Unplugged ft. Sameer Wankhede | Family | Aryan Khan Case | Shah Rukh Khan | Bads of Bollywood
आपको लगता है बॉलीवुड के विलेन हो? ब्रेकिंग न्यूज़ है समीर वानखेड़े नहीं।. समीर वानखेड़े? समीर वानखेड़े, समीर वानखेड़े, समीर वांड़े? समीर वानखेड़े ने आर्यन खान को फेमस किया. या शाहरुख खान ने समीर वानखेड़े को फेमस कर. दिया।. ये सबसे डिफिकल्ट क्वेश्चन है आपका। या तो. आप गलत थे या सिस्टम ने आपको कमजोर किया. क्योंकि आप तो बड़े कॉन्फिडेंट थे।. कॉन्फिडेंट हूं।. कॉन्फिडेंट थे नहीं।. यू आर सेइंग द वॉर इज नॉट येट टू वॉर। वॉर. तो संघर्ष है ही है। सच्चाई की लड़ाई है।. केपी गोसावी जैसे विवादित व्यक्ति को गवाह.
बनाना और फिर उसका वो सेल्फी खींच कर. वायरल करना।. मैं आपको समझा दूं कि व्हाट थिंग्स हैपन।. आपकी शाहरुख खान की चैट्स की बड़ी चर्चा. हुई। अगर कोई छोटा आदमी होता तो क्या समीर. वानखेड़े उसे उतना एंटरटेन कर दे? ना मुझे फिल्मों में इंटरेस्ट है ना मैं. देखता हूं उस चीज को।. पर हमने तो आपको मूवी में देखा है।. ड्रगिस्ट।. कुछ लोगों की जिंदगी में इतने इंपॉर्टेंट. होते हैं के दिन रात भूल नहीं पाते. बेसिकली।. एक जवान फिल्म में बेटे को हाथ लगाने से. पहले. बाप से बात कर। और एक बैट्स ऑफ बॉलीवुड. में जो आर्यन खान का वो सीन था जिसमें. आई एम पार्ट ऑफ फॉर अगेंस्ट ड्रग।.
आई एम पार्ट ऑफ एनसीजी।. लोगों को ऐसा लगता था कि आपको रेप्लिकेट. किया जा रहा है।. नहीं दीज़ आर वैरी रोड साइड डायलॉग्स. बेसिकली। एंड कोई भारतीय संस्कृति में ऐसे. वर्ड बाप बाप इस्तेमाल नहीं करते। तमीज से. बात. इस केस में कई बार लोगों ने आप पर भी ये. लगाया कि आपको दिखने का बहुत शौक है।. ये ये कहते हैं मीडिया फ्रेंजी मीडिया. फ्रेंडली।. हमारे यूपी बिहार में छपास और दिखा कहते. हैं। 17 टन ड्रग्स रोके थे। 185 किलो सोने. की तस्करी पर वार किया था। ये बातें लोग. कम जानते हैं समीर वानखेड़े।. राइट इसमें तो इनफैक्ट लाइफ थ्रेटनिंग.
सिचुएशनंस भी थी। कार कुचलने की कोशिश कर. रहे थे।. ये सच है कि वो 185 किलो सोनू के ऊपर काली. पेंट मार के. तेरी ये सोने की है।. मुझे खुद को बिलीव नहीं हो रहा था कि ये. सच में गोल्ड है।. कई सारे अधिकारी टीवी लेकर बाहर से आए थे. उस जमाने में। और अधिकारियों को तो क्या. एक्साइज ड्यूटी देनी पड़ेगी? आई डोंट नो कि आपको किसने बताया लेकिन आई. फैक्ट मेरी सिस्टर भी जब आती थी वो टाइम. पे शी वाज स्टेयंग इन इटली। तो एज एन. एग्जांपल मैं उसकी भी बैग चेक करता था।. बहन ने कभी कहा नहीं कि दो. बहुत गाली दी मुझे. दाऊद इब्राहिम के भाई इकबाल कास्कर पर भी. आपने हाथ डाला था।. बिल्कुल दीज़ आर पेटी.
पार्टियों में नाचते हैं बॉलीवुड वाले. दुबई में।. हां तो उनको बेस्ट विशेस. धमकी नहीं आई दाऊद की तरफ से तो. आती रहती है चिंकू पठान का भी केस था।. चिंकू पठान इज़ अ रिलेटिव ऑफ़ गैंगस्टर करीम. लाला।. जो हम लोग देखते हैं ट्रेडिशनल एक डॉन. होता है। उसका गोल्ड का थ्रोन होता है। यू. नो गोल्ड का मोबाइल होता है। वो काइंड का. दिस मैन वाज़ अ डॉन। लेट मी अप्रिशिएट के. कि आप रियल केसेस के बारे में पूछ रहे. हैं। क्या विदेश से भी ड्रग सप्लाई होती. है इंडिया में? विदाउट सिस्टम के. इन्वॉल्वमेंट क्या ये पॉसिबल है? वैरी रेलेवेंट क्वेश्चन। यू नो 10 10. 15-15 ग्राम की कैप्सूल्स कोकेन या फिर. होयरन दे कंस्यूम दैट और पेट में लेके आते.
हैं। तो जो ड्रग कंज्यूम करते हो उनको ये. भी पता चलना चाहिए वो कहां से आता है।. पॉट खा रहे हैं। [हंसी]. आपकी स्वर्गीय मां की धार्मिक पहचान को. बहुत [संगीत] इशू बनाया है।. और इनके बाप पूरी खानदान सब मुसलमान थे।. उनकी कब्र की तस्वीरें जो. तस्वीरें ली गई थी। वो चीज मैं अभी तक. भूला नहीं हूं। समय है आगे, उसका जवाब. देंगे इंतजार कर रहे हैं आप।. आप हिंदू हैं? ऑफ़ कोर्स।. और आरोप लगाया कि समीर वांखेड़े मुसलमान है. जिन्होंने दलित प्रमाण पत्र के जरिए. इंडियन रेवेन्यू सर्विसेज यानी आईआरएस का.
[संगीत] पद हासिल किया।. मुझसे बहुत सारे लोगों ने कहा कि समीर जी. से पूछिएगा कैसी हैं या फर्जी सर्टिफिकेट. बनवाकर नौकरी पा गए थे। वो मुसलमान है।. शादी की थी, निकाह किया था। उनका बच्चा. मुस्लिम है। जभी भी आप कीचड़ साफ करते हो. और कीचड़ में हाथ डालते हो तो आपके. घेरेबान पे भी कीचड़ उड़ता है। आपके हाथ. भी गंदे होते हैं।. नवाब मलिक साहब दाऊद वानखेड़े ने फर्जी. दस्तावेज के आधार पर आईएएस का पद हासिल. किया।. मुझे नॉन सीरियस लोगों के नाम नहीं लेने।. आई वुड लाइक टू कीप द गरिमा ऑफ योर. इंटरव्यू।. कितनी जांच आप पर बिठाई गई थी? आफ्टर वन पर्टिकुलर इंसिडेंस देयर वा सम. नाइन एजेंसी और समथिंग।.
कौन-कौन सी एजेंसी जांच कर दी आप? कितने हजार करोड़ छापे हैं आपने? आज मेरे साथ जो मेहमान हैं उनके बारे में. जनता के दिमाग में दो छवि उभरती है। उनका. नाम आती पहली छवि उस ईमानदार ऑफिसर की. जिसने ड्रग्स अंडरवर के नेटवर्क को झकझोर. कर रख दिया। वो शख्स जिसने अपने.
डिपार्टमेंट में लोगों को करप्शन करने से. रोका। उन पर भी पेनाल्टीज लगाई। ऐसा उनके. साथ की कहानी सुनाते हैं मुझे। दूसरा यह. वह शख्स हैं जिन पर उन्हीं के डिपार्टमेंट. ने सवाल खड़े किए। उनकी निष्ठा पर सवाल. खड़े किए। उन्हें जांच आरोपों में घेर. दिया गया। देश की कई एजेंसीज उनकी जांच कर. रही हैं। उनके परिवार को धमकियां दी जा. रही हैं। उनके ऊपर कई तरह के एलगेशन लगे. हैं। हालांकि यह वो भी शख्स हैं कि.
जिन्होंने कभी 17 टन ड्रग्स 185 किलो सोने. की तस्करी पर वार किया था। पर शायद तब. इन्हें पता नहीं था कि भविष्य में क्या. होने वाला है। फिलहाल यह किसी भी एक्टर से. कम पॉपुलर नहीं है। घर-घर में लोग इनको. जानते हैं। नाम है समीर वानखेड़े साहब।. थैंक यू शुभांकर भाई एंड थैंक्स फॉर. इनवाइटिंग मी। थैंक यू।. समीर वानखेड़े जी। जैसा मैंने इंट्रोडक्शन. में कहा। किसी भी एक्टर से कम परिचित नहीं. है आप देश में। आप मानते हैं ये बात? बिल्कुल नहीं। आई डोंट टेक दिस सीरियसली. एट ऑल। एक छोटा सा अधिकारी हूं सरकार का।.
दैट्स इट।. तो फिर देश भर में आपको लोग क्यों जानते. हैं? पॉजिटिव भी है, नेगेटिव भी है। हम. बट लोगों का प्रेम रहा है। अभी भी लोग. प्यार करते हैं, इज्जत देते हैं। धन्यवाद. देना चाहूंगा।. आपने सिस्टम के लिए काम किया, पहचान बनाई।. परिवार में आपके पिताजी सिस्टम में काम. करते थे।. फिर जब यह सारे सवाल जवाब आने लगे एक. अधिकारी जब बहुत पॉपुलर हो जाता है दो तरह. की पॉपुलरिटी होती है एक पॉपुलरिटी जो. केवल पॉजिटिव होती है एक पॉपुलैरिटी जो.
घर-घर तक तो पहुंचाती है लेकिन सवालों के. साथ इस पॉपुलैरिटी के बीच में अब जब एक. खामोशी आई है ये दौर कैसा चल रहा है आपका. बहुत ही यू नो ये दौर तो बच्चों के साथ. में सैटरडे संडे स्पेंड होता है पिताजी के. साथ में सिस्टर के साथ में स्पेंड होता है. अ एंड अप्स एंड डाउन्स आर देन हिंदी लाइफ. यू नो कोई भी अधिकारी या फिर कोई भी ऑफिसर. हमेशा फ्रंट लाइन पे या फिर एग्जीक्यूटिव. में नहीं होता है। सो दैट्स. द टाइम यू हैव व्हाट विथ योरसेल्फ। फिटनेस.
पे ध्यान होता है। फैमिली की तरफ ज्यादा. ध्यान।. अभी आप चेन्नई में हैं।. फिलहाल आई एम एट चेन्नई। यस।. ट्रेनिंग दे रहे हैं।. ट्रेनिंग दे नहीं रहा हूं। बेसिकली देयर. इज़ अ डिपार्टमेंट कॉल्ड एस डीजीटीएस. वेयर यू नो इंस्पेक्शन हैपेंस, आउटरीच. प्रोग्राम्स हैपेंस। बट आई एम एंजॉयंग दैट. जॉब। तो जो अधिकारी कभी बड़े-बड़े. अपराधियों की हवा टाइट कर दिया करता था।. एयरपोर्ट से लेकर ड्रग्स केसेस से लेकर. दिन भर भाग दौड़ शोर शराबा एक्शन अब केवल. फाइल देखना होता है।. फाइल भी नहीं है। फील्ड पे भी जाना होता. है। बट नन द लेस भ्रमण काफी होता है। एंड.
साउथ इंडिया में जैसा आपको पता है कि बहुत. सारे टेंपल्स हैं। तो आई एंजॉय विजिटिंग. दोज़ काइंड ऑफ़ प्लेसेस एंड यू नो अच्छा. लगता है घूमने के।. तो ये जो मन की शांति है अंदर शोर नहीं. मचाती। देखिए जो लोग काम करने वाले होते. हैं उनको ये माना जाता है कि यार बहुत. शांति नहीं चाहिए। उन्हें लगता है कि मेरी. उम्र है जहां पर मैं और देश के लिए कर. सकता हूं। आपके मन में ख्याल आता है।. शुभांकर भाई अगर आप यू नो मैं कहना चाहूं. तो आई कैन से दैट कि जभी भी जब ऑफिशियल.
जॉब होता है सो डेफिनेटली यू डू योर जॉब. व्हाटएवर दी गवर्नमेंट रिक्वायर्स। बट. सैटरडे संडे तो मेरा नशा मुक्ति की पहल. होती है। महाराष्ट्र में आ जाता तो मेरा. परिवार शिफ्ट नहीं हुआ है। तो सैटरडे संडे. सिर्फ और सिर्फ नशा मुक्ति के लिए. डेडिकेटेड होता है। एक कोई डिस्ट्रिक्ट. टारगेट करता हूं महाराष्ट्र के वहां पर. जाके नशा मुक्ति का सेशंस देता हूं।. अवेयरनेस क्रिएट करता हूं। लॉज़ बताता हूं।. तो आई गेट माय सेटिस्फैक्शन।. एक्शन लेके नहीं कर पाते आप।. यह भी तो एक एक्शन ही है मुझे जो लगता है. कि अवेयरनेस करना। आई मीन फाइनली अगर आपके.
बोलने पे या फिर आपके कोई भी एक लेक्चर से. अगर एक फैमिली एक बच्चा भी अगर ड्रग्स के. चपेट से बाहर निकलता बचता है आई एम. सक्सेसफुल देन. तो आप समाज में जो आप जाते हो बाहर अभी. समाज में कैसी प्रतिक्रियाएं आती है समीर. वानखेड़े को लेकर. समीर वानखेड़े को लेके तो कोई प्रतिक. क्रिया की बात नहीं है लेकिन ड्रग्स के. प्रति काफी यू नो चिंता भी है बहुत सारे. प्रश्न भी है अवेयरनेस अनअवेयरनेस बहुत. सारे प्रश्न. मैं जनता के पॉइंट ऑफ व्यू से बात कर रहा. हूं जब आप जाते हो भीड़ में तो जब आप जनता. के बीच में. लोगों का प्रेम है लोगों का प्रेम मिलता. है सम्मान होता है जिसके लिए उनका तहे दिल.
से हमेशा धन्यवाद देता हूं।. आप एक आईआरएस ऑफिसर रहे। आईआरएस ऑफिसर. होने के बावजूद आपको एनसीबी का जोनल. डायरेक्टर बनाया गया जो नॉर्मली ऐसा होता. नहीं है। इसको लेकर बहुत सारे लोगों ने. सवाल खड़े किए।. राइट? अब अगर मैं आपसे पूछूं कि आप में क्या. काबिलियत थी जो ये आपका इस तरह से प्रमोशन. हुआ? अह शुभ शुभांकर भाई बेसिकली अगर आप. देखेंगे कि मैं आईआरएस ऑफिसर के पहले आई. वाज़ इन अ यू नो इंटेलिजेंस डिपार्टमेंट. आल्सो सर्विंग विथ द मिनिस्ट्री ऑफ़ होम. अफेयर्स एंड उसके बाद में भी एयरपोर्ट पे. करने के बाद में आई वेंट ऑन डेपुटेशन टू.
दी नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी फॉर फोर. इयर्स। देन आफ्टर दैट इंटेलिजेंस में ही. काम किया हूं मैंने मोस्ट ऑफ माय करियर।. सोकि. थोड़ी थोड़ी बहुत एक्सपर्टाइज हो चुकी थी इस. चीज में। फॉर दैट रीज़न देन आई वाज़ यू नो. ब्रॉट इंटू एनसीबी ऑन लोन बेसिस बेसिकली. 6-छ महीने के लिए नॉट ऑन डेपटेशन आल्सो तो. थोड़ा बहुत जानकार था लॉ के बारे में इसके. लिए आई गॉट एन ओपोरर्चुनिटी टू वर्क. आपके कुछ मित्र हैं पुराने उनसे मैं. बातचीत कर रहा था तो उन्होंने कहा समीर. साहब जो हैं वो अपने डिपार्टमेंट वालों को.
भी नहीं छोड़ते थे। एक किस्सा सुनाया. लोगों ने कि सिंगापुर से कुछ लोग लौट रहे. थे टीवी लेके आपने कहा भाई साहब अधिकारी. हो तो क्या एक्साइज ड्यूटी देनी पड़ेगी? क्या है पता है शुभांग भाई अगर आप कोई भी. यू नो यू ट्राई टू इंप्लीमेंट द लॉ एट वन. पॉइंट ऑफ टाइम अगर आप एयरपोर्ट पे कार्यरत. हो कहां पर भी आप कार्यरत हो अगर आप उसमें. पक्षपात करेंगे अपने लोगों के साथ में. इनफैक्ट मेरी सिस्टर भी जब आती थी वो टाइम. पे शी वास स्टेइंग इन इटली विथ हर. चिल्ड्रन एंड विथ हर हस्बैंड सो वो भी आती. थी तो एज एन एग्जांपल मैं उसके भी बैक चेक.
करता था सो इट वाज़ यू नो के आप यू कैन नॉट. हैव डुअलिटी इन लाइफ बेसिकली. बहन ने कभी कहा नहीं कि दो बहुत गाली दी. निकल जाने दो शायद पिटाई भी बाद में करी. होगी कि व्हाई आर यू ट्राइंग टू एक्ट लाइक. दैट लेकिन अगर मैं यह करने लगा फिर देन. दैट मींस व्हाट इज द पॉइंट ऑफ यू यू नो. ट्राइंग टू इंप्लीमेंट द लॉ इक्वली. बट जैसे यही घटना मैं जिक्र कर लूं जिसमें. आया कि कई सारे अधिकारी टीवी लेकर बाहर से. आए थे उस जमाने में और आपने कहा इसे. एक्साइज ड्यूटी देनी पड़ेगी पहला तो ये सच. है ना ये. हां ये आई डोंट नो कि आपको किसने बताया. लेकिन आई रिमेंबर कि बैच हमारा जूनियर बैच.
आ रहा था. सो उसमें जो फ्री अलाउंस होता था वो. ₹25000 का होता था उस जमाने में जब में. कार्यरत था। सो उसके ऊपर जो कोई भी आप. परचेस करते हो उस पे आई थिंक सो 35 36%. ड्यूटी होती थी। तो क्योंकि बच्चे थे नए. सर्विस में थे। अगर उनको वहां पर अगर. परमिशन मिल जाती तो एक बैड यू नो एक. प्रेसिडेंस भी सेट हो जाता कि सब चलता है. एटीट्यूड। सो दैट डजंट मेक एनीबडी स्पेशल।. बेसिकली कोई भी हो। नॉट नेसेसरी कि आप. आईआरएस हो या फिर आईएस हो दैट मेक्स यू.
स्पेशल। इट्स नथिंग लाइक दैट। यू आर जस्ट. अ गवर्नमेंट सर्वेंट। वी हैव टू फॉलो द. रूल्स।. ओके। अभी इमरान हाशमी की एक फिल्म आई थी. एयरपोर्ट पर चेकिंग को लेकर और काफी. चर्चित रही वो फिल्म उसमें वो कई टन सोना. रोकते हैं। दुबई और बाकी जगहों से काम आता. है उसको रोकते हैं और बड़ा एप्रिशिएट किया. लोगों ने।. लोगों ने कहा देश को ऐसे ईमानदार ऑफिसर्स. की जरूरत है।. राइट? आपने भी अपने करियर में जब मैं पढ़ता हूं. 17 टन ड्रग्स रोके थे। 185 किलो सोने की. तस्करी पर वार किया था।. ये बातें लोग कम जानते हैं समीर वानखेड़े.
