Unplugged ft. Nawazuddin Siddiqui | Early Life | Gangs of Wasseypur | Manjhi | Rautu Ka Raaz| ZEE5
मैं 15 मिनट तक अपनी सांस रोक सकता हूं. मौत को छू के टक से वापस आ सकता हूं क्या. चाहिए औरत. को वैसे ये तो निजी जिंदगी में वेट कर. जाता हो कई बार तो हम इतना प्यार करते हैं. इतना चाहते हैं इतना चाहते हैं इतना चाहते. हैं इतना चाहते हैं सीना चीर के दिखलाए. बजरंगबली जैसा फिल्मों में रिजेक्शन. ज्यादा मिला या मोहब्बत में रिजेक्शन. दोनों जगहो से. रिजेक्शन बड़ा बुरा लगता होगा नहीं नहीं. क्या बुरा लगेगा हम तो यूज टू. है सारी चीजें कुद कुरेद के पूछोगे क्या. होता है प्यारे.
अच्छा लगता हैको. सॉफ्ट सक्रेट गेम्स के पीछे क्या भरा था. जो अने साइन कर द नहीं नहीं मैं हा अच्छा. उस वाली बात कह रहे हो. आप स बता इस लगा देंगे. प्यारी इंडियन टीम कैप्टन कौन नो मुझे. नहीं मालूम अभी इस वक्त मुझे नहीं मालूम. विराट कोहली एम एस धोनी का पूरा नाम क्या. है माही.
क कि यार आपने सूरज को चैलेंज दे दिया आज. पूरा भारत जो है वो तप रहा है अब वो कह. रहे अपने यार को हसवा दीजिए कम से कम. थोड़ा बारिश बारिश हो जाए अरे गायब हो ग. क्या बता सबका कटता. है नवाजुद्दीन सक्सेसफुल है पैसा कितना. जरूरी है मुझे नहीं लगता प कोई कोई मायने. रखता मेरी लाइफ में मैंने प्रूव भी किया. एक आपने फिल्म की थी माउंटेन मैन नवाज भाई. ने कमिटमेंट कर दी थी उस टाइम अगर ये. फिल्म बन रही है इसमें से कुछ परसेंट जो. है वो मैं उनकी फैमिली को डोनेट कर.
तो उनको अब याद दिला दीजिएगा कि सर अभी भी. वो फैमिली थोड़ी बदहाल है अगर आप आवाज. उठाएंगे तो शायद उनके अच्छे दिन आ राजपाल. यादव को आपने फोन बूथ बना रखा था चंट थे. आप मजा आता था राजपाल को परेशान करने में. बॉलीवुड में हिंदू मुसलमान होता है आपने. कभी एज मुस्लिम होने का नुकसान झेला मेरा. देश भाई बहुत खूबसूरत है तीनों बड़े खांस. के साथ फिल्में की है हम सबसे बेहतरीन. एक्टर कौन है मैंने सुना कि आपके गांव में. लोग बड़ी शिकायत करें तुम पिटक आते हो यार. हर पिक्चर में नाक कटवा के बैठे हो यार. तुम हां गैंग वासप होनी थी जिसम मैंने सब. की पिटाई की.
जब मैं गया तो फादर को वो पूरा कॉलेज. बर्बाद कर दिया. आप जिंदगी में इतनी शिद्दत से निभाओ तुम. अपना किरदार कि पर्दा गिरने के बाद भी. तालियां बजती रहे देखिए लाइन अब पुरानी हो. गई है आज जो शख्स हमारे साथ है जब वो. किरदार निभाते तो लोग कहते. हैं नवाजुद्दीन सिद्दीकी साहब बहुत बहुत. स्वागत है आपका थैंक यू वेरी मच लोगों ने. हमसे कहा कि इंटरव्यू शुरू करने से पहले. एक बार पूछ लीजिएगा क्या परमिशन दे रहे. हैं ना.
एक सवाल हमसे बहुत लोग आज जब हम यहां आ. रहे थे आपसे इंटरव्यू करने के लिए लोगों. ने कहा कि नवाज साहब से एक बड़ी शिकायत है. सबको गहरी शिकायत है क्या शिकायत है लोग. कहे कि यार आपने सूरज को चैलेंज दे दिया. आज पूरा भारत जो है वो तप रहा है अब वो कह. रहे हैं कि यार अपने यार को हसवा दीजिए कम. से कम थोड़ा बारिश बारिश हो जाए हम तो इसी. में बैठे हैं बाहर लोग तप रहे हैं सर आग. में झुलस रहे हैं सर यार ही गायब हो गए अब. क्या बताए सबका कटता है.
ये बात तो है इस उम्र में भी कटता है हां. हां हर दम पर हर कदम कटता है दिल है बच्चा. आपका अच्छा बड़ा मुझे कई बार हैरानी होती. है मैं अभी मैंने भी जिक्र भी किया था कि. मैं 1999 में की सरफरोश देख रहा था और. सरफरोश में एक लड़का. जो आधा नंगा खड़ा है पुलिस उसे मार रही है. वहां से मैं जब देखता हूं सूट बूट टाई. लगाकर बाल एकदम स्टाइल स्मार्टनेस और लगता.
हैर दम तो था लड़के में भीड़ का हिस्सा था. और अब भीड़ पीछे है आपने सोचा स वाकई में. सोचा था कि यार यहां तक पहुंच जाएंगे. रुतबा ये स्टाइल ये स्वैग क्योंकि उसको. देखकर यकीन मानिए हमको अभी भी नहीं लगा कि. यार उसमें इतना दम. था मैंने कभी सोचा भी नहीं था और ना मेरा. ड्रीम. था ऐसा बनने. का मेरा था कि भाई काम करते रहेंगे. सर्वाइवल के लिए हमारा तो सर्वाइवल.
फिटेस्ट वाला था हमारा य सरवाइव करते ना. काफी इतना काफी था बहुत सारे ड्रीम लेके. भी नहीं आए थे क्योंकि जब भी जब जब भी. ड्रीम या देखा तभी सामने जो है ना सामने. खड़े होने. वाले चंद दोस्तों ने ही मतलब डी मोरलाइज. कर दिया कि अरे यार क्या शक्ल तो देख ले. इस तरह होता था तो वो ड्रीम छोड़ दिया यह. था कि क्योंकि थिएटर किया हुआ था ट्रेनिंग. थी तो हमेशा यह लगता रहा कि भाई मुंबई जाक. अपना सर्वाइवल करते रहे सवा ल होता रहे.
उतना काफी है और थिएटर करते रहेंगे कई. फिल्मों में सीरियल में फिल्म में तो सोचा. ही नहीं था सीरियल में कहीं इका दुक्का. रोल मिल गया तब उस वक्त प हकीकत अग्नि. चक्र और इस तरह के सीरियल आते थे उनमें एक. एक दो दो एपिसोड में मिल जाता था उतना. करके खुश थे मतलब शिकायत नहीं थी किसी भी. चीज से नहीं मेरे मन में बारबार यह थॉट. आता है बात मैं इसलिए भी कह रहा हूं. क्योंकि ये कहते जब अच्छा टाइम चलता है. दुनिया आपको देखने का नजरिया बदल देती है. जैसे मैं आपकी फिल्में देखता हूं फरोश में.
आधा नंग करके पीटा गया शूल में वेटर आपको. बना दिया गया मुन्ना भाई में जेब कतरा. बनाया गया अब देख रहे हैं पिक्चर आ रही है. तो उसमें बढ़िया चश्मा लगा के गोगल्स लगे. हैं किक में विलन भी बने तो गेटअप अलग था. इंस्पेक्टर का रोल मिल रहा है लोग पहले. कहते अे शक्ल देखे हो अपनी तुम में तो. रईसी दिखाई नहीं पड़ती है हा तो सफलता बदल. देती है क्या बदल देता है क्योंकि आप. लीडिंग एक्टर आप और उस जमाने में शायद. किसी ने एक्सपेक्ट भी नहीं कि कि ये आदमी. लीड हो सकता है इस पर पैसा लग सकता है. लेकिन अब लगा रहे हैं लोग दबा के लगा रहे. हैं.
हा तो क्या बदल देता है ये आदमी तो वही है. ना आदमी वही है लेकिन उस वक्त में शायद. आदमी लोग पहचान नहीं पाते थे लेकिन कुवत. तो थी तब भी बट शक्ल से नहीं दिखती. थी मुझे इस बात का बहुत पहले अंदाजा हो. गया था मेरी सूरज शकल जो है इस पर ध्यान. मत देना अच्छी बात यह हुई मेरे सामने कि. मैंने कभी इस चीज पर ध्यान ही नहीं दिया. कि मेरी सूरत मैं मैं गुड लुकिंग हूं या. कैसा हूं क्योंकि पहले से इतना डेमोरलाइज.
कर दिया गया था ना तो मैंने अपने क्राफ्ट. पे काम पे इस पे ज्यादा फोकस रखा और शायद. यही वजह भी थी कि जिस उसी वजह से काम. मिलता भी चला गया अगर मैं थोड़ा सा यह. सोचता कि मैं मैं थोड़ा खूबसूरत हूं जो. मैं नहीं नहीं हूं है ना माशाल्लाह बड़े. स्मार्ट लग र नहीं नहीं सर मैं इसमें मैं. बहुत पहले से अब कहने से कोई फायदा नहीं. होगा है ना क्यों मैं मान चुका हूं हम तो. अच्छी बात यह हुई कि उस उस चीज ने ना मेरे. को काम पर फोकस रखा हमेशा मेरा कि यही काम. काम से ना काम मिलेगा मुझे अगर मैं अपना.
काम अच्छा करूंगा तो काम मिलेगा नहीं तो. नहीं तो थैंक गॉड मैं इधर उधर बिगड़ा नहीं. या बर्बाद नहीं हुआ शक्ल को लेके कि मैं. बहुत खूबसूरत दिखता हूं आप ही की लाइन थी. कि चेहरा क्रीम पाउडर से नहीं काबिलियत से. चमकता है कहीं सुना था मैंने लेकिन अब. चेहरा चमक रहा है अच्छा च मेकअप है पैसा. सर दिखाता है मेकअप है. वो लोगों ने कहा लेकिन पैसा आए तो गुरु. हुलिया बदल जाता है मम्मी कहती है मम्मी. को तो इसलिए देखो मैं गर्मी में भी ये कोट. ट पहन के बैठा हूं हालाकि यहां तो ठंड है. हां ऐसे वैसे चल रहा है लेकिन ये जो मैं.
कपड़े पहनता हूं मेरी मां को बहुत अच्छे. लगते हैं मैंने सुना कि आपके गांव में लोग. बड़ी शिकायत कर तुम पिट कर आते हो या हर. पिक्चर में हां नाक कटवा के बैठे हो यार. तुम मम्मी कहती थी क्या तुम हर बार मर. जाते हो चोर चक्के बने हो कहीं लंगड़ा के. घूम रहे हो कहीं चड्डी बेच रहे हो हा य. उनको बड़ा गुस्सा आता था मेरे फादर को. ज्यादा गुस्सा आता था एक्चुअली जब मैं रोल. करके जाता था गांव में अपने अच्छा वो. वेस्टर्न यूपी का गांव है वहां पर तो सब. लोग मतलब ऐसे कि फाड़ दो तोड़ दो टाइप में. ऐसा दिमाग में रहता था उस दौरान तो मैं जब.
जाता तो फादर बोलते थे क्या यार बेइज्जती. करवा रहा है पूरा गांव आके मेरे को बोलता. है कि तेरा बच्चा पेट रहा है ये पिटने. वाले रोल मत किया कर तो मैंने कहा तो. फिल्म में है बट हां यहां तो बेइज्जत ही. करते हैं. ना तो यह बात मेरे को लग गई और फिर मैंने. सोचा ठीक है अब मैं तभी आऊंगा जब ऐसा कुछ. होगा तो फाइनली गैंग ज वासेपुर होनी थी. जिसमें मैंने सबकी पिटाई की और जब मैं गया. तो फादर को वो पूरा कॉलेज बर्बाद कर दिया. आपने पूरा कॉलेज बर्बाद कर दिया आपने हम. लोग.
तो मेरे फादर को ये है ना कुछ बात रोज रात. को एक पिक्चर लगती थी लैपटॉप प हा और. डायलॉग सबको रटे हुए थे और हम चार साल इसी. बात पर लड़ाई करते रह गए कि पहली वाली. अच्छी थी दूसरी वाली. ओ उम्र क्या लग रही है उम्र क्या लग रही. है बंदूक दिखाए क्या बढ़िया सीन था हा. बताए अभी पैदा हुए हैप्पी बथडे पपी. बडे मेरे को एक बहुत अच्छा क लाइन पढ़ी थी. मैंने कि नेवर जज बुक बाइट्स कवर मेरी. जिंदगी में दो श ऐसे रहे जिनको लेकर मुझे.
