Unplugged FT. Acharaya Pankit Goyal | Vastu Shastra | Rishabh Pant | Spirituality | Shubhankar
कि वास्तु है क्या क्या वास्तु सिर्फ. हिंदू धर्म से जुड़ा हुआ है या जो बाकी. धर्मों के लोग भी हैं मैं ये कह रहा हूं. साइंस है ये पौधा कहां रखा होना चाहिए ये. मैं आपको बता रहा हूं अगर वो किसी भी धर्म. का है वो व्यक्ति मानता है हमसे हर. व्यक्ति मान रहे दो लोग जो है कक ज्यादा. पैसा वाला भी टेंशन में होता है और जो. ज्यादा धार्मिक है वो भी टेंशन में होता. है बात बिल्कुल ठीक है अनिल अंबानी साहब. थे तो मैं क्या ये मान लू कि मुकेश अंबानी. अनिल अंबानी में छोटे अंबानी ने वास्तु. दोष नहीं ध्यान दिया इस चक्कर में डूबते. चले गए बड़े वाले ने दिया बढ़ते चले गए. इसको मानो मत इस परे 100% यकीन करो क्या.
बात कर र हां जी देखिए ताली और गाली दोनों. आपकी है 100% मेरी है किसी को भी कैंसर. हुआ है उसके घर के नॉर्थ ईस्ट में आपको. टॉयलेट या किचन मिलेगा ही मिलेगा. वास्तुशास्त्र का अगर घर में दोष है तो. उससे क्या-क्या समस्याएं हो सकती है आपको. कोई भी समस्या है उसका कारण वास्तु मेरा. ब्रेकअप हो गया उस वास्तु के चलते बिल्कुल. हो सकता है मम्मी खास तौर पर कहती है कि. झाड़ू सीधा कर दो चप्पल उल्टी नहीं होनी. चाहिए इससे अशुभ होता है कुछ हो ऋषभ पंत.
के साथ हादसा हुआ हां उनके घर के साउथ. ईस्ट में दिक्कत होगी आपके जानकार है आप. फोन करो तो अगर नहीं निकला तो फिर आपको. समस्या हो जाएगी मुझे कोई समस्या नहीं. होगी मैं काम छोड़ दूंगा और मैं ये भी बोल. देता हूं उनके साउथ ईस्ट में काला रंग ही. है आपने घर की बात की घर का वास्तु होता. है तो क्या देश का भी वास्तु होता होगा. मोदी जी के फैन तो आपकी बात सुने हम खुश. हो जाएंगे मैं ये कहता हूं कि मोदी जी जो. है वो पूरा वास्तु को मानते हैं जी कोई. दिक्कत वाली बात ही नहीं वास्तु की पढ़ाई. कहां से करें वास्तु की पढ़ाई अब तो हमसे. कर बोलते रहो अंधविश्वास है मुझे क्या. फर्क पड़ता इस बात से मुझे तो 1 पर लोग.
चाहिए जिनके पास पैसा है हमने किराया का. घर लिया है तो वहां वासू देक ले या बाद. में ठीक करवा सकता है वास्तु पहले देख कर. लेने का हमारे जो पति है वो बहुत ज्यादा. पी रहे हैं तो हमें उनको छुड़वा आपकी वाली. तो नहीं करती ना नहीं जी मेरी वाली कर हम. पीते ही. नहीं एक दिशा है जो किसी भी चीज को छोड़ने. के लिए रिस्पांसिबल होती है वहां पर दरू. की बोटल सब छूट जाएगी कैसे आपने दावा किया. कि जो शिव है वो लिंग नहीं है मैंने कोई. दावा नहीं किया मुझे कोई आके कहे कि तुम.
लिंग की पूजा करते हो मुझे इससे कोई. प्रॉब्लम नहीं है बट हम किस चीज की पूजा. करते हैं तुम जान ही नहीं पा रहे आपके. माइंड को और आपकी बॉडी को एक पार्ट कनेक्ट. कर रहा है जिसको काटा या भे नहीं जा सकता. ट इ शिवलिंग इन योर. बॉडी अगर आप भगवान पर विश्वास करते हैं तो. आपको शैतान पर विश्वास करना. होगा क्योंकि मानो तो भगवान नहीं तो वही. भगवान आपके लिए पत्थर है आप अपनी आस्था.
अपनी अपनी भक्ति उसी तरह. से ज्योतिष और वास्तु भी है अगर आप मानते. हैं तो अच्छी बात है नहीं मानते तो आप इस. वीडियो को स्किप कर सकते लेकिन अगर आप. मानते हैं तो आज इस वीडियो में बहुत सारे. जवाब आपको मिलने वाले हैं इंडिया के मोस्ट. एक्सपेंसिव वास्तु कंसल्टेंट से आचार्य. पंकित गोयल जी स्वागत है आपका थैंक यू. वेरी मच इंडियास मोस्ट एक्सपेंसिव. कंसल्टेंट आपने खुद कहा ये क्यों आपको. आपने लिखा इसके पीछे क्या थॉट था उसके बाद. हम जाएंगे कि वास्तु क्या है और वास्तु की.
भूमिका को समझेंगे मुझे मुझसे पहले इतनी. फीस चार्ज करने वाला कोई व्यक्ति मिला. नहीं तो मैंने खुद से ही लिख दिया कि भाई. मैं महंगा हूं तो मुझ मुझ तक अगर आओ तो. सोच समझ के आना अपने जेब में दो रुपए हो. दिल हो और चाहते हो कि समाधान मिले तो आना. कोई टने टोट के लेने मत आना इफ यू आर. प्रैक्टिकल आप कर्म करते हो आप मेहनत करते. हो आप व्यापार समझते हो.
आप यह समझते हो कि कोई साइंस नाम की चीज. होती है तो मुझ तक आना और फिर मेरी अपने. आप से एक लड़ाई थी कि अगर मेरे पास ऐसी. कोई विद्या है जो किसी की प्रॉब्लम सॉल्व. कर दे तो फिर पैसा तो बनता ही है नहीं ये. सवाल मैंने इसलिए पूछा क्योंकि अगर आपको. लोग पैसे दे रहे हैं और इस बात को समझ रहे. हैं या आपसे कंसल्टेंसी ले रहे हैं तो. इसका मतलब है कि वास्तु में विश्वास लोग. करते हैं बिल्कुल करते जबरदस्त तरीके से. करते हैं हमने भी अपने घरों में खूब सुना. है घर इधर बनना चाहिए ये होना चाहिए वो.
होना चाहिए तो हम बेसिक से शुरू करते हैं. ताकि लोग भी समझे और फिर हम उनके सवालों. का जवाब भी लेंगे क्योंकि बहुत सारे सवाल. हमने लिए हैं पहला सवाल तो यही है कि. वास्तु है क्या क्योंकि पुरानी पीढ़ी में. तो लोग मानते हैं नई पीढ़ी में कई लोग. डाउट करते हैं तो जो नए लोग डाउट करते हैं. ये जेंसी कल्चर. वाले जब ये मकान खरीदने की हैसियत में. आएंगे व्यापार करने की हैसियत में आएंगे. तो इनको आप कैसे समझाएंगे कि ये वास्तु. होता. है क्या हम इस बात को मान सकते हैं कि हर. चीज में एक एनर्जी है.
बस उसी एनर्जी का सही यूटिलाइजेशन करना जो. आपकी आंखों को दिखाई दे रहा है वह आपके. माइंड को यानी कि मनसंपल्ली. व्यक्ति एक साधारण व्यक्ति कैसे माने कि.
यह वास्तु के अनुरूप है या नहीं है कुछ. उसके बेसिक पैरामीटर्स हैं या हर जगह. देखकर शुरू होता नक्शे के हिसाब से कुछ. बेसिक पैरामीटर्स भी है और कुछ. प्रोफेशनलिज्म सबसे पहली जो बेसिक. रिक्वायरमेंट है वास्तु की वो है एक नक्शा. आपके पास अपने घर का एक नक्शा यानी टू द. स्केल प्लान होना जरूरी है बिना नक्शे के. यूजुअली जो लोग वास्तु किया करते थे वो. अपने हाथ में कंपास निकालेंगे और घर में. देखने लगेंगे य से मेरा सूरज उगता है यहां.
से मेरी रोशनी आती है अगर सूरज में ज्यादा. देर खाने में पड़ा है तो व रसोई अच्छी हो. गई यह वास्तु नहीं है वास्तु है आपके पास. नक्शा होना चाहिए और कुछ चीजें आपके घर. में अगर गलत है तो वास्तु के अनुरूप नहीं. है और कुछ चीजें अगर सही है तो वास्तु के. अनुरूप है उस कुछ चीजों में क्या आता है. एक टॉयलेट एक किचन एक कलर्स बेडरूम और. पूजा रूम इन पांच को भी अगर आपने सही कर. लिया तो आपका घर 70 से 80 पर वास्तु. परफेक्ट हो जाएगा क्या क्या था टॉयलेट.
किचन बेडरूम वॉशरूम और पूज मंदिर पूजा रूम. मंदिर तो अब जरा आप यही बता दीजिए कि इन. पांचों की दिशा क्या होनी चाहिए आपके. हिसाब से सबसे पहले अगर हम टॉयलेट की बात. करते हैं तो ये तीन दिशाओं में आ सकती है. एक दिशा है पश्चिमी भाव्य वेस्ट ऑफ नॉर्थ. वेस्ट अपनी लैंग्वेज में हम बोलते हैं. इसको एक है दक्षिणी नृत्य इसको साउथ ऑफ. साउथ वेस्ट बोलते हैं एक है अग्नि पूर्वी. अग्नि तो ईस्ट ऑफ साउथ ईस्ट बोलते हैं. यहां तो टॉयलेट हो सकती है इसका यह मतलब. नहीं निकलता कि कहीं और टॉयलेट नहीं हो. सकती होगी उसका उपाय हो सकता है वास्तु.
में सबसे ज्यादा निषेध क्या है टॉयलेट के. केस में या शौचालय के केस में ईशान में. टॉयलेट सीट नहीं होनी चाहिए उसके सिवा. कहीं भी है तो उसका आसान बिना तोड़फोड़ का. उपाय आप कर सकते हो तो आपके दिमाग से ये. डर निकल जाना चाहिए कि मेरे घर में कहीं. पर भी टॉयलेट है ये वास्तु दोष है उसका. आसान सा उपाय हो जाएगा लेकिन इशान में है. तो आपको डर के रहना चाहिए इशान मंदिर का. स्थान है क्योंकि वो मंदिर का स्थान है तो. वहां पर टॉयलेट बिल्कुल भी नहीं होनी. चाहिए सेम वैसे ही किचन सिर्फ अग्नि कोण.
में होनी चाहिए रसोई घर जहां दक्षिण है या. पूर्व है उसके मध्य में होनी चाहिए कहीं. कहीं भी किचन ईशान कोण में नहीं होनी. चाहिए फिर से तो सबसे पहला वास्तु दोष कौन. सा बड़ा हो गया ईशान कोण में अगर कोई. वास्तु दोष है तो ये सबसे बड़ा वास्तु दोष. है इससे बड़ा वास्तु दोष कोई एजिस्ट नहीं. करता इसकी कोई रेमेडी नहीं है शौचालय या. किचन अगर इशान में आ गया इससे बड़ा कोई. वास्तु दोष नहीं हो सकता ठीक है उसके बाद. अगर आपका रूम है आपको यह ध्यान रखना है कि. चारों दिशा नॉर्थ साउथ ईस्ट और वेस्ट इन.
चारों में जीरो डिग्री पर हो तो इससे. अच्छा कुछ भी नहीं है मतलब आप डायनल को. छोड़ दो नॉर्थ एजेक्ट साउथ एजेक्ट वेस्ट. एजेक्ट और ईस्ट में अगर आपका रूम है तो. अच्छा है मंदिर पर आते हैं तो मंदिर आपका. ईशान में हो या पश्चिम दिशा में इतना करने. से इन चार पांच पॉइंट्स का ध्यान रखने से. आप यह मान लो कि 70 से 80 पर वास्तु का. अचीव कर अच्छा अगर इसमें नहीं है तो च. नहीं व बाद पूछूंगा मैं क्या वास्तु सिर्फ. हिंदू धर्म से जुड़ा हुआ है या जो बाकी.
धर्मों के लोग भी हैं क्योंकि आपके तमाम. क्लाइंट्स होंगे जो अलग-अलग वो मुस्लिम. धर्म या बाकी धर्मों से कंसल्टेंसी लेते. हैं या केवल हिंदू धर्म से जुड़ा हुआ है. ये कंसल्टेशन तो आज के वक्त में हर कोई. लेता है हर तरीके के लोग आते हैं मेजॉरिटी. ऑफकोर्स हिंदू है पैदाइश वास्तु की हिंदू. शास्त्र है हिंदू सनातनी विज्ञान है लेकिन. जब किसी को फायदा दिखता है तो आज के वक्त. में हर व्यक्ति नहीं तो ये सवाल मैं इसलिए. पूछ रहा हूं कि जैसे मान लीजिए मैं हूं और. मेरा एक फ्रेंड है अरबाज अब हम दोनों घर. बनवा रहे हैं अब मैंने बनवाया वास्तु के.
हिसाब से उसने नहीं बनवाया तो अगर उसकी. ग्रोथ होगी तो मेरे मन में सवाल आएगा कि. भाई सिर्फ मेरे यहां काम कर रहा है या वो. भी नोटिस करेगा क्योंकि हम रहते तो एक ही. देश में मैं विदेशों की बात ही नहीं कर. रहा हूं हमारे देश में अलग-अलग धर्मों की. बात कर रहे हैं क्योंकि जो चीज मुझ पर काम. कर रही होगी वो उस पर भी काम करेगी या. उसके यहां अगर मान लीजिए आपने कहा कि ईशान. कोड में वाश रूम बना है या किचन बना दिया. उसने वो बिना वास्तु के उसका उसका मन क्या. कि ये ड्राइंग रूम मेरा बड़ा होगा यहां. डाल देते हैं वाश रूम तो क्या उस पर. इंपैक्ट आएगा बिल्कुल आएगा 100% आएगा नहीं.
