DIRTY Truth Behind Indian Banking & Financial Services - Mobikwik's Upasana Taku | FO125 Raj Shamani
[संगीत]. बहुत सारी कुछ पॉपलर मैगज है ना आप भी गए. होंगे उन किसी में एक्स अंडर एक्स एक बार. ऐसा रिप्लाई आया हमें जो मेरी टीम ने मुझे. बताया तो मैं शॉक हो गई उनका रिप्लाई यह. आया कि अगर आपके. फाउंडर कुछ फैशन कॉस्मेटिक्स लगजरी गुड्स. वगैरह की कंपनी बना रही होती तो हमारे. मैगजीन के लिए बहुत बढ़िया होता हम. इंक्लूड करना चाहते हैं बट ये तो फाइनेंस. कर रहे हैं बॉस चंद्रमा प पहुंचा सकते हैं.
हम. चीजें तो वमन को फाइनेंस नहीं आता आता है. मुझे भी फैशनेबल कपड़े पहनने बट मुझे नहीं. पहनने फैशनेबल कपड़े मैं जींस और टीशर्ट. में ही आपको फोटो दूंगी और मैं टेक कंपनी. और फिनटेक कंपनी का ही आईपीओ करूंगी अब. आपको करना है फीचर तो करो नहीं करना है तो. आपकी प्रॉब्लम है आज का हमारा पॉडकास्ट. ऐसे एंटरप्रेन्योर के साथ है जिनको एडमिशन. तो वर्ल्ड के टॉप कॉलेज में मिल गया लेकिन. उस कॉलेज में जाने के लिए जो फीस लगती है. उसके पैसे नहीं थे.
देन फ्रॉम दैट पॉइंट वह आई इंडियाज टॉप 15. रिचेस्ट वमन की लिस्ट में उनकी पहले जॉब. लगी. ने अवार्ड दिया है आज का एपिसोड बहुत.
इंपॉर्टेंट है क्योंकि आज का एपिसोड है. कैसे एक मिडिल क्लास फैमिली से मिडिल. क्लास पर्सन बिकम एक्सट्रीमली रिच एंड गेट. इनटू द टॉप % इन इंडिया उनका स्टार्टअप. प्रॉफिटेबल है बहुत जल्द उसका आईपीओ आने. वाला है उनकी जर्नी बहुत सारे चैलेंज से. फुलफिल्ड है उसके बाद भी वह सारे चैलेंज. को पार करके आज उन्होंने ने एक अपना खुद.
का एंपायर बना दिया है जहां पे वो इंडिया. में काफी लोगों की हेल्प कर रही हैं एकदम. छोटे से छोटे गांव में जाके भी फॉर मी. स्पेशली यह एपिसोड बहुत इंस्पायरिंग था आई. होप आपको भी बहुत इंस्पायरिंग लगेगा सो. एंजॉय टुडे शो एंड पॉडकास्ट स्टार्ट करो. उससे पहले प्लीज जाके राज सुमानी क्लिप्स. एंड राजुमानी शॉर्ट चैनल को सब्सक्राइब कर. लो क्योंकि वहां पे हम बिहाइंड द सींस. अनफिल्टर्ड क्लिप्स दिखाते हैं जो इस.
पॉडकास्ट में आपको देखने को नहीं मिलती है. बहुत छोटे समय में हम आपको एक बेहतर लीडर. बनाने की कोशिश करते हैं एंजॉय द. शो पह ये बताओ कि हा स्टार्ट कैसे किया ये. सब और क्यों स्टार्ट किया दैट फर्स्ट. क्वेश्चन क्योंकि इंडिया में आपने बोला 20. मिलियन य यूजर्स थे तो इतना बड़ा कोई. मार्केट भी नहीं था तो ऐसा कोई बहुत. गोल्डन अपॉर्चुनिटी दिख नहीं रही थी दूर. से बस थोटा मोटा होगा राइट एंड आपके पास. बढ़िया आप स्टैनफोर्ड गए स्टैनफोर्ड के.
बाद मस्त जॉब लगी तो उधर चिल करते यूएस. में मजे करते आपकी लाइफ तो सेटल चलती. क्यों छोड़ के आए क्या पहले ये बताओ वहां. तक पहुंचे कैसे स्टैनफोर्ड कैसे पहुंचे. एंड देन स्टैनफोर्ड छोड़ के वापस इंडिया. क्यों आए पहले टाइम क्योंकि अगर इंडिया. आना था तो गए क्यों उधर बहुत ही सिंपल. मिडिल क्लास फैमिली से कश्मीरी फैमिली. मेरे फादर 60 70 में पीएचडी करने के लिए. श्रीनगर से गुजरात आए थे उसके बाद शादी कर. ली वहीं जॉब ले ली भारत सरकार के एंप्लॉई.
थे या प्रोफेसर थे फिजिक्स के या रिसर्च. कर रहे थे अप्लाइड रिसर्च और वो भी सूरत. में टू ऑटोमेट डायमंड प्रोसेसिंग टूल्स जो. कि पहले सब मैनुअली होता था तो इसलिए मेरी. परवरिश सूरत में हुई. है तो सिंपल मिडिल क्लास बैकग्राउंड और. कश्मीरी पंडित्स को क्या वो पढ़ाई के लिए. और काम के लिए कहीं भी चले जाएंगे मतलब. अंटार्कटिका भी भेज दोगे ना तो चले जाएंगे. लाइक मेरे एक चाचा केरला चले गए मेरे. पिताजी गुजरात आ गए मेरी बुआ यूपी चली गई. मतलब पढ़ाई के लिए कहीं भी चले जाएंगे और.
काम के लिए तो दैट कंटिन्यू तो पढ़ाई प. बहुत फोकस था अ 12थ कर लिया इंजीनियरिंग. करने गई एनआईटी जालंधर जिसको अब एनआईटी. बोलते हैं पहले आरईसी बोलते थे वो भी. मैंने की इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग क्लास. में दो लड़कियां बाकी सब लड़के बिकॉज. मोस्टली मैकेनिकल वाले लोग होते हैं. इंडस्ट्रियल इ बट मुझे करनी थी तो वो कर. ली उसके बाद आगे पढ़ाई भी करनी थी मुझे. लगा कि यार इससे ज्यादा स्मार्ट तो मैं. हाई स्कूल में थी इंजीनियरिंग में कुछ मज. नहीं.
आया तो बहुत सारे जगहों पर अप्लाई किया था. और ये था कि स्कॉलरशिप भी चाहिए क्योंकि. मम्मी म्यूजिक टीचर है पापा फिजिक्स. प्रोफेसर है तो और कैसे चलेगा तो मेरे को. बहुत सारे स्कूल्स में एडमिट मिला पडू यू. पेन ऐसे बहुत सारे यूएस स्कूल्स में फुल. स्कॉलरशिप मिली अब सब लोग अप्लाई करते हैं. कुछ सेफ स्कूल्स और कुछ एंबिशियस स्कूल तो. मैंने एक एंबिशियस स्कूल एप्लीकेशन डाली. थी दो डाली थी स्टैनफोर्ड और बकली मेरा. बहुत मन था कि मैं वहां जाके पढ़ूं वहां प. बहुत तोड़फोड़ पढ़ाई होती है और ट क्लास.
एप्लीकेशन ओरिएंटेड होती है अब बर्कली. मेरा टॉपिक था बर्कली में मुझे नहीं आया. स्टैनफोर्ड में मुझे एडमिट आ गया व्हिच इज. आल्सो अन हर्ड ऑफ मतलब मेरे कॉलेज में तो. सब बोल रहे थे कि यार तूने अप्लाई क्यों. किया है $ वेस्ट एप्लीकेशन के. क्योंकि जनरली इंडिया से वो एडमिशंस. आईआईटी दिल्ली बॉम्बे कानपुर उन लोग के उन. लोगों को ही मिलता है अभी तक मेरे कॉल से. तो कोई नहीं गया है ना स्टैनफोर्ड गया है. ना कोई बर्कली गया यूसी अली को पहुंच गया.
अब मुझे नहीं पता अभी तक भी कोई नहीं गया. तो अब मिल गया तो मैं तो बहुत खुश. स्टैनफोर्ड है यार तो ये तो बहुत अमेजिंग. हो गया और सूरत में भी थोड़ा था. एंटरप्रेन्योरल बग मुझे क्योंकि वहां पे. बहुत बिजनेस फैमिली है मेरे फ्रेंड्स भी. सब ऐसे सोचते हैं अब वहां की कहानी ये है. कि वहां पे बहुत महंगी है पढ़ाई 00 उस. टाइम पे 6 सा लाख होते थे वो तीन महीने की. फी है ओके तो दो साल आपको पढ़ना है तो आप. मल्टीप्लाई कर लो कितने पैसे चाहिए मेरे. पेरेंट्स ने बोला यार हमारा तो सारा.
जो मिलाजुला है टोटल लाइफ की सेविंग्स घर. के सिवाय बैंक में वो 5 लाख है तो ये तो. कैसे होने वाला है तो आप उन बाकी सब में. चले जाओ पडू यू पेन भी अच्छे स्कूल्स है. वो भी आईवी लीग है टॉप 10 में है फुल. स्कॉलरशिप है कोई पैसे नहीं लगने सिर्फ. फ्लाइट के पैसे लगने तो मैं बहुत उदास लोन. न के लिए ट्राई किया तब एजुकेशन लोन इतने. इजली मिलते नहीं थे अब थोड़े इंप्रूव. सिचुएशन मेरी बहन ने आईडिया लगाया सो आई. हैव टू थैंक माय सिस्टर वो बोलती है मेरे. को कि.
पापा इसको यूएस जाना है फ्लाइट तो देना ही. है तो फ्लाइट टिकट आप इसकी पहले. कैलिफोर्निया के कर ते वहां पर मेरे कुछ. फ्रेंड्स है उनके घर में रहेगी और. स्टैनफोर्ड में जाक खुद स्कॉलरशिप. ढूंढेंगी प्रोफेसर्स वगैरह को मिलेगी. स्कूल खुलने से कॉलेज खुलने से एक डेढ़. महीना पहले चले जाए भले ही मेरे फ्रेंड्स. के यहां फ्री में फ्री कर मिल गई. स्कॉलरशिप तो रुक जाएगी नहीं मिली तो. डोमेस्टिक टिकट लेके पडू या जहां भी उसको. जाना है वहां चली जाएगी तो ये तो बहुत. बढ़िया आइडिया है एटलीस्ट चांस कोई हो है.
सो गई. मैं गई पहले हफ्ते ट्राई किया लोगों को. कॉल कर रही हूं ईमेल करके अपॉइंटमेंट लेके. मिल रही हूं लोगों से कुछ नहीं हो रहा फिर. कुछ सीनियर्स से मिली इंडियन सीनियर्स ना. देसी सीनियर्स जो व पीएचडी वगैरह कर रहे. थे कह उसको स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग में. क्यों जा रही है सिर्फ अपने डिपार्टमेंट. में क्यों जा रही है स्कूल ऑफ म्यूजिक में. जा स्कूल ऑफ मेडिसिन में जा सबको कोडर. चाहिए कोई डेटाबेस बना दे कोई वेबसाइट बना. दे उसी चक्कर में तेरे को मिल जाएगी आर ए. रिसर्च. असिस्टेंट तो ऐसे कर करा के मैंने अपना. एक्सपेंड किया और टाइम निकलता जा रहा था.
तो अपॉइंटमेंट अपॉइंटमेंट छोड़ो कोल्ड. कॉलिंग छोड़ो मैं तो सीधा डोर टू डोर लैब. मार्केटिंग में पहुंच गई 250 लैब्स है. स्टैनफोर्ड कैंपस में 250 और सबके पास. बहुत ग्रांट का पैसा है तो ऐसे सब मैंने. किया मुझे कुछ नहीं मिला अब मंडे को कॉलेज. खुल रहा है और फीस जमा करनी है और वो. डिमांड ड्राफ्ट जो पापा ने दिया है जो. उतने का ही है वो एक ही यूनिवर्सिटी में. जा सकता है अभी आज थर्सडे था तो मैं सोच. रं मैं क्या करूं आईम लाइक रोने प पहुंच.
गई हूं मैं कि अब इस वीकेंड तो फ्लाई करके. जाना ही है दूसरी यूनिवर्सिटी जाना हो तो. आई गट अ कॉल थर्सडे मॉर्निंग कि एक है. स्टैनफोर्ड लीनियर एक्सलरेटर सेंटर दुनिया. में सात ही है लीनियर एक्सीलरेटर्स जो आप. जहां पे न्यूक्लियर पार्टिकल्स का. एक्सप्लोजन का वो सब रिसर्च करते हैं ठीक. है अंडरग्राउंड टनल्स बने हैं लंबे से. एक्सलरेटर बने हुए हैं तो स्टंफर्ड के बगल. में ही है उसका कैंपस तो वहां भी मैं गई. थी तो वहां से एक लैब से कॉल आया कि हमारे. को चाहिए हमें कुछ कुछ बनाना है हमारे पास.
कोई इंजीनियर नहीं है टेकी नहीं. है लेकिन आप कल आना हमारे हेड से हमारी. हेड से मिलने मैंने कहा यार कल क्यों. मैंने उसको समझाया उससे मैं मिल चुकी थी. जिसका मुझे कॉल आया मैनेजर का मैंने कहा. ऐसा ऐसा है कल तो लास्ट डे है तो आज कर लो. कुछ कहता नहीं अभी तो कुछ पॉसिबल नहीं है. अपॉइंटमेंट नहीं मीटिंग नहीं बुक है मैंने. कहा मैं आ जाती हूं देखते हैं तो. स्टैनफोर्ड में कैंपस में ही थी लाइब्रेरी. लाइब्रेरी में थी वहां से शटल लेके पहुंच. गई व वहां पे कहते अभी तो बात की थी मैंने.
कहा हां सर देखो ना कहते हैं कोई टाइम. नहीं है मैंने कहा मैं वेट करती हूं मैं. रिसेप्शन पे बैठती हूं आप जाके देखो अगर. कुछ भी पॉसिबिलिटी आज मिलने की सो फाइनली. ही केम बैक ही सेड कि जो बॉस है शी सेड शी. हैज अ लंच ब्रेक अराउंड वन सो दैट्ची हैज. तो अभी आप वेट करो एक डेढ़ घंटा था तो लंच. टाइम में शी कैन मीट यू वाइल शी इज हैविंग. लंच यू कैन गिव योर इंटरव्यू मैंने कहा. ठीक है बहुत ही बढ़िया तो दिया इंटरव्यू.
