? बहुत अच्छा लगा। उनका एक नेचर ऑफ़ डिलीवरी. एंड अग्रेसिव नेचर जो है मुझे वो बहुत.
पसंद है क्योंकि ही हैज़ गॉट हिज माइंडसेट. फिक्स्ड एंड ही डजंट चेंज ह ट्रैक एट ऑल।. एंड ही इज़ वेरी क्लियर इन व्हिच पाथ टू गो. एंड अ वेरी हार्ड वर्किंग चीफ मिनिस्टर।. मैं जब जाता हूं पूछता हूं लोगों को लोग. हमेशा उनके बारे में अच्छे बोलते हैं. और अपने स्टेट को लेके बहुत पर्टिकुलर. उनके नॉर्थ ईस्ट को भी लेके बड़े. पर्टिकुलर हैं।. बहुत पर्टिकुलर हैं और ऐसे बहुत से ऐसे. मुख्यमंत्री हैं भारतीय जनता पार्टी के. मुख्यमंत्री हैं जो बहुत हार्ड वर्किंग. हैं। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री हैं। बहुत. से. फडनवीस.
देवेंद्र फडनवीस जी हैं। तो ऐसे बहुत से. मुख्यमंत्री हैं जो काम करते हैं। आई एम अ. वेरी स्मॉल लीडर। आप मुझे पूछेंगे तो मैं. ये हर लीडर जो काम कर रहे हैं मुझे लगता. है कि दे आर ऑल एग्जांपल्स फॉर अस टू. फॉलो।. कोई अपोजिशन का लीडर जिससे आपके अच्छे आप. आप उसको लुक अप करते हो ये भी आपको अच्छा. लगता है। किसी भी अक्रॉस पार्टी. नहीं मैंने बहुत फोकस बीजेपी पे ही रखा है. और बीजेपी. बिकम अ स्मार्ट पॉलिटिशियन यू नॉट गना. मैं आपको बोल सकता हूं।. नो आई एम नॉट फॉललोड देम एट ऑल। सो आई आई. एम ऑनेस्टली व्हेरएवर आई फॉललोड व्हवर आई. नो। सो जनरली एक कोशिश होती है कि उनको.
फॉलो करने के लिए, ट्रैक करने के लिए, देखने के लिए कि क्या हो रहा है उनके. राज्य में। देवेंद्र फडनवीस जी गोवा के. प्रभारी थे। हेमंत. शर्मा मेरे पहचान के थे। तो जो. पहचान है कैसे? हाउ यू हेमंत मिस्टर. शर्मा? नो नो जनरली आई नो हिम मेनी इयर्स नो हिम. क्वाइट वेल ही इज़ अ गुड पर्सन एंड ही वाज़. आल्सो हेल्थ मिनिस्टर व्हेन आई वाज़ हेल्थ. मिनिस्टर। सो पहचान हो जाती है। दोनों एक. दूसरे से बातचीत करते हैं। इट्स इज अ गुड. वेरी गुड लीडर।.
हेमंता दा ने जब कांग्रेस छोड़ के बीजेपी. ज्वाइन की थी तो अपने इंटरव्यूज में एक. किस्सा सुनाया था कि वर्किंग स्टाइल के. डिफरेंस का. एक वो किस्सा भी था उनके पेट का जो बड़ा. वायरल हो गया बाद में। आप राहुल जी से. आपके संबंध रह गए। बातचीत रही आपकी? नहीं। मेरे इतने सालों में मैं शायद दो. बार ही मिला हूं।. मौका नहीं मिला नहीं। मैंने मौका ढूंढा. नहीं। ओके. तो मैं खुश था और मौका ढूंढा नहीं मैं सही. जगह में हूं.
बट जो भी थोड़ा बहुत एक्सपीरियंस था राहुल. जी कैसा था आपका. नहीं एक्सपीरियंस कैसा होगा जब मिला नहीं. और मौका ढूंढा नहीं. एक बार भी नहीं मिला राहुल गांधी से आपको. मैंने 10 साल में शायद एक दो बार ऐसे ही. पासिंग रेफरेंस. तो सवाल ही नहीं था उनका एक्सपीरियंस ही. नहीं है जो एक्सपीरियंस मुझे आज है वो मैं. खुश हूं। ऐसे नेतृत्व देश चला रहे हैं. नरेंद्र मोदी जी जो मैं खुश हूं कि मैं.
मोदी जी चलो ठीक है मैं आप स्पेसिफिक आता. हूं आप दूसरी पार्टी की बात नहीं कर रहे. हो तो मैं आपको डिक नहीं करता हूं। मोदी. जी से पहली बार कब मिले आप? जब मैं भारतीय जनता पार्टी ज्वाइन हुआ तब. मैं मोदी जी को मिला और उसके पहले भी मिला. मैं जब वो मनोहर परिकर के बेटे की शादी. में आए थे तो मुझे एक फोटो निकालना था. मोदी जी का।. तो आपको फैन मोमेंट कैसे हुआ फिर? नहीं. मनोहर परिकर ने मुझे मैं एक ही एमएलए था. जो उधर था। हां. तो मेरे पिताजी की तबीयत ठीक नहीं थी तो. वह नहीं जा पाए तो मनोहर परिकर मुझे ले गए.