बच पाएगा और इसमें प्रॉब्लम ये नहीं है कि. वो नहीं मानता वो आपको बताता नहीं है पर. वो मानता है हमारे पास जो आते हैं हमें. साफ बोलते हैं आइडेंटिटी छुपा देना भाई. साहब हमारी कोई वीडियो मत बनाना हमारे साथ. कोई फोटोग्राफ मत लेना हमारा कोई. टेस्टिमोनियल मत डालना लेकिन हमारा वास्तु. करो और हाईएस्ट पेड है जो लोग मानते हैं. तो वो हर किसी को प्रॉब्लम से दूर होना है. आज के वक्त में जब तक आप उनको किसी और. धर्म से फोर्स नहीं कर रहे हो हम ऐसा कोई.
फोर्स नहीं कर रहे मैं ये कह रहा हूं. साइंस है ये पौधा कहां रखा होना चाहिए ये. मैं आपको बता रहा हूं अगर वो किसी भी धर्म. का है वो व्यक्ति मानता है हमसे हर. व्यक्ति मान रहे हैं हर धर्म के व्यक्ति. मान रहे हैं और उनको सबको इंपैक्ट करता है. कोई भी व्यक्ति अगर वास्तु दोष है उससे. नहीं बच सकता उसको उसकी समस्या आएगी ही. आएगी 101 पर आएगी नहीं तो जैसे मान लीजिए. कोई व्यक्ति मकान बनवाने वाला है तो जब. नक्शा बनवाने जाता है तो उस टाइम वो आप. लोग को लेके जाता है या आप लोग से कंसल्ट. करता है यस अगर वो नया बना रहा है तो वो. हमसे कंसल्ट करता है बिल्डर्स भी करते हैं.
बिल्डर्स नहीं करते हैं बिल्डर्स नहीं. करते बिल्डर्स नहीं करते पर बिल्डर्स य. क्लेम करते हैं कि उनका वास्तु स्पेशियस. है ये तो बड़ी खतरनाक चीज है यही तो बात. है पर फिर जो बिल्डर्स के पास मकान लेने. जा रहा है वो बेचारा हमसे कंसल्ट करता है. नहीं बट बिल्डिंग में तो अलग-अलग जगह होता. है अब आपको तीन वॉशरूम दे दिया एक इसको ने. डाल दिया एक उधर डाल दिया एक उधर डाल दिया. एक साइड की बिल्डिंग में एक साइड होगा. दूसरे साइड की बिल्डिंग में एक साइड होगा. तो वो सब वास्तु वाला होता है या इसीलिए. बिल्डर नहीं मानता है और आज आप बिल्डर्स. की हालत भी देख रहे हो. तो इंपॉर्टेंट पॉइंट इज कि जब हमें बुलाया.
जाता है तो हम सबसे पहले यह देखेंगे ईशान. में टॉयलेट और किचन ना हो तो मैं इस मकान. को लूंगा और फिर मैं इसमें रेमेडीज करवा. दूंगा ताकि आपको कोई प्रॉब्लम ना आए और. रेमेडीज बहुत इजी है बिना तोड़फोड़ के कुछ. भी नहीं करना होता आसान आसान से उपाय अभी. हम पॉडकास्ट में जिक्र करते हुए सारे उपाय. बता देंगे तो किसी को मेरे पास आने की. जरूरत भी नहीं है आप अपने घर पर बैठो उपाय. करो निश्चिंत र प्रॉब्लम बिल्डर के साथ. में क्या है जैसा आपने बोला उनको स्पेस. यूटिलाइजेशन करना है तो वो इस चक्कर में. पढ़ना ही नहीं चाहते कि वास्तु स्पीस है.
या नहीं इसलिए वो नहीं करते अपने घर का. जरूर करवा लेते हैं जो बिल्डर है हां जी. बिल्डर ही तो पैसा देगा हमें जिसके पास. पैसा है वही पैसा देगा तो बिल्डर अपने घर. का जरूर करवाते हैं लेकिन अपनी बिल्डिंग्स. का नहीं करवाते ओके अच्छा फिर यहां पर. मेरे मन में फिर एक सवाल आता है कि तो. क्या जो लोग भी वहां रह रहे हैं जैसे एक. एक सोसाइटी है अब वहां 500 लोग रहते. हैं तो क्या अगर आपके हिसाब से सोसाइटी. बिना वास्तु के बनी है तो सभी कुछ ना कोई. दोष में जी रहे हैं यस बट ये कैसे पता.
लेगा हो सकता है मुझे लग रहा है हो ना हो. मतलब जैसे कई बार लोग कहते हैं ना कि जैसे. उने शुरुआत की कि मानो तो खुदा नहीं तो. पत्थर हम तो हो सकता है उन्हें ला लग रहा. हो कि हमें जरूरत नहीं. है होगा ही होगा ईशान में टॉयलेट होगी तो. कैंसर होगा ही होगा पैरालिसिस होगा ही. होगा अगर ईशान में ओवरहेड वाटर टैंक होगा. तो एक व्यक्ति के इस घर में किसी एक. व्यक्ति को पैरालिटिक अटैक आएगा ही आएगा. बट सोनाली बेंद्रे या युवराज सिंह. उन्होंने तो ध्यान दिया होगा कैसे कह सकते. हैं इस बात को बॉम्बे में 90 पर फ्लैट्स.
में नॉर्थ ईस्ट में टॉयलेट और वॉशरूम है. मैं सेलिब्रिटीज का नाम नहीं लेना चाहूंगा. इनके घर में है और वह उस बात प पहले. इग्नोर होते हैं क्योंकि वास्तु को किससे. जोड़ा जाता है कि यार हमारे पास तो बहुत. पैसा है हमें क्या फर्क पड़ता है जब. प्रॉब्लम आती है तब सबको समझ में आता है. कि वहां पर है आप किसी की भी बात करोगे. आपने जिसका भी नाम लिया विड डू रिस्पेक्ट. जब वो उस घर में थे जब उनको वो बीमारी हुई. उनके घर के नॉर्थ ईस्ट में टॉयलेट किचन. होगी ओके 100% होगी. अच्छा एक इसको मैं फ्रेम क्वेश्चन चेंज.
करता हूं कि मान लीजिए कोई घर ऐसा है जहां. पर वास्तु दोष है और इसके बाद हस्बैंड. वाइफ खुशी से जी रहे हैं नहीं लड़ाई कर. रहे हैप्पी कपल मैरिड कपल है या बच्चे खुश. है तो वहां भी वास्तुदोष करवाना ठीक है या. जैसा चल रहा चलने दो हर वास्तु दोष का. अलग-अलग इंपैक्ट है एक अगर बिल्डिंग ऐसी. है जहां पर एक ऐसी दिशा है जिसके कारण. हस्बैंड और वाइफ अगर लड़ाई होती है तो वो.
उस बिल्डिंग के ज्यादातर घरों में आपको. मिलेगी ही मिलेगी किस सब्जेक्टिव केस में. व्यक्ति बच जाता है सपोज कोई कलर ऐसा आ. गया जैसे मैंने कोई रेमेडी करवाई इस. टॉयलेट का इलाज है कि यहां पर ये कलर कर. देना चाहिए उसने बाय डिफॉल्ट वो कर लिया. तो वो बच गया इसको हम किस्मत कहते हैं. नंबर टू आपकी एक कुंडली है जिसको हम. होरोस्कोप या एस्ट्रोलॉजी कहते हैं आपकी. एस्ट्रोलॉजी के अंदर एक वक्त आएगा कि यह. इस व्यक्ति का सबसे कीमती वक्त है इस वक्त. इस व्यक्ति को बीमारी होनी है इस वक्त इस. व्यक्ति का रिलेशनशिप होना है या लड़ाई.
होनी है जब आपकी कुंडली में व समय आया और. यहां वास्तु दोष है वह आपको क्लैश कर. जाएगा इंपैक्ट कर जाएगा लेकिन अगर आपकी. कुंडली में वह समय है और यहां पर वास्तु. दोष नहीं है तो व आपको इंपैक्ट नहीं. करेगा ओके सो द मेजर पॉइंट इज एक बिल्डिंग. में सभी रहने वालों की प्रोबेबिलिटी ऑफ. गेटिंग सेम दोष इज सेम सेम प्रॉब्लम इज. सेम बट उनकी कुंडली में वो वक्त कब आएगा. यह आगे और पीछे हो सकता है 100% हो सकता.
है इसलिए वास्तु जो एक व्यक्ति रह रहा है. उसको प्रॉब्लम सेम देखने को मिलेगी ही. मिलेगी अब वास्तु को ना मानने वाले एक. आरोप लगाते हैं कि वास्तु पर ज्यादा यकीन. दो तरह के लोग करते हैं एक वो जो जरूरत से. धार्मिक होते हैं जिस परिवार से हम लोग. आते हैं कि हर चीज को देखा जाएगा और दूसरा. वो जो दबा के पैसा छाप लिए क्योंकि उनको. लगता है यहां से ग्रो होना चाहिए बाकी लोग. थोड़ा बचते हैं ये दो लोग जो हैं क्योंकि. ज्यादा पैसा वाला भी टेंशन में होता है और. जो ज्यादा धार्मिक है वो भी टेंशन. हम बात बिल्कुल ठीक है इसमें कोई कमी नहीं.
है इस बात में लेकिन जो मिडिल क्लास है वो. डरता है हां क्योंकि उसको किससे डर है. वास्तु कंसल्टेंट की फीस से डर है. तोड़फोड़ से डर है उसको इस बात से डर है. कोई आएगा बेचारा मेरा एक एक ही वॉशरूम है. मेरे घर में वो तुड़ा के चला जाएगा एक ही. रूम है वो करा के चला जाएगा तो बेचारा. कहां जाए इसलिए वो नहीं करवा रहा लेकिन. आंखें बंद करने लेने से अगर बिल्ली दूध पी. रही है और आंखें बंद कर लेती है इसका मतलब. ये नहीं है कि उसको डंडा नहीं पड़ेगा डंडा. तो पड़ेगा तो इंपैक्ट तो आएगा नहीं बच.
सकता ज्यादा क्लाइंट कौन से होते हैं. एक्स्ट्रा धार्मिक वाले एक्स्ट्रा पैसे. वाले मेरे पास तो एक्स्ट्रा पैसे वाले. एक्स्ट्रा पैसे वाले तो क्या क्या थॉट. प्रोसेस लेके आते हैं कि हमें और अमीर. बनाओ हमारी प्रॉब्लम्स को सॉल्व करो जैसे. एग्जांपल नहीं तो फिर मेरे मन में सवाल. आता है कि अनिल अंबानी साहब थे तो मैं. क्याय मान लू कि मुकेश अंबानी अनिल अंबानी. में छोटे अंबानी ने वास्तु दोष नहीं ध्यान. दिया इस चक्कर में डूबते चले गए बड़े वाले. ने दिया बढ़ते चले गए इसको मानो मत इस पर. 100% यकीन करो क्या बात कर र हां.
जीसे कते इसी कॉन्फिडेंस से आप और मैं. चलते आधार क्या है इसके पीछे. आपका किस कॉन्फिडेंस से कह रहे आप जब आप. किसी भी व्यक्ति. को आप किसी भी चीज को 100% कब मानते हो जब. आप एक सेट निकालते हो कि इतने लोगों ने यह. किया और यह. हुआ मैंने तीन चार लाख केस स्टडीज देखी है. ती च लाख इज अ नंबर है ना मैं हर महीने कम. से कम 5000 स्टूडेंट्स को पढ़ा.
ऑफलाइन नॉट ऑनलाइन जब हम इन लोगों से बात. करते हैं और उस 5000 की भीड़ में 500 लोग. एक साथ खड़े होते हैं कि मेरे घर में यही. प्रॉब्लम है और हम सब यही फेस कर रहे हैं. दिस इज द आधार सेम वे जब किसी की लाइफ में. प्रॉब्लम आई उसके घर में वास्तु दोष आपको. मिलेगा ही मिलेगा जैसे मैंने आपको कैंसर. के केस में कहा किसी को भी कैंसर हुआ है. उसके घर के नॉर्थ ईस्ट में आपको टॉयलेट या. किचन मिलेगा ही मिलेगा बट ये तो जेनेटिक. होता है ना जैसे अगर किसी के पेरेंट्स को. है तो जेनेटिकली वो ट्रांसफर होता है फिर. आप कैसे कहो क जो डॉक्टर से हम बात करते ब.
किसको हु जैसे अभी मैंने सोनाली बेंद्रे. का इंटरव्यू किया था तो उनसे भी बातचीत. में ये बात निकली या कई और लोगों से बात. करता हूं तो वो कहते कि कुछ बीमारिया. जेनेटिकली जाती है जैसे मेरी मॉम को बीपी. है अब लो बीपी उनको इशू होता है तो वो. अक्सर मुझे कहते है कि बेटा ध्यान रखो. क्योंकि जब एक उम्र बढ़ेगी तो ये. बीमारियां तुमको भी हो सकती है तो इसमें. वास्तु डायरेक्टली कैसे इवोल्व हो गया. क्योंकि पहली बार तो किसी को हुआ होगा. उनके घर में तो पहला कैसे पैदा. हुआ जेनेटिक है तो पहला कौन. हो सकता है कुछ गलत सेवन किया हो क्या सभी.
गलत सेवन करने वालों को हो रहा है तो क्या. सभी करने वालों को ही कैंसर हो रहा है सभी. मतलब जिनको कैंसर होंगे सबके घर में. वास्तु दोष. हैली देखिए ताली और गाली दोनों आपकी है. 100% मेरी है जिसको पता है हा आप बेसिक. फिलॉसफी ग्रिडिंग जिसको हम बोलते हैं वो. करवाओ मुझसे नहीं करवानी मार्केट से कराओ. आजकल आर्किटेक्ट हर आदमी पैसा भी नहीं दे. पाएगा ना ग्रिडिंग एक हजार बार अच्छा आप. नहीं करते मैं नहीं करता है ना मैं क्यों.
