IAS Officer On Govt. Salaries, Policies & Power - IAS Abhishek Singh | FO 82 - Raj Shamani
एक बार तो मेरा मां करता था मैं सबसे बड़ा. गैंगस्टर बन जाऊं ओके और मुझे लगता है तो. यह दाद-उद क्या है यार मैं इसे भी बड़ा. बंता हूं नहीं शेरों तो खुद ही बोलते हैं. यह कहते हैं की अगर आज मैं टैलेंट की वजह. से होता मैं शायद सफाई भी नहीं कर पता. उनको भांड कहा जाता था तो अगर आप आ इस. ऑफिसर हो तो सोसाइटी कहती है की नहीं ए. रहा आप ना एक्टिंग कर रहे हो ये सब मजा. नहीं ए रहा है इसमें मैक्सिमम इस ऑफिसर अप. और बिहार इस साइट से क्यों आते हैं ऐसा. क्या कोई रीजन है स्पेसिफिक मैं तो कई. लोगों को यहां मिलता हूं मैं बोलना हूं की. मैं आया इस ऑफिसर हूं तो कहते हैं हाईएस्ट.
ऑफिसर मैं आप करते क्या हो कम क्या होता. है लोगों को पता ही नहीं होता व्हाट इसे. एन एवरेज सैलरी ऑफ एन आई यस गवर्नमेंट. कनॉट बी डी बेस्ट वे मस्त जब मैं आया. सर्विस में तो मेरे को समझ आया की यार ऐसा. कुछ पावर है नहीं आपके पास उतनी कोई भी. ऐसा सिंगल ऑफिस नहीं है जिसने और मशरूम. ड्राइव को लिया और उसका ट्रांसफर ना हो. गया हो फर्स्ट ऑफ जो थैंक यू सो मैच. क्योंकि आप लोगों की वजह से हम इंडिया के. नंबर वन ग्रोथ पॉडकास्ट बन चुके हैं पिछले. 12 महीने में हमें 200 मिलियन से भी. ज्यादा व्यूज आए हमारे पॉडकास्ट पे सिर्फ. ऑन डी टॉपिक ऑफ ग्रोथ.
सो थैंक यू सो मैच इसी तरह आप लोग हमें और. प्यार करते जाइए क्योंकि हम इंडिया के. नहीं वर्ल्ड के नंबर वन ग्रोथ पॉडकास्ट. बने चाहते हैं पहले ना फिगरिंग आउट सिर्फ. होता था बिजनेस के बड़े में अब फिगरिंग. आउट होने वाला है ग्रोथ के बड़े में हर वो. चीज जो इंसान को गाने से रुकते है हम उसके. बड़े में बात करेंगे क्योंकि इंडिया. वर्ल्ड में सबसे फास्टेस्ट ग्रोइंग कंट्री. बने वाली है तो अगर हम चाहते हैं की. इंडिया नंबर वन कंट्री बने तो इंडिया के. हर इंडियन को बहुत तेजी से गो करना पड़ेगा.
और उन सबकी ग्रोथ स्टार्ट होती है यहां से. तो आज के हमारे गेस्ट है इस अभिषेक सिंह. जो इंडिया को बहुत बारीकी से समझते हैं. क्योंकि उन्होंने इंडिया की छोटी सी छोटी. विलेज में जाकर भी कम किया है और बड़े से. बड़े बिजनेसमैन जैसे गौतम अदानी के साथ भी. उन्होंने कम किया है तो ऐसा क्या वो समझते. हैं इंडिया के बड़े में जो इंडिया को गो. करने में हेल्प करता है नोट ओनली फ्रॉम डी. गवर्नमेंट पॉइंट ऑफ व्यू बट अलसो फ्रॉम. इंडिविजुअल पॉइंट ऑफ व्यू और फ्रॉम. बिजनेसमैन पॉइंट ऑफ व्यू यह बहुत ही अच्छे.
से गवर्नमेंट ऑफिसर नहीं है यह बहुत अच्छे. एक्टर भी है बहुत अच्छे स्ट्रैटेजिस भी. हैं बहुत अच्छे नेटवर्कर भी है और जो. इंडिया में इतनी साड़ी जगह पे इन्होंने. जाके कम करके जो समझा है लोगों के बड़े. में हमने आज के पॉडकास्ट में वो चीज कर. कारी है. तेल मी अबाउट मतलब वहां का बताओ थोड़ा सा. लाइक योर चाइल्डहुड तो हम लोग सब करते थे. पापा बहुत ज्यादा स्ट्रिक्ट थे अभी भी हैं.
और सुबह हम लोग को 4:00 बजे उठा देते थे. की पढ़ने के लिए और हम सबको बहुत तेज नींद. आई रहती तो एक बहुत बड़ा सा डाइनिंग टेबल. होता था उसपे बैठ के पढ़ना होता था तो मैं. क्या करते थे की जैसे की पापा मां लो इधर. से इंटर करेंगे तो इधर सामने तो बच्चे. बैठे हुए हैं इधर बच्चे बैठे हुए हैं और. एक बच्चा सबकी गॉड में लेट जाता था की. बड़ी बड़ी से सब बस सोते रहेंगे तो एक. बच्चा इधर लेट जाएगा एक बच्चा उधर लेट. जाएगा तो ऐसे करके हम लोग टर्न होती थी और. फिर उसमें लड़ाई हो जाति थी कोई ज्यादा डर. तक सो गया तो उठाता था दूसरा बांदा रे भाई.
उठो मेरी टर्न आने वाली है. पकड़े जाते हैं देखो. मुझे तो बहुत टी है बचपन में और मेरा तो. ऐसा है की जब भी मेरे को मार पड़ती तो. मुझे सु हो जाति थी तो जब भी पापा आने. वाले होते तो मुझे पता की आज मार पढ़नी है. तो सबसे पहले पापा की गाड़ी की आवाज ए. जाति थी तो मैं सबसे पहले वॉशरूम भगत था. की आज फिर पापा मारेंगे सु हो जाएगी और. फिर बहुत बेज्जती होगी क्योंकि जब इतने.
बच्चे होते हैं ना तो सब एक दूसरे की टांग. खींचते हैं तो आपको बाकी किसी से ज्यादा. उनके सामने अपनी बेइज्जती का डर राहत है. यार आज फिर ये लोग हसेंगे तो सारे मिलकर. आज सभी भाइयों को ऐसे वो आज भी भैया को. ऐसे हुआ तो वैसे मतलब ऐसे कैसे पता चला था. की आज मार पढ़ने वाली है क्या ऐसा तो जैसे. आज मार्क्स बेकार है पढ़ा नहीं है या तो. रिजल्ट खराब आया या फिर आपने होमवर्क नहीं. किया है अगर ये पूछेंगे और जनरली ऐसा होता. था की तब पता चला था मां लो पापा कल आने.
वाले हैं बाहर गए हुए हैं और अचानक से आज. ही ए गए तो पता था की अब आज ए गए तो आज. तुम्हारे पड़ेगी आज तो दिन और हम लोगों को. एक डायरी मेंटेन करनी होती थी उसमें हमें. लिखना होता था हर एक घंटे हमने क्या किया. तो हर एक बच्चे को लिखना है स्कूल से अगर. आप 1:00 बजे 2:00 बजे ए गए तो आपको 15. मिनट का टाइम मिलता था आप अपने कपड़े चेंज. करो और 15 मिनट मिलता था खाना का लो वो. आधे घंटे का आपके पास टाइम होता था उसके. बाद से हर एक घंटे आपने क्या-क्या पढ़ाई. कारी है क्या किया एग्जैक्ट पूरा डीटेल्स.
आपको लखनी है और फिर पापा के पूछेंगे अगर. आपने लिख दिया की भाई हां मैंने ये एक. लेसन प्लेन किया है तो ए करके पूछेंगे की. आपको याद है की नहीं क्या खतरनाक रिव्यू. सिस्टम है. और आप ऐसे ही बोल सकते की तेरे पापा मैंने. याद तो किया था लेकिन मैं भूल गया वो नहीं. हो सकता पापा ने कहा भले ही तुम कर लाइन. याद करो तुम कर लाइन लिखोगे की मैंने 1. घंटे में सिर्फ कर लाइन याद कारी है लेकिन. वो कर लाइन याद हनी चाहिए और वह देख कर. तुम्हें शर्म भी आएगी की देखो मैंने एक. घंटा पूरा वेस्ट कर दिया सिर्फ 4 महीने.
याद करें तो हम बच्चे इतने बेशर्म. हमेशा हमारी लाइन देखेंगे. सी एनवास क्योंकि उसे तरह टाइम की वैल्यू. बहुत ए जाति है बट बचपन में यार मतलब आई. रिमेंबर जब मैं कौन सी क्लास में आप बता. रही हूं शुरू से ही हम लोग तो 12th तक ये. रहा ही मेरे साथ तो रहा ही उसके बाद तो.
फिर मैं तो पास आउट होकर निकाल गया तो. बाकी बच्चों के लिए भी रहा बट मेरी भी वो. एक्स्ट्रा स्ट्रेट इसलिए रहते थे क्योंकि. उनका बहुत बड़ा सपना था की मैं इस बानो और. वो आईपीएस थे इस नहीं बने आए थे तो उनको. बहुत मां था की भाई मेरा बेटा. समझ में आता है की उनको थोड़ा स्ट्रिक्ट.
मेकैनिज्म था वो उनके एटीट्यूड में ए जाता. है की यार प्रॉपर सिस्टम में सब चलेगी चीज. कोई जरूरी नहीं है की अगर आप टाइम की. वैल्यू करोगे तभी आप जिंदगी में आगे जाओगे. ऐसा भी नहीं है क्योंकि कई बार अगर आप. क्रिएटिविटी लेट से कुछ अब फूल कर रहे हो. और आपने अगर उसको टाइम से बाउंड कर दिया. आपके दिमाग पे राहत है की यार मेरे को ना. आज तक ही आज ही शाम तक इसका सॉल्यूशन. निकालना है तो हो सकता है बेस्ट सॉल्यूशन. ना निकाल करके आए और दुनिया में जितनी. बड़ी चीज होती हैं. है वह कुछ अलग होती है नॉर्मल से तो उनको.
अगर आप टाइम से बिन कर डॉग ना तो शायद वह. उसे तरीके की ना हो. तो कहानी ना कहानी एक वो भी है यू नो उसकी. एक डिमैरिट भी है. नेक्स्ट पॉइंट विद दिस की ऑलवेज मेरे मां. में बैटल चल रही होती है की. डिसिप्लिन वर्सेस. मैं जो भी हूं आज मैं चास की वजह से उसमें. भी कहानी ना कहानी डिसिप्लिन था की रोज.
करता था की और क्रिएटिविटी डिस्क्रिप्शन. मुझे रोज एक नया इंसान बन्ना है. लाइफ में आईएफ यू वांट तू को इन एन वेरी. वेरी क्रिएटिव फील्ड. एक बजे से 2:00 बजे के बीच में ना सिर्फ. ये लिखूंगा तब मेरे दिमाग में कभी नहीं. आता बट जी दिन मैं सोचता है की यार आज. संडे पूरे दिन कुछ नहीं करूंगा जब मां.
होगा तब उठा के लिख दूंगा तो इसलिए मैंने. घर ये सब हर जगह से वाइटबोर्ड लगा दिया है. हर जगह मेरे रूम में मेरे हाल में मेरे. ऑफिस में हर जगह बोट हैं मुझे जब रैंडम. कुछ भी आइडिया था मैं लिख देता हूं तुम. मुझे उसमें आई थिंक मोर दें मैं टाइम्स. लोट में खुद को बंद डन उससे ज्यादा. क्रिएटिविटी उसमें आई है जब मैं खुद को. पूरा फ्री छोड़ देता हूं तो हमेशा ऐसे ही. होता है जो लीडर्स होते हैं वह हमेशा के. आप ही मैं एक्सल करते हैं अगर उनको क्या.
सकते बट अगर आपको एक विजन सेटअप कर दिया. उसे विजन को अचीव करने के लिए धन्यवाद. [संगीत]. कॉफी नहीं देगा क्योंकि आप बोलोगे भाई. मेरा हेल्प करता है वो का रहा है यार मेरा. मां ही नहीं है आज. तो आपके घर पर सफाई नहीं होगी जो आप. बोलोगे की आज सफाई वाला किओस में जी रहा. हूं का रहा है की आज मेरा मां नहीं है कल. आऊंगा सफाई करने तो आप तो क्या उसमें जी.
सकते हो बट आपके नीचे का ऑर्गेनाइजेशन अगर. किओस में चला गया तो ऑर्गेनाइजेशन नहीं. बनेगा. तो हमेशा ये होता है की अगर आपको विजन. सेटअप करना है तो फिर आप क्यों जो और. डिस्क्रिप्शन जो थ्योरी है वो यही है की. भाई आपने जो पुराना ऑर्डर है उसको. डिस्टर्ब करके कुछ नया निकाल करके ले कुछ. और बेहतर निकाल करके ले बट उसको अचीव करने. के लिए दें यू नीड एन स्ट्रिक्ट डिसिप्लिन. ऑर्गेनाइजेशन. बिकॉज़ आई लाइक डी पॉइंट और अगर आपकी बचपन.
से लाइक सिस्टम आर डिसिप्लिन पे रही है तो. तेल मी लाइक तू और थ्री प्वाइंट्स जो बहुत. लोग देख रहे हैं राइट दो पार्ट में उसको. डिवाइड कर देता हूं एक्चुअली ऑर्गेनाइजेशन. डिसीप्लिनर पर्सनल डिसिप्लिन ये दोनों एक. लेवल तक जरूरी है एवं आईएफ यू वांट तू कस. के आप ठीक है तो कैसे बनाना चाहिए सिस्टम. या कैसी ऑर्गेनाइजेशन बनाना चाहिए जिससे. आपके आसपास के बाकी सब लोग हैं ना एक. प्रॉपर डिसिप्लिन सिस्टमैटिक वे में चल.
रहे हैं ताकि आपको रूम मिलेगी और टेकन. क्रिएटिव सो डेट आप डिस्टर्ब कर रहे हो और. फिर वो वाली चीज जो पैटर्न में अगर. डिस्टर्ब किया वो उठा के आप पुरी. ऑर्गेनाइजेशन को दे रहे हो ताकि वो. कंटीन्यूअस बार-बार बार-बार इस्तेमाल करते. थे अगर आप खुद की अपनी ऑर्गेनाइजेशन बना. रहे हो. पर्सनालिटी ओके उसमें आपकी पर्सनली. रिफ्लेक्टर हनी चाहिए और फिर ऑर्गेनाइजेशन. परपज है की जो भी आपका विजन है उसको अचीव. करना है तो विजन शुड बी क्लियर.
होना चाहिए की यह जो डिसिप्लिन है यह. इसलिए है क्योंकि हमने जो विजन सेटअप किया. है वो एक अच्छे से टाइम बाउंड मैनर में. अचीव किया जा सके इंडियन एफिशिएंट मैनर. टाइम बाउंड टाइम बाउंड्री इंपोर्टेंट. एफिशिएंसी का पैसे कॉन्सेप्ट ही यही है की. प्रोडक्टिविटी है ना टाइम कितनी.
प्रोडक्टिविटी कितने कम टाइम मिले करके. आते हो और कितने कमरे सोर्स में लेकर के. आते हो. वही एफिशिएंसी डेफिनेशन. तो आप कितना एफिशिएंट ऑर्गेनाइजेशन बनोगे. वह इसी चीज पर निर्भर करेगा की आपने पहले. तो विजन को कितना क्लियर दिया है फिर उनको. कितना समझाया है की वैल्यू ऑफ टाइम क्या. है. कितने कमरे सोर्स में कितनी बड़ी चीज आप. अचीव कर सकते हो. बहुत क्लियर होना चाहिए बहुत क्लेरिटी हनी. चाहिए की हमें सिर्फ यही अचीव करना है. हमें इसको मिनिमम रिसोर्स होना चाहिए.
भाई अगर आपने उसको अचीव कर लिया तो आप. बोलो की बहुत अच्छा आपने कम किया है और. उनके साथ बैठ करके उनको समझो तो मोटिवेटेड. लोग ऑर्गेनाइजेशन में बहुत ज्यादा जरूरी. है और उनका मोटिवेशन आप ही हो गए. मोटिवेशन मिलेगा नो गोइंग बैक तू योर. चाइल्डहुड उसमें अपने दो चीज. हाइलाइट्स की ना बड़ी शर्म आई थी सब लोगों. के सामने है ना की अगर आज पापा ने मारा तो.
सु ए गई तो प्रॉब्लम हो जाएगी राइट तो डू. यू फूल की वो कहानी ना कहानी र गया ओवर डी. लाइफ. शर्म मतलब एक प्रॉमिनेंट फैक्टर था तू डू. एनीथिंग लाइक हां बहुत ज्यादा यार मेरे को. बस शर्म नहीं आनी चाहिए किसी के सामने. इसलिए मुझे इस बन्ना है या मुझे कुछ ऐसा. फोड़ना है की मैं दूसरे लोगों के सामने. नजर उठा के देख सुकून मुझे किसी के सामने. इंटीरियर नहीं फूल करना. मुझे लगता है की मैं. बचपन से ही ना मेरे को बड़े रिवॉल्यूशनरी.
टाइप के एंबिशियस हैं और जैसे नहीं रहा है. एक बार तो मेरा मां करता था मैं सबसे बड़ा. गैंगस्टर बन जाऊं. जिससे की जो इतना पावरफुल होगी जो भी है. वो दुनिया में एक सेकंड में हो जाए तो और. जैसे मैं रोबिन हो तो बहुत इंस्पायर था की. भाई बड़े-बड़े लोगों को हम लूटेंगे और.
गरीबों को ऐसे. मार देंगे और. एक ये थ्योरी भी थी दिमाग में की शादी है. जो बड़े लोग हैं ये बहुत गरीबों के ऊपर. बहुत अत्याचार करते हैं और बहुत लूटने हैं. इनको कोई करने वाला पैदा नहीं हुआ तो मैं. हूं मैं करूंगा ऐसा. सो यह था फिर मेरे को ना पावर पैसा. मुझे ऐसा लगता है की जिंदगी में तीनों चीज. हनी चाहिए तो मैंने सोचा था की भाई इस.
बनेंगे तो उसमें मैंने तो हालांकि इतना. ज्यादा नहीं सोचा था पापा ने बहुत ज्यादा. सोचा था तो मैंने आ सोचा की पापा का एक. ड्रीम तो पूरा कर देते हैं. और उसके बाद जब आगे मुझे ऐसा ग रहा है. थोड़ा जर्नी में ए गया करके जैसे हम लोग. बात कर रहे थे की एक प्रोफेशन आपको एक. प्रोफेशन में रहना चाहिए या दो तीन. प्रोफेशन कर सकते हैं. मैंने हमेशा से सोचा था की जिंदगी में ना. कोई लिमिट नहीं है आप जो कुछ भी चाहे भी. कर सकते हो.
