Unplugged FT. Manoj Tiwari on Early Life| Struggle, Rinkiya Ke Papa | Manish Kashyap | Bihar
हम बिहारी दिल बाटे भोला भाला यूपी के. भैया हमरे के बोल जाला हमरा के मत बुझ हऊ. का बुझेला तू का बुझेला तू ये रिंके पापा. इतना वायरल काहे हुआ कौन बनाया था इसको हम. सुनीला की मर्द के ना नाम लिहल जाला उनके. बिना नाम लिहले कुछो ना कला नाम लेके. कहेली की चाय दो जरा सा ही ही ही ही हस. दिल मनीष कश्यप हमारे यहां आए तो लोग कहे.
कि धीरे से काम में पूछ लेना अब हम सामने. पूछ ले कौन डील दिए थे सर आप मनीष को कि. मनीष मान गए इतना डिटेल में क्यों जा रहे. हो सुभंकर भाई प्लीज जॉइन बीजेपी ये बात. आप पवन सिंह कने समझा द टिकटवाला वाया. असंसोल से अरे तो उसका प्लान करवा दिया आप. लोग जिंदगी भर गाना बिहार में गाए आप टिकट. दिला दिया आसनसोल से अगर मनोज जी को. मुख्यमंत्री बनाया जाए तो वो दिल्ली के. मुख्यमंत्री बनना पसंद करेंगे या बिहार का. मुख्यमंत्री बनना पसंद करेंगे अरे कहीं का. बन जाए बहुत बढ़िया बात है मनोज तिवारी का. गाना लगर हो ही नहीं सकता हाथ में मोबाइल.
इनके ठन प स्माइल बगल सामने ऊपर नीचे मारे. ली स्टाइल पास पड़ोसी के लोगन के निकले. लागल दम दम दम. दम बेबी बियर इसमें वल्गर क्या है आईपीएल. देखे कोई सीज आपको देख रहे आप को टीम. सपोर्ट तो कर ना एक तो धोनी के. करीला तो गंभीर छोड़ चला. गए मनोज तिवार साला थ थे एम एस धोनी ये.
सही था हमारे साले और वो दोनों लोग को. जिया जी कहते. थे जिया जी जान नहीं छोड़ रहा. है बहुत बड़ा न्यूज है ये मजा आ जाएगा. लोगों को कि मनोज तिवारी को एमएस धोनी. जीजा बुलाते थे अच्छा रोहित शर्मा की. विराट कोहली हम विराट कोहली को थोड़ा सा. ज्यादा नंबर देंगे भोजपुरी सबसे बड़ा. स्टार कौन पॉपुलर में तो पवन सिंह सबसे. ऊपर लोग हमसे कहे कहे जब एक मैडम गाने कहे. उनको डांट दिए मनोज जी और चित्रा जी पीछे. बैठ गाना कर थे ये दोस्ती नहीं तोड़ेंगे. हम.
ये बहुत अच्छा सवाल है आपका नितीश कुमार. जी से कैसा रिश्ता है सर इधर बीच अब हमारी. बहुत ज्यादा बातचीत नहीं हुई जब से वो. गंदी फिल्म देखने. [संगीत]. ल अरविंद केजरीवाल जी बाहर आए अभी वो कह. रहे हैं अगर चार को इंडिया आ गया तो पांच. को मैं बाहर आ जाऊंगा बीजेपी तो ये भी. नहीं चाहती थी कि वो 20 दिन के लिए भी आए. बीजेपी में कोई चोर नहीं है नहीं होगा एक. तो क्या है ना आप बॉलर बहुत तगड़े आप ऐसा.
ऐसा बोल दे देते हैं ना हो जिया हो बिहार. के. लाला जिया तू हजार साला जिया तू हजार तनी. नाची के तनी गाई के तनी नाची गाई सबके मन. बलावा भैया भैया. भैया कोई उन्हें भोजपुरी का पहला.
सुपरस्टार कहता है कोई उन्हें भोजपुरी का. पहला चर्चित पैन इंडिया एक्टर कहता है वोह. कमाल के क्रिकेटर हैं मौजूदा दौर में. भारतीय जनता पार्टी के नेता हैं और सांसद. हैं कमाल के वक्ता है हाजिर जवाबी उनकी. दुनिया भर में मशहूर है नाम उनका है मनोज. तिवारी. मृदुल नमस्कार बड़ी लंबी यात्रा है सर. आपकी हमारी पैदाइश के वक्त जब हम खबर पढ़. रहे थे आपके बारे में तो पता लगा कि आप. गंगा जी के घाट पर उस वक्त अपना संघर्ष कर.
रहे. थे हां आप बात कर रहे हैं 9192. हां तो बाकी तो आपका रूप हमने बहुत देखा. हमको लगता है शुरुआत जो है वह शुरुआत से. करते. हैं यह तो सही बात है हम लोग काशी में. होते थे यह तब की बात है जब मैं ग्रेजुएशन. कर रहा था काशी हिंदू विश्वविद्यालय. से तो गंगा जी का. किनारा शीतला मैया का घाट.
और 80 के किनारे रीवा कोठी म्यूजिक लोगों. का. हॉस्टल तो यह था कि कई कहानियां हमारी. गंगा किनारे की बड़ी फेमस. है कई बार बड़ी दुर्घटनाएं भी. हुई एक बार तो. बहुत मरते मरते बचे बहुत पिटाई हुई थी. पु एक्सीडेंट था वो.
एक पीएससी की टुकड़ी से कंफ्यूजन में. झगड़ा हो गया. था. तो बहुत यह सब हाथ वात टूट गया अभी भी. हड्डी जो है ये 90 कहानी सुना र आप. क्या यह. कहानी थोड़े दिन बाद की. है यह 55 की. कहानी यह सिर में टाका लगा 11.
शरीर का कोई हिस्सा नहीं था जहां लाठी. नहीं लगा था एक्सीडेंट था खुद भिड़े थे. नहीं कॉलेज में होता ना लड़के कांड करते. हैं कि हमारे यहां तो वैसे भी उधर तो. बाहुबल रहा है तगड़ा नहीं नहीं ऐसा. एक्सीडेंट था. क्योंकि वो. कुछ एक पुलिस अधिकारी से जो ड्रंक था उससे. तूतू मेंे में हो गई उसने जो है केस बनाक. रगड़ दिया व बहुत चर्चित कांड है वो 80.
कांड. जहां बहुत बड़ा न्यूज़ था. हम क लड़के थे आप हम लोग थे करीब 3035 लोग. थे एक लिट्टी बाटी पार्टी थी मामला बिगड़. गया बहुत पुरानी कहानी है तो बेसिकली गंगा. जी के किनारे की बहुत सारी कहानियां है हम. लोगों की और क्योंकि क्या हुआ ना कि मैं. पैदा काशी में हुआ अच्छा आप बिहार की.
पैदाइश नहीं आपकी नहीं अस्पताल में पैदा. हुआ ना काशी हां तो गांव से माता जी आई थी. अस्पताल में तो कबीर चौरा हॉस्पिटल बढ़िया. आपका दोनों जहां शिफ्ट हो सकते हैं यूपी. वाला ही बन जाए बिहार वाला भी हां गांव. बिहार में और जन्म हुआ यूपी में मतलब वो. भी यूपी कि भाई बच्चा होने वाला है तो. अस्पताल चले गए अस्पताल चले गए तो हमारे. गांव का लोकल बाजार है वाराणसी हम हम लोग.
भभुआ के रहने वाले हैं ना हम हम हम जो. पहले रोहता जिला था अब वो कैमूर जिला है. हम तो हम लोगों का तो अगर वनस्पति घी भी. खरीदना है बनारस जाना है हा जिसको हम लोग. पहले डालडा कहते थे हां. हां तो डब्बा में आता था हां डब्बा में. आता था पीला पीला हां हा अरे हम भी बनान. के है ना तो हमको. पता. पवनानंम जदार.
तो हम लोग का ऐसे बनारस से अभी बनारस हमको. याद आता है ना तो हमको थोड़ा सा हल्का सा. गोबर की सुगंध आती है गोबर की सुगंध गाय. का गोबर बनारसी पंडा जी का धर्मशाला. क्योंकि वहीं मां जाती थी तो वहीं रुकते. थे हम लोग अब तो बनार बत बदल गया होगा जब. बहुत बदल गया हम गाना बना के रखे गन में. बेकार हो गया. हम एक गाना बनाए थे कब मोदी जी के आने के.
दो साल पहले और रिलीज नहीं कर पाए ऐसे कुछ. था ना. कि बनारस कै स कै स बनारस कैसन मतलब वो. कैसा. बनारस जब गली में ना सांड. मिले बनारस. क जब गोबर पे ना गड़. बिले बनारस अब जब तक रिलीज करना हुआ य सब.
खत्म हो. गया मोदी जी आ गए उन्होंने ऐसा चेंज कर. दिया हम अब तो गाने ही बेकार हो गया जो. गाए व है ही नहीं है हमने मनोज तिवारी जी. को डिस्कवर किया था पहली बार पूर्व के. बेटा हम लोग नयाना सीडी प्लेयर आया था तब. जो कैसेट लगाते थे तो हमको याद है कि. मम्मी हमारे कहीं सीडी वाला कैसेट दे गया. पूर्व के बेटा और हम उसको लगाया तो जितना. गाना था क्योंकि हम लोग हिंदी पट्टी वाले. थे तो पहली भोजपुरी से मेरा राबता वहां.
हुआ था तो हमको नहीं पता आपको कितना रटा. है लेकिन शाम को हम लोग ऐसे बैठ के आप हसी. मजाक कर रहे थे तो हमको रिलाइज हुआ कि वो. जो आठन गाने थे हमको सारे रट गए थे और व ब. इतने रटा था आज तक रटा हुआ है एक्चुअली. क्या है ना शुभंकर भाई की मैं. थोड़ा मैं बिहार मेरा गांव जरूर है पैदा. भी में जैसे आप सोचे ना तो मैं बिहार यूपी. एकदम वो मिश्रित हमारा स्वभाव बना तो. हमारी डिक्शनरी में बिहार और यूपी अलग.
नहीं. है और बिहार से झारखंड अलग हुआ तो भी उसी. का. पार्ट उत्तराखंड से उत्तराखंड उत्तर. प्रदेश से अलग. हुआ तो हम जितना गाना गाए हैं ना थोड़ा. देखें कहीं ना कहीं हम बिहार यूपी का जो. जिसको पूर्वांचल कह सकते हैं वो प्राइड. ढूंढता रहता है गाने में अब जैसे वो गाना. अपना हम बिहारी. बाटे भोला भाला यूपी के भैया हमरे के बोल.
जाला हमरा के मत पूरब के बेटा हम हन के. बात निराला हमरा के मत बुझ का बुला त का. बुझेला त तो कहीं ना कहीं आप देखेंगे कि. एक ना प्राइड की तलाश है क्योंकि हम उस. दौरान मुंबई गए तो मुंबई में भैया एक दंश. होता था हम मतलब भैया तो हम लोग के लिए तो.
भैया मतलब हमार बड़का भैया लेकिन वहां. भैया. मतलब छोटा काम करने वाला ऐसे दूध बेचने. वाला हे दृष्टि से देखते ने भैया एक ना. तिरस्कार बना दिया. था हमरा के भैया कहला हमरा तो नीकला गल कह. के तू हस का उसका वीडियो भी ऐसे कि. बिहारी वो बनाया. तो फिर धीरे-धीरे मैंने वह प्राइड आते हुए.
देखा क्या मैं बीएचयू से पढ़ा हूं ना काशी. हिंदू विश्वविद्यालय. से. तो बहुत सारी चीजें हमारे दिमाग में ऐसी. आई हैं जिसमें लगा कि हमारा जो कैलिबर है. ना तो दुनिया जो है उस ढंग से इमेज नहीं द. हमारी इमेज बनी जो हमारे माइग्रेटेड लेबर. थे उसके आधार पर बनी हमारी नहीं बट मनो जी. चलो देखो आपने जिक्र कर ही दिया इसका तो.
अब मेरे मन में फिर ये थॉट आ गया. कि बिहार में किसी सरकार नहीं जैसे हम लोग. कॉलेज पढ़े बिहारी लड़का को जयपुर भी मिला. वेस्ट इंडीज के कई खिलाड़ी हैं जिनका. रिश्ता बिहार से है राम नरेश सरवन को. नीतीश जी ने उनके फोरफादर वहां से थे तो. दुनिया में कहीं चले जाइए बिहारी आपको मिल. जाता है लेकिन फिर समस्या यह है कि वो जो. अगर आपको पैसा कमाना है नाम कमाना है तो. बिहार में रह के नहीं कमा पाते मनोज जी भी. सांसद बने तो दिल्ली माग ब. बिहार में नहीं है नाम कमाए बिहार से.
भोजपुरी बोल रहे यहां पे यहां सब कुछ चल. रहा है लेकिन बिहारी आदमी बिहार रहकर नहीं. कर क्रिकेटर भी जितने निकले अभी ईशान किशन. थे या बाकी लोग थे इन सबको दूर जगह शोहरत. मिली बिहार में आपके पास पोटेंशियल था. लेकिन यह एक अनफॉर्चूनेटली. को उठा नहीं पाया और अभी भी खाली कैलिबर. है इतिहास में बहुत सशक्त है वर्तमान में. आपको लेकर अभी भी वो शेकी शेकी चलता. है वही वही उसी को तो हम ढूंढ रहे थे ना.
कि क्यों हम हम लोग भी माइग्रेटेड तो हुए. हम तो उसमें लगा हमें कि देखो हर स्टेट. में या देश के किसी भी हिस्से में दुनिया. के किसी हिस्से में हर स्तर के लोग हैं. श्रम शक्ति में भी हमारा कोई जोड़ नहीं है. हम तो लगातार कोई साल ऐसा नहीं होता है जब. हम मोरिसस ना जाते हो. सुरीनाम यहां मोरिसस और सुरीनाम तो बहुत. जाते हम फिर बहुत नजदीक है एक जगह थाईलैंड.
हम तो ये सब में मैडम को पता है थाईलैंड. जाते रह थे. आप नहीं हम लोग साथ भी गए हैं साथ भी गए. वो अलग बात है बाकी बता गए हैं ना हां हां. ठीक है राम कथा के लिए गए. थे य तो व आपकी बात सुनके हमको ओयो के. मालिक का बयान याद आ गया वो कहे कि हमारे. ओयो में सबसे ज्यादा धार्मिक स्थान पर लोग. आते हैं नहीं हम और मुरारी बापू जी साथ गए.
थे हम लोग थाईलैंड में राम कथा के लिए और. सात दिन की राम कथा हुई थी बहुत चर्चित है. वीडियो हम लोग एक हफ्ता पहले बताए तो हम. पूछ लेते उनसे अरे उनको पूछते तो बहुत. हमको स्नेह देते. हैं मैं बापू उसके साथ मेरा बड़ा लंबा. संपर्क रहा है अभी तो थोड़ा सा व्यस्तता. हो गया नहीं तो कोई कथा नहीं होती थी कि. बापू की कथा हो रही है तो मनोज तिवारी. होगा अभी भी कोशिश करते. हैं अच्छा मनोज तिवारी कौन है ये हमारे मन.
में कई बार सवाल आता है मनोज तिवारी भजन. गायक हैं क्योंकि जब मैं सुनता हूं पहाड़. वाली मैया मेरी बचपन की स्मृतियों में है. कितना बढ़िया गाना गाए थे आप लान सुना. दीजिए फिर हम आगे सवाल पूछेंगे सुखवा या. दुखवा अरे सुखवा या दुखवा पहाड़ वाली मैया. पे छोड़ दी हली अपने किस्मत के कनेक्शन. उनसे जोड़ ली हली अपने किस्मत के कनेक्शन. उनसे जोड़ ली.
हली तारे चाहे अरे तारे चाहे मा तारे चाहे. जा रे हो पहाड़ वाली मैया पे छोड़ दी. हली अपना गाड़ी के. स्टेयरिंग कुछ ऐसे था हा हा बहुत खूबसूरत. ना माई की वैष्णु माई की दुरिया और मोड़. दि ऐसे कुछ करके य सब गाना में लिखा हो. बलू पे सुना हमने हमारे यहां प उस टाइम.
सीडी मैंने कहा ना सीडी प्लेयर में बड़ा. चले हैं आप उस टाइम पे आपका गाना रटा हुआ. था हमको इतना याद हुआ था हमको अभी तो याद. है तो इसीलिए मेरे मन में सवाल है कि मनोज. तिवारी मृदुल कौन है अ भजन गायक है यूपी. बिहार के प्राइड वाले गायक हैं क्रिकेटर. हैं मेंबर ऑफ पार्लियामेंट बीजेपी के नेता. है क् कई पर्सनालिटी है या वो जो शाहरुख. खान के लिए पहला पैन इंडिया सिंगर जिया हो. बिहार के लाला मैं तेरा जबरा फैन हो गया.