ये बात बोल रहा हूं क्योंकि कई बार लगेगा. कि मैंने उसको बना दिया हा मैं नहीं बनाना. चाह रहा आप बेसिक ग्रेडिंग करवाओ अगर मैं. यह कहूं कि 100 में से 80 लोगों के घर में. यही चीज मिलेगी तो आप मानोगे हां मानेंगे. 90 के मिलेगी तो और यकीन करेंगे 100 के. मिलेगी तो फिर सत प्र यकीन करेंगे आप चलो. मेरे साथ मनवा हैं आपको करते हैं अभ आप. किसी हॉस्पिटल में चलो जिनके लोगों को. कैंसर है मैं तो गया हूं मैंने बात करी है. हमने प्रॉब्लम सॉल्व करी है दूर भी हुआ है.
मैं ईश्वर को अपने हाथ में नहीं ले रहा. मैं बहुत डरते हुए बात बोल रहा हूं लेकिन. जब आपको रोज यह काम करना है जब आपको रोज. सिमम मिल रहे हैं तो मैं क्यों ना मानू. चलिए इस पे भी एक क्वेश्चन मेरे मन में. आता है क्योंकि देखिए मेरा काम है वो सवाल. पूछना जो कमेंट सेक्शन में बिल्कुल ठीक. बात है और मेरी जवाबदेही हमेशा दर्शकों की. तरफ होती है अब दर्शक के मन में सवाल ये. आएगा कि यार हमारे पड़ोस में पाकिस्तान भी. है दुनिया में और भी बड़े देश हैं वहां तो. कई जगह वास्तु नहीं मानते होंगे आपने ने. कहा हिंदू धर्म से निकला तो जाहिर सी बात.
है उनका अपना हिसाब किताब होगा उनके यहां. भी कुछ लोग हैं जिनको कैंसर होता है बड़ी. संख्या होगी जिनको नहीं होता है तो उनके. यहां भी क्या यही थ्योरी है और हो सकता है. घर एक तरह बने. होथ पाकिस्तान की बात करते हैं हमारे पास. बहुत सारे क्लाइंट्स हैं हम नहीं केस लेते. वहां का लेकिन हमारे पास क्वेरीज बहुत. सारी है कि उनको सेम प्रॉब्लम फेस करने को. मिल रही है दुबई पूरा वास्तु के अकॉर्डिंग. बना है सिंगापुर पूरा वास्तु के अकॉर्डिंग. बना है इंग्लैंड हम जाते हैं यूएस हम जाते. हैं वहां पर जो मेजर बड़े चीजें बनी हुई.
है वो सारी वास्तु के अकॉर्डिंग बनी है. अभी मैं खुद एक जर्मन व्यक्ति की यूके में. फैक्ट्री सेटअप करवा के आया हूं जो वास्तु. स्पीस करवाना चाहता है वहां के जो लोग है. इन साइंसेस को नाम अलग दे रहे हैं हमने. कैंसर तो एक पॉइंट उठाया हो सकता है कि वो. मन आर्किटेक्चर और इजी फ्रेम करता हूं. वास्तुशास्त्र का अगर घर में दोष है तो. उससे क्याक समस्याएं हो सकती है आपको कोई. भी समस्या है उसका कारण वास्तु दोष मेरा. ब्रेकअप हो गया उस वास्तु चलते बिल्कुल हो. सकता है अब मैं सही कर तो मेरा पैच अप हो.
जाएगा पैच अप हो जाएगा ये एक सब्जेक्टिव. बात गलत बात हो जाएगी है ना वो क्योंकि. दूसरा व्यक्ति वहा पर इव है लेकिन ब्रेकअप. हो रहा है इसका कारण वास्तु दोष है. रिलेशनशिप के इशू है इसका कारण हो सकता है. मेरे बंदे मेरी बंदी की नियत अच्छी ना हो. आज के टाइम प नियत है किसकी अच्छी मेरी. अच्छी है. आप सब्जेक्टिव बात हो ग मेरी यत मैं भी. बोलू कि मैं तो बहुत अच्छी नियत का.
व्यक्ति हूं है ना हर व्यक्ति बोलेगा जब. हम इसको क्रक्स करेंगे तो आप ये बोलोगे ये. रिलेशनशिप के इश्यूज है जी इनके घर उस. रिलेशनशिप के इश्यूज के लिए आपको एक. वास्तु दोष देखने को मिल जिस हम बोलते हैं. साउथ वेस्ट में जो पित्रों की दिशा होती. है वहां पर टॉयलेट वहां पर किचन वहां पर. लाल रंग वहां पर हरा रंग या वहां पर पौधे. पड़े होने से आपको रिलेशनशिप के इश्यूज. आते हैं देखने को मिलते हैं इसका मतलब ये. नहीं है कि मैं किसी का पैचअप करवा दूंगा. मैं सिर्फ ये कह रहा हूं कि अगर ये है तो. आपको रिलेशनशिप के इश्यूज आने के चांसेस.
बहुत ज्यादा है इनको दूर कर लो हम इतनी सी. बात कर रहे हैं चलो मैं एक और पॉइंट फ्रेम. करता हूं आप कह रहे हो कि मैं वास्तु को. नहीं मानता तो भी वास्तु करवाने में क्या. प्रॉब्लम. है हम इफ इट इज अवेलेबल फ्री ऑफ कॉस्ट हम. तो कराने में क्या प्रॉब्लम ठीक है तो मैं. यह बोल रहा हूं कि मेरे पास आने की कोई. जरूरत नहीं है नहीं लेकिन मुख्य समस्याएं. क्या-क्या होती है जो जो कॉमन समस्याएं. आती हो कि आप डेली डील करते हो तो वास्तु. दोष से मुख्य समस्याएं क्या होती है जिनका. सामना लोग करते हैं और फिर वो आपके के पास. आते हैं हेल्थ के लिए सबसे पहले आते हैं.
लोग हेल्थ में क्या-क्या कैंसर और कैंसर. पैरालिसिस मेजर जो बड़े इशू छोटे-मोटे आम. बीमारियों के लिए नहीं कह सकते उनके लिए. बहुत लोग आते हैं आजकल ऑटिज्म जो बच्चों. को हो रहा है उसके लिए बहुत लोग आते हैं. जिस भी घर के अंदर अगेन ईशान कोन ऐसा कोन. है वहां पर टॉयलेट या किचन होती है तो. सबसे ज्यादा मुख्य बीमारियों की वो जड़ है. ठीक है वहां पर ना लाल रंग हो ना टॉयलेट. ना किचन तो आप ये मान के चल लो आप अपने. जीवन से 80 पर समस्या हेल्थ की हटा चुके. हो हम यू विल बी हैप आप अच्छा जीवन जियोगे.
तो उन लोगों को तो हम अपफ्रंट ये बात बोल. देते हैं कि आपके इशान कोन में कोई दोष. होगा उसको आप सही कर लो आप फारिक हो जाओगे. सही हो जाओगे ठीक है फिर आते हैं वेल्थ. जनरेशन वाले लोग कि मेरी जॉब नहीं लग रही. तो उसके लिए एक दिशा है उत्तर दिशा उत्तर. दिशा में कोई वास्तु दोष होगा टॉयलेट होगी. या किचन होगा तो आपको जॉब नहीं लगेगी हम. उसका सलूशन दे देते हैं आप बोलते हो कि. मेरा पैसा डूब जाता है हमने किसी को उधार. दिया आजकल बहुत कॉमन है चला जाता है जैसे. एक बहुत कॉमन चीज उधार तो देना ही नहीं. चाहिए तो वैसे भी चला आता है भी चला हां. तो साउथ ईस्ट के अंदर अगर आपका दोष होता.
है तो आपको बहुत आराम से चांस बनते हैं. पैसा डूबने के साउथ वेस्ट की एक एंट्री है. अगर आपकी ये एंट्री होती है तो कर्जे का. बहुत बड़ा रीजन बनती है आप ज्यादातर लोग. जो बैंक रप्स को प्राप्त हुए आप इन सभी को. जाकर चेक करोगे उनके घर के साउथ वेस्ट में. गेट होगा अब इसकी भी एक उल्टी बात है. जितने भी ज्यादातर अमीर लोग हैं वो अपनी. लाइफ में एक. अमीरतसर प जरूर आते हैं.
ओके ये आप किसका किसका आपको पर्सनल. एक्सपीरियंस रहा है अभी आप नोएडा के अंदर. सेक्टर 15 है सेक्टर 44 है इसमें साउथ की. जो लाइन है वो साउथ वेस्ट फेसिंग है पूरी. की पूरी और लोग अमीर होने के बाद इस. सेक्टर में आए हैं तो वहां आपको एक क्लियर. देखने को मिलेगा कि इन सभी लोगों के लाइफ. में प्रॉब्लम है नाम किसी का नहीं ले. पाऊंगा ऑफकोर्स लेकिन वहां के ऐसे बहुत. परिवारों को जानता हूं जो अब प्रॉब्लम्स. के अंदर आना शुरू हो चुके हैं सो होता. क्या है व्हेन यू गो अप तो आपका इन चीज पे. कोई विश्वास नहीं होता हमने आज तक वास्तु.
को नहीं माना जी क्या फर्क पड़ता है मेरा. जीवन चल रहा है और जैसे मान लो आप हो आप. एक ऐसे कल्चर से आते हो जहां आपके मदर ने. आपके फादर ने आपको जरूर बताया होगा इन सब. चीजों के बारे में लेकिन जरूरी नहीं है कि. हार्डकोर फॉलोवर हो हां मतलब उनका हमने. सम्मान किया है कि उन्होंने कह दिया कि. इधर मुंह करके मत सुना तो हम घूम गए हां. लेकिन ऐसे बहुत लोग होंगे जिन्होंने कुछ. नहीं माना लेकिन वो फ्लरिज किए उनकी. कुंडली उनका होरोस्कोप अच्छा था और वो. बहुत फ्लरिज किए लेकिन जब उनको प्रॉब्लम. आती है तब वो इस बात को जरूर देखते हैं. जैसे आप हम सब लोग नोएडा में दिल्ली में.
यहां रहते हैं जितनी भी बिल्डिंग्स बन रही. है य आप देखोगे कि 50 पर से ज्यादा फेल. होनी स्टार्ट हो चुके है मतलब कहीं पर रुक. जाता है काम आप सबके साउथ में आपको गड्डा. जरूर मिलेगा मैंने यहां पर बहुत प्रोजेक्ट. शुरू करवाए हैं जहां पर सिर्फ हमने गड्डा. ही भरवाया मेरा काम सिर्फ इतना जाके बताना. है कि साउथ का गड्डा इसको भर दे भाई तेरी. बिल्डिंग स्टार्ट हो. जाएगी यह इतना इंपैक्टफुल है तो मेरा. पॉइंट आज ये नहीं है कि मैं यहां पर बैठ. के बोलू कि मेरे पास बहुत सारी रेमेडीज है. टने टोट के मैं सिर्फ यह बोलता हूं कि. मेरा.
youtube4 घंटे लगेंगे आपकी लाइफ के और. बेसिक वास्तु अपना अचीव कर लो दैट इट. अच्छा हमने घरों में देखा है कि व लोग. स्वास्तिक भी बना देते हैं इसका भी कोई. रिलेशन डायरेक्टली है वास्तु से बिल्कुल. है क्या है स्वा स्वास्तिक स्वा एक टेट्रा. हाइड्रलजीन. एक जैसे हो किसी भी तरफ से पकड़ लो तो.
बाकी तीन कोने एक जैसे दिखाई दे सेम इ. ओंकार सेम इ स्वास्तिक इस टेट्रा हाइडल. शेप को जो जर्मनी जर्मनी है जर्मन लोगों. ने क्या किया एक ट्रायंगल बना दिया और आप. देखते हो प्रिज्म जिसको हम बोलते हैं उनका. उन्होंने इस्तेमाल करना शुरू किया तो. स्वास्तिक एक पॉजिटिविटी को जनरेट करने. वाली शेप इसलिए स्वास्तिक को लगाने से यू. गेट सम गुड बेनिफिट जैसे आपने अपने गेट पर. लगा दिया टॉयलेट के बाहर लगा दिया किचन के. बाहर लगा दिया या जहां पर आप शुभ काम कर. रहे हो व आपने स्वास्तिक लगा दिया इससे.
आपको अच्छे रिजल्ट्स मिलते हैं बट वो. वास्तु दोष दूर नहीं करता ओके ये जो. चाइनीज जैसे फश है और हमारे यहां इंडियन. वास्तुशास्त्र ये भी सेम सेम है या कुछ. अलग इसमें कहानी है वो चाइनीज है. कपीडो इज ऑल कॉपीडब्ल्यूबी. दिया तो उन्होंने सारा का सारा यहां से.
कॉपी कर लिया सिस्टम तो सारा सिस्टम जैसे. चाइनीज अक्सर मशहूर होते हैं इस बारे में. तो पूरा शास्त्र कॉपी है तो वो फैश है. लगभग सेम है तो उसका रिजल्ट भी सेम होता. है जैसे चाइनीज माल का होता है चल गए चांद. तक नहीं तो शाम तक एगजैक्टली यही है तो. उसका रिजल्ट मैंने एक्सपीरियंस नहीं किया. टू बी वेरी फ्रैंक मैं उसको गलत क्यों. नहीं नहीं बोल सकता इंडिया में उसका. यूटिलाइजेशन पे इतने बड़े लेवल पे मैंने. किसी को काम करते हुए नहीं देखा कि कोई. 100% गारंटी दे दे अपने काम की चाइना में. कर सकते होंगे तो उनका कुछ थोड़ा सा. प्रोसेस और भी अलग है जिससे मैं बहुत.
ज्यादा रिलेट नहीं करता बट है कॉपी फ्रॉम. आ वास्तुशास्त्र ठीक है अब मान लीजिए कोई. ऐसा व्यक्ति जिसके पास दो प्रॉपर्टी है. सपोज करिए मेरे पास दो घर है हा एक घर में. मैं दिन में रहता हूं एक घर में रात को. रहता हूं मेरा मन है मेरा घर है एक घर. वास्तु के हिसाब से बनवाया मैंने एक घर. वास्तु के हिसाब से नहीं है अब इसमें क्या. इंपैक्ट होगा एक वाला फ्लश करेगा मुझे या. दूसरा वाला बर्बाद करेगा दोनों का इंपैक्ट. आपको इक्वल आएगा होगा क्या मैं फिर से इस. बात को एक्सप्लेन करता हूं इसी एक घर ले.