आगे और बोले ये विश्वजीत है और ये आपसे एक. फोटो जब आइए बैठिए मेरे पास तुरंत तब वो. प्रधानमंत्री नहीं बने थे तब इलेक्शन चल. रहा था तब उन्होंने बोला आइए. 13. हां. 14 हां. जस्ट एट जस्ट बिफोर बिकमिंग पीएम तो मैं. पहली बार मोदी जी को इन रियल लाइफ में. मैंने देखा तो उन्होंने बोला आइए राणी जी. आपका बहुत सुना है बैठिए मेरे पास तो. मैंने मैं वही सोफा पे बैठा हमने फोटो ली.
बहुत खुशी हुई मुझे उनको मिलके एंड उधर. बोला उन्होंने सीधा बोल दिया उधर कि अरे. कुछ नहीं इधर फोटोग्राफर भी कुछ नहीं होगा. आप इधर आ के बैठिए तो मैं बैठा बहुत यू नो. इट वाज़ यू फेल्ट गुड यू नो जस्ट बीइंग. नेक्स्ट टू पर्सनालिटी लाइफ. क्यों आपको मोदी जी फोटो खिंचानी थी उस. टाइम. ना मुझे खुशानी थी मुझे उनके बारे में. होता ना कुछ तो रीज़न होता था सबका. आई हैव माय होल फैमिली इवन से मैंने आपने. प्राइम नॉट प्राइम मिनिस्टर. इट्स नॉट अबाउट हिम बीइंग प्राइम मिनिस्टर.
मोदी जी की औरराय अलग थी. क्या अलग है. अलग है मोदी जी जब आते हैं यू नो यू यू. फील लाइक रिस्पेक्टिंग हिम यू यू बाय. नेचुरली यू रिस्पेक्ट अ लीडर लाइक दैट. मोदी जी के काम करने की पद्धत यू रीड. अबाउट मोदी जी एंड इट्स नॉट अबाउट दैट वी. हैव ऑल ऑफ़ अस नो अबाउट द गुजरात मॉडल एंड. इट्स नॉट ओनली अबाउट अ गुजरात मॉडल अबाउट. ईच एंड एव्री एस्पेक्ट टुडे व्हेन मोदी जी. आप देश जब चला रहे हैं आपके आपके पास. चर्चा करने के और 3 घंटे लगेंगे। उनके. मोदी जी के 11 साल का जब रिपोर्ट कार्ड हम. लेके बैठेंगे तो आई फील.
नहीं मेरे को रिपोर्ट कार्ड मेरे को. पर्सनल टच जानना है।. पर्सनल टच में तो चर्चा अलग हो जाएगी।. पर्सनल टच में. तुरंत जब इट्स सिंपल तुरंत जब हम जब उधर. मैंने फोटो के लिए रिक्वेस्ट किया ही नेवर. हेजिटेड बिकॉज़ ही इमीडिएटली कनेक्टेड टू. माय फादर बिकॉज़ दोनों जब मोदी जी. मुख्यमंत्री थे मेरे पिताजी भी. मुख्यमंत्री थे और दोनों प्लानिंग कमीशन. या कई फंक्शन हो तो साथ में गोवा और. गुजरात हमेशा साथ होता है तो मिलते थे और. बातचीत करते थे और माय फादर आल्सो लुक्स. अप टू मोदी जी अ लॉट एंड दोनों बात करते.
थे हमेशा मैंने देखा है जब मैं मध्य. प्रदेश में था यह एक इंसिडेंट हुई जब मोदी. जी वास काइंड इनफ टू यू नो आओ मेरे पास. बैठो फोटो लेना दी आर मेमोरीज जब मैं मध्य. प्रदेश में था भारतीय जनता पार्टी का काम. एक कार्यकर्ता के माध्यम से मैं उधर. काम कर रहा था इलेक्शन के समय तब मोदी जी. आए मैं पहला था लाइन में रिसीव करने के. लिए अब जब रिसीव करने मोदी जी आए सीधा. मेरे हाथ इधर हाथ डाल के बोले आप कैसे हो.
राणे जी मैं मैं बोला सर सब ठीक है ये ऐसी. सीसी नहीं मुझे ये सब सुनना नहीं है। मुझे. इतना ही बोलना आप गोवा से मध्य प्रदेश में. भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ते. कार्यकर्ताओं के साथ मिलके काम करने में. आपका अनुभव क्या है वह मुझे बताइए। बाकी. का सब छोड़िए। यह चीज अंडरस्टैंडिंग माय. सेंटीमेंट फीलिंग एंड हाउ आई एम फीलिंग. वर्किंग हियर इन मध्य प्रदेश। यह एक बहुत. बड़ी बात है।. बाकी का चीज मुझे नहीं चाहिए। यह आपका.
अनुभव बोलिए। यह हर चीज मैं एक छोटा. कार्यकर्ता हूं देश में।. जब गोवा आते हैं आकर पूछते हैं आपके. पिताजी कैसे हैं? यह चीज टच हो जाता है।. हृदय में रहता है। जब एक फोटो खींचना था. तब उन्होंने एसपी जी को बोला अरे राणे जी. को बुलाओ।. राणे कहां है? तो भाई फोटो में खड़ा रहो।. यह हर चीज मेरे नेता मेरा याद रखते हैं।. हमेशा मेरे मुझे देखने के बाद मेरे पास. आकर मेरे इधर हाथ लगा के बातचीत करते हैं।.