लगा कि यह बात सही है और किसी भी व्यक्ति. को लेकर पूर्व अनुमान नहीं लगाना चाहिए एक. जैसे मैंने सरफरोश कहा कि सरफरोश में हमने. कई बार देखी बट आपको देखकर भी अनदेखा कर. गए और एक क्रिकेटर अभी आए थे रिंकू सिंह. यूपी के आजमगढ़ के हैं और उनकी भी कहानी. ऐसी आई जब उनको मैंने पहली बार देखा तो. मुझे लगा कि यह भी मीडियो करर है और आप. दोनों ने इस तरह से हमें सरप्राइज किया कि. अबे कौन है नवाज से नवाज. साहब यह सफर हो गया जो क्रिटिक्स थे वही.
फैन हो गए मेरे को ये जानना और बहुत सारे. लोग जानना चाहते हैं कि ये अबे कौन है. नवाज या अबे नवाज इधर आओ वहां से नवाज. साहब बैठिए ना ये इसमें क्या मंत्र था. क्या था अपने आप में क्योंकि संघर्ष बहुत. बड़ा था 1999 से 2011 सर बहुत लंबा टाइम. था 2011 ने फाइनली लोगों ने नोटिस किया. कोई नवाजुद्दीन. है आई थक मुझे लगता है कि वो पेशेंस एक. सबसे बड़ी चीज थी मुझे देखिए काम तो मुझसे. आता था मैं ट्रेंड एक्टर था मैं लखनऊ से. भी मैंने दो साल ट्रेनिंग ली और फिर.
एनएसडी से भी तीन साल ट्रेनिंग ली. ट्रेनिंग ऐसा नहीं कि ट्रेनिंग तो सब भी. लेते हैं बट साथ साथ पेशेंस भी रखा बहुत. सारी चीजें सामने आई जहां मैं बिगड़ सकता. था बर्बाद हो सकता था जैसे एनएसडी में. दारू पीना शुरू कर. दिया हां बियर यर एनएसडी से एनएसडी से. बहुत सारी चीजें शुरू की. मैंने और सब बता भी दिया लोगों को बता भी. दिया क्या छुपाना क्या है जो था वो था बट. मैं अभी वही है.
बट इतना एक्सट्रीम पर नहीं गया मैं जितने. मेरे आसपास के बहुत सारे जो बहुत टैलेंटेड. दोस्त वो चले गए थे आपके ब से कितने लड़के. भी सरवाइव कर. ग देखो मुंबई में तो काफी लोग हैं और लाइक. फर एमल स्वानंद किरक. बहुत बड़ा रुतबा मिला उनको फिल्म में गाने. लिखते हैं व और कमाल के टैलेंटेड इंसान है. गीतांजलि शेरीकर है और सुब दत्ता है काफी. लोग हैं जो वक्त बहुत अच्छा ब नवात का कोई. नहीं है नहीं नहीं ऐसी बात नहीं तो कह. सकता य बात नहीं यह सवाल हम इसलिए पूछ रहे.
क्योंकि कई लोग कहते हैं ना कि सफल. व्यक्ति के पास जाओ उससे पूछो कि सक्सेस. का राज क्या है मेरा हमेशा यह मानना है कि. असफल व्यक्ति से पूछो उससे पूछो जिसने. संघर्ष किया हो संघर्ष कुछ सिखाते हैं आई. थिंक सक्सेसफुल लोगों से भी पूछना चाहिए. क्योंकि उन्होंने संघर्ष तो उन्होंने भी. किया है ना और असफल व्यक्ति कहीं बिटर हो. सकता है उसमें आपको वो जो मंत्र देगा या. टिप्स देगा में भी शायद वो कुछ गलत साबित. हो.
आई थिंक सक्सेसफुल आदमी जो है. ना उसको मालूम है के किन वजहों से अ इंसान. असफल होता है असफल आदमी नहीं बता सकता य. बात क्योंकि जब व सक्सेस हो रहा हो उसके. साथ साथ बहुत बड़ी जमात होती है जो असफल. भी हो रही होती है उसके आसपास के दोस्त. ट्रू तो वो आदमी आई थंक बेहतर बेहतर. सजेस्ट कर सकता है और मैं मैं जाती जिंदगी. में भी मैं अगर मुझे कोई भी सजेशन ले ना. होता है ना मैं सक्सेसफुल लोगों से लेता.
हूं आई एम सॉरी टू से बट मैं सक्सेसफुल. लोगों से क्यों और क्यों क्योंकि वो जानते. हैं कि क्या-क्या दिक्कतें आती. हैं और किन दिक्कतों से निकल के आप. सक्सेसफुल होते हैं वो दिक्कतें वो जानते. हैं तो कोई गांव में लड़का बैठ के अगर. आपको सुन रहा है सोशल मीडिया के माध्यम से. अलग-अलग प्लेटफॉर्म्स पर और ये जानना चाहे. कि उसे नवाजुद्दीन जैसा बनना है या उस. रुतबे का बनना है हां उसके पास संसाधन. नहीं है हां गरीब है परेशान है सपना है. हौसला है अपने आप प विश्वास से क्या. बोलोगे आपने कैसे कर लिया इतना काफी है.
इतना काफी जो आपने हौसला है उसके पास जिद. है उसके पास पेशेंस होना काफी होता सक्सेस. होने के लिए बाकी चीजों में काम कम टाइम. देना और इस अपने पैशन में जो आप चाहते हैं. करना उसमें ज्यादातर टाइम उसमें देना. क्योंकि क्या होता है ना लोग ना क्या होता. है जो सक्सेसफुल होना चाहते हैं ना एक. शर्त तो है बहुत सारे सैक्रिफाइस तो करने. पड़ते हैं आप सोशली चाहे कि भाई मैं बहुत. अच्छा. भाई भी बन जाऊ बहुत अच्छा बेटा भी बन जाऊं.
या बहुत अच्छा मैं फादर भी बन जाऊ या मैं. बहुत अच्छा सोशली में बहुत अच्छा अच्छा. रुतबा भी पा लू यह थोड़ा सा कम करना. पड़ेगा और जो चीज आप चाहते हैं उसके लिए. आपको 90 पर 100% देना पड़ेगा सफलता कीमत. देकर आती है कीमत बोलो या व्ट एवर जो. क्यों एक एक तरफ तो आपको ज्यादा ध्यान. देना पड़ेगा बिल्कुल सही बात है आप आपकी. लाइफ में बहुत सारी चीज रही होंगी जिसको. आप चाहते होंगे आज जब मुड़ते होंगे बट. आपको लगता हो यहां पहुंचने के लिए जरूरी. था ऑफकोर्स मुझे रिलाइज होता है ना अभी.
थैंक गॉड मैंने बाकी आम लोगों की तरह में. उन बेकार की चीजों में मैंने वक्त जाया. नहीं किया मैं हमेशा घोड़े की नाल की तरह. एक तरह सोचता रहा सोचता रहा कि यही करना. यही करना एक्टिंग के बारे में ही सोचता. रहा कमरे में अपने आप को बंद करके 161. घंटे मेहनत करता रहा मैं है ना तो. डेफिनेटली कुछ ना कुछ बेवकूफ से बेवकूफ. इंसान को भी बहुत सारी चीजें मिलती है मैं. कहता हूं मैं कोई मैं कोई ब्रिलेंट आदमी. थोड़ा था इंटेलिजेंट आदमी था या ऐसा था. मैं गांव का एक लड बैक वाला किस्म का. इंसान था जब मैं चीजें अचीव कर सकता हूं.
आजकल तो बहुत स्मार्ट है लोग यार गांव. कस्बों में हर जगह है बहुत काबिल है एक. सवाल नवा सर आता है कि जैसे हम लोग जॉब. करते हैं जी जिस फील्ड में भी काम करता. हूं उसमें हर साल लाखों लड़के आते हैं जी. और पैसे कम मिलते हैं या सक्सेस कम मिलती. है तो दो महीना चार महीना छ महीना आ महीने. में छोड़ चले आते हैं मेरे बैच में जो. लड़के आए थे आज उनमें से 90 पर लोग टीवी. की दुनिया छोड़ चुके हैं जी आप भी आए थे. संघर्ष आपका रहा काम नहीं मिला में बहुत. स्ट्रगल किया वेटर ये वो जेब कतरा 10 10.
सेकंड का रोल 15 सेकंड का रोल दो सन तीन. सीन गिव अप क्यों नहीं किया आपको कोई. प्लान भी नहीं था आपका ना गिव अप करने. वाला ही नहीं था मैं कुछ भी होता मैं तो. कैसे बैक कर लिया ये 99 से लेकर 2011 गैंग. सवा से 12 साल 12 साल में कहां से. इंस्पिरेशन मिली क्योंकि पैसा भी नहीं. होगा तब तो पैसा भी नहीं होता था कभी कभी. पैसा भी नहीं होता. था तो प्लान भी क्यों नहीं बनाया प्लान भी. बना ही नहीं सकता था मुझसे यही आता था. मुझे मालूम था मुझसे आता है और आज नहीं तो.
50 साल के बाद सक्सेसफुल तो होंगा मैं ऐसा. लगता था मुझे उस वक्त तो मैंने जैसे. कॉर्पोरेट हाउस के वो होते है ना. कॉर्पोरेट फील्ड के जो होते हैं कि दो साल. दूंगा मैं टारगेट है मेरा अगर नहीं हुआ तो. मैं ये करूंगा मैं इसको तीन साल दूंगा. नहीं हुआ तो यह करूंगा मैं मेरा पूरी. जिंदगी यही करूंगा यार मैं मेरा सक्सेसफुल. सक्सेसफुल हो ना हो मुझे करना तो यही है. मेरे दिमाग में ऐसे सक्सेस नहीं थी कि. मुझे सक्सेसफुल होना है मैंने बोला कि यही. चीज करनी थी मुझे लाइफ में ट्स इट. यह क्लेरिटी था ये क्लेरिटी थी मेरी मैं.
एक्टिंग करूंगा मैं पेड़ पर चढ़ के. एक्टिंग करूंगा रोड पर एक्टिंग करूंगा. बसों में ट्रेन में हर जगह जहां भी अगर. नहीं होता तो मैं य ऐसे करता एक अपना. ग्रुप बना लेता देखि आपकी बात सुनके मुझे. मनोज वाजपेई का इंटरव्यू हमने किया तो. उनकी एक बात याद आई नवाज की बड़ी तारीफ कर. रहे थे व उन्होंने कहा कि यार बड़ी हैरानी. होती है कि नवाज मेरे एक सीरियल में. ड्रामा में पेड़ बना था. हा उसमें पेड़ बना था सरफरोश में पिट रहा. था मुझे बारबार तस्वीर याद आती है और पेड़. बनने के साथ-साथ आज आपकी तुलना 2011 से हम.
लगातार कर ें क्या मनोज वाजपेई ने बढ़िया. सरदार खान निभाया था या फैजल बढ़िया था और. तब से वो लगातार चर्चा चली आ रही है आप. लोग को लेके लगातार चली आ रही है इवन मनोज. भाई का मैंने खुद देखा उनको प्रैक्टिस. करते हुए मेहनत करते हुए एक्टिंग के ऊपर. सर्दियों दिल्ली की सर्दियों में अकेले. पीछे खड़े हुए वो आदमी मेरे ख्याल से. मैंने दो शख्स को देखा इरफान भाई और मनोज. भाई को. देखा मेरे ख्याल से बंबई फिल्म इंडस्ट्री. में सबसे ज्यादा मेहनत करने वाले एक्टर. हैं दोनों थे इरफान भाई थे और मनुज भाई.
हैं मैंने इतनी तो मिलता है मेहनत करने से. मिलता है पैशन पेश सारी चीज मिलता है और. कंटीन्यूअसली एक चीज के पीछे पड़े आपको. मालूम मेरे अंदर क्या कमी और उसको आप. कंप्लीट करते जा रहे प्रैक्टिस कर कर के. तो डेफिनेटली मिलेगा ये लोग बोलते हैं. नहीं ऐसे यह तो टैलेंटेड टैलेंटेड ऐसे. नहीं. होते टैलेंट के लिए भी टैलेंट कोई ऐसी चीज. हो टैलेंटेड हो गए आप परमानेंट होल लाइफ. टैलेंटेड ही रहे े फ्लकचुएट होता है.