लो एक घर में दो टॉयलेट है एक अच्छी बनी. हुई है एक बुरी बनी हुई है एक दो घर हो गए. एक बहुत अच्छा एक बुरा एक में 15 दिन रहते. हो 15 दिन रहते हो जब आपकी कुंडली में. अच्छा समय चल रहा है तो यह जो अच्छा. वास्तु हैय आपको और फ्लश करवा रहा है बुरा. समय आते ही तो जो चीज आपकी इंपैक्टफुल. होगी वो आपको उस वक्त मात देके जाएगी. सिमिलर वे में अगर आप 15 दिन किसी घर में. रहते हो तो उन 15 दिनों में आपका जो. वास्तु आपको इंपैक्ट. किया आपकी कुंडली में जो बुरा समय आया वो. आपको इंपैक्ट कर जाएगा अच्छे के लिए अच्छा.
करेगा बुरे के लिए बुरा करेगा जैसे मैंने. ये नहीं कहा कि वास्तु दोष नाम की कोई चीज. होती है अगर नॉर्थ में टॉयलेट है तो सिर्फ. और सिर्फ ग्राहक आने की और नई जॉब लगने की. समस्या है उससे और कोई समस्या नहीं होगी. उससे कोई बीमारी नहीं होगी कोई रिलेशनशिप. इशू नहीं होंगे इसी तरीके से आपकी समस्या. क्या है उसका दोष आपको लग रहा है ठीक है. अच्छा आंगन में तुलसी हमारे यहां लगाते थे. हम अब तो कम कल्चर हो गया क्योंकि अब सब. बिल्डिंग में रहते हैं तो आंगन होते ही. नहीं कहां लगा देंगे लेकिन पुराने शहर में. गांवों में जाएंगे तो लगाते थे तो उसका भी.
कोई वास्तु से संबंध था या सिर्फ एक वो है. कि ब्लेसिंग होती है नहीं तुलसी के अंदर. मरकरी पारा हाईएस्ट क्वांटिटी में होता है. एक मात्र ऐसा पौधा है जिसमें सबसे ज्यादा. मरकरी होता है उसको अपने साथ रखने से उसको. सूंघने से उसका हम आपने कभी तुलसी ली भी. होगी तो बोलता है कि दांत में नहीं लगानी. चाहिए और हमें स्पिरिचुअल रीजन से जोड़ा. जाता है एक्चुअल रीजन उसमें पारा होता है. तो वो आपके शरीर को जितनी भी नेगेटिविटी. है उसको दूर करता है इसलिए तुलसी को लगाया. जाता था तो वो शुभ भी है फ्रूटफुल भी है.
और आपको लगाना भी चाहिए इज इट डायरेक्टली. रिलेटेड टू वास्तु इनडायरेक्टली रिलेटेड. टू वास्तु इनडायरेक्टली एज एन मतलब आप लगा. सकते हो इट इज गुड फॉर यू मैंने नहीं लगा. रखा अपने घर में बट अपने ऑफिस में लगा रखा. है सो इट इज गुड फॉर यू आपके हेल्थ. बेनिफिट्स के लिए बहुत अच्छा है जैसे एक. दिशा है ईशान को उनके बिल्कुल साथ में. लगती है उसको नॉर्थ ऑफ नॉर्थ ईस्ट बोलते. हैं ईशान ही मान आपने वहां तुलसी जी को. स्थापित किया और रोज उसका सेवन कर रहे हो. आपके हेल्थ इश्यूज आने के चांसेस बहुत कम. कर रहे हो आप कि किसी भी तरीके के हेल्थ. इशू आने के चांसेस बहुत कम कर रहे तो यस.
इट इज रिलेटेड ओके एक और बड़ा कॉमन. क्वेश्चन आता है वास्तु को लेकर जैसे हम. लोग घर पर रहते हैं मिडिल क्लास फैमिलीज. में अक्सर मॉम डैड कहते हैं मम्मी खास तौर. पर कहती है कि झाड़ू सीधा कर दो चप्पल. उल्टी नहीं होनी. चाहिए इससे अशुभ होता है या झाड़ू को लेकर. होता है कुछ होता है ये नहीं मैं नहीं. मानता मिथ्स में हम यकीन नहीं करते मिथ का. मतलब ये हो गया कि कोई भी चीज जिसका. प्रैक्टिकली हमने हजारों केसेस प कोई. रिजल्ट ना देखाओ मैं उन चीजों को नहीं. मानता मतलब उन लोग की जिंदगी आधी वहम में.
निकल गई वहम में निकल गई जो जिंदगी भ. झाड़ू चप्पल सीधा करते रह यस जैसे आप रात. को झाड़ू उल्टी करके रखो अगले दिन सुबह. करोड़ों रुपए आ जाएगा ये सब नहीं होता. वास्तु एक प्रैक्टिकल साइंस है बहुत सारे. लोग अपने मॉम डैड से शिकायत करने वाले हैं. हां जी बिल्कुल करेंगे वो जैसे बेड के. सामने शीशा नहीं होना चाहिए तो ये कुछ भी. नहीं है हो सकता है शीशा एक रास्ते में. तीन दरवाजे नहीं होने चाहिए होना चाहिए. नहीं होना चाहिए नहीं है यह होगा तो यह. होगा बेड के सामने शीशा को कोई दि कोई. प्रॉब्लम नहीं है देखो जितना मर्जी तो लोग. लगाते क्यों नहीं क्योंकि लोगों कोते लोग.
साइड में लगाते हैं वहम है डर है या हो. सकता है खुद की शक्ल देख के रात को डर. जाते हो मतलब उसका वास्तव से को सुह उठने. के बाद तो बनता भी है. लेकिन ये फिर से कहीं थॉट शुरू होगा ना. जैसे कहते हैं कि जहां कहीं तो आग लगी. होगी तभी धुआ आ रहा है बताता हूं मैं एक. बार एक साउ साउथ इंडिया की फैक्ट्री प. वास्तु करने गया बहुत ही समृद्ध 72 साल के. व्यक्ति इज्जतदार व्यक्ति वास्तु. कंसल्टेंट. उन्होंने मेरे से इस बात का टॉपिक छ लि.
मैं तो अंकल इस बात को नहीं मानता कि आप. ये कह रहे हो कि कहते नहीं बेटा मैंने. इससे ये देखा है मैं क्या देखा है कहते. इससे ना महिलाओं में मिसकैरेजेस हो जाते. मैं कितने केस में देखा कहते. दो दो केसेस में आप इस बात को कैसे प्रमाण. कर दोगे कि शीशे के कारण मिस करज होगे. आपके पास कोई तथ्य तो होना चाहिए मैंने 50. केस 100 केस 200 केस 500 केस कुछ तो किया. फिर मैंने क आपका मेरे को स्टाइल बताओ. वर्किंग करने का तो हम जिस फैक्ट्री प काम. कर रहे थे वो 10 एकड़ की फैक्ट्री थी तो. मैंने कहा कि आपने इसका सेंटर कैसे गेट. कहां लगाया एक प्रैक्टिकल सिचुएशन तो.
उन्होने कहा देख हम यहां से सूरज उकता हैय. मैंने गेट लगा दिया मैं कहा 10 एकड़ की. फैक्ट्री में सूरज कहां से उगता है आप. इसको नापो कैसे नक्शा बनाया कोई नक्शा. नहीं बनाया तो यह जो वहम है पुराने वक्त. में कि हर किसी को बहुत सारा ज्ञान है और. कोई भी वास्तु कंसल्टेंट हो सकता है. रास्ते में जाता हुआ व्यक्ति बोल जाता था. मिस्त्री बोल जाता था जैसे मैं कल यहां पर. एक मकान ढूंढ रहा अपने साइड सेलेक्शन करवा. रहा किसी की तो जो डीलर है प्रॉप भाई साहब. आप जानते नहीं होय वास् टू स्पीस है मैंने. कहा वाह जी वाह बहुत बढ़िया आओ तो कहते कि.
इसमें सिर्फ एक ही कमी है कि इसके इशान. में टॉयलेट है पर मेरे पास उसका पूरा उपाय. है मैं कहा आपको कौन ऑथराइज कर रहा है इस. बात को बोलने के लिए बेचारा किसी का जीवन. का सवाल है आपको सामने वाले को बोलो जी. मुझे नहीं पता आई एम ओके पर आप उसको. जबरदस्ती बोल रहे हो मेरे पास उपाय ये. इंडिया यहां तो कंपाउंडर भी डॉक्टर ब. घूमता है हां जी ज्यादातर झोला साब डॉक्टर. है ही ना इंडिया में इसमें तो कोई बात. नहीं मेडिकल वाले के पास जाओ डॉक्टर. ज्यादा कॉन्फिडेंस में आपको बताया ये लेना. है दिस इज द प्रॉब्लम प्रॉब्लम तो यह आग. है यह इंडियंस के अंदर लगी हुई है आज ही.
पड़का सुन के 50 पर वास्तु कंसल्टेंट तो. बन ही गए अभी इसी जैसे रिलीज होगा तो आधे. लोग सर्टिफाइड है कि हमने सीख लिया जी. हमारा हो गया तो ये हमारे यहां की कमी है. कि हम पढ़ना नहीं चाहते हम एक्सपेरिमेंट. नहीं करना चाहते मैंने जो भी बात बोली. आपको आज मैंने हजार से नीचे केस के ऊपर. बात नहीं बोली अगर मेरे पास हजार सक्शन. फाइल साइंड फाइल पड़ी होंगी तब मैं ये बात. बोलूंगा कि ये करने से ये होता है देखकर. नहीं बोल रहा एक बंदे के साथ हो गया दो के.
साथ हो गया ये हम कभी नहीं बोल रहे अच्छा. सबसे कॉमन क्योंकि ईशान कोड़ बार-बार. जिक्र हुआ और ईशान कोड़ हमने बचपन से सुना. बहुत है हम जब हमारे घर में मंदिर बन रहा. था तब भी सुना हमने क्योंकि जो वासु से. फ्रेंडली नहीं भी है उनको भी ये शब्द. सुनाई पड़ता था ईशान कोट ईशान कोण में. मंदिर हो और तब आप पूजा करते हैं तो क्या. फर्क पड़ेगा और ईशान कोण में मंदिर ना हो. और तब आप पूजा करते हैं क्या फर्क पड़ेगा. पूजा करने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा पूजा. आप कहीं पे भी बैठ के करो आपका अपने ईश्वर. से प्रेम है जहां करोगे अच्छी पूजा होगी. अगर आपके अंदर भावना नहीं है तो इशान में.
बैठ के कर लोगे कुछ नहीं होगा तो पूजा. करना इज माय बिलीफ ओके कहां पर ईश्वरीय. शक्ति घर में सही है वोह ईशान कोन है. क्यों है हम आइडियल टाइम क्या मानते हैं. पूजा करने का राता काल सबसे सुबह सुबह या. शाम को या शाम को सबसे पहले जब हम सुबह. उठकर पूजा करते हैं ईशान में जब सूर्य. उगता है नॉर्थ ईस्ट से सूरज उगता है तो जब. वहां से उगता है तो सबसे पहले आप सूरज की. किरणों को अपने अंदर धारण करते हो और. पुराने वक्त में पूजा घर बाहर बनते थे घर.
के तो आपको वो पॉजिटिविटी मिलती थी हम. नंबर वन नंबर टू आप उस ऊर्जा को जो सूरज. से आ रही है उसको नकारात्मक नहीं करना. चाहते इसलिए वहां पर टॉयलेट नहीं होना. चाहिए शास्त्रों के अनुसार वहां पर वास्तु. पुरुष का सिर है तो सिर के ऊपर कोई भी. नेगेटिविटी नहीं होनी चाहिए आप भगवान को. पैरों के पास हाथों के पास नहीं बरमान. करोगे आप सिर के पास करोगे इसलिए वो. एनर्जी रूप में या एनर्जी के फॉर्मेशन में. ईशान में होनी चाहिए नॉर्थ ईस्ट में होनी. चाहिए उसका आपके व्यक्तिगत डिफरेंस में या.
व्यक्तिगत अनुभव में कोई डिफरेंस नहीं. आएगा बल्कि पूजा रूम कहीं और होगा माले. इशान कोड़ में नहीं बनाया ये तो चलिए आपकी. अच्छी बात है कि विटामिन डी भी आ रही है. सुबह जब सूरज उगता है तो एक पॉजिटिविटी भी. आती है इसीलिए लोग घर की जो खिड़कियां. रखते हैं वो सूरज की रोशनी आए कमरे में. ताकि मॉर्निंग में थोड़ी आपको पॉजिटिव. वाइब्स आए ये तो वाइब्स की बात हो गई नहीं. है तो क्या हो अगर मेरे कमरे में सूरज की. रोशनी नहीं आ रही या मेरा मंदिर उधर नहीं. जहां सूरज की रोशनी आती है तो उससे क्या. फर्क पड़ जाएगा प्रॉब्लम है मंदिर कहीं और. होने से क्या होता है जैसे एक एग्जांपल है.
साउथ ईस्ट में यानी अग्नि कोण में अगर. मंदिर होता है तो एक्सीडेंट होते है और. एक्सीडेंटल डेथ भी होती है अब इस चीज का. आप बोलोगे लॉजिक क्या है हां मतलब इंडिया. में तो रोज डेथ होती है एक्सीडेंट से इतनी. बड़ी आबादी है रोज हजारों लोग के साथ. हादसे होते हैं स सैकड़ों लोग मरते हैं. रोज जिनके साथ हो रहा है आप जब उनके घरों. को स्कैन करोगे जिस नजर से आप देखते हो. मैं वास्तु की नजर से देखता हूं तो मैं. देखता हूं कि इनके घर में ये क्यों हुआ तो. आपको वहां पर वो प्रैक्टिकल अनुभव मिलेगा.