पिताजी कैसे तब भी कहते मेरे मेरे मैंने. उनके बारे में पूछा है उनको बोलना। ये सब. चीज एक कार्यकर्ता को और मोटिवेशन देता. है। और स्ट्रेंथ देता है। मेरे लीडर मेरे. बारे में सोचते हैं। मेरे परिवार के बारे. में सोचते हैं। और यही लीडर देश योग्य तरी. चला रहे हैं। और मैं एक अभिमान से उनका. कार्य कर रहा हूं। यह बहुत हुआ।. मोदी जी को गोवा में क्या पसंद है? क्या. आई एम श्योर आप लोग डेलीगेशन सजाते होंगे. जब वो आते होंगे? नहीं वो हर चीज बातचीत हमारे जो छोटे.
ग्रुप्स में बातचीत जब होती है जनरल. बातचीत होती है।. हम. जनरल बातचीत अबाउट जो जो विषय हम. गोवा में फेवरेट फूड क्या है? सबसे पॉपुलर. फूड क्या है? फूड पॉपुलर फिश, करी एंड राइस इज़ मोस्ट. पॉपुलर अमंग पीपल।. ओके। एंड व्हाट्स योर फेवरेट फूड? माय एंड आई हैव बिकम वेजिटेरियन नाउ।. हां। तो थैंकफुली क्योंकि मेरे मैं सवाल. यही पूछने वाला था। आई एम अ वेजिटेरियन. गाय। आई हैव बिकम टोटली वेजिटेरियन। सो. नाउ इफ यू आस्क मी एनीथिंग और नॉन. वेजिटेरियन वेरी डिफिकल्ट टू आंसर।. सो, गोवा में वेजिटेरियन आदमी के लिए खाने. क्या है? बहुत बहुत सी चीजें क्या है? एक बिमली. करके है। उसका एक पिकल बनाते हैं। उसका.
करी बनाते हैं। दैट जनरली यूज्ड टू बी पुट. इन फिश करी। सो बेसिकली कैजू नट का एक अह. कैजू कोरमा जैसा अह देयर आर सेवरल अदर. देर-h गोवा में मैंने देखा है कि दे टाइप. ऑफ़ फ़ूड दैट यू गेट तालुका वाइज़ इज़ इज़. वेरिएड। सो देयर इज़ अ ट्रेमेंडस अमाउंट ऑफ़. अह वैरायटी फॉर वेजिटेरियंस।. इंटरेस्टिंग। अह एक सर अभी आपका रिसेंटली. वो वायरल हुआ था वो सिंघम वाला वीडियो।. सिंघम वाला वीडियो नहीं था। वो तो गरीब के.
लिए एक परेशानी थी मेरे मन में।. जब मतलब वो आप वॉक करते गए सीएमओ कहां पर. है? नहीं मैं तो गया था हॉस्पिटल में एक. पेशेंट को देखने के लिए। वो पेशेंट को सिर. स्किन का डिसऑर्डर था। वो बोल रहा था मैं. हॉस्पिटल में एडमिट हूं। आप नहीं आ रहे हो. मुझे देखने के लिए तो मैं उसको देखने के. लिए मैं जा रहा था घर तब मुझे किसी का फोन. आया और उसकी मां फोन पे रो रही थी कि मुझे. इंजेक्शन नहीं मिल रहा है और मुझे दर्द. बहुत हो रहा है तो मैं बोला अरे गाड़ी. टर्न करो जाएंगे हॉस्पिटल में तब मैं.
हॉस्पिटल चला गया और मेरी एक जिम्मेदारी. है एज अ हेल्थ मिनिस्टर दैट गरीब से गरीब. आदमी को हेल्थ केयर ठीक से मिलना चाहिए. एंड स्पेशली सीनियर सिटीजंस सो शायद समवे. इट्स पार्क्ड ऑफ परहेप्स इट मस्ट बी अन. इनएप्रोप्रिएट एट द वे इट हैपन बट बट. डेफिनेटली इट इज माय ड्यूटी। मेरा एक. जिम्मेदारी है कि गरीब लोगों को और सीनियर. सिटीजन को अच्छी तरह से केयर मिले।. हॉस्पिटल में ओपीडी बंद थी उस दिन और वो. कहां जाती? एक ही था कैजुअल्टी और जब लोड.
नहीं था कैजुअल्टी पे इंजेक्शन देने में. कुछ देर वाज़ नो डिफिकल्टी। सो दैट वाज़ द. रीज़।. व्हाट्स योर टेक ऑन सोशल मीडिया? अभी सोशल. मीडिया पे काफी पॉलिटिशियन काफी एक्टिव. हैं। हमने आपके बहुत सारे वीडियोस सोशल. मीडिया पे देखे। अभी सब सभी एक्टिव हो. चुके हैं। सोशल मीडिया पर एक्टिव होना आज. की पॉलिटिक्स की डिमांड है।. डेफिनेटली इट्स नॉट ओनली डिमांड। आप जो. करते हो वो लोगों तक पहुंचना चाहिए।. इट इज़ नॉट ओनली हाईलाइटिंग योरसेल्फ। इट. इज़ आल्सो हाईलाइटिंग ये हाईलाइट करना करने. की जरूरत है कि आप जो काम करते हो वो कैसे. काम करते हो। यह लोगों तक कैसे पहुंचना.