टैलेंट टैलेंट भी फ्लकचुएट होता है शेयर. बाजार जो उछाल मारता है कम होता है वैसे. टैलेंट भी आप बहुत टैलेंटेड हो गलत सर्किल. में रहना शुरू कर दीजिए. आप गलत सोच अपना लीजिए आप आप डाउन हो. जाएंगे और लगेगा यही वो आदमी जो इतना. टैलेंटेड है क्या कितना खराब काम कर रहा. है ऐसा होता है फिल्मों के चॉइस से भी. होता होगा फिल्मों की चॉइस से भी होता है. ऑफकोर्स होता है अच्छा मैंने आपका एक. डायलॉग कहीं सुना था आपने कह रहे थे कि. बॉलीवुड के जो बड़े स्टार्स है वो 3035.
साल एक तरह काम कर रहे थे मुझे टाइप कास्ट. नहीं होना है अब आपकी फिल्म आ रही है रावत. का राज मैं इसमें किरदार देख रहा हूं. इसमें जो हुलिया है पुलिस वाले का फिर. मुझे सीधे याद दिलाता है शाहरुख खान साब. की फिल्म ऐसे चश्मा स्टाइल सब कुछ था क्या. है ये फिल्म क्या है इसमें कितना अलग है. क्योंकि अब लोग कहेंगे फिर नवाज भाई भी तो. पुलिस वाले ही बन रहे हैं यार मैंने तो. तीन फिल्मों में पुलिस वाला किया है अच्छा. लगता चरू चक्का बहुत बन लिया पुलिस वाला. बनना गैंगस्टर के भी रोल किए मैंने और. मेरे ख्याल से थैंक थैंक्स टू मतलब. जिन्होंने मुझे हर तरीके के रोल में मुझे.
देखा ठाकरे हो चाहे मंटो हो चाहे. फोटोग्राफ हो लंच बॉक्स हो इस तरह के हर. किरदार में हड्डी ट्रांसजेंडर का रोल किया. मैंने मेरे ख्याल से हम खुश किस्मत है. जितने भी एक्टर्स होते उनको कभी भी एक. सांचे में कोई ढाल ही नहीं सकता कोई भी. एक्टर हो मेरे अलावा कोई भी एक्टर हो इवन. मनोज भाई जितने भी उनके किरदार है बहुत. अलग-अलग. है यह कहने के लिए कह सकते हैं लेकिन मनोज. भाई आप. देखो एक तरफ सत्या कर रहे हैं एक तरफ शूल.
कर रहे हैं वो है ना तो कितने अलग-अलग. किरदार निभाए उन्होंने हमें उस चीज की. रेस्पेक्ट करनी चाहिए एटलीस्ट एक इंसान एक. एक्टर कितने एक्सपेरिमेंट कर रहा है तो. आपके दिल में कभी आता नहीं कि यार अब तो. सोलो फिल्में भी आ रही है हमें पसंद करने. वाले भी उतने ही है हर आदमी कह रहा है यार. तुमसे अच्छा तो एक्टर ही नहीं है लेकिन जब. मैं यह मनोज जी से पूछा था आपसे पूछूंगा. मैं लेकिन वो शाहरुख सलमान आमिर वाली जो. एक चाम है स्टारडम है आप एक्टर भी है अब. आप स्टार भी है उनसे कभी जेलेसी होती है.
क्यार यार नहीं क्यों जेलेसी होगी वो जो. भीड़ वैसी वाली भीड़ आती है या वो जो. स्टारडम मिलता है फ्लम सुप स्टार हैं वो. सुपरस्टार है सुपरस्टार तो आप भी है नहीं. नहीं हम सुपरस्टार नहीं है हम एक्टर हैं. हमने काम किया है जरूर उस तरह की फिल्मों. में बट वो सुपरस्टार का चार्म है बट आपने. उनको डोमिनेट किया आप मैं अगर आपकी. फिल्में याद करूं किक याद करूं मैं आज के. टाइम में किक देखिए जमाना गुजर गया बट आज. भी लोग कर देते हैं मैं कितना भी कुछ कर. लू लेकिन देखने जाएंगे उन्हीं की वजह से. देखने जाएंगे फिल्म मुझे थोड़ा नहीं देखने. जाएंगे हमारा थोड़ा सा डिफिकल्ट है मामला.
फॉर एग्जांपल जैसे क्या होता है ना मैं यह. बात नहीं कह रहा हूं मैं अलग तरीके से बात. कर रहा हूं हम लोग आर्टिस्ट लोग हैं और. एक्टर लोग हैं वो सुपरस्टार है वो एक अलग. उनको देखना मुझे भी पसंद है ऐसी बात नहीं. हम भी प्यार करते हैं. उनको मुझे प्यारे लगते हैं लोग नहीं समझते. अलग बात है लोग नहीं समझते अलग बात है. बहुत स लोग हमको लिखे कमेंट सेक्शन में कि. नवाज भाई शाहरुख भाई को बोल दिए थे दिल प. ले गए लोग उनके फैंस अभी त लेकर बैठे हैं. हां उनकी फैन फॉलोइंग इतनी बड़ी है तो अभी.
भी दिल प ले बैठे हैं ऑफकोर्स लिए बैठे. होंगे बट मेरा तो मैं तो मैं तो तब भी. बोलता हूं मैंने उनके साथ काम किया ही इ. सो हंबल और ही इज अ सुपरस्टार नो डाउट. अबाउट इट बट मुझे लगता है कि हम जैसे भी. एक्टर हैं जितने भी हम बहुत बड़े एक्टर. बहुत बड़े स्टार तो नहीं है लेकिन जितना. भी हमारा हम उसमें खुश है मैं कोई जेलेसी. होने का सवाल क्योंकि अगर वो फिल्में. करेंगे उनकी फिल्में सक्सेसफुल होंगी तो. ही शायद हमारी फिल्म में बनेगी ओके अच्छा.
जो पैसा तो वही है ना जो रोलिंग हो रहा है. मार्केट में सही बात है हा और उन फिल्मों. से आप लोग को दबा के पैसा मिलता है नहीं. हमें तो इतना नहीं मिलता दबा के अरे मैंने. कहीं सुना आप हीने कहा था कहीं पे कि अब. मैं हाईएस्ट पेड एक्टर हो गया हूं एक्टर. के हिसाब से मैं बोल रहा हूंगा स्टार. स्टार का तो मतलब हम उनके आसपास भी नहीं. कहीं पहुंचते उनका बड़ा खैर उनका खेल बड़ा. है नवाजुद्दीन सक्सेसफुल है अब तो कह सकते. मैं मैं नहीं ये इसलिए पूछ रहा हूं मैं. क्योंकि मेरे को आपसे आपकी परिभाषा जाननी. है कि आपकी नजर में सक्सेसफुल होने की.
परिभाषा क्या है सक्सेसफुल होने का मतलब. ये तो जब आप जैसा चाहते हैं वैसा काम करने. लगे हा मुझे मुझे वो ज्यादा सक्सेस लगती. है मैं कभी मैं जब अपनी मर्जी की फिल्में. करने लगूंगा जो मैं चाहता हूं जिस तरीके. फिल्में करना चाहता और वो आई थिंक सक्सेस. वही होती है मुझे लगता है जैसा आप चाहते. हैं ड्रीम करते थे जिस तरह का कैसी. फिल्में बने और वैसे फिल्में मैं ऐसी. फिल्में करना चाहता हूं जब वो करने लगते. हैं आप तो मेरे ख्याल से वो सक्सेस होती. है तो आखिरी बार आपने कब फिल्म पैसे के.
लिए साइन की थी कि पैसा बढ़िया मिलर कर लो. यार नहीं आखिरी बार तो नहीं मैं बताऊंगा. हां मैंने फर पैसों के लिए की है फिल्में. क्यों नहीं फिर तो उसके स्टार बनने अभी. रिसेंट अब तो रिसेंट अब तो काम नहीं करते. होंगे ना अब तो काफी पैसा बना लिया घर भर. था बढ़िया ट्यूबलाइट ट्यूबलाइट फोड़ दी. पैसे से आपको प्यार नहीं. है नहीं मैं पैसे पैसे पैसे इसलिए जरूरी. हैं उनके लिए उस तरह की फिल्मों से पैसे. इसलिए मैं ताकि मैं छोट जो स्मॉल बजट. फिल्में या मॉडेस्ट बजट वाली फिल्में कर. सकूं या अगर कोई बोल र कि नवाज भाई ये. फिल्म में ये फिल्म ऐसी है लेकिन मेरे पास.
पैसा नहीं लेकिन वाकई फिल्म बहुत अच्छी है. तो मैं विदाउट मनी या कम बहुत ही कम पैसे. में भी कर लेता हूं फिम हालांकि ब्रांड के. सामने आपका कर्तव्य तारीफ करना चाहे मन से. चाहे बेमन से तो मैंने मंटो की है बिल्कुल. फ्री में तो कमाल की फिल्म थी मैं पूछ रहा. हूं इस फिल्म के हिसाब से जैसे ब्रांड के. सामने मजबूरी भी है तारीफ करना बट ये. फिल्म आपने क्यों साइन की क्या वजह थी कुछ. मतलब फिल्म में स्क्रिप्ट थी क्या था. मैंने ट्रेलर देखा जी थोड़ा सस्पेंस वाला. ट्रेलर था एक आपका अपना स्टाइल दिख रहा था. मुझे नवाज वाला हां क्यों साइन किया आपने.
क्या आपको इसमें लगा इसमें देखिए क्या था. इसमें कि एक स्लो पेस वाला एक कैरेक्टर है. एक स्मॉल टाउन का कैरेक्टर है जो. इन्वेस्टिगेशन भी करते हैं तो बहुत आराम. से बातचीत के तौर पर करते हैं वो पुलिस. वाला जो रब होता है या रुतबा होता है वो. नहीं दिखाते गांव कस्बों में है ना. और स्पेशली जो कैरेक्टर की स्लोने है या. फिल्म का जो स्लो पस है उस वजह से फिल्म. मेरे को अट्रैक्ट. की तो लोग काहे देखे हैं लोग का देख देखने. जाए कहा नहीं देखने जाए क्योंकि आपको.
इसमें डिफरेंट स्टफ मिलेगा हां नहीं बाकी. मर्डर मिस्ट्री के जैसे मर्डर मिस्ट्री. होती है फिल्मों में और बहुत एक्शन पैक. फास्ट पेस की होती है ये बहुत ही नहीं. जैसे मैंने पुलिस वालों की फिल्में दो तीन. तरह के देखी मैंने एक फिल्म होती है जैसे. पाताल लोक आई थी हम एकदम देश देसी ठेट. वाली फिल्म जहां पर गाली गलौच होता है और. एक्चुअली में दिखता है कि पुलिस वाला है. एक फिल्म आती है वो सलमान भाई जैसे करते. हैं पीछे चश्मा लगा दिया हम तुम्हे इतने. छेद करेंगे यहां से हवा हवा और एक आपका.
मैंने देखा थोड़ा अलग इसमें आ रहा था. फ्लेवर तीन अलग-अलग पुलिस वाले ये आपका. स्टाइल है ये इसमें गाली वाली बिल्कुल भी. नहीं है आप फैमिली के साथ इस डिपट करेंगे. बता डिपॉट कर रहे हैं क्या. नहीं अच्छा आपको गाली देना पसंद है आपको. लगता है नहीं मुझे बिल्कुल नहीं लेकिन अगर. स्क्रिप्ट की डिमांड होती है तो ऑफकोर्स. रियल लाइफ में कर आते. हैं दोस्तों के बीच में जो आसपास के दोस्त. हो उस बचे हैं दोस्त अभी बचे हैं दोस्त एक. दो दोस्त उसने कहने के.
लिए या गाली सुनने के लिए या गाली सुनने. के लिए नहीं नहीं वो गाली भी देते हैं. सुनते भी. है ऐसा होता है लोग कहते हैं सक्सेस होता. आदमी तो बहुत भीड़ बढ़ जाती है आप कह रहे. हो दो ही. बचे दो ये बड़ा आदमी अकेला होता है मैंने. बहुत सारे लोगों को देखा सर कि जब छोटे थे. ना तब बड़ा खुल के जिंदगी थी मस्जिद जी. रहे थे चार लौंडे थे टपरी चाय पी ली हसी. मजाक बकैती कर ली जैसे जैसे बड़े होते गए. वैसी भीड़ आई जो मतलब के लिए आती थी आई.
खिंचवाई हेलो सर हाय सर फोटोस अकेले कमरे. में बैठे तो फिर सोचना पड़ता कॉल किसको. लगाए हां ये बात तो है है तो आपके साथ. होता है ऐसा हां होता है सब सबके साथ होता. है ये तो फिर ये सक्सेस ये सक्सेस है फिर. ये सक्सेस का सही मायने ही है नहीं सक्सेस. माने इसलिए तो दोस्तों के साथ बैठूंगा. इसलिए थोड़ा. ना मैंने तो मैं मैं तो पहले भी बताया. आपको कि मैं इस चीज के लिए मैं नहीं इस. फील्ड में आया था मुझे प्रोसेस बहुत. इंटरेस्टिंग लगती है क्रिएटिव प्रोसेस. जब फिल्म मेकिंग फिल्म की शूटिंग हो रही.