थैंक फुली शी वाज आल्सो अब ये मैकेनिकल. फैब्रिकेशन डिपार्टमेंट है विदन. स्टैनफोर्ड लीनियर एक्सलरेटर एक वुमन है. उसकी हेड उसने खुद भी बहुत तोड़फोड़ पढ़ाई. कर रखी है एंड यू नो शी इ प्रोबेबली इन हर. लेट 40 और अर्ली 50 तो मेरी तो एकदम से बन. गई शी वाज इंप्रेस्ड मतलब 15 मिनट में आई. वाज लाइक ये तो मिल गया पक्का तो शी इ. लाइक ओके दिस इज ल वेरी गुड आई लाइक योर. परसिस्टेंस बट यू विल डू ल दिस मैं आई विल. डू दिस ल दिस दैट यू हैव आस्ड मी टू डू. एंड मोर यू विल नॉट गेट एनी चांस टू एवर. टेल मी कि ये क्यों नहीं किया आपने सो शी.
सेड ओके लेट मी मेक सम कॉल्स एंड यू कम. बैक टुमारो मॉर्निंग आई केम बैक टुमारो. मॉर्निंग शी हैड मेड ऑल द कॉल्स टू द. स्कूल ऑफ एडमिशंस टू हर हेड व्हाट एवर सब. कर लिया ईमेल रेडी था मेरे सामने ईमेल. भेजा बॉस शी एंड स्लैक स्टैनफोर्ड लीनियर. एक्सलरेटर पेड 100 ग्रांड टू इयर्स फॉर. माय एंटायस और 000 मुझे हर महीने. स्टाइपेंड मिलता था एक्स्ट्रा एक्स्ट्रा. ऑन टॉप ऑफ फुल ट्यूशन वेवर भाई तो दैट वाज.
माय वो लोग करते हैं ना सीड रेज किया है. ये मेरा सीड राउंड था इसके बाद मेरा सेल्फ. कॉन्फिडेंस लेवल लाइक 20x बढ़ गया कि भाई. हम भी कुछ कर सकते हैं किसी की जरूरत नहीं. है कोई किसी का साथ हो सिर पे गॉड फादर. वगैरह की जरूरत नहीं है यू कैन बी अ सेल्फ. मेड पर्सन सो दैट वाज माय फर्स्ट. एंटरप्रेन्योरल थिंग नाइस स्टैंड फर्ड द. एजुकेशन इट सेल्फ इज वेरी एंटरप्रेन्योरल. जैसे यहां पे.
आईआईटी में आईएम में करते हैं वहां पे हर. क्लास में हर क्वार्टर में तीन सब्जेक्ट. है हर सब्जेक्ट में यू हैव होमवर्क यू हैव. केस स्टडीज ग्रुप डिस्कशन जैसे होते हैं. हर जगह बिजनेस स्कूल में एंड यू हैव टू डू. अ प्रोजेक्ट एंड प्रोफेसर आपको प्लेस कर. रहा है सम प्रोजेक्ट्स आर इन लार्ज कंपनीज. लाइक अ. रियल कंपनी रियल बिजनेस आई टू अप्लाई व्ट.
आई वाज लर्निंग सो आ आई हैव अ लॉट टू थैंक. अरे टेल मी कि एक एवरेज इंसान जो. स्टैनफोर्ड से मास्टर्स करके निकलेगा आज. की तारीख में उसकी सैलरी कितनी लगेगी जो. आपने कोर्स किया उस कोर्स यू डिड. मैनेजमेंट एंड इंजीनियरिंग मैनेजमेंट. साइंस एंड इंजीनियरिंग या तो उसकी कितनी. सैलरी हो सकती है आज अगर वो करके निकलता. है. तो 100 से तो ऊपर ही. होगी 100 से 150 के रेंज भी होगी हां मतलब.
80 लाख से सवा करोड़ के बीच हो हां तो उधर. एंड. दैट्ची डेट में भी गुड है सो यू स्टार्टेड. एंड सो प्रोबेबली उस टाइम का बट मैं व्हेन. आई स्टार्टेड इट वाज नॉट 100 इट वाज. प्रोबेबली 60 70 इंफ्लेशन बट उस टाइम का. इंफ्लेशन भी तो कम होगा मतलब इट्स तो आज. के जमाने में अगर आप वहां से निकलते तो. टेक्निकली इतनी क्शन जॉब होती मतलब मैं इस. लेवल पे पहुंच गए. जब मैंने अपनी ओके तो स्टैनफोर्ड से निकल.
के मैंने तीन चार साल चार पाच साल वहां. काम किया ओके कहां कुछ टाइम एक कंपनी थी. जो एचएसबीसी ने खरीदी थी उसमें ऑटो. फाइनेंस कंपनी थी एचएसबीसी की उसमें एक. साल किया ज्यादा टाइम. टू थैंक फॉर पेपल आई हैव इवन मोर टू थैंक.
फॉर हैव यू एवर. सॉ इलन और पीटर थील नहीं वो छोड़ के जा. चुके थे आई थिंक दे हैड लेफ्ट इन अर्ली. 2000 जब ईब ने खरीद लिया था. बाद में जाके और कोर्ट.
[संगीत]. youtube2 हज एंप्लॉई थे मैक्सिमम लाइक. टोटल कंपनी.
में मुश्किल से 50 या 60 प्रोडक्ट. मैनेजर्स थे 50 होंगे एंड आई वाज वन ऑफ. देम ओके एंड आई वाज इन ला अलग-अलग डिवीजन. होते हैं रिस्क फ्रंट एंड ये वो तो आई वाज. इन फाइनेंशियल सर्विसेस फाइनेंशियल. सर्विसेस का काम ही ये है कि हर कंट्री के. पेमेंट मेथड समझो और जो नई कंट्री लच करनी. है तो उसमें. जो कई कंट्रीज में नहीं होता है हम बट कई.
कंट्रीज में क्रेडिट कार्ड डेबिट कार्ड के. सिवाय उनके अपने लोकल तरीके भी होते हैं. तो मैंने कई कंट्रीज में यूरोप की कई. कंट्रीज में. बढ़ रही है लाक आई गट लट ऑफ ग्रोथ.
अपॉर्चुनिटी आई मू ग्रुप्स आल्सो एंड बाय. द जब मैंने तीन साल कंप्लीट किए ना. तो मतलब एक साल में मेरे पास ग्रीन कार्ड. आ गया था कॉम्प आई ऑलरेडी टोल्ड यू की 150. ग्रंड तक पहुंच गए थे अगर मैं वहां प जिस. साल मैंने छोड़ा है 2008 के एंड में अगर. मैं रुक जाती एक आधी साल और मेरे जितने भी. पेयर्स वो डायरेक्टर बन गए आज के डेट में. वो वीपी एसवीपी बन गए तो मतलब अच्छी थी. लाइफ एंड बहुत सारा टेक हो रहा था यू नो.
ऑल दज बिग टेक कंपनीज वर जस्ट बिकमिंग. बिगर एंड लुकिंग एट पेमेंट्स तो बहुत. अपॉर्चुनिटी थी वहां पे पल का ऐसा कल्चर. क्या था लाइक विच कि. सोचा तो नई कंट्री न महीने में लच हो.
जाएगी वो जो कंपनी हमने एक्वायर की उसमें. बिकॉज हमारा पेरेंट लिस्टेड कंपनी था तो. बहुत कम लोगों को पहले से पता हो सकता और. जब अनाउंस होगा तभी अनाउंस होगा मार्केट. को जबना तो सीईओ का मैंडेट यह था कि जिस. दिन हम फाइनल डॉक साइन करेंगे और मार्केट. में अनाउंस करेंगे उसके तीन महीने के अंदर. उसका आईपी पपल में चालू हो जाना चाहिए. उसका काम और उसका बेनिफिट आना चालू हो. जाना चाहिए तो आप तीन महीने पहले से काम. शुरू करो कि जिस दिन मैं अनाउंस करूंगा. उसके दो महीने बाद रेवेन्यू आना शुरू होना.
चाहिए तो. इस जैसे एन इ आल्सो फेमस बेज आल्सो फेमस. फॉर दैट ना मतलब गोल सेटिंग अच्छी थी लोग. भागते थे काफी. यंग डावर्स क्राउड था ऐसा नहीं था कि बहुत. इंडियन है या बहुत चाइनीज है काफी अच्छा. डावर्स क्राउड था और लोग बहुत टैलेंट. ड्रिवन था सब भाग रहे हैं मेरे को एक टाइम. याद नहीं है मुश्किल से मैं तीन साल वहां. प थी मुश्किल से 10 बार होगा कि मैंने ने. बैठ के शांति से लंच किया है अपने कलीग्स.
के साथ मीटिंग्स में लेके जा रहे हैं. सैलेड बॉक्स सैंडविच मीटिंग हो रही है. खाते रहे सब सब खा रहे हैं साथ साथ में. टाइम ही नहीं है इतना तेज भाग रहे हैं सही. कभी-कभी टॉक्सिक नहीं लगता था मजा आता था. नहीं मजा आता था ऐसा नहीं है मतलब ऐसा. नहीं था कि कभी खत्म ही नहीं होगा ऐसा. नहीं था कि अ मतलब अगर सबके ऊपर था. फ्लेक्स था जो लोग 9:00 बजे आते थे वो लोग. 7:30 सा तक चले जाते थे जो लोग 10:00 बजे. आते थे वो 7:30 8 तक चले जाते थे बट ऐसा. नहीं था कि मतलब काम करे जा रहे हो और और. कोई लाइफ नहीं है आपको जिम जाना है आपके.
शौक है आप पूरे कर सकते हो अच्छा बट जितने. टाइम वहां पर हो वहां पर बहुत तेज भागना. जो ये जो जब मैं इंडिया आई ना मेरे को. बहुत प्रॉब्लम हुई शुरू में अभी भी. कभी-कभी होती है जो ये लोग कोनों में मतलब. कॉफी कैचप करो लोगों की लाइफ में क्या हो. रहा है जानो बट ये जो बोलना नहीं चाह रही. हूं मैं बट व्हाट इज दैट वड गॉसिप बक जो. लोग बकबक करते रहते हैं फसूल की तो इसलिए. प्रोडक्टिव टाइम कम है तो तो वहां पे फोकस. यह था कि इट्स नॉट ट्रांजैक्शनल लाइक इफ.
यू आर माय बॉस इफ सम बडी एल्स इज माय. कॉलीग आई शुड नो ऑल ऑफ देम आई शुड नो. व्ट्स हैपनिंग इन देयर लाइफ हाउ वाज द. बर्थडे पार्टी एंड ऑल ऑफ दैट बट ऐसा नहीं. है कि आप रेशो ऑफ दैट कांट बी इनसेन लाइक. इफ यू आर इन द ऑफिस फॉर ना आवर्स एंड यू. आर वर्किंग प्रोडक्टिवली फॉर एटलीस्ट 8. आवर्स इफ नॉट मोर और इंडिया में ऐसा थोड़ा. बात करने का कल्चर बहुत ज्यादा है लोग अभी. भी मैं देखती हूं मेरे ऑफिस में भी देखती. हूं बाकियों में भी लोग खाना खा के नीचे. वॉक करने जाते हैं सुट्टा पीने जाते हैं.
चाय पीने जाते हैं वो खत्म ही नहीं होता. है लाइक काम करो निकलो क्यों बैठे हुए हो. वहां पे निकलो 7:00 बजे निकलो यार मेरे को. नहीं बिठाना लोगों को ट्रू यू नो एक बहुत. फनी एक कोई स्टैंड अप कमेडी कॉमेडियन का. मैं देख रहा था कि यूएस में ना स्मॉल टॉक. कल्चर बहुत ज्यादा है हम कि चलते चलते आप. लिफ्ट में जाते हो लोग बोलते हैं हाय. व्ट्स अप व्ट्स अप राइट और कुछ रिप्लाई. करते हैं कुछ नहीं रिप्लाई करते हैं मतलब. किसी को ऑफेंड नहीं होता लाइक चलते चलते. मैं स्ट्रीट प 10 लोग हाय बोलते जाऊंगा. लोग स्माइल करके निकल जाएंगे बात भी नहीं. करते बहुत कल्चर है लिफ्ट में जा रहे हो. आपने हाय बोला आप जानते भी नहीं हो किसी.
को हाय हेलो व्हाट्स अप कैसी लाइफ चल रही. है हां हो गया लिफ्ट खुली चले गए आपको पता. भी नहीं कौन है राइट बहुत कल्चर है स्मॉल. टॉक करते रहते हैं वर्किंग से तो स्टैंड. अप कॉमेडियन जोक मार रहा था कि सब लोग. बोलते हैं कि यूएस बड़ा रूड है स्मॉल टॉक. है किसी को बात ही नहीं करनी बोलते वो. इसलिए उनको लगता है क्योंकि इंडिया में. लॉन्ग टॉक कल्चर बहु. है सही बोला सही बोला क्योंकि इंडिया में. अगर किसी ने पूछ लिया हाई व्स तो उसको. बोले अरे आप बैठ अन अब बताता हूं मैं तुझे. पूरी प्रीवियस मेरी जिंदगी की कहानी देन. वो उसके दोस्त क्या ने बताया का मामा क्या. रहे बताया मामी क रहे सब बताते इंडिया है.
लाइक अ लॉट ऑफ लॉन्ग टॉक कल्चर आपने आपकी. बुक्स में लिखा है ना बिल्ड डोंट टॉक तो. आई थिंक मुझे लगता है कि इट्स नॉट जस्ट. अबाउट वर्क जैसे मेरे कुछ फ्रेंड्स थे. किसी को शौक है सर्फिंग का मेरे को शौक था. मैराथन का मोटरसाइकिल चलाने का तो आपके जो. शोक है आप उसके बारे में करो ना उसपे भी. तो टाइम इन्वेस्ट करो उसके लिए तो आपको एक. घंटा दो घंटा चाहिए ना रोज अगर करना है. कुछ तो मतलब जो भी करो करो अपने आप को. डेवलप करो बट ये फिजोल की टाइम पास कितना. करनी है बातें फेवरेट हॉबी है ना हमारा. बात करना इंडिया में फेवरेट हॉबी है.
मोटरसाइक्लिंग मैराथन नहीं करनी इंडिया. में बातें. करनी ओके सो देन आप गए तेल अवीव में. इजराइल वहां प ऐसा क्या हुआ जो आपने बोला. कि उसके बाद मैंने जॉब छोड़ दी तो वहां पे. वो स्टार्टअप बनाई थी 40 लोग थे 40 लड़के. लड़कियां थे सब यंग थे सब 20 में होंगे. मुश्किल से कोई 30 का होगा तीन साल. उन्होंने स्टार्टअप बनाए 200 मिलियन का. उन्होंने कैश पे आउट लिया. तो आई वाज लाइक यार ये कुछ और आईपी भी.