चाहिए और यंगर जनरेशन इज क्लूड ऑन टू सोशल. मीडिया। और गरीब के पास शायद यू विल बी. सरप्राइज्ड। ही मे नॉट हैव अ जॉब बट ही. हैज़ अ स्मार्टफोन। और वह देखता रहता है।. वह रील्स देखता रहता है। वह देखना चाहता. है। और उस माध्यम से वह देखता है कि दूसरे. राज्य में क्या हो रहा है। दूसरे गांव में. क्या हो रहा है। हमारे नेबरिंग से गोवा. इतना छोटा राज्य है लेकिन दूसरी में क्या. हो रहा है? और वो एग्जांपल देके वो. इलेक्शन की मीटिंग में वो पूछेगा नहीं तो. आपके पास आ के पूछेगा और दिखाएगा कि ये. उधर हुआ है लेकिन हमारे क्षेत्र में क्यों. नहीं हुआ है। सोशल मीडिया इज़ वेरी पावरफुल.
टूल टुडे एंड वन हैज़ टू बी ट्यून इन टू. सोशल मीडिया। इट्स वेरीेंट। मुझे लगता है. कि सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों के पास. यह इंफॉर्मेशन पहुंचाना और समझ लेना कि. क्या चल रहा है इज़ वेरीेंट।. ओके। कोई एक कंट्रोवर्सी जिसे आप टाइम. ट्रेवल में जाकर ठीक करना चाहोगे।. नहीं अभी पिछले बार वो कॉन्ट्रोवर्सी हर. आदमी की जिंदगी में होती ही होती है।. लेकिन आई थिंक इज़ बेस्ट इज टू लुक फॉरवर्ड. एंड सी दैट यू डोंट मेक एनी मिस्टेक्स। बी. ग्राउंडेड एंड लुक एट लाइफ सीरियसली। लाइफ.
गिव्स यू अ लॉट। जिंदगी में सब कुछ मिलता. है और सत्ता ऐसी चीज है कि एक मैचिस जैसे. होते हैं। कभी भी चले जा सकती है। तो आपको. संभाल के जुडिशियसली पावर का इस्तेमाल. करना चाहिए और पावर ऐसी चीज है माइंड को. करप्ट ना करना चाहिए। कभी-कभी लोगों को. लगता है कि मैं पावर में हूं, मैं मंत्री. हूं तो सब कुछ हूं। ऐसा नहीं है। हम. कार्यकर्ता हैं। हमें ग्राउंडेड रहना है।. हमें अच्छी तरह से सेवा गरीबों की करना. है। और सामान्य जनता ने बोलना चाहिए कि. लोगों ने बोलना चाहिए कि ये आदमी अच्छा.
आदमी है। इसलिए इसको जिताना चाहिए। यही एक. संकल्प लेके हमें आगे बढ़ना है।. देयर वेर हाई रमर्स कि लास्ट इलेक्शन में. आप और आपके फादर कॉन्टेक्स्ट कर फादर भी. लड़ना चाह रहे थे। एंड यू गिव अ स्टेटमेंट. आल्सो।. क्या है कि मैं फादर इज अ वेरी कैपेबल।. एंड मेरे पिताजी एक कैपेबल और एक बहुत. एक्सपीरियंस पॉलिटिशियन है। लेकिन. परिस्थिति ऐसी हुई एज फैक्टर आल्सो देयर.
यंगर जनरेशन भी था।. वंस अ पॉलिटिशियन इज़ ऑलवेज अ पॉलिटिशियन।. नहीं बट ही वांट्स टू बी पार्ट ऑफ इट।. नहीं ऐसा नहीं है कि कभी-कभी स्टेटमेंट. देके उन्होंने ये डिसाइड किया कि मैं नहीं. कॉन्टेस्ट करूंगा। कंट्रोवर्सी हो जाती. है। अह लास्ट में मैं भारतीय जनता पार्टी. का कार्यकर्ता हूं और कार्यकर्ता हूं और. मेरे पिताजी भी बहुत साल बहुत साल क्या. मेरी उम्र तक राजनीति में. अच्छा जितनी आपकी उम्र होगी उतना उसका. हां तो बेसिकली तो अभी भी वो आपको देखते. हैं डांटते हैं बताते हैं कि ये मत करो ये.
करो एडवाइस लो मुझसे. हां मैं. वंस अ फादर इस ऑलवेज अ फादर वो मेरे पापा. मैं कितना भी लाइफ में कुछ कितने भी. इंटरव्यूज कर लिए मैंने बट वो मुझे आके. बता देते हैं चार चीजें आपके फादर तो इतने. लंबे समय में तो पॉलिटिक्स में रहे। कहीं. टोका लास्ट टाइम कब टोका था उन्होंने. आपको? नहीं अभी अभी उम्र के हिसाब से वो टोकते. नहीं लेकिन ये साइलेंट हो जाते हैं। दैट. इज वर्स्ट देन फायरिंग।. ट्रू।. तो बेसिकली चुप हो जाते हैं। तब मैंने एक. दिन उनको बोला ये ये नर्स है। इसका आपको.