होती है या प्ले की रिहर्सल हो रही होती. है उसमें जो फाइंड आउट करते हैं आप. छोटी-छोटी चीज वो बहुत अच्छी लगती है मुझे. मैं दिल से बता रहा हूं आपको और मैं भी. शायद मैं. इसीलिए फिल्मों में भी इसलिए मजा आता है. मुझे जब वो रियर सेल में जो आपने सोचा भी. नहीं होता कभी-कभी उस चीज को टैप कर लेते. हैं आप यू नो रि जैसे कोई किस्सा बताओ कोई. कभी आपने किया हो बहुत सारे जैसे मुझे. नहीं मालूम था कि हड्डी मैं किस तरीके से. करूंगा लेकिन करते जैसे आप कॉस्ट्यूम. पहनते हैं. और धीरे-धीरे आपके अंदर एक सॉफ्टनेस आनी.
शुरू हो जाती है तो आपके जेस्चर पोचर. बदलते चले जाते हैं अकॉर्डिंग टू. कॉस्ट्यूम जब अपने आप को देखते हैं आप और. देखने का नजरिया बदलता चला जाता आपको. दुनिया का यू नो लाइक फॉर एग्जांपल जब मैं. रमन राघव कर रहा था तो मेरा देखने का. नजरिया बदल रहा था है ना और अपनी एक. डार्कनेस को फाइंड आउट करने की कोशिश कर. रहा था तो यह चीज मेरे को बहुत जो शायद. मैं आम जिंदगी में नहीं कर सकता था फाइंड. डाउट करने की कोशिश नहीं कर सकता था. जिंदगी में थैंक आ आई एम वेरी थैंकफूल के.
हम ब्लेस्ड है ऊपर वाले ने हमें वो मौका. दिया है जब कैमरा होता है सामने तो मैं. अपने कैरेक्टर के थ्रू बिल्कुल ऑनेस्ट. होने की कोशिश करता हूं जो रियल लाइफ में. नवाज नहीं हो सकता बिल्कुल सच्चा इंसान. नहीं हो सकता क्योंकि मैं हजारों झूठ. बोलने पड़ते हैं हम लोगों को अपनी इमेज. बनाने के लिए बट जब आप कैरेक्टर कर रहे. होते हैं तो जब कैमरा आता है तो मुझे लगता. है कि एक अपॉर्चुनिटी है हम जहां पे मैं. बदला ले सकता हूं मतलब रियल लाइफ में झूठ.
बोलने के यहां सच बोल सकता हूं ये ईमानदार. हो सकते हैं ईमानदार हो सकता हूं अच्छा एक. बड़ी चर्चा चल रही थी आपकी बात से मुझे. याद आया कि मनोज वाजपेई ने भी कहा था. रणवीर सिंह ने भी कहा था कि कुछ-कुछ. किरदार निभाए तो उस किरदार में वो इतना खो. गए कि फिल्म खत्म होने के बाद भी समय लगा. उससे निकलने में लेकिन उन्हीं की फिल्मों. के जो साथी एक्टर्स थे जो भी उतने ही लेवल. के कलाकार है उन्होंने कहा ये वाहियात. बातें होती है ये ऐसा नहीं होता ये सब ना. टीवी पे कहने वाला होता वैसे ही जैसा हर. आदमी अपने आप को बड़ा आदमी कहता है मैं. बहुत ग नहीं वो आदमी जो बोल रहा है वो.
उसके अंदर जा झांक के देखा क्या वो किस. किस प्रोसेस से बीत रही उसकी जिंदगी किस. किस तरीके से वो अपनी जिंदगी को उस वक्त प. जी रहा है जब वो कैरेक्टर कर रहा था वो वो. तो ज जज कर रहे हो आप आप जज. कर वी डोंट नो यार कौन आदमी कहां पर क्या. सोच के कैरक्टराइजेशन करता है आप कैसे जज. कर लोगे एकदम मैं क्या मेरे अंदर क्या. प्रोसेस क्या हलचल मच र ये सामने वाला. आदमी. कैसे जज कर लेगा वो बात. यह कह दे ना कह रहे ये तो कहने की बात.
होती नहीं होती कहने की बातें सर जब आप. डीप डाउन जाते हैं किसी कैरेक्टर के आपको. पता होता कितनी पेनफुल प्रोसेस से गुजरते. हैं. आप यह कह देना यह बहुत ही इरिस्पांसिबल. जवाब जवाब है यह कि किसी भी एक्टर को बो. अगर यह सारी चीज ना होती तो जोकर का वो भी. ना होता जो हित लेजर ने जो किया था इस तरह. के जो कैरेक्टर कैरेक्टर्स ने जन्म लिया. है जो आइकॉनिक कैरेक्टर्स बने व कभी ना बन. पाते वो आदमी बहुत सीरियस था उस चीज के.
लिए और वो सीरियसनेस. ही वो सीरियसनेस की वजह से ही वो. कैरेक्टर्स बनते हैं कैजुअली ले तो फिर तो. मैं डायलॉग में भी बोल के आ जाऊंगा डायलॉग. तो सबको याद हो जाते हैं कॉलेज के लड़के. को पढ़ लो वो भी डायलॉग बोल के आ जाए वाह. वाह वा क्या परफॉमेंस यही तो फर्क आता है. ना किसी एक्टर टू एक्टर में फर्क क आता है. यही आता है ना कि पता नहीं अपने पास्ट की. कौन स जिंदगी को कौन से पेन को वो कुरेद. रहा. है यह इतना आसानी से लेने वाली चीज है ही. नहीं. हाइपोथेटिकली कुछ यर्ड इमेजिन करते हो.
जैसे मैंने एनिमल में बॉबी देवल को सुना. कि ही इमेजिन की सनी पाजी की डेथ हो गई है. मन में उन्होने थट कर करते हैं एक्टर्स. करते हैं इन सब चीजों को अपने पास र्स. बिल्कुल जाते हैं एक्टर्स अपने उस उसम जो. भी पेनफुल होते जिससे उनको डर लगता उस उस. नोन एरिया में जाने की कोशिश करते हैं. एक्टर कैसे कह सकते हैं आप कि भाई नहीं यह. तो दिखाने के लिए आपने कभी किया है कोई. ऐसा कैरेक्टर जो बोल रहा है नहीं ये दो दो. बड़े एक्टर्स ने कहा एक जिन्होंने मर्डर. टू में वो विलन का किरदार निभाया था और. बड़ा बेहतरीन किरदार निभाया था अभी क्या. कर रहे हैं वो हां और सनी वो भी क्या कर.
रहे हैं अभी आप ये देखिए ना और एक. अलाउद्दीन खिलजी में रणवीर के साथ भूमिका. निभाई थ क्या तो गया हो वो कौन कह सकते. हैं इन दो उस प्रोसेस से गुजरा हो. रणवीर हमें कह देना बड़ा आसान होता सर. एक इतना अंडरस्टीमेट नहीं करना चाहिए किसी. दूसरे एक्टर को क्या पता गया व आप कैसे जज. कर लेंगे यार. जाते हैं एक्टर थिएटर में भी जाते हैं.
फिल्मों में भी जाते हैं इमेजिन करते हैं. लोग उस पेनफुल प्रोसेस को भी अपने पास्ट. को भी यही तो एक्टर का जॉब है कोई एक ऐसा. सीन या कोई ऐसी फिल्म आपने देखी जिसको लगा. यार मुझे मिलना चाहिए था ये इसके किरदार. ने मेरे को हिला दिया कि मैं क्या हूं मैं. तो कुछ हूं ही नहीं अभी कितना सीखना बाकी. है ऐसा कोई रहा मु बहुत सारी फिल्में है. जैसे कोर्ट एक पिक्चर थी उसमें वकील का. रोल मुझे मिलना चाहिए था कभी-कभी हम सोचता. हूं ऐसा बहुत सारे फिल्में है जि मन करता. है मेरा कि काश इस फिल्म में मैं होता. बड़ी चर्चा चलती है मनोज वापी पंकज. त्रिपाठी इरफान साहब तो रहे नहीं अब तो.
उनको तो हम सब याद करते हैं आपकी नजर में. आप तीनों कैसे रेट करते हो रेट कर ही नहीं. सकते हर एक्टर की अपनी खूबी है उन दो में. ऐसा क्या है जो आपको लगता है कि यार यह. मिल जाता तुम और उन दोनों में बहुत खूबी. है बहुत खूबी है उन दोनों एक्टर्स में मैं. थोड़ा ना उनको वो करूंगा इसलिए तो वह यहां. तक पहुंचे हैं कुछ ना कुछ बात तो होगी ना. ऐसे थोड़ा ना कोई भी पहुंच जाता है जाहिर. सी बात है अच्छा ठीक है थोड़ा सा सीरियस. क्वेश्चन आता है फिर थोड़ा हसी मजाक पंगे. हसी.
म पैसा कितना जरूरी है मुझे नहीं लगता. पैसा जरूरी कोई कोई मायने रखता मेरी लाइफ. में मैंने प्रूफ भी किया मैंने दो साल. बिना पैसे के रहा हूं बिना पैसे के मतलब. हां तो कोई पैसा था ही नहीं मेरी जेब में. तो स्ट्रगल के. दौरान दोनों बातें चलती है एक तरफ आप कहीं. कहते हो कि यार मैं अच्छे घर से था लोग. शक्ल से मेरी अंडरस्टीमेट करते थे हां कि. पै सबको ता गरीब हूं मैं कहां आपने एक. इंटरव्यू में कहा कि लोग मैंने गरीब को. बोला मैं गरीब हूं हां शकल सूरत ऐसी थी. मैं गरीब तो नहीं था मैं तो पहले से ही.
बहुत तो फिर आपने चौकीदारी क्यों. की चौकीदारी आपने क्यों की या दो साला. बिना सर अपने घर से पैसे नहीं लेता था. खुदार थे हां वरना पैसा तो था घर प ऐसी. बात नहीं थी थोड़ा बहुत पैसा था हा लेकिन. मैं चकि घर से पैसा नहीं लेता था और मैं. अपनी मर्जी के काम कर रहा था उनको बताए. बिना इसलिए मुझे पैसा नहीं पैसा नहीं ले. रहा था मैं नहीं ले रहा था तो देने के लिए. तैयार थे मेरे मां बाप तो कुछ भाई कुछ. प्रॉब्लम हो तो ले. कुछ पैसे की जरूरत तो नहीं तू ले ही नहीं.
रहा कुछ पता ना तेरा पता क्या कर रहा है. तू ऐसे था तो अभी पैसे के अहमियत है अभी. कुछ अहमियत क्या करते हो पैसे नहीं पैसे. की अहमियत मेरे लिए जब मैं इतनी होती है. कि अगर मैं मैंने किसी फिल्म से पैसा बहुत. सारा पैसा कमाया तो अपनी छोटी एक छोटे बजट. की पिक्चर में इन्वेस्ट करने का मेरा वो. रहता मन रहता और खरीदने शौक नहीं कुछ नहीं. मेरे को कोई खरीदने में अंगूठी यह वो जो. पहनते हैं लोग अजीब अजीब चीज मैं नहीं. पहनता हं ना मुझे ऐसा कोई किसी भी चीज. खरीदने का कोई शौक नहीं गाड़ियां बाड़िया.
घर पर ये सारी तो फिर महीने कितना खर्चा. नवाज सिद्दकी खर्चा अपने ऊपर कितना र्. मेरा मेरा तो पूछ लो किसी से भी एक आद. सिगरेट पी लेता हूं सब मतलब थोड़ा बहुत. लिटल थोड़ा बहुत लिटिल नहीं नहीं लिटिल तो. मेरा शौक ही. नहीं अा कई लोगों ने ये भी हमसे कहा कि. पूछेगा कि नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने कई बार. अपने आप को कहा कि मैं रिजेक्टेड पीस हूं. रिजेक्टेड पीस आपके मैं पुराने इंटरव्यूज. देख रहा था कई सारे पुरानी बातें है तो अब. मेरे मन फिर मैंने आपके प्रेम कहानिया. सुनी एक लड़का है पतंग उड़ा रहा है छत वा.