बहुत मस्त बनाया था तो आई वाज लाइक कुछ. फाड़ू करना चाहिए कुछ बड़ा करना चाहिए. एंड वर्ल्ड मैक्रो सिचुएशन तो मैं देख ही. रही थी 2008 में लीमन हुआ दिख रहा था कि. कुछ होने वाला है ऐसा लग रहा था तो मेरे. को यह था कि अब मैं यहां पर एक और बिग टेक. में जाऊ और वहां पर फिर से प्रोडक्ट में. आगे बढूं या प्रोडक्ट से बिजनेस में स्विच. करू उचा कुछ अपना करती हूं स्टार्ट अप. करती हूं अब वहां भी कर सकती थी स्टार्ट. अप तो देखो अभी भी मतलब जो लोग लोग जाते. हैं मेरे अपनी फैमिली से भी लोग हैं लोगों.
को सालों लग जाते हैं ग्रीन कार्ड वगैरह. मिलने में वहां सेटअप ठीक से होने में तो. वो सब मेरा हो गया था इजली आई वाज सिंगल. आई वाज हैप्पी इट्स नॉट लाइक सम पीपल डोंट. लाइक लिविंग इन द यूएस आई वाज हैप्पी इन द. यूएस आल्सो बट आई थॉट दैट यार एक ही लाइफ. है कुछ मीनिंगफुल करना चाहिए सो व्हेन आई. थॉट अबाउट कि हम क्या कर रहे हैं अब मैं. अपने सेक्टर का देख रही थी कि हम पेमेंट. प्रोडक्ट्स बना रहे हैं उसके बाद वहां पे. और कंपनीज आ गई स्क्वेयर स्ट्राइप बट वहां. पे सबके पास कार्ड है और हर कॉफी शॉप पे. आपका नुक्कड़ वाला चाय वाला है ना उसके.
पास भी कार्ड एक्सेप्टेंस है तो आ लाक. यहां पे जो भी हम बना रहे हैं दैट इज. एडिंग जस्ट अनदर इंक्रीमेंटल लेवल एक और. लेयर ऑफ कन्वीनियंस ऐड कर रहे हैं और जब. भी वेकेशन पे घर आती थी तो दिखता था कितना. बुरा हाल है तब इंडियन रेलवेज पे छह बार. ट्राई करो तब जाके टिकट बुक होती थी. पेमेंट इतना फेल होती थी तो आई वाज लाइक. कि इमर्जिंग मार्केट्स में अपॉर्चुनिटी. बहुत बड़ी है दिख रहा था चाइना में इतनी. फास्ट डेवलपमेंट हो रही थी इंटरनेट की तो. दिख रहा था कि चाइना लटन लैटिन अमेरिका.
फिर कहीं और जाओ उससे अच्छा अपने देश जाओ. इंडिया जाओ तो मेरे को भी वो था मतलब ये. नहीं कि स्वदेश देखी और बल्ब जागा बट मेरा. बल्ब भी आठन महीने से ऐसे ऑन ऑफ ऑन ऑफ हो. रहा था एंड देन आई मेड अप माय माइंड एंड. यू वट बिलीव लाइक कई लोगों के मां बाप. बहुत खुश होते हैं मेरे मां बाप तो. बिल्कुल खुश नहीं थे मतलब लड़ाई यहां फोन. प हो रही है मैंने कहा मैं बात नहीं कर. रही आपसे दो महीने मेरी लाइफ है मुझे जो. करना है अभी तक आपने जो बोला है करते जाओ. अपने हिसाब से तो आई थिंक वो थोड़ा. फ्रिक्शन पीरियड रहा बट मैंने डिसाइड किया.
सब पैक अप किया और मैं आ गई और वो भी मुझे. एक्चुअल काम करना था फाइनेंस में तो मैंने. बहुत सारे जैसे ग्रामीण फाउंडेशन ऐसे पांच. छ कंपनीज में अप्लाई किया कि भाई मेरे को. प्रो बोनो काम करना है बिकॉज आई वांट टू. सी कि इंडिया में में काम करना गांव में. क्या हो रहा है अलग-अलग मॉडल्स जो चल रहे. हैं फाइनेंस में माइक्रो फाइनेंस मॉडल चल. रहा था एक एक बीसी बिजनेस कॉरेस्पोंडेंस. मॉडल चढ़ाता हो क्या रहा है तो उससे फिर.
मेरा वो एक्सपीरियंस पूरा करके छन महीने. करके फिर मेरा सेकंड बल्ब जला कि भाई टेक. से ही होगा और कोई तरीका नहीं है हम. पहुंचने का सब जगहों में तो ये मेरा. माइंडसेट बन गया कि टेक स्टार्टअप करनी है. और ये भी नंबर दिख रहे थे कि लाइक पहले 20. मिलियन यूजर थे उस टाइम पे ये 2009 की मैं. बात कर रही हूं इंडिया के मोबाइल इंटरनेट. या टोटल इंटरनेट ब्रॉडबैंड मिलाके. कस्टमर्स कुछ 2025 मिलियन से नहीं थे तो. तभी मेरी मुलाकात मेरे कोफाउंडर से हुई.
उनको भी यह क्लियर था कि और वो चिप डिजाइन. का काम करते थे तो उनको दिख रहा था कि. चाइना में कितनी फास्ट स्मार्टफोन जा रहे. हैं और टेक बिजनेसेस इंटरनेट बिजनेसेस बन. रहे हैं एंड उनको भी करनी थी. स्टार्टअप और ऐसे हमारे थोड़े विचार मिले. और हमने सोचा कि अब अगर टेक प्लेटफॉर्म. बनाना है और फाइनेंशियल सर्विसेस करना है. तो आप कैसे करोगे मतलब आप लोगों तक प पचो. ग कैसे तो सबसे पहले तो उनकी डेली लाइफ की.
प्रॉब्लम सॉल्व करो तो इसीलिए फिर हमने. मोबी क्विक को एस्टेब्लिश किया एज योर. डेली लाइफ वॉलेट कि आपकी रोज म की जो. पेमेंट्स है आपको अपना फोन का बिल पे करना. है आपको अपना बिजली का बिल पे करना है तो. वहां से हमने शुरुआत कीी क्विक की और कैसे. शुरुआत की आई थिंक कीर्तिनगर से मैंने. डाइनिंग टेबल खरीदा था 5 6000 का और. डाइनिंग टेबल रखा दोनों ने अपने अपने. लैपटॉप लगाए मे भी लैपटॉप भी शायद सेकंड. हैंड थे चालू किया बस ऐसे शुरू हो ग बैठ.
के सो अगर मैं आपको बताऊं कि मेरी कंपनी. एजिस्ट ही क्यों कर रही है मेरी कंपनी. इसलिए एजिस्ट कर रही है क्योंकि 1.4. बिलियन की पॉपुलेशन है 800 मिलियन इंडियंस. के पास 800 850 के पास यूनिक के पास बैंक. अकाउंट है उसमें से टॉप 100 मिलियन. प्राइवेट बैंक्स के पास है बाकी सबका खाता. सरकारी बैंक अकाउंट में ठीक है क्या बात. कह रहे होम यस इतना डिफरेंस है इट्स लाइक. 12 15 पर ही प्राइवेट बैंक्स बाकी सब 100. का0 होगा उससे ज्यादा नहीं हो सकता मतलब.
सबके यूजर्स 15 10 20 ऐसे ही है उससे. ज्यादा नहीं है और कितने प्राइवेट बैंक्स. उंगली पर गिन सकते. हो तो व्ट आई वा ट्रा टू टेल यू कि आप कोई. छोटे शेयर में या इंसान बंदा है बंदी है. 00 40000 कमा रहे हैं 500 कमा रहे हैं 30. से 5 हज जो इंसान कमा रहा है जिसका अपना. बिजनेस है सेल्फ एंप्लॉयड है या सैलरीड है. वो गरीब नहीं होता है बट अगर वो इंसान. अपने बैंक में जाए और बोले कि मेरे को लोन. चाहिए नहीं मिलेगा अगर वो बोले कि मैंने.
सुना है रिचर गेटिंग रिचर मेरे को तो एफडी. रेट % मिल रहा है सेविंग्स रेट 34 पर है. बट पीपल अपेरेंटली आर अर्निंग इन डेट. फंड्स मनी मार्केट फंड्स मेरे को भी बताओ. 9 10 पर कैसे यील्ड बन सकता है मैंने भी. पैसा इकट्ठा कर लिया एक लाख कोई उसको. एडवाइज नहीं करेगा यह प्रॉब्लम है इंडिया. की कि डेमोक्रेटाइजेशन ऑफ फाइनेंशियल. सर्विसेस है ही नहीं वेदर इन्वेस्ट करना. है इंश्योरेंस करना है क्रेडिट प्रोडक्ट. चाहिए व कार्ड हो ऑटो लोन हो बिजनेस लोन.
हो व सब कुछ सिर्फ लाखों में मिलते हैं. हजारों के लिए नहीं मिल नहीं मिलते और जो. इंडिया का एवरेज इनकम है वह तो यार 35000. से भी कम है मैं तो फिर भी 30 से 5 हज की. बात कर रही चच इज मिडिल इंडिया 400 500. मिलियन इंडियंस दैट इज द अपकमिंग इकोनॉमी. ऑफ इंडिया दैट इज द मिलेनियल ऑफ इंडिया. एंड उनको टेक्नोलॉजी यूज करने में कोई. नहीं है दे विल यूज टेक्नोलॉजी एंड दे विल.
फाइंड फ्रीकिंग कोई भी छोटी से छोटी ऐप है. जो उनको दे दे वो उनको तो नीड है ना यार. इट्स नॉट अबाउट कन्वीनियंस चलो कुछ के लिए. सिटीज में जैसे हमारे जैसे लोग भी फिनटेक. एप्स यूज कर रहे हैं हम कन्वीनियंस के लिए. यूज कर रहे हैं बट वी आर वेल बैंकड वेल. सर्व्ड बट कंपनीज लाइक माइन एटलीस्ट. एजिस्ट टू सॉल्व द नीड फॉर मोस्ट ऑफ. इंडिया व्हिच नोबडी सॉल्विंग ट अब मुझे ये. बताओ कि आपने सिटीज में बहुत सारे सिटी आप. रह चुके हो बहुत सारे शहरों में और आपने. बहुत सारे गांव में भी जाके काम किया. विलेजेस में दोनों में डिफरेंस क्या है.
दोनों के चैलेंज अलग-अलग कैसे हैं क्योंकि. जब भी हम इंडिया की बात करते हैं यूजुअली. लोग ना इंडिया को दो या तीन पार्ट में. डिवाइड करके बात करते हैं कि इंडिया. इंडिया भारत वर्सेस स्टोरी जो है या टियर. वन टियर टू टियर थ्री टियर फोर सब अलग-अलग. को बांट के रखा है हर जगह कहीं पे भी एकदम. सेंट्रलाइज की बात नहीं करते कि पूरे. इंडिया में क्या प्रॉब्लम है यूजुअली लोग. अलग-अलग बात करते हैं तो आपको क्या लगता. है कि क्या एक तो पहले होता ये डिफरेंस है. दोनों की अलग-अलग प्रॉब्लम्स है कि नहीं. है और है तो क्या है क्या है विलेज में जो.
डिफरेंट है जो टॉप इंडिया में नहीं देखो. पहली प्रॉब्लम तो क्लियर है वो यह है कि. पैसों की प्रॉब्लम तो हर जगह है जिसको कि. कहते हैं फाइनेंशियल सर्विसेस कि पैसा आप. सेव कैसे करो पैसा आप लोन कैसे लो पैसा आप. इन्वेस्ट कैसे करो इंश्योर कैसे करो अपने. लिए भी और अपने बिजनेस के लिए भी दोनों. चीजों के लिए यह बहुत बड़ी प्रॉब्लम है. इंडिया. की 1.4 बिलियन की आबादी में से 70 से 80. मिलियन 70 से 80 मिलियन से ज्यादा लोगों.
को कोई फाइनेंशियल प्रोडक्ट नहीं मिला है. ठीक है तो मतलब लेस देन 7 पर ऑफ इंडिया को. कोई भी पैसे से रिलेटेड सुविधा मिली है. बैंक अकाउंट मिल गया है 800 मिलियन लोगों. के पास बैंक अकाउंट है और डेबिट कार्ड है. बट उसके सिवाय कुछ नहीं है ओ अब कोई इंसान. मान लो मां-बाप ने पढ़ा लिया हाई स्कूल की. पढ़ाई कर ली बम्बे में उसकी जॉब लग गई. किसी की आएगा तो छ महीने का उसको देना है. क्या फ्लैट में रहने का डिपॉजिट कहां से.
लाएगा नहीं हो सकता किसी का अभी मैंने. आपको अपना एग्जांपल बताया कि मैं गई. स्टैनफोर्ड मेरे को स्कॉलरशिप मिल गई. इंडिया में कहां मिलती है किसी को बहुत. अच्छी जगह एडमिशन मिल गया भाई उसके मां. बाप के पास नहीं है पैसे तो कहां से लाएगी. लोन तो इली मिलता नहीं है तो यह मैं कह. रही कि पैसों की प्रॉब्लम हर जगह है बट अब. उसम अगर मैं बमबे का एग्जांपल लू. आपकी क्या बंड की प्रॉब्लम अलग है और. चांदीवली की प्रॉब्लम अलग है ठीक है तो ये.
डिफरेंस है और फिर आप आपको नेक्स्ट लेना. है तो वो जो लोकल ट्रेन के एजेस पे जो जगह. है उनके मेरे को नाम नहीं आ रहा याद आ रहा. विरार और वो जगहो बट प्रॉब्लम हर जगह वही. है कि किसी को अपनी दुकान में कुछ इंप्रूव. करना प्रोडक्ट लाने है उसके पास वर्किंग. कैपिटल नहीं है किसी को अपना बिजनेस बनाना. है उसके लिए वर्किंग कैपिटल नहीं है किसी. के पास दो कैब्स का बिजनेस है उसको एक और. कैब लेनी है इतनी आसानी से इंडिया में कुछ. मिलता नहीं है फाइनेंशियल सर्विसेस के नाम.