के बारे में।. शुभांकर भाई मैं एक चीज यह भी कहना. चाहूंगा। देखिए ये जो स्टैटिस्टिक है दिस. इज नथिंग वै ग्रेट और समथिंग लाइक दैट। हर. अधिकारी यू नो जो यूनिफार्म पहनता है या. जो सर्विस में आता है सबको राष्ट्र प्रेम. होता है एंड वी गेट सैलरी फॉर दैट। सो इट. इज़ नथिंग आउट ऑफ द बॉक्स समथिंग ग्रेट. व्हाट यू डूइंग। सबकी रिस्पांसिबिलिटी है. करना। एंड एवरीबॉडी डज़ दैट जॉब। सेकंडली. मेरा यह भी मानना है कि देखिए यू आर अ. पब्लिक फंक्शनरी। बेसिकली लोगों का अधिकार. होता है आप पे आरोप लगाना। कोई भी यानी. अगर आप काम नहीं कर रहे या कर रहे हैं ठीक. से। एंड यू हैव टू आंसर दैट प्रॉपर्ली। सो.
आई कैन नॉट सट एंड क्रिप कि मेरे ऊपर ये. क्यों एलगेशंस लगे वो नहीं लगे। मैं एक और. चीज को यह भी मानता हूं और डीपली आई थिंक. अबाउट इट कि जभी भी आप कीचड़ साफ करते हो. कीचड़ में हाथ डालते हो तो आपके गिरेबान. पे भी कीचड़ उड़ता है। आपके हाथ भी गंदे. होते हैं। सो आई ट्रीट दैट लाइक दैट।. पब्लिक को कोई प्रश्न हो, कोई एजेंसीज को. प्रश्न हो, मैं बैठा हूं वहां पर आंसर. देने के लिए। मेरे मुझे ना कुछ छुपाना है, ना मुझे कोई चीज को यू नो डरना है या. भागना है। व्हाटएवर इज़ देयर आई एम सिंग. हियर टू आंसर पीपल। नहीं तो क्या हमारा. सिस्टम इतना कमजोर है या कानून इतना लचीला.
है कि एक हाई प्रोफाइल केस आए तो पूरे. सिस्टम की नींव हिल जाए एक ऑफिसर जिसको हम. आइडल के तौर पर देख रहे थे पोस्टर बॉय के. तौर पर देख रहे थे उस ऑफिसर की इज्जत पानी. सब उछाल दी जाए जात धर्म लड़का बच्चा माता. पिता सब खोल के रख दी जाए एक हाई प्रोफाइल. केस में इतना लचीला सिस्टम. शुभांकर भाई देखिए जैसा मैंने आपसे कहा है. कि मैं एक आईएएस ऑफिसर हूं. एंड आंसरेबल टू दी पब्लिक आंसरेबल. व्हाटएवर यहां पर कोई प्राइवेसी मेरी तो. नहीं है एटलीस्ट लेकिन एक बात का जरूर. मलाल है।. एक चीज कि यू नो आई फील बैड अबाउट इट कि.
मेरे कार्य करने पर मेरे मृत माता के बारे. में पूछा जाता है। लांछन लगाए जाते हैं. मेरे मृत माता पे। उसके बाद में पिताजी के. बारे में बातें बोली जाती है। मेरी वाइफ. को धमकियां आती है। सिस्टर के बारे में. बातें होती है। सो वो चीज यू नो एक आपके. कार्य करने के बाद में या फिर आपकी ड्यूटी. करने पर अगर ये सब चीजें होती है तो आपको. जरूर बुरा लगता है। लेकिन अगेन ये भी कहना. चाहूंगा कि महाकाल का आशीर्वाद है कि घर. में मेरी दुर्गा और लक्ष्मी शक्ति भी है।. तो सब कैपेबल है ये सब चीजों को झेलने के.
लिए और फाइट बैक करने के लिए।. आप हिंदू हैं? ऑफकोर्स आपने महाकाल का जिक्र किया। नहीं. यह सवाल मैं इसलिए पूछ रहा हूं क्योंकि. मुझसे बहुत सारे लोगों ने कहा कि जो आपका. इंटरव्यू मैं करने वाला था कि समीर जी से. पूछेगा. वो तो कुछ लोगों को प्रश्न थे कुछ [हंसी]. जिनके कि वो दलित हैं, मुस्लिम है, हिंदू. हैं, क्रिश्चियन है तो है क्या वो? नहीं यहां पर यहां पर वेरी सिंपल यू नो आई. वुड लाइक टू आंसर दैट के कुछ लोगों की. मंशा थी मुझे कुछ और बनाने की। लेकिन अभी. भी हमारे देश में संविधान है। अभी भी.
हमारे देश में इन्वेस्टिगेशन एजेंसी है।. ठीक से कुछ लोगों ने आरोप लगाए थे। उस. आरोप के बाद में दे फेस्ड टू एससी एसटी. अट्रोसिटी एक्ट्स एंड माननीय का. स्क्रूटिनिंग कमेटी ने भी काफी बड़ी जांच. करी थी उसके बारे में जब मीडिया में बहुत. जब किसी को कंट्रोवर्सी करना है। लेकिन जो. सत्य है वो सत्य होता है। आप कितने दिन. उसको चुइंगम की तरह. सत्य क्या था? क्योंकि अभी भी जब मैंने. आपको लेकर पोस्ट डाली कि मैं समीर. वानखेड़े साहब का इंटरव्यू करने वाला हूं।. 2000 यस प्लीज तो मुझसे बहुत सारे लोगों. ने कहा कि उनसे पूछिएगा कि वो एससी हैं या.
फर्जी सर्टिफिकेट बनवाकर नौकरी पा गए थे।. वो मुसलमान हैं। समीर वानखेड़े ने शादी की. थी, निकाह किया था। उनका बच्चा मुस्लिम. है। मुझे बहुत व्यक्तिगत सवाल लगे ये नवाब. मलिक जी ने. आई वुड लाइक टू आंसर दैट। आई वुड रियली. लाइक टू आंसर दैट। और ये जनता तक जब सवाल. उठे हैं तो उसका जवाब भी देना चाहिए।. दायित्व बनता है मेरा। सो सबसे पहले जब. कुछ यू नो कुछ लोगों ने जब एलगेशन मलिक. साहब ने मैं. मैं नाम लेता हूं आपकी मजबूरी होंगी मैं. स्ट्रेट बोल सकता हूं आपका.
शुभांकर भाई आपका इंटरव्यू इतना सीरियस. होता है मैंने क्लिप्स देखा है तो मुझे. नॉन सीरियस लोगों के नाम नहीं लेना है इस. इंटरव्यू में सो यू नो आई वुड लाइक टू कीप. द गरिमा ऑफ योर इंटरव्यू. तो इसके लिए ऐसे लोगों के नाम नहीं लेता. मैं [नाक से की जाने वाली आवाज़]. सेकंडली जब ऐसे आरोप लगे थे मेरे ऊपर. तो उस दौरान देयर वाज़ अ कास्ट स्क्रूटनी. कमेटी प्रॉपर इंक्वायरी बैठी गई थी। अगस्त. 14, 2022 में कास्ट क्रूटिनी कमेटी ने. जितने भी आरोप लगे थे सबको खारिज किया है।. एंड दे नो के मेरी फैमिली राइट फ्रॉम. बिफोर पुश्तैनी से वी बिलोंग टू दी.
शेड्यूल कास्ट महार परिवार से। मेरा पूरा. गांव है और सदियों से परंपरा से हिंदू. महार परिवार से है। जो बाद में बुद्धिज्म. को डॉ. आदरणीय परम पूज्य डॉ. बाबासाहेब. अंबेडकर ने बुद्धिज्म बाद में स्वीकार. किया 1956 में। तो हमारा परंपरा वही है।. हमारा ब्लड वही है। हमारा खून वही है।. सेकंडली मेरे पिताजी ने बेसिकली लव मैरिज. हुई थी 19 78 में। माय मदर वाज़ फ्रॉम. हरियाणा। मूरथल एक गांव है यहां पर।. तो हरियाणा से पराठे काफी फेमस है। तो. मेरी मां वहां से आती थी। तो शी वाज़.
बिलोंगिंग टू अ मुस्लिम कम्युनिटी। तो. हमारे हिंदुस्तान में जो फादर होता है जो. यू नो पैटर्नल होता है वही रिलजन माना. जाता है। तो वी वर रे एस यू नो बिलॉन्गिंग. टू दी महर कम्युनिटी। सो इसमें कोई बड़ा. रॉकेट साइंस नहीं है कि आपका रिलजन क्या. है? लोगों को कंट्रोवर्सी करनी थी। दे. ट्राई टू डू एंड दे फेल मिरे।. हालांकि पॉलिटिक्स में कई बार लोग मम्मी. का भी सर नेम का ले लेते हैं। फादर छोड़. देते हैं। लेकिन मेरा मुझे गर्व है।. शुभांकर भाई मुझे इस चीज का गर्व है कि. मैं एक महार परिवार से आता हूं। मेरे फादर.
हिंदू महार परिवार से आते हैं जो. बुद्धिज्म फॉलो करते हैं और मेरी मदर. मुस्लिम फैमिली से आती है। तो मैंने दोनों. कल्चरर्स मेरे घर में देखा और मुझे इस बात. का बहुत गर्व है। तो इसके लिए जो लोग इस. चीज पे लांछन उठाने की कोशिश कर रहे थे तो. उनको भी एक गिरेबान में झांक के देखना. चाहिए क्या कह रहे हैं। बेसिकली हमारा. कॉन्स्टिट्यूशन क्या कहता है? दे शुड थिंक. एंड बी अम्ड ऑफ़ देमसेल्फ। बट आई बिलीव।. मेरे ज़हन में एक जब आपके बारे में पढ़ रहा. था। एक सवाल मेरे मन में आ रहा था। आपके. फादर भी सर्विस पे थे।. बिल्कुल। तो एक पिता जिसने जिंदगी भर काम. किया जब उसके नाम को लेकर क्वेश्चन होने.
शुरू हुए. उसके पहचान को लेकर क्वेश्चन शुरू हुए. वाज़ इट अनकंफर्टेबल ये क्या आपके ज़हन में. चला की लड़ाई थी. मुझे वही लग रहा था कि मेरा काम है ड्रग्स. पकड़ना राष्ट्र के जो एंटीनेशनल्स हैं उनको. पकड़ना उन पे कारवाई करना या फिर मेरे. मां-बाप की हिस्ट्री जानना वो टाइम पे तो. ऐसा लगा था कि एक कार्य करने पर ये सब. चीजें हो रही है ड्रग्स पकड़ना अलग रह गया. यहां यहां पर तो समीर वानखेड़े के फादर का. नाम क्या है? समीर वानखेड़े की कास्ट क्या. है? आई मीन दैट वास सो वियर्ड और इतनी यू.
नो ये लोगों में जो प्रश्न उठाते हैं अरे. इतना तो उनको समझ में आ जाना चाहिए कि जब. आरोप लगते हैं हमारा सिस्टम है संविधान है. हमारा अगर कोई आदमी फेक सर्टिफिकेट बनाता. है या कुछ भी करता है अभी तक तो जेल में. होता।. इतना थोड़ा सा कॉमन सेंस यू नो ये सब जो. लोग प्रश्न उठाते हैं उस चीज की तो मैं. आपसे ये कह रहा था कि अगस्त में माननीय. कास्ट स्क्रूटिनी कमेटी ने इसे पूरे. एलिगेशंस को खारिज कर दिया। बट यह क्या. अपमानजनक नहीं था आपके पिता के लिए आपके. लिए कि पहचान साबित करना पड़ा जब काम को. लेकर बात चली थी. नहीं ठीक है इसे इसे एक चैलेंज के तौर पे.
लिया था हमने एक स्ट्रगल के तौर पे लिया. था और मुझे यह पता था कि ठीक है. कंट्रोवर्सी जिनको करना है थोड़े दिन पांच. छह महीने करेंगे उसके बाद में जो सत्य है. वो बाहर आएगा लेकिन लेट मी इससे ना भागना. है ना डरना है इसका मुंहत डट के जवाब देना. है जो किया मैंने. एक और चीज मेरे ज़हन में आई क्योंकि एक समय. रहा जो आप पर चौतरफा वार हो रहा था और मैं. भी टीवी हिस्सा भी हूं टीवी देख भी रहा था. मैं आपकी स्वर्गीय मां की धार्मिक पहचान. को बहुत इशू बनाया गया। उनकी कब्र की. तस्वीरें जो है ली गई टीवी पर दिखाई गई।. तो.
एक लड़ाई जिसमें आपके ऊपर एलगेशन है आप. सही हो, गलत हो, कोर्ट में मामला चल रहा. है वो सब अपनी जगह पर लेकिन एक स्वर्गीय. मां का कब्रिस्तान की तस्वीर को दिखाना।. नहीं लेकिन शुभांकर भाई वो चीज मैं अभी तक. भुला नहीं हूं। समय है आगे। उस चीज को. भूला नहीं हूं। मैं कोई भी व्यक्ति नहीं. भूलेगा। आप आपकी कोई भी एक व्यक्ति वो. अपनी मां से सबसे ज्यादा प्यार करता है।. लेकिन अगर ऐसा प्रकार का अवमान नाना होता. है तो फिर डट के लड़ेंगे और डट के जवाब. देंगे उस चीज का।. तो इस घटना से क्या रह गया आपके मन में?
क्योंकि मुझे लगता है कि हिट करना चाहिए. लेकिन बिलो द बेल्ट नहीं।. जब लोगों ने किया है तो फिर उसका जवाब. देंगे समय है।. शिकायत है इस बात की आपके ज़हन में।. शिकायत, शिकायत बहुत यू नो, इट्स अ वेरी. स्माल टर्म।. क्या चलता है फिर मन में? जितना इंतजार कर. सकते हैं।. मन में बहुत चीजें चलती है लेकिन समय समय. का यू नो चक्र पे विश्वास है।. इंतजार कर रहे हैं आप।. मेरी खामोशी ने हजारों जवाबों की लाज रख.
ली। अखबार जब आप पढ़ते हैं और ये सारी. खबरें आपके खिलाफ आती हैं। बातें होती हैं. परिवार में इन सबके बारे में।. देखिए अभी मैं तो परिवार से ये डिस्कस. करता नहीं हूं। मेरे काम के रिलेटेड या. फिर जो कोई भी यू नो स्ट्रगल्स होते हैं. ये अप्स एंड डाउन से मैं फैमिली में. डिस्कस भी नहीं करता और बाकी का यू नो. फैमिली को हैबिट भी हो गई है बेसिकली ये. सब चीजों की के इसके वजह से हमको तकलीफ. होती है तो वो भी लेकिन अगेन मैं ये कहना. चाहूंगा कि बहुत मेरे पिताजी को धन्यवाद. देना चाहूंगा मेरी सिस्टर को और मेरी.
पत्नी को धन्यवाद देना चाहूंगा कि मेरे. कार्य से जो उन्होंने दिन देखा लेकिन एक. ने भी आज तक यू नो कोई ऐसा नहीं बोला कि. समीर तेरे जैसे ही हो रहा है स्टॉप दिस।. उनका यही कहना है कि तू लड़. सच्चाई के लिए लड़ जितनी हिम्मत है उतना. लड़ हम तेरे साथ में हैं।. आपकी मॉम इस दुनिया में नहीं है। फादर. क्योंकि वर्दी में रहे शायद मेंटली टफ रहे. होंगे।. आपकी पत्नी को लेकर भी बहुत सारी बातें की. गई।. उनको भी घसीटा गया। मैंने कहीं सुना कि. ऑफ द रिकॉर्ड आप ही शायद बता रहे थे कि. उनको धमकियां कहीं आई हैं।.
देखिए. वाइफ का क्या रोल रहा इस पूरी घटनाक्रम. में? अ वाइफ का ऐसा था कि जब आप यू नो एक. पोस्ट पे कार्यरत होते हैं जब आप पे आरोप. लगते हैं।. सो इट इज नॉट एडवाइबल और हमारे कंडक्ट. रूल्स भी होते हैं कि आप उस चीज का यू नो. यू कैन नॉट मैं जा नहीं सकता प्रेस में और. प्रेस कॉन्फ्रेंसेस कर सकता हूं अपने आप. को बचाने के लिए। लेकिन मुझे पता है कि. मैं गलत नहीं हूं तो मैं गलत आरोप भी नहीं. लूंगा। तो यह मेरे परिवार ने देखा।. क्रांति ने लड़ाई की। मेरी सिस्टर ने. लड़ाई करी। कि मेरे पिताजी ने लड़ाई किया.
क्योंकि मैं गलत नहीं था और आगे भी. लड़ेंगे और जब समय आया डेफिनेटली आई विल. टॉक मैं कोर्ट में लड़ रहा हूं। कोर्ट में. इस चीज का जवाब दे रहा हूं। रही बात. क्रांति की के अनफॉर्चूनेटली कुछ लोगों के. फैन क्लब्स होते हैं। यू नो फैन यूनिवर्स. होते हैं कुछ लोगों के। एंड. दुर्भाग्यपूर्ण ये बात है कि कभी. पाकिस्तान से धमकी आती है, कभी बांग्लादेश. से धमकी आती है, कभी यूएई से यानी बच्चों. को हम करने की धमकियां आपके बच्चे ये. स्कूल में पढ़ते हैं। क्रांति को हम करने. की धमकियां आती है। यू नो ये जो कायर लोग.
की जो पहचान होती है कि सामने तो धमकियां. देते नहीं है। कभी लेटर्स लिखते हैं, कभी. ट्वीट करते हैं, कभी डीएम करते हैं। कभी. फोन करते हैं। डायरेक्टली फोन भी करते. हैं। तो पुलिस को भी इत्तला किया जाता है।. एफआईआर रजिस्टर होता है। ये सब चीजें होती. है। तो जिस सिस्टम का आप हिस्सा रहे वहां. पर आप बहुत ताकतवर व्यक्ति रहे हैं। अभी. भी आप अधिकारी हैं। सिस्टम में आप भी. शिकायत करने आते हो बेबस होकर कि देखो. परिवार को धमक. मैं बेबस तो नहीं हूं। बिल्कुल बेबस हूं।. परिवार को धमकियां आ रही है। मेरे पिता के. तौर पर तो बेबसी आती है।. महादेव महादेव के कृपा से मेरे कंधे मजबूत.
है। मेरे हाथ मजबूत है। अपने परिवार का. सिक्योरिटी सुरक्षा करने के लिए बेबस तो. बिल्कुल भी नहीं हूं। और एक स्नाइपर हूं।. एक ट्रेंड शार्पशूटर स्नाइपर हूं। जब तक. परिवार के साथ में हूं उनको सुरक्षित करने. का दायित्व भी है और ट्रेंड भी हूं करने. के लिए। तो बिल्कुल भी बेबस लाचार या किसी. से कोई एक्सपेक्टेशन नहीं है मुझे।. आपने अलग से जोर दिया कि ट्रेंड स्नाइपर. हूं मैं। आप उन लिमिटेड लोगों में से थे. जिन्हें भारत सरकार की तरफ से भेजा गया. था। यूएस गए थे आप? यूएस में।. जहां पर आपने ट्रेनिंग ली थी।.