कि इनके घर में वो सिमम पाया गया कि इनके. अग्नि कोण में कोई ना कोई दोष था तो मंदिर. को हम दोष मानेंगे जब वह अपनी दिशा से. हटकर दूसरी दिशा में आ गया तो अग्नि कोन. का कोई भी दोष है वो एक्सीडेंटल डेथ देता. है मतलब यह लॉजिक जो एक लोग होंगे उनको. कैसे अडॉप्ट करेंगे बिकॉज अब रोड. एक्सीडेंट है अब अगर मोबाइल चलाते हुए. ड्राइव करूंगा मैंने अपना घर ईशान कोट में. बना रखा है मंदिर और मोबाइल देख के ड्राइव. कर तो एक्सीडेंट तो मेरा होगा ही भले ही. कितना सही कर रखा हो मैंने तो ये. डायरेक्टली रिलेशन कैसे क्योंकि देखिए ये.
आप पे क्वेश्चन आएंगे हां ये डायरेक्टली. रिलेटेड कैसे है ये आप आप ड्रिंक एंड. ड्राइव करेंगे आप की गाड़ी ठु केगी आप. मोबाइल चला के ड्राइव कर ठु केगी आप ओवर. स्पीडिंग करेंगे आप ठुक या आपकी गलती नहीं. भी है सामने गड्ढा है आप चले गए हम ये कह. रहे हैं कि जिसका घर वास्तु ऑ. [संगीत]. हम उससे क्या होहा आप ज्यादातर वक्त प.
पॉजिटिव हो आप नेगेटिव नहीं हो सेम वैसे. ही जिस व्यक्ति का घर वास्तु स्पीशीयस. होगा क्या हर आदमी डिंक एंड ड्राइव कर रहा. है क्या हर आदमी का एक्सीडेंट हो रहा है. क्या हर आदमी का एक्सीडेंट हो रहा है कि. वो गलत चला रहा है तभी हो रहा है नहीं तो. मान लीजिए ऋषभ पंत के साथ हादसा हुआ है. हां उनके घर के साउथ ईस्ट में दिक्कत होगी. आपके जानकार है आप फोन. करो तो अगर नहीं निकला तो फिर आपको समस्या. हो जाएगी मुझे कोई समस्या नहीं होगी ठीक. है हम लोगों से कहेंगे कि ष को टैक करें. टैक करो और उनसे पूछे किस किस तरफ दिशा.
गलत होगी साउथ ईस्ट में काला रंग होना. टॉयलेट होना मंदिर होना तीन दोष है तीनों. में से एक चीज और ये किसी भी एक घर में हो. सकता है या जहां वो रहते हैं मैं ये भी. बोल देता हूं उनके साउथ ईस्ट में काला रंग. ही. है ओके हा मैं गया नहीं हूं जाहिर सी बात. है पहली बार चर्चा कर रहे हा पता लगे आप. नहीं आप और मैं समझ गया कुछ चीजें हम रोज. देख रहे हैं रोज कर रहे हैं रोज सु रहे. हैं कुछ चीजों का कोई लॉजिकल आंसर भी नहीं.
है हो रहा है मतलब वही मानो तो भगवान नहीं. तो पत्थर नहीं तो पत्थर लेकिन हो रहा है. मैं उसका लॉजिकल और ये हर केस में निकल. रहा है क्योंकि ऋषभ पंत वाला दावा आपका. बहुत बड़ा है लोग ये क्लिप निकालेंगे सोशल. मीडिया पर डालेंगे ऋषभ को टैक करेंगे ऋषभ. पंत या उनके परिवार वाले देखेंगे मेरे पास. फोन आएगा कि भाई काला रंग है अब क्या. करूं हां मतलब वो तो आपकी फीस भर सकते हैं. हां बिल्कुल भर सकते हैं हम लेंगे भी. अच्छी फीस लेंगे मैं बता भी दूंगा उनके. काला रंग है उसको कैसे हटाना है क्या करना. है कौन सा लगाना है एक क्लाइंट आपका और. बढ़ गया आज हां जी हां जी बिल्कुल बढ़या.
देखो कोई भी बात मैं हवाई नहीं मेरी. मैनेजर को मत बताइएगा वना 20 पर उसम कमीशन. ले अच्छा. अच्छा मैं कोई भी बात जी हवाई नहीं कर रहा. सुनने में ना बचकानी लगती हैय बातें लेकिन. जब आप इसका अनुभव करते हो तो आपको पता. लगता है जब हम केस देखते हैं मैं ईश्वर से. डरता हुआ ही बात कर रहा हूं और वाकई में. जब आप कभी हम पर्सनली मिलते हैं बात. करेंगे आपको भी समझ में आएगा कि मैं ईश्वर. पर सबसे पहले सबसे ज्यादा यकीन करता हूं. और किसी पे नहीं. ठीक ब बहुत बहुत बोल्ड स्टेटमेंट है मतलब.
जिस तरह से आपने कह दिया कि मैं जॉब छोड़. दूंगा उनके घर प के बाहर यह काला है मतलब. इट्स टफ टू डाइजेस्ट क्योंकि हम रोज कर. रहे. हैं कैसे अब इस बात. को एक ही चीज आप रोज देख रहे हो आपको जब. हम आप हमारे. होता है वहां पर आपको हजार कमेंट मिल. जाएंगे कि हां हमारे साथ हुआ अभी मैं 26.
तारीख को लखनऊ जा रहा हूं हम वहां पर 550. 600 लोगों का एक सेमिनार है हम वहां पर आप. ओपनली वहां पर या कहीं पर भी चलो ये बोलना. कि किसके जीवन में हेल्थ इश्यूज आए जितने. लोग खड़े होंगे उनके घर के नॉर्थ ईस्ट में. प्रॉब्लम बोल्ड स्टेटमेंट है ना ट्रू पर. होती. है अब है तो. है अब ये हमारे पूर्वज लिख कर गए हैं. विश्वकर्मा जी लिख कर गए हैं श्री कृष्ण. जी ऐसा कहा जाता है कि वो एक वास्तु.
कंसल्टेंट थे वास्तु कंसल्टेंट नहीं थे. मतलब वास्तुविद थे उनको ज्ञान था उसमें. उन्होंने लॉजिक बताया कि यह अग्नि की दिशा. है अग्नि आपकी जब प्रजल हो जाती है तेज हो. जाती है तो आप ऐसे डिसीजन लेते हो जिससे. आपको मृत्यु के तरीके का कष्ट आ सकता है. और किससे आएगा जब आप खुद की हानि करोगे आज. के वक्त प खुद की हानि है ड्रिंक एंड. ड्राइव करना तेज गाड़ी चलाना यह कब वो. व्यक्ति ट्रिगर हो रहा है जब उसके घर के. यहां पर वो प्रॉब्लम है तो यह ट्रिगर ही. तब होगा जब आपका सबकॉन्शियस पैटर्न वो बन. चुका.
है इस बात को लॉजिकली इसी तरीके से समझाया. जा सकता है प्रैक्टिकली जिनके साथ हुआ है. आप उनके घर चले जाओ ठीक बात है कमेंट. सेक्शन में तमाम लोग कक आपने कई. परेशानियों का जिक्र किया है कि यह करने. से यह होता है वो काफी हद तक लोग रिलेट कर. पाएंगे अगर इनम सच्चाई होगी या इनम दमखम. होगा मेरे पास एक डॉक्टर का फोन आता है. मैं आपको चैट भी पढ़ाऊंगा स्क्रीनशॉट भी. दूंगा अहमदाबाद के डॉक्टर है अपना नाम. लेने से उन्होंने मना किया कैंसर के. डॉक्टर उन्होंने बोला हमारे पास फोन आया.
पंकी जी बहुत बड़े क्लेम करते हैं इनको. नहीं करने चाहिए ऐसा नहीं होता मैंने उनको. बोला एक भी केस आपके हॉस्पिटल में आता है. तो मुझे बताओ उन्होंने कहा मेरे पास एक. केस है आपको इतना कॉन्फिडेंस क्यों है. मैंने कहा क्योंकि मैं य रोज कर रहा हूं. और मैं जॉब छोड़ दूंगा इससे किसी को फर्क. नहीं पड़ेगा लेकिन किसी एक की भी जान बच. गई इससे मुझे बहुत फर्क पड़ेगा कहते बेटा. मेरे बेटे को कैंसर है मैं उसका इलाज नहीं. कर पाया और आपके नॉर्थईस्ट मतलब जो आपने. बात बोली मेरे यहां पर टॉयलेट है मैंने. उसको हटाया और वो ठीक हो.
गया मैं आपको इसके प्रमाण दे सकता हूं मैं. हर किसी को सही कर दूंगा मैं नहीं कह रहा. ईश्वर से डरता हुआ मुझे कल को कुछ भी नहीं. होगा मैं खुदा हूं गलत बात है हम इंसान है. प्रॉब्लम्स आर पार्ट ऑफ लाइफ हो सकता है. आएंगी नहीं आएंगी मेरे पास जो जब प्रॉब्लम. आएगी आई लुक इनटू इट कि मेरे साथ क्या हो. रहा है लेकिन हमने इस चीज को देखा है रोज. घुटा है रोज पिया है तो क्या ये 100% जाता. है क्राइटेरिया कि जैसे आपने जो बताया कि. इससे ये इशू होता है या आप एक एवरेज मान. के चलते हो कि हमने 1000 केस स्टडी या.
1200 केस स्टडी किया जिसमें 1100 केस में. निकला मैक्सिमम चांसेस था तो हम एक मान. लेते हैं कि ऐसा होता है हां यह बात सही. है आपकी हमने स केस स्टडी किया अगर मैं. सिर्फ मेरी बात करूंगा तो 100 आउट ऑफ 100. है मेरे पास केस नहीं आया कोई इसके सिवा. लेकिन अकेला होना काफी नहीं है इसलिए मैं. 100 आउट ऑफ 90 बोलता हूं 90 पर तक जितनी. भी बातें मैंने आपको बोली है आपको वो सिटम. मिलेगा ठीक है दक्षिण दशा शुभ होती है. अशुभ होती है शुभ होती है कोई प्रॉब्लम. नहीं होती बहुत बड़ा मिथ है कि दक्षिण. अशुभ होता है दक्षिण दिशा में जिसका.
एंट्री है जिसका घर की एंट्री है साउथ. वाले द मोस्ट रिचेस्ट पर्सन बिलोंग टू द. साउथ इंडिया का साउथ देख लो बम्बे का साउथ. देख लो दिल्ली का साउथ देख लो साउथ. डायरेक्शन में सबसे ज्यादा पैसा है हम. वेस्ट में सबसे ज्यादा ज्ञान है तो वेस्ट. हमेशा ताकतवर रहता है इंडिया का वेस्ट. ताकतवर है दुनिया का वेस्ट ताकतवर है ये. क्यों है क्योंकि वेस्ट हमेशा इन्फ्लुएंस. करता है सो ये डायरेक्शंस के अपने-अपने. रोल है लेकिन लोगों ने क्या किया जो मिडिल. क्लास सोच है कि हर आदमी अमीर नहीं हो.
सकता हर आदमी के पास पैसा नहीं हो सकता. इन्होंने नॉर्थ और ईस्ट को जो सबसे कम. डरावनी डायरेक्शन है उसको अच्छा मान लिया. लेकिन साउथ बहुत अच्छी डायरेक्शन ठीक है. अच्छा क्या ये भी होता है जैसे कई बार हम. लोग ट्रेवल करते थे जैसे मैं स्कूल में था. कॉलेज में था तो मेरी मॉम अक्सर कहती थी. कि इस दिन इस दिशा में ट्रेवल नहीं करना. है हा दिशाशूल बोलते और यह बहुत होता था. मेरे साथ कि ट्रैवल नहीं करना है बेटा. नहीं नहीं आज नहीं जाओगे या कुछ पंडित जी. से पूछ के इतने समय के बाद जाओगे जबरदस्त.
अगर आपकी मदर ने आपको ये बात बताई है तो. उनको ज्ञान तो बहुत अच्छा अच्छी जगह से. मिला होगा बहुत कम लोगों को ये बात पता है. इसको दिशाशूल बोलते हैं हम भी आजकल नहीं. पढ़ाते क्योंकि लोग इतना वहम में नहीं. जाना चाहते हर दिशा का एक बाहर बाहर होता. है कि आज ये दिशा बहुत बलवान है तो आज इस. दिशा में मत जाओ अगर जा रहे हो तो यह करके. चले जाओ तो उस तरीके के जरूर आपके नेचर है. एक एक विज्ञान है स्वर विज्ञान जिसमें आप. अपनी ब्रेथ से सब कुछ चेक करते हो आपकी. ब्रेथ रेट क्या चल र है जैसे साइंस कहती.
है लेफ्ट ब्रेन राइट ब्रेन तो हमारा. शास्त्र कह के गया है कि अगर आपकी ड़ा. नाड़ी यानी लेफ्ट नॉस्ट्रिल चल रही है तो. आपका राइट ब्रेन एक्टिव है हम तो आपको पता. है कि मेरा इस यह वाला ब्रेन है तो मुझे. यह काम करना है और नहीं है तो मुझे यह काम. नहीं करना चाहिए तो यह सब चीजें एजिस्ट. करती हैं दिशाशूल एजिस्ट करता है लेकिन. उसको आज के वक्त में अपनाना बहुत मुश्किल. है बहुत कठिन है ओके तो यह इसका मतलब अगर. मैं मान लीजिए चला आता हूं उस डायरेक्शन. में तो उसे क्या कंसेप्ट सस हो सकते हैं. समझने के लिए सम रहा जैसे सोमवार को उत्तर.