या यह प्रॉब्लम कॉमन है अब इसमें एक. डिफरेंस है जो आपने. बोला जो. लोग मान लीजिए 60000 से ज्यादा कमा रहे. हैं महीने का अब वो कहीं भी रह रहे हो अब. वो कन्याकुमारी में रह रहे हैं या चेन्नई. में रह रहे हैं या दिल्ली में या बम्बे. में रह रहे हैं उनके लिए प्रॉब्लम यह है. कि उनको सब जल्दी चाहिए और कन्वेनिएंट. चाहिए और मिनिमम पेपर वर्क के लिए चाहिए. तो उनकी प्रॉब्लम्स. को मैं नाइस टू हैव कैटेगरी में बोलती हूं. ओके जैसे आपको लोन चाहिए आपके यहां जितने.
लोग काम करते हैं उनको कोई उनको मिल जाएगा. उनको है कि मेरे को बेस्ट कौन देगा बेस्ट. प्राइस कौन देगा कम पेपर वर्क कौन देगा और. जल्दी कौन देगा बट भाई जो बंदा य चाल में. रह रहा है उसको तो देगा कौन उसकी तो. प्रॉब्लम नीड की है जो बंदा गांव में अपना. खेती का काम कर रहा है उसको उसके लिए. चाहिए उसकी प्रॉब्लम नीड की है वो. कन्वीनियंस की प्रॉब्लम नहीं है वो. प्राइसिंग की प्रॉब्लम नहीं है पेपर हज पे. पर ले लो दो तो सही मेरे को हम वो नीड की.
प्रॉब्लम है वहां तक पहुंचे ही नहीं है. प्रोडक्ट्स तो मुझे एक बात बताओ कि इतने. बैंक्स है अगर आप बोल रहे हो बैंक अकाउंट. है 800 मिलियन लोग का बैंक अकाउंट है मतलब. लगभग लगभग. 60 70 पर पेनिट्रेशन बैंक अकाउंट का हो. गया है पूरे इंडिया में तो जब बैंक अकाउंट. है मेरे पास मेरे पास पैसा जो आ रहा है वो. बैंक में मैं जमा कर रहा हूं भले 00 हजार. रप लाख रुपए करोड़ रुपए जो मेरे को जमा. करना है मैं जमा कर रहा हूं तो मैं बैंक. के पास ही जाके क्यों नहीं ले सकता बैंक. क्यों नहीं दे रहा है मुझे मतलब व्हाट इज. द प्रॉब्लम जो बैंक सॉल्व नहीं कर पा रहे. और आप लोग कर रहे हो देना चाहिए बैंक को.
देना चाहिए बट बैंक दे नहीं पा रहे हैं. उसका कारण है कि कुछ ही बैंक्स है. जिन्होंने सेल्फ सर्व डिजिटल प्लेटफॉर्म. बनाए हैं टेक प्लेटफॉर्म बनाया है अब टेक. प्लेटफॉर्म से सबसे बेहतर बात क्या होती. है सबसे बड़ा बिजनेस बेनिफिट क्या है. एग्जांपल लोन का ही ले लेते हैं बट ये. इन्वेस्टमेंट इंश्योरेंस किसी भी चीज के. लिए वैलिड है कोई भी प्रोडक्ट बेचने के. लिए आपका एक एक कॉस्ट लगता है ऑपरेटिंग. कॉस्ट अब अगर आप आपका ब्रांच बेस्ड मॉडल. है वो भले ही कितना छोटा बैंक हो कितना ही.
छोटा एनबीएफसी हो तो एक फाइल है जो एक. सेल्स वाला कलेक्ट करेगा पेपर वगैरह फिर. अपने मैनेजर को देगा फिर क्रेडिट. अंडरराइटिंग में जाएगा ऐसे कर करके वो. फाइल प्रोसेस होगी तो एक फाइल प्रोसेसिंग. ऑपरेटिंग कॉस्ट है जब आप ब्रांच बेस मॉडल. में करते हो कॉस्ट हाई होता है कुछ हजारों. में है तो अगर आपका कॉस्ट ही हजारों में. है तो आप किसी को 40 50 हज का लोन कैसे. दोगे आपका तो प्रॉफिट ही नहीं बनेगा ना आप. तो लॉस में है कर ही नहीं. सकते क्योंकि फिजिकल ब्रांच से ले रहा है. लोन को हा ब्रांच का कॉस्ट है ब्रांच का.
लीज है ब्रांच का स्टाफ है वो सबका कॉस्ट. भी तो लोडेड होता है ना पर प्रोसेसिंग. कॉस्ट में जैसे एटीएम में पर चीज का कॉस्ट. है वैसे ही ब्रांच में कोई भी चीज करने का. पर इंसान का पर प्रोसेसिंग कॉस्ट कर तो. इसलिए वो सिर्फ बड़े लोगों को ही लोन देते. हैं छोटे को दे जहां पे पैसे बने जहां प. आपका पीएनएल मतलब आपका रेवेन्यू माइनस. कॉस्ट प्रॉफिट होगा मुनाफा होगा तभी ना आप. वो लोन दोगे जब मुनाफा नहीं है तो आप घाटे. में थोड़ी ना दोगे ठीक है और कोई चाहता भी. नहीं है अगर बैंक घाटे में है तो आप चाहते. हो अपना पैसा उसमें रखना नहीं रखना चाहता. कोई भी तो उनकी भी गलती नहीं है अब कई लोग.
बना रहे हैं कई बैंक्स बहुत तेजी से अपना. टेक बना रहे हैं अब टेक प्लेटफॉर्म में. क्या होता है. कि कुछ लोग हैं जो वहां काम कर रहे हैं बट. उन्होंने एक डिजिटल प्लेटफार्म बनाया है. जो ऑटोमेटेड सब कुछ प्रोसेस कर रहा है तो. एक्चुअल प्रोसेसिंग फाइल प्रोसेसिंग कॉस्ट. तो जीरो है हम या जो भी अगर आप वो सबका. कॉस्ट उसपे कैलकुलेट करके अमोर्टाइज करके. लगा लो तो भी कुछ पैसे होगा तो अब मैं. आपको 1000 का लोन दूं या 1 लाख का या. 50000 का मैं सबको दे सकती हूं क्योंकि.
मेरा कॉस्ट सेम है इसीलिए टेक इज अ वेरी. बिग मतलब डेमोक्रेसी अ वो एक टेक. प्लेटफार्म को नहीं दिख रहा कि सामने वाला. आदमी इंग्लिश बोलता है या नहीं उसने कॉलेज. की पढ़ाई किया नहीं है उसकी तनखा 1 लाख है. या 50 लाख है या 10000 है वो डेमोक्रेटिक. इवेलुएट हो रहा है हम क्योंकि कॉस्ट उसका. सेम है सबके लिए ओके सो प्रॉब्लम. बैकग्राउंड से ज्यादा प्रोसेसिंग की है हम. डिस्ट्रीब्यूशन विशेस भाई आपको याद होगा. मैंने बोला ऐसे एकएक गांव में कितने लोग.
भेजोगे कितने 100 साल लग जाएंगे बट अगर. आपके पास मोबाइल है अब आप भिलाई के अंदर. हो या आप अगरतला के अंदर हो आप मोबी क्विक. जैसे प्लेटफॉर्म से तो जुड़ ही सकते हो ना. आपके पास मोबाइल है मेरा प्लेटफॉर्म. अवेलेबल है ऑनलाइन आप पप डाउनलोड करो आप. यूज करो तो अब जैसे मान लो मोब क्क है ठीक. है अब मुझे लोन चाहिए तो मोब क्क लोन दे. देगा हम ठीक लेकिन अब बैकग्राउंड टेस्ट. कैसे करते हो अब जैसे आपके ना मेरा बैंक.
अकाउंट है आपको पता नहीं है मैं आपको वापस. दे पाऊंगा कि नहीं दे पाऊंगा तो इसका ये. मेन चीज है कि मू क्विक के पास अभी 140. मिलियन यूजर्स हैं हम और 4 मिलियन. मर्चेंट्स हैं जिनको हमने एक्वायर किया है. पिछले 1314 सालों में जब से हम काम कर रहे. हैं इंडिया में तो मर्चेंट्स क्या होते. हैं दुकानदार ओके जो लोन देंगे नहीं नहीं. ओ जो दुकानदार पे हमारा क्यूआर कोड लगाए. जहां कर सकते हो देखिए हमने शुरुआत पेमेंट. से की है तो हम पहले यूजर्स को भी और.
रिटेलर्स को दुकानदारों को भी किराना. वालों को भी पेमेंट्स के लिए एक्वायर करते. हैं और इसी बात में मैं बोलना चाहती थी आप. अगर अभी म क्क ऐप डाउनलोड करेंगे आपको लोन. नहीं मिलेगा हम आप म क्क ऐप डाउनलोड. करेंगे अ क्योंकि हमारा वॉलेट ड्रिवन. सिस्टम है आप उसपे केवाईसी करेंगे बैंक. टाइप का तो हम आपकी आइडेंटिटी वगैरह चेक. करेंगे फिर आप ट्रांजैक्शंस करेंगे आप. ट्रेन टिकट बुक करिए आप बिजली का बिल भरिए. फोन का बिल भरिए खाना ऑर्डर करिए या जोमट. से जितनी भी ऑनलाइन बिल पेमेंट या आपके.
आसपास की जगह में पेट्रोल भरवाए. मोटरसाइकिल में यह सब आप ट्रांजैक्शन. करेंगे तो उसका एक डाटा बनता जाएगा वो. डाटा के बेसिस पर हम डिसाइड करेंगे कि. आपको लोन देना है या नहीं और कितना दिन है. क्योंकि उससे आपका पूरा प्रोफाइल बन जाता. है हमारे पास तो पहले मैं प डाउनलोड करके. यूज करना स्टार्ट करूंगा साल भर मैंने यूज. किया उसके बाद आप केस बना के बता दो कि. यार मैं एलिजिबल हूं 5 लाख लेने के लिए 10. लाख लेने के लिए 15 लेने की हमें दिग गया. तुम कितना स्पेंड करते हो तुम हर महीने. कितना खर्चा कर पाते हो करेक्ट सही ओके सो.
ये इसका कोई मैथ होता है कैसे होता है. लाइक हाउ डू यू अब कोई इंसान जैसे मान लो. मैं हूं ठीक है अब मेरी इनकम की मालो मैं. ₹ लाख कमाता हूं ठीक है लेकिन मैं खर्चा. मोबी क्विक से सिर्फ 00 करता हूं तो मैं. तो मुझे लोन टेक्निकली ज्यादा मिल जाना. चाहिए नहीं तो हम सिर्फ आप जो म क्विक पे. कितना खर्चा कर रहे हो वो नहीं देख रहे. हैं हम आप बाकी क्या खर्चा कर रहे हो वो. भी देख रहे हैं तो हमने में बहुत सारी चीज. बना ली है स्पेंड एनालिसिस बना लिया है तो.
लोग अपना बाकी अकाउंट्स कनेक्ट कर देते. हैं आप मूवीी क्विक से यूपीआई पेमेंट्स भी. कर सकते हो तो हम आपके यूपीआई. ट्रांजैक्शंस भी देखते हैं हमने अकाउंट. एग्रीगेटर फ्रेमवर्क भी सेट अप कर लिया है. तो हम डाटा सिर्फ हमारी पेमेंट का नहीं. कलेक्ट करते हैं आप जितना भी स्पेंड कर. रहे हो डिजिटली हम वो सब फिगर आउट करने की. कोशिश करते हैं एंड ऑफकोर्स आप डायरेक्टली. जितना करोगे वो तो हमें दिखता ही दिखता है. ठीक है तो बड़ी प्रॉब्लम क्या है व्हाट ड. यू फील देर आर थ्री प्रॉब्लम जो इंडिया. में यूजुअली फाइनेंस को लेके लोग बात करते.
हैं ट फर्स्ट इ कि लोगों को यह नहीं पता. अपना पैसा बेहतर तरीके सेव कैसे करें और. इन्वेस्ट कैसे करें उसे लोगों को ये नहीं. पता कि मैं मेरे पैसे पे बैंक में पड़ा. पड़ा वो कम होते जा रहा है मैं उसको बढ़ाऊ. कैसे जैसे काफी रहीस लोग अमीर लोग करते. हैं बढ़ाते जाते हैं पैसे मैं कैसे बढ़ाऊ. मुझे पता नहीं है और मैक्सिमम एक थोड़ा. डिस्ट्रस्ट भी होता है क्योंकि डर लगता है. कि आज तक जिन्होंने हमारे पास वालों को. एडवाइस दी थी उन्होने डुबा दी तो मैं इनकी. नहीं सुन के लगा रहा राइट इसलिए लोगों को. लगता है कि भाई जो बैंक एफडी दे रहा है 4.
पर 5 पर 6 पर जो भी है रख लो सो एक तो यह. प्रॉब्लम है सेकंड प्रॉब्लम है कि मुझे. इंश्योरेंस मैं नहीं लेता क्योंकि. इंश्योरेंस पेनिट्रेशन इंडिया में बहुत कम. है ओवरऑल हम ऐसी कंट्री है जहां पर हम. प्रिवेंट में ज्यादा बिलीव ही नहीं करते. हाथ के हाथ जो हुआ अभी हाथ दो कर लो लोगों. को भरोसा ही नहीं होता है कि आज अगर मैं. पैसे दूंगा तो 25 साल बाद अगर मेरे साथ. कोई दिक्कत हुई तो कोई ले लेगा क्योंकि. बहुत बार ऐसा हुआ है कि 25 साल तक नहीं. बचती तो लोग सोचते हैं भाई मेरा पैसा ही. चले जाएगा एंड देन थर्ड प्रॉब्लम आती है.
दैट इज कि मुझे आज बिजनेस करना है तो मैं. अब लोन कैसे लूं मुझे अगर मैं नॉर्मल जॉब. सैलरीड इंसान भी हो तो जैसे आपने बोला. पढ़ाई करानी है मेरे बच्चों को तो लोन. कैसे लूं मुझे बाहर जाके नए शहर में रहना. है तो तीन महीने का डिपॉजिट कैसे लाऊ और. छो इवन इनफैक्ट छोटी चीज की मुझे अब इस. दिवाली मु को बड़ी टीवी खरीदनी है मुझे. मिक्सर खरीदना है मुझे तो उसके लिए. छोटे-छोटे ई प कैसे लो राइट ये तीसरी लोन. वाली प्रॉब्लम है कि मैं पैसा आज एडवांस. में कैसे ले लू क्योंकि मेरे पास तो सैलरी.
हर महीने ₹ लाख आ रही है या 10000 आ रही. है 25000 आ रही है मैं धीरे-धीरे 500 500. हजार हजार करके भर दूंगा सबसे बड़ी. प्रॉब्लम व्हाट डू यू थिंक इज इंडिया की. ये तीनों ही प्रॉब्लम बहुत बड़ी है ये. तीनों ही प्रॉब्लम बहुत बड़ी है और इसमें. से बाय द वे सभी के नंबर 7 पर ऑफ इंडियाज. पॉपुलेशन से कम पे पेनिट्रेशन सब में 7 पर. से कम है ठीक है इन्वेस्टमेंट और. इंश्योरेंस की और पुर है मतलब इंश्योरेंस. 7 पर इंडिया के पास भी नहीं है नहीं है और.