बट मुझे धीरे धीरे ऐसा लगे लगा है की एक. मैं कलेक्टिव कॉन्शियस होती है सोसाइटी की. ओके की सोसाइटी आपको एक शर्ट तरीके से ही. पर रिसीव करना चाहती है आपको वैसे ही. देखना चाहती है तो अगर आप इस ऑफिसर हो तो. सोसाइटी कहती की नहीं यार आप अपना एक्टिंग. कर रहे हो ये सब मजा नहीं ए रहा है इसमें. आपको एक कम मिला है की आप जनता की सेवा. करो और आप सुबह से शाम तक ऑफिस जो अब वो. जितना करोगे हम आपके उतनी रिस्पेक्ट. करेंगे अगर आप उसके अलावा गाना ग रहे हो.
डांस कर रहे हो एक्टिंग कर रहे हो या कुछ. और कर रहे हो तो वो हमें पसंद नहीं ए रहा. है. मुझे ऐसा लगता है की अगर क्योंकि इस ऐसा. नहीं है की मेरी खुद की बनाई हुई कोई. सर्विस है मैं गवर्नमेंट ऑफ इंडिया में कम. कर रहा हूं भारत सरकार की नौकरी कर रहा. हूं. तो एक एन मेरे ऊपर भी रिस्पांसिबिलिटी और. रिस्पांसिबिलिटी की उसकी इमेज को वैसे ही. करना जैसी की सोसाइटी देखना चाहती है जैसे. की भारत सरकार सोसाइटी को दिखाना चाहती है. तो मुझे लगता है ना मैं उसको डिस्टर्ब.
करके. जाऊंगा. अगर मैं बहुत बड़ा इंडस्ट्रियलिस्ट होता. और फिर मैं गाना भी ग रहा होता एक्टिंग कर.
रहा होता तो मेरे को किसी के जवाब दे ही. नहीं है मेरे ऊपर कोई मोटर. रिस्पांसिबिलिटी नहीं है किसी की आप मेरे. को ऐसा देखना चाहते हैं यहां पर मुझे लगता. है जो की भारत सरकार है इतनी बड़ी. जिम्मेदारी मिली है. अपेक्षा करते हैं की आप ऐसे देखो ऐसा कम. करो तो जवाब एक लेवल पर हो जाते हो तो. मुझे लगता है आपकी जिंदगी बहुत हद तक ऐसी. भी हो जाति लोगों की हो जाति है यू अलसो. बिलॉन्ग तू पीपल आपसे. जिंदगी का एक बहुत अच्छा खास एहसास लोगों.
को भी बिलॉन्ग करने लगता है तो. है वह मुझे लगता है की फिर आपको उनसे भी. पूछना चाहिए उनकी भी जो भावनाएं हैं उनको. उसका सम्मान करना चाहिए उनको संभालना. चाहिए या अपने बहुत सही बात बोली की लोग. आपको ना सोसाइटी कलेक्टिवली एक तरीके से. देखना चाहती है और वो बहुत डिफिकल्ट होता. है उसे इमेज को ब्रेक करना और उनके और एक. किसी नए उसमें जाना है बट ये अगर आप देखो. तो तारा और एक एक्टर्स बॉलीवुड इन बॉलीवुड.
हो गया भारत भी के लोग हो गए इनके लिए. नहीं होता डिफिकल्ट लेकिन एक्सेप्ट करते. हैं की यहां क्रिकेट खेल लिया एक टाइम तक. अभी यह नेता बन जाएगा पॉलिटिक्स में चल. जाएगा मा हो गया एमपी हो गया लोग एक्सेप्ट. कर लेंगे सिंगर होता है कोई एक्टर होता है. उनको भी एक्सेप्ट कर लेते हैं कोई. आयुर्वेदिक स्टेरिंग की उस के बहुत सारे. एक्टर्स जो है वो लोग बहुत बड़े-बड़े. बिजनेसमैन बन गए हैं बहुत बड़े-बड़े वीसी. फंड वेंचर कैपिटल.
क्यों होता है ऐसा. बोलो नहीं है अगर अगर मैं एक मॉडल राहत. पहले और फिर मैं इस ऑफिसर बंता तो लोग. बहुत अप्रिशिएट करते हैं यार कितना कमल का. कम किया आप मॉडल थे फिर भी बन गए. हो तो लोग उसको अप्रिशिएट नहीं करते अगर. आप मिनिस्टर. बन्ना चाहता हूं.
है तो आई बट कोई भी इस चीज को प्रेषित. नहीं करेगा की आप यार मिनिस्टर होकर के आप. एक्टर क्यों बन्ना चाहते हो वही डू यू फूल. सो बिगेस्ट यू थिंक की लोगों की नजरों में. हर प्रोफेशन का एक रिस्पेक्ट है तो जो. हाईएस्ट लेवल रिस्पेक्ट है उसके बाद तुम. फिर कोई और कम नहीं कर शक्ति क्योंकि लोग. एक्सेप्ट नहीं करते क्या रीजन क्या है. नहीं जैसे मैंने बोला ना कलेक्टिव. कॉन्शियस तो कलेक्टिव कॉन्शियस क्या होती. है की हमारे पहले जितने भी लोग पैदा हुए. आज तक उन लोगों ने क्या सोचा है उसकी.
एकम्यूलेशन ऑफ थॉट्स आज तक तो आज हम 2030. में बैठे हैं तो आज से पहले जितने भी लोग. पैदा हुए थे उन लोगों ने कैसा सोचा हुआ है. उसका जो असिमिलेशन ऑफ थॉट. है तो अगर आप डॉक्टर हो एक सीरियस. प्रोफेशन है तो आपको सीरियस देखना चाहिए. फिर आप ब्लॉन्ड हेयर कर कर के स्पीक करके. अगर आप बैठे हुए टैटू लगाके तो मेरे को. लगेगा भाई यह बांदा ही कुछ बता पाएगा नहीं.
कर पाएगा मैं इसके पास क्यों दिखाने जाऊं. है ना अगर हम आप भी अगर जाते हैं अगर आप. किसी दो डॉक्टर बैठे हैं एक बहुत सीरियस. ग्रे है क्लीन सेवन एकदम कुछ बोल नहीं रहे. हैं चुपचाप बैठे हुए हैं और बहुत बॉडी. बॉडी नहीं बना राखी नॉर्मल से हैं थोड़ा. सा पेट भी निकाला हुआ है नॉर्मल से दूसरे. बंदे को आप देखो टैटू बना हुआ है एकदम चाड. फेस. होता है शर्ट की बटन खली हुई और बोलना यस. राज बताओ हो कैन आई हेल्प यू अब किसके पास.
आपको ज्यादा कॉन्फिडेंस होगा. तो जब हम भी इस चीज को मां रहे हैं तो हम. कैसे का दें की हम. यू नो की हमारे साथ इंजस्टिस हो रहा है हम. भी तो से हम भी तो से ही कलेक्टिव. कॉन्शसनेस का एक पार्ट है हम भी अगर अभी. अपनी मम्मी को दिखाने जाएंगे तो हम कभी भी. उसे बंदे के पास नहीं जाएंगे हम कहेंगे. नहीं यार पता नहीं कैसा डॉक्टर ये अच्छा. डॉक्टर है इनके पास जाते हैं सीरियस. प्रोफेशन को लेकर के ये तो क्या हमेशा रेल.
बनाते रहते हैं. हमारे लिए भी ट्रू है तो फिर हम अगर जनता. अगर कोई मिनिस्टर है एक मिनिस्टर है जो. सुबह से शाम तक कम कर रहा है अपना ऑफिस. में बैठा है 11:00 बजे रात में ऑफिस से. निकाल रहे हैं सुबह 9:00 बजे पहुंच जा रहा. है दूसरा मिनिस्टर है वह क्या है सुबह. पहुंच करके रेल बनाता है देखो. आज देखो मैंने ये कपड़े पहने हैं आज. दोस्तों आज आपको मैं बताता हूं आज मैं. क्या कम करने वाला हूं आई मैं आपको अपना. ऑफिस दिखता हूं आपको लगेगा कैसा बांदा ए.
रही है कम कर रहा है की कम भी करता है ये. क्या करता है हो सकता है उसकी ज्यादा. प्रोडक्टिविटी हो सकता है की उसके अंदर ना. इनोवेशन की कैपेबिलिटी ज्यादा हो कुछ नया. निकाल कर के ला रहा हूं बट जो परसेप्शन है. वह हमेशा वैसा ही जाएगा. अपकमिंग जेनरेशन जो ए रही है अभी उनके साथ. ही चेंज हो रहा है थोड़ा थोड़ा.
मतलब मुझे कभी पता नहीं चला की वो डॉक्टर. भी है और मैं कॉन्फिडेंस ज्यादा था जान के. लिए उनके पास क्योंकि उन्होंने मुझे कुछ. रेल पर ऐसा कुछ शिखा दिया जो मुझे लगा हां. यार ये सही है मेरी स्क्रीन के लिए अच्छा. होगा ये मेरे स्ट्रेस लेवल के लिए अच्छा. होगा ये मेरे आई डोंट वारी चीज के लिए. अच्छी होगी तो मुझे. कॉन्फिडेंस ज्यादा बंता है जब मैं ज्यादा. देखा हूं इन फैक्ट. जो लोग रहे उन्होंने कैसा सोचा तो अब इसके.
बाद की 2024 की कलेक्टिव कॉन्शसनेस बिल बी. डिफरेंट फ्रॉम कलेक्टिव कॉन्शियस ऑफ 2023. यस ₹25 बिल बी डिफरेंट. [संगीत]. होती जा रही है सोसाइटी इस बीकमिंग मोर. एक्सेप्टिंग तू डी फैक्ट की जैसे अब आप. देखो पहले इंस्टाग्राम को. उतना अच्छे से उतनी उतनी रिस्पेक्ट नहीं. होती थी इनफैक्ट मैंने तो आर्टिस्ट की.
रिस्पेक्ट नहीं होती थी पहले तो अगर आप. एक्टर्स को देखो उनको भांड कहा जाता था की. भैया. आई थिंक आईटी इस तिल इस. तो उसे चीज की रिस्पेक्ट ही होती थी अब. धीरे-धीरे उसके रिस्पेक्ट बढ़ाने लगी. पैसा आता है तो हर एक चीज की रिस्पेक्ट ए. जाति है. क्योंकि पैसे से बहुत देर सर रिसोर्स और. साथ में आता है तो अब इंस्टाग्राम.
के पास रिसोर्स आएगा तो एक्चुअली फिर. यूटिलिटी प्रूफ होने लगती है की भाई इनकी. यूटिलिटी तो है तभी तो पैसा ए रहा है मैं. एंटरटेनर्स की क्या यूटिलिटी है दे मेक यू. फूल हैप्पी आपको अच्छा फूल करते हैं इसलिए. आप पैसे देते हो इसलिए आप जाकर के फिल्म. में देखते हैं उनकी क्योंकि आपको लगता है. यार मैं एक घंटे दो घंटे तीन घंटे देख कर. के आऊंगा उनके सर मुझे अच्छा लगेगा तो. मेरी प्रोडक्टिविटी बाढ़ जाएगी अपने केमोन. में तो फिर धीरे-धीरे आप उनको रिस्पेक्ट. भी करने लगता हो.
मुझे खुश कर रहा है मैं अपनी गर्लफ्रेंड. के साथ बैठ करके जा रहा हूं जब एक. रोमांटिक फिल्म देख के निकाल के ए रहा हूं. तो हम दोनों ज्यादा आईडेंटिफाई कर रहे हैं. हमारे रिलेशनशिप और स्ट्रांग हो रही है. तो चलो मैं तीन बार देख के आता हूं से. फिल्म फिर उसके साथ हमारी मेमोरी क्रिएट. हो रही है की यार मैंने तीन बार फिल्म. अच्छी तो आप धीरे-धीरे फिर उसको रिस्पेक्ट. करने लगता हो. तो ऐसे ही धीरे-धीरे कलेक्टिव कॉन्शसनेस. अलग-अलग चीजों को लेकर के बदलती जाएगी. हमारा परसेप्शन चेंज होता जाएगा और. परसेप्शन चेंज करने के लिए वन ऑफ डी. बिगेस्ट फैक्टर्स हज मनी वेल्थ जब क्रिएट.
होती किसी भी प्रोफेशन के अराउंड बिल्कुल. तो उसकी रिस्पेक्ट चेंज होते ना ग जाति है. वेरी स्ट्रेट फॉरवर्ड क्वेश्चन की फिर. गवर्नमेंट सर्विसेज को इतना हिप के होता. है बिकॉज़ आप हमेशा सुनते हो की इतना. ज्यादा हिफिन जॉब्स नहीं होती व्हाट इस एन. एवरेज सैलरी ऑफ एन इस.
मिलते हैं और अगर आप जिला में जब तक. पोस्टेड रहते हो तो. यूजुअली सबसे बड़ा बंगलो आप राहत है ओके. अगर आप छोटे डिस्ट्रिक्ट में हो बड़े. डिस्ट्रिक्ट में तो बहुत पैसे वाले लोग. हैं तो उसमें तो हमारा बांग्ला छोटा हो. जाता है बट अगर आप छोटे डिस्ट्रिक्ट में. होते हो तो जनरली सबसे बड़ा बंगलो आपका है. मतलब घर गाड़ी प्रोटेक्शन हाउस हेल्प ये.
आपको मिलता है तो बेसिक चीजों कर हो गई ₹1. लाख. लेकिन फिर आपको एक लेटर मिलेगा की आपने. बहुत अच्छे से कम किया है और वे आर. थैंकफूल या आपने बहुत अच्छे से कम होती. होगी की हर महीने आपको ₹1 लाख मिलता जाएगा.
टेंशन पहले मिलती थी अब न्यू पेंशन स्कीम. में आप जितना इन्वेस्ट करते हो अपनी पेंशन. में उतना वही पैसा आपको मिलेंगे 60 साल तक. कुछ इन्वेस्ट नहीं किया तो 60 साल के और. हां और और आप क्योंकि अब एवरेज लाइफ स्पैन. 100 एयर हो रही है तो नेक्स्ट 40 इयर्स. दें इस गोइंग तू बी वेरी डिफिकल्ट पर यू. तू लाइव. अगर आपने कुछ और नहीं किया या आपने अपना. करियर के बड़े में नहीं सोचा तो आईटी बिल. बी जब जैसी होगी हाय पेइंग जब है आपको.
इसकी टाइम बट इस जब में स्कोप है की आप और. पैसे काम सकते हो या आगे और अब. प्रमोशंस हो सकते हैं आपके कैसा हो सकते. हैं की वन लाख से अगर मुझे और ऊपर जाना है. धीरे-धीरे आपको अभी तो क्या है की. हमारे यहां पे कमिश्नर होते हैं तो वो. सैलरी आपके डिटरमिन करते हैं की कितनी हनी. चाहिए. कंसीडरिंग इन्फ्लेशन कितना है कॉस्ट ऑफ. लिविंग कितनी हाय हो गई है तो धीरे-धीरे. इंक्रीज करते रहते हैं बिकॉज़ गवर्नमेंट. चाहती है की भाई आप सबसे प्राइम ऑफिस आप.
ही हैं इंडियन एडमिनिस्ट्रेटिव सरफेस. इंडियन पुलिस सर्विस ये सब ना टॉप की. सर्विसेज हैं गवर्नमेंट ऑफ इंडिया के ऊपर. कोई सर्विस नहीं है तो गवर्नमेंट चाहती है. की आप लोगों को ज्यादा से ज्यादा टैलेंट. हम आ. उनको इनवाइट कर सके उनको बुला सकें और. अटैक कर सके तो उसके लिए गवर्नमेंट अपना. बेस्ट देती है की भाई ये हमारी सैलरी है. यह हमारे पैक्सेल पे विलेज है आप लोग आई. और जॉइन करिए बिकॉज़ जब आप आएंगे जॉइन. करेंगे तो बेस्ट जॉइन करेंगे तो कमेंट और. ऊपर जाएगी और एफिशिएंसी बढ़ेगी गवर्नमेंट.
के मंशा होती है तो वो कोशिश करते रहते. हैं आपको जितना भी बेस्ट कर सके वो देने. की बट आज यू नो रिसोर्स कंसेंट तो रहेगा. ही ना हमेशा गवर्नमेंट में तो डेवलपमेंट. के नोट भी डी बेस्ट. अप और बिहार इस साइट से क्यों आते हैं ऐसा. क्या कोई रीजन है स्पेसिफिक क्योंकि इन. स्टेट वही पे सबसे ज्यादा क्राइम भी है. क्योंकि इन स्टेटस ना अभी तक. बिजनेस और इंडस्ट्रियलिज्म में उतनी.
ऑपच्यरुनिटीज नहीं अच्छी जितनी बाकी. स्टेटस ने अच्छी है अप में तो बहुत तगड़ा. तगड़े बिजनेस है यार और बहुत बड़े. बिजनेसमैन हैं जैसे बताओ आप कौन है बहुत. साड़ी चीज लाइक मतलब बहुत साड़ी. इंडस्ट्रीज है जैसे लेदर इंडस्ट्री अप में. बहुत बड़ी है डिटर्जेंट कंज्यूमर गुड्स. इंडस्ट्री बहुत बड़ी है उसके बाद रियल. स्टेट में अप ने काफी पैसे कमाई जितने भी. लोग हैं ना वो क्या है की रहते कहानी और. है उन्होंने अपने इंडस्ट्रियल. मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स सेटअप किया वहां. पर बट वहां पर.
बहुत कम है. बाहर के लोगों ने आकर के वहां पर अपने. बिजनेस से टॉप किया बिहार में सेटअप की. राजस्थान में सेटअप की है. जिन्होंने अपने जेनुइन ऑथेंटिक बिजनेस से. सेटअप की है और एक देश या विदेश के लेवल. पे नाम बनाया है ऐसे बहुत कम लोग हैं. तो इस वजह से वहां पर वह बिजनेस का उतना. कलर नहीं है. उसमें मैं ऐसा नहीं कहता यह कोई अच्छी बात.
है या खराब बात है मतलब आईटी इस नथिंग रंग. कोई बहुत अच्छी बात नहीं की बिजनेस का कलर. होना है तो अच्छी अच्छी चीज होती बट ये जो. है ये है. तो अब अगर आप महाराष्ट्र गुजरात इन जगह पर. बात करोगे. मेरा मां ही नहीं है बहुत से लोगों को तो. पता ही नहीं है मैं तो कई लोगों यहां. मिलता हूं मैं बोलना हूं की मैं इस ऑफिसर. हूं तो कहते हैं हाईएस्ट ऑफिसर मैं आप. करते क्या हो कम क्या होता है लोगों को. पता ही नहीं होता. इन फैक्ट.