बड़ी पर्सनालिटी है तो आप कई बार सोचते. नहीं हो कि यार बहुत सब मिक्सचर हो गया है. अंदर से आप क्या मानते हो कौन है मनोज. तिवारी नहीं ये गांव का लड़का है जो भारत. के गांव का एक लड़का है अभी बचा है गांव. वाला अंदर हां पूरा बसा बचा है वही है तो. पैसा आ गया सबसे अभी हम पढ़ रहे थे. नॉमिनेशन में सबसे अमीर व्यक्ति जो. नॉमिनेट कि अपने आप को दिल्ली में जितने. लोग लड़े रहे हैं चुनाव उसमें मनोज जी पास. सबसे ज्यादा पैसा है छपी थी.
अच्छा पता करूंगा कितना है लेकिन है ठीक. है कोई दोरा नहीं लेकिन मैंने बहुत गरीबी. भी देखी है हा और मैं. तो स्किल्ड होने से क्या-क्या हो सकता है. उसके एग्जांपल हम भी हैं आप भी हैं स्किल. आपको कहां से कहां ले जा सकता. है आज मैं देश. के एक. ऐसे व्यक्ति से पॉडकास्ट अरे हम साधारण. आदमी आप अपना बताइए हम तो बहुत साधारण.
आदमी सीख रहे आप लोग से मनोज तिवारी कौन. है मनोज तिवारी एक भारत के गांव का. व्यक्ति है क्या रह गया गांव का आपके अंदर. अभी सोचते हो आप क्या रह गया गांव का आपके. अंदर क्या नहीं है गांव का है क्या हम थो. बताइए ना लोग जाते क्या बच्चा जो आज आज. बिहार में आपको सुन रहा होगा या सुनेगा आप. हमारा खाना खाने का स्टाइल. देखिएगा आज भी हमको वो.
पीली दाल दाल भात चोखा मिल जाए तो हमको. दुनिया के किसी खाने से अच्छा लगता है वो. गांव वाला ही है आज भी हमको छोटी-छोटी. बातों से बहुत खुशी मिलती है जैसे जैसे. कि मान. लीजिए अब हम कैसे बता उसको क्या-क्या बहुत. सारी चीज में उलझा दे रहे हो हमको.
गांव जाते हैं अपने आप हां कब गए थे आखरी. बार अरे गांव. अभी ढाई तीन महीना पहले गए थे इधर भी. चुनाव है तो नहीं जा पाया मतलब मेरा पाच छ. महीना पर गांव जाना खेती कराता हूं. खेतीबाड़ी. है. और. अभी गांव में जब थोड़ा सा कुछ. भी मैं गांव में. अपनी एक स्टेडियम मतलब स्टेडियम तो नहीं.
खेल का मैदान बनाने में लगा हूं अभी गांव. में खेलने में बहुत दिक्कत होती थी हम. लोगों को सोच रहे हैं कि एक ग्राउंड बन. जाए तो बहुत दिन से कोशिश किया था अभी. जाकर कुछ जमीन मिल गई क्योंकि गवा में. जमीन वा लोग देते नहीं है ना तो खाली पैसा. जमीन नहीं मिलता बहुत जुगाड़ लगाना पड़ता. है तो ऐसा किया यह सब तो देखो गांव ही है. ना कि मैं सांसद भी हूं एक सिंगर भी हूं. एक्टर भी हूं हूं लेकिन मैं चाहता हूं.
मेरे गांव में थोड़ा सा कुछ अच्छा हो जाए. अब देखिए इसपे क्योंकि आप पॉलिटिकल नेता. भी है तो हमको हर तरह सवाल पूछना है आपसे. गांव वाला भी पूछना है गायकी वाला भी. पूछना है सियासत वाला भी जहां जो बताएंगे. उनको याद आता है मेरे मन में ऐसा ख्याल. आता है कि ईशान किशन निकले बिहार से मुकेश. कुमार आए बिहार से अभी एक लड़का आकाश भी. आया था कई बिहार में टैलेंटेड लड़के हैं. जी आप इतना बढ़िया खेलते हैं तेजस्वी जी. दिल्ली में खेलते थे दिल्ली डे डेविल में. अब खेलते थे उनका फोटो यादव हा तेजस्वी.
यादव जी जो डिप्टी सीएम रहे फिर कई बार मन. में आता है कि फिर बिहार में एक स्टेडियम. नहीं था बिहार में अभी जो रिसेंटली मैच भी. हुआ था मुंबई की रजी टीम गई थी उसकी हालत. देखकर हमको शर्म आ रही थी पीछे की. तस्वीरें जो आई बड़ा दुख हुआ हमको कि यार. इतना बिहार प्राउड से हम लोग कहते हैं. यूपी बिहार और वो तस्वीर है फिर लोग हमसे. जब हम आपका नाम डाले कि मनोज जी आ रहे हैं. तो लोगों ने कहा कि मनोज जी से पूछना कि. यार 40 में 39 सीट दे दिए. थे इतना तो बनता था ना हम बिहारियों का कि. एक स्टेडियम मिल जाता हमको कि मैच हो रहा. था थोड़ी व्यवस्था हो जाती हम भी कहते हैं.
प्राइड. से एक ट स्टेडियम तो बन गया है मतलब छोटा. ही बना है ऊर्जा स्टेडियम एक जहां मैच हुआ. था उसके पीछे जो हालत दिखाए थे देख के. शर्म आ रही थी सर जहां पे बिहार क्रिकेट. बोर्ड का वो ऑफिस था इतना झाड़ी झंकाल. देखिए एक बात तो क्या है ना शुभंकर भाई कि. स्टेबिलिटी बिहार के पॉलिटिक्स में नहीं. रही. हम हम. बहुत अगर देखें तो उथल पुथल होते रहता है.
कभी बना साथ में बना इधर चला गया उधर चला. गया फिर आया उसमें यह हमको भी दुख इस बात. का कि स्टेडियम तो बन जाना चाहिए था यह. फेलर. है यह फेलर है पक्का बन जाना चाहिए था. लेकिन ये सब स्टेट मैटर है. ना. इसमें केंद्र का रोल जो सहायता मांगे. उसमें करने का. तो मोइनुल हक स्टेडियम जो है उसको वास्तव.
में बहुत अच्छा बनाया जा सकता है जैसे. स्टेडियम बना बिहार में लेकिन चला गया. झारखंड में जेएससीए स्टेडियम है ना बहुत. शानदार है पूरे इंटरनेशनल लेवल का. स्टेडियम है लेकिन वो बना तो फिर अलग हो. गया बिहार अब जैसे हम गोंडा से आते हैं. हमारे डीएम साहिबा हमको एक दिन फोन किए हम. किसी काम से किए थे तो उन्होंने हमारी मदद. की तो उन्होंने हमसे कहा कि शुभंकर गोंडा. में जो अच्छा काम हो रहा है आप लोग की. जिम्मेदारी है आप लोग गोंडा से बाहर गए. लेकिन दिखाइए. ताकि आपके शहर के बारे में लोग जाने अब आप.
भले दिल्ली में सांसद है लेकिन आप है तो. बिहार से जी आप कहीं जाते हैं तो आपकी. पहचान बिहारी ही होती है कि मनोज तिवारी. बिहार से और बिहार के सबसे चर्चित चेहरा. में से एक है तो अगर आपसे कोई पूछे कि. मनोज जी आपने 30 साल तपस्या की अंधा आपको. बिहार में सपोर्ट किया लोगों ने बिग बॉस. भी आप गए मुझे याद है आप एकदम आखिरी तक. पहुंच गए थे एक बार बाहर नहीं हुए थे हर. बार आपको आप नॉमिनेट होते थे फुल सपोर्ट. मिलता था सांसद बने सब बिहारियों ने. सपोर्ट किया तो आप लोगों ने क्या पेबैक. किया बिहार.
को यह सवाल बहुत कॉमन आता है कि मनोज जी. ने बिहार को क्या दे. दिया बिहार. को जब हम बीजेपी जवाइन किए तो हम 2005 से. नितीश जी के लिए प्रचार करना शुरू कि एक. एजन आर्टिस्ट भी करते. थे और उसके बाद से बिहार. की. सड़के बिहार की सुरक्षा व्यवस्था. बिहार.
के इंफ्रास्ट्रक्चर का. डेवलपमेंट बिहार में पटना के अलावा दरभंगा. का. एयरपोर्ट यह सब उसका कंट्रीब्यूशन में तो. आता है हम जिसके साथ पॉलिटिकली खड़े हू आज. आईआईएम भी एम्स भी यह सब बिहार तो देखा. है. और आज बिहार की कनेक्टिविटी बहुत तेजी से. मतलब दूरियां कम हुई है आप सड़कों पर जब.
जाएंगे तो देश भर में नितिन जी का कमाल है. नितिन जी तो उसी के एक पार्ट है ना जिसमें. हम लोग हैं टीम है ना इट्स टीम गेम कोई. अकेले. तो कोई थोड़ी कुछ कर सकता. है तो उसी टीम के हिस्सा तो हम भी हैं तो. हम लोगों ने नो डाउट बिहार में आज मेरा. गांव था हम लोग अपने गांव में सड़क से. जोड़ने के लिए हम ही ने अपना काम किया.
हालांकि उसमें थोड़ा सा हमारा. ये कंपनी सोशल सीएसआर इसका पावर ग्रेड से. सपोर्ट लिया तो हमारे गांव में आज दो तरफ. से रोड आती है हमारे गांव की दोनों सड़कें. बन गई और फिर देखा हमने कि ऑलमोस्ट सभी. गांव सड़कों से जुड़ गए बिहार के तो यह सब. तो बड़ी अचीवमेंट है ना अब रहा एक और चीज. बदलना था जो नहीं बदल पाए हम. लोग. के वो.
जो आत्म. गौरव रोटी. तक हमारी दौड़. थी कपड़ा और मकान में अभी भी हम शौक मतलब. वो कहते हैं ना. जो फैशन में नहीं आ पाए उसका ध्यान ही. नहीं रहा कि कपड़ा भी कुछ होता है आज भी. आप जब जाइएगा ना बिहार में तो अंदर से घर.
प्लास्टर होता है बाहर से ईटा ही दिखता है. तो कई लोग ऐसे होते हैं कि अंदर से. प्लास्टर हो ना वो बाहर से पहले प्लास्टर. कराएंगे. तो लेकिन सब सर जब पैसा आता है जैसे. ग्रेटर ड हम रहते थे अब बढ़िया उन लोग का. जमीन जब निकला तो सब आदमी बाद में ऐसा भी. देखे कि डी के अंदर कई लोग अपना सामान ूस. के भर के जा रहे हैं हमारे यहां डी का. रेपुटेशन होता था तो पैसा बढ़ता है तो घर. का प्लस्टर हो जाता बहुत लोग को हम देख. बिहार के आज के बहुत सारे लड़के कुछ लोग.
शौकिया नहीं कराते. हैं हम बहुत लोगों को देखिए क्या होता है. कि वह शायद वो प्रायोरिटी नहीं. है हमारी प्रायोरिटी में वह सब ठीक है. उतना चलता है हां धीरे-धीरे अब वह. बिहार बदलाव तो बहुत है इसमें कोई दोराय. नहीं है. लेकिन बीच-बीच में सरकारों के बदलने से. थोड़ा सा जो. सिक्योरिटी क्राइम को रोक बना तो आप लोग.
है ना पहली बार नीतीश जी को आप लोग बनवाए. थे ब आप लोग बनवाए हैं तो कभी कभी भटक गया. मामला इधर उधर हो गया मनीष कश से कैसा चल. रहा है बढ़िया साथ में है आपके आजकल हा हा. मनीष कश्यप हमारे आए थे कुछ दिन पहले. हमारी बातचीत हुई तो हमने उनसे पूछा हमने. कहा कि पाच चीज बिहार में जो लगता हो कि. कमी रही हो तो मनीष ने हमसे कहा हमारे. पॉडकास्ट प कि पाच कमी हमने उनसे पूछी थी. पाच अच्छाई पूछी उने कि हमने ये ये किया. फिर हमने पांच कमी पूछी तो पांच कमी में.
उन्होंने कहा कि एक कमी सबसे बड़ी है. शिक्षा की हमने कहा ओके दूसरा कहा. स्वास्थ्य की जिसके खिलाफ बीच में काफी. प्रोटेस्ट भी हुआ था तीसरा बिजली कहा चौथा. पलायन कह दिया तो हमने कहा बचा क्या फिर. जब चारों पांचों चीज बिहार में इशू हो गया. ये बिहार में सर बारबार इसलिए पूछ रहा हूं. क्योंकि मेरे पास बिहार से बहुत जुड़े हुए. लोग हैं और मैंने एक चीज नोटिस की है कि. बिहारी आदमी बड़ा इमोशनल होता है यह मेरा. अपना अनुभव मैं बिहार से नहीं हूं लेकिन. बड़ा प्यार दिया उन्होंने और बड़े. मासूमियत से वो अपने लोगों से उम्मीद करते.
हैं कि उनके जो रिप्रेजेंटेटिव हैं तो. मेरे मन में थॉट है जो आप कह रहे हैं कि. यही सेर्फ समस्या है या उतना एक्नॉलेज. नहीं किया गया क्योंकि जैसे मोदी जी की. बात हम करते हैं मैं गोंडा में था 2012. में जब चुनाव आने वाले थे तो कई लड़के कहे. जो मुस्लिम भी थे कि यार गुजरात जैसा काम. होगा अब लोग कहते हैं कि यार यूपी बिहार. में उतना यूपी में तो फिर भी डेवलपमेंट हो. गया हमारा काशी डेवलप हो गया मथुरा के. आसपास भी अयोध्या अच्छा खासा डेवलप हो गया. अभ एयरपोर्ट ड बन गया बट बिहार में अभी. लगता है तना मिला नहीं सर जितना सपोर्ट. मिलता बिहार से बीजेपी.
को नहीं ऐसा नहीं है बिहार. यात्रा करने से पता चलता है तो आप तो गए. होंगे पांच चीज बता दिए सर दो चार चीज अगर. बता दे तो एक तो बिहार की नेशनल हाईवेज की. कनेक्टिविटी जो बिहार के बर सरकार की भी. सड़क हैं वो बहुत अच्छी हुई. है दूसरा चीज वहां अच्छा हुआ है एयर. कनेक्टिविटी अभी. दरभंगा क्षेत्र से तो नेपाल जाने के लिए.
भी आप दरभंगा उतर सकते. हैं तो और एक कटिहार साइज से आपको फिर. बागडोगरा नजदीक पड़ता. है तो दरभंगा एयरपोर्ट दरभंगा एम्स पटना. एम्स. आईआईएम इसने बहुत बड़े स्तर पर बदलाव किया. है बट इसमें सर वो जो बड़ी आबादी बिहार की. है जो गांव बैठ के किसानी करती है टा ढ. होती है मजदूरी करती है इसमें वो रह जाए.
आईएम तो चलो देश भर से लड़का चला गया. पढ़ने तो हर स्तर पर देखना है ना सुभंकर. भाई बाकी जब से कोविड आया और मजदूर लोगों. का समस्या आया ना उसके बाद से बिहार में. रहकर मजदूर को मजदूरी मिले इस पर भी बहुत. अच्छा काम. हु हम तो छोड़ दे रहे दर्शक व अपना तय कर. लेगा अपने हिसाब से कितना मनोज जी सही. स्पोर्ट्स के क्षेत्र में बहुत कुछ होना. चाहिए लेते हैं हम ग्रिल नहीं करेंगे हम.
आपसे पूछते हैं मनोज जी की नजर में बिहार. में पांच चीजें जो बेहतर होनी चाहिए अभी. के हिसाब से एक स्केल ऊपर जाना. चाहिए एक तो स्पोर्ट्स. का थोड़ा. सा स्पोर्ट्स ग्राउंड और बनने. चाहिए स्पोर्ट्स हॉस्टल ब बढ़ने. चाहिए और. दूसरा थोड़ी. शिक्षा में भी सुधार की आवश्यकता.
है एक तो बिहार में सिनेमा थिएटर इनको भी. बहुत एक नए ढंग से डेवलप करने की जरूरत. है और बाकी तो लॉ एंड ऑर्डर हमेशा स्वास्थ. और बिजली आप तो गए हैं बिजली का कोई. प्रॉब्लम नहीं है ठीक है बिजली तो बहुत. अच्छे से हैर जगह स्वास्थ्य के लिए. गांव-गांव तक निश्चित रूप से थोड़ी और.
बेहतर व्यवस्था करने की आवश्यकता है अच्छा. अभी जो दिल्ली दिल्ली में आप जाते होंगे. बाहर अभी वो प्राउड बिहारी आने लगा आप लोग. को लगता है कि जैसे आपने आपने गाना बनाया. उसमें था ए बिहारी तो आपने कहा कि हमका. बिहारी कहला हमरे का नीक लागल लेकिन कह के. तू हंस का देला तो वो जो हंसी वाला फैक्टर. था अभी वोह खत्म हो गया है या अभी भी लगता. है कि नहीं अभी भी उस पर काम करना बाकी है. कि बिहारी नाम से अभी चिड़ते हैं लोग या. आपको उपे जैसे पंजाबी है सरदार है तो. सरदार कहने सरदार नहीं चढ़ता क्या आप.