मानना है बात। मैं इनको सबको निकाल दूंगा।. मुझे किसी की जरूरत नहीं है। मैं. इंडिपेंडेंट हूं। मैं बोला फिर उनको. गुस्सा आया मुझ पे। तो रात को मैं उनके. साथ रुकता हूं हमेशा। अभी भी कल जाके उनके. साथ मैं रुकूंगा रात को। लेकिन क्या है कि. छोटी-छोटी चीज पे उनका एक ही इज़ अ वेरी. इंडिपेंडेंट पर्सन। और ये ठोकते हैं बोलते. हैं कभी-कभी उनके माइंड में कुछ आता है. फॉरेस्ट के बारे में। ये बोलते हैं कि. ऐसे-से करना चाहिए। लेकिन तुम ऐसा नहीं कर. रहे हो। मैंने हर फॉरेस्ट के कोनेकोने में.
जब मैं मंत्री था मैंने देखा है। तुम्हें. कितना मालूम है फॉरेस्ट के बारे में। तो. सुनना पड़ता है कि अनुभव की बात है। तब. मैंने बोला तब उस पेपर पढ़ते हैं और. कभी-कभी कंट्रोवर्शियल चीज पेपर में आती. है। आपको पता है मीडिया में कई आती है कि. विश्वजीत ने आपने अभी बोला कि ऐसे पेपर. में चलता है प्रमोद साह वो हमेशा मुझे. बोलते हैं ये वो आपके मुख्यमंत्री हैं।. आपको मुख्यमंत्री के माध्यम बाउंड्री में. रह के उनके साथ अच्छी तरह से काम करना.
चाहिए। हमारे बाजू के ही मुख्यमंत्री हैं।. उनके साथ अच्छा काम करो। ये बोल ये दिस इज़. एडवाइस। दिस इज़ प्रॉपर एडवाइस. और मुझे बोलते हैं कि मुख्यमंत्री है यह. पेपर में क्या आ रहा है यह पेपर में नहीं. आना चाहिए। आप दोनों साथ में काम कर रहे. हो। आप दोनों का क्षेत्र साथ में है।. अच्छा काम करो। ये सब चीज एडवाइस पिताजी. ऐसे ही एडवाइस देना चाहिए। ये एडवाइस देके. हमें आगे जाना चाहिए।. तो आपने नहीं कहा मिर्पुरी तरह की. नहीं ऐसे नहीं है। कुछ. बड़ी तकलीफ होती है जब आप योग्य हो और लोग. आपकी योग्यता ना पहचाने।. नहीं नहीं ऐसे नहीं। ऐसा कुछ नहीं है। मैं.
बहुत खुश हूं। मुझे सिर्फ लोगों की सेवा. करने में आनंद मिलता है।. व्हाट इज हैप्पीनेस फॉर यू? हैप्पीनेस इज सेटिस्फाइंग द पीपल। सी आई. हैव ऑलवेज बीन मैं हमेशा लोगों के बीच रहा. हूं। और ये गरीबों की सेवा मैंने गरीबी. एकदम क्लोजली देखा है। और मेरे पिताजी ने. जस्ट. आपने कैसे गरीबी देखा? आप लोग क्या लोगों. का जीवन मेरे पिताजी लोगों को एक्चुअली. उन्होंने वर्चुअली लोगों का लाइफ्स. ट्रांसफॉर्म किया है गोवा में। सो जब मैं. छोटा था जब उनके साथ जाता था। मैंने.
एक्चुअली देखा है और लाइफस्टाइल जैसे. लोगों का चेंज होता है।. तो वो एस्पेक्ट मेरे मन में है। आप मेरे. पिछले आप देखेंगे मेरे क्षेत्र में आप. देखेंगे सबसे बूढ़ी औरत वो अभी भी मुझे. बाबा करके बोलते हैं। बाबा बोलाते हैं. क्योंकि मैं बचपन में कोई वो बोल रहा था. बाबा करके। मैं अभी मैं बोला आप 50 साल हो. गए वो 53 हो गए अभी भी बाबा ही बोलते हैं।. लेकिन यह आप वो इमोशनली कनेक्टेड है।. हम्म। सो बेसिकली यू नो यू हैव टू लुक.
आफ्टर दिस एस्पेक्ट। सो बेसिकली दिस इज. समथिंग व्हिच इज ऑलवेज प्रेसिंग एंड टचिंग. मी।. ओके। हमने सर लास्ट में कुछ रैपिड फायर. रखा है क्योंकि आप हेल्थ मिनिस्टर हैं. इसलिए क्वेश्चन है। क्या पुरुष जो है अभी. भी मेंटल हेल्थ पर बात करने से डरते हैं? जनरली मेंटल हेल्थ इज़ पुरुष के सीमित नहीं. है।. बात करने की बात।. नहीं नहीं बात करने की नहीं। इट इज़ इट इज़. इन बोथ द सेगमेंट्स। मेल एंड फीमेल। पीपल. डोंट वांट टू टॉक। इवन एस फ ऐ चिल्ड्रन आर. कंसर्न बच्चे बच्चों के बारे में उनके लिए. हमने वो टेलीमानस करके बहुत बड़े पैमाने.