लोगों को पता ही नहीं था की दिल्ली में. जिला मजिस्ट्रेट भी होता है. क्या. ये लोग. तो आप जब एक लेवल के ऊपर निकाल जाते हो और. मुझे लगता है ये अच्छी बात भी है की. गवर्नमेंट शुड विकम इनविजिबल गवर्नमेंट का. इतना कम नहीं होना चाहिए की यू नो आप सा. हर एक कम करिए. अगर आइडिया लेवल पर आप देखो तो गवर्नमेंट.
के लिए अगर चल रही है. चैनेलाइज करके लेक जाना है. और अगर सोसाइटी एक मेकैनिज्म निकालना. जिसमें की हम अपने आप सब कुछ होता जाए. किसी के इंटेंशन की जरूर ही नहीं पड़े तो. वह तो आइडियल से नई हो गया ना. पर वह कैसे पॉसिबल है क्योंकि ह्यूमन नेचर. ऐसा है ह्यूमन साइकोलॉजी फिलासफी बोलो ऐसी.
है यू ऑलवेज नीड इंस्ट्रक्शंस आपको कोई ना. कोई चाहिए जो आपको इंस्ट्रक्शंस दे और वो. आपको लीड करें ताकि आप उसे फॉलो करो मैं. ऑलरेडी लोग वेट कर रहे होते हैं की हमें. कोई तो सिखाएं एक ढंग क्या है तरीका क्या. है कहां जाना है क्या करना है कोई मैं. परपज देखो में विजन दे तो उसके ऑटोमेटिक. रन करना बहुत डिफिकल्ट है तभी गवर्नमेंट. बंटी है तभी ऑर्गेनाइजेशन. मिलते हैं गवर्नमेंट.
में अगर आप देखो टॉप लेवल. देते हैं की कहां से कहां निकाल के पहुंच. गए मेजॉरिटी ऑफ देखो जितने भी पीएम से. प्रेजेंट पीएम को भी देखो कहां से. क्या-क्या नहीं रही है तो इंडिविजुअल लेवल. आप देखते हो की यार क्या जर्नी है एक. बांदा कहां पैदा हुआ कितना संघर्ष किया और. कहां से कहां तक पहुंच गया और क्या विजन.
है क्या मेहनत है क्या डेडीकेशन. है तो वह तो जरूर है की आप अगर उनको देखकर. के आप देखते हो की यार मेरे को भी यहां पे. जाना है मेरे मुझे भी जिंदगी में अपने कुछ. भी करना है तो इसे में इंस्पिरेशन ले सकता. हूं बट एट इंडिविजुअल लेवल अगर आपको. बिजनेस करना है अगर आपको एक्टर बन्ना है. तो गवर्नमेंट में आपको क्या मोटिवेशन. मिलेगा गवर्नमेंट में किसको देख के आप. करोगे अगर आपको बहुत अच्छा डॉक्टर बन्ना. है गवर्नमेंट क्या मोटिवेशन देगी तो उसमें. तो कोई मोटिवेशन नहीं मिलेगा वो मोटिवेशन. तो जल्दी आपको प्राइवेट स्पेस में मिलेगा.
तो गवर्नमेंट का तो कम सिर्फ यह है की सब. कुछ सोसाइटी अच्छे से चलती रहे कोई. परेशानी ना हो किसी को डॉ और ऑर्डर में. इंटर. डिवाइस हम मेकैनिज्म जहां पर सिटिजन. सर्टिफिकेट. [संगीत].
एक-एक जवान खड़ा राहत है हर एक देश का. इतनी हॉट शिव से गुजरा है कोई. बर्फीली पहाड़ियों पर खड़ा हुआ है कोई. कहानी पे जंगल में खड़ा हुआ है कितने लोग. मा रहे हैं कोई किसी को गली मार दे रहा है. कितनी फैमिली डिस्ट्रॉय हो रही है और हम.
किसको किस बच्चा रहे हैं हमें नहीं पता. तो आईएफ वे कैन डिवाइस एन मेकैनिज्म जहां. पर एक सिटिजन के सॉफ्टवेयर सिक्योरिटी. इंश्योर हो जाए किसी भी तरीके से. तो इतने देर सारे नेशंस अपने आर्मी भी. ड्रॉ कर सकते हैं. आपस में कोई एक यूक्रेनियन ने किसी एक रूस. को तो नहीं मारा ना. दो आर्मी वाले एक दूसरे को मार रहे हैं और. उनकी फैमिली के ऊपर क्या बीट रही है.
और कल कोई और खत्म हो जाएगी 2 लीटर साथ. मिला लेंगे बट जितने लोगों ने जिंदगी दे. दी जितनी फैमिली उसका कंपनसेशन कौन देगा. की रक्षा को लगता है की.
उस नेतो के थ्रू यूक्रेन को पुश कर रहा है. हमारी बाउंड्रीज. और उसको लगता है की रक्षा को लगता है की. भाई अगर मैं यह नहीं करूंगा. की हमारी आईडेंटिटी खाट. ता है की अगर हम यह नहीं करेंगे तो हम. थोड़े कमजोर समझे जाएंगे तो हम क्यों ना. करें. उनको ऐसा लगता है अब उसको चेंज कौन करेगा.
[संगीत]. आपको कड़क इंस्ट्रक्शन देता है. तो अगर. एक टाइम बदन हर चीज पर यू कम.
लेवल ऑफ प्रोग्रेस की मैं आज बेहतर होना. चाहिए कल और बेहतर होना चाहिए हाथ से राइट. आपका हर बार यह होता है तो अगर आप सोशल. मीडिया पर एग्जांपल अगर आप एक्टर हो तो. मेरी अगली पिक्चर ज्यादा लोग देखें मैं और. ज्यादा फेमस हूं मैं और ज्यादा फेमस तो. ज्यादा फेमस होने के लिए आपको ऐसी चीज. करनी पड़ेगी जहां पर आप चाहते हो की. ज्यादा लोग आपको. फॉलो करें बिल्कुल और तब आप सारे.
इंस्ट्रक्शन इंस्ट्रक्शन वे में चले जाते. हो. आप लोगों को कुछ एक नई चीज नहीं देते सोने. के लिए क्योंकि जवाब लोगों को नई चीज देते. हो सोने के लिए तब यूजुअली लोग आपको फॉलो. नहीं करते बिल्कुल बिल्कुल. नौकरियां नहीं डेट इस डी रीजन की इतने लोग. नौकरी करते हैं क्यों क्योंकि आपको कहा.
जाता है आप यह कर लेना और महीने के अंत. में मैं आपको इतने पैसे दे दूंगा बोलो अरे. वेयर सर बहुत अच्छी बात है बट अगर मैं. आपसे बोलूं यार आपको क्या करना मुझे नहीं. पता और पैसे कहां से आएंगे मुझे नहीं पता. अब जो निकालो करो कुछ तो आपको कहां जाऊं. मैं क्या करूं फिर मैं आपसे पूछूंगा रे. आपको अच्छा क्या लगता है. मुझे खुद ही नहीं पता मुझे क्या अच्छा. लगता है कोई भी सोसाइटी मुझे नहीं लगता है. वर्ल्ड में मिडिल क्लास सोसाइटी.
कभी भी आपको ऐसा बोलेगी की नहीं बेटा. तुम्हें ना पीएम बन्ना है कोई भी फादर. अपने बच्चे को नहीं बोलेगा. की तुम्हें इस दुनिया का सबसे बड़ा. इंडस्ट्री बन्ना है. तुम्हें बेटा सुपरस्टार बन्ना है तुम उसकी. तैयारी करो तुम नौकरी नौकरी मत करना कोई. भी मिडिल क्लास फादर अपने बच्चे को कभी भी. यह नहीं बोलेगा क्योंकि उसके अंदर उसने ना. कभी ऐसा देखा ही नहीं ना उसके अंदर इतना. करेंगे और कनविक्शन होगा क्यों ऐसा का सके. नहीं तो वो खुद ही मिडिल क्लास नहीं होता.
तो हम सब लोग मैं हमेशा बचपन से सोचता था. की यार क्या यह लोग छोटे हैं जो पीएम है. जो इंडस्प्लेसिड है लोग छोटे हैं क्यों. मुझे क्यों कहा गया इस ऑफिसर बने के लिए. मुझे यह क्यों नहीं कभी कहा गया की यार आप. पीएम बनोगे देश के आपको उसकी तैयारी करनी. चाहिए आप सबसे बड़े नल बनोगे आपको उसकी. तैयारी करनी चाहिए आप सबसे बड़े सुपरस्टार. बनोगे आपको उसकी तैयारी करनी चाहिए अब. सबसे बड़ी क्रिकेटर बानो आप उसकी तैयारी. करो ये क्यों नहीं बोला गया यह क्यों कहा. गया 11 अच्छे से पढ़ाई दिखाई करो ताकि आप.
आए बन जो और ऐसा नहीं है सिर्फ पापा ने. बोला जितने भी लोग जितने भी अंकल आंटी घर. पे जो भी आते थे बड़े भैया कोई भी एक. सिंगल परसों आज तक नहीं आया जिसने मुझे यह. बोला हो की तुम्हें यह नहीं करना ये तो. छोटी चीज है यार कुछ और बड़ा करो जिंदगी. किसी ने नहीं बोला. एक्चुअली नहीं बोला अभी भी कोई नहीं बोलना. अभी भी नहीं बोलना और नहीं बोलेगा आप देखो. आगे भी नहीं बोलेंगे. मैंने अब तो हम लोग काफी हॉट चिप्स लेकर.
हम लोग आगे ए चुके हम लोग एक सर्टेन लेवल. पे पहुंच चुके हैं एक सर्टेन रिस्पेक्ट है. एक दे टुडे अपने पास पैसे हैं बहुत चीजों. लाइक वेयर जहां से हमने हमारी जर्नी. स्टार्ट कारी थी आपने मैंने जहां से आए थे. और जहां पहुंच चुके हैं बहुत डिफरेंट है. उसके बाद भी आज कोई नहीं पूछता. है वो कर सकते कुछ भी नहीं और ये ऐसा नहीं. है सिर्फ इंडिया में है मैं वर्ल्ड वार. बोल रहा हूं इंडिया में नहीं है दिस इसे. नोट इन इंडियन फिनोमेना वर्ल्ड वार.
कभी भी अपने बच्चे को ऐसे नहीं बोलेगा. क्योंकि वह उन सीकर एनवायरनमेंट से सब लोग. डरते हैं और इसीलिए. अब देखो हम लोग अगर कभी किसी दिन बहुत. अच्छे लगता हैं हमारे नजर का टीका लगाया. जाता है क्यों डर लगता है यार कहानी कोई. नजर लगा दे कुछ बड़ा ना हो जाए हम बहुत. ज्यादा ग्रोथ है ना डरते हैं अगर बहुत. ज्यादा खुश हो जाओगे.
है तो यह एक साइकिल बनी हुई है अगर कोई. बांदा बहुत तेजी से तरक्की कर रहा है तो. आप बोलोगे रे बेटा तुम बहुत तेज ऊपर उठ. रहे हो अभी देखना नीचे आओगे. एक्सप्लेन ग्रोथ क्या चीज होती नहीं खराब. है ये कुछ तो दो नंबर का कम किया होगा. तुमने हमेशा गलत नजरों से क्योंकि सोसाइटी. रेडी ही नहीं है. वो आप उसे लेवल ऑफ सोसाइटी में र रहे हो. जो रेडी नहीं है हां अगर आप बड़े घर में. पैदा हुए होते अगर आप किसी प्रधानमंत्री.
के घर में पैदा हुए होते अगर आप किसी बहुत. बड़े नल से घर में पैदा हुए होते हैं वो. आपको जरूर दिखता हुआ. मैं इंडिया में नंबर वन हूं वो तुम्हें. आपको बचपन से तैयार करता. है बेटा मैं इंडिया का पीएम बनाऊंगा. वर्ल्ड का नंबर वन सुपरस्टार बन रहा है.
यह सपना मेरा. तो आपके लिए सपना. अलग होता है दुनिया को अलग नज़रिया से. देखते हैं. अलग चीज सोचते हैं आपको दुनिया में अलग. चीज है. 2% वह 80% रिसोर्स कमांड करते हैं.
सिर्फ 2% लोग जस्ट वाइल्ड 750 करोड़ लोगों. की दुनिया है तो 7:30 और 7:30 हो गए 15. करोड़ लोग 15 करोड़ लोग 750 करोड़ लोगों. में से 80% ऑफ रिसोर्स कमांड कर रहे हैं. और बाकी के उसमें 20% जो बच्चा है. तो कैसे सोच सकते हैं बढ़ाओ. [संगीत].
की आप कभी पीएम से मिले हो. आपको एक तो यह समझाया जाता है की भाई आप. कितनी रिस्पांसिबल पोजीशन पे जा रहे हो. क्या आपको देश के प्राइम मिनिस्टर. प्रेसिडेंट वो ब्रीफ करते हैं की आप अपने. हाथ से इंडियन सर्विस जॉइन की इंडियन.
पुलिस सर्विस जॉइन किया तो आप आपकी क्या. रोल और रिस्पांसिबिलिटी हैं आपको किस तरह. से बिहेव करना है हमारे कंडक्ट रूल्स हैं. एक ऑफिसर को कैसे कंडक्ट करना चाहिए जब आप. बने थे तब से पीएम थे नहीं उसे टाइम पर. मनमोहन सिंह जी. मैं आपको कोई डिफरेंस लगता है कोई ऐसा लगा. की दोनों की या दोनों की एक-एक चीज आप. बहुत प्यार करते हो.
दूसरा जो सबसे अच्छा है ना उनके अंदर. ड्राइव बहुत ज्यादा है हर एक चीज को लेकर. के और जो विजन है ना इतना बड़ा विजन मैंने. ना किसी इंसान का नहीं देखा. की. एक तो इस आगे में जितनी एनर्जी उनके अंदर.
और जितनी ड्राइव कम करने. से ज्यादा कम उम्र में भी लोगों के अंदर. इतनी ड्राई होगी. और इस ड्राइव की वजह से कभी थकते नहीं कभी. बीमा नहीं पढ़ने कभी कुछ होता नहीं और मैं. आई ऑलवेज यूज्ड तू वंडर की भाई ऐसे लोग अब. ज्यादातर पैसे सक्सेसफुल लोगों को देखोगे. बीमा नहीं पढ़ने हो बीमारी ही नहीं होती. उनको थकान होती है उनको नींद आई है भूख. प्यास यह सब ना कॉन्सेप्ट ही नहीं. एक्जिस्ट करते उनके लिए.
स्ट्रांग होती है यह साड़ी चीज भूल जाएंगे. खाना भी खाना है क्या सोना. की जर्नी कहां से पैदा होकर के क्या सफर. ते किया तो मुझे लगता है मोदी जी जितना. शिद्दत से चाहते हैं. आज देश में देश को लीड करना इतनी शिद्दत.
से कोई नहीं चाहता. उनसे ज्यादा. तो इस तरह. मुझे लगता है शाहरुख खान जितनी ज्यादा. शिद्दत से चाहते हैं की वो सुपरस्टार रहे. उससे ज्यादा शिद्दत से पुरी फिल्म. इंडस्ट्री में कोई नहीं चाहता. इतनी शिद्दत इतनी ज्यादा तमन्ना नहीं है. किसी के अंदर की वैसे तार बना रहा हूं.
मैं हमेशा अपने आपको ऐसे ही देखना चाहता. हूं तो वो शिद्दत किसी के भी अंदर ए जाएगी. वो बन जाएगा. क्योंकि जिंदगी में ना कोई रूल्स नहीं है. ऐसे कुछ नियम कानून. देर सारे लोग इतने सालों से चीजों को एक. नजरिया से देखते हैं तो वह सोसाइटी के. रूल्स हैं इस को फॉलो करने लगता हैं. जो की ना चेंज करके कुछ अलग ही चीज निकाल.
कर दे देता है. या कोई ऐसा लगता है की जो. कंपेरटिवली सबसे ज्यादा अपने ड्राइव अच्छी. है और दें से विथ पीएम की जिसमें आपने. ड्राइव अच्छी कोई पॉलीटिकल लीडर्स. नॉर्मल परसों अलसो. वेरी स्मॉल.
ड्राइव. फिल्म इंडस्ट्री में तो मुझे कोई नहीं. दिखता मुझे लगता है अगर कोई कर पाएगा तो. शायद मैं ही करूंगा और उसके अलावा मुझे. नहीं दिखता किसी के अंदर. कंटेंट है खुश है जहां पर हैं वैसे वो सब. मुझे लगता है उन्होंने उतना ही बड़ा सोचा. है उससे ज्यादा बड़ा सोच नहीं पाया रणवीर. सिंह अक्षय कुमार.
पे सोचता है. बहुत एनर्जी है रणवीर सिंह के अंदर बहुत. है रणबीर कपूर के अंदर बहुत है बहुत. एनर्जी चाहिए. और कहानी पहुंचने की शिद्दत एक अलग चीज. होती है. मुझे लगता है टैलेंट टैलेंट ना ये सब मटर. नहीं करता मटर क्या करता है की आपकी. ड्राइव कितनी है अब देखो और ड्राइवर.
जैसे हिंदी में कहते हैं वीर भोग्य. वसुंधरा.
[संगीत]. बिग एक बहुत बड़ी रिसर्च भी कारी थी की. बाय इकोनॉमिक्स आर नोट वर्ल्ड लीडर.
कैसा चला है वो सबसे ज्यादा फॉर्च्यूनर. लाइक फॉर्चून ला सकते हो देश का भला कर. सकते हैं हर एक कॉन्सेप्ट समझ में आता है. उनको एक एक चीज का. उनको एक ही चीज पता है की एक छोटी सी पान. वाले से पान खरीदने से लेक क्या डिफरेंस. पड़ता है कंडोम ही में है और उसके बाद भी. वर्ल्ड लीडर्स नहीं बनते क्योंकि करेज. करेज करें सबसे बड़ा फैक्टर है अब देखो. जंगल का राजा शेर होता है शेर के पास ताकत. होती नहीं सबसे ज्यादा ना सबसे ज्यादा.
बुद्धि होती है. जून में भी नहीं राहत और सिर्फ इसी. कन्वैक्शन के साथ होता है की तुमने कितनी. भी प्लानिंग कर राखी हो मैं उठेगा और. तुम्हारे प्लानिंग एक सेकंड के अंदर तोड़. दूंगा कोई टॉप बिजनेस. इसे मिले और बहुत कई लोगों से गौतम भाई. मेरे बहुत अच्छे दोस्त हैं कप सिंह साहब. मेरे बहुत अच्छे दोस्त ने जो डीएलएफ के. लोग आनंद जी हैं इनमें सबसे ज्यादा ड्राइव. आपको किसमे रखिएगा ये इंसान कुछ भी हो जाए.