यस।. अब फिर मेरे ज़हन में ख्याल आता है आपके. पिताजी हिंदू से बौद्ध में कन्वर्ट हुए।. बाबा. कन्वर्ट नहीं हुए। वो. मानने लगे क्योंकि उस दौर में बहुत सारे. लोग बाबा साहब 56 में जितने भी महाराष्ट्र. में थे सबने बौद्ध धर्म नागपुर में तो. डॉक्टर अंबेडकर की जो पूरी लड़ाई थी वो. इसी के खिलाफ थी। जातपात संघर्ष जो था. सिस्टम के खिलाफ था।. अब समीर वानखेड़े जिनके पिता एक. प्रतिष्ठित व्यक्ति हैं। समीर वानखेड़े. जिन्हें भारत सरकार ने बाहर भेजा था. स्नाइपर के लिए।. किसी मोमेंट ये लगा यार कि सारी काबिलियत.
मेरी एक तरफ धरी रह गई। आखिर में आ गए. मेरे जात पे मेरे धर्म पे। इस देश में. काबिलियत के हां यही आखिर मैटर करता है।. शुभांकर भाई देखिए एक चीज तो मैं डिनाई. नहीं कर सकता। भारत सरकार का धन्यवाद देना. चाहता हूं मैं एक चीज के लिए के उन्होंने. हर ओपोरर्चुनिटी दी। अच्छे महकमे में काम. किया। ट्रेनिंग अच्छी करी। सो कोई शिकायत. की बात तो है नहीं। कल को इफ आई यू नो. रिजाइन या फिर और रिटायर व्हाटएवर. डेस्टिनी किसको कुछ पता नहीं है आगे आदमी. क्या करने वाला है तो कोई चीज का मलाल.
नहीं है धन्यवाद ही दूंगा भारत सरकार का. कि उन्होंने इस काबिल समझा कि आपको बहुत. सारे महकमे में रखा है बात दूसरी आपके. प्रश्न की दूसरे सवाल की कि ये धरा के धरा. रहे कभी-कभी लगता है कि ये जो. कंट्रोवर्शियल टाइम का अगर बेटर यूज़ होता. तो और बहुत सारे ड्रग मॉड्यूल्स है बहुत. सारे जो एंटीनेक्सल्स हैं उनको यू नो लॉ. का लॉ फेस कर लेता है। लीगल कारवाही होती. है। लेकिन ठीक है नंद. बट एक सफल दलित अधिकारी क्या समाज में. खटकता है? आखिर में लोग उसकी जड़े देखते.
हैं या क्योंकि इतना बड़े जगह पर आपने हाथ. किया था। इस वजह से आपने ये सब झेला।. शुभांकर भाई मैं यह कहना चाहूंगा कि देखिए. मेरे करियर में लगभग अभी 20 साल की सर्विस. मेरी हो गई है। 2006 से मैं कार्यरत हूं।. तो 20 साल हो गई है। लेकिन 20 साल में कभी. भी कार्य करते समय या फिर ड्यूटी के टाइम. पे मैंने कभी ये चीज का यू नो फील नहीं. किया मैंने इस चीज को। आपकी काबिलियत आपके. जो कार्यपद्धति हो जो आप कॉन्स्टिट्यूशन. फॉलो करते हैं कभी भी सीनियर्स से या फिर.
कभी भी महकमे में देखा नहीं। लेकिन कुछ. समय के बाद में 2021 के बाद में कुछ. प्राइवेट लोग हैं कुछ यू नो वेस्टेड. इंटरेस्ट लोग हैं जिन जिनके ऊपर कभी. कारवाई की जिनके कभी परिवार पे कुछ. कार्यवाही करी होंगी मैंने तो दे वो जो. सामाजिक तौर पे काफी स्ट्रांग है तो ये आ. गए थे जिनके पास में कुछ प्रकार के पावर्स. वगैरह होते हैं तो ये लोगों ने इस चीज का. गैर फायदा उठाया. देखिए परसेप्शन. लोग कहते हैं सबसे बड़ी चीज होती है इस. देश में आप नेता हो अभिनेता हो एंकर हो.
कोई भी डिपार्टमेंट हो परसेप्शन बड़ी चीज. होती है।. क्योंकि देश की जनता वैसे ही देखती है. जैसे नजरिया बनाता है।. अब यह सवाल मेरा बड़ा महत्वपूर्ण है।. जिस एजेंसी से आप थे उस एजेंसी ने आर्यन. खान को क्लीन चिट दे दी। अब इसे आप अपनी. जांच की नाकामी मान रहे हैं या फिर शाहरुख. खान के रसूख की जीत। और इसके साथ एक सवाल. जो लोग ऐड करते हैं कि क्या फिर समीर. वानखेड़े करप्ट थे? उन्होंने लाइमलाइट में. आने के लिए केस बनाया क्योंकि इससे वो. रातोंरात स्टार बन जाते। कैसे इसको काउंटर. करें? मैंने मेरे करियर में लगभग 3500 केस.
किए हैं। एंड ये कोई फर्स्ट टाइम ऐसे. केसेस नहीं थे। पहले भी बहुत केसेस किए. हैं मेरे लिए या फिर कोई भी एक अधिकारी हो. उसके लिए फेस मैटर नहीं करता। या फिर उसके. लिए कोई नाम मैटर नहीं करता। तो उसके लिए. सिर्फ संविधान और जहां पर आप कार्यरत होते. हैं वहां के कायदे यू नो मैटर करते हैं।. सो मेरे लिए कोई बड़ा व्यक्ति या छोटा. व्यक्ति कुछ नहीं होता है। क्राइम एक होता. है। दूसरी बात है आपने जो डिटेल में इस. केस के बारे में पूछा है मुझे तो मैं ये. आपसे जरूर कहना चाहूंगा आपके माध्यम से।.
ना ही मुझे इस प्रश्न से कोई छुपाने की. बात होती है या फिर भय भयभीत होता हूं। एक. 2023 में मैंने ऑनरेबल बॉम्बे हाई कोर्ट. के सामने एक एफिडेविट दिया है मई महीने. में कि मैं इस केस के बारे में कुछ लोगों. ने इसका प्रश्न उठाया था कि समीर वानखेड़े. मीडिया में बात कर रहा है इस केस के बारे. में या फिर यू नो ही इज़ ट्राइंग टू. इन्फ्लुएंस दी इन्वेस्टिगेशन तो माननीय. कोर्ट ने ये आदेश दिया था मुझे एक हलफनामा. एफिडेविट देने के लिए कि आप केस के बारे. में बात नहीं करेंगे।. मैं केस के बारे में बात नहीं कर रहा हूं।. मेरा इसके सिर्फ.
मेरा सिर्फ सवाल उस परसेप्शन को लेकर सर. था कि आम आदमी परसेप्शन देखता है। आम आदमी. ने यह देखा कि आपने एक व्यक्ति को उठाया. जो बड़ा आदमी था. उस पे महीनों बातचीत चली फिर एंड में आया. कि वो छूट गया।. उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं मिले और अब आप. संघर्ष कर रहे हैं। तो जो एक कॉमन. परसेप्शन की बात कर रहा हूं। मैं उस केस. की डिटेलिंग में जा ही नहीं रहा मैं। उस. परसेप्शन में सवाल यह आता है कि या तो आप. गलत थे या सिस्टम ने आपको कमजोर किया और. अगर सबूत पक्के थे तो फिर केस ताश के. पत्तों की तरह क्यों गया? या इस देश में.
दो तरह के कानून है कि जब ताकतवर आदमी आता. है तो अलग हो जाते हैं क्योंकि आप तो बड़े. कॉन्फिडेंट थे। हमने जब शुरू किया. कॉन्फिडेंट हूं हूं। कॉन्फिडेंट थे नहीं।. शुभंकर भाई आई वुड लाइक टू क्लेरिफाई दैट।. मुझे अ यू नो एटलीस्ट यह एक मौलिक अधिकारी. अधिकार है। नॉट बीइंग एन आईएएस ऑफिसर नॉट. बीइंग समीर वानखेड़े लेकिन एज एन इंडियन. अधिकार है कि जभी भी गलत है तो मैं गलत उस. चीज को बोल सकता हूं। जभी भी सही है तो. सही बोल सकता हूं। ये तो समय बताएगा. क्योंकि बहुत सारे लिटिगेशंस भी चल रहे.
हैं। कौन सही है कौन गलत है। और मुझे मेरे. भारतीय न्याय प्रणाली पे एटलीस्ट एक चीज. मैं कॉन्फिडेंट हूं ये चीज के लिए कि आज. भी हमारे भारतवर्ष में जो न्याय प्रणाली. है जो जुडिशियल सिस्टम है वो बहुत. स्ट्रांग है। और जुडिशियल सिस्टम की. ऑनेस्टी और इंडिपेंडेंस के कारण हमारे. जैसे अधिकारी फियरलेसली काम करते हैं और. बचे हुए हैं अगेंस्ट काइंड ऑफ रोंग एकशंस. बेसिकली।. यू आर सेइंग द वॉर इज नॉट येट ओवर। वॉर तो. संघर्ष ही है। सच्चाई की लड़ाई है।. वही बात कर. और मैं आदि हूं उस चीज का।.
जैसे सच के अलग-अलग एक नजरिया आपका एक. दूसरे लोगों का होगा।. तो आप कह रहे हैं कि आपके नजरिए का जो सच. है वो अभी है।. अभी अभी भी बाकी है। अभी भी अधूरा है। समय. बताएगा कौन कौन सत्य कह रहा है या कौन झूठ. कह रहा है या सत्य क्या है।. कई लोग मान रहे थे। आप शायद टूट गए होंगे।. आपकी एकदम हाई पिच करेंगे। अभी लड़ाई बाकी. है।. शुभांकर भाई देखिए आप यू कैन नॉट रिमूव अ. वॉरियर आउट ऑफ अ मैन बेसिकली लड़ाई आप कभी. भूल नहीं सकते। पहले चोर उचक के. गैंगस्टर्स एंटीनेशल्स उनके साथ लड़ रहा.
हूं। अभी कुछ अलग लोगों से लड़ रहा हूं।. तो पहलू यू नो थोड़ा लोग जो समाज में जो. गलत प्रकार के लोग हैं जो आरोप लगाते हैं. जो यू नो सिस्टम में काइंड ऑफ एनार्की. करते हैं उन लोगों के उन लोगों के साथ मैं. फाइट कर रहा हूं। बट एक सवाल चलो मैं अपने. एक कॉमन मैन की तरह पूछ लेता हूं आपसे।. मैं मैं फिर कोर्ट की डिटेलिंग में नहीं. जा रहा हूं। जहां आपको लगेगा कि मैं. बैरियर क्रॉस कर रहा हूं क्योंकि आपने. एफिडेविट दिया है। आप मुझे टोक देना मैं. वहां मानूंगा।. एक कॉमन आदमी की तरह मेरे मन में सर ये. सवाल आता है कि आपकी शाहरुख खान की चैट्स.
की बड़ी चर्चा हुई। सब ने दिखाया बात की।. अब मेरे ज़हन में आया कि अगर कोई छोटा आदमी. होता तो क्या समीर वानखेड़े उसे उतना. एंटरटेन करते, उतना जवाब देते? आप ऑनेस्टी पे मैं क्वेश्चन नहीं कर रहा. हूं मैं। ये केस जो चलेगा वो अलग है। मैं. ह्यूमन पार्ट की बात कर रहा हूं मैं। वो. शाहरुख खान था इसलिए 15 दिन तक चल गई।. देखिए शुभांग भाई ना मैं मूवीस देखता हूं. ना मुझे कोई यू नो द काइंड ऑफ़ मैं ना किसी. को खुश करना चाहता हूं ना मुझे फिल्मों. में इंटरेस्ट है ना मैं देखता हूं इस चीज. को तो मुझे ये ग्लैमर वगैरह ये सब चीजें.
समझ में आती नहीं पहली बात सेकंडली वो. चाहे कोई भी होता मैं इस केस के बारे में. बात नहीं कर रहा हूं कोई भी होता मेरे. ऑफिस में उस समय और अभी भी काफी लोग आते. हैं इनफैक्ट जभी भी नशा मुक्ति भी करता. हूं तो दो-दो तीन-ती घंटा काउंसिलिंग. सेशंस करता हूं। तो इट इज नॉट दैट कि कोई. एक्स व जेड पर्सन आपसे बात कर रहा है। आज. भी मेरे मोबाइल फोन में रैंडमली अगर आप. देखेंगे भी दिन भर आधा दिन नशा मुक्ति की. बातें चलती है कि किसको क्या रिहैबिलिटेट. करना है। किसको कौन से सेंटर में डालना. है। कौन सा एक्ट है? कौन से पुलिस को कौन. से पुलिस स्टेशन को बोलूं कि वहां पर ड्रग.
का इशूज़ चल रहे हैं। सो इट्स नॉट लाइक. दैट। मेरे लिए ना फेस है ना मुझे कोई. ग्लैमर का इशू है ना मुझे कोई लाइकिंग. तो आप यह कह रहे हो कि जनता यह विश्वास कर. ले कि अगर एक रैंडम आदमी के बच्चे को आपने. पकड़ा होता और वो रैंडम आदमी आपसे. रिक्वेस्ट करता कि साहब मेरा बच्चा आपकी. तरह बनना चाहता जैसा शाहरुख भाई लिख रहे. थे तो आप उसको भी उतना एंटरटेन करके. 100% बिल्कुल. मुझे ना वो चीज का कोई यू नो जैसा आपने. यू हैव एंटरटेन बिकॉज़. अब्सोलुटली नो नो नो नो अब्सोलुटली नो.
जैसा मैंने आपसे अगेन आई वुड लाइक टू. रिटेट ना मैं मूवीस देखता हूं ज्यादा और. ना ही मुझे इस चीज का शौक है जो यू नो. काइंड ऑफ. किसको खुश करने की कोशिश करूं। पर हमने तो. आपको मूवी में देखा है।. वो तो अभी और आप कोर्ट में देखेंगे।. [हंसी]. हमने तो आपको मूवी में देखा। मैं तो देख. रहा था। मैंने कहा अरे आप कहां से आ गए? फिर मुझे रियलाइज हुआ कि क्या ये क्रिएटिव. तरीका है बदला लेने का या ये बिलो द. वर्ल्ड वॉर है?
नहीं एक चीज तो यू नो मानना चाहता हूं। एक. चीज कहना चाहता हूं के आप कुछ लोगों की. जिंदगी में इतनेेंट होते हैं के दिन रात. या फिर यू नो सच काइंड ऑफ़ थिंग्स हैपन के. यू नो भूल नहीं पाते बेसिकली. तो आर्यन खान आपको लाइफ में नहीं भूल सकते. हैं आपने. तो आई एम आई एम हैप्पी फॉर दैट बट नलेस. कुछ उसमें जो बातें थी जो मुझे यू नो. थोड़ी.
विचित्र सी लगी जैसा कि सत्यमेव जय थे फिर. बाद में कुछ जेस्चर्स वगैरह थे एंड एंड यू. नो व्हेन अ केस इज़ गोइंग ऑन इन दी ऑनरेबल. बॉम्बे हाई कोर्ट तो उस प्रकार आप इस केस. के बारे में या फिर ऐसी चीजों के बारे में. डिस्कस नहीं कर सकते पब्लिक में व्हेन दी. केस इज़ लाइफ। यू नो तो एंड सेकंडली. हमेशा कोई लॉ इनफोर्समेंट हो या फिर पुलिस. हो हमेशा उसकी छवि ऐसे क्यों बताया जाता. है? एक मजाक के तौर पे या करप्ट।. प्रिज्यूम कर लेते हैं कि कोई भी पुलिस.
वाला हो, कोई भी लॉ इनफोर्समेंट वाला हो, करप्ट होगा या फिर फनी होगा। क्यों ऐसा. होता है? उन्होंने आप आपको बेइज्जत करने. के लिए वो सीन दिखाया।. जिसको भी बेइज्जत करने की कोशिश की वो. पर्टिकुलरली उसको देखकर एक जनता को जो. क्लियर मैसेज था दो चीजें आई थी। एक जवान. फिल्म में बेटे को हाथ लगाने से पहले बाप. से बात कर और एक बैट्स ऑफ बॉलीवुड में जो. आर्यन खान का वो सीन था जिसमें लोगों को. ऐसा लगता था कि आपको रेप्लिक. देखिए शुभांकर भाई ये जो पहले आपने ये. मूवी जैसा मैंने कहा देखता नहीं हूं।. लेकिन ये डायलॉग्स बेसिकली ऐसे डायलॉग्स. होते हैं। दीज़ आर वेरी रोड साइड डायलॉग्स.
बेसिकली। एंड कोई भारतीय संस्कृति में ऐसे. वर्ड बाप-बाप इस्तेमाल नहीं करते। तमीज से. बात करते हैं। सम्मान देके बात करते हैं. अपने पिताजी से बेसिकली। तो मैं ऐसे रोड. साइड डायलॉग्स पे कोई जवाब टिप्पणी देके. यू नो आई वुड नॉट गो बिलो दी लेवल।. सेकंडली जब भी हां मुझे लगा कि ये आउट ऑफ. हैंड हुआ है। तो आई हैव टेकन द लीगल. एक्शन। आई हैव हैड अप्रोच्ड दी ऑनरेबल. कोर्ट। एंड अभी 12 तारीख को उसकी हियरिंग. है बॉम्बे कोर्ट में बेसिकली. जब पहली बार वो रिजेक्ट हुआ. रिजेक्ट नहीं हुआ भाई.
हां मतलब मैं वो बात समझ रहा हूं. हां मैं अगेन आई सेइंग इट्स अबाउट. परसेप्शन. मैं पत्रकार हूं मैं उसकी डिटेलिंग पढूंगा. बाकी उसकी हेडलाइन पढ़ते हैं।. कुछ वेस्टेड इंटरेस्ट होते हैं फ्लैशी. बताने के लिए रिजेक्ट हुआ रिजेक्ट हुआ. लेकिन बेचारे बेबस हो जाते हैं वापस से. कोर्ट में केसेस आ जाते हैं।. सो इट इज़ नॉट रिजेक्टेड इट इज़ ऑन. जुरिडिक्शन पॉइंट वेयर द ऑनरेबल कोर्ट हैज़. गिवेन परमिशन टू फाइल दैट इन द रेलेवेंट. कोर्ट एंड 12थ को हियरिंग इज़ कमिंग। लड़ाई. जाड़ी है। सत्य की यू नो तलाश है और अंड. तक लड़ते रहूंगा एट एनी फॉर्म।. आप लाइफ में थोड़ा फन कैरेक्टर भी है एक.
सब सीरियसनेस ही है आप में।. अभी जो है वो है। आई मीन जो नेचुरल है। आई. डोंट यू. आप जोक्स ले लेते हैं ईली।. अ. मतलब हल्के-फुल्के वाले।. देखिए अगेन जोक्स के ऊपर ऐसा है कि अगर आप. ऐसे प्रकार की चीजें जो अभी पहले हुई है. तो आप आपके परिवार के साथ कीजिए। आपके. फ्रेटरनिटी के साथ कीजिए। आप मेरे. एक्सपेंस पे ये नहीं कर सकते हैं। अगर. आपने मेरे एक्सपेंस पे किया तो आप जवाब. लेंगे।. बट डू बिलीव दैट वास टू मच कि वो आपको. प्रोवो प्रोवोक करने जैसा था कि सी हम भी. कर सकते हैं। हम भी तुमको देश भर में एक.