में हमने अग्रेसिवली हमने कैंपेन चलाया हम. देख रहे हैं कि बच्चों के बारे में जिनको. काउंसलिंग चाहिए पेरेंट्स बात नहीं करते. सो इट्स नॉट अबाउट पुरुष और इट इज़ महिला. इट इज़ इन जनरल. लोग कम बात करते हैं।. ओके क्या प्राइवेट हॉस्पिटल में सरकारी. हॉस्पिटल से ज्यादा अच्छा इलाज मिलता है? नहीं मुझे लगता है गोवा में सरकारी. हॉस्पिटल में प्राइवेट हॉस्पिटल से ज्यादा. अच्छा फैसिलिटीज मिलती है।. सारे रिपोर्टर लग जाएंगे कल से आपके पीछे।. नहीं नहीं. ओके। क्या एआई जो है वो आगे आने वाले टाइम.
में हेल्थ में बड़ा रोल प्ले कर सकते हैं।. 100% बड़ा रोल प्ले करेंगे। देश के. प्रधानमंत्री ने ऑलरेडी एआई के बारे में. और यूटिलाइजेशन और एआई के बारे में ऑलरेडी. उन्होंने बातचीत किया है। और गोवा में. ऑलरेडी हमने इंप्लीमेंट करना चालू किया. है। एआई स्क्रीनिंग ऑफ लंग कैंसर है। मुझे. लगता है एआई इन द नेक्स्ट फ्यू इयर्स विल. प्ले अ मेजर रोल। इसका बहुत बड़ा रोल होगा. हेल्थ सेक्टर में।. आप. हेल्थ और बाकी सेक्टर में लेकिन मैं हेल्थ. का बोल रहा हूं।. सोशल मीडिया के दौर में सर हर इंसान. डॉक्टर बना है रील्स में। ऐसे ये रील वाय.
डॉक्टर्स को आप क्या बोलोगे कि अब लोग. ओरिजिनल डॉक्टर था रील वाय डॉक्टर देख. लेते हैं। हर आदमी के पास ज्ञान है कि ये. कर लो ये हो जाएगा। सो एज अ हेल्थ. मिनिस्टर आप क्या एडवाइस दोगे? क्या बोल सकते हैं लोग? अभी रील्स हैज़. बिकम अ फैशन ऑफ़ टुडे। सो यू हैव टू यू हैव. टू सी व्हाट यू हैव टू सी एंड नॉट सी. व्हाट यू डोंट वांट टू से मैं देखता हूं. हमेशा आप ज्ञान के बारे में बोलते हो हर. चीज आती है हर चीज क्यों अभी आप सब ने. देखा होगा कि कौन से दिन फ्लाई करना ग्रह. के नक्षत्र के हिसाब से अभी आया है कि 17.
तारीख को मत फ्लाई करो 21 तारीख को मक. फ्लाई करो अभी क्या अभी क्या क्या बिलीव. करना नहीं बिलीव करना मुझे लगता है अभी. शुड बी मोर रैशन इन व्हाट वी सी. ओके अ इंडियन पॉलिटिकल हिस्ट्री में आप. किन-किन लीडर्स को आजादी की एडलाइज करते. हो और क्यों? मुझे लगता है कि लुकिंग एट ओवरऑल देखने. में मुझे लगता है कि वन ऑफ़ द मोस्ट. पावरफुल एंड वन ऑफ़ द मोस्ट ग्राउंडेड. लीडर्स इन मोदी जी। नॉट बिकॉज़ आई एम इन.
भारतीय जनता पार्टी एंड आई अ कार्यकर्ता. भारतीय बट द वर्क जो मोदी जी ने किया है. मुझे नहीं लगता कि कोई आसपास भी आ सकता है. और पुराने नेताओं में आजादी के बाद अगर. मैं अभी करंट नेताओं की बात ना करूं 1947. के बाद से आज तक. मैंने जो पढ़ मैंने आपने पढ़ा होगा देखा. होगा. लाल बहादुर शास्त्री. व्हाई लाल बहादुर शास्त्री. इज़ बिकॉज़ ऑफ़ द टाइप ऑफ़ इंटीग्रिटी हेड फॉर. द कंट्री एंड द टाइप ऑफ़ वर्क ड्यूरिंग द. फ्रीडम मूवमेंट उन्होंने जो किया था उसके. बारे में मैंने जो पढ़ा था बेसिकली यू कैन.
नॉट अदर लीडर्स आल्सो मे हैव. कॉन्ट्रिब्यूटेड इन अ पर्टिकुलर मैनर. बट वी कैन नॉट डिस्काउंट एनीबडी बट आई फील. दैट इन टुडेज टाइम इट इज़ मोदी जी टाइप इफ. यू लुक एट द रिकॉर्ड ऑफ हिज़ 11 इयर्स एंड. इफ यू लुक एट सेवरल अदर लीडर्स आई थिंक ही. स्टैंड्स आउट और आई मीन आई एम वेरी प्राउड. ऑफ. पॉलिटिक्स में सबसे इंटरेस्टिंग कौन होता. है लीडर या जनता? दोनों लीडर भी अच्छा लीडर चाहिए तो. इंटरेस्टिंग बात कर सबसे मजेदार कौन है?