बाउंस बैक भी कर लेंगे वर्ल्ड लेवल पर भी. ले जाएंगे इंडिया को आगे ले जाएंगे और. उनका क्या. मैं कौन है ऐसा और फिर मैंने गौतम. वह उनके जितने ड्राइव होने की. और ऐसा. मोटिवेशन क्या होता है अब सब है. फेम हो तो मैं फेमस होना चाहता हूं पावर.
की भी कोई कमी नहीं है पैसे की भी कोई. कमेंट अब क्या ड्राइवर अब क्यों करना है. कम नहीं क्या है ना इनकी ड्राइव मनी नहीं. होती सबसे पहले बात. तो जैसे गौतम है की मैं समझना हूं. वह यह है की हो तू क्रिएट वैल्यू इन डी. सोसाइटी की आप अपना सोसाइटी को कितना कुछ. दे सकते हो. कितने लोगों की प्रॉब्लम सॉल्व कर सकते हो. अब जैसे उन्होंने मुद्रा पोर्ट बनाया.
आप समझ रहे हो तो जैसे की से आप बात करो. तो उनकी जो ड्राइव है ना वह यह है की यार. मैं कितनी अच्छी बिल्डिंग बनाऊं कितनी. वर्ल्ड क्लास. बिल्डिंग खड़ी करूंगा.
मैंने आज तक कभी किसी और ने बनाई नहीं. होगी वो ड्राइव नहीं है क्या ये जो पोर्ट. बना हुआ है इतने पैसे कमाऊंगा की जितने आज. तक किसी ने कमाई नहीं होंगे वो ड्राइविंग. नहीं है मैं यह नहीं कहता वह ड्राइव गलत. ड्राइव है अगर वो ड्राइव भी होती अच्छी. बात है मैं नहीं मैं कभी नहीं मानता की इस. दुनिया में कोई भी चीज खराब है. जब तक नहीं देते तब तक आप जो भी चाहा लो. अगर उससे किसी को प्रॉब्लम नहीं हो रही तो. अच्छा है. अगर आप पैसा कामना चाहते हो अच्छी बात है.
अगर फिल्म कामना चाहते हो अच्छी बुराई. क्या है बट हम लोग क्योंकि ना मिडिल क्लास. सोसाइटी में रहते हैं और किसी भी दुनिया. की मिडिल क्लास सोसाइटी में पैसे को अच्छी. बात नहीं मनी जाति अगर आप बोलोगे मैं पैसा. कामना चाहता हूं तो कोई आपको बहुत अच्छी. निगाह से नहीं देखा अरे यार ऐसी बात करते. हो मनी मन तुम्हारे दिमाग में पैसा चला है. ऐसे क्यों ऐसे क्यों होता है. और तुम्हें थोड़ा सा ये क्या ग्रे लाल.
जींस मतलब ऐसे देखा जाता है की पैसे की. बातें करते हो इसलिए ना क्योंकि. आपको कहानी ना कहानी. जिंदगी में ना एक एक लेवलर चाहिए या कहो. की आप कहानी आकर के रेस्ट करना चाहते हो. अपने एंबिशियस को कहानी पे ना बैलेंस करके. रखना चाहते हो तो आप वहां पर जिंदगी में. बहुत पैसे आप नहीं काम पे मैं जितनी भी. मिडल्स फैमिली वाले हो ऐसे ही है ना उनके. पास फेम नहीं है बहुत ज्यादा उनके पास. ताकत नहीं बहुत ज्यादा पैसा नहीं बहुत. ज्यादा कुछ भी नहीं है.
तो कैसे अपने आप को सेन रखेंगे. तो आपको एक जस्टिफिकेशन चाहिए वह. जस्टिफिकेशन यह होता है की जिंदगी में. बहुत ज्यादा पैसा इंपॉर्टेंट नहीं है. जिंदगी में बहुत ज्यादा फेम इंपॉर्टेंट. नहीं है जिंदगी में बहुत ज्यादा ताकत. इंपॉर्टेंट नहीं है. और इस फिलासफी पर आप जी और इसलिए आप. सेटिस्फाइड और खुश रहोगे नहीं तो आप पागल. हो जाओगे. [संगीत].
तो आप हर दिन सुबह उठोगे और आपको लगेगा की. आप तो बहुत बड़े फेलियर हो यार. देखो. ज्यादातर मिडिल क्लास फैमिली इसके लोग. डायट नहीं अच्छी फॉलो करते एक्सरसाइज नहीं. करते अपने आप को बहुत अच्छा दिखाने की. कोशिश नहीं करते क्योंकि वह. इन जो डी सोसाइटी. कभी भी अब देखो.
क्यों हमेशा जो एक अमीर घर का लड़का होता. है वह अच्छा दिखता है जनरली. मतलब एक्सेप्शन. होगा अच्छे कपड़े पहनेगी लक्स के लिए बहुत. कॉन्शियस होगा फिर होगा. मैं यह नहीं कहता की यह कुछ खराब है.
एंबीशन कुछ ऐसी बात नहीं अगर नहीं होगा तो. आपकी जिंदगी अच्छी नहीं कटेगी. तो मैं तो सिर्फ उन लोगों के लिए की जो. चाहते हैं करना बट नहीं कर का रहे हैं. तो नहीं है क्या दिक्कत है. उन्होंने मुझे इतना प्यार से पाल आज और. मुझे लगता है की मैं उनको वैसे ही देखना. चाहता हूं शायद मेरी मम्मी हमेशा बहुत. ज्यादा होती तो मुझे नहीं अच्छा लगता यार.
आप अपने मेरी केयर ही नहीं कारी अब आज. उनका जो एंबीशन है वो सिर्फ यही है की यार. मेरा बच्चा अच्छे से खाए है उसका. स्वास्थ्य अच्छा है और खुश रहे. तो बहुत अच्छी बात है अब मेरी मम्मी कहती. है यार मुझे तुमसे मतलब नहीं है मुझे तो. ये देखना है मैं फिगर आउट करती हूं मैंने. कितने पैसे काम लिए मैंने क्या कर लिया तो. मुझे नहीं लगता यार मम्मी मेरे ऊपर ध्यान. ही नहीं दे रही है. है तो ऐसा नहीं है की कोई खराब चीज बट अगर. आप एक सर्टेन एस्पेक्ट देखते हो तो उसमें.
यह चीज यहां स्टैंड करती है. तो मैं सिर्फ वो कहना छह रहा हूं मैं यह. कहानी नहीं का रहा हूं की भाई मिडिल क्लास. फैमिली होना खराब है हम सब मिडिल क्लास से. आए हैं. अभी भी है वही अभी हम उसे टॉप 2 परसों. नहीं पहुंचे हैं. अब कोई भी कैटिगरी दे दो मिड मिडिल क्लास. लो और मिडिल क्लास कुछ भी किया हैं सभी की. है वर्ल्ड में. एकदम सेंटीमेंट बन गया.
सोनी की चिड़िया थी इंडिया अब इंडिया सोनी. की चिड़िया. के लोग इंडिया में और पैसा लगाना चाहते. हैं हमारे जो पॉलीटिकल लीडर्स सबके. एंबिशियस अब काफी डिफरेंट हो चुके हैं. वर्ल्ड अपनी कंट्री को लेकर और हम लोग आई. डोंट थिंक की. इंडिया में जो भी अभी जो बड़ा खेलने सोच. रहा है वह ऐसा नहीं सोचता की यार मैं बस.
थोड़ा सा कर रहा था वह वर्ल्ड लेवल ही. सोचता है. [संगीत]. वो अपना जीवन पोटेंशियल पूरा पिक पे पहुंच. जाए. [संगीत]. अपने गवर्नमेंट को बहुत क्लाजली देखा है. आपने छोटी-छोटी जिला पर मिडिल क्लास. पार्वती लाइन बिलो पावर्ड ले अपने. सब्जेक्ट.
आई थिंक. मैंने हमेशा जैसे लोग मेरे से पूछते हैं. की अगर आप को मौका मिले के सोसाइटी के लिए. कुछ बहुत अलग करना है तो आप क्या करोगे. मुझे हमेशा सम्मान करता है मैंने कुछ ऐसा. चार्ट डिवाइस करूं जिसमें मैं सबको दे डन. की भाई अगर आपको पैसे कमाने हैं तो ये 10.
चीज ये आप करोगे आपके आप पैसे काम लो अगर. आपको फ्रेम का मानना है तो यह टॉप 10 चीज. करोगे आप फिल्म का मां लोग अगर आपको ताकत. चाहिए तो यह 10 चीज करोगे आपको ताकत मिल. जाएगी. बट ऐसा ना होता नहीं है एक्चुअली अगर ऐसा. हो जाता तो जिंदगी कितनी आसन हो जाति. फॉर्मूला मिल जाता फॉर्मूला मिल जाता. है. [संगीत]. अभी ना बहुत सी ऑपच्यरुनिटीज इंडिया में ए.
रही है उसका रीजन यह है की. इंडियाना एक तो हमें डेमोग्राफिक डिविडेंड. की जो थ्योरी हमेशा से लोग बोलते थे की. भाई वो किसी ने किसी दिन तो मिलेगा आपको. तो हमारी जो मिडिल क्लास की परचेसिंग पावर. परिर्टी बाढ़ गई है तो इंडिया हस बिकम. वेरी वेरी गुड. कस्टमर पर डी वर्ल्ड. है इंडिया में उसे वजह से साड़ी बड़ी बड़ी. कंपनी ए रही है बहुत डर से लॉन्च हो रहे.
हैं और ओबवियसली जब वो लॉन्च होंगे तो. उसकी वजह से जो और लिंक के जैसे वो. एस्टेब्लिश होंगे तो सेकेंडरी मार्केट. डेवलपमेंट होता है. है तो इंडिया में ऑपच्यरुनिटीज तो. इन्यूमैरेबल है प्लस इंडियन का जो एक जनरल. हमारी धरती बना एक एक वो है कुछ करने का. कुछ अलग करने का वह ड्राइव तो है ही तो वो. ड्राइव कपल विथ दी अपॉर्चुनिटी तो इस वजह. सेंचुरी है अब वह इंडिया लिखेगा.
तो अब क्योंकि हम टेक्नोलॉजी लेवल पर हम. से लेवल पर कंप्लीट कर रहे हैं वर्ल्ड में. कहानी पे भी हम किसी भी टेक्नोलॉजी में हम. पीछे नहीं किसी से. और पढ़ाई लिखी में हम किसी से पीछे नहीं. है दिमाग में हम किसी से पीछे नहीं है और. अब थैंकफूली इस टाइम पर जो हमारे प्रेजेंट. पीएम है और जो उनका सोने का नजरिया है और. जो जी जगह पे वो देश को देखना चाहते हैं. उन्होंने हमेशा से ना विश्व शक्ति की बात.
कारी है और विश्व शक्ति के लिए उन्होंने. कहा की अगर आपको विश्व शक्ति बन्ना है तो. सबसे पहले आत्मनिर्भर होना चाहिए. है तो वह जो विजन उन्होंने देश के लिए. सेटअप किया. ओरियंटेशन अपने आप में बहुत बड़ी शक्ति. देता है लोगों को और जी तरीके से पिछले.
कुछ सालों में इंडिया के रिस्पेक्ट पड़ी. है लोगों के डिफरेंट. अलसो बिकॉज़ यू नो बहुत अच्छा खास चेंज तो. आया है कुवैत के बाद. क्योंकि कोविंद में जब लोगों ने देखा की. इतना बड़ा देश इतने अच्छे से को-टोटकेल. किया आपने देखा की बाकी कितने बड़े बड़े. देश में कितना ज्यादा मिसाइल हुए. तो मुझे लगता है की अगर ओवरऑल हम कंपेयर. करें तो हमारा मैनेजमेंट बाज डी बेस्ट ऑफ. जो.
इतने बड़े देश को कोविंद से निकाल कर के. ले जाना मजाक नहीं मजाक नहीं है और इतने. बड़े देश को वैक्सीनेशन कर देना हमारा. हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर कोई बहुत वर्ल्ड. क्लास नहीं है उसके बावजूद हमने जो भी. हमारे पास सीमित संसाधन थे उसमें हमने. इतनी कम कैजुअल्टी को के साथ में कोर्ट से. हम आगे लेकर के चले गए वो. वो जो. मुझे लगता है सिर्फ वही अपने आप में काफी.
है इंडिया को वर्ल्ड मैप दिखाने के लिए की. भाई मैनेजमेंट हमारा कितना स्ट्रांग. बात नहीं होती है. जैसे आई बाज रीडिंग अबाउट की जो रोड पूरा. भी जो रोड सिस्टम इन्होंने. नितिन गडकरी ने जो लिया था और जो जी तरीके.
से तेजी से बढ़ता जा रहा है वो डेवलपिंग. नेचर में सबसे फास्टेस्ट है. फिर उसके बाद टॉयलेट का जो पूरे इंडिया. में एक पूरा एक रेज आया है वे भाई. प्राइम मिनिस्टर आवास योजना है हम जिसमें. छोटे-छोटे आई मीन हमलेस लोगों के लिए घर. बनाते हैं जिसमें वो है बहुत बहुत देर. साड़ी चीज इतने लोगों को आज हम मुफ्त में. राशन दे रहे हैं आज भी. इतने लोगों को आज हमारे देश में कोई ऐसा.
इंसान नहीं है जिसको की जो बिना खाना खाए. सो जाए चाहे कितना गरीब से गरीब ना हो. तो सव सो करोड़ लोगों के देश में यह. एश्योर कर देना की आप बिना खाना खाए और. बिना आपके घर के ऊपर छठ नहीं हो आप आपको. हम एक छठ देंगे अब जहां पे आप सो सकते हो. खाना देंगे यह अपने आप में कितनी बड़ी बात. है तो ग्रोथ विथ एथिक्स विथ वालुज उसमें. वह सबसे बड़ी स्ट्रैंथ इंडिया की. वह और विश्व शक्ति जब आपको बन्ना है ना तो.
विश्व शक्ति आप सिर्फ पैसे और. ताकत के दम पर नहीं बनते आप बनते हो अपनी. वालुज के दम पे की आप सोचते की क्या हुआ. आपको लोग एडमिरे क्यों करेंगे क्योंकि. आपका थॉट प्रोसेस क्या है आप आपके अंदर. वालुज क्या है आपके अंदर डेथ क्या है आप. किस दिशा में जाना चाहते हो डू यू थिंक. अमेरिका लोग इसलिए एडमिरे करते हैं. क्योंकि उनकी वालुज बहुत डेप्थ है हम लोग. अमेरिकन ड्रीम की भी बात कर रहे थे जैसे. बिल्कुल सो अमेरिका लोग इसके एडमिरे करते.
हैं क्योंकि वहां पे ना इंडिविजुअल. एक्सीलेंस का मौका मिलता है आपको अब आप. किसी भी प्रोफेशन में हो आप डॉक्टर. इंजीनियर हो आप टिकटोक करो आप. एक्टर हो. जो मौका वहां मिलता है वह कहानी नहीं. मिलता आज भी अगर. एक हॉलीवुड के स्टार को कंपेयर कर लो एक. बॉलीवुड के स्टार से तो कोई कंपैरिजन ही. नहीं है. आप वहां पर. जो मौका मिलता है और यहां पर जो भी एक.
बिजनेसमैन को मौका मिलता है देश में. कंपैरिजन. कोई गलत बात नहीं है की हम ऐसी बातें. करेंगे यार अमेरिका बहुत अच्छा है. उन्होंने सालों से कलर इवॉल्व किया है. उन्होंने. है और ऐसी बात नहीं की उनकी वैल्यू. है हम एक बहुत समृद्ध देश नहीं है बहुत. अमीर देश नहीं है उसके बावजूद यह चीज.
सोचना की हम ना एक इक्विटेबल ग्रोथ रखेंगे. हम गरीबों का भी ध्यान रखेंगे हम यह नहीं. सोचेंगे की सिर्फ बाढ़ जाते हैं हम हमेशा. से हमने यह ऐसा सोचा की हम भले ही 100. यूनिट्स अगर बढ़ाना है तो हम चलो 70. यूनिट्स से बढ़ेंगे बट हम अपने नीचे वालों. को भी लेक चलेंगे ऊपर. तो हमारा जो ग्रोथ का मॉडल था वह हमेशा से. ही अलग था. उस में एक था की आपको अगर हंड्रेड बढ़ाना. है हम आपको 131 बढ़ाने की अपॉर्चुनिटी. देंगे फिर हम आपके ऊपर टैक्स लगाएंगे और.
उसे टैक्स. सोशल सिक्योरिटी. टेक केयर करेंगे. मुझे ऐसा लगता है की आगे आने वाले कुछ.
सालों में और मैं तो देखा हूं अगले 10. सालों में शायद ग्लोबल स्टेटस ग्लोबल. सिटीजनशिप का कॉन्सेप्ट शुरू हो जाए. अब देखो दुबई यूएई ने गोल्डन पीस देना. शुरू कर दिया है और यूं ही कहता है की अगर. आप किसी भी देश में हो किसी भी देश के. वासी हो और अगर आप अपने देश में एक. रेखागनाइज्ड प्रोफेशनल हो तो हम आपको. गोल्डन वीजा दे देंगे आपको हमारे देश में. रिकॉग्नाइज प्रोफेशनल होने की जरूर नहीं. है अपने ही देश किया अगर आप रकना इस. प्रोफेशनल हो आप बहुत अच्छे डॉक्टर हो.
बहुत अच्छे एक्टर हो तो हम आपको गोल्डन. वीजा देंगे आप आओ जो वो इट्स एन. एक्नॉलेजमेंट ऑफ एक्सीलेंस ऑफ टैलेंट. से चीज मुझे लगता है धीरे-धीरे हर एक देश. करेगा. क्योंकि टैलेंटेड लोगों की ना वो जो. रिकॉग्निशन अभी तक नहीं था अब शायद. धीरे-धीरे होगा तो आपको विदाउट वीजा. एक्सेस मिल जाएगा आपको प्रॉपर खरीदने का. के लिए आपको वहां पर एक्सेस हो जाएगा.
की भाई अगर आज मैं इंडिया की मिडिल क्लास. फैमिली में हूं और मैं मुझे अपने ना ये. एक्सप्रेशन दिखाए ही नहीं की भाई अगर मैं. अपने आप को ठीक से बिहेव करूंगा मैं अपने. सोसाइटी में एक अच्छा कंडक्टर हूं तो आप. मुझे क्या डॉग. तो अब आप मुझे को ग्लोबल सिटीजनशिप भी दे. सकते हो. तो मैं दुनिया की किसी भी देश में विजिट. कर सकता हूं मैं वहीं पर जहां जाके.