मैं सिर्फ जो आप बोल रहे हो टर्म लाइफ. इंश्योरेंस की अगर मेरी मृत्यु हो गई तो. मेरी फैमिली को कुछ मिल जाए उसकी बात नहीं. कर रही हूं मतलब आप हेल्थ इंश्योरेंस. स्कूटर इंश्योरेंस सब कुछ मिला लो सब कुछ. मिला मिला सबके नंबर्स बहुत कम है यही. आपको सब मिलाने के बाद भी 7 पर नहीं है. देखिए हम बबल में रह रहे हैं शहरों में जो. लोग टॉप 100 मिलियन 100 मिलियन मतलब टॉप. 10 करोड़ जो लोग लोग हैं वो अपने बबल में. रह रहे हैं हमें सोचना चाहिए याद करना.
चाहिए हम कैसे रहते थे 1015 साल पहले और. इंडिया की मैक्सिमम आबादी आज भी वैसे ही. रह रही है अभी तक उनके पास सब कुछ नहीं. पहुंचा है हम लोग थोड़ा पढ़ लिख के आगे. बढ़ गए लाइफ में अभी 500 मिलियन लोग वही. ब्रिज क्रॉस करके अगले 10 साल में वहां. पहुंचेंगे होप फुली थैंक फुली जहां अभी हम. पहुंचे हैं ये बेसिक फाइनेंशियल. सिक्योरिटी है जो नहीं है लोगों के पास. ठीक है ना तो आपने बोला कौन सी प्रॉब्लम. बड़ी है मतलब मुझे तो सारी प्रॉब्लम्स. बड़ी दिखती है अभी हम मोबी क्विक में दो.
प्रॉब्लम्स पे सॉल्व करने की कोशिश कर रहे. हैं एक कि लोगों को पैसा इन्वेस्ट करने की. सिंपल एडवाइस कैसे दी जाए तो मतलब. प्रोडक्ट हम नहीं बनाते प्रोडक्ट सब बैंक. बनाता है हमारा एज अ फिनटेक क्या काम है. कि प्रोडक्ट्स को क्यूरेट करो सिंपलीफाई. करो और ऐसे तरीके से प्रेजेंट करो कि आम. इंसान को जिसने 10वीं 11वीं 12वीं तक भी. पढ़ाई की है उसको समझ में आना चाहिए कि आप. कैसे कर सकते हो और रिपल दो जैसे अब हमारे.
प्लेटफॉर्म पे अगर आपको इन्वेस्ट करना है. तो आप बहुत सिंपल चीज है आप डिजिटल गोल्ड. में इन्वेस्ट कर सकते हो आप म्यूचुअल. फंड्स में इन्वेस्ट कर सकते हो उसमें हम. आपको बताएंगे कि अगर आपको एकदम सेफ रहना. है तो आप इनमें इन्वेस्ट करो अगर आपको. थोड़ा रिस्क लेना है बट आपका रिटर्न भी. हाई आएगा तो आप यह बंडल में इन्वेस्ट करो. फिर हमने कुछ अल्टरनेटिव डेट प्रोडक्ट्स. भी डाल दिए जिसमें आप 10 पर भी कमा सकते. हो अब हम उसमें और प्रोडक्ट भी ऐड करने.
वाले हैं बिकॉज हमें दिख रहा है कि जो यंग. इंडिया है वो कोई गांव में भी हो अगर उनको. कोई जरिया मिल रहा है जिसमें वह सेफली. थोड़ा ज्यादा पैसा कमा चाहते हैं तो उनको. कमाना चाहिए बिकॉज मान लीजिए अभी किसी ने. कॉलेज से पढ़ाई खत्म की है और वह कोई जॉब. कर रहे हैं कॉल सेंटर में जॉब कर रहे हैं. 30 35 हज उनको मिल रहा है वो कुछ कुछ पैसे. जोड़ रहे हैं मे भी उनको आगे पढ़ाई करनी. है मे भी उनको अपना बिजनेस डालना है तो वो. पैसा 5 6 पर पे क्यों पड़ा रहे है जो भी. वह जोड़ पा रहे हैं हर महीने 5000 भी अगर.
आप जोड़ रहे हो तो उसको कंपाउंड करो ना. यार आप बेस्ट रिटर्न गेन करने की कोशिश. करो अब शेयर मार्केट में लगाने के लिए. आपको बहुत ज्यादा अ एनालिटिकल होने की. जरूरत है अब सबके बस का नहीं है वह तो यह. हम करने की कोशिश कर रहे हैं कि सिंपलीफाई. इन्वेस्टमेंट्स पे हमारा एक फोकस है और. दूसरा फोकस हमारा जो आपने कहा डिफरेंट. डिफरेंट लोन की नीड्स है कुछ लोगों को लोन. चाहिए 1520 दिन के या 30 दिनों के लिए और. कुछ घर के लिए ही लाना है और वो अगली. सैलरी आने प पे कर पाएंगे तो वो उनके लिए.
कुछ लोंस हैं जो लोगों को कोई बड़ी चीज. लेनी है वो वो 12 महीने या दो साल में ही. पे करवाएंगे हर महीने किश दे के तो उस. टाइप के पर्सनल लोन प्रोडक्ट फिर जो हमारे. दुकानदार हैं हमारे नेटवर्क में जिनको. हमने जो हमारे साथ जुड़े हुए हैं पेमेंट्स. हमारे मोबी क्विक के थ्रू एक्सेप्ट करते. हैं तो उनके लिए भी अब प्रोडक्ट्स हम बना. रहे हैं ताकि उनको भी वर्किंग कैपिटल लोंस. इजली मिले बिकॉज बहुत सारे ऐसे दुकानदार. हैं जिनको वो स्केल नहीं पहुंचा उनका जब.
तक वो 1 करोड़ 50 लाख के स्केल प नहीं. पहुंचेंगे तब तक उनको बैंक से कुछ नहीं. मिल कुछ नहीं मिल प्लेटफॉर्म्स. पे ट्रस्ट कैसे किया जाए क्योंकि पहले. प्लेटफॉर्म की जगह ना एडवाइजर्स होते थे. जैसे आप बोल रहे हो कि आप डेमोक्रेटाइज कर. रहे हो और आप हर जगह फैला रहे हो पहले. छोटे-छोटे एडवाइजर्स आते थे और वो बोलते. थे कि हे म्यूचुअल फंड ले लो या इधर डेट. फंड में लगा दो और वो वही बता जिनम उनका. मोटा कमीशन बनता है तो प्लेटफॉर्म्स. क्योंकि ए एज योर प्लेटफॉर्म और ए एनीबडी.
प्लेटफॉर्म वो तो पैसे तब कमाएंगे जब वो. फाइनेंशियल प्रोडक्ट बेचेंगे जिनमें उनका. 1 पर कमीशन केके 4 पर कमीशन होगा राइट या. 10 पर कमीशन होगा सो. इजट लाइक. दैट्ची में लगाए जो डिस्ट्रीब्यूटर बोल. रहा है तो देखिए इसमें दो चीजें हैं और इस. पे बहुत ही रिसेंटली भी सेबी ने एक और. नोटिफिकेशन निकाला है सेबी की एक लिस्ट है.
रजिस्टर्ड इन्वेस्टमेंट एडवाइजर सेबी की. वेबसाइट पे वेरीफाई कर सकते हो कि कौन. उनके साथ रजिस्टर्ड है एज एन इन्वेस्टमेंट. एडवाइजर और अगर आप रजिस्टर्ड इन्वेस्टमेंट. एडवाइजर हो आरआईए तो आप किसी भी फंड से. कोई कमीशन नहीं ले. सकते अच्छा आपको एडवाइजरी फी अपने कस्टमर. से लेना अलाउड है बट आप किसी से कोई कमीशन. नहीं ले सकते कि मैं आपका म्यूचुअल फंड. ज्यादा. बेचू तो हम जितने भी इन्वेस्टमेंट. प्रोडक्ट्स कर रहे हैं उसमें हम किसी से. कमीशन नहीं ले रहे नाइस और आई थिंक ये.
इंपॉर्टेंट है अ क्लेरिफाई करना और लोगों. को चेक भी करना तो ये कंज्यूमर अवेयरनेस. हमें बढ़ानी है कि भाई आप वही प्लेटफार्म. से लीजिए जो रजिस्टर्ड इन्वेस्टमेंट. एडवाइजर है व्हिच मींस कि उनको किसी से कट. नहीं मिल रहा और ये कैसे देख सकते हैं कि. जो आपने बोला रजिस्टर्ड सेबी एडवाइजर हो. वो लिखा र एक तो रजिस्टर्ड से भी एडवाइजर. है सबका आरआईए नंबर है अब तो खैर मैं आपको. भी बताना चाहती हूं इसपे नोटिफिकेशन आई है. कि कोई फिनटेक इनफ्लुएंसर भी नहीं बन सकता. अनलेस वो रजिस्टर्ड इन्वेस्टमेंट एडवाइजर.
है जिसके लिए आपको एग्जाम देना पड़ता है. सेबी का जस्ट सो यू नो तो ऐसी बहुत ही कम. कंपनीज है आई थिंक हजार कंपनीज होंगी या. हजार इंडिविजुअल्स होंगे जो शायद या कुछ. हजारों में होंगे जो रजिस्टर्ड. इन्वेस्टमेंट एडवाइजर है ऐसे ही. प्लेटफॉर्म से. आप करिए ट्राई और उसमें भी जो भी प्लांस. वो लिस्ट कर रहे हैं उसमें उनको जरूर. दिखाना पड़ेगा कि यह रेगुलर प्लान है या. डायरेक्ट प्लान है अगर रेगुलर प्लान है तो. उनको कमीशन मिल रहा है अगर डायरेक्ट प्लान. है तो उनको बीच में कोई कमीशन नहीं मिल. रहा तो वो आपको अगर कोई बंडल बना के.
रिकमेंड कर रहे हैं कि मान लीजिए आपकी. रिस्क एपेटाइट ऑन अ स्केल ऑफ रो टू 10. पांच है या तीन है तो अकॉर्डिंग आपको. बंडल्स दिखाएंगे कि आप यह बंडल सबका. थोड़ा-थोड़ा ले लो तो उसमें से उनको उनसे. कुछ नहीं मिल रहा ये क्लियर है ये तो सभी. ने बहुत अच्छे से रेगुलेट किया है सेक्टर. को तो हर प्लेटफार्म का जब भी आपको. प्लेटफॉर्म कुछ बोल रहा है कि ये ले लो वो. ले लो तब उनको आरया नंबर देखना चाहिए अगर. है तो फिर ट्रस्ट कर सकते हैं हम लोग तो. नहीं कर सकते क्योंकि उनको कमीशन नहीं मिल. रही क्योंकि अगर कमीशन नहीं मिल रही देन.
तो प्लेटफॉर्म खुद ही चाहता है कि भाई तुम. पैसे बनाओ नहीं तो ऐसा प्लेटफॉर्म मैं. नहीं कमा पाऊंगा सो देखिए हम तो इसीलिए. चाह रहे हैं कि एक तो मुझे आम आदमी की. प्रॉब्लम सॉल्व करनी है दूसरा ये है कि. अगर हमें हम फुल फ्लेज एक प्लेटफार्म बना. रहे हैं जो डिजिटल बैंकिंग प्लेटफार्म बन. रहा है कि आपको पैसे से रिलेटेड जो भी. प्रोडक्ट या सर्विस चाहिए जो आपको आपके. बैंक से नहीं मिल रही है वो आपको मूवी. क्विक से मिलेगी तो मुझे तो ट्रस्ट गेन. करना है एंड मैं तो चाहती आपका पैसा बनता. जाए ताकि आप हर कुछ दिनों में आके देखो कि. आपका कितना पैसा बना है ताकि आप अपने.
दोस्तों को रिफर करो अपने फैमिली को रिफर. करें और फ्लिप साइड जब आपको जरूरत पड़े. एजुकेशन के लिए लैपटॉप खरीदना है कुछ करना. है जिसके लिए आपको लोन चाहिए तब आप लोन. लीजिए टेल मी आपने ना यूएस में काम किया. पपल जब यूएस का फर्स्ट मतलब मॉडर्न डे. पेमेंट रेवोल्यूशन था जो. पेमेंट सिस्टम्स में यूएस हमसे पहले य तो. आगे कि.
नहीं. देखो आज से 14 साल पहले जब मैं वापस आई थी. भारत तब यूएस हमसे आगे था हम और उनकी. इकोनॉमी ज्यादा डिजिटल है इसलिए वो आगे तो. है मुझे याद है जब हम मैं आई थी मैंने. शुरू किया था जिससे बात करो मेरे अपने. फैमिली मेंबर्स डिजिटल पेमेंट्स करेगी ये. तो कैश का देश है ये तो कैश चलता है य पे. कौन करेगा डिजिटल य बट देखो काफी बदला है.
बहुत बदला बट आज भी बोलते हैं लोग लोग. बोलते होंगे बट दुकानदार से पूछो ना कि. क्यूआर से कितनी पेमेंट हो रही है कितनी. बार फोन चेक करता है और कैश कितना आ रहा. है तो काफी बदलाव आया है और अभी अगले पाच. 10 साल और आएगा तो तब इंडिया पीछे था बट. पिछले 8 10 साल में बहुत कुछ हुआ है. स्मार्टफोन पेनिट्रेशन बहुत बढ़ गई है. उसमें भी पहले एज होता था अब 2जी 3जी 4जी. तक हम पहुंच गए हैं और उसके बाद. डिमॉनेटाइजेशन हुआ है और उसके दौरान ही.
यूपीआई भी आया है तो उससे जो डिजिटल. पेमेंट्स की बढ़ोतरी हुई है इंडिया में. बहुत हुई है आज मैं बहुत कॉन्फिडेंटली. आपको बोल रही हूं कि इंडिया डिजिटल. पेमेंट्स में और फिनटेक में फाइनेंशियल. टेक्नोलॉजीज में फिनटेक इज शॉर्ट फॉर्म. फॉर फाइनेंशियल टेक्नोलॉजीज में बहुत आगे. है और मे बी शायद नंबर वन पे भी हो और अगर. नहीं है तो बन जाएगा बिकॉज़ एक डिफरेंस है. यह वोह टेलीकॉम वाली बात है कि बड़े. कंट्रीज में सीडीएमए पहले आ गया था तो.