लड़की को लाइन मार रहा है बाद में उसके छ. बचे हमने कोशिश पूरी की तो सवाल यह है कि. फिल्मों में रिजेक्शन ज्यादा मिला या. मोहब्बत में रिजेक्शन दोनों जग से. रिजेक्शन शुरू में फिल्म ज्यादा ब क महसूस. हु ज्यादा ज्यादा दिल प कहा लगा फिल्मों. का या वो लड़की का जो छोड़ के भाग गई रियल. लाइफ में ज्यादा दिल प. [हंसी]. लगाम को तो बेशर्म हो गए थे मोटी चमड़ के. हो गए लेकिन वहां पर पिगल जाता था मैं जब. नहीं मिलता था कुछ भी लड़कियों से तगड़ा.
रहा आपका कि रिजेक्शन बड़ा रहा है नहीं. नहीं बहुत सारी चीजों में रिजेक्शन खाली. लड़कियों से नहीं मोहल्ले की लड़की नेट कर. दिया पिक्चर करने गए तो लड़की ने किस करने. से मना कर दिया हा क्या. करें उस बड़ा बुरा लगता होगा नहीं नहीं. क्या बुरा लगेगा हम तो यूज टू है क्यों. यूज टू क्यों. इस सारी चीज कुद कुरेद के प पूछो इसको. इसलिए पूछा चा रहा हूं क्योंकि ये तो आपके. साथ शुरू में रहा फिर नवाज भाई ने कहा. जैसे फिल्म नहीं था कि बाप का दादा का भाई. का सबका बदला लेगा फिर नवाज भाई ने 27 साल.
छोटी लड़की के साथ स्क्रीन पर रोमांस. फरमाया हां नवाज भाई ने मैंने नहीं किया. किस मेरे कैरेक्टर ने. किया हां मतलब रिजेक्ट भी तो कैरेक्टर ही. हुआ था ना जब रिजेक्ट किया गया था हां तब. भी तो कैरेक्टर रिजेक्ट किया गया होगा. आपका कि इंसान रिजेक्ट किया गया था कहां. पे फिल्म के बारे में पूछ बंदूकबाज जो. फिल्म आई थी आपकी उसमें जो मना कर दिया. गया था नहीं नहीं वो वो कहानी दूसरी थी. लेकिन गलत तरीके से वो आई है उन्होंने उस. वजह से मना नहीं किया कोई और रीजन थे उनके. ठीक है चलिए फिर लोगों लोगों ने हमसे य.
कहा कि नवाज भाई को शुरू में लड़कियों से. बड़ा रिजेक्शन मिला बाद में नवाज भाई ने. कहा सेक्रेट गेम्स करेंगे एक बार में सारा. कोटा पूरा हां वो तो हो गया था कोटा. पूरा और स्टेटमेंट देंगे कि हां बड़े. सॉफ्ट सॉफ्ट लगते हैं लिप्स अरे यार ये. आपका इंटरव्यू है सर मैंने आपका इंटरव्यू. देखा मैं 10 मिनट तक मैं हंस रहा था क्या. बोले वो रमन राघव का था वो रमन राघव का एक. वो है ना जब वो ऐसा कुछ कारण करता तो उससे. पूछे क्यों किया. बोली मुझे अच्छा लगा सॉफ्ट सॉफ्ट.
लगा तो अभी बटरफ्लाई आती है अब खत्म हो गई. अब इतने सारे फिल्में कर ली इतने सारे रोल. कर लिए किस चीज की बटरफ्लाई रोमांस करते. हो कि बीच में आपके अंदर बड़ा निकलता था. आप कपिल शर्मा में जाए तो मेरे को रोमांस. करना है आप कहीं जाए इंटरव्यू में मेरे को. रो मुझे नहीं करना था वो लोग करवाते हैं. हां कि नवाज भाई आप आपसे रोमांस करवाते. हैं टाइप में वो लोग करवाते थे अभी रोमांस. दिल भर गया मेरा हम नहीं अब दूसरी चीजों. से रोमांस है किस चीजों से और बहुत सारी. चीजें एक ही एक ही थोड़ा ड आदमी क्या ऐसा. है जो किक देता है आपको अंदर से मजा आ गया.
मुझे अच्छी फिल्म किक देती है है ना कुछ. अच्छे आइडियाज किक देते हैं कुछ म्यूजिक. है बैकग्राउंड स्कोर है जब मैं अकेला हो. तो सुनता हूं उसमें किक मिलती है उससे. रोमांस होता है म्यूजिक से रोमांस होता है. कौन सा गाना अच्छी फिल्मों से रोमांस होता. कौन सा गाना सुनते हैं अकेले बैठ के नहीं. मैं बैकग्राउंड स्कोर सुनता हूं जिसमें. वॉइस ना हो किसी की ओके हां गाने सुनने का. शौक नहीं वैसे वैसे गाने का सुनने का शौक. कुछ है फिल्में देखते हैं फिल्में देखता. हूं कौन सी फिल्म देखी हाल में मैंने अभी. द परफेक्ट डेस देखी कैसी लगी मुझे बहुत. अच्छी लगी बॉलीवुड की कोई बॉलीवुड की नहीं.
देखी कोई फिल्म. क्यों नहीं देखिए वक्त नहीं मिला मैं. थोड़ा बहुत वक्त मिला तो मैं कुछ अच्छी. फिल्में वर्ल्ड सिनेमा देख लेता हूं मेरा. मेरा मन करता है उस तरह का सिनेमा देखने. आपको लगता है बॉलीवुड से कुछ सीखने लायक. है आप जैसे एक्टर को बहुत सारी चीजें. सीखने लायक है ऐसी बात थोड़ी है अच्छा. आपकी जो बीती तीन-चार फिल्में आई थी मुझसे. क्योंकि मैंने आपको ले एक पोस्ट डाली थी. सोशल मीडिया पे तो उसमें से बहुत सारे. सवाल आपके फैंस के भी थे तो उनमें से कुछ. फैंस ने लिखा कि यार नवाज भाई को हम बड़ा. पसंद करते हैं बट बीती दो-तीन फिल्म में. उतना मजा नहीं आया हां वो जो मजा हमें.
नवाज भाई ने फिल्म में दिया है कभी. नवाजुद्दीन सिद्दीक को लगा कि यार ये वाला. फ्राइडे लास्ट फ्राइडे हो सकता. है ये वाला फ्राइडे बॉक्स ऑफिस पर कहीं. लास्ट फ्राइडे ना हो जाए सर ये उनके लिए. जो हीरो सुपरस्टार होते हैं उनके लिए होता. है हम तो पहले से स्मॉल बजट फिल्में या. मॉडेस्ट बजट की फिल्में करते हैं उसमें. कभी लास्ट फ्राइडे नहीं हो सकता लास्ट. सैटरडे संडे नहीं हो सकता उस काम मिलता. रहेगा काम हमेशा एक्टर हमेशा का बूढ़ा भी. हो जाए तब भी मिलता है क्योंकि वो एक्टिंग. जानता है ना काम जानता है वो नसीर उद्दीन. शाह को देखते हैं आप अभी कमाल के एक्टर.
बुढ़ापे में भी वो हमेशा ग्रेट एक्टर ही. रहेंगे और लोग उनको इज्जत देते रहेंगे अब. देखिए आपने मेरे अंदर की न्यूज एंकर को. जगा दिया नसीर साहब का नाम लेके नसीर साहब. ने अभी हाल फिलहाल में एक इंटरव्यू दिया. और उसमें एक बड़ी बात कही उन्होंने उस बात. पर मैं आपको कमेंट चाहूंगा ही सेड यार. कि जो अभी कंट्री में मुसलमानों के हालात. है उसके लिए देश का मुसलमान जो है वो खुद. भी जिम्मेदार है हर आदमी एक आदमी पर थोप. देता है कि इसकी वजह से हुआ बट उन्हें. सोचना चाहिए कि जब सानिया मिर्जा. प्रोग्रेस कर रही थी तब हमारा ध्यान उनके. स्कर्ट पर था कि व स्कर्ट कितनी छोटी है.
बड़ी है ददर देन कि हमय सोचते कि हमारे. बीच लड़की जो वो कितना आगे बढ़ गई बच्चों. को मदरसों में भेज रहे थे जब उन्हें को. एजुकेशन में आगे भेजना चाहिए था आपसे भी. बहुत लोग पूछना चाते कि आपका इस पर थॉट. क्या है कि वाकई में मुस्लिम्स पीछे रह गए. जो थॉट वो कह रहे मैं चाहता हूं मैं तो. खुद चाहता हूं कि एजुकेशन बहुत जरूरी है. वाकई एजुकेशन बहुत जरूरी अपने अपनी दीनी. तालीम के साथ साथ जो है. जो दुनिया की तालीम है वह भी बहुत जरूरी. है और स्पेशली कैसे भी करके अपने बच्चों.
को पढ़ाएं वो बहुत जरूरी है एक्सपोजर. जरूरी है किस चीज का एक्सपोजर बाहर निकल. कर दुनिया देखने का हां क्यों नहीं बाहर. निकलो यहां पढ़ो हमारे कंट्री में इतने. अच्छे-अच्छे इंस्टिट्यूशन है चाहे वो. इंजीनियरिंग हो मेडिकल हो व्हाट एवर. यूनिवर्सिटीज हैं ग्रेट यूनिवर्सिटीज हैं. है ना तो हर पढ़ाई के मिनिस्ट्री में आना. चाहिए हम एक मांबा एक मां-बाप के अगर एक. बच्चा है दो बच्चे हैं उनको इतना पढ़ाओ. इतना पढ़ाओ कि मतलब. क्योंकि यही एक मेरे को जो है ना पर्सनली.
मैं सच बताऊं क्योंकि मैं अपनी वजह से कह. रहा हूं क्योंकि मैं मैं खुद पहला. ग्रेजुएट था अपने खानदान में जिसने घर बदल. दिया पूरा तो आप पढ़ाओ ग. तो बहुत कुछ बदलेगा नहीं बाहर निकलने से. क्या सोच ही बदलती है मैंने पंकज त्रिपाठी. का इंटरव्यू लिया तो उसमें उन्होंने एक. बात मुझसे कही कि जब मैं गांव में रहता था. तो अगर कभी कोई लड़की सिगरेट पीती दिख जाए. हां तो हम आपस में कहते कि अबे कैसी लड़की. सिगरेट पी रही है सिगरेट पी रही है फिर जब. मैंने दिल्ली में. देखा हम ये कॉमन हो गया अभी भी मुझे. सिगरेट पीने से तराज है लेकिन अब तराज इस.
बात को लेकर नहीं कि वो लड़की है तराज इस. बात को लेकर है कि सेहत के साथ बहुत. खिलवाड़ मत करो कोशिश करो कंट्रोल करो अब. मेरा नजरिया जेंडर पर नहीं है अब मेरा. नजरिया हेल्थ के हिसाब से सही बात है. बिल्कुल उन्होंने कहा मेरे दोस्तों से. मेरा आईक्यू मैच नहीं होता जिनके साथ मैं. बचपन से खेला कूदा पढ़ा बढ़ा उनकी सोच. मेरी सोच में फर्क आ गया है क्योंकि मैं. बाहर निकला दुनिया देखी कितना फर्क पड़ता. है नवाज वो जो गांव में था अब नवाज दिल्ली. में मुंबई में लखनऊ में बैठा है लेकिन मैं. जब अपने गांव में जाता हूं मेरा सोच वैसा. ही हो जाता है क्योंकि उस सोच वो उनके. उनके नजरिए से भी दुनिया को देखना बहुत. जरूरी होता.
है मैच कर पाते हो वापस उस बिल्कुल मेरा. मैच होता कैसे बात करते ऑफकोर्स अरे लाग. भाई क जा रहा टाइप में से क्योंकि व वो. लोग जो है ना ठीक है पढ़े लिखे तो नहीं है. बट उनकी उन्होंने जो जिंदगी में. प्रैक्टिकली जो सीखा है वो वो चीज बहुत. बड़ी है उनके पास यू नो जो दुनिया को. देखते हैं भले वो पढ़े लिखे ना हो अकेडमी. अकडम कली क्वालिफिकेशन ना हो उनकी हम बट.
दुनिया को देखने का जो उनका नजरिया है. बहुत बढ़िया होता है बहुत कमाल होता है यू. नो और उनमें वो ताकत होती है कि हम जैसे. बहुत सारे लोगों को सिखा देने की ताकत. होती है उनकी क्या सिखा मैं तो बहुत कुछ. सीखता हूं जिंदा दिल सीखता हूं उनसे उनसे. व लाइक दोहे सीखता हूं इत तो बहुत सारी. चीजें उनके कैसे परिवार को कैसे चला रहे. हैं वो और वही गरीब मां-बाप जो अपने. बच्चों को पढ़ा भी रहे बहुत सारे उसम है. ना तो ब यह इतना प्रिविलेज नहीं है जितने.