प्रॉपर्टीज खरीद सकता हूं वहां जाके र. सकता हूं सिर्फ इसलिए क्योंकि मैं अपने. देश में अच्छे से बिहेव कर रहा हूं और मैं. दूसरे देश में जाकर अच्छे से पियेव कर रहा. हूं. वह बिहेवियर अब सोचो सोसाइटी को कितना किस. लेवल पे लेकर चला जाएगा. जिसके सर लोग अपनी बाउंड्रीज में भी. एक्सीलेंट बने की कोशिश करेंगे क्योंकि. उनको पता है की अगर अपनी बाउंड्री में. एक्सीलेंट बन गए तो वर्ल्ड लेवल पर उन्हें. अवार्ड मिलेगा आप देखो मैं हमेशा मानता.
हूं ना जो कास्ट सिस्टम है हमारे देश में. सबसे ज्यादा अगर नुकसान किया है ह्यूमन. एस्पिरेशन का तो वो कास्ट सिस्टम ने किया. है और शायद इसीलिए. मोदी जी तक. कितना. डेवलप्ड कंट्री में देखो वहां पर.
एक बांदा पैसे वाला एक बांदा पैसे वाला. नहीं है तो अब अगर एक बांदा पैसे वाला है. और एक कोई बहुत रिच क्लब है जहां पर आप इस. लेवल के ऊपर ही जा सकते हो की अगर आपके जब. में 10 करोड़ रुपए हैं तभी आप वहां पर. इंटर कर सकते हो. है तो अगर मेरे पास आज नहीं है तो मेरा. एस्पिरेशन है की यार कल मेरे पास 10 करोड़. होंगे तो मैं इनके साथ बैठूंगा इनके साथ. खाना खाऊंगा इनके साथ बातें करूंगा. बट इंडिया में क्या है अगर आप एक दलित हो. तो आपके पास पैसे भी हो जाए तो भी आप अपनी.
इस आईडेंटिटी को ब्रेक नहीं कर सकते. इसका कास्ट में जा ही नहीं सकते आजीवन आप. इस कास्ट में रहोगे. वह मोटिवेशन कोई कर देता है. जबकि दूसरी जगह वहां पर मोटिवेशन को बढ़ता. है वह. भले ही क्लास डिवाइड है. की यार मेरे को कल यहां बैठना है जाके. यहां पर कैसे करोगे.
सोशल मीडिया का मुझे लगता है अब सबसे बड़ा. जो. हालांकि अभी बहुत नेगेटिविटी है लोग कहते. हैं सोशल मीडिया पे बट मुझे लगता है सोशल. मीडिया से जो सबसे बड़ा फायदा होगा वही.
होगा. ये कहां से व्हाइट टूटेगा जब लोग देखेंगे. धीरे-धीरे की भाई बाहर तो है ही नहीं है. ये क्या ये कौन सी चीज नई चीज आप ले करके. पैदा हो रहे हो और अभी आप देखो अब तो. ज्यादातर आप आपको पता भी नहीं हुआ कितने. इनफ्लुएंसर की कौन सी कास्ट है. फॉलो करते हो यू नोट एवं बोथैरेड हो सकता. है बहुत से लोगों का आपको सरनेम ही नहीं. पता हो आप फर्स्ट टाइम से ही जानते हो. ट्रू.
एक बात बोल रहे थे आप की वर्ल्ड पावर अगर. बन्ना है तो वैल्यू सिस्टम से बनते हैं आई. थिंक वर्ल्ड पावर ना कलर से भी बनते हो. क्योंकि. है तभी वर्ल्ड के सारे देश जो है जैसे. रसिया और चीन दिस इस रेस में बहुत आगे थे. नॉरेटर विकम वर्ल्ड पावर वो वर्ल्ड पावर. इसीलिए नहीं बन पे क्योंकि उनका कलर कभी. बाहर नहीं आया कभी कलर ग्लोबल नहीं था सो. पर एग्जांपल मैं भी इनके पास बेस्ट आर्मी.
हो मसल्स पावर बहुत हो फाइनेंशियल पावर. बहुत इंडस्ट्रियल पावर बहुत हो राइट लेकिन. जो कलर है की आपके देश का खाना वर्ल्ड का. खाना बन जाए आपके देश के गाने वर्ल्ड के. गाने बन जैन आपके देश की पिक्चर है वर्ल्ड. की पिक्चर है वो बहुत इंपॉर्टेंट होता है. बिल्कुल और अब तो जो ये अमेरिका ने किया. था की जैसे बर्गर पिज़्ज़ा हर देश में. इतनी इजीली एक्सेस से पहले गली-गली में एक. ऐसे पहले हर देश का अपना वर्जन है कोई भी. और कंट्री का वह फूड अवेलेबल नहीं है. अमेरिकन जो गाने वो इतनी ज्यादा है.
इनफैक्ट अमेरिकन सेलिब्रिटीज ग्लोबल. सेलिब्रिटीज माना जाते हैं बाकी हर देश के. सेलिब्रिटी से बन के सेलिब्रिटीज में बहुत. कम होते हैं. और वो ब्रेक कर रहा है धीरे-धीरे. इंडियन अभी योग का जो योग को ऑन करना. स्टार्ट किया है और थॉट्स एन वेरी वेरी. गुड कल्चरल मूव तू शब्द एस्टेब्लिश वर्ल्ड. में. कल्चरल मूव बट इंडिया ऑलवेज उसे तू लाइक.
ब्रांडिंग अगर आप देखो तो ब्रांडिंग में. ना ब्रांडिंग में पोजिशनिंग में हम बहुत. आगे नहीं थे ना आज भी नहीं है और हमने. बहुत सारे कंट्री है अगर हम ब्रांडिंग की. बात करें अगर मैं बोलूं की भाई अपना मेरे. को एकदम ऐसी ब्रांडिंग करो आप मैं अपने आप. को ब्रांडिंग करने लगून तो मुझे. प्रमोट करता है.
यस सेल करना ही किसी चीज को ना खराब माना. जाता है हम हमेशा मानते हैं की अगर कोई. किसी चीज को बहुत ज्यादा सेल कर रहा है तो. इसका मतलब इसमें कुछ खराबी होगी. तो हम उसको ही अच्छा नहीं मानते तो जी चीज. को आप अच्छा नहीं मानते उसके ऊपर आप स्टडी. कैसे करोगे ज्यादा. तो वह एक हमारी कंट्री हमेशा से आप शुरू. से ही रहा है की हम ना बहुत ज्यादा आप.
देखोगे हम बहुत ज्यादा दिखावे में बिलीव. नहीं करते और शो ऑफ नहीं हमारा कलर वैसा. नहीं है शो ऑफ का हम बड़े सीधे साढे लोग. हैं हम लोग तो वो भी अच्छा है वो भी बड़ा. नहीं है बट सीधे साढे कलर कोई शो ऑफ करना. वो भी एक अच्छी पोजीशन है तो हम शायद इस. को कर रहे हैं आप देखो कितनी सिंपल सी. लाइन है की आई थी देवों भाव. यह बहुत इसमें कुछ शॉप नहीं है बट यह. वैल्यू सिस्टम अगर हम इसी को शो ऑफ कर दें. तो कितनी बड़ी बात है या की भाई हम अतिथि.
को जो गेस्ट है हमारा उसको हम देवता के. समाज मानते हैं भगवान मानते हैं उसको इतनी. ज्यादा इज्जत देते हैं की जैसे हमारे घर. भगवान ए गया होगा पूरे वर्ल्ड में कहानी. नहीं होता सही नहीं हुई होता ही नहीं होता. हमारा नमस्ते आप सोचो जो ग्रीटिंग है आप. डी मोमेंट यू सी संबदी फर्डिंग हैंडसम जी. कितनी अच्छी फीलिंग देता है कितनी पॉजिटिव. फीलिंग देता है इस फीलिंग को कोई बेटी. नहीं कर सकता. हूं की पूरे वर्ल्ड में ना जब गैस आता है.
उनको सबसे. पहले आप इधर चले जो इंडिया में आप खुद का. बेडरूम सबसे अच्छा. आप साइड में सोते हो आप कुछ भी कर लो. कितनी बार बचपन में हम लोग जमीन पर गद्दा. बढ़ा बढ़ा के सोए क्योंकि हमारे घर में और. हम लोग को बहुत मजा आता था यू नो एस एस. चिल्ड्रन आज. कोई ए जाए तो क्योंकि हम लोग तो बच्चे. देखो देर सारे एक साथ सोनी को मिलता था और. मजा आता था रात भर सोते नहीं था मस्ती. करते थे तो हम तो उसे माइंडसेट में हम लोग.
पहले बड़े हैं और हमें तो अच्छा और हमें. खाता भी बहुत अच्छी लगती है बहुत अच्छी. लगती है हमें बहुत अच्छा लगता है की भाई. कोई आए हमारे घर. बाकी जगह पर तो कलर है कोई किसी के यहां. जाता है तो कुछ लेकर के जाता है कोई वाइन. की बोतल लेक जाए क्योंकि उसको थोड़ा खराब. लगता है की उल्टी-फील होता है हमारे यहां. तो मेहमान एकदम मस्त खाली हाथ आएंगे और हम. लेक जाते हैं. उसको की आप ऐसे थोड़ी खाली हाथ जाओगे और. और ना हम बड़ा मानते हैं ना वो बड़ा मानते. हो ये तो एक्सेप्टेड चीज है की भाई गैस. कुछ लेकर के आएगा मुझे याद है हम लोग भी.
हम लोग भी यही करते लाइक आई थिंक आज तक. मेरे घर में यही होता है की अगर कभी गेस्ट. ए जाते हैं जैसे अभी रिसेंटली मेरी कजिन. की इंगेजमेंट थी. बहुत छोटी सी चीज है की यार अब उसके तो. मेरी काजल मतलब कोई रिश्तेदार थे जो लोग ए. रहे थे आप पास में होटल कर करो. मैं घर वालों को पूछ रहा था की अच्छा ठीक. है अब हम कहां सोएंगे कैसे करेंगे. से जैसे करते थे आज तक तो कोई चेंज नहीं.
होता वो हम लोग आज भी भगवान ही मानते हैं. उनको सबसे बेस्ट रूम मिलेगा आप सारे बच्चे. हमारे घर में ही से सिस्टम अभी भी ऐसा. होता है की सारे बच्चे एक साथ ऊपर एक रूम. में चले जाएंगे और मैंने नोटिस किया है की. आपको कितना भी बड़ा घर हो जाए हमेशा गैस. ज्यादा ही जाएंगे और हमेशा. लोग एक रूम में बैठे हुए हैं बाकी गेस्ट. दो लोग मा आराम से एक वो प्रॉपर बड़े रूम. में बैठे थे आई जस्ट हैपेंड रिसेंटली.
था इस रिमाइंडेड मी समथिंग. स्लीप कर गया.
उनकी ब्रांड कुछ गलत कर देती तो सब लोग. उसको अगेंस्ट कर देते हैं वहां पर लोग. किसी चीज का ₹2 एक्स्ट्रा देने में करती. नहीं लोगों क्योंकि यार यह मेरी ब्रांड है. मैं लॉयल हूं मुझे यह पसंद है ये ब्रांड. मुझे समझती है तो मैं इस आइटम का ₹10 भी. ज्यादा दे दूंगा तो बड़ी ब्रांड कौन चीज. कंट्री है इंडिया. में जो चीज पसंद ही नहीं है इसलिए हम शायद. कभी इसको वैल्यू ही नहीं करते और अमेरिका.
काफी वैल्यू करता है ब्रांड में इसीलिए. साड़ी बड़ी-बड़ी ब्रांच अमेरिका में बंटी. है इसीलिए लोग बोलते हैं क्योंकि जब. मैकडॉनल्ड'एस इंडिया में आया था यार यह तो. ₹10 का आलू टिक्की में बाहर से का लूंगा. और लोग ऐसे बोलते थे इंडिया में कॉन्सेप्ट. ही नहीं आई थिंक अब वो चेंज हो रहा है. सोशल मीडिया की वजह से ब्रांड का ना. कॉन्सेप्ट क्यों आया क्योंकि अगर आपको कोई. एक चीज पूरे वर्ल्ड में आप देखो ना उस का. विजय नहीं किया था हमेशा से वर्ल्ड. डोमिनेंस कमीशन था. बहुत अंतर है.
हम लोग वर्ल्ड लीडर बन्ना चाहते हैं हम. चाहते हैं की हम पुरी दुनिया को एक दिशा. दिखाएं. हम 2 मिनट नहीं करना चाहते किसी के ऊपर हम. यह नहीं चाहते की हम ना आपके ऊपर डोमिनेट. कर जैन या हम जो कहे वही आप मानो हम चाहते. हम एक दिशा दिखाई हैं आपका मां करें आप. फॉलो करो नहीं मां करें नहीं तो फॉलो करो. हम कभी डोमिनेंस का हमारे यहां कभी भी. थ्योरी नहीं रे डेट इस सो ट्रू डेट इस सो. ट्रू और हमारे यहां जो डोमिनेंट. एस्टेब्लिश करने की कोशिश करता है उसे गलत.
भी माना जाता है उसको ज्यादा सर आया भी. नहीं जाता कभी नहीं हमने कभी हम तो. क्योंकि वासुदेव कुटुंबकम हमारी ये थ्योरी. रही है हमेशा की पूरा विश्व ही हमारा. परिवार है तो अगर पूरा विश्व आपका परिवार. है तो आप अपने परिवार से तो लड़ाई नहीं. करोगे ना. हम जब हम जब अतिथि को भगवान मानते हैं तो. अपने घर वाले तो हमारे भगवान से ऊपर ही. हुए हैं ना. तो उनके साथ हम लड़ाई कैसे कर सकते हैं तो. हमने तो कभी भी ऐसा नहीं सोचा की हम किसी. को निशा दिखाएं या हम किसी से लड़ाई करें.
हमने हमेशा से शांति की हमारे यहां जितने. भी बड़े-बड़े. [संगीत]. करते हैं वर्ल्ड वाइड. यह दोनों जैसे तो अमेरिका बिलीव करता है.
डाटा कॉलोनाइजेशन की कॉलोनी बना लोगों को. हम जो है उन लोगों दूसरे लोगों का इतना. डाटा इकट्ठा कर ले हम लोग इतनी उनकी. प्राइवेसी में घुस जाए की हमें पता रहेगी. इंसान क्या सोचता और उसको क्या सोचवा सकते. हैं तभी साड़ी वर्ल्ड की अप से सबका जो. डाटा है वो अमेरिका कलेक्ट कर देता है. राइट डेट इस डाटा खोलने सेशन वर्ल्ड का सर. डाटा मारे अमेरिका खुद के सिटिजन के ऊपर. भी बहुत नजर रखना है बहुत तागड़ी तरीके से. फिर आप जो उसे कर रहे हो फेसबुक से गूगल.
से युटुब पे हर जगह अमेरिका सब कंट्रोल. करता है भाई तो उसका बिलीफ यह है की. वर्ल्ड में अगर मैं. सब लोगों के दिमाग में घुस गया तो मैं. डोमिनेंट कर सकता हूं वो डाटा. बिलीव करता है इकोनामिक कॉलोनाइजेशन पे की. मैं देश को इतना पैसा दे दूंगा की वो कभी. चुकता ही नहीं कर पाएंगे और धीरे-धीरे मैं. उनके देश को एक्वायर करने ग जाऊंगा जो वो. काफी अफ्रीकन कंट्रीज से करते जा रहे हैं. राइट की युगांडा का एयरपोर्ट ऑफ चीन लेने. वाला है अफ्रीका की बहुत साड़ी कंट्रीज.
यहां पे पुरी रेलवे सिस्टम लेना है. श्रीलंका का पोर्ट्स चीन ने ले लिए हैं तो. चीन उसमें बिलीव करता है इकोनॉमिक्स कौन. है. इंडिया में कॉन्सेप्ट ही नहीं है इंडिया. टैलेंट सप्लाई को बिलीव करता है तो हम लोग. वर्ल्ड के तो चीन जैसे वर्ल्ड का भी बैंक. बन चुका है अमेरिका जैसे वर्ल्ड का डाटा. बैंक बन चुका है इंडिया वर्ल्ड कप. में बिलीव करते हैं और आप देखो ना वैल्यू.
में देखो तो अगर मुझे आपसे कोई कम करना है. तो तीन तरीके का मैं आपको तीन तरीके से. आपको पर कम करने पर मजबूर कर सकता हूं ओके. पहले तो होगा मैं आपको लालच डन.
की भाई मैं तुझे. दूसरा हो गया फेयर की मैं आपसे बोलूं की. अगर तुमने यह नहीं किया तो मैं तुम्हें. जान से मार दूंगा. ठीक है या मैं तुम्हारा यह नुकसान कर. दूंगा मैं तुम्हें ऐसे गलत कर दूंगा. तीसरा हो गया मोहब्बत. की भाई. आप मेरे लिए सिर्फ इसलिए कर रहे हो. क्योंकि आपको मुझे मोहब्बत है मैंने कुछ.
बोला ही नहीं आपसे. इमिटेशन क्या है की अगर मैंने आपसे बोला. की यार आपको मेरे लिए कम करना है तो उसका. एक एक्स अमाउंट ऑफ इन सेंटर होगा अगर मुझे. उससे ज्यादा कम करना है तो मेरे को एक्स +. 1 करना पड़ेगा और ज्यादा करना एक्सप्रेस. तू करना पड़ेगा. मैं अगर आपसे बोलूं की भाई मैं आपको. नहीं किया तो ये नुकसान कर दूंगा आपको की.
बहुत. कम कर सकता हूं फिर बोलो और ज्यादा नुकसान. करूंगा तो खाओगे चलो ठीक है और नुकसान और. कम कर देता हूं और ज्यादा नुकसान कर सकता. हूं तो फिर और ज्यादा कम करना पड़ेगा. और दूसरा इमिटेशन एक तो इमिटेशन यह हो गया. की आपको जितना कम करना होगा उसके हिसाब से. आपको इंसेंटिव या फेयर का अमाउंट बढ़ाना. पड़ेगा. दूसरा इमिटेशन यह हो गया की आप तभी तक कम. करोगे जब तक जो इंसेंटिव देने वाला है वो. एक्जिस्ट करता है या जो फेयर.