उनको सीडीएमए निकाल के जीएसएम लगाना पड़ा. हमारे यहां था ही नहीं टेलीफोन सीधा. जीएसएम आ गया तो हर जगह जल्दी फैल गया अब. वही है तो जब मैं आई थी तब हम बहुत पीछे. थे बट पिछले 1015 साल में इंडिया में. रियली बहुत कुछ हुआ है चेंज और अब फिनटेक. इंडिया जो मार्केट है वो वर्ल्ड की थर्ड. लार्जेस्ट फिनटेक मार्केट मानी जाती है. दैट इज व्हाई दिस इज द सेक्टर जिसमें सबसे. ज्यादा इन्वेस्टमेंट आई है पिछले 10 सालों. में फ्रॉम ग्लोबल.
वेंचर सो दैट इज सो फर्स्ट वुड बी यूएस और. चाइना यूएस सेकंड चाइना एंड थर्ड इंडिया. या सो इंडिया थर्ड लार्जेस्ट फिनटेक. इकॉनमी है इन द वर्ल्ड ओके टेल मी कि यू. सेड वन थिंग कि इंडिया हम लोग सोच रहे हैं. कि हमें इंडिया का जो विजन है और अगले पा. से 10 साल या 15 साल के अंदर ये हो सकता. है पॉसिबल दैट इज कि इंडिया को थर्ड. लार्जेस्ट पावर बन इन द वर्ल्ड ट आज हम. कौन सी रैंक पे हैं और हम थर्ड लार्जेस्ट. कैसे बन पाएंगे आई थिंक अभी हम फिफ्थ से.
फोर्थ प जाने की कोशिश कर रहे हैं. अ एंड आई थिंक बहुत कुछ चेंज हुआ है बट आई. थिंक हमें अपने आप को क्रेडिट भी देना. चाहिए बिकॉज प्राइवेटाइजेशन इंडिया में 90. में हुआ है 92 में इफ आई एम नॉट मिस्टेकन. 91 92 में प्राइवेटाइजेशन हुआ है कि. इकोनॉमी के बहुत सारे सेक्टर्स खुले हमा. खुले हैं इन्वेस्टमेंट के लिए कि भाई कोई. भी आओ इन्वेस्ट करो और बनाओ पहले तो सब. कुछ गवर्नमेंट के पास ही था तो क्लोज था. और एक स्लो पेस प ग्रो कर रहा था और कुछ. सेक्टर्स में हमने बहुत अच्छा किया है.
जैसे फर्स्ट वेव आई थी जिसमें आउटसोर्सिंग. कंपनीज बन गई एचसीएल विप्रो फोसिस जीएस या. अब जो वेव चल रही है उसमें हम मेक इन. इंडिया इंटरनेट टेक बिजनेसेस बना रहे हैं. जो इंडियन कस्टमर के लिए बना रहे हैं ये. नहीं कि हम आउटसोर्सिंग करके बाहर दे रहे. हैं तो हम प्रोडक्ट डेवलपमेंट प बहुत फोकस. कर रहे हैं एंड हमारी अपनी ही इकोनॉमी में. इतने कंज्यूमर्स हैं कि हमें बाहर का. सोचने की जरूरत नहीं है एक्सपोर्ट तो. करेंगे ही कुछ. चीजें और टेक्नोलॉजी हमारे जो कोर.
सेक्टर्स है जैसे एग्रीकल्चर हो गया उन सब. में भी आके हेल्प कर रही है हमें फास्टर. एफिशिएंट काम करने के लिए बट जैसे. मैन्युफैक्चरिंग में चाइना यूनो बहुत आगे. है बट हम कोशिश कर रहे हैं आप सोच रहे हैं. कि चिप्स भी यहां पर बनेंगी ट तो. सेमीकंडक्टर कंपनी जो हमेशा से चाइना. ताइवान वगैरह में थी अब वो इंडिया में भी. डलने लग गई है. तो ग्रोथ तो आएगी दूसरा आप देखिए टपर शिप. रे स्टार्टअप रेवोल्यूशन. तो मैं आपको कैसे बताऊं जब हमने शुरू किया.
था आज के डेट में तो अब एंजल इन्वेस्टर हर. गली लुक्कड़ में मिलते हैं सीड फंड्स तो. बथेरे हो गए जब हमने स्टार्ट किया था तो. ऐसा कुछ होता नहीं था तो हमारे कैप टेबल प. कोई सीड नहीं है कोई एंजल नहीं है कुछ. नहीं है सीधा वेंचर कैपिटल फर्म ही है तब. तक अपना ही पैसा लगाते थे सब लोग ऐसे ही. करते थे तो आसान हो गया है इट इज इजियर टू. डू अ स्टार्टअप टुडे इट्स इयर ट फिर. पॉपुलर कल्चर में इजी हो गया है आपको. विश्वास नहीं होगा जो हमारा सेकंड एंप्लॉई. था इंफोसिस से उसको लेके आए थे. इंजीनियरिंग फर्स्ट हायर था हमारा उसकी.
लाइफ की प्रॉब्लम थी कि उसको शादी करने को. कोई लड़की नहीं मिल रही थी क्योंकि सबके. बाप बोलते थे कि यार तू तो फोसिस में काम. कर रहा था एल के लिए तोत ये छोड़ के मूबी. क्विक में क्यों काम कर र है रियली ट्रू. स्टोरी मतलब मेरे को उसकी फैमिली को. कन्वेंस करना पड़ा कि आप टेंशन मत लो यह. करोड़पति बनने वाला है यू नो तो बहुत छीन. आया है ना अब तो शाक टैंक हो रहा है पूरी. इंडिया मदर्स भी रियलाइफ कर रहे हैं कि.
भाई स्टार्टअप भी कुछ होता है तो लॉट ऑफ. थिंग्स हैव ओपेंड अप एंड आई थिंक इससे. बहुत फास्ट ग्रोथ इंडिया में इससे भी आ. रही है जो ट्रेडिशनल बिजनेसेस भी ग्रो कर. रहे हैं टेक्नोलॉजी का ह्यूज इंपैक्ट है. टेक्नोलॉजी से डिस्ट्रीब्यूशन इज बिकमिंग. इजियर सो नाउ प्रोडक्ट्स एंड सर्विसेस आर. नॉट लिमिटेड जस्ट टू सिटीज अब. कोविड में हिमाचल में एक छोटी सी जगह है. तीर्थन वहां जाकर दो तीन महीने अपने.
फ्रेंड के घर में रही थी तो अजन वहां पर. भी डिलीवर कर रहा है फ्लिपक वहां प भी. डिलीवर कर रहा है कुछ भी जो भी आपको चाहिए. तो ऐसे टेक्नोलॉजी इ प्लेइंग अ. रोल कंज्यूमर्स हमारे स्मॉलर सिटीज और. टाउन से भी बढ़ते जा रहे हैं हमारी अपनी. नीड बढ़ती जा रही है एंड हम खुद भी बहुत. कुछ बनाने लग गए तो ग्लोबलाइजेशन भी हो. रही है टेक्नोलॉजी भी इंप्रूव हो रही है. डिस्ट्रीब्यूशन भी इंप्रूव हो रहा है एंड. द फ्रंटियर्स ऑफ सर्ट ऑफ एंटरप्र शिप हैव. ओपन ओपन अप सो हर चीज साथ में बढ़ रही है.
इसलिए हम बढ़ रहे हैं तो अब. एंटरप्रेन्योरशिप की बात करते हैं थोड़ी. ठीक है आपने एक चीज बोली कि पहले आप. एंटरप्रेन्योर बनने के लिए बहुत सारी. चीजें पढ़ते थे समझते थे क्या पढ़ते थे और. वो क्यों काम नहीं करी टेल मी अबाउट इट तो. देखो जब हमने स्टार्ट किया तो इंडिया में. स्टार्टअप स्टप कुछ नहीं था मतलब मुश्किल. से कुछ कंपनीज थी कुछ स्टार्टअप सैटरडे या. संडे या ऐसे कुछ इवेंट्स होते थे तो और यह. कोई चीजें कॉलेज में और एमबीएस में भी.
पढ़ने को मिलती नहीं है पहले तो बिल्कुल. भी नहीं था ठीक है और जैसे मैं प्रोडक्ट. मैनेजर थी मेरे दूसरे को फाउंडर जो है वो. इंजीनियरिंग आर्किटेक्ट थे तो अब हमें. मार्केटिंग फाइनेंस फंडिंग ये सब कैसे समझ. में आएगा तो हम पढ़ते थे क्या पढ़ते थे. वाई कॉम नेटर पढ़ते थे अभी भी कुछ लोग हैं. जो मैंने देखा है पूरा पूरा दिन बैठ के. ब्लॉग्स और इसे भी पढ़ते रहते हैं तो. पढ़ना चाहिए मैं ये नहीं कह रही हूं कि आप. कंटेंट मत पढ़ो इतना आपको अवेलेबल है. इंटरनेट से तो आप पढ़ो बट आई डोंट थिंक.
उसकी डायरेक्ट एप्लीकेबिलिटी. है मतलब मैं खुद 6 सात साल यूएस में रह के. काम करके आई हूं तो मैं ये कहना चाहती हूं. कि वो डायरेक्ट एप्लीकेबिलिटी नहीं है. एल्स टू ऑरेंजेस है बिक जो वाय कमिटर पढ़ा. या कोई भी किसी कंटेंट प पढ़ा वो तुम. डायरेक्ट अप्लाई नहीं कर सकते इंडिया के. मार्केट में इंडिया के बिजनेस में मार्केट. अलग है बिल्कुल अलग है डायनामिक्स अलग है. वहां पर जैसे चीजें हो रही है जिस पेस पे. हो रही है यहां पे जैसे हो रही है वो अलग. है सब कुछ ही अलग है तो कैसे आप.
मतलब वहां पे ऐसा कोई गांव ही नहीं है. जहां पे फुली डेवलप्ड इंफ्रास्ट्रक्चर ना. हो आप चले जाओ मतलब कैलिफोर्निया के क्या. टेक्सस के छोटे छोटे गांव में चले जाओ. आपको सारे इंफ्रास्ट्रक्चर मिलेंगे अब. यहां पे अगर आप ई-कॉमर्स बिजनेस बना रहे. हो या फिनटेक बिजनेस बना रहे हो आपको पहले. तो हम हमने जब शुरू की थी 2011 के बाद ए. आया था तो हम फर्स्ट थे एक्चुअली हमारे. सेक्टर से एंड्र प लच करने के लिए तो आप. हमारी प्रॉब्लम क्या थी तब प्रॉब्लम ये थी.
कि फस में मेमोरी कम होती है तो ऐप छोटे. से छोटे बनाओ मतलब 1 एबी की भी ना हो पप. इतनी छोटी ऐप हो ताकि बहुत इजली लोड हो. जाए ताकि एज कनेक्शन पे चल जाए आप उसको. कैसे कंपेयर कर सकते हो वो एल स् डिजाइंस. बना रहे हैं भाई i यहां 3 पर है पॉपुलेशन. के पास लोग अफोर्ड नहीं कर सकते 97 पर ऑफ. इंडिया कैन नॉट अफोर्ड एन i कितनी भी व ईम. स्कीम लगा ले राट एक लाख के प्राइस पॉइंट. जमता नहीं है पूरी पॉपुलेशन तो हम तो वहां.
से बना रहे हैं कि भाई जो लोग 5000 10000. का फोन खरीद रहे हैं उसके फोन पर चलना. चाहिए तो अब क्या मैं उसम सीख यू एक्स. डिजाइन मेरे को यूस डिजाइन बनाना है जो. मेरी वर्नाकुलर यूजर के लिए काम करे मेरे. को लैंग्वेज लिखनी है जो कूल नहीं है कि. मतलब इस हिसाब से ओ र ट्रांजैक्शन इस्ट. टेकिंग फ्यू मोर सेकंड्स हैंग इन देयर भाई. उसको क्या समझेगा यी हैव टू कीप इट सिंपल. ऐसा लिखो जो आपके यूजर को समझ में आए तो.
इसलिए जस्ट इंफ्रास्ट्रक्चर प्रॉब्लम्स है. और ये और कैसे मार्केट हमारा अलग है सिंपल. सी बात है देखो मेरे को मेरे को क्या कोई. भी लार्ज स्केल स्टार्टअप आप देख लो उसको. 100 मिलियन के रेवेन्यू पर पहुंचने में कम. से कम सा से 10 साल लगते हैं इंडिया में. 10 साल आप एवरेज लेके चलो जितनी भी कंपनीज. आपकी अभी लिस्ट हुई है पिछले एक दो साल. में इंटरनेट कंपनीज वो सारी कंपनीज 10 साल. से ज्यादा पुरानी है ठीक है यूएस में ऐसा.
नहीं है यूएस में आप 100 मिलियन के. रेवेन्यू में आप न साल में भी पहुंच सकते. हो और आप पा साल में कंपनी लिस्ट भी कर. सकते हो क्यों बिकॉज ज्यादा यूजर्स है ना. एक्सपेंडेड मार्केट है टिकट साइज हाई है. इतना टाइम नहीं लगता आपको स्केल करने में. टेल मी समथिंग कि इंडिया में ऐसे क्या. चैलेंज आ सकते हैं या हैं टेक रिलेटेड. जिसको हम अंडर एस्टीमेट कर रहे हैं और ऐसे. कौन सी चीजें जो इंडिया में बहुत एडवांटेज.
है या स्ट्रेंथ है और उनको हम अंडर. यूटिलाइज कर रहे हैं देखो अंडर यूटिलाइज. कर रहे हैं तो मैं तो सबसे. पहले बोलूंगी कि नॉट इनफ मेमन आर जॉइनिंग. द वर्कफोर्स राइट देर अ ह्यूज ड्रॉप ऑफ. एंड देर अ लॉट ऑफ टैलेंट जो मतलब स्कूल्स. जा रहे थे कॉलेज जा रहे हैं फिर कॉलेज से. ड्रॉप ऑफ कर रहे हैं या कॉलेज के बाद एक. दो साल काम किया फिर गृहणी बन गए तो वो. ह्यूज ड्रॉप ऑफ है लाइक 35 पर से ज्यादा. ड्रॉप ऑफ है मतलब वी डोंट हैव इनफ विमन.
वर्कर्स जो आप वो कंट्रीज लिस्ट देखोगे कि. कितनी औरतें काम करती हैं ह तो उसमें हम. बहुत पीछे हैं अगर हम टॉप 10 कंट्रीज या. टॉप 10 इकोनॉमी में देखेंगे तो हम बहुत. पीछे हैं तो हमें बहुत काम करना. है सोसाइटी में सोशल कंडीशनिंग में कि. हम यह. ग्रहण या जरूरी नहीं है वो घर भी संभाल. लेंगी बच्चे भी संभल जाएंगे बट अगर वो खुद.