हम लोग हैं लेकिन उसके बावजूद बहुत खुश. होकर जिंदगी जी रहे हैं वय जो खुशी है ना. ये खुशी हम इतने खुश हम नहीं हो सकते. जितने खुश वो है इतना पैसा कमाने के. बावजूद भी अगर आप के अंदर खुशी नहीं है तो. फिर लानत है आपकी शकल प सारी बात घूमल शकल. प आती है शकल आती सररी क्या. कर अच्छा बॉलीवुड में शकल सूरत कितनी. मायने रखती है बहुत मायने रखती है मुझसे. किसी ने कहीं मैं सुन रहा था किसी ने कहा. कि अगर अंबानी अंबानी नहीं होते तो उनको.
कोई अमीर आदमी का रोल नहीं देता अगर वो. एक्टर होते सही बात है इवन मैं तो ये कहता. हूं कि अगर कोई बोले कि भाई अंबानी का रोल. करना है हां तो 6 फुट के गोरे चिट्टे. लड़के को ले. आएंगे किसी ने ये भी कहा कि अम्मानी जी. डिसक्वालीफाई हो जाते अगर वो एक्टर होते. हां और वो अम्मानी ना होते वाक वो. डिसक्वालीफाई हो जाते वो डिसक्वालीफाई. होते कि तुम अमानी हो ही नहीं सकते सही. बात. है बात तो बहुत सही है. अब तो लोग भगवान श्री कृष्ण को भी गोरा.
बना दिए हैं हां बचपन से हम पढ़ते आए थे. कि सावले रंग के थे वो अच्छा हां फिल्मों. में कैरेक्टर्स में सीरि सावली रंग से जो. इनका वो हो रहा है ना बैर हो रहा है सावली. रंग की हीरोइन दिखाई नहीं पड़ती हमें. दिखाई नहीं पड़ती देख लो तो ये शक्ल सूरत. मायने रखती है बहुत ज्यादा इंडस्ट्री में. तो मायने रखती है ऑफकोर्स आप देख लो ना आप. तो खुद ही बोल रहे हो ना इस चीज को कि. मुझे एक सांवली लड़की दिखा दीजिए काली. लड़की दिखा दीजिए सुपरस्टार हो स्टार हो. आप तो पार्ट हो ना इंडस्ट्री का हम तो पूछ. सकते हैं क्यों ऐसा होता है आई मीन आप लोग. भी अच्छी फिल्में कर रहे हो कई सारे अच्छे.
डायरेक्टर्स हैं जो अच्छ इसके बारे में एक. बहुत बड़ा वो है े डिबेट है मैं कभी आप. मिलेंगे तो मैं बताऊंगा आपको पर्सनली. बताऊंगा कि क्यों है ये अनफॉर्चूनेटली. अनफॉर्चूनेटली. इधर उधर नहीं हुआ इतने सारे प्रोडक्ट भी. लगाने के.
बाद अपनी टीम से क थोड़ा और खर्चा करें. अच्छे से मेकअप आर्टिस्ट मेकअप आर्टिस्ट. में थोड़ा सा वाइट करने की कोशिश की आज. आपके मेकअप आर्टिस्ट की नौकरी में खा. जाऊ अच्छा फिल्मों में आपको कोई हीरोइन. पसंद है जिसके साथ काम करना है क्योंकि. पहले तो आप चूज नहीं थे पहले आप बगर थे कि. जहां रोल मिल गया वहां चले ग अब आप चूर सर. मेरा कोई भी अच्छे एक्टस कोई भी आ जाए. नहीं जैसे आपने एक जमाने में श्रीदेवी जी. के साथ आपने काम इसलिए किया क्य आपको. श्रीदेवी थी वो आपने कहा मुझे उनको साथ का. काम करना था इसलिए मैंने फिल्म साइन कर दी. अभी भी कोई ऐसा बचा है कि यार ये फलानी.
एक्ट्रेसेस के साथ काम मिल गया बहुत सारी. एक्ट्रेस है ब एक्ट्रेसेस है हम एक अनुसया. सेन गुप्ता है जिसको शेमलेस के लिए बेस्ट. एक्ट्रेस का अवर्ड मिला कान फिल्म. फेस्टिवल में अनसर्टेन रिगार्ड में फिल्म. थी उनकी वो बहुत कमाल की एक लड़की ने मेरे. साथ. एक चित्रांग द नाम उनका सतपुड़ा मेरे साथ. एक फिल्म में काम कि कमाल की एक्ट्रेसस. एक्ट्रेस है वो उसके साथ दोबारा काम करना. चाहता हूं. और एक मस्त में रहने का मोनिका नाम है.
उनका मोनिका पनल नाम है उनका वो कमाल. एनएसडी के एक्टर है उनके साथ काम करने का. मन है बहुत सारी एक्ट्रेसेस है अमृता. सुभाष एक कमाल के एक्ट्रेस है गीतांजलि. शेरीकर एक बहुत कमाल की एक्ट्रेस है जब. देखते हैं परफॉर्मेंस तो पता चलता है क्या. एक्टर है वो लोग इन लोगों के साथ काम करने. का मन करता है क्या डिफरेंस हो गया. एक्टर्स के लिए राह अब आसान हो गई मुंबई. में किसके लिए मुंबई में राहे आसान हो गई. अब एक्टर के लिए हां इतने सारे ये सब आ गए. हां मतलब जी5 ये ऑफकोर्स.
इस तरह के जो ओटीटी जो एक्टर्स जिनको कभी. मैं भी शायद फिल्म इंडस्ट्री में उतना. फुटेज ना मिलता बिकॉज ऑफ. टी वो आज हमारे सामने हम उनकी सीरीज देखते. हैं फिल्में देखते हैं तो क्या डिफरेंस है. पहले के स्ट्रगल में आज के स्ट्रगल में आज. जो लोग आते हैं स्ट्रगल करने और एक जब आप. लोग आए थे 90 में हमारे टाइम में तो ब डि. थोड़ा हर बार यही कहते हैं कि हमारे टाइम. में बहुत डिफिकल्ट था क् इस टेक्नोलॉजिक. ली हमारे टाइम प बहुत डिफिकल्ट था हमें. जाना पड़ता था ऑफिस टू ऑफिस जाना पड़ता था.
यह था राजपाल यादव को आपने फोन बूथ बना. रखा था आप थे चंट थे आप चंट थे आप राजपाल. यादव ने किस्सा सुनाया अभी क्या कि नवाज. भाई ने मुझे फोन बूथ बना रखा था अच्छा. जहां जाओ वहां पर हां वो तो रैगिंग के. टाइम पे उसको करता था मैं क्यों करते थ. पैसा मजा आता था राजपाल को परेशान करने. में बड़े चाव से सुना रहे थे क्यार हम लोग. भीड़ में खड़े थे और आराम से नर्मल थे. नवाज भाई आए हम सब वहां फोन बूथ बन गए तो.
ये फोन बूथ क्यों बनवाया था वो एक्सरसाइज. दे रखी थी उसको कि जहां पर भी मुझे दिखा. तू तो इटली फोन करने लग तो एक अपना बॉक्स. बना के उठा के उसको प्रॉपर डायल करता था. पूरी बाजार में बीच में सोचो एक आदमी ऐसे. झुक के ऐसे कर रहा है ऐसे कर रहा है अच्छा. ये वो तो अजीब सा लगता था ना तो बहुत सारे. टास्क दे रखे थे उसको हमने राजपाल को ये. जो शुरुआती फिल्में थी सत्या शूल मैंने उस. टाइम सुना कि अनुराग कश्यप और जो पूरी हुई. थी आप लोग के आसपास की इनमें से फ्रेंडशिप. भी अच्छी थी उस टाइम में जो लोग दोस्त बने.
साथ-साथ बढ़े साथ-साथ ग्रो कर गए और. ऑलमोस्ट सब निकले इनमें से कोई था जो वापस. जाना चाह रहा था आज बड़ा स्टार बन के बैठा. है तो कई लोग के मैंने किससे सुने कि. रेलवे स्टेशन तक पहुंच गए थे फिर उठा लाए. लोग दोस्ती आ रही मैं चलो हम देखेंगे अब. बहुत सारे लोग थे जो जाना चाहते आई थिंक. ऐसा कोई नहीं था मुझे नहीं लगता ऐसा कोई. था जो जाना चाहते थे वो चले गए और जो रह. गए वो गैंगस ऑफ वाप रह गए तो मन गए गैंगस. ऑफ वासेपुर कैसे मिले गैंग्स ऑफ वासेपुर. कैसे मिले मि क्योंकि तब तक इतना बड़ा रोल. नहीं मिला था हां तो क्या देख के मतलब.
क्या था उसमें जो आपको मिल गया क्योंकि. उन्हीं की फिल्मों में आपने छोटे-छोटे रोल. किए थे शूल में मनोज वाज द लीड नवाज वेटर. हेलो सर चाय फिर फैजल खान पता नहीं अनुराग. ने कुछ देखा होगा मुझे तो पता नहीं अनुराग. ने देखा होगा मेरे अंदर कुछ क्या एटीट्यूड. टाइप का कुछ देखा होगा तो अचानक से एक दिन. मैं अपने गांव में था उन्होंने फोन किया. बमबे से गांव आया हुआ था मैं अपने तो. उन्होंने फोन किया एक दिन के नवाज एक. फिल्म है वो मैं कर रहा हूं और वैसा सा. रोल है मैं तुझे स्क्रिप्ट भेज रहा हूं. स्क्रिप्ट थी पांच पेज की ठीक है तो जैसा.
ऐसा सा रोल है जैसा तू करना चाहता है और. जैसा मैं करना चाहता हूं मैंने कभी अनुराग. को शेयर ही नहीं की वो बात व पता नहीं. कैसे समझ गए इस बात को और मैंने जब व 1015. लाइन लिखी हुई थी उस कैरेक्टर की उस. कैरेक्टर की 101 लाइन देख के मैं समझ गया. बॉस यह है कैरेक्टर तो और इसको तो मैं. छोडूंगा नहीं किसी भी लिहाज से इसको तो अप. टू द मार्क करूंगा इस टर को और वही. धीरे-धीरे मैं फिर अल्प चनो बनने लगा और.
जब सेट प गया तो फर्स्ट डे मैं फुल ऑफ. एल्प चनो था फुल ऑन मैं अल्प चनो की तरह. रिएक्ट कर रहा था अनुराग ने रात को मुझे. बुलाया बनारस में हम लोग एक छोटे से होटल. में रुके हुए थे यह क्या कर रहा है तू. मैंने क्या कर रहा हूं तू पागल है क्या. किस तरह से कर रहा है तू ओवर एक्टिंग. क्यों कर रहा है पावर क्यों शो कर रहा. है और मैंने तो अपना सर पकड़ लिया बिल्कुल. मैंने यार ये तो वाकई गलत हो गया वो पूरा.
का पूरा जो शूट किया था उस दिन रीशूट किया. नेक्स्ट डे और मैंने जो पावर शो कर रहा था. मैं वो बिल्कुल हटा दिया एक आम आदमी की. तरह कौन से सीन का था ये सीन जो डेफिनेट. आता था जेल में मिलने उससे हा तो मैं. बोलता क अरे डेफिनेट इधर आ तो वैसा सा जो. है व पूरा रीशूट हुआ और तब मैंने रिलाइज. किया कि शो नहीं करूंगा क्योंकि अनुराग. चाह रहा था कि शो करने की एक छोटे से आदमी. को मैं खड़ा कर दूं और उसके पीछे छछ फुट. के पांच छह बंदे खड़ा कर दूं वैसे ही.
पावरफुल दिखेगा हम अच्छा उस फिल्म ने क्या. बदल दिया आप लोग की लाइफ क्योंकि मैं आज. जब देखता हूं तो जितने भी लोग थे सब बड़े. बन गए सबको उनकी पहचान मिल गई और सबका. पिंड आज तक नहीं छोड़ा आपने इतनी सारी. फिल्में की मैंने आपको बदलापुर में देखा. किक में देखा शाहरुख की रईस में देखा अभी. ये फिल्म आ रही है बट जब वो आता है मेरे. दिमाग में किरदार तो मैं आज भी टीवी पर. बैठ जाता हूं या कहीं आ गया तो उसके. डायलॉग्स आज भी जबा पर रटे हुए हैं एंड आई. एम श्यर आपका भी खून पी गए होंगे लोग सर. ये वाला डायलॉग बोल ये वाला बोल दो एक बार. फिर से कर दो बाप का दादा का भाई का हां.