सरदार या सरदार जी होता है बिहारी वाले. में आपको लगता है अभी भी है कि अभी भी. आपको उपहास चिढ़ा जाता है बहुत कम रह गया. है अब बिहार का होना हम एक प्राइड है लोग. भी बहुत रिस्पेक्ट से देखते हैं ठीक है और. एक नया शब्द आ गया पूर्वांचली हम नहीं तो. आप यूपी बिहार पूरा ले लिए साथ तुम्हारे. गोरखपुर से लेके आप ले गए क्यों नहीं. संस्क हमारे गोंडा शुरू होता है इनफैक्ट. तो संस्कृति एगो बाटे हम सब लोग बोली भाषा.
संगीत. खानपान तो उकरा में बंडरी कहीं आती नहीं. अवध बोले काथा आपका पूरा समझ. लेथ तो अवधि भोजपुरी सब मिक्सर लगभग लगभग. व है हा वही है अच्छा एक बहुत कॉमन सवाल. हमें पूछा गया रहा कि जरूर पूछा जाए कि. मनीष कश्यप का बोल के आप लाए थे बीजेपी. बहुत आदमी हमसे एकदम लिख के भर दिए कि. मनीष तो बताए नहीं मनोज जी ले गए थे मनीष. कहे कि हम मनोज जी की बात मान लिए मनोज जी.
हमारे बड़े बात मान लिए तो लोग कहे कि. धीरे से काम में पूछ लेना हम सामने पूछ. कौन डील दिए थे सर आप मनीष को कि मनीष मान. गए मनीष तो एकदम उतारू थे लड़ने नहीं हम. उनको एक ही बात बोले कि आप बहुत अच्छे. मुद्दे उठा रहे हैं हम आपको भविष्य में उस. जगह पहुंचाएंगे जहां से आप इन मुद्दों का. निदान कर सकते कई लोग कहे तो टिकट दिलवा. देते मनोज जी इतना बड़ा नेता है दिल्ली. सीधे अम शा मोदी से रोज बातचीत हो होता है. हर बार रिसीव करने जाते हैं मोदी जी को.
मिली मिली आज नहीं तो कल मिली मिल जाए. पक्का. मिली मनीष के फैनो डरे रहे सब कि ऐसा ना. हो कि बाबाजी ठुल्लू मिल जाए नहीं ऐसा. नहीं मनीष बहुत ऊर्जावान लड़का है और मनीष. बहुत. जल्दी समस्याओं को निदान करने वाली किसी. ना किसी चेयर पर बैठेगा. और अच्छा परफॉर्म करे ये कॉन्फिडेंस आप दे.
रहे हैं या ऊपर से कहीं दिया गया है नहीं. हम देख लेते हैं दूर तक हम दूर तक देखते. हैं हम और देखिए बीजेपी ही एक ऐसा दल है. ना के सुभंकर भाई अगर आपको भी किसी दिन मन. करे ना हम कि यार हम जो कह रहे हैं चलो. ग्राउंड प करना है तो प्लीज जॉइन. बीजेपी बीजेपी में कोई भी अपने परिश्रम से. कहीं भी जा सकता. है इफ देयर इज टैलेंट. यू कैन गेट दैट प्लेस तो यह बात आप पवन.
सिंह को कने समझा दी फिर आपके तो मित्र. हैं भैया भैया बोलते हैं आपसे मनोज भैया. जिंदाबाद हर जगह भैया जिंदाबाद तो पवन. सिंह को कहानी समझाया आप कि यार यू विल. गेट. एवरीथिंग नहीं इतना बात ही नहीं अच्छा. टिकट तो उसको दिलवाया आसनसोल से अरे तो. उसका प्लान करवा दिया आप लोग जिंदगी भर. गाना बिहार में गाए आप टिकट दिला दिया. आसनसोल से प्लान हो गया उका उसको वहां. लड़ना चाहिए था और वहां लड़ के अरे बंगाल. में कैसे लोग वहा बंगाली उनको बंगाली बोल. नहीं आता वहा जा लड़ते मान लो हार जाते तो.
आसन सोल में बंगाली बोलने की जरूरत नहीं व. छोटा मोटा बंगाली और भोजपुरी तो व सब आ. जाता है भीड़ देखि कितना भीड़ इकट्ठा हो. रहा पवन सिंह में नहीं स्टार है भाई पावर. स्टार पावर स्टार है इसमें कोई दो राय. थोड़ी है तो जीत जाएंगे तो बीती की बड़ी. कृपा है उसके ऊपर जीत जाए अगर मा जीत गए. तो जीतने के बाद तो ले आएंगे ना आप. [हंसी]. उनको मतलब इतना होगा ना आपका बातचीत आप. फोन तो किए होंगे आप ऐसा तो है नहीं फोन.
नहीं कि होंगे पवन सिंह को नहीं अब चकि उ. थोड़ा ज्यादा अंदर चला गया हा देखिए कोई. भी व्यक्ति को ना तभी तक रोकना चाहिए जब. तक य ल कि हमारा फ्यूचर नष्ट करना चाहते. हैं तो मैं उस एक्सटेंट तक नहीं जाता. थोड़ा समय रहते मेरी मुलाकात नहीं हु मैं. अपने में बजी था उसी दौरान उन्होंने यह. निर्णय ले लिया और जल्दी जल्दी सब हुआ तो. हम तो. फर्स्ट अब हम क्या कहे आपके शो में हम कह. सकते हैं कि जब आसन सोल की बात आई तो उसका.
नाम मैंने ही. दिया बल्कि और नाम के लिए पार्टी कह रही. थी कि इनको ले आइए इनको कलाकार को ही बात. हो रही थी एक दो कलाकारों के लिए सोचा गया. बाबुल सुप्रियो जी पहले थे तो वही सोच के. शायद हां हां तो मैंने कहा कि पवन सिंह. बहुत उपयुक्त रहेंगे. हम तो जो पार्टी के वहां काम करने वाले थे. अा आपको ये भी जिम्मेदारी दी गई कि बिहार. के जितना बड़ा स्टार है या जितना लड़का.
लोग बड़ा हो रहा है सबको मनोज जी बीजेपी. जवाइन कराएंगे पहले मनोज जी आए फिर निरहु. अक लेके आए निरवा आरे फिर टिकट दिलवाए. नहीं पहले फिर रवि किशन रवि किशन को लाए. रवि जी भी जीत गए जी पहले तो कांग्रेस में. थे रवि जी ना तो बाद में बीजेपी में आए तो. हम ही समझाए हा पहले तो समझ ही नहीं रहा. था फिर मनीष को ले आए अब पवन सिंह भी ब्ला. थे आप लेकिन थोड़ा दाएं बाए हो गए नहीं. मेरा सोच ये है कि कलाकार को भी आने का. अधिकार है पत्रकार को भी आने का अधिकार है.
आप किसी भी फील्ड में रहे आपको राजनीति. में आकर के सेवा करने का अधिकार है तो. राजनीति बहुत अच्छी चीज है एक साजिश के. तहत ना कर दिया गया कि पॉलिटिक्स खराब चीज. है पॉलिटिशियन खराब हो सकते हैं पॉलिटिक्स. खराब चीज नहीं है पॉलिटिक्स में तो ज्यादा. से ज्यादा अच्छे लोगों को गुणी लोगों को. आना चाहिए हमारे पॉडकास्ट में अक्षरा सिंह. 100 बार कहीं जीजा जी आपको और जीजा जी. उनको को नहीं लाए उनका भी मन था बहुत मन.
था कह रही थी हमसे कि हमको टिकट लड़ना है. चुनाव लड़ना है इंतजार भी कर रही थी नहीं. वो भी ठीक ही चल रही है क्या पता कभी वो. भी आ जाए देखिए आने का तो ईश्वर ने भी एक. समय तय कर रखा है ना हम लोग सब कोशिश करते. हैं. लेकिन विधि का भी कुछ विधान है अच्छा एक. कॉमन क्वेश्चन और लोगों का था कि मनोज जी. में पॉलिटिकली पोटेंशियल तो है आपने. दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष रहे आप लंबे समय तक. काम किया जीते हारे सारा दौर देखा आपने. पॉलिटिशियन दौर पर उतार चढ़ाव सब देखे अब.
किसी ने कहा एक हाइपोथेटिकल सवाल लागे. मनोज जी के सामने कि अगर मनोज जी को. मुख्यमंत्री बनाया जाए तो दिल्ली. मुख्यमंत्री बनना पसंद करेंगे या बिहार का. मुख्यमंत्री बनना पसंद करेंगे अरे कहीं का. बन जाए बहुत बढ़िया बात है अरे आपका भी तो. कुछ होगा ना भाई फर्स्ट चॉइस ये है सेकंड. चॉइस ये है सही मायने में ना शुभंकर भाई. ऐसा कोई उद्देश्य से हम राजनीति में नहीं. आए. हैं हम चाहते हैं. कि राजनीति का. अच्छा भाव लोगों के मन में.
आए यह झूठ बोलने. वाले कुछ चीजों में फेक इंफॉर्मेशन फैलाने. वाले यह जो पॉलिटिक्स का एक अंग बन गया है. तुष्टीकरण. वाले इन लोगों का भेद खुलना. चाहिए देश की जनता देश का मालिक है उसको. अपना सिर्फ लीडर नहीं चुनना. है अपनी सरकार भी चुननी है क्योंकि लीडर. और सरकार में बहुत अंतर है सुभंकर. भाई कई बार लोग जाति के नाम पर लीडर चुनने.
लगते हैं प्रांत के नाम पर लीडर चुनने. लगते हैं पता चला कि जिस सरकार में उस. लीडर को भेज रहे हैं वहां कोई सुनने वाला. नहीं. उसका तो सरकार चुननी बहुत जरूरी है हम. सरकार चुनने के लिए आए नरेंद्र मोदी जी. प्रधानमंत्री बने देश के इसलिए हम कूदे. 2014 क्रिकेट देखते हैं आजकल आप क्रिकेट. देखते हैं टाइम मिलता है देखने का. रात में देखते हैं थोड़ा सा मन अच्छा हो.
जाता है खेलते लते नहीं खेलते हा खेलते. हैं कितना दिन में खेलने को मिल जाता है. आपका एक बॉलिंग का वीडियो बड़ा अच्छा. वायरल हो रहा था कोई हमसे कहा अभी तो. प्रचार करके आते जाते रहता हूं देख रहा. हूं क्रिकेट हो रहा है तो घुस जाता हूं. बमक बाद सबसे अच्छी इविंग मनो तिवारी जी. कराते. हैं नहीं सच में हमारी बल अच्छी इन स्विंग. होती. है चलो आपने वो भी देख लि आप तो धोनी के. रिकॉर्ड तोड़ दि तो 42 में खेल र आप तो 50. प्लस में खेल बढ़िया इन स्विंग मार रहे. हैं हां बहुत इन स्विंग होती है और बैटिंग.
भी ठीक ठाक करता हूं देखें हम चौका. अभी एक और मनोज तिवारी बंगाल वाले थे तो. उनका वीडियो वायरल हुआ उन्होने कुछ कमेंट. किया होगा तो कई लोग आपको समझने लगे बाद. में कहा नहीं वो भी मनोज तिवारी बहुत. बढ़िया खेलते हैं वो मनोज बहुत अच्छा है. तो मनोज. तो अच्छे मेरे प्रिय हैं लेकिन ममता दीदी. वाले मनोज है कोई बात नहीं जजस स्टेट में. है वहां स्पोर्ट्स मिनिस्टर है हां बट ही. इज गुड पर्सन तो आईपीएल देखि कोई को देख. रहे हैं आप एकद मैच में तो कमेंट्री भी.
करके आए हैं जिओ सिनेमा के लिए भोजपुरी. कमेंट्री बहुत चर्चा में भी थी तो दो ब एक. दो बार तो बह गए थे लोग कु कुछ ज्यादा कह. गए लेकिन उसका मजा है देखो क्रिकेट तो हो. ही रहा है जो बॉल आई बैट्समैन ने मारा चार. हुआ छह हुआ आउट हुआ कैच हुआ यह होगा लेकिन. अपनी भाषा में सुने के जो मजा बा हा जो एक. सुकून बा वो भी अगर क्रिकेट के संग मिला.
था तो बहुत बढ़िया बात कोन टीम सपोर्ट तो. कर. ना हां हम सपोर्ट खिलाड़ी के स्तर प करीला. एक तो धोनी के. करीला धोनी के करीला और ले तो नहीं गंभीर. छोड़ चला. गए नहीं नहीं गंभीर भी मेरा अच्छा दोस्त. है देखिए अपनी अपनी अच्छा रोहित शर्मा. विराट. कोहली जय किशोरी से हम पूछे तो क एम एस.
धोनी नहीं मुझे लगता है कि हम विराट कोहली. को थोड़ा सा ज्यादा नंबर देंगे बट दोनों. मेरे. प्रिय रोहित भी और विराट भी क्या पसंद है. विराट कोहली में हम आपका वीडियो देखे आउट. करने के बाद एकदम ऐसे से आप किए थे हमको. विराट कोहली याद आया व भी एकदम ऐसे ऐसे. नहीं ठीक है वो देखो विराट का जो पैशन है. ना वो और विराट बहुत मर्यादित खिलाड़ी है.
हां वो खाली बेन स्टोक्स को थोड़ा बहुत. याद कर लेते हैं बाकी तो नहीं नहीं वो एक. हीट ऑफ द मोमेंट अलग है बट बेसिकली विराट. कोहली. इतना पैशनेट प्लेयर होने के बाद भी वह. व्यवहार में जीवन में दूसरे खिलाड़ियों को. भी वकप करने में ये सब में बहुत जवाब नहीं. है धोनी का. पसंद धोनी का एक तो जो उसकी प्लानिंग बहुत.
कमाल की. है और विपरीत परिस्थिति में भी अपने को. संयत. रखना उसके लिए तो सलूट है हमने एक आर्टिकल. पढ़ा कि मनोज तिवार एक साला थे एम एस. धोनी य सही था नहीं. वो थोड़ी सच्चाई है उसमें एक्चुअली धोनी. और हमारे साले पांडे तो ये दोनों लोग. दोस्त थे एक समय था जब हम सब भी दिल्ली.
में साथ में लोग प्रैक्टिस करते थे हम तब. सुपरस्टार सिंगर थे अ अभी भी सुपरस्टार. आपका गाना आ रहा है इतना बढ़िया मनोज वा. की पिक्चर में आही रहा शाहरुख खान के. पिक्चर में आप गाना गाए ट्रेंडिंग चल. ट्रेडिंग में तब जबरा फैन गाए उधर जिया हो. बिहार केराला अबू कॉलर खड़ा केलो तो. बढ़िया लगता है फील देता है हां अभी भी. गाए वो भी चल गया ना वो थोड़ा सा ठीक है. [हंसी]. लेकिन धोनी वाला बता रहे थे आप धोनी वाला.
तो वो हमारे हमारे साले और वो दोनों लोग. को जिया जी कहते. थे जिजा जी जान नहीं छोड़ रहा. है अक्ष बहुत बड़ा न्यूज है ये मजा आ. जाएगा लोगों को कि मनोज तिवारी को एम एस. धोनी जीजा बुलाते थे नहीं इसलिए क्योंकि. उनके दोस्त का मैं जीजा हूं तो ये तो. हमारे भारत में होता ही है साले लोगों. जैसे मौज काटते हैं हम लोग काटे धोनी से. साल इधर आओ नहीं नहीं ऐसा कहने के जब तक.
सोचे तब तक बहुत बड़ा हो गया वो हा तो फिर. तो अरे तो क्या हुआ घर परिवार का आदमी घर. परिवार का कितना बड़ा हो जाए अब आपके बा. बाबू मा जी के लिए तो आप मनोज रहेंगे ना. गांव का आदमी दोस्त होगा उसके लिए मनोज. रहेंगे आप नहीं वो तो बात ठीक है लेकिन. उसके अंदर विनम्रता भी बहुत है छोटे बड़े. का लिहाज जो है. ना एका न्यूज ऐसा भी जब बात कि हम लोग एक. ही कमरे में होते थे और एक ही बेड होता था.
तो उन सबों ने हमको बेड प सुलाया खुद जमीन. पर. सोए कब की बात बता रहे आप ये बात है. 9798 की बिहार में कोलकाता के दिल्ली. दिल्ली अच्छा दिल्ली में दिल्ली बसंत. बिहार में रहते थे धोनी. हुए अरे वाह बता थोड़ा किस्सा य वाला. थोड़ा सुनना चाहेंगे दर्शक लोग य चाहते. सुनना आपसे बाकी नेता ग तो रोज सुबह शाम. चल रहा है एनई से लेकर टीवी चैनल प नहीं.