इमेज बना सकते हैं। मतलब वो आपको प्रवोक. देखिए इमेज बनाना. वाज दैट टू मच जो बैट्स ऑफ बॉलीवुड में. दिखा।. शुभांकर भाई इमेज बनाना तोड़ना ये तो सब. महादेव के हाथ में होता है। कोई व्यक्ति. के हाथ में नहीं होता है। कितना भी करने. के बाद भी. सही था। वाज दैट टू मच? एक एक प्रवोक करने. जैसा था। बैट्स ऑफ बॉलीवुड में. सी आई फेल्ट यू नो समथिंग वेंट रोंग. समथिंग वेंट यू नो व्हिच वाज़ नॉट. एक्सपेक्टेड आउट ऑफ यू नो सो कॉल्ड पीपल. बेसिकली सो कॉल्ड बिग पीपल सो आई टूक दी. लीगल रिकॉर्स ऑफ़ दैट अगर नॉर्मल लगता तो.
शायद अवॉइड करता लेकिन मुझे लगा नहीं कि. वो अवॉइड करने की चीज है।. हम्म ठीक है। एक जांच हालांकि इस जांच. कोर्ट केस चल रहा है इसमें कई सारे रमर्स. भी सर आए थे कि लास्ट मोमेंट में नाम जोड़. दिया गया। डू यू मैं इसको फिर समराइज करके. पूछ ले रहा हूं मैं क्योंकि उस केस पे हम. बहुत डिटेल में बात नहीं कर सकते हैं।. बिल्कुल। अ क्या उस केस में जो बातें आपने. शुरू में कही जो स्टैंड था वो सच था? देखिए अगर आप शुभांग भाई इसको थोड़ा. रिसर्च भी करेंगे। आई वुड रिक्वेस्ट यू टू. डू दैट. के ये सब जो चीजें जो रिपोर्ट्स आई थी.
तो माननीय दिल्ली हाई कोर्ट ने ऑलरेडी. ऑर्डर दे चुका है कि जो एसटी बनी थी. स्पेशल इंक्वायरी टीम। सो दोज़ थिंग्स कैन. नॉट बी टेकन बेसिकली बिकॉज़ उसमें बहुत. सारी फाइंडिंग्स हुई थी। गठन में. फाइंडिंग्स हुई थी। एंड दोज़ थिंग्स वर. बेसिकली हेल्ड टू बी लीगली अनटनेबल।. ये जो आप अभी जो केस के बारे में आपने कहा. है तो एटलीस्ट दिस आई कैन शेयर दैट इज दैट. ऑर्डर इज़ ऑनलाइन अवेलेबल। लेकिन बात ये है. कि मैं उस चीज का ढिंढोरा नहीं पीट सकता।.
यू नो मेरे पास में वो मीडिया नहीं हर चीज. का प्रचार करूं बेसिकली। सो दोज़ थिंग्स. पीपल डोंट नो बेसिकली।. आपको पूरा देश सुनेगा यहां से। इसीलिए मैं. पूछ रहा हूं। अगर आप चाहे तो मैं स्पष्ट. तौर पे पूछ सकता हूं मैं। क्या आर्यन खान. ड्रग एडिट देखिए मैं उस बारे में अगेन. ड्रग था. मैं शुभांग भाई जैसा मैंने आपको. पब्लिक डोमेन में अगर उतने बताना हो तो. शुभांकर भाई मैं कहना तो बहुत शेयर भी. करना चाहता हूं बोलना भी बहुत चाहता हूं. लेकिन सिर्फ और सिर्फ बॉम्बे हाई कोर्ट के. सामने जो एफिडेविट दिया तो मैं केस को या. फिर कोर्ट का अवमानना नहीं करना चाहता. हूं। इसके लिए क्षमा चाहता हूं मैं उस. बारे में। उस टॉपिक को या फिर उस केस के.
बारे में. आप सही थे सर? मैंने अभी भी कहा है और पहले भी कहता पहले. भी कहता आया हूं जो मैंने किया है।. ये केस में नहीं मेरे पूरे करियर में आई. हैव डन एस पर दी लॉ एस पर दी. कॉन्स्टिट्यूशन और मुझे कोई भी चीज का कोई. रिग्रेट नहीं है।. ठीक है? मुंद्रा पोर्ट पर 21,000 करोड़ के. हीरोइन मीडिया से गायब हो गई थी। ये वाला. जो केस था आर्यन खान का ये देश भर में. महीनों तक चर्चा में चलता रहा। एक अफसर के. तौर पर क्या कभी ये परेशान किया कि इतना.
बड़ा डायरेक्ट नेटवर्क जो था उस पे. रहस्यमई मीडिया में खामोशी और एक स्टार. आया तो चारों तरफ सनसनी। देखिए मैं आपको. यह थोड़ी सी आई मीन अह मैं ट्राई करूंगा. आपको थोड़ा समझाने के लिए। क्या होता है. कि यू आर फ्रॉम दी अह मीडिया फ्रेटरनिटी।. यू नो हम लोग लॉ एनफोर्समेंट से होते हैं।. ऐसे हर दिन बड़े-बड़े केसेस होते हैं।. बेसिकली आई वुड लाइक टू टेल यू। 20. कोस्टगार्ड मैं आपको बता रहा हूं।. कोस्टगार्ड केसेस रेगुलरली करते हैं। नेवी. केसेस रेगुलरली करते हैं। मुंबई पुलिस दे. डू रेग डीआर दे डू रेगुलर केसेस। यह बात.
है कि एटलीस्ट पकड़ा है ना किसने? छोड़ा. तो नहीं है किसने उसको? पकड़ा है, इंटरसेप्ट किया है। रही बात अरेस्ट करने. की, रही बात इन्वेस्टिगेशन करने की। बहुत. समय ऐसा होता है कि उसमें कोई फेस वैल्यू. और सेलिब्रिटी इन्वॉल्व नहीं होता है। तो. बहुत टाइम है कि वो न्यूज़ भी नहीं चलती. है। इन्वेस्टिगेशन में क्या हुआ? रिमांड. में क्या हो गया? चार्जशीट फाइल हुई है।. तो पीपल हर दिन दे डोंट कैरी आल्सो। एंड. नोबडी इज़ इंटरेस्टेड आल्सो। टू बी वैरी. फ्रैंक। अगर जिसमें यू नो पढ़ने में कोई. जूस या फिर यू नो समथिंग से इन मीडिया कि.
कुत्ते ने आदमी को काटा खबर नहीं। लेकिन. जिस दिन आदमी कुत्ता काट लि. अब्सोलुटली तो हर दिन भी आप नहीं दे सकते. ना तो मेरा यही कहना है कि जो लोग यह चीज़. की आलोचना करते हैं सो ये ये नहीं देखते. कि उसमें कोई फेस वैल्यू नहीं तो उसमें. कोई रस नहीं मिलता उनको लेकिन. इन्वेस्टिगेशन एजेंसीज अपना प्रॉपर काम. करती है तो मैं उनको यही पूछना चाहता हूं. कि जो कोई भी ड्रग्स कहां पर पकड़ा पकड़ा. ही गया ना कोई एजेंसी नहीं पकड़ी छोड़ा तो. नहीं उस चीज को लॉट मेनी अरेस्ट हैपेंड. लॉट मेनी प्रिवेंटेड डिटेंशन आल्सो हैपेंस. इन दिस काइंड ऑफ़ केसेस लेकिन वो मीडिया.
में चलता नहीं है तो लोगों को ऐसा लगता है. कि छूट गया तो इट डजंट हैपन लाइक दैट।. ठीक है। चलिए वो तो हो गया। फिर मैं. टेक्निकल्स अगर मैं टेक्निकल जाऊं तो आप. मुझे मना कर दीजिएगा। मैं जनता की तरफ से. क्योंकि सवाल बहुत सारे इसलिए मैं. थोड़ा-थोड़ा कोशिश करूंगा।. यू आर मोस्ट वेलकम शुभांकर भाई टू आस्क मी. एनी क्वेश्चन।. तो एक जैसे आता है कि केपी गोसावी जैसे. विवादित व्यक्ति को गवाह बनाना और फिर. उसका वो सेल्फी खींच कर वायरल कर देना।. बिल्कुल।. क्या वो गलत था? देखिए देखिए मैं अगेन अगेन आपको यह कहना. चाहूंगा कि मैं इस केस के बारे में कुछ. आपसे कह नहीं सकता। अगेन आई रिस्पेक्ट दी.
ऑनरेबल कोर्ट। सो आई कन नॉट मैं बताऊंगा।. टेक्निकल वो जो सेल्फी आ गई थी।. हां, मैं आपको मैं आपको समझाता हूं कि. व्हाट थिंग्स हैपेंड। देखिए जो विटनेसेस. वगैरह जो होते हैं दीज़ आर इंडिपेंडेंट. पीपल बेसिकली दे आर नॉट योर यू नो दे आर. नॉट योर कंट्रोलोल्ड पीपल और समथिंग लाइक. दैट। सो. विटनेस का क्या काम एक होता है? जनरली इन. ऑल अदर केसेस आल्सो कि जभी भी कुछ घटना. होती है तो उसका विटनेस होना। दे आर नॉट. अंडर योर कंट्रोल। अच्छा ये भी बात नहीं. होती है कि यू नो दे वर्क विद यू अर्लियर. या फिर आप उनको जानते हो तो सिर्फ संविधान.
ये कह दी आईपीसी सीआरपी व्हाट व्हाटएवर दे. से कि पर्सन शुड बी अ रिस्पेक्टेबल पर्सन. बेसिकली उसमें कोई ये नहीं है कि ये. प्रकार का होना चाहिए ये वो प्रकार का इट. डजंट हैपन लाइक दैट सेकंडली आप एक अधिकारी. होने के व्हेन व्हेनएवर यू आर एन ऑफिसर तो. आपका ध्यान कहां होता है आपका ध्यान एक. केस पे होता है एक मुद्देमाल पे होता है. आरोपी पे होता है बाकी की जो आपकी काम. होती है यू नो पेपर वर्क होता है उस पे. होता है। आपका यह ध्यान नहीं होता है कि.
पंजा क्या कर रहा है। बेसिकली. हम. आपको फॉर एग्जांपल आपका ध्यान आप एक. इंटरव्यू ले रहे हैं। अभी आपका ध्यान समीर. वानखेड़े की तरफ है।. आपको ये नहीं पता कि आपका जो आपकी जो. दूसरी टीम है वो क्या कोई खुराफाती काम कर. रही है।. सही बात है।. इट विल नेवर कम टू यू बेसिकली। सो दैट इज. यू नो सच थिंग्स किसी के भी माइंड में. नहीं होती कि जो अब विटनेसेस होता है वो. कुछ उल्टा सीधा बेसिकली कर रहा है। लेकिन. ठीक है दिस इज द फैक्चुअल पोजीशन व्हाट आई. वांट टू एक्सप्लेन थ्रू यू बेसिकली।. ठीक है मतलब हां वो वैलिड पॉइंट है। अ.
आपको लगता है बॉलीवुड के विलेन हो? देखिए मैं अगेन. ना मैं कोई इंडस्ट्रीज को यू नो जनरलाइज. करना चाहता हूं। हम्म. ना मैं मुझे जो आपने नाम लिया ना ही कोई. इंटरेस्ट है. ना ही मुझे समझ आती है तो राइट हूं रोंग. हूं जो कोई भी लॉ के हिसाब से काम करता. हूं और करता रहूंगा आई डोंट वांट टू कमेंट. जैसे और बहुत सारे केसेस आए थे कई बड़े. नामों के और भी केसेस बॉलीवुड से आए हैं. कभी इतनी हाइप नहीं बनी. हम. ये वाला केस कुछ ज्यादा बड़ा हो गया.
ठीक है अब जैसा मैंने आपसे कहा कि कुछ. व्यक्तियों को पर्सनल रंजिशें भी निकालनी. थी मेरे पास्ट एक्शन पे उनके ऊपर कुछ. लोगों पे एक्शंस लिया था तो दे थॉट इट्स. एन ओपोरर्चुनिटी टू रिमूव यू नो सच काइंड. ऑफ़ थिंग्स क्रिएट अ कंट्रोवर्सी क्रिएटिए. अ मेस एंड दे ट्राई टू डू दैट।. अब एक एक अधिकारी के तौर पर थोड़ा मैं आपको. एक्सप्लोर कर देता हूं। एक सेगमेंट मैंने. रखा है जहां पर एज अ ऑफिसर मैं आपको थोड़ा. एक्सप्लोर करूंगा। सो एक अफसर के तौर पर. ज्यादा मुश्किल क्या होता है? अपराधी से. लड़ना या उस समाज का सामना करना जो अपराधी. को बचाने के लिए खड़ा हो जाता है।. देखिए.
बोथ आर बोथ आर बेसिकली वेरी टफ। क्या होता. है? प्रैक्टिकल सिचुएशंस ये होते हैं कि. जभी भी आप यू नो यू ट्राई टू इंप्लीमेंट द. लॉ। जभी भी आप कायदे का यू नो एग्जीक्यूशन. करने की कोशिश करते हैं तो बहुत लोगों को. ये पसंद नहीं आता है जो सोसाइटी में या. मॉनिटरी वाइज दे आर वेरी स्ट्रांग। सो. उनको ये पसंद नहीं आता है कि व्हेन यू. ट्राई टू इंप्लीमेंट द लॉ। सो दे ट्राई टू. क्रिएट द यू नो प्रेशर्स करते हैं। आपको. तकलीफ देने की कोशिश करते हैं। कभी-कभी तो. ऐसा लगता है कि 12 घंटे की ड्यूटी में 4. घंटा आप वो मैं इनोसेंट हूं। तो वही प्रूफ.
करने में आपके चले जाते हैं। ऐसी जो. कंप्लेंट्स होती है, फेक कंप्लेंट्स होती. हैं। लेकिन सिस्टम काफी स्ट्रांग एंड. रबस्ट है। तो ऐसा कोई किसको ट्रैप या वैसा. नहीं कर सकता है। न्याय है, न्यायालय है।. तो लेकिन हां उस टाइम पर यू नो स्पेंडिंग. दैट टाइम व्हिच वाज़ व्हिच इज़ सपोज टू बी. मोर प्रोडक्टिव। तो उसको आपको इनोसेंट. प्रूफ करने में चले जाता है। बेसिकली. आपकी लाइफ में कौन-कौन से ऐसे केसेस हैं. जिनको लेकर आप प्राउड हो? अ देखिए ये जो. अब जो यू नो मीडिया बात कर रही दुनिया बात.
करती है तो ये बहुत ही छोटा केस है. बेसिकली सिर्फ फेस वैल्यू है इसके लिए बट. इट्स अ वेरी यू नो स्मॉल काइंड ऑफ़ अ केस. बट आई रिमेंबर के वेरीेंट केस व्हिच आई. रियली आपको ऐसा लगेगा कि आपने राष्ट्र की. सेवा करी है सर्वोच्च आपको सेटिस्फेक्शन. है वो एक था जाकिर नायक का केस बेसिकली. मेरे पास अगला सवाल मैंने वही पूछा. हां तो वो हमारी टीम ने बहुत अच्छा. बेसिकली यू नो बहुत सेटिस्फेक्शन आपको. मिली थी कि एक जो एक राष्ट्र के खिलाफ एक. व्यक्ति जो काम करता है और केस को आप. अंजाम लेके जाते हैं तो आपको रियली.
सेटिस्फेक्शन. क्या हुआ था कैसे इनपुट मिले थे कैसे. हां देखिए अगेन वो थोड़ा इंटेलिजेंस में. आप ऊपर तक बता सकते हैं. जो मीडिया में अवेलेबल है तो बेसिकली. इंफॉर्मेशन वाज़ के देयर इज़ एन यू नो. एजेंसी व्हिच इज़ वर्किंग अगेंस्ट द नेशन. अह भड़काऊ भाषण हो जाए ट्राई टू क्रिएट. बिटवीन टू कम्युनिटीज़ देन देयर वर सम. काइंड ऑफ़ एक्टिविटीज़ व्हिच वर डेटमेंटल. फॉर द सिक्योरिटी ऑफ़ द कंट्री आल्सो कुछ. लोग इंस्पायर हो के बाहर जा रहे थे फाइट. करने के लिए। तो दोज़ काइंड ऑफ़ इनफेशन थी।. हमारी टीम थी अच्छी मुंबई में। दे वर्क्ड.
ऑन दैट. सर्चेस हुए, सीजर्स हुए यूएईपीए में. बेसिकली दैट ऑर्गेनाइजेशन आईआरएफ गॉट बैंड. एंड यू नो द टीम वर्क्ड वेरी वेल इन दैट।. सो बहुत सेटिस्फेक्शन मिला था उस केस में।. सेकंड केस था कि एक 185 kg गोल्ड पकड़ा था. हमने डोंगरी में।. डोंगरी में जिसको काले काले पेंट से रंग. दिया गया था।. हां। दैट वाज़ वै इंटरेस्टिंग। बहुत अच्छे. डीआरए की टीम ने काम करी थी उसमें। उसमें. तो इनफैक्ट लाइव थ्रेटनिंग सिचुएशनंस भी. थी। कार यू नो कुचलने की कोशिश कर रहे थे।.
देन इट इट वाज़ अ वै हॉस्टाइल एरिया. बेसिकली कम्युनली वैरी सेंसिटिव एरिया। तो. वहां पर टीम ने भी बहुत अच्छा काम किया. था। हम मुझे खुद को बिलीव नहीं हो रहा था. कि ये सच में गोल्ड है। यू नो 185 हम. मूवीज में देख जो पुराने. ये सच है कि वो 185 किलो सोनू के ऊपर काली. पेंट मार दी। अब्सोलुटली अब्सोलुटली वो. बेसिकली इट वाज़ अ वेरी बिग नेटवर्क जिसने. 4500 किलो इंपोर्ट किया था एक साल में 4. टन इंपोर्ट किया था एक साल में एंड यू नो. दुबई में कोई व्यक्ति बैठ के उनको. इंस्ट्रक्शंस देता था कि आप यू नो उसको एक.
ब्रास का कलर दो गोल्ड को एंड दे हैड मेड. इट इन अ वेरी सर्कुलर काइंड ऑफ़ अ थिंग एक. का लगभग 25 किलो वेट था एक सर एक डिस्क का. उसके ब्लैक कलर के पेंट में देन देय टू. थ्रो इट इन द कंटेनर उसको बेसिकली एक जंक. की तरह फेंक देते देते थे। एंड आफ्टर दैट. भारत में लाके एंड देन दे वर ट्राइंग टू. सेल इट इन प्लेसेस लाइक मुंबई एंड कोचीन. एंड ऑल दोज़ काइंड ऑफ़ प्लेसेस। वो काफी एक. इंटरेस्टिंग केस था।. ये जो डोंगरी में 185 किलो वाला सोने केस. था।. कभी लगता है कि अगर और गहराई में जांच हुई.