तो क्या था उसमें मैजिकल क्योंकि ये लोग. मतलब ये बड़ा इंटरेस्टिंग वो है कि क्या. उसमें था जो फिर वैसा कुछ नहीं दिखा वो. अलग कुछ था उसमें सब के सब स्टार हो. गए आई थिंक वो तैयारी भी नहीं थी जो. स्क्रिप्ट होती है प्रॉपर स्क्रिप्ट भी. नहीं थी वो एक माहौल था और आई. थिंक अनुराग उस वक्त ना पूरा ड्रीम था. अनुर के पूरी हमें किसी को नहीं पता था. सिर्फ और सिर्फ एक शब् श था अनुरा कश्यप. जो दिमाग में थी उसकी कैसे फिल्म वो देख.
रहे हैं ग लोग कहते कि उनको पैसा कम दो तो. अच्छी फिल्म बनाते. हैं आ अगर आप उनको कम बजट दो तो अच्छी. फिल्म बनाते हैं क्वालिटी बनाते हैं बट. मेरा तो भरोसा है नरा कभी भी मतलब कुछ भी. कर सकते हैं. वो टैलेंट है उनके पास अमेजिंग कुछ एक्स. फक्टर है उ कुछ एक्स फैक्टर है ये तो है. सुपर प्यार मोहब्बत अभी भी होता है किस. चीज से. जिंदगी काम वाला बहुत हो गया जान दुनिया.
जानती है आप काम इतना अच्छा करते हो हर. आदमी तारीफ कर रहा है जी जिंदगी में भी. होता है कुछ धड़कता है दिल कभी हां क्यों. नहीं धड़केगा मेरी बेटी के लिए धड़कता है. मेरा दिल और वैसे मोहब्बत नहीं होती प्यार. इश्क मोहब्बत कुछ वैसे नहीं नहीं वैसे. नहीं होती मेरी बेटी के लिए मेरा धड़कता. है दि क्या होता है प्यार. मोहब्बत अच्छा लगता है सबको सॉफ्ट सॉफ्ट. [हंसी]. सॉफ्ट आय शाबाश बड़ी कंट्रोवर्सी हुई थी. 27 बड़े लोगों ने मौज काटे थे आप बड़े. मीम्स बनाए गए.
थे बट आपका सॉफ्ट सॉफ्ट चल रहा था हमारा. सॉफ्ट सॉफ्ट चल रहा. था सही है सही अच्छा लोगों ने हमसे य भी. पूछा कि यार एक्टिंग का सारा कीड़ा तो भर. गया था उसमें गैंगस ऑफ वासेपुर से बदलापुर. मिल गई और अच्छी फिल्म मिल गई सैक्रेड. गेम्स के पीछे क्या भरा था जो आपने साइन. कर. दी मैं मैं सच बताऊं मैं करने वाला नहीं. था डर नहीं लगा यार कि इत थोड़ा ज्यादा हो. गया मतलब या था कि ठीक है यार मौका मिला. छोड़े क्यों नहीं नहीं मैं हां अच्छा उस.
वाली बात को कह रहे हो आप अच्छा अच्छा. अच्छा मैं सच बताओ मी आता ना इस लगा देंगे. प्यारी समझ. गई प्यारी समझ. गई मेरे को नहीं पता था कि. श हुई है तो मैंने बिल्कुल मना कर दिया. फिर मोटवानी अनुराग कश्यप दोहो ने बताया.
मुझे कि ओटीटी एक्चुअली क्या होता है. लिक्स क्या है तो मुझे बताया तब जाके मुझे. पता चला और फाइनली जो है फिर मैंने बोला. ठीक है करते हैं फिर वो सेकड गेम्स बना एक. आपने फिल्म की थी माउंटेन मैन हा मुझसे. बहुत सारे लोगों की शिकायत थी उन्होने कहा. नवाज भाई तक पहुंचा दीजिएगा ये आपके चाहने. वाले आलोचक नहीं है जो ये लोग है वो आपको. जो दिन रात पसंद करते उन्होने कहा कि नवाज. भाई ने कमिटमेंट कर दी थी उस टाइम कि अगर. ये फिल्म बन रही है इसमें से कुछ परसेंट. जो है वो मैं उनकी फैमिली को डोनेट करवा.
दूंगा अब बहुत सारे लोगों ने मुझसे. रिक्वेस्ट किया कि अगर आप पहुंच रहे हैं. तो उनको अ याद दिला दीजिएगा कि सर अभी भी. वो फैमिली थोड़ी बदहाल है अगर आप आवाज. उठाएंगे तो शायद उनके अच्छे दिन आ जाए. हमने मैं यह बात मुझे पहले भी पता चली थी. और हम हमने और केतन सर ने बैठ के बात भी. की थी और कुछ किया भी था केतन सर ने कुछ. कुछ कुछ तो मुझे अच्छे से याद है कि हमने. कुछ किया. था अच्छा अब कुछ क्योंकि हम एंड सेक्शन. धीरे-धीरे जा रहे हैं मैं कुछ डायलॉग. बोलूंगा आप इरिटेट हो चुके हैं उससे बट. स्टिल आपका जो रिएक्शन आएगा आपको एक लाइन.
में रिएक्शन देना है आप जो भी आपका. रिएक्शन आता है. नेचुरल अभी भी सांस रोककर टक से मौत को. छुक आवा आते. हैं हां नहीं अभी तो नहीं दो ऑप्शन है या. तो डायलॉग बोल दीजिएगा या अच्छा रिएक्शन. दीजिएगा. अच्छा मैं 15 मिनट तक अपनी सांस रोक सकता. हूं मौत को छू के टक्स वापस आ सकता. हूं एक सबसे बढ़िया जो सवाल जो हमारा. फेवरेट था हा. कितना चाहते हैं फगुनिया को.
आप तोरा का हम इतना प्यार करते हैं इतना. चाहते हैं इतना चाहते हैं इतना चाहते हैं. इतना चाहते हैं सीना चीर के दिखलाए. बजरंगबली जैसा एक सबसे बढ़िया था क्या. चाहिए औरत. को वैसे ये तो निजी जिंदगी में भेट कर. जाता हो कई बार साला चाहिए क्या औरत को ये. बहुत सारे लोगों की जो व्यथा एं हैं जिने. एक साथ सबकी व्यथा को एक साथ बड़े इमोशन. से भी आपने कहा क्या चाहिए क्या औरत को. औरत को. हां ये तो हमको लगता है आप इसके लिए अलग. से फील नहीं करना नहीं सर इसके लिए आज तक.
पता नहीं कर पाया कोई भी कि उनको क्या. चाहिए आय रे जबरदस्त यह बारिश तो करवाने. वाले है नहीं आप मेरी कोई भाग गई ना दोस्त. मैं बता रहा हूं. ना अगर दोस्त होती तो बता मैं बोल देता. अच्छा एक और आपका बड़ा जबरदस्त सीन था. चड्डी बड्डी वाला हा छोटे की चड्डी बड़े. की चड्डी ये चड्डी वो चड्डी वो. चड्डी मतलब वो मैं आज सुबह भी देख रहा था. मैंने कहा ये क्या था और यह एक लाइन में. कैसे था और फिर उस लड़के को अगर तेरे.
कटपीस हो तीन. चार ननो कार बन. जाएंगे मैंने कहा इसमें बॉडी शेविंग भी थी. लेकिन ये जबरदस्त था हालाकि बॉडी शेविंग. आप ज्यादा हुई आप लोग जहां से आते हैं. गांव देहात जब रहते होंगे तो वहां तो ऐसे. मजाक कॉमन होए आराम से जो काला है कालू. कालू बोलते हैं जो मोटा है मोटू बोलते हैं. उसको जो चश्मिश है व चश्मा पहनता है उसको. चश्मिश बोलते हैं तो कभी इंडस्ट्री में. हुआ कि आपने किसी को ऐसे मजाक मजाक के बोल. दिया उना मैं तो बिल्कुल नहीं इस बात पे. कभी वो करता कभी नहीं हुआ कोई गर्लफ्रेंड. थी कॉलेज लेज के टाइम में क्या क्या यार.
एनएसडी से शुरू हुआ था सारा खेल एनएसडी से. सारा खेल शुरू हुआ था उसके पहले भी नहीं. उससे पहले मत कहां लड़किया ही नहीं थीरे. हमारे ग्रेजुएशन जब जहां से मैं कर रहा था. दूर दूर तक नहीं सन्नाटा था इसीलिए परमिशन. मांग रहे थे अकाल पड़ा हुआ. था अ ऑलमोस्ट हम आ गए हैं सारी चीजों पर. अब यहां से क्या करना है क्योंकि हो गया. पैसा कमा लिया नाम कमा लिया बढ़िया फिल्म. आ रही है फिल्म भी आपने बता दिया कि अलग. तरह का किरदार है शौक के लिए अब कर रहे. हैं क्या बचा लाइफ में कुछ तो होगा ना कि. अब यार हायर गोल्स है अभी भी कुछ जो आपको.
इंस्पायर करे आगे बढ़ाने में कुछ बचा क्या. अच्छी इंटरेस्टिंग स्टोरी ऑफकोर्स और वही. जैसे मैंने आपको पहले बताया कि वो. जो. एक अच्छी कंटेंट डम थोड़ा डीप डाउन जाने. वाली सिनेमा करना चाहता हूं फैमिली मिस. करते हो आप हैं फैमिली को मिस करतेस. करेंगे बच्चे हैं मैं मिलने चला जाता हूं. उनसे दुबई में पढ़ते मतलब ये मैं पर्सनल. लेवल पे पूछ रहा हूं हूं मुसे क्योंकि. आपने कहा ना सक्सेसफुल होने की कीमत. चुकानी पड़ती.
है हां आपके भाई की बहुत सारी खबरें आती. रहती है बहुत स चीज आते है लोगों ने कहा. नवाज भाई बहुत बड़े कलाकार है बहुत बड़े. एकटर बन गए लेकिन अगर थोड़ा सा परिवार. संभाल लेते तो और थोड़ा अच्छा होता आपको. कभी लगता है सर सब जब सब सब समझदार होते. हैं तो ज्यादा क्या होता है मैं कई बार. ऐसा होता है कि भाई समझाने की कोशिश करते. हैं तो बट नहीं ठीक है हर एक आदमी की अपनी. अपनी लाइफ है है ना जो जैसा चाहे करे हमें. क्या मतलब पिता कसे. हैं पिता कैसे है पिता तो चले गए अब तो. खैर उनको आप कैसे पिता मैं आपके पूछ र हूं.
आपने अपनी पॉडकास्ट में बिना पूछे तीन चार. बार अपनी बेटी का जिक्र कर दिया हा मैं तो. बहुत अच्छा फादर तो मैं बहुत अच्छा हूं. अच्छे फादर मतलब क्या होता है बहुत अच्छा. फादर दोस्त की तरह हूं मैं अपने बच्चों के. लिए जो मैं अपने फादर वगैरह से एक्सपेक्ट. करता था कि दोस्त की तरह रहे बट वो तो. नहीं हो पाया क्योंकि वो ऐसी कंडीशंस थी. वहां पे गांव कस्बों में तो बिल्कुल फादर. बिल्कुल फादर टाइप ही होते हैं बट मैं. अपने बच्चों के लिए बहुत दोस्त ताना टा का. फादर क्रिकेट विकेट देखते हैं नहीं. बिल्कुल नहीं देखते बकुल नहीं देखते ये.
कैसे संभव जीरो. इंटरेस्ट आपको पता है विराट का पूरा नानाम. क्या है विराट. कोहली बिग ने बिग नेमली बट अच्छा इंडियन. टीम में कैप्टन कौन है इंडियन टीम का. कैप्टन कौन है आई डों नो कौन है मुझे नहीं. मालूम अभी इस वक्त प मुझे नहीं मालूम. विराट कोहली होंगे एम एस धोनी का पूरा नाम. क्या. है. माही आपको बिल्कुल क्रिकेट में इंटरेस्ट. नहीं है नहीं मेरे को जीरो इंटरेस्ट है. पॉलिटिक्स में और क्रिकेट में पॉलिटिक्स. में क्यों इंटरेस्ट नहीं है पॉलिटिकल तो.
किसी चीज में जीरो इंटरेस्ट है इतना. बढ़िया किरदार आपने निभाया बा बाल साहब. ठाकरे का नहीं वो नहीं किरदार निभाएंगे. बैकलाश आए थे बाल ठाकरे को निभाने के हां. ऑफकोर्स क्या हुआ था कहां पे बाल ठाकरे. किरदार निभाने के बाद आपके लोगों ने आप पर. निशाना साधा नहीं नहीं इतना ज्यादा नहीं. इतना कोई बोल नहीं स बीच में आया था बीच. में एक वो तो हर जगह होता है हर किसी के. साथ होता है थोड़ा बहुत तो बट इतना ज्यादा. परेशानी बॉलीवुड में मुसलमान होता है सवाल. ही पैदा नहीं होता बल्कि बॉलीवुड से तो.