वो क्या है मैं धोनी को तब से जानता हूं. जब धोनी. को ज्यादातर लोग नहीं जानते. थे रणजी ट्रॉफी खेलते थे दिल्ली में वो. लोग प्रैक्टिस करते थे तब मेरा साला भी. रंजी ट्रॉफी खेलता था दोनों झारखंड की टीम. में. थे फिर मैं उस समय थोड़ा स्टार्ट था तो जब. मैं आता था तो मान लो मेरे साले गए तो कई. कई बार ऐसा हुआ कि. हमको वो लोग रिसीव किए साथ मेंही होते थे. लंबे लंबे बाल का एक लड़का होता था तब मैं.
उतना नहीं जानता था ये धोनी है मा जी. नमस्ते हां ऐसे होता था तो एक कमरा होता. कक एयर इंडिया में काम करता था हमारा साला. और वो इंडियन एयरलाइंस में व एयर इंडिया. में होते थे तो घर था बसंत बिहार में तो. छोटा सा घर था वन बीएच के एक ड्राइंग रूम. एक कमरा तो कई बार ऐसा सिचुएशन आया तो वो. विनम्रता दिखती थी और वो विनम्रता तब भी.
दिखी शुभंकर भाई जब वो एकदम टी20 का. वर्ल्ड कप जीत के आया. हम. और देखते. देखते रिति स्पोर्ट्स कंपनी भी हम लोगों. की है ह जिसके तहत हम लोगों ने माही को. साइन किया हम और. वो जितनी एडवर्टाइजमेंट आए वो रीति.
स्पोर्ट्स के द्वारा ही आए हम ठीक ठाक. आए इसीलिए सबसे महंगे सांसद बन गए आप नहीं. वो तो अपनी मेहनत से आदमी कुछ भी कर सकता. है थोड़ा छोड़ दिया. हम तो वो जो. है मुझे सबसे बड़ा जो उनका मतलब जीजा जी. होने का पूरा लाभ. था फिर धीरे-धीरे मैं दूरी बनाते गया. लोगों से कब मिला आखरी बार आप धोनी से. नहीं नहीं मिलते तो हम लोग बहुत थे दिल्ली.
आता है तो हम लोग बैठ जाते हैं फिर. लंबी गप होती. है दुनिया भर के डिस्कशन हम लोग करते. हैं यह क्या चल रहा है वह क्या चल रहा है. सब कुछ बातें होती हैं पर हर विषय पर जो. धोनी का विचार होता है वो एकदम एक राष्ट्र. भक्त का होता है एक वो एक सो एक फौजी है. वो आपकी पार्टी के तमाम कार्यकर्ताओं ने.
एम एस धोनी को ट्रोल किया था जब राम मंदिर. पर वो गए नहीं थे और बहुत उसकी ट्रोलिंग. हुई थी कि सबको नता गया धोनी नहीं आया. धोनी के घर जाकर दि दिया गया था और उसकी. बड़ी चर्चा चली थी और साक्षी जब बाद में. कहीं गई भी तो लोगों ने बड़ा किया उसको. लेकर बड़ी चर्चा चली थी नहीं ऐसे तो कभी. कभी ये ठीक बात नहीं है. कोई धोनी. अपने हिसाब से जब जाना होगा जाएंगे जैसा. उसके लिए लेकिन उसके वह मन में.
उसका राष्ट्र के प्रति और सनातन के प्रति. बहुत प्रेम है धोनी का बहुत सनातनी धोनी. है अरे भाई सना आप जाते एक मंदिर से उसका. नाम जुड़ा हुआ. है जब आप रांची से टाटा जाते हैं तो एक. मां का मंदिर है धोनी वहां हमेशा प्रणाम. करके ही और आशीर्वाद लेकर के जीवन में आगे. बढ़े और बोलते हैं वो तो क्या वह मंदिर.
नहीं है ट्रोल करने वाले लोगों को य नहीं. सोचना चाहिए अब. स्पेशली उसका अयोध्या जी जाना एक प्लान कब. है क्या. है ये उसके ऊपर छोड़ देना चाहिए ठीक है हम. उ महेंद्र सिंह धोनी चलिए आपने बात जिक्र. कर दिया मनोज तिवारी जी आपने रवि जी. क्रिकेट खेलना सिखाया रवि जी ने आपको. सिखाया क्रिकेट.
भैया वो जो सोचते हैं हम लोग स्वीकार कर. लेते हैं क्या है. देखिए रवि जो है ना. वो क्रिकेट खेलते हैं हम और वोह क्रिकेट. खेले हम लोग तो सेलिब्रिटी क्रिकेट लीग. टीम बनाते. हैं तो हम वो कुछ भी कहेंगे तो हम स्वीकार. कर लेंगे ताकि वो टीम में बने रहे टीम में. रहे बट वो खेले हम ऐसा नहीं चाहते अच्छा. भोजपुरी सबसे बड़ा स्टार कौन है मनोज. तिवारी जी है रवि किशन जी है या जो मेगा.
स्टार कहेंगे ओवरऑल जैसे अमिताभ बच्चन हो. गए की हो गए रजनीकांत जी को हम साउथ में. देखते हैं आप किसको मानते हैं नहीं ये तो. दौर दौर की बात है तो चलिए तीनों ओवरऑल. अगर हम देखें कि जब पीछे एक इंडस्ट्री. डिफाइन करते हैं तो मनोज जी किसे देखते. हैं अपने आप को निरहुवा को या पवन सिंह को. या रवि जी. को अच्छा ऑर्डर दे दीजिए 42 ये जो चर्चा. है ना यह खुद से व्यक्ति को अपने बारे में. कुछ नहीं कहना चाहिए अच्छा थ टू वन कर.
दीजिएगा हम आपको एक्सक्लूड कर देते हैं हम. आपको एक्सक्लूड कर द अच्छा ठीक है हा रवि. किशन निरहुआ पवन सिंह सबसे पॉपुलर कौन है. बिहार में जिसका जलवा एकदम जलाल. है देखो इस समय पॉपुलर में तो पवन सिंह. सबसे ऊपर. है. [संगीत]. और निरहुआ. है रवि अभी वेब सीरीज वगैरह में रवि ने. थोड़ी सी छलांग लगा ली है पैन इंडिया हां.
वो उनका एक परिचय है बाकी भोजपुरी के. हिसाब से तो सबसे पवन सिंह है खेसारी लाल. यादव हैं दिनेश लाल हैं रवि जी हैं और भी. बहुत सारे हैं जो अच्छा एक सवाल हम मिस कर. गए थे मनोज जी की नजर कलाकारों पर रही. मनोज जी की नजर पत्रकारों पर रही मनीष. कश्यप को जॉइन करवा लिए हमको बैठे-बैठे. ऑफर दे.
दिए पवन जी को ले गए थे वो दाए बाएं हो गए. रवि जी आ ही गए तो धोनी साहब को कहानी आप. कभी नजर डाले मतलब वो तो इतना बड़ा चेहरा. है आप लोग तो हर जगह. मतलब क्योंकि धोनी के अंदर है लोग मानते. हैं कि वो एक पॉलिटिशियन के तौर पर कमाल. के हो जाएंगे क्योंकि उनका जो थॉट प्रोसेस. है विकेट के पीछे से पूरा मैच बदल देते. हैं तो अगर देश सेवा में आएंगे तो देश को. बड़ा फायदा होगा तो आप लोग कभी डाले नहीं. डोरा या वो सोचे नहीं नहीं एक बार चर्चा. किया हूं एक बारसे बैठे बैठे चला दिया.
तो वह ज्यादा इंटरेस्ट नहीं दिखाते ज्यादा. इंटरेस्ट पॉलिटिक्स में नहीं कि बीजेपी. में नहीं नहीं पॉलिटिक्स में पक्का है. 100% कई लोग लगता है कि बीजेपी में नहीं. आएंगे धोनी को ऑब्जर्व करने वाले ऐसा कई. लोग लिखते हैं हमको नहीं पता आपके साले. मतलब रहे. हैं नहीं. लेकिन धोनी का पॉलिटिक्स से एक डिस्टेंस. बनाने का योजना दिखता है मुझे उसकी बातों.
में वह चाहता है कि अभी मैं पॉलिटिक्स. में मेरा कहीं किसी एक पक्ष में ऐसा नाम. ना आए लेकिन एक दिन हमने कहा कि अमित शाह. जी से मिल लो तो मिला अमित शाह जी जो होता. है ना जो बड़े-बड़े सेलिब्रिटीज को मिलने. जाते हैं तो उसने विधिवत टाइम दिया हम. अमित शाह जी को लेकर गए थे वसंत बिहार में. मिलवाया बहुत रेस्पेक्ट से बात. किया कुछ सुझाव भी. दिया बट.
वो बातचीत में वो नरेंद्र मोदी जी के. प्रति अच्छा भाव है उनका एक और खिलाड़ी है. बहुत बड़ा नाम है गौतम गंभीर आपके साथ. सांसद थे कई सारी योजनाएं भी शुरू की. उन्होंने आपके साथ काम करते थे कई लोग. शुरू मानते थे कि बड़ा अच्छा भविष्य है इस. साल उन्होंने थैंक यू नोट डाल दिया कई. लोगों के मन में रहा कि मतलब इतना बड़ा. नाम था जाने नहीं देना चाहिए था रोक लेना. चाहिए था वो गए कहां है अब चुनाव नहीं. लड़े आपने टिकट नहीं दिया होगा या. उन्होंने किया नहीं होगा अब तो कि क्या ही. संभालने फुल टाइम क्रिकेट क्रिकेटर वापस.
हो गए. वो नहीं बट वो बीजेपी में हैं और वो थैंक. यू वगैरह कुछ नहीं बोले एक दिन एक दिन के. लिए कुछ एक कमेंट उनका आया. था बाकी फिर उन्होंने भारतीय जनता पार्टी. के साथ उनकी ये तो चलिए जनता के लोग हम तो. जर्नलिस्ट हैं हम तो अंदर खाने सुनते रहते. हैं तो अंदर खाने ये जो हम सुनते थे. दिल्ली बीजेपी खास तौर पर मैं सुनता था कि. सातों सांसद जो थे उनकी से बनती नहीं थी. कई बार हमने कॉन्क्लेव में भी देखा है कि.
एक कोई मनोज जी अगर आप आ रहे तो कोई फलानी. फीमेल नेता है वो साथ में अवॉइड कर देंगी. या वो आए तो अपना इतने गुट इतने बाजी की. ऐसा लगता नहीं कि एक टीम है जसे टीम कहते. ना टुगेदर चीव मोर दिल्ली बीजेपी में टीम. नहीं है ऐसा नहीं. है देखो सातों का आपस में नहीं बनता यह. सत्य नहीं है हम रमेश बिधूड़ी हम प्रवेश. वर्मा हम हम बस नहीं बस हर्षवर्धन जी बस.
यही दो नाम जो. लिए हम गौतम गंभीर हम बहुत अच्छे दोस्त है. बहुत अच्छा मैं गौतम को कुछ भी कह दूं. मेरी बात का ऑनर करते हैं. हमेशा एकदम बताऊं आपको उनके साइड के लोग. जो हम लोग से बात करते थे इंटरनली या साइट. से वो ये था कि सपोर्ट नहीं किया दिल्ली. बीजेपी में लोगों ने वो कई काम करना चाहते. थे चाहे वो खाने वाली बात या जो खाना शुरू. किया था उन्होंने उने बत ₹ की रसोई एक में. एक रप में रसोई खाना वो शुरू किया था वो.
सपोर्ट नहीं किया लोगों ने केवल. क्रिटिसाइज करते रहे अपने ही उनके पीछे. पड़ गए उन्होंने कहा यार बस करो पॉलिटिक्स. इससे अच्छा गाली भी पड़ती है इससे अच्छा. चुपचाप जाऊ पैसा कम से कम कमा लू खेलूं. क्रिकेट देखिए एक बात बताऊं आपको हम. राजनीति में आपका पहला विरोधी ना आपके. पार्टी में ही होता. है आप इस बात को याद कर लीजिए. हम और उसको आप टैकल नहीं कर पाए तो. प्रॉब्लम आ तो आपको भी बीजेपी में गिराने. की कोशिश की किसी ने कभी नहीं हर पार्टी. में सबके साथ होता है लेकिन ये इनर स्टोरी.
है अब ये पोड कास्ट शुरू कर अरविंद. केजरीवाल जी बाहर आए अभी हां एक स्टेटमेंट. दे रहे थे कि कि 4 तारीख को नतीजा आएगा आप. लोग कह रहे हैं 4 तारीख 400 पार वो कह रहे. हैं कि 4 तारीख को इंडिया आएगा तो 5 तारीख. को मैं तो जेल से नतीजा देखूंगा लेकिन अगर. चार को इंडिया आ गया तो पांच को मैं बाहर. आ जाऊंगा और अगर चार को नतीजा मेरे फेवर. में नहीं आया तो मुझे अंदर बैठा रहूंगा ये. लोग बैठाए रहेंगे मुझे तो आपके तो अ मित्र. भी है केजरीवाल. जी देखिए केजरीवाल जी अपने विश्वसनीयता खो.
चुके हैं सुभंकर. भाई मतलब वह सुप्रीम कोर्ट पर सवाल उठा. रहे. हैं सुप्रीम कोर्ट ने उनको 20 दिन की जस्ट. लाइक अ पैरोल दिया बेल नहीं दिया क्यों. नहीं बेल दिया जैसे संजय सिंह जी को बेल. मिला वैसे उनको बेल मिल जाता अब सुप्रीम. कोर्ट को कैसे दोषी ठहरा सकते और अगर वो. ऐसा कह रहे हैं तो ये बहुत य वाल.
स्टेटमेंट उनका है जो सोशल मीडिया चल रहा. था कि चार को नतीजा आएगा अगर इंडिया जीती. तो पाच को मैं बाहर आ जाऊंगा नहीं जीते हम. तो भगवान जाने कब तक बैठा रहूंगा मतलब यह. कहना चाहते हैं. कि वो कह रहे कि आप लोग बैठा रखे हैं इंडि. एलायस जो कहेगा वही सुप्रीम कोर्ट करेगी. ऐसा व कह रहे कि बीजेपी वाले बैठा रखे. हटेंगे मामला क्लियर हो जाएगा बीजेपी तो. यह भी नहीं चाहती थी कि वो 20 दिन के लिए. भी आए. आपको पता है ये पहली बार भारत में हुआ था.
कि एक रनिंग मुख्यमंत्री जेल चला गया और. एक रनिंग मुख्यमंत्री को कहा जाता है कि. सुनो तुम मुख्यमंत्री कार्यालय नहीं जा. सकते सुनो भाई आप सचिवालय नहीं जा. सकते मने बेज्जती का भी हद हो. गया बेज्जती का भी एक लेवल होता है अरे. काहे आए भैया अंदर बैठे रहते हैं अंदर. आपका इज्जत जनता आपको बाहर भी कर दिया गया. और चेहरे पे काले काले अक्षर से लिख दिया. गया यह भ्रष्टाचारी है ही कांट गेट बेल बट.
वह तो कॉन्फिडेंट है कि हम सातों निकाल. लेंगे इस बार अरे वह तो दो जो 14 में भी. चाहते थे कोशिश 2014 में नहीं करते थे. 2019 में नहीं करते थे अच्छा एक क्वेश्चन. मनोज जी कॉमन पब्लिक पूछती है चलिए आपकी. बात वो लीगल लड़ाई व मामला सुप्रीम कोर्ट. पे छोड़ते हैं य हमारी कोई लड़ाई नहीं. हमारी लड़ाई भ्रष्टाचार से है भ्रष्टाचार. को लेकर एक कॉमन सवाल आता है एक सवाल जो. आम जनता के मन में भर गया अभी वो कहती है. कि यार जब स्टेट आप उठाते हो तो ईडी ने. 2014 के बाद तकरीबन 120 नेता जो उठाए. उसमें से 95 से 100 नेता विपक्ष के थे अब.
उनका कहना है कि एक देश में ऐसा कैसे हो. सकता है कि सारा जो चोर निकल रहा है वो सब. उधर वाला ही है हमारा वाला सब मीठा मठा. आदमी है और जिसके ऊपर आरोप भी लगाते हैं. जब वो हैंड शेक कर लेता है तो बच जाता है. एग्जांपल भी वो कई सारे देते हैं आप. चाहेंगे तो 10 नाम भी गिना दूंगा लेकिन. क्यों नाम लेना तो ये लगता है कि फिर ये. संयोग नहीं है यह प्रयोग है कि आप लोगों. ने मनी लरिंग वाले का बड़ा पावर देख के. फायदा उठा लिया है नहीं शुभंकर भाई. एजेंसीज को पहली बार स्वतंत्रता मिली तो.