जनता भी जनता और प्रजा ऐसी है कि. उनके अपेक्षा के अनुसार आप काम ना करो. हां. तो वो एक अनप्रिडिक्टेबल सेगमेंट हो जाती. है क्योंकि उनको चाहिए कि नेता जो हो. हमारी अपेक्षा के अनुसार काम करें. और लीडर भी अच्छा होना चाहिए जो डिलीवर कर. सके। सो इट इज अ बोथ इट्स अ कॉम्बिनेशन. बोथ. कभी ऐसा हुआ कि जैसे आप पांचप डिपार्टमेंट. लेते हो आई एम श्योर कुछ लोग तो नाराज. होंगे सब सब तो सेटिस्फाई हो नहीं सकते.
कुछ लोग होंगे भी सेटिस्फाई तो भी अपोजिशन. के होंगे तो एज अ पॉलिटिशियन कभी ऐसा हुआ. कि आप जा रहे हो और किसी जनता ने कुछ. उल्टे नारे लगाने शुरू किए. नहीं. कंट्रोल करना मुश्किल होता है एज अ. पॉलिटिशियन. नहीं कभी-कभी कुछ नहीं ऐसा. बिकॉज़ बीइंग अ पॉलिटिशियन यू हैव टू बी. नाइस इन फ्रंट ऑफ़ पब्लिक सो ऐसा ह्यूमन. बीइंग कभी मन में आता है कि भाई. नहीं होता है कभी-कभी बट्स ओके इट्स पार्ट. ऑफ़ लाइफ। नहीं मुझे नहीं लगता कि ऐसी गोवा. में परिस्थिति ऐसी नहीं है।. पॉलिटिशियन को गुस्सा कैसे कंट्रोल करते.
हैं पॉलिटिशियन? नहीं. मैं अभी. हालांकि आप तो नहीं कंट्रोल करते हो। आप. तो एक्सप्रेस कर देते हो। बट अभी जैसे. आपने कहा कि सीखना शुरू किया मैंने।. ऐसा नहीं मैं एक्चुअली सब लोगों को पता. है। डॉक्टर्स को पता है। मैं हमेशा किसी. के नाम शुभांकर जी या. नहीं मैं इन जनरल पूछा था। नहीं जनरली. मेरा बात करें मेरे सेक्रेटरी अरुण मिश्रा. जी मैं हमेशा एक शांति से बात करता हूं।. ऐसा नहीं है कि हमेशा 15 साल में एक. आउटबस्ट हां जिधर डिसिप्लिन इंप्लीमेंट.
करना चाहिए यू हैव टू बी स्ट्रिक्ट बट. कभी-कभी एक आउटबस्ट और ये आउटबस्ट कभी-कभी. होता है क्योंकि कहीं गरीब को सेवा मिलना. चाहिए इसलिए होता है। कभी-कभी उसका रोना. अभी तक मेरे कान में गूंज रहा है। तो मुझे. लगता है कि कभी-कभी होता है। बट जनरली आई. एम नॉट. यह शांति से करना चाहिए सब कुछ. घर में मैम ज्यादा गुस्सा करती हैं आप. ज्यादा गुस्सा करते हो. नहीं कोई गुस्सा नहीं करते सब ठीक. आपको डांट पड़ी कभी. नहीं डांट पड़ती नहीं ज्यादा.
डांट पड़ती नहीं बेटियों से ज्यादा डांट. पड़ती है. किस बारे में हर चीज के बारे में क्या. करना चाहिए क्या नहीं करना चाहिए उनके. माध्यम से ही हमेशा माय डॉटर स्टडिंग इन. लंदन सो उधर से लंदन क्या हो गया आपको. इतने चिल्लाया क्यों आप क्या करते हो अभी. सब Instagram नहीं देखा मैं सो बेसिकली अ. चाइल्ड एंड शी शी इज़ आल्सो डूइंग. साइकोलॉजी एंड क्लीनिकल साइकोलॉजी तो. बेसिकली ओवरऑल वन हैज़ टू शांति से काम.
करना चाहिए कभी-कभी आउटबस्ट भी हो तो भी. कभी-कभी आज के सोशल मीडिया के दौर में. आपको विचार करना चाहिए कि बाबा हमें क्या. करना चाहिए कैसे करना चाहिए व्हाट डू यू. डू योर अल्टीमेटली आउटकम बेस्ड होना चाहिए. आउटकम क्या है यू वांट टू इंप्लीमेंट अ. सिस्टम इन अ मच मोर एफिशिएंट में हमें. इंप्लीमेंट करना है तो ठीक है उस तरह से. आप कर सकते हो लेकिन कभी-कभी. कई चीज अलग तरीके से हैंडल करना चाहिए तो. एक क्लास क्वेश्चन पूछता हूं मैं सात बार. के चीफ मिनिस्टर का बेटा होना विधायक.