सीखना चाहिए लोगों को बट जैसे अब तो बड़े. डिवाइडेड ओपिनियन आते हैं जैसे नसीर साहब. अनुपम साहब ये सब अच्छे मित्र रहे हैं बट. अब अलग-अलग स्टेटमेंट्स आते हैं इन्होंने. उन पर ओपनली बोल देते हैं जो सीनियर. जनरेशन है जावेद साहब कई बार खुलकर बात रख. देते हैं और भी कई कलाकार है दोनों साइड. से नहीं देखिए देखिए वो विचार उनके अलग. अलग हो सकते हैं लेकिन अगर काम साथ में. करेंगे तो बहुत लेकिन आपको मालूम है अनुपम. खेर साहब जो है नसी साहब की बहुत े करते थ. एक्टिंग इ कंसर्न एक्टर इ कंसन बट जैसे.
प्रकाश का स्टेटमेंट साउथ के एक्टर हैं कई. सारी फिल्मों में रोल भी किया उन्होंने. उन्होंने कहा कि मेरे ओपिनियन की वजह से. मुझे फिल्में मिलनी कम हो. गई क्योंकि वो बहुत ज्यादा क्रिटिकल है तो. ये भी होता है कि अगर आपकी आइडल जीी मेरी. आइजी फिम इस्ट्री में तो नहीं होता आई. डोंट नो मैं मैं देख मैं इतना ज्यादा. मैंने सर्च नहीं किया फ्रैंकली स्पीकिंग. और मैं बस यह कह सकता हूं. कि पॉलिटिक्स जो है मुझे नहीं लगता कि. हमारे या यह जो कम्युनिटी वाला जो आप बोल. रहे हिंदू मुस्लिम मेरे ख्याल से मुझे.
लगता है कि आपने कभी मुस्लिम होने का. नुकसान झेला बिल्कुल भी नहीं मेरे को तो. इतना प्यार मिलता है यार कभी लगता है क्या. मुसलमान हो ब हम सब नवाज भाई कहते आपको कभ. ऐसा लगा आपको कभी ऐसा लगा आपको रिला आप. मुस्लिम हो क्या ह कभी आपको रिलाइज करा. गया कि आप मुस्लिम हो कभी नहीं आई पार्ट. ऑफ इंडस्ट्री एक्चुअली नहीं कुछ एक्ट ने क. दिया ना उन्हे इस देश में लगता नहीं नहीं. नहीं नहीं मुझे तो ऐसा कुछ कभी नहीं मेरा. देश भाई बहुत खूबसूरत है और जितना प्यार.
और जितनी इज्जत यहां पर मिलती है मजा आता. है बहुत खुशी होती है जब मैं आम लोगों के. बीच में जाता हूं ना जो प्यार मिलता है ना. चाहे वो किसी भी कम्युनिटी का हो जो प्यार. मिलता है ना वह सच बता रहा हूं मेरे ख्याल. से मुझे अगर मैं कहीं और दूसरी कंट्री में. इतना इतना ना मिलता मुझे. बहुत ऐसा लगता है कि यार बड़ा मजा आता है. सच बता रहा और अलग-अलग लोगों से. मिलके बहुत प्यार मिलता है मुझे सच बता.
रहा हूं अभी दिलजीत ने भी बात कही क उसने. कि मैंने पूरा इंडिया देख लिया पूरा. वर्ल्ड देखा मैंने हर जगह में गया बट. इंडिया में जो है वो नहीं है नहीं ये कहीं. नहीं मिलेगा सर आपको और छोटे छोटे गांव. कस्बों तक में जाता हूं मैं तो शहर तो. छोड़ दो गांव कस्बों में जाता रियल लाइफ. में जब जाते हैं ना ये कहीं दिखाते होंगे. मीडिया में कुछ दिखाते होंगे तो मुझे नहीं. मालूम जब रियल लाइफ में जब जाते हैं ना. इतने खूबसूरत लोग हैं ना ना हमारे इतने. इनोसेंट लोग हैं हमारी कंट्री के हम आप.
सोच नहीं सकते हम लोग इतने प्यारे लोग हैं. आपने तीनों बड़े खांस के साथ फिल्में की. है ह सबसे बेहतरीन एक्टर कौन है सबसे. बेहतरीन मैंने बताया ना कि देखिए हर एक. एक्टिंग आपकी नजर में जैसे आपका जो एक थॉट. प्रोसेस होगा ना सबका फेवरेट होता है हो. सकता है मुझे काला पसंद है आपको नीला पसंद. है नहीं नहीं तीनों की अपनी खूबी है सबसे. एंटरटेनिंग एंटरटेनिंग कौन है एंटरटेनिंग. कौन रियल लाइफ में हां रियल लाइफ में तो. भाई है सलमान भाई ऑफकोर्स र्स एनी.
टाइम अमेजिंग मैन सबसे ज्यादा एक्टिंग प. बारबार को कौन करता है यार इसको और बेहतर. कर सकते एक बार और करते शह. साहब ही सो पैशनेट अबाउट. लाइक फिर से करते हैं उसको पैसा से करते. हैं फिर से करते हैं वै करते बहुत मेहनती. एक्टर है व सबसे हंबल कौन है. हंबल ऑफकोर्स शाहरुख शाहरुख खान लोग तारीफ. करते हैं उनके हमल कील हमल तो बहुत है वो. तो सीखना चाहिए हमल नेस तो उन से आमिर खान. में क्या खूबी थी आमिर खान परफेक्शनिस्ट.
है ऑफकोर्स और और जो सिनेमा आमिर ने दिया. है ना. हम ओ माय गॉड अलग-अलग तरह का सिनेमा दिया. है वो इंसान ऐसा इंसान ऐसा फिल्म मेकर है. वो आदमी इतनी कमाल की फिल्में दी हैं अलग. हट के लीक से अलग हट के फिल्में दी हैं. हमारी पीपली लाइव भी के प्रोड्यूसर भी वही. थे अभी और लास्ट टाइम लापता लेडीज आए जो. उनका सोचने का मयार है है वो बहुत फास्ट. है एज फर एज फिल्म फिल्म मेकर इज कंसर्न.
एक लास्ट क्वेश्चन इरफान साहब को. ट्रिब्यूट करते हुए बिकॉज वो दुनिया में. नहीं है और उनके भी बहुत सारे फैंस मिस. करते हैं और आप लोग के फैंस बड़े कॉमन है. जो एक तरह का सिनेमा देखना चाहते हैं. इरफान खान से कभी सवाल पूछा गया था कि. क्या आप और नवाज के बीच में कभी कोई. रेवलरी थी क्योंकि जब उनका पीक था उसमें. सडन नवाजुद्दीन सिद्दीकी आए और सडन आप हर. तरफ छाने लगे सारी फिल्में आपके आने लग हम. कभी कोई थी पीक ऐसी रेवलरी कभी ऐसा कोई. कंपटीशन हेल्दी कंपटीशन भी कभी कैसे हो. सकता था लोगों ने पता नहीं मीडिया वीडिया. में आना शुरू हो गया था इस तरह के मैंने. ठीक है भाई क्या करें कंफर्टेबल हैय ना.
नहीं एब्सलूट कंफर्टेबल है क्यों व्हाई यू. सेइंग लाइक. दिस ऐसा लगा कि बैठा दिया गया बस नो नो नो. मैं बहुत कंफर्टेबल फील करता हूं मैं तो. चाहता हूं ऐसे ही सो भी जाऊं मैं बिस्तर प. जाके इरफान खान की हम बात करें हां मेरे. सीनियर रहे हैं और काफी काफी टाइम तक साथ. में रहा हूं इनकेन जब वो हॉलीवुड की. फिल्मों की तैयारी करते थे ऑडिशन की तो. मैं उनका क्यों देता था उनके डायलॉग्स. डायलॉग्स का तो बहुत लंबा एसोसिएशन रहा है.
मेरा उनसे आज से और मुझे डायरेक्ट किया. उन्हें सबसे पहले पता है आपको कि उन्होंने. मुझे एज अ हीरो डायरेक्ट किया था मैं हीरो. था उनकी फिल्म में और उन्होंने डायरेक्ट. की थी एक फिल्म. अलविदा तो इतना इतना प्यार दिया उन्होंने. तो मैं क्या एहसान फ कभी कोई रेवलरी नहीं. रही कभी कोई नहीं रही कभी कोई राइवल नहीं. रही कोई एक्टर है आप मैं आपको एक्सक्लूड. कर रहा हूं आपको इस रे से बाहर कर रहा हूं. मैं आप अपने बारे में क्या ही बात करेंगे. अ जो आसपास उस स्कूल ऑफ एक्टिंग के नजर.
आता हो कोई कोई और एक्टर जो उस स्कूल जो. इरफान साहब की एक्टिंग स्कूल थी उस लेवल. बहुत सारे एक्टर हैं जैसे कौन-कौन से हैं. बहुत सारे एक्टर. हैं आने वाले वक्त में बहुत सारे एक्टर. हैं नई पीढ़ी में कोई कलाकार न पीढ़ में. आपको मनोज जी को पंकज जी को आपको लगता है. कि इस लेवल का हमारे लेवल का य एक्टर है. इसके साथ काम करते हैं मैं अगर आपको ऐसे. जो जो जिनके साथ मैं काम करना चाहता हूं. हैं हम बहुत सारे एक्टर हैं लेकिन आप. जानते नहीं उनको. कोई सुपरस्टार में उस लेवल का एक्टर किस. लेवल का आपके स्तर का एक्टर मेरे तो मेरे.
से सारे ऊपर लेवल की स्तर के ही एक्टर. है मैं कौन सा मेरा कौन सा लेवल है या. स्थर है हम तो कोशिश कर रहे हैं वी आर. ट्रांग सर ठीक है लास्ट क्वेश्चन मेरा हर. इंसान में एक्स फैक्टर होता है शाहरुख खान. आए थे फलम टम अमिताब साहब की हाइट लंबी थी. शत्रुघन साहब की आवाज भारी थी किसी में. कुछ होता है किसी में कुछ होता है नवाज. में क्या था जो अब तक सरवाइव करते रह गए. और दिन प्रति दिन बेहतर होते गए व्हाट इज. यरय जैसे ही मुझे इसका जवाब मिलेगा मैं.
सबसे पहले आपको फोन करके बताऊंगा मुझे आज. तक खुद पता नहीं चला सच्च बता रहा हूं कि. मेरे अंदर क्या खासियत थी क्या बात थी ठीक. है लास्ट क्वेश्चन आपकी जो फिल्म है इसका. तो राज बता ही सकते हैं आप हां इसका राज. बता दूंगा मैं आपको इसमें क्या एक्स. फैक्टर. है इसमें एक अच्छी बात मुझे जो नजर आती है. वो यह है कि आपको लाइक मर्डन मिस्ट्री की. तरह जो फिल्में बनती है या कैरेक्टर होते. हैं वैसा ऐसा नहीं है बहुत ही आम आपके. आसपास का कैरेक्टर है जो लगेगा आपको लगेगा.
मैं खुद इन्वेस्टिगेट कर रहा हूं लोगों को. वो केस के बारे में जानने की मैं खुद. कोशिश कर रहा हूं ऐसा फील. होगा ठीक है कोई शायरी वारी करते हैं ना. बिल्कुल भी नहीं ना इश्क करते हैं ना. शायरी करते हैं सर हो गए जो इश्क होना अभी. थोड़ पूरी जिंदगी फिर इस उर में क्या फ. क्या क्या रह गया खाली एक्टिंग करेंगे अब. अकेले भी तो बैठे होंगे नाराज इश्क कोई. सिर्फ एक चीज से थोड़ा ना एक एक लड़की से. ही थोड़ा ना इश्क होता बहुत सारी चीजें. हैं सर इश्क करने के लिए कौन सी चार चीजें. से आपको इश्क है हैं कौन सी चीजें से आपको.
इश्क मुझे पहाड़ों से इश्क है क्या करते. मुझे मुझे जो बहुत अच्छे जो बैकग्राउंड. स्कोर होते हैं मैं जब म्यूजिक सुनता हूं. उनसे इश्क हो जाता है कोई अच्छी शायरी. होती है उससे इश्क हो जाता है बहुत सारी. चीजें हैं अपनी बेटी से इश्क है मुझे बहुत. सारी चीजों से इश्क है नेचर से इश्क है. आपकी जिंदगी को आपकी एक्टिंग को सराइज. करते हुए हम एक शेर सेंड कर देते हैं हां. कि मिल सके आसानी से उसकी ख्वाहिश किसको. है. जिद हमेशा उसकी रही जो लोग कहते थे. मुकद्दर में लिखा नहीं था थैंक यू सो.
मच थंक य.