बीजेपी में कोई चोर नहीं है. नहीं होगा तो वो कहे नहीं जाता फिर तो. विपक्ष क्या कर रहा है खोज के लाए मनोज. तिवारी की कोई चोरी खोज के लाना चाहिए. विपक्ष वाला तो सब बीजेपी में आ गया नहीं. तो कोर्ट में तो जा सकते हैं जिनके साथ. मैं आज तक बैठ के प्रवक्ता लड़ते थे. बीजेपी वाले आज दिल्ली आज कांग्रेस के. सारे प्रवक्ता तो बीजेपी में बैठे हैं. देखिए एक बात बता द हमको हम आपको को कि. कोई भी व्यक्ति के ऊपर केस चल रहा.
होगा वो बीजेपी में आया होगा क्योंकि. राजनीतिक जरूरत होती है नंबर गेम है. राजनीति लेकिन उसका केस खत्म हो गया हो. नेवर उसका केस चलता. है उसका केस का रिजल्ट आएगा अगर वह दोषी. होता है तो ही विल बी आउट अजीत पवार सबसे. भ्रष्ट थे चल रहा है केस शांत हो गया. हेमंत शर्मा बात चल रहा था आज कुछो निकल. नहीं करता कहीं से हमारे अवज में कहावत.
कहते हैं सर मीठा मीठा गप गब तीखा तीखा. थूक. थूक नहीं ऐसा नहीं है मैं तो देखिए हम लोग. भी 10 साल से काम किए हैं लगभग 14600. करोड़ का काम कराया. हूं पहली बार अपने क्षेत्र में जमुना जी. पर सिग्नेचर ब्रिज बना के लाया राष्ट्रपति. शासन में शास्त्री पार्क का फ्लाई ओवर. बनवाया एलिवेटेड रोड बनाया हूं 42 4800. करोड़ की लागत से अब आपको देहरादून पहुंचा.
ंगा ढाई घंटे में दिल्ली से हम पहली बार. मेट्रो लेके आया पहली बार सेंट्रल स्कूल. बनाया पहली बार रेलवे स्टेशन. बनाया पहली बार पासपोर्ट ऑफिस अपने. क्षेत्र में बनाया पहली बार रिवर फ्रंट. बना रहा हूं. हम 14600 करोड़ के काम में एक तो आरोप. लगना चाहिए था कि मनोज तिवारी ने कुछ. कमीशन लिया 14600 करोड़ एक बहुत बड़ा. अमाउंट होता है. क्यों नहीं आम आम आदमी पार्टी के इतने.
चैनल हैं आप सोशल मीडिया पर जाइए उनसे. ज्यादा तो कोई हमलोग को तो कुछ नहीं उनके. सामने आप एक बार लाओ मनोज तिवारी के सामने. कि मनोज तिवारी ने करप्शन किया यह कमीशन. ली हम तो. उनके उनके कई केसेस को किए और लोकायुक्त. में गए और केस चलाने का अनुमति मिल गया. इलेक्टोरल बंड भी तो आ रहा था ना सर आरोप. लगाए थे उन लोगों ने कि आरोप आरोप लगाए. हम मैं बार-बार कहता हूं देखिए शुभंकर भाई.
कहते कि देश का सबसे बड़ा स्कम इलेक्टोरल. बंड है इलेक्टोरल बंड लाया कौन नरेंद्र. मोदी नरेंद्र मोदी जी ने इलेक्टोरल बंड. लाया. है आप साहस है तो अपना इलेक्टोरल बंड में. अपनी बातें करिए कहां से आया है हम तो बता. रहे कहां से पैसा आया है अगर पैसा देने. वाले का कुछ गड़बड़ी है तो उसकी भी जांच. हो रही है लेकिन अगर आपके पास पैसाय वो य. केजरीवाल जी भी कह रहे कि सारी एजेंसी बना. द है सबूत इनके पास है नहीं लेकिन बैठा.
रखा है ना कोर्ट पर आरोप मत लगाइए सुप्रीम. कोर्ट. आपको ठीक है बेल भी नहीं जनता तय कर देगी. जनता भोजपुरी बात भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री. सा आप आते हैं अभी एक फिल्म आई थी चमकीला. देखी आपने सर नहीं चमकीला एक फिल्म है जो. पंजाब के एक सिंगर थे उनके ऊपर बेस ी. जमाने में मर्डर हुआ था अच्छा पंजाब की. इंडस्ट्री बड़ी तेज राइस की है पंजाब की. इंडस्ट्री इंटरनेशनली का काफी वायरल हो गई. है बहुत अच्छा पैसा भी आ गया है स्टैंडर्ड. बढ़ा लिया है क्वालिटी ऑफ प्रोडक्शन बढ़ा.
लिया है भोजपुरी इंडस्ट्री आपको लगता है. कि अभी कंपेरिजन में साउथ इंडस्ट्री पंजाब. इंडस्ट्री पीछे. है क्वालिटी वाइज तो भी बहुत पीछे है. क्यों अब तो इतना बड़ा व्यूअरशिप है. youtube0 मिलियन व्यूअरशिप आती है. ने एक बात आपको कही थी के बिहार के. भोजपुरी एरियाज के क्षेत्र में सिनेमा का.
सिनेमा हॉल्स का विकास ना होना यह भी एक. बहुत बड़ा कारण ठीक है एक जो सबसे बड़ा. आरोप भोजपुरी इंडस्ट्री पर लगता है और जो. आप पर भी लगता रहा हैक हालांकि उस दौर में. जब ये गाने आए थे बड़ा एंजॉय किया था. लोगों ने मैं खुद कह रहा हूं कि बड़ा मौज. काट के सबने सुनी है और चमकीला जी का. जिक्र भी मैंने इसीलिए किया था चमकीला जी. पंजाब के एक सिंगर थे जो गाना गाते थे 80. के दशक में और और थोड़े ड्यूल मीनिंग. सॉन्ग थे लेकिन उनका बहुत बड़ा फैन बेस था. बाद में उनकी हत्या करवा दी गई अभी.
इमतियाज अली देश के जानेमाने डायरेक्टर. हैं उन्होंने फिल्म बनाई दिलजीत दोसांज. प्रणति इन लोगों ने इसमें एक्ट किया और. काफी उसको लोग पसंद कर रहे हैं और चमकीला. के गाने दोबारा ट्रेंड में आ. गए ये समय मिलेगा देखिएगा पिक्चर अच्छी. पिक्चर है हमको पैसा नहीं दिए लेकिन हम. उसका जिक्र कर दे रहे हैं तो जैसे आपकी. गाने जो जिसे मैंने पूरब के बेटा का जिक्र. कहा अब पूरब के बेटा का जिक्र जब आप लिस्ट. उठाते हो तो ऊपर वाले के चक्कर में बगल. वाली एक गुड्डी जो हमको याद है रिंके पापा.
तो बढ़िया गाना था भगवान जाने उसका इतना. मजा क्यों उड़ता है वो तो फनी सॉन्ग था. बढ़िया आपके बगल बजाने वाले थे बढ़िया. हमको आदमी लग रहे थे स्माइली तो इन गानों. को लेकर अब आप असहज होते कि इन गानों को. लेकर बड़ा कटाक्ष होता आप पर और कहा था कि. आप लोगों ने शुरू किया फिर रवि जी लोग ने. और बढ़ाया और अब तो बड़ा वल्गर बना रखा इस. टाइम तो कुछो गा देते हैं यह सब गाने तो. हमारे बहुत मुझे प्राउड है कि मैं ये गाने. गाया हूं और यह सब गाने गाने हैं नमेंट है. वल्गर कहीं हो ही नहीं सकता मनोज तिवारी. का गाना वल्गर हो ही नहीं सकता य तो जैसे.
ऊपर वाली के चक्कर में लड़का खूब पिटाइल. तो इसमें लगर क्या है लड़की क्यों पहला. प्रेमी इसमें वल्गर क्या है या जैसे लगर. शब्द क्या है अब जैसे वो बेबी बियर वाला. था बल्गर क्या है आप उसको लेकर अभी प्राउड. है आप य कह रहे हैं अरे. भाई हाथ में मोबाइल इनके ठन पे स्माइल बगल. सामने ऊपर नीचे मारे ली स्टाइल पास पड़ोसी. के लोग इन के निकले लाग दम दम दम. दम बेबी बियर इसमें वल्गर क्या है तो फिर.
आप प इतना कटाक्ष लोग काहे करते हैं जिसको. देखो आपके पीछे एकदम ज देसी भाषा में लपट. आया है आपके पीछे मनोज जी हमारा व्यू. बढ़ाते रहते. हैं हमारा व्यूअर बढ़ाते हैं या जैसे वो. गाना था बनी के लागल ब साहर के हवा और. पढ़ा काली की ग में नवा लिखवा मैं तो कह. रहा हूं गांव में भी पढ़ाओ कितना बड़ा बात. बोल रहा हूं सुभंकर भाई गांव में क्यों. नहीं पढ़ाएंगे बच्चों को बट उसका मतलब तो. ही था ना जो अब जो भावना हम समझते थे कि.
शहर में जाएगी तो बौरा आ जाएगी दिमाग खराब. हो जा तो जैसे अभी मैंने आप ही का. इंटरव्यू देखा कई जगह आप ही प लोग आजकल कई. लोग है जो दिखा दिखा बोलते हैं हम नाम. किसी नहीं लेंगे लेकिन इन गानों को लेकर. आपको कोई परहेज नहीं है नहीं कोई परहेज. नहीं भाई वो एक सिचुएशन. है भाई गांव की जगह व चले गए शहर में तो. ये हंसी मजाक है हालांकि ये धारणा रही है. कि जैसे छोटे शहर उस जमाने में था वो उसी. समय में हमने गाया था उस तत्कालीन समाज का. एक छोटा सा दर्पण है वो गाना बट वल्गर.
नहीं है ना सुभंकर भाई वल्गर किसको कहते. हैं आपने बहुत गंदी बात कर दी जो रवि जी. वाला था रिमोट से लहंगा वाला हां वो थोड़ा. सा उसमें चला गया तो भाई हम लहंगा उठाना. ही क्यों चाहते हैं सरया सही हालाकि. बॉलीवुड में सारे गाने ऐसे बने हैं वो अलग. बात है लेकिन तो ये आप लोग को इसलिए. टारगेट तो नहीं हुआ क्योंकि आप लोग बीजेपी. सांसद थे. थोड़ा सा यह भी हो जाता हैब चकि देखिए कोई.
भ्रष्टाचार तो देखा नहीं कोई और व्यभिचार. तो आया नहीं तो क्या मिलेगा तो यही मिलते. हैं लेकिन वह लोग मुंह की खा के गिर जाते. हैं मैं मैं तो सबको बोलता हूं कि मैं मैं. सपने में भी बल्गर गाना नहीं गा सकता मैं. स्टूडियो से निकल के चला गया हूं लिया हुआ. पैसा एडवांस छोड़ दिया. हूं जैसे आज आपको एक एग्जांपल बता कौन सा. गाना छोड़ते आप हम गाना छोड़े. थे बता बता सकते हैं ना क नहीं बता सकते.
हां हां ठीक है एक गब्बर सिंह फिल्म बना. रहे थे महेश पांडे हमारे मित्र हैं जो. एकता कपूर जी के सारे सीरियल्स लिखे हैं. तो गब्बर सिंह फिल्म बना रहे थे उसमें मैं. धर्मेंद्र वाला रोल कर रहा था तो उन्होंने. एक दिन गाना डव करना था. मैं 7 लाख रुप लेकर फिल्म कर रहा था मैं. बहुत बड़ा होता है अमाउंट 70 लाख. समझ हर जगह बड़ा हो 7 लाख अभी भी ठीक ठाक. जी और मैं बात कर रहा हूं 2000 9 की हम तो.
मैं गया गाना हां भाई गाना और ये तो पेपर. वाला पैसा होगा हां हां मतलब ये तो ऑन. पेपर वाला होगा हां कुछ तो कशो आता हो तो. अलग. कहा तो गाना. था सॉरी जो भी सुन रहे हैं कि चोली में. फुटबॉल दिखेला. यह गाना था मैंने कहा कि यारे क्या लिखे.
हो तुम. लोग बोला भैया यही गाना. है मैंने कहा इसमें डबल मीनिंग क्या. है इसमें तो जो है सिंगल मीनिंग है मैं तो. य नहीं गा. सकता थोड़ा दे समझाने की कोशिश किए. लो फिर ठीक है बात नहीं बनी मैं गाना भी. छोड़ा और फिल्म भी छोड़ा क्योंकि उनको. बुरा लग गया कि हमारा गाना छोड़ रहे हैं.
मैं नहीं. गाया बट मु सांसद बनने के बाद या पहले. पहले सांसद बनने के बहुत. पहले मैंने छोड़ दिया तो मेरा कैरेक्टर ये. है ना शुभंकर भाई कि हम वल्गर गाना वल्गर. का पहले परिभाषा निकालिए हम मतलब मेरे. कहने का मतलब था कि वो गाना जो आदमी अपने. बीवी बच्च के साथ बैठा हो ह जैसे आपकी तीन. बेटियां हैं आप अगर बेटियों के साथ बैठे. हो वो गाना आप ना प्ले कर सकते हो वो गाना.
मेरी नजर में असहज करने वाला गाना अगर. मेरे सही शब्दों करूं मैं असहज करने वाला. गाना जिसको आप अपनी बिटी के साथ बैठ ना. सुन पाए हां ये सब गाने. अपने परिवार के साथ बैठ के सुन सकते हैं. ऊपर वाली बगल वाली सामने वाली हां एक. गुड्डी देर भाई अरे भाई ऊपर वाली के चक्कर. में लड़का खूब पिटाई लवा हां जैसे बगल. वाले जान छूटल सामने वाले ना चार हो चार. हो ग होते रहता है भाई सब रटा है. नहीं नहीं ऐसा होते रहता है कभी एक. ब्रेकअप हुआ फिर दूसरे से दोस्ती हुआ इट्स.
नॉट. बल्गर तो वल्गर जो था हमने छोड़ दिया हां. एकाक गाने ऐसे हैं जो फिल्म के हैं जैसे. वो एक धरती पुत्र फिल्म का गाना. है वो थोड़ा सा डबल मीनिंग. है तो पहला लाइन सुनेंगे तो हमको भी थोड़ा. अच्छा नहीं लगता है लेकिन दूसरा लान उसको. ठीक कर देता. है ठीक है हालांकि कई बार आदमी जब काम.
करता है पता नहीं बाद में जिम्मेदारी होने. के बाद थोड़ा अलग आदमी बदल जाता है ना. सुभंकर भाई रील है ना आज मान लो मैं फिल्म. करने जाऊ तो मैं बोलूंगा मैं मनोज तिवारी. सांसद हूं नेता हूं मेरे हिसाब से ही हमको. कोई फिल्म में फाइट नहीं मार सकता रे ऐसे. कैसे होगा यार अच्छे आदमी भी पिटते हैं. विलन मारता है तो तो होगा और रील इ ल ठीक. है सिनेमा जब हो रहा है तब उसको हम लोग.
हालांकि उसमें भी बहुत संभाल के चला हूं. लेकिन एक गाना मुझे भी कहीं कहीं लगता है. अच्छा एक चीज हमको समझ में आज तक नहीं आई. कि दो दो चीज समझ में नहीं आई एक य रिंके. पापा इतना वायरल का है हुआ हालांकि मजेदार. गाना है सुनी लागी मरद के ना नाव लेले. जाला उनके बिना नाव लेले कुछो ना कला नाव. लेके कहली की चाय तो जरा सा मैं रटा. है तो हमको ये गाना मौज मस्ती वाला लगता. था और बड़ा मौज लेके आप लोगों ने गाया भी. है घाट पे खड़े होके चल रहा है बज रहा है. पूरे मौज में तो यह गाना इतना पुराना गाना.
यह बात में कैसे हिट हो गया इतना ज्यादा. रिंक पापा ऐसे ही लोग हिट कराए जो जो सो. एक ही ही ही हंस देले रिंकिया के पापा तो. उनको लगा ही ही ही मतलब मिमिक. है उसका हम फन बना सकते हैं कौन बनाया था. इसको हम लिखे कौन थे हम का सोच के लिखे थे. रिंके पापा ही और कौन था पापा नहीं ये. बहुत अच्छा सवाल है आपका हमारा एक दोस्त.
है हम लोग उसके घर गए थे उसकी शादी हुई थी. हा तो बातचीत कर रहे थे तो कुछ ऐसे बात. हंसी मजाक करते रहता है तो वाइफ के लिए भी. कुछ बोल दिया अरे तो य तो आईल है तो अभी. भाई य तो बहुत बड़े घर के हैं तो हमल के. कोई समझत नहीं ऐसे बोले तो उसने ऐसे प्यार. से कुछ भी बोलते रहते हैं से ठीक ना इधर. गाल गाल करो. इधर कुछ भी करते रहते हैं सवाल पूछने के.