डॉक्टर वाइफ का हस्बैंड होना पढ़ी लिखी. बेटियों का बाप होना या हेल्थ मिनिस्टर. होना सबसे ज्यादा ध्यान कहां रखना पड़ता. है. दोनों बेटियों. डांट कहां पड़ती है. दोनों बेटियों पे दैट्स द मोस्ट डिफिकल्ट. आज की बेटियों ऐसी है कि पढ़े लिखे हैं और. डांटते भी ऐसे हैं कि उनको बैरियर और उनको. कुछ यह नहीं होता है। फिल्टर नहीं होता है. तो डायरेक्टली वो डांटते हैं। तो कभी-कभी. सुनना पड़ता है।. तो आपने कहा नहीं कि मेरे को डांटने के. लिए तुम क्यों डांट रही हो? मेरे को कह रहे हो डांटो मत। डांटो मत.
मुझे डांट।. कभी-कभी सुनना पड़ता है। जो दूसरे ने लोग. नहीं बोल सकते। ये फ्रैंकली बोल सकते हैं।. आज के लड़के लड़कियां बहुत पढ़े लिखे. लड़कियां हैं। पढ़े लिखते हैं। उनका. एक्सपोज़र अलग होता है। वो हर चीज देखते. हैं और उनको जो फीलिंग आती है वो आपको. बोलते हैं और वो सुनना पड़ता है और सुन के. मुझे लगता है इट्सेंट टू हियर पीपल आउट।. इट्स वेरीेंट। मैंने जैसे आपको बोला कि. सत्ता एक मैच स्टिक जैसी है।. हम. आपको पता नहीं पूरी जलेगी या हाफ में बुझ.
जाएगी। तो उस हिसाब से आपको रियलिटी ऑफ. लाइफ ले ग्राउंडेड लीडर बन के चलना है और. आपको यह करना है कि हमेशा प्रजे की सेवा. और गरीबों की सेवा और मुझे आई आई एम नॉट. टेलिंग यू दिस शुभांकर जी बिकॉज़ माय मदर. इज़ आल्सो सफरिंग फ्रॉम कैंसर। सो आई एम. नॉट ओनली डीलिंग वि द सर्विंग ऑफ़ सोसाइटी।. और मैं हेल्थ मिनिस्टर हूं। मेरी मां. फोर्थ स्टेज कैंसर तक जाने तक रुक के मुझे. तब पता चला जब ऑलरेडी हाथ के बाहर निकल.
चुका था। लेकिन भगवान के आशीर्वाद से आज. तक वो अच्छी तरह से ट्रीटमेंट हो रहा है।. लेकिन मुझे हर लेवल पे हैंडल मुझे लगता है. ये सब चीज आदमी को ग्राउंडेड करती है।. रियलिटी चेक लाइफ में देती है और आपको. दिखाती है कि परमानेंट कुछ नहीं है। हर. चीज टेंपरेरी है। इसलिए उसका सम्मान करो।. ट्रू. कुछ भी परमानेंट सच में नहीं है। इतनी. सारी आज इस साल तो इतनी सारी घटनाएं हुई।.
हम सब ने रियलाइज किया जिंदगी कुछ नहीं. पता कल क्या हो जाए। विजय रूपा साहब वाली. जो घटना थी अहमदाबाद में जो कुछ हुआ लाइफ. इज वेरी अनसर्टेन। आज हम बैठे हैं। कल. शायद हम में से कोई नहीं रहेगा। किसको पता. क्या होता है। लाइफ इज टू बी रिस्पेक्टेड।. मुझे किसी ने बोला वरशिप लाइफ। वरशिप योर. ओन बॉडी। वरशिप लाइफ। वरशिप एवरीथिंग दैट. इज़ अराउंड यू। दैट इज़ द बिगेस्ट प्रेयर. एंड इट्सेंट। एंड यह सबसे बड़ी महत्व की.
चीज है कि आप. लोगों का सम्मान ठीक से करो और रिस्पेक्ट. व्हाट यू डू एंड बी प्राउड ऑफ़ व्हाट यू. डू। लवली टॉकिंग टू सर।. थैंक यू सो मच।. मुझे मजा आया। आई होप कि देश दुनिया में. जो लोग भी देखें आपको वो इस पॉडकास्ट का. आनंद लें। मेरी कोशिश थी कि जनता के जो. सवाल हैं वो आप तक पहुंचाए जाए। गोवा को. समझने का नजरिया है। एक नजरिया आपने मुझे. अच्छा दिया है आज इस पॉडकास्ट में गोवा को. लेकर स्पिरिचुअलिटी वाला. डेफिनेटली. और मैं चाहूंगा कि जब कभी कुछ वहां हो तो. आप हमें इनवाइट जरूर करें।.
नो डेफिनेटली. तो हम चाहेंगे कि वो गोवा का एक दूसरा. पहलू जो जो स्टीरियोटाइप हमारे ज़हन में. रहा है उससे आगे बढ़कर और भी एस्पेक्ट्स. हमें दिखाई पड़े।. डेफिनेटली फॉरवर्ड। थैंक यू सो मच फॉर. हैविंग मी। थैंक यू।.