खुश है अगर वो भी कुछ अचीव कर रही है बना. रही है तो सबको खुश रखेंगी तो ये आई थिंक. दैट देखिए मेरे को तो सारी अपॉर्चुनिटी. मिली है बिकॉज हमारे घर में लड़का लड़की. का कुछ था नहीं और हम थी भी दो बेटियां तो. हमें सारी अपॉर्चुनिटी हमारे मां-बाप ने. दी है बट मैंने देखा है जिन लड़कियों को. बहुत प्रॉब्लम हुई है अपना करियर परसू. करने में तो यह मुझे लगता है कि ये जाती. है यह हमें बहुत. आप लोगों को और बहुत कुछ बोलना चाहिए इस. पर ताकि यह इंप्रूव हो एटलीस्ट हम तो अपनी. कंपनीज में ट्राई करते हैं कि जितना.
ज्यादा डावर्स वर्कफोर्स हो तो ये एक. अनटैप्ड टैलेंट है इससे हमारी जीडीपी पे. डायरेक्ट इंपैक्ट पड़ेगा बिकॉज ये इतना. अनटैप्ड है य ये ट्रू दैट इज ट्रू एंड. पर्सनली आई हैव हैड एक्सपीरियंस वेर आई. फाइंड मेमन टीम मेंबर्स आर इन सो मेनी. प्लेसेस दे आर वे बेटर देन दन टीम मेंबर्स. एंड आई टेल यू वई लाक देर आर फ्यू थिंग्स. चच वमन डू बेटर सो लाइक देर दे आर बेटर. मल्टीटास्कर राइट इन फैक्ट रिसेंटली आव.
नोटिस एटलीस्ट इन माय कंपनी दिस ट्रू आई. कांट से इट फॉर द होल प्लेस देर बेटर. नेगोशिएटर्स देर बेटर क्लोजर्स तो लाइक. भाई बहुत सारी चीजें आई एम गेटिंग टू नो. सो आई एम ऑल फॉर इट एंड आई टॉक अबाउट इट अ. लॉट यू नो एब्सलूट आई थिंक दैट मेन एंड. वमन आर इक्वल इन एवरीथिंग इट इज जस्ट अ. क्वेश्चन ऑफ अपॉर्चुनिटी आई डोंट थिंक एनी. वन वांट्स टू बी कॉल्ड कि मैं फर्स्ट. फीमेल एयरफोर्स पायलट हूं या फर्स्ट फीमेल. नट दे जस्ट वांट अ फेयर प्ले एंड इट इज. नॉट फेयर राइट नाउ सो द वमन हु आर. एक्चुअली कमिंग अप द कर्व एंड रिचिंग देयर.
फुल पोटेंशियल दे आर प्रोबेबली वर्किंग 4. एक्स हार्डर टू गेट देयर 2 एक्स जस्ट टू. प्रूव टू एवरी बडी इन द वर्कफोर्स कि आई. एम एट पार बिकॉज सी दे आर नॉट इन. दोज करियर नेटवर्किंग सर्कल्स और. फ्रेंडशिप सर्कल उनको टाइम नहीं है शाम को. नेटवर्क करने का घर पे किचन देखना है. बच्चे देखने हैं इनलॉज देखने हैं बहुत कुछ. देखना है इफ दे आर मैरिड दैट इज व्हिच इज. मोस्ट ऑफ. तो दे वर्किंग हार्डर देर टू एंड दे आ. वर्किंग गिल्ट के मारे इक्वली हार्डर घर.
पे भी टू मेक शर सब कुछ एकदम मस्त हो कि. इफ आई र नॉट वर्किंग कैसा होता वैसा ही. होना चाहिए टू मच प्रेशर न पुट एक्सपे. नहीं दिस इ सो ट्रू बिकॉज वन आई स्टार्टेड. माय बिजनेस लंग टाइम अगो मतलब मैं शायद. 171 ग होगा एंड उस टाइम प एक मेंटर था ही. वाज वेरी गुड बिजनेस एंड बिजनेस प्रोसेसेस. एंड उन्होंने मुझे स्टार्टिंग में बोला था. कि यार वमन वर्क फ ज्यादा मत रखना क्योंकि. एक टाइम आएगा जब उनको फैमिली चूज करेंगी. और वो आधे टाइम में छोड़ के चले जाएंगी.
ठीक है उन्होंने मुझे बोला था कि फिर वो. ज्यादा अच्छी मल्टीटास्क नहीं होते हैं. क्योंकि उनके दिमाग में ऑलरेडी चार चीजें. फैमिली की प्रॉब्लम चल रही होती तो एक काम. करके वो आगे चलते जल्दी डिस्ट्रक्ट हो. जाती है तो तभी मैं ये पॉइंट्स बोल रहा था. फिर उन्होंने बोला कि जो नेगोशिएशन और. क्लोजिंग की जॉब्स होती है वो मेन ड्रिवन. ही होती है लड़के ही पावर एब्लिश करके कर. सकते हैं सो आई वाज वेरी कंडीशन बहुत लंबे. समय तक क्योंकि जो आप जब छोटे होते हो. 17-18 साल के होते हो तो जो आपको हीरो. दिखता है उनकी बात सुन लेते हो आप कर लेते. हो एंड देन व्हेन आई स्टार्टेड गेटिंग मोर.
टीम मेंबर्स ऑफ वमन इन माय कंपनी जब वो. आने लगी ट्स व् आई सेड कि यार मुझे लगता. है ये बेटर मल्टीटास्क तो यह है बेटर तो. क्लोजर्स ये है तो आई फील इट जस्ट अबाउट. अपॉर्चुनिटी जो आप बोल रहे हो आप स्टार्ट. करते हो तो पता चल जाता है लड़की लड़का. कोई कम नहीं है कहीं पे भी कम नहीं सब. बराबर है कोई किसी की स्किल किसी में. अच्छी है किसी में स्किल किसी की अच्छी है. आई डोंट थिंक कि लोगों को सोसाइटी से. सुनते रहना चा करना चाहिए एंड आई हैड पीपल. कि जो पहले वन दे जॉइन अवर कंपनी तब वो.
सिंगल थे उसके बाद उनकी शादी हो गई उनके. बाद उनके बच्चे भी हो गए और उनके काम में. कोई डिफरेंस नहीं. आ इट्स एंड दैट आई कैन सेड रियली प्राउडली. एंड लाइक लाउड इन फ्रंट ऑफ एवरी बडी देर. इज थोड़ा सा एक टाइम होता है बट इन. एटलीस्ट जो मेरे साथ एंप्लॉई थे उनमें मेन. ए मेमन दोनों में दोनों में एक टाइम आया. था बिक प्रॉब्लम होती है ना सबकी लाइफ में. बच्चे होते हैं मां-बाप बीमार हैं ऑपरेशन. एटली दोनों में सेम होता है और इनफैक्ट जब.
व्हेन दे दे वर हैविंग अ बेबी तो थोड़े. टाइम के लिए दोनों का टाइम इक्वली अलग हो. रहा था पर ना पहले में डिफरेंस है ना बाद. में डिफरेंस आई थिंक दे इट्स जस्ट गेटिंग. बेटर एवरी टाइम मतलब दैट वन थिंग व्च आई. वाज गिल्टी ऑफ कि मेरे को पहले क्यों. मैंने किसी की बात सुन ली सो दैट यू आर. राइट आई थिंक इसमें दो बातें हैं आई थिंक. अब तो बड़ों को तो क्या समझाएंगे मैं तो. यही सोचती हूं तो मेरा एक बेटा है तो मैं. उसको यह समझाती हूं ताकि उसको. रियलाइफ वर्क करती है फिर उसको.
रियलाइफ बॉल वर्ल्ड कप देखता है तो वमन भी. देखता है मम्मा ये कैसे इतना फास्ट कर रही. है तो मैंने कहा देखो मतलब हर लोग हर. इंसान एक्सेल करना चाहता है तो वन इज दैट. हम अपने देश के लड़कों को जवान बच्चों. सबको सिखाना पड़ेगा तभी अगली पीढ़ी में और. बदलाव आएगा यह मैं सोचती हूं दूसरी बात. आपको जोकिंगली बोलती. हूं सब स्टार्टअप्स में अप्स एंड डाउन आते.
हैं. तो और अभी आप अपने एंप्लॉई का बता रहे तो. जब मैंने य कंपनी स्टार्ट की थी तब मैं भी. सिंगल थी उसके कुछ साल बाद मैंने शादी की. उसके चार पाच साल बाद मेरा बच्चा हुआ और. मुझे नहीं लगता है कि मेरी कमिटमेंट मोबी. क्विक को कभी कम हुई है या अपनी फैमिली को. भी क कुछ बदलाव आए है और जो लोग बोलते हैं. ना कि मतलब मेरे टाइम पे तो लोग ये भी. क्वेश्चंस पूछते थे फंड रेजिंग के टाइम कि. आपकी फैमिली होगी तो आप कैसे करोगे मैंने.
कहा यार आपसे नहीं चाहिए आप रहने दो तो बट. मैं आपको ये लाइव एग्जांपल देती हूं हम. 2015 में सीरीज सी कर रहे थे और सबको टाइड. अप वगैरह था. और जैसे ही मेरा बेटा हुआ वो टर्म शट री. नेग हो गई तो दे बैक्ड आउट द इन्वेस्टर. बैक्ड आउट तो अब हमें ये था कि अब क्या. करें तो क्यों बैक डाउट क्योंकि आपका. बच्चा हुआ नहीं नहीं नॉट बिकॉज़ ऑफ मेरा. बच्चा हुआ कुछ मार्केट कंडीशंस में मैक्रो.
कंपटीशन में कुछ हुआ जिसकी वजह से दे चेंज. देयर माइंड तो मैंने हम लोगों ने तो सब. टाई अप करके रखा था सिर्फ अब पेपर वर्क. करना था वकीलों का तो भागदौड़ शुरू हुई. मेरे कोफाउंडर जो कि मेरे हस्बैंड भी हैं. बाद में हमने शादी की आफ्टर स्टार्टिंग द. कंपनी वह घूम रहे हैं सिंगापुर लंडन यूएस. फंड रेज करने के लिए और उनके साथ एक जो. हेड ऑफ स्ट्रेटजी वगैरह भी थे तो लाक ये. तो हो नहीं रहा है हो नहीं रहा है तो. मैंने दो महीने का बच्चा. अ पालते पालते मैटरनिटी पे होते होते घर.
से 2015 की बात कर रही हूं मैं तब जूम मूम. भी नहीं इतना होता था वर्चुअली लोगों से. बात करके कंपनी के लिए पैसे रेज कर लिए. जिससे कि हमें सात आठ महीने का रनवे मिल. गया और उतने टाइम पे जो बड़े राउंड के लिए. काम हो रहा था वो भी हो गया तो ऐसा नहीं. है. मतलब दो साल का दो साल का नहीं दो महीने. का बच्चा जिसको आप ब्रेस्ट फीड भी कर रहे. हो आप उसके लिए रिस्पांसिबल हो जो कुछ खा. पी नहीं सकता बिना आपके और व करते करते भी.
माए कर देती है सब कुछो रिस्पेक्ट. रेस्पेक्ट यू फेस यू फेस दिस य जस्ट टॉक. अबाउट दे वा फाइनेंसर पिच में उसने बोला. आपको लुकिंग फॉर मेल फाउंडर और इसलिए बैक. आउट कर रहे यला इनसे कभी बात नहीं करूंगी. तो व्ट वाट. सिचुएशन व. थी तो मैंने आपको बताया हमने चार साल. कंपनी खुद बुट स्टप की अपनी सेविंग से और.
उसमें ही हम ने रेवेन्यू प्रॉफिट करने. शुरू कर दिए 30 35 एंप्लॉई भी थे तो अच्छा. चल रहा था हमारा तो हम कु जा नहीं रहे थे. फिर ढूंढने के लिए तो एक दो ही लोगों से. उस दौरान जब रेवेन्यू इतने फास्ट नहीं थे. हमने बात की थी बहुत कम छोटा था एंजल इको. सिस्टम एक दो ही लोगों से मिले थे एक कोई. फैमिली ऑफिस थे ओल्ड मनी का उन्होंने. सेटअप किया था उनके बेटों ने तो कोई यहीं. पे बीकेसी वगैरह कहीं पे बम्बे में ही कोई. लंच मीटिंग थी तो मेरे कोफाउंडर भी बैठे. थे और हमारी नई नई शादी हुई थी तो पता था.
हम रिवील करते थे कि ऐसा थोड़ नहीं है. हाइड थोड़ी करेंगे तो हम चार लोग बैठे हैं. दो इन्वेस्टर वो दो लोग और दो हम लोग वो. खाना खाते खाते एकदम से मेरे को पूछते हैं. कि अब तो आपकी शादी हो गई मैंने कहा हां. तो अब आपका. अपनी हाउ आर यू थिंकिंग अबाउट रनिंग द. कंपनी एंड मेकिंग. फैमिली मैं उनको देख रही हूं मैं सामने. देख रही हूं मैंने कहा यार यह डिस्कशन तो.
मैंने अपने मां-बाप से नहीं किया अभी अपने. पति से नहीं किया पहले आपसे कर लू ये. डिस्कशन नहीं सोचा बट काम तो करते रहना है. कंपनी मैंने फाउंड की है मतलब आई एम अ. करियर ओरिएंटेड पर्सन आई एम नॉट गोइंग टू. गिव अप माय लाइफ वर्क बिकॉज आई आल्सो वांट. टू हैव अ फैमिली आई हैव अ पिक्चर ऑफ व्हाट. आई वांट इन माय लाइफ आई एम नॉट सच अ. वर्कहोलिक कि मुझे सिर्फ काम काम काम. चाहिए और कोई लाइफ नहीं चाहिए मैंने कुछ. सोचा मेरे को लाइफ भी चाहिए और लाइफ की. खुशिया भी चाहिए और मैं करूंगी बैलेंस ब. आप कौन होते पूछने वाले उसको क्यों नहीं.
पूछ रहे हो सामने बैठा है उसकी भी तो लाइफ. में आएगा ना कोई अगर मेरी लाइफ में कोई. आएगा तो तो इटस नन इक्वल. वर्ड बट ऑफकोर्स मैं अभी ज्यादा बोल रही. हूं मैंने तब इतना नहीं बोला थोड़ा बोला. और फिर मैंने उनको आई रिटर्न देर कॉल्स. आफ्टर थैंक य वेरी मच आई विल फाइंड समवन. हु अंडरस्टैंड अस. बेटर ल् वेरी इंपोर्टेंट न यर एटलीस्ट न. योर अर्ली डेज आ स्टार्ट अप टू फाइंड द. राइट इन्वेस्टर एंड सम बडी अंडरस्टैंड यू.