होती तो सिस्टम और एक्सपोज हो सकता था. क्योंकि इंडिया में अगर इतने बड़े पैमाने. पर हो रहा है। हजारों किलो पे। शुभांकर जी. उस समय जितना मैंने यू नो हमने वर्कआउट. किया था जैसा मैंने आपसे कहा कि ये गैंग. वी आइडेंटिफाई हुई एंड 4 टन 4500 किलो का. ऑलरेडी ब्यौरा मिला कि ऑलरेडी इंपोर्ट कर. चुके हैं उसमें 20 अरेस्ट हुए हैं और 20ों. को कॉफी पोस्ट अप्रेंटिव डिटेंशन में भी. अरेस्ट किया था तो इट वाज़ अ वेरी गुड केस. यू नो. ओके दाऊद इब्राहिम के भाई इकबाल कास्कर पर. भी आपने हाथ डाला था.
बिल्कुल नहीं अगेन शुभांकर भाई ये कोई. बड़ी बात नहीं है या फिर ये क्रिमिनल्स. होते हैं। इनको कोई यू नो कोई बड़ा. क्रिमिनल दीज़ आर पेटी क्रिमिनल्स।. पार्टियों में नाचते हैं बॉलीवुड वाले. दुबई में।. हां जो कोई भी है आई मीन अभी. हमने बड़े सारे लोगों को देखा है नाचते. हुए।. हां तो वो उनको बेस्ट विशेस जो ऐसा करते. हैं। लेकिन ये पेटी क्रिमिनल्स होते हैं।. तो इनको इनका नाम लेके मैं इनको कोई बड़ा. नहीं करना चाहता बेसिकली। ये सिर्फ यू नो. एंटीनेशनल्स है और लार्जर देन लाइफ उसको. कुछ लोगों ने बना दिया है। तो एक चरस का.
केस था बेसिकली जिसके ऊपर ये व्यक्ति के. ऊपर एक्शन लिया था।. इकबाल का. हां. तो आपको डर नहीं लगा कि डी नेटवर्क इतना. स्ट्रांग बात की आती है।. इसमें अगर ऐसे लोगों से डरने लगे तो. यूनिफार्म पहन के फिर फायदा नहीं है। अशोक. स्तंभ या राष्ट्र का चिन्ह लगा के फायदा. नहीं अगर ऐसे लोगों से डरने लगे।. धमकी नहीं आई दाऊद की तरफ से। आती रहती. है, मेल्स आते हैं। लेकिन क्या सामने आके. कोई बात करे तब देखेंगे ना। ये धमकियां तो. कोई भी देता है।. तो आपको लगता है वो भी डरते हैं।. आए सामने तब जवाब दूंगा तब देखेंगे।.
[हंसी]. ओके।. जाकिर नायक वाला कास्ट एक चिंकू पठान का. भी केस था।. हां। वो भी काफी इंटरेस्टिंग केस था। लेट. मी अप्रिशिएट के एंड के आप रियल केसेस के. बारे में पूछ रहे हैं। जब भी मैं किससे. बात करता हूं वो एक अलग केस के बारे में।. बट लेट मी अप्रिशिएट यू आर टॉकिंग सेंस।. अब एक केस हुआ था यहां पर जो हम लोग देखते. हैं एक ट्रेडिशनल यू नो एक डॉन होता है. उसका गोल्ड का थ्रोन होता है यू नो गोल्ड. का मोबाइल होता है वो काइंड का दिस मैन.
वाज़ अ डॉन बेसिकली सूडो डॉन बट. सरप्राइजिंगली ऑन अ वेरी सीरियस नोट. शहर में रिहाइशी इलाके में देयर वाज़ अ. फैक्ट्री व्हिच वाज़ ऑपरेटिंग मेरे ऑफिस के. हार्डली 2 किलोमीटर दूर दो या 3 किलोमीटर. दूर एंड वहां से हमने 12 किलो रिकवर किया. था 12 करोड़ के ड्रग्स रिकवर किए थे. मेफेड्रोन 12 kg. ये व्यक्ति वहां पर धड़ले से काम कर रहा. था। बट फाइनली वी टूक एक्शन ऑन दैट। उसमें. कुछ पिस्टल्स वगैरह भी सीज हुए हैं। कुछ. ढाई करोड़ की मात्रा में कैश भी सीज हुआ.
था। उस दिन का अमाउंट था उसका। एंड देन. गुड एक्शन वाज़ टेकन इन दिस केस आल्सो।. ओके। स्नाइपर ट्रेनिंग में क्या बदलाव. आपकी लाइफ में? देखिए उसमें काफी डिसिप्लिन देन फूड. हैबिट्स बेसिकली. हम. पर्सवेरेंस एंड इट वाज़ अ वेरी डिफिकल्ट. काइंड ऑफ़ अ यू नो डिमांडिंग काइंड ऑफ़ अ. ट्रेनिंग। आप भारत को रिप्रेजेंट कर रहे. हैं और वो भी विदेश देश में। तो इट्स अ. वेरी बिग रिस्पांसिबिलिटी टू शो दैट के. इंडियंस हैव मेटल बेसिकली। तो उनके. ऑफिसर्स के साथ में आपको मैच करना है। तो.
एट नो वे यू कैन लेट योर कंट्री डाउन। तो. उनसे ज्यादा ही हम लोग बेटर करते हैं। तो. इट वाज़ अ वेरी चैलेंजिंग वन। बहुत अर्ली. डे स्टार्ट होता था। बहुत लेट एंड होता. था। वेरी फिजिकली डिमांडिंग बट वेरी. सेटिस्फेक्ट।. तो स्नाइपर की ट्रेनिंग जो होती है उसमें. क्या रिक्वायरमेंट ज्यादा होती है? मेंटल. टफनेस की? नो दो नो बिकॉज़ देखिए जब एक व्यक्ति. स्नाइपर बनता है तो इट इज़ लॉट मेनी काइंड. ऑफ़ वॉरफेयर। बेसिकली अर्बन होता है, जंगल. होता है, डेजर्ट होता है। फिर बाद में. हैंड टू हैंड कॉम्बैट वगैरह होते हैं। तो. अलग-अलग सेगमेंट्स होती है उस चीज में।. एंड फाइनली स्नाइपर का मतलब यही होता है.
कि आप कहां पर भी कवर लेके देन यू ट्राई. टू प्रोटेक्ट योर एसेट्स बेसिकली। एंड यू. हैव ओनली वन चांस तो यू हैव टू बी मेंटली. स्ट्रांग आल्सो यू हैव टू बी मेंटली एजाइल. यू हैव टू बी मेंटली फिट आल्सो. क्या आपका स्नाइपर होना जब आपके केसेस चल. रहे थे उसकी ट्रेनिंग मेंटल फिजिकल वो काम. आई. देखिए मैं. इजी थोड़ा रह पाएगा. देखिए मैं उस बारे में तो टिप्पणी यू नो. आई वुड नॉट मैं बता नहीं पाऊंगा आपको टू. बी वेरी फ्रैंक लेकिन टू बी मेंटली. स्ट्रांग या फिर जब कठिन समय आता है तो.
आपके लाइफ में आदर्श कौन होते हैं वो बहुत. इंपॉर्टेंट होता है।. आपके आदर्श कौन मेरे आदर्श जैसे कि. छत्रपति शिवाजी महाराज, डॉ. बी आर. अंबेडकर, शहीद भगत सिंह, राणा प्रताप ये. मेरे आदर्श है। जभी भी आप उनके बारे में 1. मिनट भी सोचेंगे ना तो आपका जो कोई भी भय. होगा आपके दिमाग में आपके दिल में 2 मिनट. में निकल जाएगा। नाइस।. अच्छा आप. ये सवाल मुझे बड़ा अच्छा लगा था। जब मैं. इस बारे में सोच रहा था। आई एम श्योर जब. कोई पकड़ा जाता है, कोई भी चोर, कोई भी. अपराधी पकड़ा जाता है तो वो फूट-फूट कर.
रोने लगता होगा। कई बार हमने देखा लोग रो. देते हैं। कितने भी स्ट्रांग दिल के हो. पकड़ के रोने लगते हैं। आप ये कैसे तय. करते हो कि जो आदमी रो रहा है जिसको आपने. पकड़ा वो अच्छा एक्टर है या असली वाला. पछतावा है? देखिए शुभांकर भाई आप इतने दिन काम करते. हैं तो यू यू गेट द नेक बेसिकली. आपको अच्छे एक्टर्स की समझ में आ जाती है।. देखिए अभी वो वो प्रोफेशन रोने वाली बात. कर रहा हूं। मैं लोगों के रोने की मैं. एक्टर्स की बात नहीं कर रहा हूं मैं।. देखिए वह पैनिकिक तो बेसिकली एक ह्यूमन. नेचर होता है कि दे बिकम पैनिकिक सम पीपल.
गेट नर्वस यू नो जेनुइनली आल्सो. लेकिन आपके पास में वो दायित्व नहीं है कि. टू बी इमोशनल एंड ऑल दोज़ काइंड ऑफ़ थिंग्स।. देयर इज़ एन ऑफेंस, देयर इज़ अ क्राइम, यू. हैव टू टेक एक्शन ऑन दैट। इट्स ऑल सिंपल।. हां, अगर कोई फिजिकल कंडीशन है तो आप. हॉस्पिटल में लेके जा सकते हैं। मेडिकल. ट्रीटमेंट उनको दे सकते हैं। लेकिन यू. कांट टेंडें टू बी इमोशनल व्हेनएवर. एवरीथिंग इज इन ब्लैक एंड वाइट बेसिकली।. ओके। हमारी फिल्मों में जब किसी अधिकारी. को हम दिखाते हैं सिंघम के तौर पर, दबंग. के तौर पर या पठान और जवान के तौर पर तो. लोग बड़ी तारीफ करते हैं। बट आपको लगता है.
कि आपकी जो सिंघम वाली इमेज थी यही आपके. लिए नुकसानदायक बन गई जो आज आपको सिस्टम. ने शांत करा के कोने में रखा है। शुभांकर. भाई देखिए ये जो वर्ड है या ये जो यू नो. नोमेनक्लेचर है ना ही मैं वो टाइम पे. सीरियसली उसे लेता था ना ही अभी लेता हूं. चीजों को। इट डजंट मैटर बेसिकली।. अगेन ये. एक अधिकारी होने के कारण एव्री टाइम आप. वॉर फ्रंट पे नहीं हो सकते। ए्री टाइम आप. एक एजेंसी में नहीं हो सकते। इट इज़ अ. ट्रांसफरेबल जॉब। ऑल इंडिया जॉब है। लोगों. को ये भी यू नो कभी-कभी जो यू नो.
क्रिटिसिज्म करते हैं। अरे देखा उसको तो. चेन्नई भेज दिया। आई एम नॉट इन वन सिटी. फॉर माय लाइफ। हार्डली 10 या यू नो 9 10. साल एक सिटी में होते हैं। हमारी पॉलिसीज. होती है बेसिकली। एस पर दी पॉलिसीज. ट्रांसफरल जॉब होती है। ऑल इंडिया. ट्रांसफरेबल जॉब होती है। कभी मुंबई, कभी. चेन्नई, कभी दिल्ली, कभी कहां पर भी। सो. यू कैन नॉट क्रैंक। यू हैव साइन फॉर दोज़. काइंड ऑफ़ थिंग्स। कभी परिस्थिति आ जाती है. कि यू हैव टू बी विद योर फैमिली। कोई. सिक्योरिटी परिस्थिति हो जाती है। कभी. क्या होता है। लेकिन यू नो मैं वो चीज के.
लिए कभी भी. सिस्टम को दोष देना नहीं चाहूंगा। इट इज अ. साइन थिंग। यू हैव टू बी वेयरवर यू आर।. आपको सैलरी उतनी मिलनी है। आपको काम वही. करना है। तो यू कैन नॉट पिक एंड चूस। कि. देखिए मुझे तो साइड में इट डजंट मैटर यू. नो करने का सोचा आपने।. देखिए शुभांकर भाई टू बी अ वेरी फ्रैंक. इनफ कितना दिन आगे क्या करने वाला हूं वो. सिर्फ महादेव को पता है। आई नोबडी नोस. टुमारो व्हाट इज गोइंग टू हैपन. मैं कह रहा हूं बीते कुछ सालों में कभी. आपने ऑन अ सीरियस नोट. भागने की तो कभी कोशिश नहीं. जॉब क्विट करने की. नो अब्सोलुटली नो भागने की तो सवाल ही.
नहीं है। व्हाई टू रन अवे एंड व्हाई टू. क्विट एंड रन अवे एट दिस पॉइंट ऑफ़ टाइम।. इस बीच में सबसे बड़ी ताकत कौन था आपकी? अ. जैसा मैंने आपको कहा मेरा आइडल्स मेरी. माता मेरी जो स्वर्गवासी माता है वो एंड. माय फैमिली ओनली दोस पीपल. अपार्ट फ्रॉम फैमिली अपार्ट फ्रॉम फैमिली. मेरे कुछ क्लोज मित्र भी हैं जो देखिए मैं. ज्यादा सोशलाइज करता नहीं हूं शुभांकर जी. मैं यू नो बाहर ज्यादा ज्यादा काम करता. हूं घर में फैमिली के साथ मैं रहता हूं. मेरे तो मेरे जो क्लोज निट मेरे फ्रेंड्स.
हैं चार या पांच मेरे फ्रेंड्स होंगे पहले. भी वही थे अभी भी वही है अगर पहले भी कुछ. अगर यू नो अ अगर लैच ऑन करना है या कुछ. बात करना है उनसे ही करता हूं। अभी भी वही. करता हूं। तो मुझे कोई ज्यादा फर्क नहीं. पड़ा ये सब चीजों से। व्हाटएवर इतना है कि. और मेरी यू नो रेिलियंस जो होता है या फिर. लड़ने की क्षमता है वो और बढ़ गई है।. पेशेंस की क्षमता और बढ़ गई है। सो बाकी. का मेरे परिवार वगैरह वैसे ही इंटैक्ट है।. वही लोग हैं मेरे साथ।. चलो बहुत सारे बच्चे लोग सुन रहे होंगे. आपको। मेंटल टफनेस कैसे बढ़ाते हैं?
देखिए अगर आपने एक चीज बॉटम लाइन होती है. कि अगर आपने गलत नहीं किया तो अपने आप ही. आप में लड़ने की क्षमता होती है। डोंट टेक. इनजस्टिस। अगर अगर आपने गलत किया है तो. ठीक है आप शांत बैठ जाइए। जो आपको करना है. आप कीजिए कि आप आपको मालूम है कि आपकी. गलती हो और आप उसको फिर छुपाने की कोशिश. करेंगे। लेकिन अगर आपने कभी गलत नहीं. किया। डंके की चोट पे लड़िए सत्य के लिए।. एंड यह रियलिटी है। यह सिर्फ शास्त्रों. में या बुक्स में लिखा नहीं है कि सत्य. परेशान हो सकता है, पराजित नहीं है।.
रियलिटी है। थोड़ा दिन लगेगा आपको। आपको. प्रूफ करना पड़ेगा। और अगर धर्म और अधर्म. की लड़ाई होती है कभी भी आप ये देखना कि. अधर्म खत्म कैसा होता है? वो धर्म के साथ. जब लड़ाई करते हैं तभी खत्म होता है। तो. यू हैव टू बी दैट धर्म। और आपको स्ट्रांग. रहना है। अगर आप भाग गए तो फिर क्या फायदा. आपका जी के फिर? यू हैव टू फाइट द सिस्टम।. व्हेन यू आर राइट। व्हेन यू नो यू यू आर. डूइंग राइट। तो फाइट इट आउट। तो जैसा कि. आप कह रहे हो कि आप राइट थे राइट थे ना. राइट हूं मैं हां तो अगर कल को आपका फिर. मुंबई ट्रांसफर हो जाए वापस एनसीबी में आप.
फिर से सेम कारवाई रिपीट करोगे. देखो शुभांकर भाई ये तो बहुत यू नो. हाइपोथेसिस होता है शायद ही पता नहीं यू. नो थिंग्स ऐसे रिपीट हो या ना हो लेकिन. जहां पर भी हूं जो है वही काम करूंगा मैं. कोई रिग्रेट नहीं अब्सोलुटली जो है भारत. मां की वही सेवा करूंगा. फिर कोई बॉलीवुड या बिज़नेसमैन या कोई. क्रिकेटर दिख गया आप हिचोगे नहीं एक बार. भी कि इसको खाने अगेन मैं यह कहना चाहता. हूं कि हमारे थूक रहा है तो. कोई फेस कोई प्रेशर या कोई दी थिंग्स डोंट.
वर्क ऑन मी दी थिंग्स अब्सोलुटली डजंट. बोदर. हमारे मीडिया में एक टर्म है सर छपास और. दिखास हम अक्सर कहते हैं कि कुछ लोग होते. हैं जिन्हें छपने दिखने की बीमारी होती है. इस केस में कई बार लोगों ने आप पर भी ये. लगाया कि आपको दिखने का बहुत शौक है. हां. ये आप मानते हो. हां ये ये कहते हैं मीडिया मीडिया फ्रेंजी. मीडिया फ्रेंडली क्या. हमारे यूपी बिहार में छपास और दिखा. हां तो यानी इसका मतलब है मैं उनको यह. उत्तर देना चाहता हूं. के मेरे हाथ में यह नहीं होता है कि कौन. आपको छाप रहा है या कौन आपकी फोटो ले रहा. है या कौन आपके साथ कुछ कर रहा है। यह एक.
अधिक आप भी जानते हैं यू आर फ्रॉम द. मीडिया। यू हैव बीन अ लेजेंडरी मीडिया. गाइस।. सो यू नो इट डजंट हैपन लाइक दैट।. आपके हाथ में ये नहीं होता है। कभी-कभी. केसेस हो जाते हैं। कभी-कभी कार्य हो जाते. हैं जो काफी यू नो इट बिकम्स वै बिग एंड. दैट इज नॉट इन योर कंट्रोल।. ट्रू।. सो हाउ कैन आई कंट्रोल दैट? नंबर वन? नंबर. टू अगर मेरे से यही एक्सपेक्टेड है कि आप. सिर्फ यू नो सिर्फ नॉर्मल मिडिल क्लास या. गरीब वही वही लोगों पर एक्शन लो तो इट इज. नॉट एक्सपेक्टेड आल्सो कानून सबके लिए कि.
मेरे लिए एक है आपके लिए एक है। सब लोगों. के लिए कानून एक है। मैं भी कानून फेस कर. रहा हूं।. हम. सो इट इज इक्वल फॉर एवरीबॉडी। सो इट इज़. नॉट एक्सपेक्टेड। और मैं ये बोदर भी नहीं. करता हूं। कौन आपका फोटो छाप रहा है? कौन. क्या कर रहा है। मैं सिर्फ मेरा काम कर. रहा हूं और करते रहूंगा।. एक बड़ा विवाद हुआ आपके हाथ में रोलक्स की. घड़ी को लेकर।. बिल्कुल।. सारा ध्यान जो है लोगों का ईमानदारी से. रोलेक्स. एक घड़ी एक घड़ी के ऊपर।. हां कि. के कुछ लोगों को बाकी का कुछ मिल नहीं. पाया। एक घड़ी मिल पाई सिर्फ जो बात करने. के लिए. क्योंकि रोलेक्स का जलवा अलग. हां जैसा कि 1000 करोड़ 2000 करोड़ ऐसा. कुछ मिल नहीं पाया तो क्या मिली घड़ी और.