बदले. हा अब क्या है कि ये ना जसे नहीं होता कि. छलिए हट समझ हमारे यहां तो और जब ऐसा कीते. तो हमार दोस्त जो है हसने लगा तो हमारा. दिमाग का जो कवि था ना जो डायरेक्टर था. यार ये देखो ऐसा है. कभी-कभी तमाचे पे हस भी सकते हैं और ही ही. ही हसना मतलब बात को हंसी मजाक में लेना.
हा हा मैंने बना दिया ना गजब उस समय नहीं. हिट हुआ टी सीरीज वाले बहुत पैसे छापे हैं. हां उस समय नहीं हिट हुआ हा हिट हुआ बाद. में जब इसको किसी ने मजाक में च उधर अव. पूर्वांचल में उधर में तो हिट हुआ थाक. गाना हमको हमको पहले से याद है फिर जब बाद. में ज सोशल मीडिया रिल ल में आना शुरू हुआ. उसमें बहुत सारी कल्चर है सुनीला की मर्द. के ना नाम ल जाला उनके बिना नाम लिहले. कुछो ना कला नाम लेके कहेली की चाय दो जरा.
सा ही हस दिल रिंकिया केपा अब क्या है मैं. बहुत बड़ा थॉट से. लिखा कि अगर पत्नी ने कह दिया मनो जरा सा. चाय बना देना तो उनको लगता है बेज्जती हो. गई नाम मेरा रू पद चाय बनाए के अरे भाई. थोड़ा नॉर्मल बनो यार वाइफ कह सकती है. उसमें एक लाइन है कहे घर में पहनूंगी मैं. लूज पजामा सूट सलवार चोली का नहीं जमाना.
जवन कर मन करे कह देले साफा ही ही ही ही. हस देले रिंकिया के ही ही हसी मजाक में ले. एक लाइन और था डार्लिंग अपनी शादी में. तुमने क्यों नहीं नाचा. हां भाई सही बात है ना 15 साल पहले शादी. कैसे होती थी और अब शादी कैसे होती है अब. तो तो वह लाइन सुना दीजिए डार्लिंग अपनी. शादी वाला हा व एक दिन वो सार में बैठल.
रहे प्यार से वीडियो चल रहा था सादी का. डार्लिंग अपनी शादी में तुमने क्यों नहीं. नचाई त नचाए गी तू हमको अब बेचारे ही करके. ह ब बात सही है जो लोग उधर के उस क्षेत्र. के हैं वो रिलेट कर सकते हैं इ चीजों से. अब ये ना एक तो आधा लोग तो इसको लाइन को. कुछ और समझते. होंगे बट य बहुत हंसी मजाक होता है ना. हमारे कल्चर में तो गाड़ी भी एक कल्चर है.
हां अरे शादी में गाली दी जाती शदी में. गाली दी जाती है बुला के बकायदा गाली दी. नहीं जाती गाली गाई जाती है हा गाई जाती. है दहा पक्ष के सबको गरिया जाता है हम. बहुत गाली खाए अपने भैया लोग की शादी जब. तक गाली अगर नहीं खाए तो लगता है कि. ससुरारी में या रिश्तेदारी में आपका. सम्मान नहीं हुआ अगर गाली नहीं गाया गया. तो हां हा तो परंपरा है तो इसको जो जन. नहीं जानता देखिए भोजपुरी अवधि की जो.
परंपराएं. है उसमें एक से एक अमीर खुसरो साहब ने. लिखा है काहे को ब्याही. विदेस अरे लखिया. बाबुल. मोरे काहे. को भैया को दिनो बाबा. महला दु. महला हम का दियो पर.
देश अरे लखिया. बाबुल. मोरे काहे को. ब्याही. विदेश अब. यह किसको. नहीं कि हम तो बाबू. तोरे खूटे की.
गैया जहां कह दो हक. जाऊ अरे लखिया. बाबुल. मोरे काहे एक बिटिया का. दर्द हम तो बाबुल. तोरे पेड़ के चिरैया जहां कह दो उड़ जा. तो इस सब चीज को जो समझेगा नहीं उसको समझ.
में नहीं. आएगा कि आज भी आपकी आंखे भर आई आप अपने. बच्चों को याद. करिए अब आप समझते ही नहीं है इतनी वैरायटी. है उत्तर प्रदेश बिहार की भोजपुरी और अवधी. फोक. में कि उसको हमारे यहां तो बच्चा गर्भ में. आया तब से सोहर गाना शुरू करते.
हैं सोहर तो शायद संसार को पता है कि नहीं. हमारे यहां तो कृष्ण के लिए भी सोहर गाया. जाता. है कि मचिया बैठल. माई. जशोदा त सखी. सब पूछे ली. हो ए मैया. कईल कवन. व्रत. नेम कन्हैया सुत पा गईल.
हो यशोदा जी कहती. हैं कि गंगा. नली. त्रिवेणी से. कली सोमर व्रत. हो. सखी सखी. कली बरत. तवार.
कन्ही आप उसकी मर्म में जाइए कि लोग अथवा. भूख के भी गंगा नहा के. भी सनातन को समझे तो. कोई इन गीतों में जाकर के जब मिलेगा तब. पता चलेगा कि कितने सार छुपे हैं और उसी. में एक हास्य व्यंग भी है भगवान राम जी को. काली गाई गई जनकपुर. में मुरारी बापू के मंच पर ही हमने गीत.
गाया था कि ए. पहुना मिथिले पुर में. रहना उसमें एक लाइन है कि घर हनाई ससुरारी. ह इतना समझला. पक्का ससुरारी में बड़े बड़े लोगन के छूटे. भगवान को भी कहा गया है ससुराल है.
संभल के. रहिए आपकी तीन बेटिया तीन बेटिया हमारी तो. जो बेटियों की बात आती है तो मैं थोड़ा. इमोशनल हो जाता हूं मुझे फ्यूचर दिखता है. तो फोक को समझने के लिए भी सोचते हैं आपकी. तीनों बेटिया एक दिन विदा हो जाएंगी शादी. हो जाएगी ख्याल आता है ऐसा क्यों बेटी. बड़े करीब.
है पता नहीं देखते हैं अभी सोचना ही नहीं. चाहते अभी तो सोचना नहीं चाहते मैं पिछले. इंटरव्यू में जब आपसे मिला था तो आपने. अपनी मैम से शादी का जिक्र आपने किया था. आपकी बड़ी बेटी ने आपको कन्वेंस किया. था हां सही बात है. और दोनों का बहुत अच्छा पड़ता है आपस में. बुला तो आप उनको बच्चा ही.
[हंसी]. है बहुत शक्ति मिल गया है उनके आने. से. बहुत सिंसियर है वो मैं सुरवी की बात कर. रहा. हूं क्या बदलाव सुरभी के आने से आपकी लाइफ. में पहले आपकी मैनेजर भी शायद वो थी आप. आपके प्रोफेशनली जुड़ी थी शायद अर भी आप. साथ नहीं वो सिंगर थी हा तो सिंगर थी.
तो हम लोग जब शो वगैरह में जाते थे तो. बहुत सारी. रिस्पांसिबिलिटीज उठा लेती थी कहां जाना. है क्या गाना है तो लगा कि भाई. तो कोई मैनेजर तो नहीं थी मतलब आपके साथ. प्रोफेशनली इवॉल्व थी आपके साथ वो हो गई. धीरे. हम फिर तो मेरा सब चला.
गया बट देखिए जरूरत होती है एक समय आप. जाके ना इतनी सारी चीजें आपके जीवन में. होने लगती बट आपने बहुत लंबा वेट किया. क्योंकि मुझे मनोज तिवारी बिग बॉस से याद. आते हैं बिग बॉस में भी आपने अपने कुछ. चीजों का एक्सप्रेस किया था जी जी और फिर. वो शो क्योंकि हम तो आपको पहले से देख रहे. हम यूपी बिहार मतलब दो चार नाम थे उनमें. एक आपका नाम था तो आपको हम लोग फॉलो करते. थे फिर आपने 10 12 साल वेट किया फिर यह. फैसला कहां से आ कि सेकंड मैरिज कर लेते. हैं अब अब तो 50 प्लस भी आप 50 के आसपास.
पहुंच रहे. थे क्या है. बहुत सारी सिचुएशंस. थी और ऐसा कोई प्लान नहीं था व कभी-कभी. होता है ना कोई मिल जाता है लगता है कि ये. अरेंज टाइप था या लव वाला. था नहीं ये. तो लव अफेयर ही कहेंगे इसको खुद तो क्या. मतलब मिले और लगा कि तो प्रपोज आप कि थे.
आप प्रपोज किए थे ये तो याद ही. नहीं इतना डिटेल में क्यों जा रहे हो अरे. भाई आपकी बीवी के बारे में पूछ रहे और. किसी बारे में थोड़ी ना पूछ रहे हैं. नहीं उतना याद नहीं है हम अफेयर थोड़ी ना. चर्चा कर रहे कि अफेयर किससे था हम तो. बीवी के बारे में बात कर रहे. हैं हालांकि मैं बताऊं वैसे आपकी बीवी. हमारी सोशल मीडिया फ्रेंड है तो हम पूछ. सकते हैं अच्छा. हां नहीं हम ही नहीं किया था हां अच्छा लव.
यू बोलते हैं आप या आप अभी ओल्ड स्कूल. हैना तो नहीं नहीं बोल पा तो कैसे प्यार. का इजहार करते हैं अपनी बीवी. से दुनिया भर में तो आप गा देते हैं. चित्रा त्रिपाठी बाइक के पीछे बै दिन भर. वायरल होते रहते. हैं बहुत वायरल होती है तस्वीर आपकी कुछ. भी वायरल हो जाता है अरे लोग आजकल लोग आधा. काट के निकाल देते लोग हमसे कहे कहे जब एक. मैडम गाने कहे उनको डांट दिए मनोज जी और. चित्रा जी पीछे बैठ गाना ये दोस्ती नहीं. तोड़ेंगे. हम ये दोस्ती अपने देश के लिए जी 20 में.
आए हुए लोगों के लिए कह रहे थे यार और वो. कैसा लग रहा था कि हम भी देखे और एक बार. आपका जुरमाना भी लग गया. था हेलमेट लगाए बिना हां लगा ना त तो. बागेश्वर वाले बाबा के साथ लगा एक बार. चित्रा जी के साथ भी लगा था शायद अच्छा या. रैली बाइक चला रहे थे बाइक रैली निकाले थे. कहीं आप लोग हा वहां कटा था हां भर दिए थे. हम. क्या छोटी मोटी गलती वही हम कह रहे ना कि. दुनिया के सामने तो आप ऑन द स्पॉट गा देते.
हैं होली गा देते हैं बीवी कैसे इ का जहार. करते हैं उनको गा के थोड़ी जर करना कैसे. जर करते वही तो पूछ रहे हैं दुनिया जाने. ना कि मनोज तिवारी इतना गाना वाना गाते. हैं ऊपर वाली बगल वाली सामने वाली गुड्डी. हे गुड्डी देर भाई मेरार सामने क्या गाते. हैं क्या करते हैं नहीं वो खुद गाती है तो. आपका भी कुछ कर्तव्य होगा ना ल क लव मैरिज. किय भी नहीं अरेंज मैरिज है देखिए ना फोटो. है सकपका गए. एकदम मुझे ऐसा लगता है ना.
कि प्यार से भी ज्यादा हा वो धीरे-धीरे ना. व हमारी जरूरत बन. गई और लगा कि बहुत. यह ईश्वर ने इनको हमारे लिए ही भेजा है. धरती पर ऐसा महसूस होने लगा चलिए जो काम. आज तक आपने कि व आपसे गुस्ताखी करवा. एक कोई बढ़िया रोमांटिक गाना सोचिए और. सुरभी जी को डेडिकेट करते हम गाते हैं हम.
उनको टैग. करेंगे देखि अंदर से क्या निकलता है. आपके ऐसे तो बात बात पर गाना निकलता है. बना बना के निकलता. है महाराज कितना सोचना खुद अपने को ढूंढा. था खुद अपने. को ढूंढा. था मैंने.
तुम्हें यूं चाहा. था खुद अपने को ढूंढा. था मुझसे मिला एक उम्र के. बाद मुझसे मिला एक उम्र के. बाद जो मेरी उम्र का हिस्सा.
था खुद. अपने को ढूंढा था वाह अब इसको आप. प्रैक्टिस में लाइए 15 20 दिन में एक दो. बार गा दिया करेगा सामने. भी ऐसा ही होता है आप शाहरुख खान के फैन. है शाहरुख भाई की बहुत चीजें बहुत अच्छी. लगती शाहरुख खान ने 50 प्लस में पिता बने. आप भी 50 प्लस में पिता बने हमको लगा हो. सकता है थोड़ी इंस्पिरेशन वहीं से ले ली.
हो शाहरुख खान ने कहा था कि देर से जब. बच्चा पैदा हो तो आदमी के अंदर का फिर. बचपना जवान हो आता. है तो आप भी फादर बने हैं अभी एक छोटी. बच्ची आपकी है. बहुत क्या एक्सपीरियंस है ऐसा लग रहा है. कि मैं एकदम एक नया जीवन जी रहा हूं एक. बचपन तीन चार साल की बच्ची का बचपन जी रहा. हम वो भी कमाल. की व जब तक कहेगी नहीं कि ठीक है आप जाइए. मीटिंग करके आइए लगता नहीं हो कि बुढ़ा.
गया आप लगता एकदम जवान है फिर से भी हां. बच्चे का एहसास होता है बचपन का एहसास. होता है और मैं उसकी बात को ना उसको मैं. घर से. उसको व सामने रहे रोती रहे मैं नहीं जा. सकता मैं चाहे कितना भी लेट हो जाऊ उसको. तैयार करेंगे जो कहेगे अच्छा ठीक है डा आप. ठीक है चले आ चले जाइए काम करके आइए और. फिर काम बता आएगी तो यह करेंगे फिर उसके. बाद वो बाय बाय करके आएगी और अगर व क नहीं.
जाना है तो नहीं जा सकते आप और उसम रुला. के नहीं जाता तो एक बड़ा कमाल. का आज ज आपसे बात कर रहा हूं सुबह भी ऐसे. हो गया था मैं 20 मिनट लेट हो गया अपने. प्रोग्राम बट अब उससे मैं करूं क्या एक. बच्चे के विश्वास को तोड़ना नहीं चाहता. कभी मन नहीं करता आपका कि पॉलिटिक्स. पॉलिटिक्स इतना ताम तिकड़म छोड़ के सुकून. से परिवार के साथ बिटिया बड़ी हो रही है. उसको बढ़ते देखें जैसे मैंने आपका ही. स्टेटमेंट जब मैं आपको याद है जब मैम की.
प्रेगनेंसी चल रही थी तो उस टाइम हमने. इंटरव्यू किया था तो आपने एक बड़ी अच्छी. बात कही थी कि मेरी बड़ी बेटी की. पेरेंटिंग में मेरा रोल बहुत नहीं हो पाया. क्योंकि मैं बहुत बिजी था काम को लेके. स्ट्रगल को लेके बट इस बार जो भी मेरा. बच्चा होगा उसम बड़ा टाइम दूंगा मैं तो. दिया दे. रहा दे रहा. हूं अभी उसको स्कूल में एडमिशन कराना था. तो मैं उसके लिए गया स्कूल और उसको पहले. दिन खुद स्कूल छोड़ के आया हम बिना किसी.
भीड़भाड़ के हम. और क्या है कि आपने एक बात कही ना किसा मन. नहीं करता कि बच्चा अपना बड़ा हो रहा. है हमें अपने बच्चे का ध्यान देना है हम. लेकिन इस देश के बच्चों का भविष्य क्या. होगा वो दिमाग में घुस गया है पूरा नेता. बन गया आप सर्ट से जोड़ दिया ऐसा कि मैसेज. डाल दो नहीं ये सोचना जरूरी है शुभंकर भाई.
आप भी सोचते हो देखो मैं सबको इस देश में. बोलना चाहता हूं हम आप कुछ भी बिजनेस करो. हम कई बार लोग कहते हैं जी हम साधु. महात्मा हैं जी हम पॉलिटिकल नहीं बोलेंगे. हम पत्रकार हैं जी हम पॉलिटिकल नहीं. बोलेंगे पॉलिटिकल मत बोलो अरे आपके मित्र. हैं दिनेश लाल नेरहुआ जी वो तो कह दिए. मोदी जी बच्चा इसलिए पैदा नहीं किया ताकि. देश को समर्पण कर सके बड़ा वायरल हो गया. था वीडियो उनका भी नहीं वो तो उसका सब. तोड़ मोड़ करके ना ओरिजिनल बाद में निकला. ओरिजिनल था नहीं अरे हां बाद में निकला.