एंड द वे यू वाना बिल्ड बिजनेस ट्स लाइक. वेरी वेरी इंपोर्टेंट ओके ट मी लास्ट टू. थ्री क्वेश्चंस वन इज बेस्ड ऑन द रिसर्च. वी हैव ऑन यू व फाउंड आउट दैट यू आर रियली. गुड एट. नेगोशिएशन इज इट इज इट ट्रू यस एंड नो आप. बताओ पहले फिर मैं आगे फॉलो क्वेश्चन पूछ. बिल्कुल बिल्कुल बकुल ओके सो ल मी वन ऑफ द. मोस्ट इंपोर्टेंट थिंग्स जो लोगों को. ध्यान रखना चाहिए एट द टाइम ऑफ नेगोशिएशन. क्योंकि इट्स इट्स इट्स वन ऑफ द बेस्ट एंड.
द मोस्ट इंपोर्टेंट स्किल्स इन लाइफ फगेट. एंटरप्रेन्योरशिप तुम्हें नेगोशिएट करते. आना चाहिए हर टेबल पे तुम जाते हो तो कुछ. ना कुछ सेल करने ही जाते हो स यू नीड टू. अंडरस्टैंड हाउ टू नेगोशिएट तो क्या करना. चाहिए आई वाना लर्न नेगोशिएशन आई वाना गेट. बेटर एट इट सो बेसिकली. तो ये जानना है कि आप जो भी ट्रांजैक्शन. करने जा रहे हो उसमें वो आपके लिए कितना. इंपोर्टेंट है और अगली पार्टी के लिए. कितना इंपोर्टेंट है तो उसकी कुछ. प्रोबेबिलिटी असाइन कर लो कि इक्वल है तो. बहुत बढ़िया है लाइक यू विल अग्री टू सम. नंबर अगर अनइक्वल है आपकी नीड बहुत ज्यादा.
है और अगले पार्टी की इतनी नीड नहीं है. उनके पास और भी सूटर्स है तो फिर आपको. फिगर आउट करना है कि आप कितना उनको पावर. प्ले कर सकते हो आप कितना डिमांडिंग हो. सकते हो वर्सेस कितना आपको गिवन करना है. मेन थिंग है. कि मुझे ये येय ये चाहिए वो आप तभी कर. सकते हो जब आपको पता है कि अगले इंसान के. पास कोई चॉइस नहीं है और तब भी वो नहीं. करना चाहिए तब भी ही मेक इट अ सिचुएशन. वेयर द अदर पार्टी थिंक्स दैट ये तो विन. विन है मेरे लिए अगर अगले पार्टी ने आपके. साथ नेगोशिएशन में हार के कुछ एग्री कर.
लिया जिससे वह खुश नहीं है जिसके बाद वोह. आपके साथ टोस्ट करने को रेडी नहीं है तो. फिर वो लॉन्ग टर्म के लिए चलेगा नहीं वो. अपने पेपर पे तो कर लिया बट वो लॉन्ग टर्म. के लिए वो डील एंप्लॉयमेंट इन्वेस्टमेंट. एम एनए जो भी है वो लॉन्ग टर्म के लिए. नहीं वर्कआउट होगा उसको ऐसा करने की कोशिश. करो ताकि उनको भी खुशी हो और आपको भी खुशी. हो सो चच मींस ट आप अपने लिए भी सोचो अपने. हित में भी बट अगली पार्टी की तरफ से भी. सोचो सुपर वन साइडेड जो आई थिंक बहुत ओल्ड.
स्कूल तरीका है कि मतलब पूरा पावर प्ले. करके मैं सब कुछ खून चूस लू जूस निकाल लो. पूरा आई डोंट थिंक ट दैट वर्क्स बिकॉज फिर. वो मतलब छ महीने में एक साल में वो डील. वापस अप फॉर नेगोशिएशन होगी ऐसा क्यों. करना है ऐसा करो कि बोथ पार्टीज आर इन इट. सो नेक्स्ट क्या है सेल्फ बज आई बिलीव इ. मेनिफेस्टेशन एंड आई बिलीव इ हार्डकोर. सेल्फ बिलीव और उसके लिए मैं फिर बैकवर्ड. काम करता हूं व्हाट्स द नेक्स्ट बिग गोल.
फॉर यू ट्स अ स्वीट पॉइंट टू एंड अभी एक. माइल स्टोन मेरे लिए जो बहुत इंपोर्टेंट. है मतलब ऑफकोर्स इट्स अ माइलस्टोन आगे हम. बढ़ते ही रहेंगे यली बट एक माइलस्टोन है. जो मुझे अचीव करना है विच इज वी वांट टू. डू अ लिस्टिंग आईपीओ करना है हां आईपीओ. करना है तो वो एक मेरा पर्सनल ड्रीम है और. वो एक प्रोजेक्ट है जो मैं पर्सनली ड्राइव. कर रही थी अ बहुत कम. मेमन फाउंडर्स हैं तो हमारी कंपनी में को. फाउंडर बिजनेस बना रहे हैं और यह काम.
फंडरेजिंग. एमएन मीडिया रिलेशंस इन्वेस्टर रिलेशंस. एंड आईपीओ देरर मेरा काम है तो यह काम मैं. एक बार 21 में कर चुकी हूं और पूरा साल. लगा के फिर हम नहीं कर पाए क्योंकि. मार्केट ही चेंज हो गया सारी टेक. कंपनीज कुछ का हो गया उसके बाद मार्केट. बदल गया फिर अगले साल यूक्रेन वर आ गई. पिछले साल तो मार्केट अब धीरे-धीरे थोड़ा. इंप्रूव हो रहा है तो ये एक माइलस्टोन है. जिसकी तरफ हम आगे बढ़ रहे हैं मीनवाइल.
प्रॉफिटेबल क्वार्टर्स दिखा रहे हैं ताकि. जब वापस आएंगे तो इन्वेस्टर्स को ये. दिखाएंगे कि ये कोई पाथ टू प्रॉफिटेबिलिटी. का सपना नहीं है ये रिपोर्ट कार्ड है. पिछले तीन क्वार्टर का चार क्वार्टर का छह. क्वार्टर का आप देख लो हर क्वार्टर. कंसिस्टेंटली प्रॉफिटेबली ग्रो कर रहे हैं. तो ये एक माइलस्टोन है जो मुझे करना है. याद रहेगा मेरे को कि. बहुत नहीं तीन चार कोविड से पिछले साल 18. या 19 की बात थी बहुत सारी कुछ पॉपुलर.
मैगजीन है ना आप भी गए होंगे उनमें किसी. में लिस्ट आती है एक्स अंडर एक्स ऐसी ऐसी. लिस्ट बनती है या तो ऐसी कोई एक पॉपुलर. मैगजीन थी तो उसमें वो डिफरेंट कंपनीज को. बोलते हैं आप प्रोफाइल भेजो फिर हम. देखेंगे तो ऐसी मैं भी कई लिस्ट में रह. चुकी हूं मैं नाम नहीं लूंगी किसी का बट. एक बार ऐसा रिप्लाई आया हमें जो मेरी टीम. ने मुझे बताया तो मैं शॉक हो. गई और यह बहुत पुरानी बात नहीं है 10 साल. पुरानी बात नहीं 4 साल पुरानी बात है क्या.
लिस्ट. थी जो एडिटर थी मोहतरमा थी उनका रिप्लाई. ये आया कि अगर आपकी. फाउंडर कुछ फैशन कॉस्मेटिक्स लगजरी गुड्स. वगैरह की कंपनी बना रही होती तो हमारे. मैगजीन के लिए बहुत बढ़िया होता हम. इंक्लूड करना चाहते हैं बट ये तो फाइनेंस. कर रहे. हैं रिली ये तो टेक कर रहे हैं.
तो लाइक ओके आईम गोना सी यू सो ट्स वई आई. वांट टू डू एन आईपीओ आई मीन ऑफ कोर्स आई. वांट टू इंप्रूव द क्रेडिबिलिटी एंड. ट्रस्ट ऑफ माय कंपनी बट आई आल्सो वाट टू. प्रूव इट लाइक बॉस चंद्रमा प पहुंचा सकते. हैं हम. चीजें तो मेन को फाइनेंस नहीं आता मतलब 10. इन 10 मल्टीप्लिकेशन नहीं आता हम क नहीं. आता हम जीरो ए न नहीं आते सब कुछ आता. है.
म वा आई कांट इवन थिंक ऑ की अभी भी लोग. सोचते हैं सोचते ए किसी मैगजीन की बड़ी. एडिटर रसेल्फ ज. वुमन सो. आया सोसाइटी की कंडीशनिंग इतनी स्ट्रंग है. प्लस. जो. आपके लोग है जिनके रिस्पांसिबिलिटी है. अवेयरनेस इंप्रूव करना वो भी तो कस्टोडियन. बने हुए हैं ना कि हमें ऐसी स्टोरी दिखानी.
है भाई क्यों. मतलब नहीं करना मुझे मतलब आता है मुझे भी. फैशनेबल कपड़े पहनने बट मुझे नहीं पहनने. फैशनेबल कपड़े मैं जींस और टीशर्ट में ही. आपको फोटो दूंगी और मैं टेक कंपनी और. फिनटेक कंपनी का ही आईपीओ करूंगी अब आपको. करना है फीचर तो करो नहीं करना है तो आपकी. प्रॉब्लम है सब करेंगे सब मैगजीन से कवर. पे भी आओगे ए नहीं मुझे अपने लिए नहीं आना. मैं मेलो मिनियन नहीं हूं मुझे पैसों का. फेम का शौक नहीं है बट मेरा यह पॉइंट है.
जो हम बात कर रहे थे इंडिया का जीडीपी. अनलॉक करना है तो यार जब आपके फीमेल रोड. मॉडल अगर सिर्फ अनुष्का और मूवी स्टार्स. और स्पोर्ट स्टार्स रहेंगे तो कैसे बनेगी. या कैसे होंगी हाउ एंड वन विल हाउ मेनी. मेमन बिजनेस लीडर्स ड यू सी इन द मेजर. फर्मेट ऑफ लाइक आपको तो. मतलब मेरे को बनना नहीं था बट मेरे को.
प्रेसिडेंट ने अवार्ड दिया है क्योंकि मैं. फर्स्ट फीमेल हूं जिसने फिनटेक कंपनी खोली. है क्यों क्यों दिया उन्होंने जरूरत नहीं. है मेरे को नहीं चाहिए क्यों इंडियन मेमन. एआई स्टार्टअप नहीं करेंगी क्यों वो. फिनटेक स्टार्ट अप नहीं करेंगी क्यों. कंटेंट प्लेस नहीं करेंगे सब कुछ करेंगे. यार ऑफ कोर्स 100% आई लाइक दिस एटीट्यूड. बहुत लोग है ना इस पर खुश होते कि ओ मैं. पहली फीमेल फिनटेक हूं तो मैं प्रेसिडेंट. ने मुझे अवर्ड दिया वेरी हैप्पी. प्रेसिडेंट प्रेसिडेंट प्रेसिडेंट पर आई.
लाइक दिस एटीट्यूड की मुझे यह क्यों मिला. मैं चाहती हूं कि इतना नॉर्मल हो जाए कि. ऐसी चीजों की जरूरत ही ना पड़े ट्स ट्स. रिकेबल तो आप सोचो कितना लोनली रहा होगा. ना यार मेरे को अगर मिला है तो एटलीस्ट. 101 लोग तो और कर रहे होंगे ना मे भी वो. इतने वेल नोन नहीं थे इसलिए वो नहीं. हाईलाइट हुए आज की डेट में कम से कम. में 1 स 200 फीमेल फाउंडर्स है सिर्फ. फिनटेक में फट अबाउट अदर सेक्टर और में और.
भी होंगी बट आईम से आगे बढ़ रहा है देश बट. इतनी हमारी आबादी है यार अगर इंडिया की. 10000 स्टार्टअप्स में और फिनटेक उसमें. सबसे हॉट सेक्टर है उसमें अगर सिर्फ 1 स. ही बंदिया हिम्मत कर पा रही है तो यार. लानत. है तो यह बदलना है फालगुनी ने जब नायका का. किया था आईपीओ तो काफी. लोग इन्फ्लुएंस हुए हैं और उसके. इंस्पिरेशन में आके और भी बहुत लोगों ने. शुरू किया है तो मुझे भी थोड़ा और लोगों.
के भी बल्ब जलाने. हैं 100% आप जलाओ ग थैंक यू सो मच फॉर. बीइंग हियर थैंक यू फॉर हैविंग दिस. कन्वर्सेशन विथ अस काफी सही थॉट्स लगे. बहुत सारी चीज टू थिंक अबाउट एंड आई विश. यू ऑल द बेस्ट कि जैसे आईपीओ होगा तब मैं. वेट करूंगा उस का की कहां पर कितना आईपीओ. हुआ कैसा रिपोर्ट का आया एवरीथिंग आम. बूटिंग फॉर इट थंक य थंक यरी.
मच इंस्पायर करेगा वो स्पेसिफिक इवेंट एंड. मोमेंट क्योंकि वो एक बहुत सिग्निफिकेंट. मोमेंट होगा सो आईम रियली वेटिंग फॉर इट. थैंक यू थैंक यू वेरी मच आई होप की आपको. भी मजा आया थैंक यू सो मच एपिसोड एंड तक. देखने के लिए प्लीज हमें बताओ कि इस. एपिसोड में सबसे अच्छा आपको क्या लगा ताकि. हम वैसे कमेंट्स रीक्रिएट करने की कोशिश. करें दूसरे पॉडकास्ट में भी प्लीज शेयर. दिस एपिसोड विद एटलीस्ट वन पर्सन किसी एक.
इंसान के साथ शेयर करो जिसको उस. कन्वर्सेशन से हेल्प होगी क्योंकि एक. कन्वर्सेशन बहुत सारे आइडियाज दे सकता है. एंड एक आइडिया इज इनफ टू चेंज योर लाइफ हर. किसी की लाइफ चेंज हो सकती है सिर्फ एक. कन्वर्सेशन से एंड हर किसी का इंडियन. ड्रीम पूरा हो सकता है एक कन्वर्सेशन के. बेसिस पे एंड. दैट्ची अंट्स एपिसोड कीप फिगरिंग. [संगीत].
आउट.