इंपोज करने वाला वो एक्जिस्ट करता है. बांदा मां लो मैं आपको इंसेंटिव दे रहा. हूं मेरी डेथ हो गई मेरा ही नहीं मैं फिर. इंसुल कर रहा हूं मेरी डेथ हो गई नहीं तो. आप कम करना छोड़ डॉग लेकिन अगर आप मुझे. मोहब्बत करते हो. तो मैं रहूं या ना रहूं आप मेरे लिए. ताजमहल बना डॉग. आप ताजमहल मुमताज महल के करने के 10 साल. बाद बना. अब किसी को पैसे देकर के चले जो किसी को. कितना भी दारा दो कोई आपके करने के बाद. बना सकता है क्या.
तो हमारा तो कलंजरी प्यार का है मोहब्बत. का है. हमने. कभी किसी के ऊपर हुकूमत करने की कोशिश. नहीं कारी हमने कभी किसी को डराया नहीं. हमने कभी किसी को लालच नहीं दिया हमने तो. जो भी करने की कोशिश कारी है ना प्यार से. करने की कोशिश करिए मोहब्बत से करने की. कोशिश कर रही है तो हमारा इसीलिए जो हम. वर्ल्ड लीडर की जब बात करते हैं ना हम. प्यार बताते हैं. कभी यह नहीं बोला की भाई वासुदेव के ऊपर. जो है ना आप डोमिनेशन करो.
तेरी अलग है. मैंने कभी नहीं सोचा था ऐसे यह बहुत बड़ा. बिजनेस लेसन भी है ब्रांड लेसन भी है. ब्रांड लेसन आप खुद का बिजनेस खुद की. ब्रांड ऐसे बना डॉग लोग प्यार करते हैं. प्यार के चक्कर में कर लेने प्यार करें. दो चीज है. पहले चीज आप नहीं रहोगे तो भी होगा और. दूसरी चीज अनलिमिटेड क्या कर जाए ना बांदा. उसकी कोई लिमिट ही नहीं है.
कोई लिमिट नहीं है. आप ताजमहल बना करके आप 8th वंडर ऑफ डी. वर्ल्ड सेवंथ वर्ल्ड है आज वह अपने खड़ा. कर दिया. जी बंदे के पास उसने यह नहीं सोचा कितने. पैसे ग रहे हैं. आर्किटेक्चर मार्वल. सोचो आप आज कितने साल बीट गए.
किसी के और फिर कोई ऐसा ही दूसरा ताजमहल. बनेगा वो पैसे की वजह से नहीं बनेगा कभी. ना डर की वजह से बनेगा प्यार की वजह से ही. बनेगा ऐसा कोई आशिक आएगा और ऐसा बना के. जाएगा. यह बहुत एक्चुअल बहुत बढ़िया.
इसको काफी एक लीडरशिप बहुत बड़ा. लीडरशिपलेस है यार ये आप देखो आप अगर. इंडिया में भी देखोगे सबसे इंडस्ट्री वॉइस. में ओके लेट पट आईटी डॉ. बॉलीवुड अगर देखो सबसे ज्यादा लव इंसान. शाहरुख खान इसीलिए वो इतनी बड़ी ब्रांड है. लोग इसीलिए पठान मूवी अच्छी हो बेकार हो.
किसी को फर्क नहीं है प्यार कैसे चले गए. शाहरुख खान ने क्यों नहीं देखेंगे. राखी अब देखो राखी राखी क्या है एक बहन.
अपने भाई को मानती है. इस तरीके के प्यार के धागे की बात नहीं. होती है. आप कितनी फेमस कहानी है की पद्मावती. नहीं है और.
भारतवर्ष की धरती पे ये जो कलर यहां पर है. और कैसे आया कलर किसने लाया पता नहीं. लेकिन जो कलर यहां पर है वह कलर कहानी पे. भी नहीं है. जो. दान का कलर है हमारे यहां देखो दान का. कितना. महत्व. इतना ज्यादा सम्मान किया जाता है.
तो एक बार अर्जुन और करण में दोनों में. तो कंपटीशन हो गया बेसिकली कृष्णा भगवान. ने बोल दिया की भाई सबसे ज्यादा धनी कान. है और अर्जुन उतने बड़े डेन नहीं है तो. अर्जुन नाराज हो गए उन्होंने बोला की आपने. ऐसे कैसे बोल दिया करण की करण सबसे बड़ा. दानी है मैं सबसे बड़ा दानी हूं तो कहते. हैं अच्छा ठीक है कहते हैं कल आप सुबह ए. जाना और कल सुबह कंपटीशन करेंगे देखते हैं. कौन सबसे बड़ा दानी है उन्होंने कहा ठीक. है तो कहते सामने दोनों लोग सुबह पहुंच गए.
थे तो सामने उन्होंने दो सोनी के पहाड़. दिखाएं तो बोलते एक पहाड़िए अर्जुन का और. एक ही पहाड़ करण का अब इस पर कुछ लोगों ने. डोमिनेशन किया हुआ है जाके आपको छोड़ना है. तो उनका ठीक है दोनों लोग गए दोनों ने. लड़ाई लड़ाई.
जब तुमने दान दे दिया तो तुम इतनी जल्दी. कैसे वापस ए गए. तो कहते क्यों दान देने में क्या टाइम. लगता है तो अर्जुन का नहीं कृष्णा भगवान. ने पूछा की आपने कैसे दान दिया कहते वहां. पर 1000 गांव वाले थे तो मैंने पहाड़ को. 1000 टुकड़ों में टोडा और बराबर बराबर दे.
दिया तो 1000 दे दिया तो कृष्णा भगवान ने. पूछा कर से आपने क्या किया बोले हमारे. यहां भी 1000 गांव वाले थे तो फिर आप इतनी. जल्दी कैसे ए गए आपने टोडा नहीं है बोलते. नहीं बोले फिर क्या किया बोले मैंने बोला. की गांव वालों एक पहाड़ है ले लो. तो अर्जुन. तोड़ना चाहिए था. तो करने का जब मैंने किसी चीज को दान में. दे दिया तो मुझे क्या फर्क पद रहा है की. किसको कितना मिलता है.
जब आपने कोई चीज दान कर दी तो वह अटैचमेंट. अपने खत्म कर दिया वहीं से. लेकिन अर्जुन लास्ट तक अटैक थे की नहीं. मैंने कोई चीज ध्यान दी है तो बराबर बराबर. सबको मिलेगी तो कृष्णा भगवान ने कहा की. इसीलिए जब आपने कोई चीज दान दे दी तो. अटैचमेंट खत्म हो जाना चाहिए और आपका टच. पद नहीं खत्म होता है दान देने के बाद भी. इस वजह से कान ज्यादा बड़े दानी है तो यह. फिलासफी की जो लेसंस है ना ऐसे छोटे-छोटे.
वह कितना स्ट्रांग है हमारे यहां और बहुत. कुछ शिखा जाता है कितना कुछ शिखा जाता है. की रूटीन कैसा होता था. और अगर आप बहुत सारे दूसरे गवर्नमेंट. सर्विसेज में ऑफिस देखो तो हर को इतना फिट. नहीं होता राइट पुलिस में हम लोग देखते. हैं पुलिस में इतने ज्यादा फिट लोग नहीं. है ऐसा क्यों है वैसे.
इमेज काफी फिट इमेज आई है आपके सामने यहां. तो वर्ल्ड है की भाई सारे फिट लोग ही. दिखाई हैं वो लोग और इंडिया की पुलिस और. इंडिया की मूवी में भी देखोगे तो सब ऐसे. दिखाई हैं की दिनो वेरी. तो ऐसा क्यों है क्या. है तो रीजन तो ये है की ना मैं हमेशा मेरा. अपने को मैंने हमेशा बहुत ही अच्छा देखा. है तो मुझे पसंद है की मैं अच्छे से देखूं.
यू नो आई एम वेरी. क्या बोलोगे मुझे अच्छा दिखाना पसंद है. अच्छे कपड़े पहनना पसंद है. और बहुत सी चीज ऐसी हैं जो शायद मुझे नहीं. उतनी पसंद लेकिन मुझे करनी पड़ती है फिट. रहने के लिए तो जैसे मुझे वर्कआउट करना. बिल्कुल पसंद नहीं है जिम जाना बिल्कुल भी. नहीं पसंद मुझे बहुत से दोस्त हैं जो की. जिनको अच्छा लगता है की सुबह. बिल्कुल सुबह उठाना नहीं अच्छा लगता.
बिल्कुल भी नहीं अच्छा लगता और हर दिन. कैसे मैं अपने आप को जिम तक खींच के ले. जाता हूं मुझे पता है. डायट फॉलो करना मुझे नहीं अच्छा लगता. है की यह साड़ी जो चीज नहीं भी अच्छी लगती. ना वो कर देता हूं मैं कैसे भी करके कर. देता हूं. वैसे ही करके कर देता हूं. व्हाट टाइम एवरीडे सो नहीं मेरा रूटीन.
क्या है की मेरा कोई रूटीन नहीं है ओके. कुछ मॉडल हैं जिनके ऊपर एक्सपेरिमेंट कर. रहा हूं मैं. और सब डिपेंड करता है की यू नो अगले दिन. की मीटिंग्स कैसी हैं. जो आपको पता है की यह करना ही है मुझे तो. ऐसा क्या है.
एक से डेड घंटा और क्या करते हो यूजुअली. डू यू बिलीव और ट्रेनिंग वेटलिफ्टिंग और. फंक्शनल ट्रेनिंग ओके सो अल्टरनेट करते. रहते हैं कुछ दोनों की वेट ट्रेनिंग होगी. कुछ दोनों के फंक्शन ट्रेनिंग हो गई फिर. डायट फॉलो करना है और थोड़ा बहुत मैं योग. करता हूं सूर्य नमस्कार कर लिया और. फ्लैक्सिबिलिटी. हो जाति है.
मेडिटेशन करता हूं थोड़ा. बैलेंस रखना के लिए अच्छा लगता है. मेडिटेशन करते हो. पर ओके तो यह हो गई चीज है फिर उसके बाद. यह वर्कआउट आपका फिक्स है डायट फिक्स है. उसके कुछ ऐसा जो पर्सनली आप करती हो की. यार मुझे पढ़ना अच्छा लगता है या. नेटफ्लिक्स फेक मूवी देख के सोऊंगा मैं.
ऐसा कुछ है नहीं मेरा मां बहुत करता है. मुझे टाइम ही नहीं मिल पता पढ़ना बहुत. अच्छा राहत न्यूज़पेपर एवरीडे आई उसे आई. रीड न्यूज़ पेपर तो इकोनॉमिक्स टाइम्स ऑफ. इंडिया दोनों पढ़ना हूं पूरे पूरे और कई. बार ऐसा होता है की नहीं पढ़ पाया तो. दो-तीन दिन के कठे हो जाते हैं तो जब भी. फ्लाइट में बैठता हूं तो सारे न्यूज़पेपर. लेकर जाता हूं अपने साथ की वो पढ़ लूंगा. और एयरपोर्ट से जब भी जा रहा हूं तो एक. बार बुक स्टोर पर जरूर जाता हूं और देखा.
हूं कोई अच्छी बुक. जानना बहुत अच्छा लगता है मुझे की लोग. दुनिया को कैसे देखते हैं सोचते कैसे. सोचते हैं और वही उनको डिफाइन करता है. हम लोग बात कर रहे थे गौतम भाई की इन सब. लोगों की तो इन लोगों ने कैसे दुनिया को. देखा है कैसे समझाएं कैसे. विजुलाइज किया है इस तरीके से इन्होंने. अपनी लाइफ शिफ्ट किया. तो वह जानना बहुत अच्छा लगता है.
आपको क्यों ऐसा लगता है की इंडिया में. इतने फिट पुलिस वाले क्यों नहीं है इतने. फिट गवर्नमेंट ऑफिसर्स क्यों नहीं है. हमारे पॉलीटिकल लीडर्स भी ज्यादा फिट नहीं. है मतलब. फिटनेस को लेकर पुरी कंट्री में फॉरगेट. पॉलीटिकल नॉर्मल लोग भी बहुत कम फिट है. बहुत कम फिट है क्योंकि ना हम एक तो. अवेयरनेस नहीं है. एक फिट इंसान कैसा दिखाना चाहिए इसकी बहुत. कम है हम लोग बहुत कम समझते हैं जैसे अगर.
आप ज्यादातर देखोगे ना तो. गांव में अगर आप जनरली जो तो बात करो तो. वहां पर कहते हैं की भाई आपको खूब खाता. पीते रहना चाहिए आपकी बॉडी पर थोड़ा फैट. दिखेगा तो लगेगा की आप अच्छे घर के हो. तो मेरे चाचा है जो की उनका नाम. है तो उनको सब लोग कहते थे की यार इसका. कैसा है इसकी बॉडी कैसी है इसको खूब खाना. पीना चाहिए इसकी तो हड्डी दिखती रहती.
चेहरे पे. है तो वह कॉन्शियस नहीं है वह अवेयरनेस. नहीं है की एक अच्छी फिट बॉडी कैसी देखनी. चाहिए. और जब उसकी अवेयरनेस नहीं होगी तो फिर. आपके अंदर उसका एस्पिरेशन कैसे होगा सबसे. पहले तो आप एक गोल सेट करोगे ना या उसको. मनोज की ये अच्छा गोल है. कोई चीज अच्छी है पहले तो वो समझना है की. कोशिश करोगे आप तो वो बेसिक अवेयरनेस नहीं. इसकी वजह से लोग एस्पायर ही नहीं करते. आप देखो कभी भी ना ही कोई कम बात करेगा ना.
नहीं कभी किसी. भी बड़े प्लेटफॉर्म पर बात करेंगे की भाई. हम फिट ऑफिसर्स की बात करें या फिर. पॉलीटिशियंस की बात करें. क्योंकि हम हमेशा सोचते हैं की भाई. पॉलीटिशियन का मतलब क्या है की आप यार देश. की बात करो आप आईडियोलॉजी की बात करो. फिटनेस फिटनेस की बात हम एक्टर्स से. करेंगे भारत परसों से करेंगे आप लोगों से. नहीं करेंगे.
कोई ऐसा इंसिडेंट रहा जहां पर आपको लगा की. यार ये लाइव स्ट्रीमिंग है मतलब मैंने. सोचा था की ऐसा होगा या पहले. तो जब मैं हमेशा सुनता था इस ऑफिसर बन्ना. है तो मुझे लगता था की अपना बहुत ज्यादा. पावर होगी और जो भी चाहूंगा वो हो जाएगा.
जो मैं कहूंगा वो हो जाएगा और लोग ऐसे. एकदम लाइन लगे खड़े रहेंगे और जनता बहुत. इज्जत करेगी ये सब कुछ होगा. तो जब मैं आया सर्विस में तो मेरे को समझ. आया. [संगीत]. एमआइसोमर है. नहीं आपके पास उतनी जितनी आपको दिखाएं. जाता है बाहर से कितनी प्रोजेक्ट है की. बहुत ज्यादा पावरफुल है.
तू डू आप उससे ज्यादा करोगे तो आप परेशानी. में पद जाओगे. अगर उससे बाहर करोगे तो पीपल बिल नोट. पैसिव यू एस एन सीरियस ऑफिसर.
तो पर एग्जांपल जैसे छोटी सी चीज बताता. हूं मां लो अगर आप. बाइक के ऊपर चालान करने लगा. जो ट्रिपलिंग कर रहा है उसका चालान होगा. तो बहुत ज्यादा इसके ऊपर फॉक्स करने लगोगे. क्या मतलब आपके पास चीज क्या कंपनी है. फॉक्स करने के लिए इसके ऊपर क्या फॉक्स कर. रहे हो कुछ और करो तो ऐसी बहुत सी चीज हैं. जो की शायद नियम कानून के.
अकॉर्डिंग में नहीं चल रही है लेकिन आप. उसके ऊपर बहुत ज्यादा स्ट्रिक्टनेस अगर कर. देते हो तो बहुत ज्यादा लाइक नहीं किया. जाते क्योंकि लोगों को इनकम होने लगती है. तो जनता को ही इनकम होने लगती है वह कहती. है यार यह क्या है आप क्यों कर रहे हो और. फिर वह क्योंकि उनका पर एग्जांपल.
ड्राइव को बहुत सीरियसली ले लिया कोई भी. ऐसा सिंगल ऑफिसर नहीं है जिसने इनको राइस. को लिया और उसका ट्रांसफर ना हो गया.
उसने पूरा शहर बदलने की कोशिश कारी और. उसका ट्रांसफर हो गया. जनता नहीं चाहती तो फिर जनता जाति है अपने. पॉलीटिकल जिसको एग्जीक्यूटिव हो जिसको भी. उसने चुनाव होता है उसके पास जाति और कहती. है की जी देखो हमारा घर तोड़ रहे हैं हम. तो यहां पे 20 साल से र रहे हैं हमने. इसमें इतना पैसा लगा दिया कौन देगा इसका. पैसा. तो गलत हमने किया हमने 20 साल पहले 20 साल. से हमने उसका बेनिफिट भी ले लिया लेकिन आज.
अगर उसको आप तोड़ रहे हो तो गलत कर रहे हो. तो यह कलेक्टिव कॉन्शसनेस है. तो इसलिए इसकी अगेंस्ट अगर आप जाते हो तो. ऐसा आपको कहा जाता है भाई और भी कम है और. कर लो ये क्या कर रहे हो क्यों कर रहे हो. है तो आपको बहुत रिस्पांसिबल और बहुत. अच्छा ऑफिसर नहीं ट्वीट किया जाता और कहा. जाता है प्यार आप खराब करो सिस्टम और यह. सही और गलत की लाइन बहुत थीं होती होगी. क्योंकि आपको कम करना है अब आपका कम है. क्या.
तो आपका कम बेसिकली क्या है सरकार की. प्रायोरिटी इस वक्त क्या चल रही है कोई. गवर्नमेंट आप देख लेना कभी भी एनफोर्समेंट. के अगेंस्ट बहुत स्टेटस स्टैंडिंग लगी कोई. भी किसी भी पार्टी की गवर्नमेंट हो वो. नहीं मिलेगी इंदौर में बहुत स्ट्रांग हुआ. था यह क्या होता है ना प्रोजेक्ट बेसिस पे. होता है पर एग्जांपल. मुझे किसी शहर में एक हॉस्पिटल बनाना है. गवर्नमेंट की वहां पर एनफोर्समेंट है तो.
मैं उसे स्पेस को खाली कर दूंगा. क्योंकि मुझे पता है. हॉस्पिटल बनेगा तो यहां के लोगों की मदद. हो जाएगी और यहां के लोग गवर्नमेंट को. अच्छी निगाह में देखेंगे. तो मैं उसे प्रोजेक्ट के लिए यह कर दूंगा. बट अगर मैं कहूं की ठीक है जी हमने एक तो. खाली कर दी 10 लाइंस और है वो भी हम खाली. कर सकते हैं कमेंट. मौसम नहीं है जो मैंने कहा है सिर्फ उतना. करिए. मैं नेशनल हाईवे बना रहा हूं और वहां पर. प्रायोरिटी है तो वो एनफोर्समेंट हटा दो.