वो भी किसकी मेरी वाइफ की इतना लोगों को. एटलीस्ट आई एक्सपेक्ट कि जो लोग आरोप. लगाते हैं इतना कॉमन सेंस होना चाहिए माय. वाइफ शी इज़ अ वेटरन यू नो फिल्म में फिल्म. मेकर है वो मराठी फिल्म इंडस्ट्री एंड आई. एम वेरी प्राउड ऑफ़ हर शी इज़ अह इन पास्ट. 30 इयर्स शी हैज़ वर्क्ड एंड कंट्रीब्यूटेड. अ लॉट टू दी मराठी फिल्म इंडस्ट्री सो, आज. के समय में, शी कांट इवन अफोर्ड अ. ज्वेलरी। कांट शी डू दैट? शी इज़ अ टैक्स. पेयर। और कौन सा उस बिचारी ने कि कोई. रिश्वत किससे ले लिया, किससे मांग लिया,
शी कांट अफोर्ड हरसेल्फ। शी हैज़ डन दैट।. एंड आई एम वेरी प्राउड ऑफ हर।. ये जो पूरा परिवार घसीटा गया।. बिल्कुल।. फिर मैं पूछ रहा हूं कि एक घड़ी का विवाद. उठा के गया।. हां, एक एक घड़ी सॉरी। एक हजारों करोड़ थे. नहीं।. हां।. बीवी की घड़ी, मां की कब्र की तस्वीरें? पिता के नाम को लेकर।. और और एक और बातें हैं।. यू नो बहुत सारी इतनी संपत्ति कैसे कमाई. दी थिंग्स वर देयर यू नो जबभी ये सब. कंट्रोवर्सी होता था कैमरे वाले आई नो दैट. के जो यू नो जिस घर में मैं रहता हूं उस.
बिल्डिंग की तस्वीरें यू नो बाकी का अरे. ये एक बात यू नो मेरे लिए भी सरप्राइजिंग. थी कि आप अगर आपकी मदद शी वास् कमिंग. फ्रॉम अ वेरी गुड फैमिली शी वास् कमिंग. फ्रॉम अ यू नो अर्लियर सो कॉल्ड रॉयल. फैमिली और समथिंग लाइक दैट शी वाज़ कमिंग. फ्रॉम अ वेरी गुड फैमिली एंड शी वाज़ अ. वेरी गुड बिज़नेसमैन और मुझे गर्व है अगेन. उसके मेरी माताजी के ऊपर जो कुछ भी हो. मेरी माता के वजह से हूं मैं अभी आज तो. अगर आप एक अच्छे परिवार से आते हैं मदर के. साइड से मेरे फादर बहुत हमंबल बैकग्राउंड.
से आते हैं वाशिम गांव है एक बहुत छोटा. मेरे फादर का तो अगर आपकी पहले से ही बचपन. से ही आपकी प्रॉपर्टीज हो आपकी मदर की. प्रॉपर्टीज हो तो क्या सिविल सर्विज में. आना जुर्म है ये गुनाह है आना या फिर आप. सिविल सर्विज में जभी भी आते हैं तो इसका. यह मतलब होता है कि ये चीज भ्रष्टाचार से. कमाई गई है पेरेंटल प्रॉपर्टी नहीं हो. सकती आपकी और जो चीज आप बाकायदा डिक्लेअर. करते हैं फर्स्ट डे आपकी ट्रेनिंग पे। सो. इज दिस रोंग ऑफ हैपनिंग दैट? तो यह मैं. बहुत लोगों को यू नो मुझे बुरा भी लगता है. चीजों का कि आपको सिर्फ ड्रामा करना.
चाहिए। अगर सर्विस में दे एक्सपेक्ट दैट. फटे हुए कपड़े पहनने नहीं मैं खुद एक. टैक्स पेयर भी हूं। मैं सर्विस कर रहा हूं. अपने पैशन के लिए। राष्ट्र की सेवा के. लिए, राष्ट्र के प्रेम के लिए कर रहा हूं. मैं।. जरूरी नहीं है कि मनी हर चीज का मोटिवेशन. होता है। जरूरी नहीं है कि आपने कोई परचेस. किया है या रिश्वत के पैसे से किया है।. नॉट नेसेसरी पेरेंटल प्रॉपर्टी भी होती. है। आपकी खुद की इनकम भी होती है। पूछते. नहीं चीजों की। सो इट डजंट मैटर यू नो ये. चीज आउटलुक बदलना चाहिए बेसिकली कि जो कोई.
भी है ड्रामा करें यू नो फटे हुए कपड़े. पहनने का ड्रामा इट डजंट हैपन लाइक दैट।. कितनी जांच आप पर बिठाई गई थी? जितना मुझे याद है लास्ट आफ्टर वन. पर्टिकुलर इंसिडेंस देयर वाज सम नाइन. एजेंसीज और समथिंग लाइक।. कौन-कौन सी एजेंसी जांच कर रही है यहां. पे? अभी. छोड़ दीजिए।. एजेंसी के नाम ही तो पूछ रहे हैं आपके. पीछे भी है।. नहीं बट मुझे कोई उनसे गिला शिकवा नहीं. है। लेट देम डू देयर जॉब। लेट देम डू देयर. बेस्ट। मैं हूं आंसर करने के लिए एंड.
हमारे सिस्टम जैसा मैंने आपसे कहा काफी. स्ट्रांग जुडिशियल सिस्टम है। आई इनवाइट. व्हाटएवर इट्स देयर।. तो आपके सारे बैंक खाते खंगाले गए सब।. अ. टैक्स वक्स सब चेक किया गया।. ठीक है। दायित्व बनता है। करने दीजिए।. हुआ मतलब।. लाजमी सी बात है इतने बड़े-बड़े एलगेशंस. लगते हैं। इतने बड़े-बड़े एलगेशन जैसा कि. घड़ी परचेस किया है तो भले ही. कितने000 करोड़ छापे हैं आपने? वही कह रहा हूं ना कि जो एलगेशंस लगते हैं. घड़ी के लगते हैं तो. वही तो पूछ रहा हूं। जवाब तो देना पड़ेगा।. करोड़ छापे हैं आपने।. अभी वो तो वही बताएंगे। [हंसी].
लेट देम लेट देम कम आउट।. [गहरी सांस लेने की आवाज़]. एक थ्योरी और. फॉरेन संपत्ति। यू नो दी काइंड ऑफ़ थिंग।. आई मीन आपको कभी-कभी स्टार्ट में बुरा. लगता है लेकिन बाद में इस चीजों की हंसी. आती है आपकी के आई मीन अगर यही चीज. प्रोडक्टिव चीजों में आरोप लगते तो बात. अलग होती लेकिन ठीक है ये एक आपका परिश्रम. है हमारे भगवान श्री राम ने भी 14 साल का. वनवास हम तो बहुत छोटे इंसान है बहुत छोटे. व्यक्ति हैं। स्ट्रगल किया उन्होंने. महाराणा प्रताप ने स्ट्रगल किया छत्रपति.
शिवाजी महाराज ने स्ट्रगल किया तो हम तो. बहुत छोटी चीज है। जब उन भगवानों ने किया. है तो फिर हम भी करेंगे।. एक थ्योरी सर और मार्केट में से उड़ाई गई. थी। अब सब पूछ ही रहा हूं मैं तो यही पूछ. लेता हूं कि किसी बड़े पॉलिटिशियन ने समीर. वानखेड़े से कहा था कि शाहरुख के लड़के को. पकड़ लो सारा काम हो जाएगा।. ऐसा मर्जी से नहीं किया था उन्होंने। वो. कोई एक नेता था।. देखिए ये ऐसा यू नो आई डोंट बिलीव इन सच. काइंड ऑफ़ थिंग। जो कुछ भी होता है एस पर. रूल्स होता है उसके बाद में जो कुछ भी यू.
नो गॉसिप्स चलती है उसके ऊपर कोई आई कैन. नॉट कंट्रोल दैट बट दीज़ थिंग्स आर नॉट द. राइट थिंग व्हाटएवर द केस इज़ व्हाटएवर द. फैक्ट इज़ स्टिल ट्रायल इज गोइंग ऑन इन दैट. केस माननीय न्यायालय एनडीपीएस कोर्ट में. ट्रायल हो रहा है. जैसे लोग थ्योरी में ऐड कर देते हैं कि. शाहरुख खान तब से मोदी जी के हर कार्यक्रम. का री पोस्ट कर देते हैं।. देखिए मैं उस बारे में कुछ टिप्पणी नहीं. करना चाहूंगा ये सब चीजों के बारे में।. ठीक है।. मैं बहुत छोटा आदमी हूं ये सब चीजों के. लिए बोलने के लिए बेसिकली।. कोई पॉलिटिकल एंबिशंस हैं आपके? देखिए.
आगे क्या होने वाला है शुभंकर जी कुछ नहीं. मालूम। नोबडी नोस एनीथिंग. अभी मैं पूछ रहा हूं। करंट आज. करंट करंट मैं हैप्पी हूं। बीइंग एन आईएएस. ऑफिसर सर्विंग द नेशन। आई एम वेरी हैप्पी. विथ दैट।. ख्याल आया मन में कभी? और और ये भी है कि अभी तो फिलहाल. यू नो आई डोंट वांट टू रन अवे और समथिंग. लाइक दैट। आई वांट टू बी देर। आई डोंट. वांट टू गिव यू नो कुछ लोगों को खुश नहीं. करना चाहता हूं क्विट करके आई एम देयर. स्टिल देयर स्टैंडिंग टॉल विद वि माय यू. नो गॉड्स ग्रेट्स एंड माताजी के आशीर्वाद.
से. तो उन्होंने कहा कि बाप बेटे को हाथ लगा. पहले बाप से मिलना आप कह रहे हैं माता जी. के आशीर्वाद से मैं अभी भी खड़ा हूं. तो अभी भी खड़ा और खड़ा रहूंगा मैं. इंटरेस्टिंग भारत में ईमानदार अफसरों की. सुरक्षा के लिए कानून जो है क्या वो कमजोर. है. क्योंकि मैं कई और अधिकारियों को जानता. हूं मैं आपके केस की बात नहीं कर कह रहा. हूं। कई ऐसे केसेस जो बहुत लो प्रोफाइल. केसेस हैं। मेरे कई मित्र हैं, अधिकारी. हैं। कुछ आईआरएस भी हैं जो ईमानदार हैं।. यह सवाल एक आम जनता के तौर पर मेरे मन में. कि जो ईमानदार ऑफिसर हैं, क्या उनको लेकर.
कानून थोड़ा कमजोर है कि उनको पेचीदगियों. में फंसा के उलझा दिया जाता है डीमोटिवेट. करने के लिए? देखिए ये सब पार्ट एंड पार्सल तो दिस इज. दी यू नो जो हज़ार्ड्स प्रोफेशनल हज़ार्ड्स. होते हैं।. हम. इसमें सबसे पहले आपका गुड फेथ काउंट होता. है कि आपकी मंशा क्या है? आपके इरादे क्या. हैं? हम्. अगर इरादे गलत है तो यू विल बी कॉट अप. इमीडिएटली यू बी कॉट अप आज काफी. ट्रांसपेरेंट हर चीज़ इंटरनेट सोशल मीडिया. आईटी रेवोल्यूशन देयर विल बी इज़ली कॉट अप. लेकिन अगर आपके इरादे ठीक है अगर आपसे. बोनोिफाइड मिस्टेक्स वगैरह कुछ हो जाती है.
तो तो सिस्टम इज़ वेरी स्ट्रांग टू. प्रोटेक्ट इनिशियली थोड़ी सबको स्ट्रगल. होती है यू हैव टू प्रूव योरसेल्फ एंड. इसमें कोई अधिकारी को बुरा भी नहीं मानना. चाहिए मुझे लगता है यू हैव साइन फॉर दोज़. काइंड ऑफ़ थिंग्स. एंड यू हैव टू बी रेडी फॉर ऑल काइंड ऑफ़. हज़र्ट्स सो लॉ है प्रावधान है 197 वगैरह. बहुत सारे सीआरपीसी, बीएनएसएस में, आईपीसी. में बहुत सारे प्रावधान है बेसिकली फॉर. प्रोटेक्शन ऑफ द ऑफिसेस। एंड सबसे पहले. जैसा मैंने आप कहा मेनी लीगल फोरम्स आर. आल्सो देयर।. एक कहानी और सर एक सवाल लोगों के मन में. आता है। ये आम लोगों का सवाल है कि समीर.
वानखेड़े अपने पद से कहीं ज्यादा बड़े हो. गए थे। इसलिए सिस्टम ने भी उनको साइड कर. दिया बाद में। साथ नहीं दिया उनका। अ. देखिए, अह अगेन, बड़ा होना, छोटा होना यह. सब कैसा यानी अ हाउ कैन आई कमेंट ऑन दिस. काइंड ऑफ़ थिंग? आप आपका काम कर रहे हैं. इरिस्पेक्टिव ऑफ़ एनीथिंग।. बट आपके जो सीनियर्स होंगे, आपके जो आसपास. के लोग होंगे, कभी किसी को रहा कि यार तुम. बहुत ज्यादा विज़िबल हो रहे हो। दैट्स नॉट. टू गुड फॉर जिस जो तुम्हारी जॉब प्रोफाइल. है, ये इतना शोरशराबा एक अधिकारी का सामने.
आता है।. तो फिर अगर ऐसा कोई सोचता है तो क्या. एक्सपेक्टेशन है? बैठ जाए, साइड में बैठ. जाए या फिर आंखें मूंद करके तो अगर अगर. कोई क्राइम हो रहा है, अगर कोई रॉन्ग. एक्टिविटी हो रहा है तो आंखें मुंद करके. बैठ।. किसी अधिकारी ने कभी ऐसे कुछ कहा आपसे? देखिए मैं कोई कमेंट कमेंट नहीं करना. चाहूंगा।. मैं मैं अदनाम नहीं पूछ रहा। मैं सिर्फ कह. रहा हूं कि कभी किसी ने समझाने की कोशिश. की? शुभांकर भाई मैं अभी भी एक सर्विंग. अधिकारी हूं तो फिर मैं ये सब कमेंट्स. नहीं कर सकता।. ठीक बात है।. मैं क्षमा चाहता हूं। आई आई मैं आई होप यू. अप्रिशिएट व्हाट आई एम से।. ठीक है। आई गॉट इट। आई गॉट इट। आपका साथ.
दिया था लोगों ने? आम जनता तो साथ में अभी भी है लगता है. मुझे और जब बच्चे आते हैं. हम. बच्चे बात करने की कोशिश करते हैं. पेरेंट्स आते हैं तो लगता है कि जो नॉर्मल. जनता है वो तो साथ में ही है और काफी. सपोर्ट भी करती है नशा मुक्ति अभियान को. बाकी के लोगों के बारे में कोई कमेंट नहीं. करना चाहूंगा मैं. मनमोहन जी का डायलॉग था मेरी खामोशी ने. हजारों जवाबों की लाज रख ली. ठीक है कुछ हाइपोथेटिकल क्वेश्चन सर रखे. थे मैंने ऐसे ही मान लीजिए कल को आप कहीं.
जा रहे हो एयरपोर्ट पे या कहीं जा रहे हो. शाहरुख भाई आपसे मिल जाते. क्या रिएक्शन होगा आपका? देखिए अभी हाइपोथेटिकली व्हाट शुड आई से. अबाउट दैट पर्सन? आई मीन इट्स नॉट दैटेंट. टू कमेंट अबाउट? ही सेड कि उस टेक्स्ट में लिखा था कि आपके. जैसे अपने बेटे को बनाना चाहते हैं वो जो. हमने पढ़ा था।. लेकिन लेट दी यू नो कोर्ट गिव एनी काइंड. ऑफ़ थिंग्स इन दिस। मैं उसमें कुछ नहीं. कहना चाहूंगा। और मैं ये चीजों कोेंस भी. दे. आप जब भी कहते हो कि असली हीरो को पहचानो।.
कौन होते हैं असली हीरो? जैसा मैंने आपसे. कहा है कि असली हीरो. कहीं ना कहीं शुभांकर जी मुझे यह लगता है. कि हमारा जो जेंजी है हम. कहीं ना कहीं वी आर कंफ्यूज्ड बिटवीन रियल. हीरोज़ एंड रियल हीरोज़ वी आर वी आर. कंफ्यूज्ड बच्चों को मैं पूछता हूं तो वो. कुछ यू नो दी इंडस्ट्रीज के नाम लेते हैं।. एक बच्चे ने तो कह दिया सर मेरा हीरो. पुष्पा है। यू नो दीज़ काइंड ऑफ़ थिंग्स बट. मैं झुकेगा नहीं सर। आई मीन दिस वाज़ कि. अगर उनको ये पूछा हीरोज़ साइमलटेनियसली मैं.
उनको ये भी पूछता हूं क्या आपने कभी. प्रीतिता वड्डेदार का नाम सुना है? नो. आपने कभी सूर्य सेन का नाम सुना है? नो।. आपने कभी भी चंद्रशेखर आजाद का नाम सुना. है? नो। आपने कभी अशफाक उल्ला खान का नाम. सुना है? नो। सो दिस वाज़ रियली सैड। दिस. इज़ रियली सैड। कि हमारे बच्चों को रियल. हीरोज़ में पता नहीं है और रियल हीरोज़ के. बारे में पता और रियल हीरोज़ मालूम नहीं. है। तो कहीं ना कहीं वी आर गोइंग रोंग. बेसिकली। व्हिच. दैट्स ट्रू। दैट्स हार्श रियलिटी। हां, यह. हार्श रियलिटी है। तो, रियल हीरोज़ को अब. यह जो नाम लिया, यह रियल हीरोज़ हैं।. कैप्टन विक्रम बतरा, कैप्टन अनुज अय्यर.
जिन्होंने 2 मिनट भी सोचते नहीं अपनी जान. देने के लिए राष्ट्र के लिए। सो, दीज़ आर द. रियल हीरोज़। तो हमारे बच्चों को इनको. जानना चाहिए तभी स्ट्रांग नेशन होगा। नहीं. तो अगर आप यू नो. भगवान बचाए फिर कहां जाएंगे अगर. ऐसे अनगिनत हीरोज़ हैं एक्चुअली हमारे पास।. अब्सोलुटली। ये तो थोड़े बहुत नाम लिया।. अभी हमारे ईशिका जी आई थी कारगिल पे हमने. एक शो किया था। उन्होंने नींबू साहब की. कहानी सुनाई। नागालैंड के एक ऑफिसर की. बिल्कुल. कि उनको पता था कि वो. जान जा सकती है बट वो नंगे पैर बर्फ पे. चढ़ के खड़ी पहाड़ी पे. और कितने जनों को उनका नाम पता है बताइए.
आपने मेंशन किया है अभी पडकास्ट में. मुझे सर मुझे नहीं पता थाइए. मुझे कारगिल के छह नाम पता थे जो. बड़े-बड़े नाम थे परमवीर चक्र वाले. बट उसमें भी जो सेकंड टाइटल में जिनको. अवार्ड मिला वो नहीं पता थे मुझे ये एक से. एक कहानियां थी मुझे लगा यार. धिकार है मेरे जीवन में मुझे नहीं पता सो. वी स्टार्टेड अ न्यू पेज विद हिस्ट्री बुक. कि हम अपने लोगों को हर वो कहानी बताएंगे. आएंगे ताकि आपको पता लगे।. नहीं आई एम सो हैप्पी कि एटलीस्ट आपके. पडकास्ट से इन लोगों के नाम जो रियल हीरोज़. हैं उनके नाम जा रहे हैं। एंड पीपल शुड. अप्रिशिएट एंड नो दैट बेसिकली हम लोग जो.