दिशा में अगर आप जाते हो अपने घर से किसी. स्पेशल काम के लिए रेगुलर ऑफिस जा रहे हो. उसका कोई मतलब नहीं है आप इस ऑफिस से. निकले और उत्तर दिशा में जैसे मान लो आप. जम्मू कश्मीर जा रहे हो दिल्ली से और. सोमवार का दिन है तो चांसेस बहुत ज्यादा. है कि आपका वो काम ना बने इसलिए मना कर. दिया जाता है कि आज वो दिन भारी है वो. तत्व भारी है सोमवार का जल का तत्व होता. है उत्तर दिशा जल की होती है इसलिए जल. तत्व बढ़ जाने के कारण आपको समस्या आ सकती. है या तो उसको टाल दो या कुछ रिचुअल्स है. उनको करके चले जाओ जिससे आपका फायदा हो. ठीक है हस्बैंड वाइफ को लेकर अक्सर.
समस्याएं होती है अब हस्बैंड. वाइफ क्या किसी गलत दिशा में सोने से. झगड़े बढ़ते हैं या सही दिशा में हस्बैंड. वाइफ सोएंगे तो उनके रिश्ते बेहतर हो सकते. हैं बिल्कुल हो सकते हैं साउथ वेस्ट दिशा. है उसमें सोने से रिलेशनशिप अच्छा हो सकता. है उस दिशा में टॉयलेट होने से किचन होने. से रिलेशनशिप बिगड़ सकते है ज्यादातर लोग. एक दिशा है साउथ ऑफ साउथ वेस्ट यहां सो. रहे होते हैं तो उनके रिलेशनशिप के इश्यूज. बहुत ज्यादा हो जाते हैं उससे बचना चाहिए.
और साउथ वेस्ट में सोना चाहिए एक और थॉट. चलता है कि जो बड़े लोग हैं उनको दक्षिण. की तरफ सिर रखना चाहिए सोते वक्त और पैर. जो है वो उत्तर की तरफ रखना चाहिए वो. इसलिए कहा जाता है क्योंकि साइंटिफिक. टर्म्स में नॉर्थ में मैग्नेटिक फील्ड्स. है नॉर्थ और साउथ में तो साउथ की तरफ. सोओगे आपका सिर नॉर्थ माना जाता है तो. नॉर्थ टू नॉर्थ दैट इज नॉट गुड पर अगेन. उसके मैंने केस स्टडी में अभी तक केसेस के. कारण कुछ बुरा होते हुए नहीं देखा एजिस्ट. करता है ये पॉइंट शास्त्रों में भी लिखा. हुआ है बहुत सारे लोग इसम वाद विवाद भी.
करते हैं पर मेरे पास कोई केस नहीं आया कि. कोई व्यक्ति नॉर्थ में सो रहा था तो उसको. समस्या आ गई तो मैं अब उसको यकीन नहीं. करता और कई बार होता है कि जैसे हमारे. अक्सर घरों में कहा ता है कांच टूटना शुभ. होता है कई बार गिर गया कांच. हम मैं नहीं मानता इस बात को ये वास्तु का. पॉइंट पॉइंट नहीं है नहीं है शुभ अशुभ. वास्तु का कोई पॉइंट नहीं है दोष से नहीं. है अच्छा उत्तर की दिशा में आईना अगर हो. बहुत अच्छा आईना कहीं पर भी हो सकता है. उत्तर और पूर्व दिशा में सबसे ज्यादा. अच्छा है लेकिन इसमें भी एक बहुत बड़ा मिथ.
क्या है अगर आप दक्षिण के कमरे में सो रहे. हो जैसे मेरे खुद के घर में किसी वास्तु. शास्त्री ने एक वक्त पे काम करवाया था कि. दक्षिण के कमरे में उत्तर की दिशा में आप. ये लगा दो मिरर लगा दो या आईना लगा दो यह. सही नहीं है अगर वो कमरा ही दक्षिण का है. तो वहां पर कहीं पर भी आप आईना लगाओगे वो. सेम तरीके का इंपैक्ट करेगा तो अगर आपका. आईना यानी कि मिरर आधी बॉडी जितना है तीन. से चार फुट का है और दो ढाई फुट का बड़ा. है तो ये आप को जनरली कोई प्रॉब्लम नहीं. देता लेकिन अगर वो बड़ा है जो आजकल बड़ी.
बड़ी वॉल्स बन जाती है अ लगता अच्छा लगता. हमने भी लवा अपने घर बड़ा शीशा तो उसकी. दिशा सही होनी चाहिए अगर वो उत्तर में है. तो वो बहुत अच्छा है पूर्व में है तो वो. बहुत अच्छा है दक्षिण में है तो बहुत बुरा. हमने तो जगह देख के लगा दिया था कि इस. सेक्शन में खाली है तो यहां लगा देते हैं. हा पर आपकी मदर ने तो आपको बताया ही होगा. मैं फ्लैट की बात कर रहा हूं मुझे अब आप. सोचने पर मजबूर कर रहे हैं मुझे कि कि गलत. लगाया कि सही लगाया हम इट डिपेंड्स की आप. जाओ जाकर चेक करो अगर वो उत्तर दिशा में. लगा है तो वो सही लगा है अच्छा एक एक मेरा.
और थॉट है जैसे मेरी माता जी ने मुझे नीलम. मोती बहुत सारी अंगूठियां पहनाई क्योंकि. वास्तु और एस्ट्रोलॉजी दोनों बिलीफ पर है. क्या आप मानते हैं तो आप मानते हैं नहीं. मानते तो नहीं मानते कई लोग जैसे. एस्ट्रोलॉजी को लिए कहते हैं किस्मत तो. उनकी भी होती है जिनके हाथ नहीं. होते नहीं नहीं ये पॉइंट ना बड़े नहीं. नहीं थॉट बात कर तो मैंने जब अपने हाथों. से अंगूठियां निकाली थी तो मेरा थॉट. प्रोसेस ये था कि मैंने गंगाजी में जा के. सब डाल दी थी और मैंने कहा अगर ये पहने. रहूंगा तो जिंदगी भर जो होगा मैं इससे.
रिलेट करता रहूंगा हम कि अच्छा हुआ तो. इसके चक्कर में हो गया थीट वाली बात. गड़बड़ हुआ तो फिर ये रहेगा कि इसके चलते. कम हुआ क्योंकि मेरी माता जी ने मेरे. दिमाग में डाल दिया था कि इससे कम होगा या. नीलम उतारूंगा तो होगा तो मैंने गंगा मैया. से कहा कि तेरा तुझको अर्पण क्या लाके. मेरा जब आई थी तब कुछ था नहीं तो अब क्यों. पहनना सही बात है वास्तु को लेकर अगर यही. मेरा थॉट प्रोसेस हो ठीक है आई रिस्पेक्ट. दैट मुझे कोई प्रॉब्लम नहीं है बट जिस दिन. लाइफ में प्रॉब्लम आएगी याद जरूर करना हम. आपके काम. आएंगे यही कह सकते हैं ना मैं आपकी.
प्रॉब्लम दूर कर सकता हूं 100% मनी बैक. गारंटी देता हूं ना सॉल्व हो तो अपने पैसे. वापस ले जाओ ब्याज भी ले जाना और क्या कर. सकते ठीक है कई और सवाल जो हमने लोगों के. लिए थे कि अगर आप स्नान कर रहे हैं तो. स्नान करने के लिए भी कोई दिशा होती है या. कहीं भी नहा लो जहां मन के वैसे न से कोई. प्रॉब्लम नहीं है कहीं प भी कर सकते ऐसा. नहीं कुछ है कोई दिक्कत नहीं है कहीं पर. भी करो तो तो वॉशरूम से फिर समस्या क्यों. है टॉयलेट शीट डिस्पोजल एक्टिविटी है. नेगेटिव मानते हैं उसको क्योंकि वहां पर. हमारा ह्यूमन वेस्ट जा रहा है इसलिए हम. उसको प्रोब्लेमे िक मानते हैं क्योंकि. वहां की दिशा को नेगेटिव कर देती है नहाने.
में हमारा कोई वेस्ट फिजिकल वेस्ट नहीं जा. रहा इसलिए हम उसको सही मानते अच्छा जैसे. आपने घर की बात की घर का वास्तु होता है. तो क्या देश का भी वास्तु होता होगा कि. फलाने देश पर ज्यादा प्राकृतिक समस्याएं. आती है तो इसका भी कुछ रिलेशन है क्योंकि. जो जो लैंड है व तो अलग-अलग हिसाब से. बिल्कुल है जी बिल्कुल है जैसे मैं आपको. एक प्राचीन काल का एक बात बताता हूं भगवान. श्री राम लंका गए तो जब आप हमारा जो मेथड. है हमारा नहीं वैदिक मेथड है उसके हिसाब. से एंट्रेंस देखोगे तो वो भारत के लिए. पॉजिटिव एंट्रेंस बनती है और लंका के लिए.
श्रीलंका के लिए शत्रु हानि की एंट्रेंस. बनती है तो पूरे देश का भी एक इंपैक्ट. आपके ऊपर आता है जैसे भारत है इसके दक्षिण. में पानी है ये अपने आप में एक नुकसान की. बात है बहुत अच्छी बात नहीं है वैसे ही. भारत के ईशान में नॉर्थ ईस्ट में. बड़े-बड़े पहाड़ है यह भी भारत के लिए एक. नुकसान की बात है लेकिन भारत कहां पर इस. चीज को सही करता है जैसे पश्चिम में जो. रेतीला मैदान है ये उसको बहुत पॉजिटिव कर. देता है भारत में एक बहुत अच्छी चीज पीछे. कुछ दिनों में हुई स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का.
गुजरात में बनना ये पूरे भारत के लिए बहुत. अच्छी चीज है क्यों क्योंकि पश्चिम दिशा. ऊंची होना बड़ी होना यह समृद्ध लाती है. फायदा लेकर आती है तो उससे नाम चमकना. फायदा होना ये बहुत कुछ हो सकता है मुझे. नहीं पता मोदी जी के फैन तो आपकी बात सुनी. एकदम खुश हो जाएंगे नहीं जी मोदी जी मेरा. मानना है हो सकता है अगले साल इनफ्लुएंसर. के वो जो अवार्ड मिलते है उसमें आपको भी. मिल जाए मैं यह कहता हूं कि मोदी जी जो है. वो पूरा वास्तु को मानते हैं जी कोई. दिक्कत वाली बात ही नहीं है पॉलिटिशियन. ज्यादा मानते हैं मुझे लगता है क्योंकि अब. तो फिल्मों में दिखाते हैं कि छोटी-छोटी.
बात प कंसल्ट करते रहते. हैं हां सबसे ज्यादा केसेस कौन से आते हैं. बिजनेसमैन के या पॉलिटिशियन के मेरे पास. बिजनेसमैन के सबसे ज्यादा केसेस है सबसे. ज्यादा वही डरे होते हैं सब सबसे ज्यादा. प्रॉब्लम्स उनको है हर व्यक्ति लाइफ में. कोई प्रॉब्लम लेना नहीं चाहता मतलब वो. चाहता है कि वो इजली उसका काम हो जाए और. मेरा काम यही है कि चीजों को इजी करना. पॉलिटिशियन भी आते हैं लेकिन सबसे ज्यादा. बिजनेसमैन आते हैं मुझे यकीनन मेरे को ये. बात नहीं पता कि उन्होंने ये किसी परपस. फुली किया है स्टैचू ऑफ यूनिटी लेकिन वो. भारत देश के लिए एक बहुत अच्छी चीज हुई है.
जिस दिन वो है उसके बाद से आपको भारत में. चेंजेज देखने को मिलेंगे बहुत सारी जगहों. पे बहुत सारी चीजें हुई है कुतुब मीनार के. पास एक लोहे का स्तंभ है वो ये कहा जाता. है कि वो मरम भेदन किया गया मरम भेदन एक. कांसेप्ट होता है वास्तु के अंदर जिससे. भूकंप वगैरह चीजों से आपको बचा जाता है तो. ये बहुत सारी चीजें हैं जो एसिंट टाइम से. करी जाती गई है नया पार्लिमेंट. बनना वास्तु क्या इसका बहुत बड़ा रोल है. यहां पर तो बहुत सारी ऐसी चीजें हैं जहां. पर वास्तु का ध्यान तो रखा ही जाता है. बॉलीवुड में आपके कं लोग हैं हां जी काफी. है कौन-कौन से अगर उनका नाम ले सके तो ना.
लेना चाहे तो दोनों धर्म में या केवल. हिंदुओं में ही है दोनों धर्म में जी मेरे. फर्स्ट क्लाइंट जो है वो तो नॉन हिंदू ही. है जो बॉलीवुड से आए थे. बट मैं नाम इसलिए नहीं लेना चाहूंगा. हालांकि मेरी प्रोफाइल्स वगैरह प उनके साथ. फोटोग्राफ्स वगैरह होंगी अरबाज खान अरबाज. के साथ हमने काम किया वो हमने आपकी. प्रोफाइल स्क्रॉल की थी हां जी हां जी तो. सरगुन दिखाई पड़ी थी अरबाज दिखाई कई लोग. दिखाई पड़े कई लोग तो ये सब लोग आते हैं. काम कराते हैं क्या आपसे पूछी गई जैसे. हमारे यहां तो जैसे वास्तु ये सरगुन को.
मैंने देखा सरगुन बनवा रही थी सरगुन भी. हमारे यहां आई थी पॉडकास्ट अभी कुछ दिन. पहले ही आई थी तो उन्होंने ज अपना ऑफिस. बनाया वो तो हालाकि काफी सक्सेसफुल. प्रोड्यूसर बन गई है वो काफी पैसा बना रही. है तो उन्होंने अपना ऑफिस जो बनवाया उसमें. क्या क्या बातें बेसिक होती है यही घर. मंदिर वॉशरूम एंट्रेंस हां जी हां जी और. लैंड एनर्जी ये दो तीन कांसेप्ट होते हैं. इनकी खुद की पर्सनल क्या प्रॉब्लम्स थी ये. तो ठीक नहीं होगा बात करना लेकिन. चीजें वही है मैंने वही एंट्रेंस वही. टॉयलेट वही किचन वही कलर्स थेरेपी इनके.