आप. उसमें आपको कमेंट सपोर्ट करेगी बट आपने. कहा की जी चलो यह नेशनल हाईवे का तो मैं. हट्टा हूं और 10 जगह और भी हैं वो भी हटा. डन क्या कहते हैं नहीं वो नहीं उसको टच. नहीं करना ठीक है सेंटीमेंट खराब हो जाता. है सेंटीमेंट खराब होगा तो फिर इलेक्ट. इलेक्शन.
के लिए ऐसे रूल्स होगी ही होंगे ऑब्वीजली. हमें वहां के अंदर की बात नहीं पता. क्योंकि हम वहां के सिस्टम के नियम. पर हमें नहीं पता तो दूर से जैसे ही लगता. है की यार बिल्कुल करप्ट फ्री नेशन विद डी. मस्त जो बोलते हैं वह करते थे ₹10000 फाइन. देना पड़ेगा तुम्हें. भी काफी चीजों को बहुत स्ट्रांग है यूएई. चीन तो डिफरेंट हो गया डेमोक्रेसी नहीं है. तो अलग हो गया पर दूसरी कंट्रीज में ऐसा.
होता है और इंडिया में ऐसा क्यों नहीं है. नहीं सी क्या है की हर एक जगह पर ना एक. कलर रहा है किसी चीज का तो हमारे यहां. ट्रेडिशनल कलर रहा है की हम ना. थोड़ा सा मरना अबन प्लानिंग खराब हो तो. पूरे देश में मतलब किसी में एक पर्टिकुलर. पार्टी सरकार की बात नहीं कर रहा बट इन. जनरल देखोगे तो अर्बन प्लानिंग है नहीं. हमारे यहां हम सिटीज को प्लेन नहीं करते. बहुत कमी सिटिजन जो की प्लेन वासी है जैसे.
ग्रेटर नोएडा हो गया. चंडीगढ़ हो गई है इस तरह की बहुत कम ही. शहर है जो जिसको प्लेन करके बसाया गया है. ज्यादातर क्या है की हमारे यहां पुराने. शहर हैं इस के राउंड हमने शहर वेस्ट चले. गए और गवर्नमेंट का बहुत ज्यादा रोल रहा. नहीं है उसमें. उसे वजह से प्लानिंग ठीक से नहीं हो पी तो. जगह के ऊपर अगर प्लांट वे में बना दो अब. देखो की बाहर की शहर ज्यादातर प्लेन है तो.
आपको पता है की कहां से रोड जाएगी कहां पे. सीवर लाइन जाएगी कहां पे पार्किंग होगी. कहां पर क्या होगा तो फिर जब सब कुछ. टीममेट भी नहीं पड़ेगी की आप जाके एनफोर्स. कर लो बट हमारे यहां क्या है तो जिसने. नहीं किया उसको लगता है की यार मैं बेवकूफ. हूं क्योंकि मेरे अगर मैंने नहीं किया तो. किसी और लेना है. तो भी एंक्रोच कर लेट है तो एक ऐसा. सोसाइटल प्रेशर बन जाता है की भैया करना.
ही है आप कभी भी देखो ट्रैफिक में भी अगर. आप खड़े रहते हो मां लो सब लोग रिस्पेक्ट. करना रेड लाइट की तो सब लोग कर रहे हैं. इतनी डर में पीछे से बाइक वाला आता है वो. निकाल जाता है. निकाल गया तो उसको देख के दूसरा वाला. निकाल जाता तो फिर जो खड़ा राहत है क्या. तब मैं पागल हूं मैं भी चला हूं. है ना. इस तरीके के प्रेशर होते हैं ठीक है भाई. तूने इंप्रेशन कर दिया इसने भी किया अच्छा. मैं भी करता हूं यार फिर. हां यार.
मैं अपने कुछ फैंस के साथ बैठा था किसी के. फादर नया घर बना रहे थे. वह बता रहे थे की 60% कुछ होता की 60%. लैंड पर ही तुम घर बना सकते हो बाकी 40%. तुम्हें किसी किसी रीजन के से छोड़ना होता. है या जो भी था वो 6040 होगा जो 2018 कुछ. तो. उन्होंने बोला तुम्हारा लव अफेयर की आपके. आसपास इतना स्क्वायर फिट घर बच्चा वरना.
नहीं तो मैंने कहा क्यों नहीं सब तो बना. रहे हैं तो पूरे कॉलोनी में सबके घर ए गए. हैं तो जो हंड्रेड परसेंट लैंड है वह तो. है ही है उसके बाद जो एक्स्ट्रा एरिया. जैसे इंदौर में बोलते हैं लोग की. प्लांटेशन के लिए आगे तो मैं घर है ना. तुमको थोड़ा घर छोड़ना पड़ेगा इतना एरिया. छोड़ना पड़ेगा वो उसके आगे वो रोड पे ले. लेते हैं तो हंड्रेड परसेंट खुद का तो. एरिया है 20% इन्होंने वो ले लिया अब. बिगेस्ट 20% लैंड इन्होंने एक्स्ट्रा ले. लिया तो ऊपर उनका फर्स्ट फ्लोर सेकंड.
फ्लोर है उसकी बेलकिनस भी बाहर तक ले ली. नीचे गाड़ियां चलेगी तुम्हारा पास हो गया. वो रोड नीचे इतना सा बच्चा है और दोनों घर. एकदम पास में तो सनलाइट थोड़ी कम ऑन ग गई. है. स्टार्टड और दें थोड़ी डर बाद एक अंकल. क्या करते हैं की जो उनका एक्स्ट्रा एरिया. था वहां पे वो फुटपाथ जो टाइल्स होती है. वो लगा देते हैं और अंदर उनकी पार्किंग.
बना देते हैं और ऊपर से एक ग्रीन कलर का. शर्ट भी दाल देते हैं. तो पड़ोसी या कोई आगे वाला अंकल बोलना हो. उन्होंने बोला कोई होगा यार आप ये गलत कर. रहे हो आगे ले जा रहे हो बोलते आपको तो. खुश होना चाहिए की मैं शर्ट दे रहा हूं. रोड के. [हंसी]. वही तो जैसे हम जब टैक्स की बात करते हैं. ना तो हम लोग मानते हैं की अगर हम ₹100. काम रहे हैं तो ₹30 का टैक्स है तो 70 पर. हमारे पास बैक रहा है हम मानते हैं की भाई.
ये नुकसान है क्योंकि हमारे दिमाग में. एक्चुअली होना चाहिए की हमने ₹70 ही कमाया. है क्योंकि ₹30 तो कभी हमारे थे ही नहीं. तो इंडियन मेंटालिटी. में पद गया अब इसको कैसे बचे. जब की आईडी क्या होना चाहिए की सोचना. चाहिए की यार मैंने ₹70 कमाया अब मैं घर. ऐसा कैसे मेहनत करूं की मैं ₹100 काम. सुकून बड़ी प्रॉब्लम है.
हमें मिलता क्या है गवर्नमेंट बोलती की. यार सब टैक्स भरोगे तो तो हम तुम्हें. ज्यादा देंगे तो वो बड़ी चिकन एक प्रॉब्लम. है वो धीरे-धीरे थिंक अब यू नो आई ऑलवेज. बिलीव था मोर दें पॉलीटिकल रिवॉल्यूशन. इंडियन नीड्स एन सोशल इवोल्यूशन. आपको ना सोसाइटी में चेंज लीडर्स लाने. चाहिए जो की लोगों का थॉट प्रोसेस बदलें. अगर.
हम इन बटन पर डिस्कशन करें की हम कैसे एक. बटर सिटिजन बन सकते हैं कैसे एक बेटा. सोसाइटी बना सकते हैं. रतन सिंह के में कैसे बड़ा निशान बना सकते. हैं निशान तो चलो बहुत बड़ी बात हो गई हम. छोटी-छोटी बटन पर बात करते हैं की क्या आप. अपने जगह पर अपनी म्युनिसिपालिटी में जहां. पर भी यहां पर र रहे हो क्या वहां पर. एश्योर कर सकते हो की वहां. इन चीजों के ऊपर क्या आप कैन यू विकम मोर.
रिस्पांसिबल सिटिजन क्या आप सिविक अथॉरिटी. से राइट क्वेश्चंस पूछ सकते हो की भाई. हमारे लॉस क्यों नहीं है क्या आप पॉलीटिकल. एग्जीक्यूटिव जिनको आपने सुना है उनसे आप. सही सवाल पूछ सकते हो तो जवाब उनसे सही. सवाल पूछोगे ना तो आपको सही जवाब मिलेंगे. जब आप उनसे क्वेश्चन से गलत पूछोगे आप. उनसे क्वेश्चंस क्या पूछते हो की यार मेरे. यहां. क्यों नहीं तोड़ रहा है.
हम वह सोचते ही नहीं. डर की वजह से बनी है इसकी वजह पॉलिटिक्स. नहीं होता.
[संगीत]. पाठ. दूसरी एक्स ए स कम्युनिटी का परसों या. दूसरी स्ट्रांग हो जाएगा वो स्ट्रांग हो. जाएगा और वो मुझे सही तरीके से ट्वीट नहीं. करेगा इसलिए मैं उसको देता हूं और दें फिर. आप क्वेश्चन से पूछ सकते अपने चोसेन लीडर. को लीडर से भी क्योंकि आपको लगता है की.
यार इतना बड़ा आदमी है तो और आए दिन आप जब. एक छोटी सिटी से आते हो या अपने आसपास की. स्टोरी. क्या शब्द शब्द डिसीप्ल बच्चे लोग क्या. बोलते हैं. मार्केट में की आपको लगता है यार इसे में. डरता हूं तो अगर वह इंसान ए गया तो तो. मेरी क्या हो गया कैसे क्वेश्चन पूछूं. क्योंकि जो बोल रहा है मेरा चाचा विधायक.
हैं मैं उससे डर रहा हूं. वो मेरे घर के आगे मुझे आगे चमक के चले जा. रहा है तो तुम बाकी लोगों से कैसे. क्वेश्चन पूछ सकते हो तो यह बहुत ज्यादा. डर बेस भी होता है तो बॉडी थिंक की इसका. क्या करना चाहिए क्योंकि अब अभी भी. छोटी-छोटी सिटीज में देखोगे तो हर जगह. फेयर भेजती होता है और आप छोटी सी चीज. बड़ी सिटी में भी हर जगह पूरे इंडिया में. डरते हो पॉलीटिशियन अब कभी भी यह नहीं. करते पॉलीटिशियन. पोजीशन अगर एकदम डेफिनेशन.
वेयर आपको उनके बड़े में हर कुछ पता होना. चाहिए और अगर आपको किसी चीज के बड़े में. किसी चीज है जी बड़े में नहीं पता है तो. आप उनसे सवाल कर सकते हो. उसका नाम मुझे लगता है जो इजिएस्ट तरीका. है वह इनफॉरमेशन तो लेट से अगर मुझे पता. हो की. गवर्नमेंट जी जगह पर मैं र रहा हूं वहां. की लट से मिंस एडमिनिस्ट्रेशन. मुझे क्या देने के लिए.
रिस्पांसिबल है पर सर वो तो बात होती है. की क्या-क्या देने के लिए रिस्पांसिबल है. कैसा है बड़ा मूवी में भी देखते हो. रियलिटी में भी देखते हो बहुत डिफिकल्ट. होता है की अगर आपको पता भी है नहीं तब. जाके मैंगो बोलो बात करो. सबसे ज्यादा डिफिकल्ट है की पता होना. अभिनव मुझे खुद ही नहीं ऑफिसर मुझे खुद ही. नहीं पता की मुंबई में अगर मैं इस जगह पे. जहां बैठा हूं यहां का म्युनिसिपल. एडमिनिस्ट्रेशन यहां के लोगों को देने. क्या-क्या देने के लिए रिस्पांसिबल है एवं.
आई डोंट नो बीइंग एन पार्ट ऑफ दिस सिस्टम. सो कितने लोगों को पता होगा आप बताओ कितने. दिन सफाई का बांदा आना चाहिए क्या यहां पर. सफाई कैसे हनी चाहिए क्या यहां पर कहां पर. बना हुआ होना चाहिए यहां पर नीरज. कम्युनिटी हाल कहां होना चाहिए ये साड़ी. चीज किसी को पता है क्या किसी को नहीं पता. तो अगर हम इनफ्लुएंसर अगर हम यह बातें. लोगों को बता सके की भाई जितनी भी देश में. होने से पहले.
तो फर्स्ट स्टेप जब आपको पता होगा तब तो. आपको क्वेश्चंस पूछ सकोगे ना 99% तो चीज. नहीं पता होती है आपको तो क्वेश्चंस कैसे. पूछोगे आप देखो जो छोटे-छोटे. 99% लोग जो की इसमें हिस्सा ले रहे थे. उनको पता ही नहीं था की किस लिए हम आकर के. हिस्सा ले रहे हैं हम किस चीज का हम.
अपोजिशन कर रहे हैं किस चीज के विरोध में. हम बातें कर रहे हैं पता ही नहीं है आज बस. कर रहे हैं आज गवर्नमेंट इतना कुछ ए रही. है एग्रीकल्चर के ऊपर उसका इतना बड़ा. फॉक्स है इतना बड़ा फॉक्स है एग्रीकल्चर. फूड सिक्योरिटी मतलब बहुत बड़ा टॉपिक बहुत. बड़ी प्रायोरिटी गवर्नमेंट के लिए. गवर्नमेंट पुरी कोशिश कर रही है की हमने. लास्ट मिले तक फार्मर तक हम पहुंच सकें की. हम क्या-क्या बेनिफिट्स आपको देना छह रहे. हैं क्या क्या स्कीम चल रही है गवर्नमेंट. इस फाइंडिंग सो हार्ड.
जो की अगर फार्मर तक वह यह बात पहुंच देगी. तो गुडविल उसकी ही जेनरेट होगी गवर्नमेंट. की. [संगीत]. तो भी घमंड को इतनी मुश्किल हो रही है तो. आप सोचो जब गवर्नमेंट नहीं जाएगी तो कैसे. पहुंचेगी जब छह रही है तो पहुंचने में. इतनी मुश्किल हो रही है.
तो जो भी गवर्नमेंट ऑफ डेट सॉइल है वह. इएनटाइटल्ड. की आप उसको छोड़कर किसी और सॉइल पर चले जो. और आगे आने वाले टाइम में ऐसा होना चाहिए. था गवर्नमेंट शूट कंप्लीट विद नेशन शूट. कंप्लीट है.
वह होना चाहिए. की यार मेरे को इंडिया में रहना है की. मेरे को उसमें रहना है की मेरे को फ्रांस. में रहना कौन ज्यादा अच्छी फैसिलिटी मुझे. दे रहा है. बट उसे सब चीजों को काउंटर करने के लिए हम.
एक डिफरेंट करते हैं. उसको मिक्स कर देते हैं गवर्नमेंट ऑफ डी. दे. जबकि ऐसा नहीं है गवर्नमेंट जस्ट एन. मैनेजर. गवर्नमेंट सिर्फ एक मैनेजर है और आप एक. बटर मैनेजर चूज कर सकते हो आप मैनेजर की. रेटिंग दे सकते हो की भाई ठीक है आप अच्छा. कम कर रहे हो बड़ा कम कर रहे हो उसके साथ. आईडेंटिटी नहीं जोड़नी चाहिए.
गवर्नमेंट या कोई ऐसी कंट्री जो आपको लगता. है की अभी बहुत अच्छा इकोसिस्टम प्रोवाइड. करती है. बहुत कम टाइम में बहुत ज्यादा तरक्की कारी. है और वह कैसे स्टडी है. हम लोग देखना चाहिए की कितने कम टाइम में.
कितने. लिमिटेड रिसोर्स में उन्होंने कितना कुछ. सिस्टम खड़ा कर दिया. उसमें टैलेंट लगता है.
अगर आपके पास टैलेंट ही नहीं की उससे आप. गोल्ड कैसे लेकर आओगे. है तो उसे रिसोर्स और अगर आपके पास पैसा. भी है अगर आपको पता ही नहीं उसको मैनेज. कैसे करना है इसका मैं क्या करूं तो उसे. पैसे की कोई मेन नहीं है. उसे पैसे से आप क्या कर सकते हो. तो जी तरीके से इन्होंने अपने रिसोर्स को. मैनेज किया है.
वो अमेजिंग कमेंट है कमेंट अभी इधर. अपॉर्चुनिटी है की आई थिंक सो सबसे अच्छा. है बट प्लेस जहां पे आपके पास पैसा है तो. फिर आप जा सकते हो वहां पे कोई डू थिंक. मिडिल क्लास बांदा वहां जाके एक नई लाइफ. बना सकता है या ऑपच्यरुनिटीज है. उधर बहुत है ना अब देखो जहां पर भी. जो भी ग्रोइंग इकोनामी है वहां पर हमेशा.
टैलेंट की जरूर रहेगी. वास्को कहां से कहां पहुंच दिया टैलेंट.
इंटरेस्टिंग. इवेंट इस में कुछ हुआ आपके साथ. लाइफ चेंजिंग तो नहीं का सकते बट एक बहुत. फनी इंसिडेंट. मैं मथुरा में एक सबडिवीजन है महामंडल. करके वहां पे मैं एसडीम था. तो मैं शाम को ऐसे ही बैठा हुआ था एक दिन. और मैंने अपनी बैचमेट को फोन किया मैंने.
कहा की क्या चल रहा है तुम्हारा तो कहता. यार मेरे यहां तो हड़ताल चल रही है तो. मैंने किस चीज की हड़ताल चल रही है हमारे. यहां जो सब डिवीजन को तहसील बोलते हैं. जिसमें. साड़ी कमेंट के ऑफिस रहते हैं उसमें. तो कहते हैं की हमारे यहां यह सब डिवीजन.
कर दिया स्ट्राइक कर दिया. मैंने कहा अच्छा मैंने तो बहुत गलत बात है. यार तुम्हारे यहां पर ऐसे लोगों ने कुछ. कमेंट कर लिया मेरे यहां कहता है पूरे देश. में पूरे देश में हर जगह तुम्हारे यहां भी. होगी मैंने कहा नहीं मेरे यहां नहीं है की. तारीख क्या बात करता तुम्हारे यहां भी. होगी मैंने कहा मैंने उसको फोन रखा मैंने. अपने पियो को बोला मैंने ये बताओ हमारे. यहां ये सब जो ऑफिसर्स हैं ये लीगल है. क्या कहता है सर सारे इलीगल है तो मैंने.