यू नो वी आर कंफ्यूजिंग एंटरटेनर्स विद. हीरोज़ बेसिकली।. हमारे यहां सही बात है। हमारे यही सब. फिल्म वाले नाम सबको पता है। वही. वो हीरोज़। हीरो मतलब वो. हम भारत में ड्रग्स की समस्या कितनी गहरी. है सर? अ. आप स्टैटिस्टिक्स देखेंगे 22% यूथ है. हमारा। पंजाब में आपने देखा कि हाउ इट. अफेक्टेड द यूथ स्मैक ने हेरोइन ने कितना. बॉर्डरिंग स्टेट है कितना अफेक्ट किया है।. मुंबई में अगर आप आज देखेंगे महाराष्ट्र. जैसे स्टेट में आप देखेंगे हर दिन.
बड़े-बड़े सीजर्स हो रहे हैं। हर दिन. एयरपोर्ट पे हाइड्रोपोनिक वीट के सीजर्स. हो रहे हैं बड़े-बड़े।. सो कुछ शत्रु राष्ट्र भी होते हैं जिनका. डेलीबेटली यूथ को यू नो एडिक्ट बनाने का. काम होता है। ट्रेड इतना गंदा है और इतना. प्रॉफिट है कि ये बेसिकली बहुत चैलेंजिंग. हो जाता है लॉ एनफोर्समेंट एजेंसी के लिए।. आज अगर इसको रोकेंगे नहीं इन फ्यूचर इट. विल बी अ वेरी बिग प्रॉब्लम। हमारी जनरेशन. भगवान की कृपा से वी एटलीस्ट नो व्हाट इज. राइट एंड रोंग। जो बच्चे आ रहे हैं जो. गलीबल है जो स्कूल और कॉलेजेस के बच्चे. हैं उनको पता नहीं और ये नॉर्मल फैट होते.
जा रहे हैं। एडिक्शन या लेट्स हैव अ. ड्रैग। लेट्स हैव अ स्मैक काइंड ऑफ़ थिंग।. यू नो। सो वी नीड टू स्टॉप इट। नहीं तो. थिंग्स विल बी वेरी बैड। बट क्या ये. कंट्रोल गवर्नमेंट लेवल पर होगा? आपके. लेवल पर होगा या केवल जागरूकता के लेवल पर. होगा? क्योंकि कई बार एक सवाल उठाते हैं. कि बिक क्यों रहा है? देखिए शुभांकर भाई दो चीजें इस इस चीज को. रोक सकती है। यू नीड टू हैव अ वेरी. होलिस्टिक अप्रोच इन दिस।. हम्म. लॉ इंप्लीमेंटेशन वेरी इफेक्टिव लॉ. इंप्लीमेंटेशन विदाउट लुकिंग एट द फेस. विदाउट लुकिंग एट दी प्रेशर्स। व्हाटएवर.
केसेस आर देयर यू बुक। यह नहीं देखेंगे कि. हम यू नो छोटा केस नहीं करेंगे। आगे बढ़ा. व्हाटएवर इज़ देयर मर्सलेस काइंड ऑफ़ लॉ. इंप्लीमेंटेशन बिकॉज़ ये एंटीनेशनल्स होते. हैं। नंबर वन इज़ दैट साइमलटेनियसली शुड. वर्क वि दी अवेयरनेस आल्सो। दोनों साथ में. चलना चाहिए। यहां पर बहुत सारे ऐसे केसेस. हैं कि उनको पता भी नहीं ड्रग कंसमशन. क्राइम है। दे आर कंफ्यूजिंग भांग विद. गांजा कि अरे हम तो महाशिवरात्रि में भांग. पीते हैं। कोई पकड़ता नहीं। गांजा में आप. पकड़ते हो। देनी. चिल्ड्रन कंजम्पशन भी एक क्राइम है।.
कंसमशन भी आपको एनडीपीएस के सेक्शन में. आपको 27 में आपको जेल हो सकती है एक साल. की। सो अवेयरनेस शुड आल्सो बी देयर अलोंग. विथ लॉ इंप्लीमेंटेशन तभी ये रुक सकता है।. क्या विदेश से भी ड्रग्स सप्लाई होते हैं. इंडिया में? शुभांकर भाई वेरी रेलेवेंट क्वेश्चन। टू. दो प्रकार के ड्रग्स होते हैं जो. अनफॉर्चूनेटली भारतवर्ष में भी इललीगली. बनते हैं। कुछ ऐसे प्रकार के ड्रग्स होते. हैं जो बाहर से इंडिया में आते हैं।. ड्रग्स लाइक कोकेन जो स्पेशली साउथ. अमेरिका में उगता है। ड्रग लाइक. हाइड्रोपोनिक वीड जहां पर ड्रग्स लीगलाइज़. है। जैसे कि थाईलैंड हो जाए, द नीदरलैंड्स.
हो जाए, कुछ स्टेट्स इन अमेरिका वहां से. ही आता है। ड्रग्स लाइक लिसर्जिक एसिड, एलएसजी ये बाहर से आता है। सो ये मोटा. हीरोइन सबसे बड़ा जो नारको टेररिज्म से. लिंक्ड है, यह अफगानिस्तान से आता है. इललीगली। सो ये बाहर से आता है। कुछ ऐसे. प्रकार के ड्रग्स हैं अनफॉर्चूनेटली. छुप-छुपा के हमारे भारत में भी बनते हैं।. जैसे कि मेफेड्रॉन है। जैसा कि. मेमफिटामाइन ये भी बनता है। ट्रेमेडोलिक. और एनआरएक्स मेडिसिन है। ये बनती है।. प्रीकर्स एफिड्रिन ये बनता है। चरस गांजा. तो सबको मालूम है कि इललीगली उगता है। तो. ये दो प्रकार के ड्रग्स हैं। तो हर जगह से.
अटैक हो रहा है। बेसिकली आ भी रहा है एंड. यहां पर भी हो रहा है। मैं नोएडा, दिल्ली, गुड़गांव में अपने कई दोस्तों को जानता. हूं जो जब डिप्रेस हुए और मैं उनसे मिलने. गया तो वो फूंक रहे थे।. तो कॉमन फैड होता है।. और मुझे ये रियलाइज हुआ कि ये इतना ईजीली. कैसे अवेलेबल है? अगर ये सब बैन है ट्रू।. उन्हें इजीली मिल रहा है।. वैरी ट्रू। विदाउट सिस्टम के इन्वॉल्वमेंट. क्या ये पॉसिबल है।. और देखिए ये जो. और ये बहुत आसान था क्योंकि वो नॉर्मल थे।. उन्होंने लाइफ में ट्राई नहीं किया था।. किसी का हार्ट ब्रेक हुआ था। किसी की.
नौकरी गई थी। किसी के परिवार में कुछ रात. थोड़ा सा किसी की जॉब गई। थोड़ा सा. डिप्रेसिंग फ आया। किसी दोस्त ने आदत. डलवाई। अब उन्हें पता है किसको पैसा देना. है और कहां से लेकर आना है।. अब वो हर हफ्ते मंगा रहे हैं। मैं उनसे. मिलने गया। उनकी आंखें देखकर, उनकी हालत. देखकर मुझे उलझन हो रही थी।. बिल्कुल। देखिए जितना आ रहा है जितना. डिटेक्शन होता है वो भी बड़े पैमाने पर. डिटेक्शन होता है। लेकिन अनफॉर्चुनेटली. देयर आर लॉट मेनी लूप होल्स आल्सो। यू नो. सब. ओपनली आई कैन नॉट यू नो शेयर बेसिकली कि.
क्या सिस्टम्स होते हैं कैसे होते हैं।. लेकिन अगर ये परिस्थिति है तो डेफिनेटली. कहीं ना कहीं यू नो लीकेजेस हैं जो पब्लिक. आम जनता के हाथ में आ रही है। लेकिन आई एम. श्योर अबाउट इट कोई भी एजेंसी हो नोबडी. विल टोलरेट ड्रग्स। बेसिकली इट इज़ सच अ. डर्टी क्राइम। आई वुड नॉट अग्री दैट के यू. नो कुछ कनाई वंस वगैरह होता है। कोई भी एक. नॉर्मल से नॉर्मल एजेंसी भी है, पुलिस भी. है। नोबडी विल टोलरेट ड्रग्स एटलीस्ट दिस. आई कैन टेल यू। बट अगेन अवेयरनेस का एक. इशू है कि लोगों को यह भी नहीं पता कि. किसको फोन करें, कहां अप्रोच करें। जनरली.
माइंड में एक टेंडेंसी होती है हां जी हम. तो जाते हैं लेकिन थाने से भगा देते हैं।. दीज़ काइंड ऑफ़ थिंग्स हैपन। लेकिन इसको. थोड़ा पर्स्यू कीजिए। देयर आर रेजिडेंट. एसोसिएशन दे आर सीनियर आईपीएस ऑफिसर्स।. काइंडली टॉक टू देम। देयर आर हेल्पलाइन. आल्सो जैसा 112 मुंबई पुलिस का नंबर होता. है। 1933 मिनिस्ट्री ऑफ़ होम अफेयर्स का एक. मानस हेल्पलाइन है। माननीय माननीय अमित. शाह जी ने इसको गृह मंत्री ने ओपन किया।. तो दिस पीपल शुड कॉल अप एंड टेल बेसिकली।. तभी ये सब चीजों का निवारण हो सकता है।. अवेयरनेस इजेंट है।. डार्क वेब और डिजिटल पैसे के दौर में ड्रग. सप्लाई को रोकना कितना मुश्किल है? देखिए.
जो डार्क वेब होता है एंड जो क्रिप्टो. करेंसीज ये दोनों अनहोली इन एक्सेस है।. यहां पर क्या होता है कि जो अनोनमिटी होती. है लॉट मेनी एक्सचेंजेस आर देयर जहां पर. केवाईसी नॉर्म्स नहीं चलते हैं।. हम. तो ये अनोनिमिटी उनको बेनिफिट होता है. क्योंकि बायर सेंडर दोनों को समझ में नहीं. आता है। लेकिन इनको ये नहीं शायद पता है. कि लॉट मेनी एजेंसीज आर वर्किंग ओवर टाइम. टू ओवरकम दीज़ काइंड ऑफ़ थिंग्स। वेरी. अनहोली नेक्सेस बट नाउ दैट इज़ अ फ्यूचर. एनिमी व्हाट दी एजेंसीज़ आर लर्किंग एट।. पहले तो ट्रेडिशनल एनिमी थे। यू नो चरस.
एंड गांजा। अभी इतने अलग-अलग प्रकार के. ड्रग्स आ रहे हैं। फॉरेन से आ रहे हैं।. कूरियर से आ रहे हैं। डार्क वेब के द्वारा. आ रहे हैं। सो इट इज़ अ बिग चैलेंज. बेसिकली। एंड आई थिंक ओके एवरीबडी इज़. इक्विप टू।. मैं अफगानिस्तान से लौट रहा था। मुझे याद. है मैं रिसेंटली अफगानिस्तान गया था. क्रिकेट कवर करने के लिए। तो हम वहां से. लौटे तो हमारा सामान रोक लिया गया। तो. मैंने कहा भाई सामान क्यों रोका गया? फिर. आधे घंटे बाद पता लगा कि हमारे बगल वाली. सीट पर जो आ रहे थे वो उसमें गाना छिपा कर. ला रहे थे।. दैट इज़ रियली सैड। दैट इज़ अब्सोलुटली सैड।. लेकिन आप शुभांग भाई देखेंगे आज के हर.
पेपर में हर दिन एयरपोर्ट पे वीड एंड ये. हीरोइन एवरीडे वर्चुअली इट इज बीइंग कॉट. सो अगर लोगों को पता है ये पकड़ जाएगा तो. वो लेकर क्यों आते हैं? डिमांड इतनी. ज्यादा है ना डिमांड इज़ टू मच बेसिकली हम. देश की जनता कितनी बहुत यू नो इट्स अ मोर. देन 140 काइंड ऑफ़ क्रोड़ तो द डिमांड इज़. आल्सो वैरी मच एंड इंडिया इज़ वन मोर. अनफॉर्चूनेट थिंग इज़ इट इज़ अ ट्रांजिट. पॉइंट आल्सो इट इज़ अ कंस्पशन पॉइंट आल्सो. एंड इनको प्रॉफिट भी इतना मिलता है। मैं. वो अमाउंट नहीं बोलूंगा बिकॉज़ आई डोंट. वांट टू एनकरेज दैट काइंड ऑफ़ रोंगों. थिंग्स। लेकिन इनको इललीगली प्रॉफिट भी.
इतना बनता है कि बनता है कि दे टेक चांसेस. ऑफ़ डूइंग दैट कि अगर पकड़े भी गए तो भी. एटलीस्ट इतना हमको प्रॉफिट मिलेगा। यू नो. तो इसलिए यहां से फ्लाइट पकड़ के जा रहे. हैं वहां से. दे डू दैट दे डू दैट यानी मनी इतना उनके. लिए ल्यूक्रेटिव होता है दे टेक चांसेस. लाइक दैट ये तो आपने सिर्फ ये देखा लॉट. मेनी केसेस हमने भी यू नो व्हेन आई वास एट. द एयरपोर्ट आल्सो एनसीबी या डीआरआई में भी. पीपल कंज्यूम कैप्सूल्स 100-100 कैप्सूल्स. इन यू नो 10-10 15-15 ग्राम की कैप्सूल्स. कोकेन या फिर होन दे कंज्यूम दैट और पेट. में लेके आते हैं ये इट इज़ सो डेंजरस के.
गॉड फॉरबिट अगर कोई भी वो कैप्सूल अगर. ब्लड स्ट्रीम एंटर हो जाए आपकी बॉडी भी. कोई स्ट्रीम में एंटर हो जाए। इमीडिएट डेथ. हो जाएगी आपकी। लेकिन फिर भी दे ट्राई टू. टेक चांसेस। उसके बाद में दे कम टू द सिटी. यू नो डकिंग दी काइंड ऑफ़ एजेंसीज और उसके. बाद में वो फिर यू नो पर्च करते हैं उसे. बाहर एंड देन दे सेल इट टू द मार्केट। तो. जो ड्रग कंज्यूम करते हैं उनको ये भी पता. चलना चाहिए वो कहां से आता है।. पॉट खा रहे हैं। [हंसी]. वेरी अनप्लेज़ेंट। ओके। जब आप एयरपोर्ट पे. थे, एयरपोर्ट वीडियोस बड़े मजेदार आते हैं.
कि लोग कितने क्रिएटिविटी से छिपा कर लाते. थे।. वेरी वेरी वेरी मच। सब दो तीन शॉकिंग बताओ. ना इंसिडेंट जो आपको बड़ा लगा हो यार यह. कैसे. अब्सोलुटली अह देखिए एक तो मुझे याद था कि. एक पैसेंजर. ही वाज़ कमिंग फ्रॉम मिडिल ईस्ट बेसिकली तो. पता चला कि कोई वेरी एंटीिक ज्वेलरी लेके. आने वाले हैं लेकिन पता नहीं कहां लेके. आने वाले हैं बैग चेक कर लिया सब चेक कर. लिया नथिंग वाज़ देयर बट सडनली हमारे साथ. में वो व्यक्ति बैठ के यू नो ही वाज़. एक्टिंग वैरी नॉन चैलेंट के नहीं भाई नहीं. जी मैं तो नॉर्मल हूं ही इज़ ईटिंग और मैं.
ब्रेकफास्ट कर रहा हूं तो मैं भी उसको. बिठा लिया कि आजा मेरे साथ में ब्रेकफास्ट. कर मॉर्निंग में रात से उसको इंटरसेप्ट. करके क्वेश्चनिंग कर रहे थे हम लोग. व्हेनएवर ही जब उसने खाना खाया तो देन. उसका पेट थोड़ा दर्द होना स्टार्ट हुआ एंड. देन ही सेड सर मुझे हॉस्पिटल लेके चलिए. मेरा पेट दर्द हो रहा है देन ही वाज़ नॉट. कमिंग अप वि द थिंग फाइनली ही अग्रेड सर. मेरे पेट में ज्वेलरी है बेसिकली मैंने खा. लिया उस ज्वेलरी को मुझे पॉटी जाना है. मुझे ज्वेलरी निकालना है एंड देन लगभग. अराउंड 50 लैक्स की वन ओनली वन पेंडेंट. वाज़ देयर बेसिकली व्हिच ही रिमूव्ड.
आउटसाइड सो दिस वन इट वाज़ अ वै फनी वन. व्हिच आई रिमेंबर सेकंड सेकंडली देयर वाज़. वन वेरी इंटरेस्टिंग इंसिडेंस के एयरप्लेन. में बेसिकली इंफॉर्मेशन थी केटामाइन की कि. एक व्यक्ति आने वाला है केटामाइन लेके. जाने वाला है मलेशिया में वी इंटरसेप्टेड. दैट ह्यूमन बीइंग उसके बैग के अंदर उसने. कंसील करके लेके गया तो एंड वी वर वेरी. हैप्पी कि हमने केस कर दिया है यू नो एक. बहुत बड़ा सेटिस्फेक्शन 15 किलो हमने. ड्रग्स पकड़ लिया है काइंड ऑफ़ थिंग बात. करते-करते बैग चेक करते-करते एक और. बोर्डिंग पास यू नो वी केम टू नो तो ये.
पूछा है किसका है बोलता है सर मेरे. पार्टनर का है पार्टनर का पार्टनर ऑलरेडी. प्लेन में बैठा है। प्लेन रनवे पे प्लेन. जा रहा है मलेशिया। एंड देन इट वाज़ अ. रिस्क बेसिकली यू आर अ डीसी देयर। एंड अगर. आपने प्लेन वापस बुला लिया टरबाइन फ्यूल. जाता है। एिएशंस में बहुत सारे. कॉम्प्लिकेशंस होते हैं। एटीसी में. कॉम्प्लिकेशंस होते हैं। एयरलाइंस सपोज. मान लो कि अगर वो व्यक्ति के पास ड्रग्स. नहीं हो। आप तो वानखेड़े साहब घर पे बैठ. जाएंगे सस्पेंड हो जाएंगे आप फिर। वो. रिस्क होता है आपका। लेकिन अभी जब इनेशन.
है आई टू अ कॉल कॉल दी फ्लाइट बैक।. वापस बुलवा लिया आपने प्लेन। वापस बुला. लिया प्लेन को। लैंड हो गया।. क्या गालियां दी होंगी लोगों ने? बट अब शुभांकर भाई यू वोंट बिलीव मैं जब. अंदर गया उसको वह पैसेंजर व्यक्ति को लेने. के लिए तो जब उसको स्टार्ट आप क्वेश्चन. करते हैं कि आपका नाम क्या है? आप वेरी. पोलाइटली यू हैव टू बी के असली पैसेंजर भी. हो सकता है। ही स्टार्टेड टॉकिंग इन सच. नाइस इंग्लिश के मेरे अधिकारी भी बात नहीं. कर रहे थे। तो मैं मुझे खुद को डाउट हुआ. कि यार यह गलत हो गया आज वानखेड़े आप घर. जाने वाले हो। मैंने उसको प्रोफेशन पूछा. आपका प्रोफेशन ही टेलिंग आई एम एन.