बाद में बत मालवीय जी ने ट्वीट जो कर दिया. था वो बाद में निकला कि ओरिजिनल था सब. लड़के खोज लाए वो किसी य लेकिन मुझे लगता. है दिनेश बड़ा सुलझा हुआ लड़का है क कबो. कबो फस जाते एक बार फस गए थे हमारे साथ. टीवी 9 में अच्छा जब कह दि थे कि. ब्रह्मांड में ताकत नहीं कोई मुझे हरा. पाएगा आप उसको हिट कर दिए होंगे हम नहीं. किए थे वो स्टूडियो में करेक्ट हम पकड़े. खड़े थे अब वो चरते चले गए ब्रहमांड में. कोई नहीं है जो हमको हरा पाएगा बेचारे जब. तक समझते त तक क्लिप पूरी वायरल हो गई थी. हालाकि बाद में बढ़िया जीते वो मेहनत की.
जीते और बड़े कैंडिडेट को हराए बड़ी जगह. जीत कर आए वो आजमगढ़ सीट नहीं नहीं इतिहास. बना दिया हा पहली बार जीता बीजेपी ने पहली. बार हा हा अरे तो सपा गढ़ था वो लेकिन हम. जैसे हम सबका देश है ना देश खाली नरेंद्र. मोदी जी का या मनोज तिवारी जी का तो नहीं. है सबकी अपनी आयु है आयु जी के जाएगा. ब देश की तो आयु बहुत बड़ी है. ना हम. भाई.
2000 81 तक तो हम लोग आ गए हम विक्रम संवत. की बात कर रहे हैं वैसे 2024. में लेकिन 2024 से पहले हम लोग गिनना शुरू. कर दिए थे हम. 2081 विक्रम संवत में लेकिन हमको याद ही. नहीं रहता है कि हमारे बाप दादा अंग्रेजों. से भी पहले मतलब ठीक ठाक पहले हम लोग. गिनना शुरू कर दिए. थे तो आखिर देशवा आगे.
जाई तो देश सुरक्षित. रहे जो इतिहास की कहानियां है. कि धर्म के उन्मादी लोग क्या-क्या किए हैं. तो उस हिसाब से अपना. देश में प्रेम भाव. रहे इसके लिए तो थोड़ा सा चिंता करनी. पड़ेगी ठीक चिंता करेंगे एक चिंता आप लोग. और बिल ला रहे थे उसको लेकर एक बड़ी वायरल. क्लिप हुई थी हमारा तो बिया हुआ नहीं है.
तो ये सवाल हम पूछ सकते हैं एक क्लिप. वायरल हुई थी मेरे पिछले चैनल पर आप बैठे. थे रवि जी बैठे थे और निरहुवा जी और रवि. जी कहे कि जनसंख्या नियंत्रण कानून लाने. बिल लाने वाले हैं और उनसे सवाल पूछा गया. अ भी मंच प थे वो कहे कि महाराज आपके चार. है आपके तीन हो गए और आप लोग बिल ला रहे. हैं तो कहेगी कांग्रेस का गलती था लालू जी. भी अक्सर राजू श्रीवा तो कहते थे लालू जी. में मीम बना के कि लालू जी का मीम बना. कहते थे कि इसमें भी कांग्रेस का दोष था. कांग्रेस ला रही थी तो हम लोग विरोध कर.
दिए तो आप लोग से लोग पूछते हैं कि आप लोग. के भाई चर्च अपना चार हो गया आपका तीन हो. गया और हमारे वाले को आप कह रहे कि ू ये. पैदा करो एक करो का बड़ी नाइंसाफी. है. नहीं एक तो क्या है ना आप बॉलर बहुत तगड़े. हैं आप ऐसा ऐसा बॉल दे देते हैं ना क्यों. निरहुआ हो रवि किशन हो मनोज तिवारी हो उलझ. जाता है उसी में तो. मेरा एक थॉट है कि जनसंख्या नियंत्रण इस. देश के लिए आवश्यक कदम.
है और उसके लिए जब भी लागू होगा तो ऐसा. थोड़ी है कि एक के दिन लागू हो जाएगा होगा. कि उसके बाद समय दिया जाएगा होना ही चाहिए. कि आज लागू हुआ लेकिन अब ऐसा थोड़ी किसी. गर्भ में बच्चा है तो थोड़ी उसको आप कह द. कि नहीं संसार में नहीं आएगा उसका ध्यान. रखते हुए. पॉपुलेशन कंट्रोल की तो रास्ते जाने आपने. बल डक कर दी आपने कहा ना हम खेलब नहीं.
करेंगे खेलेंगे तो फस सकते हैं या तो एलपी. डब् हो जाएंगे या बोल्ड हो जाएंगे ऐसे. बढ़िया बॉल छोड़ दो अच्छा आपका क्या विचार. है हमारे मां बाप के दोई हैं और हम बचपन. से टीवी पढ़े भी हम हम दो हमारे दो तो अब. तक तो हम यही देख रहे हैं बाक हमारे छ सात. आठ. थे तो वहा बड़ा जीब भी था कि हमारे छोटे. वाले चाचा शादी जब हो रही थी तो हमारी. बड़की बुक भी जो बच्चे थे वो बराबर थे तो.
बड़ा अजीबो गरीब पिछले जमाने में तो. कांसेप्ट था हमारे दादा बाबा का बट इस. जनरेशन का थोड़ा अलग हुआ है और लोग इसलिए. पूछे सवाल क्योंकि रवि जी कह रहे थे कि. मैं जा रहा हूं बिल पेश करने तो लोग. महाराज अपना चार करके बैठे हो. आप. नहीं इसको सकारात्मक रूप से लेकर के आना. चाहिए ठीक है अब हम आते हैं लास्ट खत्म. करते हैं फैन फिल्म में गाना आया था. शाहरुख खान के लिए आपने गाया था बड़ा पैन. इंडिया गाना हु था एक बार थोड़ा सुना देते. तो बड़ा वायरल गाना था वो जबरा.
फैन वो. [संगीत]. कुछ क्या था गवा. हो लि दे आपको हा लिक्स. दीजिए तब तक हम सुन लेते जिया वो बिहार के. लाला बहुत फेवरेट गाना वो भी है. हो जिया हो बिहार के. लाला जिया तू हजार.
साला हरे जिया हो तू घोर भु. आला जिया द हजार. साला जिया तू हजार तनी नाची के तनी गाई के. तनी नाची गाई सबके मन बहला वाए भैया भैया. भैया. अपने कर्म से अपने माटी के मान बढ़ावा है.
भैया तनी जान जला के गीत के तेल पियाओ. भैया तनी धूम धाम से तनी झूम झाम के तनी. धूम धाम से अपन मन बढ़ाव भैया भैया भैया. भैया इस पिक्चर से इस गाने आपको बड़ा. फायदा हुआ होगा से. हां ना बहुत वायरल हुई प मुझे याद है. हमारा कॉलेज के टाइम चलता था य पिक्चर हम.
लूप पर देखते थे अभी मैंने भैया जी फिल्म. के लिए गाना गाया मनोज बाजपेई जी के लिए. तो अनुराग कश्यप जी का फोन आया कि अनुराग. कश्यप ने गाना गवाया भी बड़ा गजब कांसेप्ट. है कि वो लोग जिनकी विचारधारा आपसे. बिल्कुल विपरीत. है चाहे वो लिखने वाला हो या पिक्चर बनाने. वाला हो. नहीं अच्छा लगा आप अच्छा मैनेज कर लेते.
हैं इसका मतलब अनुराग भाई का फोन आया और. उन्होंने कहा कि अरे भैया गजब गाना गाए हो. भैया जी. का का बाग का करेजा दो लाइन सुना थे व भी. अभी तो ट्रें प चल रहा है हा ट्रेनिंग चल. रहा. है होज का बाघ का करेजा देखके ऊपर वाला. भेजा होक काई रवाई गुनगार नगरी. हा हो ज सारा जीवन दुख झेला हरदम खतर से.
खेला ज सारा जीवन दुख झेला हर दम खतर से. खेला ओके रोक के दिखाए अंगार डगरी जे का. बाघ का करेजा देख ऊपर वाला भेजा हो का का. रवाई गुनगार. नगरी मनोज बाजपेई जी का एक रील वायरल हुआ.
था जिसमें उन्होने कहा कि अनुराग कश्यप जी. और लोग बैठे थे गाना आपका आया तो कोई. फिल्म में शायद उसमें कहीं था कि मनोज. तिवारी बड़ा बढ़िया है इसे ले आओ किसी. फिल्म में उनका शूल फिल्म में हा तो कहे. कि मनोज तिवारी को तो हम हम लोगों ने. वायरल किया था नहीं सही कह रहे हैं व शूल. फिल्म आई थी ज उसने उसम फिल्म में चर्चा. थी हा कि लोग चर्चा कर रहे हैं आजकल बड़ा. हिट हो रहा है कौन है तो देखिए जीवन में. ऐसे ऐसे ना प्रमोटर मिल जाते हैं इसलिए.
तो ठीक है अपनी बात अलग बात है लेकिन. अनुराग भाई से मैंने कहा कि एक नया गाना ग. तो उन्होंने कहा गाएंगे मेरा गाना ि हम. सही पकड़े थे क्यों नहीं. गाएंगे तो फिर हंसे बहुत. तेज मतलब उनके आसपास जो लोग हैं वो समान. अब मुझे लगता है कि समान आइडल जीी के लोग. काम भी ये एक फॉर्चूनेटली चीज कह लीजिए.
बॉलीवुड में मैंने देखा खास तौर पर कि जो. बड़े आइडल जिकल लोग हैं उनके इर्दगिर्द. वही लोग हैं जो सेम आइडल जीी वाले इकट्ठा. होते जा रहे हैं अब पहले कह ते ना कलाकार. कौन इसमें सूट कौन करेगा अब आडलज कल वाला. हो रहा है अनुराग केत जितने भी ज तापसी. पन्न हुई या बाकी लोग जो हुए उनके ट्वीट ज. मैं देखता हूं तो एक विचारधारा के आते हैं. तो उसमें जब मनोज तिवारी गाना आता है तो. बड़ा थोड़ा सा मुझे लगा कि ये कैसे हो गया. या आपके जो राइटर भी थे जियाओ बिहार के. लाला के हम ये सब वण वरुण ये सब एक थॉट. प्रोसेस वाले लोग हैं मैं ये नहीं कह रहा. सही है गलत है लेकिन उनसे आपका थॉट.
प्रोसेस अलग है या जो आडलज कल आपका वो है. जी तो यह असहज नहीं होता फिर क्या काम. करने. में नहीं हमको तो पता ही नहीं चला कि ये. लोग अलग थॉट के हैं आप. क्या बात करते. हैं ऐसा नहीं. देखिए मैं मान हमारे नरेंद्र मोदी जी का.
एक बहुत कमाल का एक उनका परिचय. है कि. आप वैसी. बातें जो कि आप उनको आप अटैक करते हुए. लिखिए लेकिन उसमें रास्ता बताइए क्या किया. जाना चाहिए नरेंद्र मोदी जी पक्का उसको. देखेंगे और ऑनर. करेंगे मैं जानता हूं नरेंद्र.
भाई नरेंद्र मोदी जी के जीवन में. ना यह दीवार बंद यह है ही नहीं हमेशा तो. फिर उन पर ये क्यों आरोप लगते हैं कि. विरोध सहने की क्षमता नहीं है कोई. क्रिटिसाइज करेगा तो उसको वह ले नहीं पाते. बीजेपी पर य आरोप लगता कि अगर कोई. क्रिटिसाइज करता है तो बीजेपी के अ नेताओं. में सहन शक्ति नहीं कि आप चाहे वो उनके. लोग जैसे मान लीजिए कोई व्यक्ति है जो रोज. बीजेपी को सपोर्ट कर रहा है या चार अच्छे. काम गिना रहा है लेकिन जिस दिन दो काम गलत. गिनाए कि आपने गलत किया तो उस दिन उसको.
बिल्कुल थ्रश कर दिया जाए ना बिल्कुल. नहीं अगर किसी के मन में ऐसा कंफ्यूजन है. देखो कुछ सपोर्टर्स होते हैं वह अगर टूट. के पड़ गए या कुछ कहे उन पर मत जाइए. नरेंद्र मोदी जी. है आप नरेंद्र मोदी जी. को लिखो हो वो तो बार-बार कहते हैं सामने. से दीजिए ना अटैक करिए उस अटैक में हमको.
कुछ सीखने का होगा हम निकाल लेंगे और. नरेंद्र मोदी जी ऐसे ही है मेरा 10 साल का. जो सफर. है मैं मानता हूं उनसे. बड़ा किसी बात को टॉलरेट करने. वाला उनसे. बड़ा बहुत सारी नेगेटिव बातों में भी. पॉजिटिव निकाल लेने वाला. हम हमको अभी तक भारत के राजनीतिक इतिहास.
में एक दो आप सरदार पटेल जी को अटल जी को. ऑप्शन मान लीजिए मतलब अपवाद मान लीजिए तो. हमको दिखता नहीं. है बहुत विराट इस मामले में उनका मानस है. मैं बहुत नजदीक से काम किया इसपे ये सर. आता हैसे मोदी जी जब आए थे तो मोदी जी का. एक वेप तो रहा नो डाउट यूपी बिहार हर जगह. से दबा के वोट गया हर आदमी गया बट फिर.
धीरे-धीरे एक इमेज बना दी गई कि बीजेपी. मतलब सिर्फ. मोदी चाहे छोटा फीता काटना को तो क्रेडिट. जैसे जैसे आप धोनी को बहुत पसंद करते हैं. तो कई बार हम लोग क्रिकेट में मजाक उड़ाते. हैं कि जब सीएसके जीत जाती है तो भले धोनी. कप्तान नहीं है हम कहते हैं धोनी की वजह. से कप्तानी में जीत गए और जब हार जाते हैं. तो कहते हैं ऋतुराज की कप्तानी में हार हो. गई तो ये एक आरोप लगता है कि क्रेडिट सारा. उनको जाता है बाकी थोड़ा सा मतलब इस तरह. की बातें शुरू हो गई है जैसे कई बार टीवी.
पर आरोप लगता है आप इलेक्शन कोई भी. देखेंगे जब रिजल्ट आता है तो अक्सर. कांग्रेस वाले ट्वीट कर देते हैं कि जिस. दिन जीतेंगे मोदी जी लगा देंगे जिस दिन. हारेंगे उस दिन नड्डा जी की फोटो लग जाती. है देखिए इसमें आप तो मिले ना उनसे इसमें. आप लोग क्रिटिसाइज कर पाते हैं कि सर ये. चार चीजें मार्केट में चल रही थी बुरी थी. आप लोग को लेके आप लोग को फीडबैक देना. अलाउड होता है इतना 100 पर क्या दिया आपने. कौन सा नेगेटिव फीडबैक दिया आखिरी बार. मिलने पे आप याद करिए जी जब हमारा ये. जीएसटी आया था हां जीएसटी आया हम लोग.
सांसद के रूप में पब्लिक को डील कर रहे थे. और हमारे दिल्ली से ही एक बड़ा बहुत बड़ा. टीम करीब 200 लोगों का अलग-अलग कि देखो जी. हम तो प्लास्टिक का ये बनाते हैं अब सॉरी. हम हम फाइल बनाते हैं फाइल में यह इतना. प्लास्टिक है और इतना जो है उसमें थोड़ा. सा लोहा लगाना पड़ता है तो बताओ नहीं. इसमें दूसरा हम अलग स्लैब में आ गए तो कुछ.
बातों को हम लोगों ने नोट करना शुरू किया. पहले बताए बोले नोट करके. बताओ ने नोट करके. बताया. करीब 27 मामले. में स्लैब. घटा कहीं 28 था तो 18 हो गया 18 था तो 12. हो गया कोई 12 था तो पाच हो गया कहीं पांच. था तो जीरो वित्तमंत्री जी के हस्बैंड का. एक पोस्ट वायरल हुआ था निर्मला सीता रमण.
जी के पति जी जो है उन्होंने कहा कि मोदी. जी दोबारा चुना है तो देश में चुनाव ना हो. नहीं य उनके हस्बैंड का स्टेटमेंट है एक. चैनल पर इंटरव्यू दिया और कहा कि अगर मोदी. जी दोबारा आते हैं तो देश में डेमोक्रेसी. खत्म हो जाएगी चुनाव हा उन्होंने कहा उनके. हस्बैंड है और वो अक्सर लिखते भी रहते हैं. क्या. मतलब निर्मला जी का जो परिवार है उसका. बैकग्राउंड कांग्रेसी रहा मैं उसको और भी. क्लियर कर देता हूं मैं उस जेएनयू की व. पढ़ी हुई है दोनों जेएनयू में थे उनके. हस्बैंड की डोलजी अलग है वाइफ की डोलजी.
अलग है वो ठीक है बट उनके हस्बैंड का ये. कोट काफी इंपोर्टेंट है क्योंकि व भी पढ़े. लिखे इंटेलेक्चुअल व्यक्ति है उनका. स्टेटमेंट ये है एक पोर्टल को उन्होने. इंटरव्यू दिया जिसमें कहा कि अगर नरेंद्र. मोदी दोबारा चुनकर आते हैं तो इस देश में. चुनाव की प्रथा जो है खत्म हो जाएगी और. डेमोक्रेसी एंड हो जाएगी यह बहुत बड़ा. स्टेटमेंट था वित्त मंत्री के पति का यह. कहना. थोड़ा सा तो मैं सुना था बट इस पर कुछ डीप. स्टडी नहीं कर पाया हूं यही उन्होंने. क्लियर कहा था बट इसमें कोई दम नहीं और.