साथ में काम किया और उनको रिजल्ट्स देने. की कोशिश करी है कि आपकी लाइफ बेहतर हो. आपको ये प्रॉब्लम्स ना आए कम आए और. प्रॉब्लम कहां पे होती है जैसे सरगुन के. केस की हम जैसे वो हस्बैंड वाइफ कुछ. ज्यादा खुश है कई बार मैं उनसे पूछता हूं. कि आप दोनों इतने खुश कैसे हो शादी के. कितने साल बाद भी अच्छा घर है उनका वो. बिलीवर है ये मेरे मन में मैंने उनसे पूछा. भी सरगुन से कि आप इतनी खुश कैसे हो मैं. चाहता हूं एक बार आप बिग बॉस जाओ ताकि मैं. देखूं आप लोग वाकई में इतने खुश हो वाकई. में खुश है दोनों अच्छे हैं वो दोनों तो.
क्या उन्होंने अपने घर में अलग किया जो वो. इतने खुश हो गए उनका और हमारे आस पड़ोस. वाले इतने खुश नहीं हो पा रहे हस्बैंड. वाइफ शादी के कुछ साल बाद नहीं नहीं ये आस. पड़ोस वाले क्यों खुश नहीं है ये जानना तो. बहुत मुश्किल है जी लेकिन ये जानना बहुत. आसान है क्योंकि वो देखो एक तो आपका. अपब्रिंगिंग अप बिल्ड ये सब चीजें तो होती. है वो दोनों व्यक्ति ही खूबसूरत है अच्छे. हैं एक इसमें कोई डाउट ही नहीं है पर वो. बिलीवर्स है इन सब साइंसेस के तो वो हर. छोटी-छोटी चीज का ध्यान रखते ध्यान रखते. हैं ठीक है वास्तु की पढ़ाई कहां से करें. वास्तु की पढ़ाई अब तो हमसे करो जिसको भी.
करनी है हम पढ़ाते हैं हम सर्टिफिकेट देते. हैं हम काम भी देते कितना चार्ज करते हो. आप लगभग एक कोर्स अगर छ महीने का आप हमसे. लेते हो 0000 लगते हैं उसमें लेकिन हम. उसमें आपको काम भी करवाते हैं मतलब हम बाद. में आपको कंसल्टेंट बनाते भी हमारे पास. काम भी है हम आपको काम भी देंगे अच्छा. मतलब केवल कंसल्टेंसी ज्यादा पैसा छापते. हो आप पढ़ाने में इतना नहीं लेते हो मैं. पढ़ाने में इतना लेता हूं कंसल्टेंसी देने. में ज्यादा लेते हो हां जी कंसल्टेशन देने. क्योंकि अ मेरा इंटरेस्ट वो है मेरे मुझे. मजा आता है जब कोई बोलता है मेरीय.
प्रॉब्लम है और मुझे अंदर से ऐसा लगता है. किय मैं सॉल्व कर सकता हूं यार कितनी बड़ी. चीज है कितने साल से आप कर रहे होय काम आ. साल से आ साल से कर रहे हो तो इसमें आपके. बास लोग आए होंगे ना कि ये तो फेक है तुम. लोग अंद विश्वास फैला रहे हो बहुत है 90. पर तो फिर क्या कहते हो उसम ये सारे. कांसेप्ट आते कि अंधविश्वास है ये है वो. है मैं बोलता हूं आप बोलते रहो अंधविश्वास. है मुझे क्या फर्क पड़ता है इस बात से. मुझे तो एक पर लोग चाहिए जिनके पास पैसा. है तुम बोलते रहो हम क्यों किस को यकीन. दिलाने में निकले ठीक है मैं क्यों किसी. को यकीन दिलवा कि वास्तु काम करता है इट्स.
नॉट माय जॉब मैं ये कह रहा हूं वो काम. करता है मेरे लिए काम किया मेरी फैमिली के. लिए काम किया मेरा बैकग्राउंड अगर आप छान. के देखोगे सबको पता लग जाएगा मैं कहां से. आता हूं मैं वो आदमी नहीं हूं जो अपनी वो. स्टोरी होती है कि हम छोटे गांव से आते. हैं उसको इन कैश. करें हां मैं हम उस उस उससे नहीं आते मेरे. आप आपसे मेरी टीम मिली है सारे मेरे दोस्त. हैं मेरे बचपन से मेरे साथ रहते हैं इसी. दिल्ली के एक मंडावली नाम का क्षेत्र है. मैं वहां पर रहा हूं और ऐसे बहुत व्यापारी. है जिनसे मैं आपको मिला सकता हूं जिनका. बेनिफिट हुआ है तो मैं उनको क्यों यकीन.
दिलाने प जाऊ जिनका यकीन नहीं है ठीक है. मैं तो सिर्फ इतनी सी बात कह रहा हूं इफ. यू वांट टू. ट्राई 24 घंटे आपको अपने देने हैं. खास यहां आप कहते तो मैं पूछता कि जब. वास्तु तो वॉच थी ही नहीं हां हां हम बच.
गए ना एक्चुअली वच मैं तो ये सवाल बनाया. बैठ ये बहुत सारी चीजें ऐसी होंगी कि जो. वास्तु में नहीं था वो आपको कैसे पता लगा. हमने भी तो स्टडी करी है ना जो डॉक्टर आज. से 200 साल पहले 500 साल पहले दवाइयां बना. रहे थे आज भी तो उनके गुण देखकर समझते हैं. हम भी गुण देख के समझते हैं वॉचेस का एक. रोल है लेकिन आज उसका इंपैक्ट बहुत कम हो. गया जैसे पहले ये कहा जाता है वास्तु के. अंदर कि वॉच जो होती है बंद पड़ी घड़ी. आपके घर में नहीं होनी चाहिए हां ये अभी. भी हां मैं भी कहता हूं मेरी भी कई. वीडियोस में कहा हुआ है लेकिन अब तो घड़ी. वो आती है जो बंद हो जाती है जो आपको रोज.
चाबी भर के लगानी है ऑटोमेटिक वॉचेस आने. लग ग आपकी नवस के हिसाब से चलेंगी तो. कांसेप्ट चेंज होने के साथ में सबकॉन्शियस. पैटर्न भी चेंज होते हैं उनको रखने का. तरीका बदल दो आपके घर पे कहीं घड़ी लगी. हुई है वॉल पे जिसका टाइम आप रोज देखते हो. वो बंद है ये अच्छा. सिमटम्स ही रखी हुई है बंद करके रखी हुई. है तो उसका कोई इंपैक्ट आपके ऊपर नहीं ठीक. है अगर कोई हमने किराया का घर लिया है तो. वहां वास्तु देख कर ले या बाद में ठीक. करवा सकते हैं वास्तु पहले देख कर लेने का.
किराया का मकान बिल्कुल वास्तु पहले देख. कर. लो कोई भी मकान हो दो ही चीजें मैं बोल. रहा हूं साउथ वेस्ट की एंट्री ना हो नॉर्थ. ईस्ट की टॉयलेट या किचन ना हो उसके सिवा. कुछ भी हो वो ट्रीटेबल है कोई दिक्कत नहीं. है तो फ्लैट्स में कैसे वास्तु करें फिर ज. फ्लैट तो आपने कह ही दिया कि वहां तो होता. ही नहीं मामला जैसे मैंने आपको बताया कि. आप जाओ नॉर्थ ईस्ट में टॉयलेट या किचन ना. हो और साउथ वेस्ट के अंदर आपकी एंट्री ना. हो बाकी सारी चीजें तो इजली ट्रीटेबल है. आप ले सकते हो कुछ अच्छा एक क्वेश्चन और. कॉमन आया था कि जैसे कोई घर बन रहा है अब.
वहां का एक एंट्रेंस है सब लोग आते इस. जाते इधर हैं अब वो खराब है लेकिन वो बना. हुआ था हम तो उसके रिनोवेशन के टाइम में. फिर क्या करें उसके बहुत बहुत आसान उपाय. हैं बिना तोड़फोड़ के बिना किसी दीवार को. तोड़ के मरोड़ के कुछ भी नहीं करेंगे आपको. तो पता अगर मैं आपके यहां पर वास्तु करने. आऊंगा तो आपको देखने से नहीं समझ में आएगा. कि वास्तु हुआ है हम कोई पिरामिड नहीं लगा. रहे हम कोई तंत्र नहीं बेच रहे मैं आपको. कोई लाखों रुपए के स्टोन नहीं दे रहा मैं. तो सिर्फ ये कह रहा हूं कि जो मैं बता रहा. हूं उस बात के वैसे हैं या आप दूसरों की. दुकान खराब कर रहे हैं हां क्योंकि वो गलत.
है पिरामिड्स. जो घर के सेंटर में ब्रह्मस्थान में डाले. जाते हैं ये बहुत इनऑफ हां ये भी एक वर्ड. बड़ा अच्छा है ब्रह्मस्थान क्या होता है. ब्रह्मस्थान घर का सेंटर किसी भी चीज का. सेंटर ब्रह्मस्थान है कैसे पता करें एक. नर्मल ऐसे आपके एरिया वाइज ही सेंटर आप. देख रहे हो या उसम कोई अलग आपका जो घर है. नॉर्मल उसका नक्शा लो उसका एक सेंटर निकाल. दो डायगोनल मैच करके वो आपका भ्रम स्थान. है ये भ्रम स्थान खंडित नहीं होना चाहिए. यहां पर टॉयलेट नहीं होनी चाहिए यहां पर. शाफ्ट नहीं होनी चाहिए जैसे कई बार लोग. क्या करते हैं अक्सर दो मकान जोड़ लेते. हैं बीच में शाफ्ट आ जाती है ये बहुत बड़ी.
प्रॉब्लम है और एक बहुत कॉमन प्रैक्टिस ऑफ. वास्तुशास्त्र है कि घर के सेंटर में. पिरामिड्स डालना इसको मैं बहुत खंडित करता. हूं ये नहीं होनी चाहिए ठीक है कुछ सोशल. मीडिया क्वेश्चन थे वो भी फटाफट पूछते एक. आपने कहीं शायद वीडियो बनाया दारू. छुड़वाने का हां मैंने कहीं देखा था क्या. था वो एक दिशा है जो किसी भी चीज को. छोड़ने के लिए रिस्पांसिबल होती है जिसको. साउथ ऑफ साउथ वेस्ट कहते हैं वहां पर दारू. की बोटल रख दो छूट जाएगी ऐसे इतना इजी है. इतना इजी है. रख दो पी तो वैसे भी रहे हो रा थोड़ा. एक्सप्लेन कीजिए ना क् बहुत सारे दारूबाज.
लोग होंगे हम चाहेंगे अपने दोस्तों को टैक. कीजिए बताइए कैसे दारू. छुड़वाए दारू जब एक प्रॉब्लम बनती है हा. तो वो दिक्कत है हम म एक तो शाम को पी के. सो गए हा जो 24 घंटे पी रहे हैं तो अक्सर. महिलाएं मुझसे सवाल करती है कि जी हमारे. जो पति है वो बहुत ज्यादा पी रहे हैं तो. हमें उनको छुड़वा आपकी वाल तो नहीं करती. ना नहीं जी मेरी वाली नहीं करती हम पीते. ही नहीं. [हंसी]. पहली बार पूछा किसी ने है ना साउथ ऑफ साउथ. वेस्ट जो दिशा है दक्षिण नृत्य जिसको.
बोलते हैं ये दिशा किसी भी चीज को. छुड़वाने की होती है तो जिसकी भी पत्नी. बोलती है उनको रखवा देना चाहिए ठीक है. हमको ल कई बार सेल्फ ट्राइड होता है कि. छूट गई तो इसलिए हम नहीं सेल्फ ट्राइड. बहुत सारी बातें सेल्फ ट्राइड है पर. क्योंकि जैसे आपने अपने ऊपर क्या क्या. ट्राई किया जैसे अपने घर में आपने क्या. ट्राई किया उसका क्या डिफरेंस आप सबसे. पहला मेरा बिजनेस मैं पूरे 10 साल पहले की. बात है 20131 में मैंने एक फैक्ट्री लगाई. और हम. समाप्त हो गए खत्म हो गए तो उस वक्त. वास्तु और एस्ट्रोलॉजी जीवन में आया और.
मैं तो बिल्कुल नॉन बिलीवर की ये कैसे काम. कर सकता है एक पौधा लगाने से मेरे क्या. फर्क पड़ जाएगा गेट बंद करने से क्या हो. जाएगा तो रास्ते में कोई जा रहा था तो वो. फैक्ट्री प आए कुछ सामान मान खरीदने बात. करने तो उन्होंने बोला कि बेटा एक काम कर. इधर से गेट खोल दे मैंने कहा अंकल जाओ कुछ. नहीं फर्क पड़ता इन सब चीजों से ये सब. पाखंड की बात है और आपने क्या कर लिया. वास्तु मान के तो वो कहते यार तू करने में. क्या जा रहा है तू तो वैसे ही मरा हुआ है. मरता क्या ना करता मैंने गेट खोल दिया और. मुझे चमत्कारिक प्रभाव भी आ गया वो आया तो.
मुझे लगा कि नहीं आप एक वहम में जी रहे हो. कि चीजें काम नहीं करती मानने में क्या. जाता है फिर मैंने मेरी मदर से बात करी. मेरी मदर ने भी ये जवाब दिया कहती कि देखो. काम करती है चीज पर आपके पिताजी नहीं. मानते मेरे फादर आज भी नहीं मानते तो नहीं. मानते तो नहीं मानते वो ये कहते हैं करके. दिखा टास्क दे देंगे कि ये मेरा करवा देगा. तो मान जाऊंगा तो हर बार मान जाते हैं हर. बार पीछे हट जाते हैं सो सम टाइम्स इट इज. अ बिलीफ सम टाइम्स उनको कंसल्टेंसी नहीं. दे. इस बारबार एक्सपेरिमेंट कर तो वो वो तो. अपना टास्क लेके आएंगे कि मेरा ये करवा दे.