इंजीनियर। बोला कंप्लीट नाउ तो पक्का यू. आर गॉन। इधर देन देन आई आस्क हिम कि आपके. पिताजी क्या करते हैं? माय फादर इज. वर्किंग एज अ सीनियर ब्यूरोक्रेट इन. तमिलनाडु। तो ब्यूरोक्रेट का बेटा. इंजीनियर टॉकिंग इंग्लिश गोइंग टू. मलेशिया। देयर इज़ नो चांस। बट एनीवे अभी. चांस ले लिया आपने प्लेन बुला लिया एंड. इनेशन है। देन वी टूक हिम आउट।. फॉर्चूनेटली महाकाल की कृपा से मेरी माता. की कृपा से ड्रग्स निकल गए वहां से। कहां. रखा था उसने ड्रग? अगेन बैक के अंदर ही. हैज़ अह यू नो अह सी सिया था उसने एंड.
फॉल्स बॉटम बैक के अंदर बनाया।. तो ये कैसे निकल जाता है वो तो आप चेक. करते हो जाते वक्त।. देखिए कभी-कभी क्या होता है कि डिपार्चर. में कस्टम्स बहुत लिमिटेड इंटरवेंशन होता. है क्योंकि देश के बाहर चीजें जाती है तो. उस समय आई डोंट नो दी प्रोसीजर बिकॉज़ आई. एम नॉट इन कस्टम्स नाउ। तो जब मेरे समय वो. वो जो एयरपोर्ट के जो यू नो हुएवर इज़. लुकिंग आफ्टर आफ्टर दी एयरपोर्ट एनी. प्राइवेट कंपनी हो कोई भी हो। सो वो. स्क्रीनिंग करते हैं जाते समय। हमारा. कंसर्न होता है कि एनीथिंग जो ड्यूटेबल.
चीजें हो जो कॉन्ट्राबैंड हो आए नहीं देश. में तो कस्टम का ज्यादा वहां पर फोकस. बेसिकली होता है। तो ये चीजें जा रही थी. बेसिकली तो एंड बाकी का बीएसएम मशीनंस भी. जो होती है दे यू नो ऑर्गेनिक के लिए उसके. लिए आपको एक स्पेशलाइजेशन होना चाहिए. ऑर्गेनिक मटेरियल्स को आइडेंटिफाई करने के. लिए। तो पता नहीं मुझे कि शायद कोई यू नो. स्टाफ वगैरह से वो छूट गया होगा। लेकिन. इनफॉर्मेशन आई तो एंड देन ड्रग वाज़. उस दिन आपको सस्पेंशन हो सकता था।. बच गया। [हंसी]. मैंने एक जेलर साहब का इंटरव्यू लिया. दिल्ली के। राइट।. तो उन्होंने कहा कि हमारे यहां जो. नाइजीरियन जेल में होते थे वो अपने बम में.
मोबाइल फोन छिपा के लाते हैं।. अब्सोलुटली।. ऐसे भी केसेस होते हैं।. देखिए. ये नाइजीरियन पैसेंजर्स नहीं थे। बेसिकली. वो तो खा लेते हैं। कैप्सूल्स खा लेते हैं. जो अफ्रीकन ओरिजिन के पैसेंजर्स होते हैं. कुछ-कुछ। लेकिन कुछ कंट्रीज के ऐसे भी. पैसेंजर होते हैं। नाम नहीं लेना चाहूंगा. उन कंट्रीज के। हु आर स्पेशलाइज इन. ब्रिंगिंग गोल्ड थ्रू रेक्टम कंसीलमेंट।. जो बॉडी कैविटीज होती है उसमें यह गोल्ड. डालते हैं एंड देन दे ब्रिंग टू दी कंट्री.
सो दैट उनको यह लगता है कि डिटेक्ट नहीं. हो जाएगा एंड व्हिच इज वेरी डेंजरस यू नो. एक-ए किलो ये लोग लेके आते हैं वन वन केजी. कैन यू इमेजिन दैट इट इज़ सो डेंजरस रप्चर. हो सकता है तकलीफ हो सकती है आप जगह पे यू. नो यू कैन हैव प्रॉब्लम लेकिन प्रॉफिट. इतना है दे टेंड टू डू दैट. आप लोग ये सारी इनफेशन आपको पता लगती है. आपके भी सोर्सेस अच्छे होंगे. देखिए शुभांकर भाई यू नो बहुत दिन. इंटेलिजेंस में ही काम किया तो वो एक. नेटवर्क हो जाता है आपका वो भी पता चल. जाता है। देन सेकंडली देयर इज़ समथिंग.
कॉल्ड एस कि बार-बार आप काम करते हो एक. नेक भी हो जाता है आपका कि व्यक्ति के. चलने के यू नो भाव कुछ अलग है एंड. स्वेटिंग हो रही है। ही इज़ बिहेविंग लॉट. मेनी पैरामीटर्स आर देयर बेसिकली कुछ. टेक्निकल सपोर्ट्स भी होते हैं। एंड बाकी. का इनेशन नेटवर्क भी होता है आपका।. मान लो यहां से मैं विदेश जा रहा हूं। मैं. दुबई जा रहा हूं, इंग्लैंड जा रहा हूं या. यूएस जा रहा हूं।. मैं क्या ऐसा लिया हूं जो आप पकड़ोगे. नहीं? देखिए जैसा मैंने कहा कि अभी मैं फिलहाल. कस्टम्स में नहीं लेकिन अभी बजट में जैसा.
नॉर्मल में हम लोग. सपोज करो मैं एक एग्जांपल समझने की कोशिश. करता हूं।. देखिए देयर इज़ अ कांसेप्ट कॉल्ड एज फ्री. अलाउंस बेसिकली कि उस अलाउंस जो आपको भारत. सरकार ने निश्चित किया है। तो उस अलाउंस. में आप कितने कुछ भी ला सकते हो। जैसा अभी. 75000 मैंने बजट में पढ़ा है अभी 75000. हैज़ बीन यू नो डिक्लेयर्ड। तो विद इन दैट. अमाउंट यू कैन ब्रिंग एनीथिंग बेसिकली।. मैं इससे ही सवाल पूछता हूं कि मान लीजिए. मैं इंग्लैंड जाता हूं या यूके जाता हूं. या दुबई जाता हूं।. और मैं वहां से एक मोबाइल फोन लेता हूं।. iPhone, एक आईपैड लेता हूं, एक MacBook.
Pro लेता हूं।. और मैं तीनों के डब्बे फेंक देता हूं।. हां।. उसको ओपन करता हूं। कवर लगा के और बैग में. रख के वापस आता हूं। आप पकड़ पाओगे।. बट इफ इट इज़ नॉट मेनी टाइम्स इट हैपेंस।. इफ इफ इफ इट इज असर्टेन गेट इज़ न्यू. ड्यूटी विल बी चार्ज ऑन दैट। पर्सनल अगर. आपका इफेक्ट होगा, यूज़ इफेक्ट होगा तो. उसमें कुछ क्राइटेरियास होते हैं जो फ्री. अलाउंस में आ जाते हैं। लेकिन अगर नया है. और आपके अलाउंस को एक्सीड कर रहा है देन. ड्यूटी चार्ज होता है।. बट वो कैसे पता लगेगा? जैसे जाते हो तब. जाते वक्त ले गया हूं मैं। मैं मैं कह. दूंगा मैं इंडिया।. नहीं सी देयर इज़ समथिंग कॉल्ड एज. एक्सपोर्ट सर्टिफिकेट आल्सो। कि आप जाते.
समय डिक्लेअर भी करते हैं। देयर इज़ समथिंग. कॉल्ड एस एक्सपोर्ट सर्टिफिकेट। उस समय था. जब मैं एयरपोर्ट पे कार्यरत था। सेकंडली. आप मॉडल देख के या फिर मेक देख के या फिर. इनिशियल असेसमेंट करके आप तो जान लेते इट. इज़ न्यू ईयर ओल्ड। हालांकि मैं अभी जो. इमरान हाशमी वाली मूवी देख रहा था उसमें. बड़ा अच्छा डायलॉग था कि जो लोग यहां पर. होशियारी करते हैं ये सबसे शार्प ब्रेन. होते हैं। अगर यह देश के भले के लिए लगा. दी जाए. तो ये हजारों लाखों तरीके यूज़ कर सकते. हैं।. अब्सोलुटली बट इट इज यू राइटली सेड कि वो. बॉक्स वगैरह कूरियर से भेजते हैं। बॉक्स. को फेंक देते हैं। यू नो टैग्स निकाल बहुत.
सारे केसेस लेकिन डे टू डे बेसिस पे होते. हैं ऐसे।. कोई अनहा दर्द है जिसे आप छुपाते हो कभी. लाइफ में मुस्कुराहट के पीछे। नहीं, कोई. ऐसी कोई चीज़ नहीं है अह के कोई यू नो इतना. कमजोर भी नहीं हूं कि कोई दर्द झेल लूं या. कुछ वो करूं। नो नथिंग लाइक दैट।. ओके। मैं कुछ रैपिड फायर मैंने रखे हैं. आपके लिए।. बिल्कुल।. अ अगर भविष्य में आपकी लाइफ पर कोई फिल्म. बनती है। क्या नाम दोगे उस फिल्म का? पहली बात है कि ना देखूंगा ना इंटरेस्टेड. हूं ये सब चीजों के बारे में। तो कोई.
रुसूक या कोई सुख नहीं है ये सब चीजों के. बारे में।. ओके। समीर वानखेड़े की कहानी का असली. विलेन कौन? नवाब मलिक, शाहरुख खान या सड़ा हुआ सिस्टम।. नो नो नो नॉटेंट ये सब आपका सीरियस. इंटरव्यू में ऐसे नॉन सीरियस चीजों के. बारे में बात नहीं करना चाहता हूं।. लाइफ का मोटो क्या रहा आपका? अ राष्ट्र सेवा करना और एक अच्छा बेटा. बनना, अच्छा पति बनना, अच्छा पिताजी बनना।. कभी डर लगता है कि इतिहास आपको एक ईमानदार. योद्धा के बजाय एक विवादित अफसर के तौर पर.
भी कर सकता है।. नॉट नॉट बोदर्ड। मैं यहां पर किसी को खुश. करने नहीं आया। अपनी ड्यूटी करने आया हूं. और सिर्फ और सिर्फ राष्ट्रीय सेवा करने. आया हूं।. ओके। [गहरी सांस लेने की आवाज़]. आपका न्याय असली बाकी है अभी? [नाक से की जाने वाली आवाज़]. लड़ाई बाकी है। अभी अ वेट करेंगे आउटकम. का।. क्या सीखा इस पूरे दौर में? सीखा। आई मीन इट इज़ दी थिंग्स आर. एक्सपेक्टेड। जैसा मैंने आपको स्टार्ट में. ही कहा है कि ये सब चीजों का जब आप.
ईमानदारी से काम करेंगे या फिर आप यू नो. ट्राई टू इंप्लीमेंट द लॉ। संविधान को आप. इंप्लीमेंट करोगे तो ये सब दिक्कतें आती. है। ये सब यू नो सच काइंड ऑफ़ जो. एंटीसोशियल एलिमेंट्स हैं दे ट्राई टू. क्रिएट प्रॉब्लम।. बट जैसे बहुत सारे अधिकारी हैं जो. ईमानदारी से काम कर रहे हैं। वो इतने. चर्चित विवादित नहीं हुए।. नॉट नेसेसरी नॉट नेसेसरी कि मीडिया ने कवर. नहीं किया है। या मीडिया ने बताया नहीं. होगा। लेकिन हर एक अधिकारी या फिर हर एक. व्यक्ति का अपने-अपने स्ट्रगल होते हैं।. कोई अलग वे में यू नो इसे डील करने की. अलग-अलग लोगों की.
मैं एक आखरी क्वेश्चन पूछ लेता हूं। ये. मुझसे लोगों ने कहा था आप इसको कुछ और डक. कर सकते हो। तो एक क्वेश्चन किसी ने एक. फैन ग्रुप ने मुझे डाला था कि समीर. वानखेड़े जी का मैं फैन हूं। बट मैं फैन. उधर भी हूं।. ओके।. उस तरफ भी मैं फैन हूं और समीर जी का भी. मैं फैन हूं। और ऐसे लोग हो सकते हैं. ऑब्वियसली। तो उसने मुझसे कहा ये पूछिएगा. कि समीर वानखेड़े ने आर्यन खान को फेमस. किया या शाहरुख खान ने समीर वानखेड़े को. फेमस कर दिया। [हंसी]. दैट वैरी इंटरेस्टिंग।. ये लास्ट का क्वेश्चन सबसे डिफिकल्ट. क्वेश्चन है आपका। अ आई डोंट अंडरस्टैंड।.
मुझे पता नहीं कि इसका जवाब मैं कैसे दूं।. लेकिन जिसने जिसको फेमस किया है ठीक है।. मेरी शुभकामनाएं उनके साथ में। मंशा तो. नहीं थी ये सब चीजें। यू नो सो कॉल्ड फेमस. फेमस ये सब होने की व्हिच इज नेवर एनी एनी. सिविल सर्वेंट का इंटेंशन लेकिन जो है है. परिस्थिति है। है ठीक है। आई आई वेलकम दैट. व्हाटएवर इट इज।. शाहरुख का एक फिल्म का डायलॉग है कि. पिक्चर अभी बाकी है मेरे दोस्त।. मैं डायलॉग नहीं करता हूं। मैं डायलॉग. करने में बिलीव नहीं करता हूं। कार्य करने. में बिलीव करता हूं।.
पिक्चर बाकी है लेकिन अभी. समय बताएगा।. थैंक यू सो मच समीर जी।. थैंक यू। थैंक यू।. बहुत खुशी हुई मुझे कि आपने हर एक सवाल को. बेबाकी से लिया। हमारी कोशिश थी आपके अंदर. एक इंसान को समझने की। उस विवाद के. साथ-साथ आपके जो अच्छे कार्य हैं उनको. जनता तक पहुंचाने की और सिस्टम को भी. समझने की। कोई मैसेज अगर आप देना चाहे तो. आप दे सकते हैं। लोगों. दो दो मैसेज जरूर देना चाहूंगा मैं के यू. नो बहुत यंगस्टर्स बहुत बच्चे आपके शो को. देखते हैं, पॉडकास्ट को देखते हैं। तो दो.
मेरे सबसे इंपॉर्टेंट मैसेज हैं कि एक तो. है से नो टू ड्रग्स इन यस टू लाइफ।. ड्रग्स जो है हमारा जो शरीर होता है एक. मंदिर की तरह पावन होता है। हम एक मोबाइल. फोन भी लेते हैं उस पे भी कवर लगाते हैं।. तो हमारे शरीर का हम क्यों नहीं ख्याल. रखते हैं? एक फॉरेन गंदी चीज है तो उस उसे. अवॉइड कीजिए। आप शरीर को भी नुकसान नहीं. कर रहे। राष्ट्र को भी नुकसान कर रहे हैं।. यही पैसे से नारको टेररिज्म जैसा आपने. सुना है। यही पैसे से देश के खिलाफ. गतिविधि करने में काम आता है। सो स्टे अवे. फ्रॉम ड्रग दैट इज़ नंबर वन। सेकंडली अगेन.
आई वुड रिटायर इट। काइंडली अंडरस्टैंड एंड. डिफरेंशिएट बिटवीन रियल हीरोज़ एंड रियल. हीरोज़।. नो यू आर रियल हीरोज़।. अब्सोलुटली. वरशिप देम।. वरशिप देम, फॉलो देम, एमुलेट देम।. लवली। आई होप कि ये सबको समझ में आया और. इसमें जो हमारी भूमिका हो सकती है वो हम. भी करेंगे क्योंकि हमने भी बीते कुछ समय. में सीखा कि हम भी रियल हीरोज़ पे ज्यादा. फोकस कर रहे थे। रियल वालों को भी नई. पीढ़ी तक पहुंचाना है तो उनका जिक्र करना. पड़ेगा। वरना किसी को याद ही नहीं रहेगा।. बिल्कुल।. और हजारों ऐसे लोग हैं जिन्होंने इस देश. के लिए अपनी जान दे दी। ट्रू.
बिना ये सोचे समझे कि उनके परिवार का क्या. होगा? क्या होगा? बहुत बड़ी बात है सर।. बहुत बढ़िया। आज भी लैंग्वेज बेचारे करते. हैं। बिना बिना फादर के बिना पिता के। आज. भी स्ट्रगल कर. आप विक्रम बत्रा का जिक्र कर रहे थे। वो. अपना लड़ाई जीत चुके थे। जबरदस्ती वो गए. थे दोबारा। देश की लड़ना था। मैं नींबू. साहब का जिक्र. नींबू साहब का जिक्र करता था मैं।. बिल्कुल।. उनको जब गोलियां लगी तो शरीर हवा में उछल. गया था। इतनी गोलियां मारी।. लेकिन उसके पहले पूरी चौकी तबाह कर दी।. और आज जानते भी नहीं है मुझे।. नोबडी नोस।. सही।. हम नागालैंड वालों को इंडिया में मजाक. उड़ाते हैं कई बार। नॉर्थ इंडिया में लोग.
बिल्कुल. वहां से एक ऑफिसर आता है और वो आकर अपनी. छुरी लेकर जाता है। जब वो कहानी आए पढ़ना. शुरू किया मैंने वो बर्फ की चट्टान थी ठंड. के मयों में तो उस पे शूज से चढ़ नहीं पा. रहे थे क्योंकि पता ही लगा था तो उन्होंने. शूज उतारे क्योंकि शू से ग्रिप नंगे पैर. उस पे चढ़ाई की उन्होंने. और उस इंसान के बारे में हम नहीं जानते. थे। ऐसे कितने अनगिनत. सो आई रिक्वेस्ट यू शुभांकर जी काइंडली. स्प्रेड दिस काइंड ऑफ बिकॉज़ आपका रीच भी. अच्छा है। लोग आपको फॉलो करते हैं। सो ये.
रियल हीरोज़ के बारे में लोगों को बताएं।. रिक्वेस्ट है आपसे।. हम करना चाहेंगे और जितना पहुंचा सके। हम. खुद भी सीखना चाहेंगे वहां तक पहुंचाना. चाहेंगे ताकि कुछ भी अगर लोगों को समझ में. आता है लोग समझते हैं जैसे शिवाजी को हम. सब जानते हैं इतनी इंस्पिरेशन लेते हैं. भगत सिंह चंद्रशेखर आजाद और बहुत सारे. हमारे हीरोज़ हैं सो आई थिंक नई पीढ़ी को. जागरूक करना जरूरी है क्योंकि किसी ने. बड़ी अच्छी बात कही थी कि जो लोग अपनी. संस्कृति को नहीं समझते हैं. अपने इतिहास को गौरव की तरह लाते हैं उनका. भविष्य अंधकार में होता है।. हम बाहर इंस्पिरेशन ढूंढते हैं। विदेशी. इंस्पिरेशन ढूंढते हैं। हमारे यहां ही.
रियल हीरोज़ हैं देश में।. हजारों करोड़ों।. बिल्कुल।. थैंक यू सो मच सर। थैंक यू वेरी मच. शुभांकर भाई। थैंक यू।.