कहा फिर तुमने क्यों बने दिए कहता सर. मैंने थोड़ी बने दी तो कब से होने हुए है. मैंने अच्छा तो मैंने कहा एक कम करो इनको. नोटिस दो की खाली करें यह गवर्नमेंट लैंड. पे ऐसे कैसे बना लेंगे और इसे तो पैसा. रहना चाहिए भैया तो कमल है ना अगर के और. लैंड सरकारी है तो या तो कमेंट को पैसा. देते हैं. नोटिस निकाल के मैं घर चला गया अगले दिन.
में आया तो पूरा हमारा जो सब डिवीजन है. बैंड और इतने देर सारे लोग हजारों लोग. बाहर खड़े हुए और सब अभिषेक सिंह. मुर्दाबाद का नारा लगा रहा है मैंने कभी. क्या हो गया कहते हैं आप ऐसे कैसे नोटिस. दे दिया और मैंने नोटिस दे दिया था की 48. के अंदर खाली कर दो नहीं तोड़ देंगे. तो उन्होंने कहा आपके अंदर कोई. रिस्पांसिबिलिटी नहीं है और आप ऐसे कैसे. नोटिस दे दिया ऐसे कैसे तोड़ देंगे. तुम्हारे प्रोविजन है की भाई अगर आप. गवर्नमेंट लाइनमैन फोर्स करते हो तो 40000. का नोटिस देकर के तोड़ सकते हो.
मैंने कभी. आप एक बात बताओ हमने तो आपसे यही पूछा है. की क्या आपने लीगली बनाया. तो आप खाली कर दीजिए. हम इतने सालों से र रहे हैं मैंने कहा यह. तो लॉजिक नहीं हुआ ना. कहता नहीं खैर अनिवेश हड़ताल नहीं रुकी. पुलिस आई मुझे अंदर लेकर के किसी तरह.
तुम्हें बैठकर सोच रहा था मैंने कहा यार. इसका सॉल्यूशन क्या है. तो मेरा एक जूनियर है उसने कहा सॉल्यूशन. तो उसका है बट पता नहीं आप कर पाएंगे की. नहीं कर पाएंगे. रात में सब लोग घर चले जैन तो सर तुड़वा. दीजिए. और सर तुड़वा करके इसका मालवा उठा करके. शहर से बाहर फेक दीजिए कुछ भी नहीं रहेगा. जब कुछ समय खत्म हो जाएगी ऑफिसर से खत्म. हो जाएंगे तो हड़ताल भी खत्म हो जाएगी.
मैं क्यों नहीं कर सकता. है. और फिर हमने तीन कर ट्रक्स बड़े बड़े और. उसको बुला रहा था. तोड़ने के बाद पूरा जो उसका दिया बाहर. और अगले दिन जब यह लोग पहुंचे.
तो तो सिर्फ. मेरी सब डिवीजन में नहीं पूरे स्टेट में. पूरे स्टेट में. और कम को लोग जाकर क्वेश्चन करने लगे. अपोजिशन लीडर क्वेश्चन करने लगे की भाई ये. क्या हो गया इस तरह का बदतमीज तो ऑफिसर भी. मैंने नहीं देखा और मीडिया मीडिया सब लोग. मिलेंगे इस निकाल दिए. अब मुझे समझ नहीं आया मैंने तो यार सरकार. का ही कम किया है ना कोई घमंड की लाइन थी. उसका.
ब्रेकिंग स्ट्राइक करने लगे सब लोग धरने. में बैठ के भाई इसको तो 3 मिनट के लिए. सस्पेंड करके हटाइए यहां से नहीं तो नहीं. होगा. [संगीत]. ज्यादा गुस्सा है आपने उनका उठा करके लिख. दिया.
है तो खैर एनीवेज वह बहुत मुश्किल से. मटर सॉल्व रिजॉल्व फाइनली क्या हुआ की. उसमें कुछ एक मेरे बस थे उन्होंने मुझे. बोला की भाई अगर तो ये साड़ी चीज करनी है. ना तो उसको डिप्लोमेसी से करनी चाहिए ओके. तो ऐसे जो तुमने किया ना बहुत गलत कम किया. है ऐसे नहीं करना चाहिए तो मैंने ऐसा क्या. डिप्लोमा है तो उन्होंने बोला की बाहर. कंसल का जो ना जो लीडर है उसको बुलाओ और. जो पिछली बार जो हर गया था उसको बुलाओ उन. दोनों को मिलकर दोनों को आपस में भिड़वा.
दो तुम्हारा प्रॉब्लम सॉल्व हो जाएगी. मैंने अच्छा तो मैंने उसको बुलाया चलो. अच्छा एक बात बताओ आपको कफन नहीं है यहां. पे कितने रूम से लोट के थे उन्होंने कहा. सर छह लोट के. दूसरे वाले बंदे से मैंने पूछा मैंने कभी. बताओ कितने लोट किया थे. बट 15 होने चाहिए तो हमने कैसे होना चाहिए. बोले क्योंकि बाकी और एप्लीकेशन लगी हुई. थी उनको एलॉट नहीं किया था तो 15 होने. चाहिए तुम्हारा चलो ठीक है तो कौन से 15.
होने चाहिए और दे दो मैं कर देता हूं. दोनों ने आपस में मेरे सामने लड़ाई कर ली. एक दूसरे से हाथ पी कर ले एक दूसरे को. थप्पड़ मार दिया तो जैसे ही दोनों ने एक. दूसरे को थप्पड़ मारा मैंने मेरे लिए. मैंने देखो यहां पे लड़ाई हो गई है इन. दोनों का रेस्ट कर लो. उन दोनों का रस करके उसने खाने में बैंड. कर दिया उसके बाद पुरी जो हड़ताल थी वो. घूम गई अलग चीज पे मैंने कहा भाई मैंने तो. मारा नहीं इन दोनों को ये दोनों ने आपस.
में मारा और उन दोनों ने क्योंकि आपस में. लड़ाई कर ली तो आपस में दोनों ग्रुप में. लड़ाई हो गई और वो जो हड़ताल मिलेगी जो. स्त्री थी वो ऑफिस में हो करके हो गई और. फिर मैंने कहा की देखो जब तक मैं रहूंगा. जब तक तो कुछ बने का नहीं है मेरे जान के. बाद आपको जो बनाना वो बना लेना बट डेट वास. बिग लर्निंग लाइसेंस.
पता नहीं और कितने लोग ऐसा लगता है बट. मेरा सबसे बड़ा डर है ना की मुझे किसने. किस तरह से फस दिया जाएगा. की मुझे कोई ना कोई मेरे खिलाफ कोई प्लांट. करेगा चल और मैं जय हो जाएगी मुझे मैं. फैंस जाऊंगा मतलब मुझे इट्स ऑलवेज. काफी डरता हूं मेरे काफी दोस्तों को भी. पता है बहुत ऐसा होता है और रिसेंटली आई.
थिंक 2 साल पहले इंसिडेंट भी हो गया और. उसके बाद से तो मैं और डरने ग गया तो तब. से मैं सोचता हूं की यार मैं सारे मैं. पुलिस वालों से दोस्ती कर लेट हूं अभी तक. कोई दोस्त नहीं बना इसे दोस्ती कर लेते हो. सिख लेट हूं की यार कोई लो ऐसा ऐसा होता. है जैसे बैक सकते हैं कुछ कर सकते हैं. क्योंकि बहुत साड़ी ऐसे चीजों में आप फैंस. सकते हो जहां पर योर गिल्टी अंटील. प्रोविंस. [संगीत]. बताता हूं रिसेंटली मेरे साथ हुआ था.
मैं उतरा इंदौर से जा रहा था आगरा मेरे. दोस्त की शादी थी और मैं दिल्ली में उतरा. दिल्ली में मेरे दूसरे कॉलेज. [संगीत].
और पुलिस वाले पूछते हैं की गाड़ी की.
चेकिंग करो टोल पर. गाड़ी की चेकिंग एकदम से अननोन हमारी. गाड़ी की क्यों हो रही है तो मतलब उतारो. गाड़ी की चेकिंग कर रहा हूं मैं उतरा और. जो बांदा ड्राइवर जो बांदा जो मेरा एक. फ्रेंड जो ड्राइव कर रहा था गाड़ी वो भी. उतरा और तीसरा फ्रेंड. और वहां पर छह साथ बोतल दारू की पड़ी है. ओके था अल्कोहल अब मैं ड्रिंक नहीं करता. नेवर ड्रिंक इन मी लाइफ आई डोंट स्मोक. एडवांस.
[संगीत]. सस्ती है तो वो जाके ले जाते हैं. और पुलिस वालों ने पकड़ लिया और हमें. पुलिस स्टेशन लेकर चले गए और वहां पर मैं. उनको बता रहा हूं की मैं इंदौर से आया हूं.
मैं ऐसे कर रहा हूं वह कोई पुलिस वाला कोई. सुन नहीं रहा है और पुरंदर जो. मेरा करियर खत्म हो गया मेरी लाइफ खत्म हो. गई मैं स्मगलिंग के कैसे में अंदर जा रहा. हूं मैंने लाइफ में कुछ नहीं किया है और. पूरे टाइम बस पूरा वह ऐसा प्रेशर आपके. जैसे पानी दोनों पसीने गिरते जा रहे हैं. क्योंकि जी ऑफिसर ने मैं अरेस्ट किया था. जी ऑफिस जान वाला बोला था की आप अंदर जो. आपके ऊपर करवाई होगी होगा वो ऑफिसर भी. नहीं है. [संगीत].
की हम नॉर्मल. स्टेशन लिखेगा. है अब हमें ट्वीट कर जा रहा है की हम वहीं. पर 10-12 लोगों में से कुछ हैं हम कुछ. करके आए कोई हमारी बात भी नहीं सुन रहा है. जी ऑफिसर ने पड़ा है वह वापस चले गया उसका. ढूंढने शायद गौर इनफॉरमेशन मिली होगी कुछ. करने और इन पुलिस वालों को मैं कन्वेंस. करूं की मैंने कुछ नहीं किया है और वो. पुलिस वाले मुझे बेटा सब ऐसे ही बोलते हैं. अंदर हो जो. 5 घंटे में बैठे रहे फाइव आज बात तो ओबीसी.
उन्होंने मतलब मैंने उनको बोला की. पेरेंट्स से बात करो यह करो की मेरा ना. फोन क्योंकि वो लोग फोन लेने की बात कर. रहे थे सब करने की बात कर रहे थे और फिर. एक ऑफिसर जो बहुत ही अच्छे थे प्रशांत. करके उनका नाम था उन्होंने मेरे से बोला. की क्या पूरा मटर क्या है कैसे बैठाया और. फिर हमारे फ्रेंड्स को बुलाया जिनकी शादी. थी जो था आधे घंटे चला फिर बुलाओ के चले. जो बट दिस इस नोट अलाउड और ऐसे करके और. अगर आपने गलत नहीं किया है तो फाइन अगर आप.
बीच रहे होते कुछ कर रहे होते तो प्रॉब्लम. [संगीत]. आई थॉट मेरी लाइफ खत्म हो गई पॉलीटिशियंस. है उनको देखकर के आपको लगेगा की भाई इतनी. एडवर्सिटी ज्यादातर पॉलीटिशियंस को आप. देखोगे ना बहुत एडवर्सिटी. क्योंकि जब पॉलिटिक्स में होते बहुत देर. सारे दुश्मन होते हैं आपके इतने दुश्मन. किसी भी और फिर भी नहीं होते जितने. पॉलिटिक्स में होते हैं.
तो इतनी ज्यादा एडवर्सिटी को कैसे बांध. टैकल करता है उसके लिए किस लेवल की मेंटल. स्ट्रैंथ चाहिए और क्या ओरियंटेशन चाहिए. जनरली कर दो तो बहुत बड़ा मां जाता है यार. इसने ऐसे का दिया मेरे को और उसे पर कमेंट. पर आंसर करने लगेगा अपने आपको जस्टिफाई. करने लगेगा इन लोगों को देखो कभी जस्टिफाई. नहीं करते ठीक है जी बोलते रहो. और चीजों को ना टेंशन कैसे बोलना है. वह एक बार एक बहुत प्रॉमिनेंट.
हो रहा था एक बार तो उसमें एक किसी ने. पूछा क्वेश्चन. की आप के मिनिस्टर. बना दिया. एबीसीडी सब मैं आपके पापा से ज्यादा अच्छे.
हैं आपके अंदर क्या क्वालिटी आपको क्या. लगता है की आप जस्टिफाई है यहां पर बैठने. के. अब ऐसा क्वेश्चन हमसे आपसे कोई पूछे पुरी. कांक्लेव में आप इतनी. इस पोजीशन पर अगर मुझे ही पूछ ले मैं तो. कोई भी पोजीशन पे नहीं हूं मुझे पूछ रहे. थे अनकंफरटेबल हो जाऊंगा यार क्या बोल. दिया इसमें. उन्होंने फोन माइक उठाया अपना. उसका जवाब क्या दिया. कहते हैं आपकी क्या अपने बेटे से लड़ाई. हुई आज.
मैं सच है. सब लोग हंसने लगे. तो आप उनसे सीखोगे कितना स्टेबल मन है. किसी चीज का कोई जरूरी नहीं उनको भाई. उन्होंने 10 क्वेश्चंस पूछ लिए इंडियन. चीजों में आप क्या हमसे अच्छे हो गया कैसे. जस्टिफाई करते हो उसे क्वेश्चन का. उन्होंने आंसर ही नहीं दिया. किसी भी क्वेश्चन का आंसर नहीं दिया. उन्होंने.
और सब लोग हंसने लगे और वह टॉपिक खत्म हो. गया क्योंकि इसका क्या आंसर है इंडिया में. अब ऐसा क्या मां करना चाहिए जिसमें सबसे. ज्यादा पॉसिबिलिटीज आपको लगती है या. फ्यूचर अब अगले 10 साल में यू थिंक जितने. लोग ये देख रहे हैं हर यंग इंसान जो है. कौन सी फील्ड में सबसे ज्यादा. ऑपच्यरुनिटीज हैं कौन से स्पेस में सबसे. ज्यादा पॉसिबिलिटीज है यार क्या है ऐसा. स्पेसिफिक जहां पे अगर हम लोग फॉक्स करना. स्टार्ट करें या सीखना स्टार्ट करें तो.
इंसान बहुत आगे जा सकता है. अगर मैं ना इस क्वेश्चन को ब्रेक कर डन तो. आईएफ यू की अपॉर्चुनिटी का मतलब क्या है. तो ऑपच्यरुनिटीज का अगर आपका मतलब है की. भाई आपको इंप्रूवमेंट में लेकर आया उसे एक. पर्टिकुलर सेक्टर में ग्रोथ है. तो मैं बोलूंगा की अब तो इंडिया में बहुत. किसी भी फील्ड में हम चले जो सब नहीं.
बट दिखे नहीं रही थी. तो इस तरीके.
सी आईएफ डी मोटिव मनी तब तो ठीक है फिर आप. हर एक उसमें एक्सपेरिमेंट कर सकते हो बट. आईएफ डी मोटिव समथिंग एल्स आई वांट तू बी. एन वेरी बिग एक्टर. तो आप अपने अंदर देखो की भाई आप चाहते. क्या हो एक्जेक्टली एक्टिंग में क्या. चाहते हो क्या आप यू वांट भी वेरी फेमस.
या आप ऐसे प्रोजेक्ट करना चाहते हो जो. बहुत सोशली रेलीवेंट हो या आप ऐसे. प्रोजेक्ट करना चाहते हो जो बहुत रोमांटिक. हो. तो आप क्या अपने आप को देखना चाहते हो की. आप बहुत अवार्ड जीत रहे हो या आप देखना. चाहते हो की एक्टिंग में बहुत पैसा काम. रहे हो तो आप एक्जेक्टली क्या चाहते हो. किसी भी एक सेक्टर में उसके ऊपर फॉक्स. करना चाहिए और फिर उसके अकॉर्डिंग हमें. ऑपच्यरुनिटीज लिस्ट आउट करनी चाहिए चलो. ठीक है अच्छा अगर मेरे को बहुत पैसे चाहिए.
तो मेरे को इस तरीके के रोल करना चाहिए. ताकि मैं थोड़ी और फेमस और ज्यादा पॉपुलर. हो जाऊंगा ताकि मेरे को और बड़े बड़े रोल. से मिलने लगे और पैसे ए सके. तो वो हम उसे हिसाब से देखेंगे अगर हमें. कुछ और चाहिए की भाई मेरे को ऐसा रोल. चाहिए जिसमें. मिल जाए. तो फिर उसे तरीके के लोगों से मिलेंगे उसे. तरीके के सब्जेक्ट आईडेंटिफाई करेंगे. जो डिफेंस की आपको क्या चाहिए तो उसका. आंसर ना बाहर नहीं मिलता अंदर मिलता है एक.
बार अंदर क्लियर हो गया तो बाहर तो बहुत. ही इजी है. इंटरेस्टिंग थैंक यू सो मैच. इतना टाइम हो गया हम लोगों को बात करते. करते पता भी नहीं चला इट्स मी प्लेजर काफी. टाइम से बात कारी मजा आया और हम ग्लैड. फ्यूचर में आई होप की हमारा एपिसोड तू. होगा एपिसोड थ्री होगा और बहुत होंगे. इंशाल्लाह मजा आएगा.
आर्टिस्ट हर कोई इंडिया में आकर अपना. मार्केट बहुत बड़ा बनाना चाहता है क्योंकि. इंडिया सबसे फास्टेस्ट ग्रोइंग कंट्री बने. वाली है इन फ्यूचर सो हम लोग इसमें क्या. करें हम लोगों को यह करना है की हम सब. बाहर के हर इंसान से ज्यादा जल्दी गो करें. इंडिया में ही हो के क्योंकि जब हर इंडियन.
गो करेगा ना तब इंडिया और तेजी से गो. करेगा तो हर इंडियन की ग्रोथ स्टार्ट होती. है राइट कंटेंट से राइट माइंडसेट से राइट. लोगों के साथ घूमने से और हम वही साड़ी. चीज इस पॉडकास्ट में लेक आते हैं सो. इंडियास ग्रोथ स्टार्ट योर विथ यू और मी. टुगेदर व्हेन वे शेर डिस्कंटेंट विद डी. वर्ल्ड थैंक यू सो मैच पर वाचिंग दिस. एपिसोड तिल डी और और आई होप की आप लाइक. करोगे शेर करोगे सब्सक्राइब करोगे विथ डी. वर्ल्ड और हर वो इंसान को बताओगे जिसको यह. पॉडकास्ट हेल्प करेगा और जो ऐवेंंचुअली.
अपनी लाइफ में से एक्शन लगा जो खुद की. नहीं खुद की फैमिली की नहीं जबकि पुरी. कंट्री की ग्रोथ उसके ऊपर डिपेंडेंट करेगी. और वो उससे गो करेगा थैंक यू सो मैच. [संगीत].