सो मेरे साथ ये सब हुआ मैंने उसको अप्लाई. किया हमारी फैक्ट्री उस एरिया की नंबर वन. फैक्ट्री बनी तब हम आगे बढ़े फ मैंने ूब. बहुत सारे लोगों के लिए काम किया जिनको. रिजल्ट दिए मैं अभी भी अगेन आपके पोड. कास्ट में एक बात बोलता हूं एक भी व्यक्ति. इस पूरी दुनिया में नहीं है जिसने मेरे से. कंसल्टेशन ली उसको रिजल्ट ना मिले. ओ ठीक है ये आपका दावा है लोग सुन रहे हैं. आखिरी फैसला तो हम लोगों प छोड़ते हैं हां. जी हां जी आप मैं तो कह रहा हूं कि आप. इन्हीं की रील में इनकी वीडियो में भर के. लिखो मैं पंकी जी से मिला मैंने कमेंट.
पैसे दिए इनको और हमें हमें कोई फायदा. नहीं मिलेंगे हम और लोगों से करेंगे जिनके. साथ आपने बिजनेस किया है उनको भी हम पकड़. के लाएंगे पॉडकास्ट में हां जी हां जी. बिल्कुल मैं खुद भेज देता हूं ये तो मेरे. लिए अच्छी बात हो जाएगी नहीं हां अच्छा. अच्छा तरीका है अच्छा रंगों का भी कोई. रिश्ता है वास्तु से बिल्कुल है क्या. रिश्ता. है हर रंग एक त अब जैसे हमने यहां मान. लीजिए हम यहीं बैठे हैं हमने पीला और. थोड़ा ब्राउन शेड दे रखा है इससे क्या. फर्क पड़ता है हर रंग एक तत्व का है हां.
नीला रंग पानी का लाल रंग अग्नि का पीला. रंग पृथ्वी का सफेद आकाश का और हरा तो. जैसे हमने पीला लगाया अब हमारे यहां. पॉडकास्ट से पॉडकास्ट होते जा रहा है लोग. आते जा रहे हैं ये दिशा सही है आप वेस्ट. में है हम जहां पर बैठे हैं ठीक वेस्ट ये. एक्सीडेंटल अच्छा हो गया है ये एक्सीडेंटल. अच्छा हो सकता है आपने पूछा हो मतलब ये. नहीं हमने पूछा नहीं था हमें एक कोना दिखा. हमें अच्छा लगा हमें लगा यहां गेस पर ये. अच्छा हुआ आपकी कुछ चीजें बहुत अच्छी है. जैसे आपका जो ग्रीन रूम है जिसको आप. क्रोमा शूट जहां पर आप जो भी करते तो ये. ग्रीन बना हुआ है ईस्ट में ग्रीन रंग वायु. का है प्लांट्स का ये बहुत अच्छा बना हुआ. है तो कुछ चीजें बहुत अच्छी है तो.
एक्सीडेंटल हुआ या जैसे भी तो हर तत्व एक. एक कलर एक तत्व का होता है वो उसी दिशा. में आना चाहिए तब वो बेनिफिट देगा नहीं तो. वो नुकसान देगा तो घर अगर हम घर बनवा रहे. हैं तो घर में कौन सा रंग लगवाए जो सबसे. शुभ होता है ऑफ वाइट क्रीम कलर अगर आप. पूरे घर में कराओ ग वाइट पूरे घर में कराओ. ग तो आपको कोई समस्या किसी भी तरीके से. नहीं आएगी लाल रंग बहुत ज्यादा अवॉइड करना. चाहिए आपने देखा होगा अक्सर मंदिरों के. अंदर लाल बल्ब लगा देते हैं लाल रंग की.
चादर बिछा देते हैं आसन बिछा ये कभी नहीं. करना चाहिए मिनिमाइज कर दो लाल रंग को. क्योंकि वो अग्नि का है वो आपको गुस्सा. देगा तो इसलिए आपको समस्या आ सकती है और. नीला रंग अगर करते हो तो दक्षिण दिशा में. मत कराओ लाल रंग करते हो तो उत्तर दिशा. में मत कराओ हरा रंग करते हो तो पश्चिम. दिशा में मत कराओ ऐसे ही पीला रंग करते हो. तो पूर्व दिशा में मत करा और कुछ लोग जो. पूरा घर चटक पटक कर देते हैं कई रंगों में. दिक्कत आती है बिल्कुल प्रॉब्लम आती है. यानी वाइट एंड क्रीम कलर के आसपास सबसे. अच्छा घर होना चाहिए हा जी अच्छा साउथ. फेसिंग मकान हमने कर लिया वास्तु को लेकर.
सबसे बड़ा मिथ क्या है सबसे बड़ा मिथ है. कि आपके एक रास्ते में तीन दरवाजे नहीं. होने चाहिए उससे कोई फर्क नहीं पड़ता हो. सकते हैं एक चप्पल वाला आपने बता दिया था. हां हां चप्पल उल्टी सीधी इससे कोई फर्क. नहीं पड़ता घर में छिपकलियों ये कोई फर्क. नहीं पड़ता इन सब बातों से मिरर एक बहुत. बड़ा मिथ है सीढ़ियां बहुत बड़ा मिथ है. सीढ़ियों के नीचे टॉयलेट नहीं होनी चाहिए. मिथ है हो सकती है कोई प्रॉब्लम नहीं है. सीढ़िया एंटी क्लॉक वाइज नहीं होनी चाहिए. मिथ है हो सकती है कोई प्रॉब्लम नहीं है. सिर्फ नॉर्थ में फेस करके नहीं सोना चाहिए. मिथ है सो सकते हो कोई प्रॉब्लम नहीं आती.
तो बहुत सारे मिथ है ठीक है ये एक होता. बेड पर किधर सोए बेड पर क्योंकि बचपन से. हम लोग ने बहुत सब सब परेशान होंगे इ इधर. सिर गर के मत सो उधर घूम जाओ इधर अशुभ. होता है इस बात से नहीं फर्क पड़ता जैसा. मैंने अभी आपको बताया नॉर्थ साउथ ईस्ट. वेस्ट आपका सिर कहां है ये बहुत ज्यादा. मैटर नहीं करता बट ये कॉमन है ये आई थिंक. सबने फे जो लोग देख रहे होंगे सबने अपने. परिवार में फेस कि होगा बिल्कुल ये बहुत. कॉमन है लेकिन इसका जो असली रिजल्ट है कि. आपका पूरा बेड आपके घर में कौन सी दिशा.
में लगा हुआ है अगर वह दिशा सही है जैसे. मैं एग्जैक्ट नॉर्थ एग्जैक्ट साउथ. एग्जैक्ट ईस्ट एग्जैक्ट वेस्ट अगर आपका है. तो बहुत अच्छा है ईशान कोण में आपका बेड. नहीं होना चाहिए साउथ वेस्ट के साथ में एक. दिशा आती है साउथ वेस्ट उसमें आपका बेड. नहीं होना चाहिए तो अच्छी जगहों पे अगर. आपका बेड होगा तो कोई समस्या नहीं है हम. अच्छा एक आपका वीडियो और वायरल हुआ था. शिवलिंग को लेकर हम अब हम वास्तु की तो. बात कर ही रहे हैं कैसे आपने दावा किया कि. जो शिव है वो लिंग नहीं है और क्या था वो. वीडियो मैंने कोई दावा नहीं किया मैंने. सिर्फ ये बात बोली संस्कृत में लिंग का.
मतलब क्या. है स्वरूप हम लिंग का मतलब इज नॉट हिंदी. वाला लिंग लिंग का मतलब जैसे स्त्रीलिंग. मतलब स्त्रियों का स्वरूप पुलिंग मतलब. पुरुषों का स्वरूप आकार ऐसे ही शिव का. स्वरूप इज शिवलिंग शिवलिंग अब शिव पुराण. पढ़ोगे वहां शिवलिंग की क्या व्याख्या दी. गई है आप इसके ऊपर बात करो वहां कहीं पर. भी लिंग के ऊपर बात नहीं आती तो मैंने. सर्च कर रहा था एक बॉडी के ऊपर मैं कोई. बहुत पढ़ा लिखा व्यक्ति नहीं हूं तो मैंने. ये देखा कि शिवलिंग की खासियत है एक मात्र.
ऐसे डाइट है जिनको पूरा भेद नहीं जाता आप. आधा भेद के आते हो आपकी पूरी बॉडी में एक. ऑर्गन है जो आपके यहां महसूस होता है उसको. मेडुला बोलते हैं वो मेडुला की जो शेप आप. निकाल के देते हो तो आपको रिजल करती है कि. वो शिवलिंग जैसी शेप है पूरे शिवलिंग जैसी. शेप है और जब आप शिव जी के मंदिर जाते हो. ओम रुद्राय नम का पाठ करते हो तो आपको. यहां पर वाइब्रेशन फील होनी स्टार्ट हो. जाती है ये सारे कांसेप्ट ये सारी चीजें. मेरे को देखने को मिली तो मुझे लगा कि. इसका कोई लिंक है फिर मैंने अपने आप से एक. सवाल किया शिवजी जो नाग है वो कहां पहनते.
हैं गले में और लिंग प वो नाग क्यों. दिखाया जाता. है गला एक तरीके से हो यस सो दैट इज द. पार्ट ऑफ योर. नेक उसको मिथ बनाया गया ताकि कोई भी. व्यक्ति आकर आपको य बोल सके कि तुम लोग तो. लिंग की पूजा करते हो मुझे उससे कोई. प्रॉब्लम नहीं है ओके लेकिन वो ग. ब्यूटीफुली एक्सप्लेन आई थिंक बहुत. खूबसूरती से आपने एक्सप्लेन किया मुझे कोई. आके यह कहे कि तुम लिंग की पूजा करते हो. मुझे इससे कोई प्रॉब्लम नहीं है बट हम किस.
चीज की पूजा करते हैं तुम जान ही नहीं पा. रहे तो मैंने अपने आप से सवाल किया कि अगर. शिव जी के गर्दन पर नाग है तो फिर लिंग पर. नाग क्यों है इसका मतलब वो पाट कहीं और का. है और आप कहीं और सोचते. हो और फिर मैंने उसको देखा तो मुझे उसके. तथ मिले आप खुद शिव जी के मंदिर जाओ. सोमवार को और लगभग चार से पा बजे जाओ. सुबह लिंग को देखकर रुद्रा नम का पाठ करो. आपको एजेक्ट इस जगह पर जो लोग स्पिरिचुअल.
है थोड़े से उनको यहां पर वाइब्रेशंस. महसूस होंगी क्यों होंगी क्योंकि यह उससे. कनेक्टेड है और यह उससे कनेक्टेड इसलिए. शिवजी के गले में सर्प दिखाया जाता है जो. आपको आपके माइंड को और आपकी बॉडी को एक. पार्ट कनेक्ट कर रहा है जिसको काटा या भे. नहीं जा सकता ट इ शिवलिंग इन योर बॉडी. ब्यूटीफुली सेड आईम शेयर दिस पार्ट. ब्यूटीफुल आई मीन हा अच्छा और मैं इसलिए य. बात बोलता हूं ऐसा इस पूरी पृथ्वी पर कोई.
व्यक्ति नहीं है जिसके शरीर में शिवलिंग. ना. हो तो हर किसी के अंदर शिव है विराजमान है. जिसका कोई रूप नहीं कोई आकार नहीं है इसको. तो लेकर एक लंबी चर्चा हो सकती है लेकिन. उधर नहीं जाएंगे एक चीज और मेरे मन में. थॉट आता है कि एक घर वास्तु से नहीं बना. है और फिर उसको हमने ठीक कराया उसका असर. कितने समय पर हमारे जीवन पर आएगा या कितने. समय में अगर खराब वास्तु है हमने उस घर. में रहना शुरू किया तो उसका हम पर असर. कितने दिन में प्रत्यक्ष तौर पर दिखना.
शुरू होगा पॉजिटिव नेगेटिव दोनों बात करर. लगभग एक से डेढ़ महीने बाद आपको रिजल्ट. दिखना शुरू हो जाते हैं आप किसी मकान में. गए आपने उसमें अच्छे चेंजेज किए आपने. उसमें बुरे चेंजेज किए लगभग एक से डेढ़. महीने बाद आपको उसकी समस्याएं उसके अच्छे. उसके बुरे प्रभाव आपको देखने को मिल. जाएंगे 100% ठीक है 21 से 30 दिन अब हम. चाहते हैं कि आप हमें डेढ़ मिनट के अंदर. ये समझा दें डेढ़ मिनट के अंदर इसलिए कोट. कर रहा हूं रील में जाएगा सेक्शन ये कि. वास्तु दोष में जो पांच चीजें आप ने बताई. है हम उन पांच चीजों से क्या असर होता है. गलत होने पर अगर शौचालय गलत है तो आपकी.
हेल्थ आपकी वेल्थ नुकसान हो सकता है आपकी. किचन गलत है तो हेल्थ के ऊपर सबसे बड़ा. इंपैक्ट पड़ता है पैसा डूब सकता है खराब. हो सकता है आपकी अगर बेडरूम गलत है तो. अगेन आपकी हेल्थ आपका मस्तिष्क आपका नींद. आपकी स्लीप सब कुछ खराब हो सकता है आपकी. पूजा रूम गलत है तो आपकी स्पिरिचुअल. अनुभूति आप अपने आप से नहीं जुट पाते यह. खराब हो सकता है तो नट शेल में इन तीन चार. चीजों से आप अपनी हेल्थ वेल्थ स्पिरिट. आपकी आत्मा सब चीजों से आपको सही कर सकते. हो ठीक है जाते जाते अगर किसी को आपसे.
संपर्क करना हो आपने हालाकि शुरू में कह. दिया कौन संपर्क ना करे हा तो ा अकाउंट प. आए और देखें और. ्रीमन सेक्शन में जनता बड़ी ई मानदार होती. है ताली मिली तो आपकी गाली मिली तो आपकी. प्रत्यक्ष तौर पर हमारा से ले देना नहीं. है अप्रत्यक्ष तौर पर हमने कोशिश की कि. सारे सवाल वो जो लोगों के मन में होते हैं. जो मि के तौर पर भी हैं जो उनके मन में. शंकाएं भी होती है वो पूछी जाए कोई और. सवाल होगा तो आप कमेंट सेक्शन में डालिए.
फिर कभी किसी और एपिसोड में फिर इनसे. मुलाकात करेंगे फिर पूछेंगे सेकंड एपिसोड. के लिए थैंक यू सो मच थैंक यू.