बहुत सारे यूट्यूब भी जो हैं आजकल वीडियो. बनाते हैं एंड ऑफ डेमोक्रेसी और वो बड़े. वायरल हो रहे हैं ऐसा नहीं कि उसको. करोड़ों की संख्या में लोग लाखों में शेयर. कर रहे हैं कि मोदी जी आपकी चुन के आ गए. तो डेमोक्रेसी हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी. हम रशिया जैसे बन जाएंगे कि जहां पर पुतिन. को 2035 तक कह दिया गया इस बार भी लोग कह. रहे हैं कि देखिए 400 पार आप लोग कह रहे. हैं सूरत में एक हुआ जहां पर बिना लड़े. चुनाव जीत गए तो कह रहे कि ऐसा ही प्रथा. शुरू हो जाएगी कि डेमोक्रेसी सिर्फ नाम की. होगी इस देश में 28 लोग अनअपोज्ड सांसद बन.
चुके हैं 28. बार बट पीछे की घटनाओं को कोई याद नहीं. करता है कोई भी गलत अगर भर दिया नॉमिनेशन. तो नमने आपका नॉमिनेशन कैंसिल हो सकता है. दूसरी. चीज कि नरेंद्र मोदी जी से बड़ा लोकतंत्र. का समर्थक कोई हो ही नहीं सकता लोकतंत्र. रोज मजबूत हो रहा है हम कभी ईवीएम का रोना. नहीं रोते हैं हमारी सरकार बने या ना बने.
हम ईवीएम कर रोना नहीं रोते हैं ईवीएम. करोना वो रोते हैं आप क्या तो सीधे पार्टी. ले लेते. हैं अरुणाचल ने पूरी पार्टी शिफ्ट कर दिए. नहीं मुख्यमंत्री डिप्टी सीएम फलाना. मंत्री आज यहां था कल सीधे वहां पे उद्धव. जी देखिए कितना परेशान है बेचारे तो ये सब. तो सिस्टम संविधान में है य तो कोई नई चीज. नहीं है लेकिन हमने कांग्रेस की तरह.
सरकारों को निरस्त तो नहीं किया है एक. सिंगल एक भी कांग्रेस ने शायद मेरा मुझे. लगता है. कि काफी संख्या में 50 से ज्यादा संख्या. में एजेक्ट नंबर हमको याद नहीं है इतनी. बार उन लोगों ने किसी चुनी हुई राज्य की. सरकार को सस्पेंड कर दिया छोड़ कांग्रेस. बीजेपी आखरी सवाल समझ गए हम बीजेपी ने कभी. नहीं किया हमने कहाना सीधे शामिल कर लेते. हैं बवाल खत्म है संविधान और मजबूत.
होगा मैंने नरेंद्र मोदी जी को ना सीढ़ी. पर माथा रख के अंदर जाते हुए देखा है हम. वही पिछवा खड़े थे तो हम ही पूछना चाहर आप. तो पिछवा खड़े थे जक बगले में हम बैठा. है अगले केंद्रीय मंत्री हैं. वो हमको पूछ रहे हैं अभी तो तो एक एक सवाल. तो टीवी वाला बनता है हमारा टीवी में ऐसे. पूछते हैं लोग तो क्या मैं अगले केंद्रीय. मंत्री से बात करता हम कह एक कुछ तो टीवी. वाला हम भी लेके आए हैं एक तो जाते जाते.
पूछ लेते हैं अब तो हो गया ना तो इतना. सारा नेता लोग जॉइन करवा लिए आपको को तो. इनाम मिलेगा ना आपको तपस्या कीए हैं नहीं. मिली तो अच्छा लगी नहीं मिली तो और अच्छा. लगी. य देखिए हमने हम बहुत वो क्या कहते. हैं वैराग्य भाव में राजनीति में. आप मनोज तिवारी को तो आप आप जानते हैं. पहले से जानते हैं हमारा सच में थॉट है ना.
कि ये देश जल्दी से जल्दी विकसित की. श्रेणी में आए और हम बहुत तेजी से उस तरफ. जा रहे हैं शुभंकर कन्हैया कुमार को वोट. क्यों ना दे आपको क्यों. दे देखिए हम देश के पक्ष में बातें करते. हैं हम देश हित के लिए जीते हैं यह लोग. देश को टुकड़े टुकड़े करने के सिर्फ नारा. ही नहीं लगाते नारा तो लगाते ही हैं केस. चल ही रहा है लेकिन इनका सोच है क्योंकि.
यह भारत की सेना को गाली देते हैं यह. घर-घर से आतंकवादी निकालने की बात करते. हैं अल कहते कि आप लोग प्रूफ कर नहीं पाए. टीवी खाली बोल देते हैं अगर कुछ है तो जेल. में डाल दीजिए केजरीवाल को डाल दिए ना. बाकी लोग को. डाल कन्हैया कह डाल देते अगर इतना सब. कन्हैया बोला है और प्रूफ हो गया है तो. बेल पे है ना केस चल रहा है जाएंगे आज. नहीं तो क केस तो पॉलिटिकल भी होता है ना. सर आप योगी जी पर भी केस ठोका गया था बीच.
में नहीं स सरकार पिकल केस होगा तो आप केस. पॉलिटिकल आज तक हा हमारे पर भी हुआ है. मुकदमा भी चल रहा है ज्यादा नहीं है एक. होगा मनीष सिसोदिया जी ने केस किया था. मेरे ऊपर कि मैंने उनका व क्या होता मान. क्या कते उसको मान हानि वाला मान हानि. वाला. लोग को निक आप लोग निकलने देंगे नहीं. निकलने देंगे मनी सौदिया सत्यंद्र जैन. जिसको आप लोग भेज रहे हो निकल नहीं करता.
जेल. से नहीं मुझे लगता है कि इन लोगों ने बहुत. केजरीवाल जी को आ तो आप लोग रिमाइंडर. दिलाते हैं कि देखो बाबू इतने दिन के लिए. आए हो फिर जाना है मनी सिसौदिया. लोग सच में बहुत बहुत भ्रष्टाचारी है सुभा. पूरा गवर्नमेंट आप लोग तिहाड़ में बैठा. दिए नहीं ऐसा काम. किए और हमको तो लगता है ना कि असली तो काम. किए हैं अरविंद अरविंद केजरीवाल जी तो. उसमें हम ज्यादा देखो हम तो भ्रष्टाचार के.
विरोधी. हैं कन्हैया कुमार हमारे खिलाफ चुनाव लड़. रहे हैं अब कन्हैया कुमार का. [संगीत]. वो सदाएं पीछा करती. है और इनके ऊपर दर्जनों केस है लड़कियों.
को छेड़ने का जेनयू में ये कहां कहीं. डॉक्यूमेंटेशन उठा लीजिए ना कितने केस हैं. और क्या-क्या केस है सब लिखा हुआ है अ तो. ऑनलाइन जाइए क्लिप जाएगी सर ये सोशल. मीडिया पे कन्हैया हो सकता है इस पर. रिएक्ट भी करें आप कह रहे लड़की छेड़ते थे. कन्हैया कुमार अरे केसेस है भाई. लड़की छेड़ने का. हा इन लोगों के ऊपर केसेस है वह सब केस. जेनयू के टाइम के.
बहुत हम. क्या तो जो है वह. है और य तो. देखिए कांग्रेस की तो कांग्रेस खत्म कर. दिया राहुल गांधी जी अब कांग्रेस नहीं हैय. तो सरकार बन रही है हमारी यह तो अब. ये क्या कहते हैं माओवादी कांग्रेस हो गई. है असली कांग्रेस तो गई असली कांग्रेस तो. बीजेपी में आ.
गई नहीं बहुत लोग आए नहीं है लेकिन हो. सकता है वो लोग अपनी कोई पार्टी बना ले. अच्छा अभी आप लोग का ओपन चल रहा है क्या. कि आना है तो आ जाओ मैं देखा यूपी से. जीशान हैदर को कहा कि आ जाओ राधिका खेड़ा. आ जाओ उधर गौरव जी थे प्रवक्ता थे रोज रोज. बीजेपी पानी पीप गलते थे समत पात्र गौरव. जी बैठे थे अब लोग पूछ रहे हैं उनसे कि. भैया आप समत का प्रचार करने जाओगे नहीं. मेरा मानना है कि मनुष्य को समय आने पे. रियलिटी पता चलती है हम बहुत सारा तो.
मिसकम्युनिकेशन होता है ना जब पता चल गया. कि नहीं यार हमको भी पहले पॉलिटिक्स लगता. था रे बहुत खराब चीज है आप भी शुरुआत सपा. से किए थे बोहनी नहीं सब शुरुआत तो हम. एबीवीपी से किए छात्र जीवन में अच्छा हम. सपा से चुनाव भी लड़े गोरखपुर से हां. चुनाव लड़े तीन महीने का एक हमारा. कार्यकाल बाबा के सामने हां बाबा के सामने. और उसके.
बाद वो तो अच्छा था अमर सिंह जी का और सपा. का झगड़ा हो गया तो हमारा ऐसे ही खत्म हो. गया लेकिन 2013 में मैं सोच समझ के. राजनीति में. आया और मेरा मानना मैं सबसे बोलूंगा कि. मेरे देश के मब जितनी यूथ है सुभंकर को. यूथ बहुत सुनता है और जो भी सुन रहे हैं. कोई भी व्यक्ति नॉन पॉलिटिकल नहीं होता है. आप इस देश में वोट देते हैं तो आपको.
पॉलिटिक्स डिस्कस करनी चाहिए जानना चाहिए. व्हाट इज द हिस्ट्री ऑफ च पार्टी व्ट इज द. हिस्ट्री ऑफ दिस पार्टी तो सपा और भाजपा. में क्या अंतर मिला तो दोनों जगह रहे भले. कुछ ही महीना रहे सपा का फुल फॉर्म है. समाजवादी पार्टी सपा में समाजवाद नहीं. समाजवाद भारतीय जनता. पार्टी हिया जी के को नरेंद्र मोदी जी. साकार कर रहे हैं अच्छा बीजेपी में सरय. लिख के आता है क्या कि हर तीन लाइन में. मोदी जी का एक लाइन बोलना है नहीं मोदी जी.
हमारे नेता है कुछ कोन नेता सुनता कुछ बात. चलती है हर दो लाइन में मोदी जी में सब. कोई सुभ हम नहीं कहते हम कहते महाराज काम. प बात करो हम नाम लोगे बारबार नरेंद्र. मोदी इ थॉट नरेंद्र मोदी इज प्रोसेस. नरेंद्र मोदी इज अ वर्किंग कल्चर हम क्यों. नहीं नाम लेंगे. सर ऐसा थोड़ी अब आदमी कहेगा ना सर कि फिर. नंबर बढ़ाने वाला होता है ये नहीं इसमें. नंबर बढ़ाने की क्या बात है जब उनका नंबर.
ऑलरेडी जनता के दिलों में बसा हुआ है और. लोग कह रहे हैं कि नहीं इनको डिस्कस मत. करने दो तो ऐसा थोड़ी कि हमारे मनोज. तिवारी में सारी अच्छाई ही अच्छाई है. हमारे में और बहुत सारे भारतीय जनता. पार्टी के लोगों में कुछ अच्छाइयां है कुछ. अच्छाइयां नहीं है तो हमारा जो लीडर है. जिसके थॉट से इस समय भारतीय जनता पार्टी. चल रही. है तो हम उनका नाम क्यों नहीं लेंगे अच्छा. एक चलता है मार्केट में मीडिया वालों में. चलता है हम लोग तो कवर करते हैं दिवाली.
वाली कि योगी जी मोदी जी में पड़ता नहीं. है बहुत चलता है कि उनका टीम अलग है उनका. टीम अलग है अब आप तो योगी जी के खिलाफ. चुनाव भी लड़े थे बात तो होती है योगी जी. सा आपकी नहीं नहीं मेरी तो खूब अच्छे से. बातचीत होती है लोग कहते हैं वो माफ नहीं. करते ना ना ये गलत लाट प्यार दुलाल करते. हैं रवि किशन को तो बहुत प्यार करते हैं. उनका तो खूब मजाक उड़ाते रहते हैं मंच से. वो हंसी मजाक ठि करते रहते हैं योगी जी. बहुत हास्य विनोद में भी है और रिश्ते. निभाते हैं योगी जी की अपना शैली है गलत.
बर्दाश्त नहीं कर पाते तो इसलिए एक इमेज. बन के आई है मगर उनके अंदर एक बहुत कोमल. सा एक देशभक्त का दिल. भी एक लंबा पस हम सोचे क्या चलिए ठीक है. आपको ग्र नहीं करेंगे नितीश कुमार जी से. कैसा रिश्ता है. सर बा होता रहता है आपने शुरुआत उन्ही के. साथ की कैपन हा इधर बीच अब हमारी बहुत.
ज्यादा बातचीत नहीं जब से गंदी फिल्में. देखने. लगे व हीट ऑफ द मोमेंट होता है ना कुछ. लाइफ में याय आपको उम्मीद नहीं था कि. दोबारा मिल जाएंगे बीजेपी और जेडीयू नहीं. नहीं कैसे हो गया इस बार तो लग रहा था. पक्का नहीं मिलेंगे अमित श जी भी कह के गए. थे कि चाहे जो हो जाएगा नहीं मिलेंगे नहीं. यह सोच के मैंने नहीं बोला बट मुझे वो. बयान अच्छा नहीं लगा था उनका देखो महिलाओं.
का सम्मान होना चाहिए बट वो बयान भी थोड़ा. अलग गलत मतलब वो बहुत असहज करने वाला बयान. था असहज करने वाला बयान था तो इसीलिए हमसे. थोड़ा सा ऐसा निकल के जाने दो उसको ठीक है. लेकिन बिहार के लिए आपको लगता है कि जैसे. प्रशांत किशोर जी बारबार कहते हैं कि यही. रिपीट हो रहे हैं घूम घूम के एक काने इधर. से एक नया ऑप्शन आना चाहिए या तो कोई. सिंगल पार्टी जाए चाहे आप हो आरजेडी हो या. कुछ हो नितीश जी का जो ये रेवेंस है एक.
बार इधर एक बार इधर एक बार इधर इधर किसी. क्रेडिबिलिटी नहीं बन पाती इससे बिहार का. लॉस बीते 25 30 साल से हो रहा है और लोग. कहते हैं कि जैसे लड़का लोग बड़ा हो ग. सब लेकिन इसको इस ढंग से भी सोचिए कि कुछ. तो क्रेडिबिलिटी नीतीश जी की है ऐसे ही तो. कोई किसी के लिए भी स्वीकार करना उनको. स्वीकार ही करना मजबूरी है सर 40 सीट. वही सीट किंग मेकर बनाने ली होती है नहीं. तो मजबूरी अगर कोई बन गया हो तो भी उसमें. कुछ बात तो होगी वो जो बिहार के लोग हैं.
जो ऐसा सोचते हैं अच्छा इस बार गारंटी है. साथ में रहेंगे नितीश जी आप लोग के. कॉन्फिडेंस है. आपको नहीं मुझे लगता है कि अब नितीश जी. बहुत अपने प्रयोगों से बहुत सबक सीख. चुके इसलिए अब. वो ऐसी कोई गलती नहीं करें आपको लगता है. कि एक ब क्योंकि जब जंगल राज के बाद वाला. एपिसोड आता है एक बड़ा क्रेडिबल नाम था.
2013 तक नीतीश कुमार का आपको लगता है. क्रेडिबिलिटी थोड़ा डेंट कर लिया उन्होंने. अपना अब बड़ा एक हल्के उससे देखते नीतीश. कुमार की शक्त बड़ी मजबूत र इतने लंबे समय. सीएम रहे काम भी काफी कुछ उन्होंने किया. लेकिन अब इधर बड़ा वो हो गया इधर इधर कभी. इधर कभी. उधर हां बट अब उन्होंने फिर ठीक कर लिया. तो साथ है तो बोल दे. भला तो सब भला चलिए बहुत-बहुत शुक्रिया. मनोज जी आपका बहुत सारे सवाल हमने आपसे. पूछे कोई गाना जाते ते बस हमारी ऑडियंस के. लिए जो आपका पसंद. हो जो आप सुनाना चाहे भजन सुना दीजिए सर.
अभी आपने एक बढ़िया भजन गाया था जो राम के. हैं के जय श्री राम जय श्री राम जय श्री. राम. कहेंगे राम के थे राम के हैं हम राम के. रहेंगे राम के थे राम के हैं हम राम के. रहेंगे पहले कहते थे खुद से अब दुनिया से.
कहेंगे राम के थे राम के हैं हम राम के. रहेंगे जय सियाराम जय सियाराम.
