Dawood’s Life: Mumbai to Pakistan, Gangsters & Lawrence Bishnoi | Hussain Zaidi | FO317 Raj Shamani
आपने बोला था दाऊद अभी जिंदा है और. पाकिस्तान में जाके अब किंग मेकर बन गया. है इमरान खान अगर प्राइम मिनिस्टर बना तो. बिकॉज ऑफ दाऊद शुरू से ही वाज फैसटेक्स्ट. तो वहां के एक्ट्रेसेस से उसके अफेयर तो. बहुत मशहूर है इतना बड़ा उनका पावर हो गया. था फिर वो इंडिया से भागे क्यों डी सोमन. करके थे वो क्राइम ब्रांच में थे और उसे. कहा कि मैं जा रहा हूं दाऊद को गिरफ्तार. करने के लिए वो लोग जब वहां पहुंच जाते. हैं अंदर और वो लोग देखते हैं एसी अब भी. चल रहा है सिगार वहां पे आधी जल रही है. दैट वाज द लास्ट एक्शन अगेंस्ट दाऊद कैसे.
निकल गया किसने उसको हेल्प किया यही एक. मिस्ट्री जो आज तक सॉल्व नहीं हुई है. हुसैन जैदी इंडियन ऑथर और फॉर्मर क्राइम. जर्नलिस्ट जिन्होंने दाऊद अब्राहिम अबू. सलीम जैसे बड़े-बड़े गैंगस्टर की लाइफ को. बहुत करीब से स्टडी किया है बंबई मेरी जान. गंगूबाई एंड क्लास ऑफ 83 जैसी मूवीज और. सीरीज इनकी बुक से इंस्पिरेशन लेके बनाई. गई है गुलशन कुमार वाला केस उसमें आप बहुत. पर्सनली इफेक्ट हुए थे क्या था पूरा केस. सुभाष गाय पे हमला हुआ था राकेश रोशन पे. हमला हुआ था मैंने फोन किया अबू सालिम को.
उने कहा व्हाई आर यू डूइंग दिस तो गा अगले. हफ्ते मैं ऐसा कुछ करने वाला हूं तुमको. पता चलेगा मैं क्या कर सकता हूं एटली एक. हफ्ते के बाद गुरशन कुमार उनकी हत्या होती. है आपने इतने सारे क्रिमिनल और गैंगस्टर. से मिले हो कोई साइकोलॉजिकल ट्रेट देखा है. सब में जो सिमिलर हो दे आर वेरी इनसिक्योर. डीप डाउन आई हैव नॉट सीन एनी गंगस्टर वेरी. कॉन्फिडेंट व्ट आर र ओपनि न लॉरेंस. बिश्नोई रेंस बिश्नोई कांसेप्ट है आपको. कभी किसी ने धमकी दी है अंडरवर्ल्ड से. पुलिस से दोनों तरफ से क्यों.
हमारे बहुत सारे सब्सक्राइबर स्टार्टिंग. से हमारी जर्नी में हमारे साथ हैं एंड दे. नो कि हमने एक छोटे से फ्लैट की स्पेस से. कंटेंट शूट करना स्टार्ट किया था एंड एज. वी ग्रू वी वांटेड अ प्रोफेशनल स्टूडियो. बट शिफ्टिंग का जो फर्स्ट टाइम हमारा. एक्सपीरियंस था ना इट वाज वेरी स्ट्रेसफुल. आई स्टिल रिमेंबर हमें ना एक डेडलाइन मिली. थी जहां पर हमें एक बहुत इंपॉर्टेंट गेस्ट. के साथ शूट करना था तो हमने हमारा पुराना.
स्टूडियो सेटअप जल्दी से जल्दी विकेट किया. एंड ट्रेडिशनल पैकर्स एंड मूवर्स वर जस्ट. नॉट गेटिंग द जॉब डन कभी अनरीजनेबल. प्राइसिंग थी तो कभी उनके खराब रेपुटेशन. की वजह से हम सही इंसान या सही पार्टनर को. ढूंढ ही नहीं पाए एंड वी कुड जस्ट नॉट. ट्रस्ट. एनीव्हेयर टोल्ड मी राज पोर्टर पैकर्स एंड. मूवर्स ट्रैकर सो सेकंड टाइम जब शिफ्टिंग. हमने किया ना और जब मैंने पोर्टर पैकर्स. एंड मूवर्स ट्राई किया आई रिलाइज दे आर. सुपर रिलायबल वैल्यू फॉर मनी एंड ऑन.
डिमांड एंड पोर्टर के प्रोफेशनल पार्टनर्स. शिफ्टिंग बहुत सीरियसली लेते हैं टाइमली. अराइवल होता है और जो कमिटमेंट दिया. एगजैक्टली उन्होंने वही फॉलो किया इनफैक्ट. उनकी जो बुकिंग होती है वो बहुत सुपर इजी. थी एंड द बेस्ट पार्ट आई गॉट द डेडिकेटेड. टाइम स्लॉट जो मेरे को टाइम स्लॉट चाहिए. था उसी टाइम पे एंड द मोस्ट इंपॉर्टेंट. थिंग ये कंप्लीट सेफ एंड सिक्योर शिफ्टिंग. हुई इनफैक्ट जो हमारे इलेक्ट्रॉनिक. इक्विपमेंट्स थे जो इतने महंगे थे उन सबके. साथ मल्टीपल लेयर पे हमें पैकिंग मिली सो.
इफ यू आर थिंकिंग ऑफ शिफ्टिंग एंड यर. स्ट्रेस्ड पोर्टर्स पैकर्स एंड मूवर कैन. बी योर बेस्ट पार्टनर वन बीएचके से लेके. पेंट हाउस तक हाउस शिफ्टिंग करनी है या. ऑफिस शिफ्टिंग पोर्टर है हो जाएगा क्लिक द. लिंक इन द डिस्क्रिप्शन राइट नाउ टू बुक. इट मुझे बताओ आप इतने बड़े क्राइम राइटर. हो कौन-कौन से क्रिमिनल से आप मिले. हो मैं अरुण गवली से मिल चुका हूं छोटा.
शकील से मिल चुका हूं नहीं छोटा शकील से. बात की अबू सालिम से मिल चुका. हूं अश्विन नायक को मतलब वी हैव नॉट हैड अ. गुड कन्वर्सेशन वी जस्ट का ऑ हैड वेरी. कैजुअल थिंग बिकॉज ही वास कुमार पिल्ले. करके हमने उसको दूर से हालो कही बिकॉज ही. वाज इन लॉक अप उससे हमारी बात नहीं हो पाई. है खालिद पहलवान से मिल चुका हूं बट ही इ. अ रिटायर्ड क्रिमिनल नाउ सो वी कां से के. ही इ क्रिमिनल एनीमोर एंड देन लट ऑफ छोटा. मो गाइ जो शूटर दाऊद और इन सब से नहीं.
मिला दाऊद से नहीं मिला हूं मैं और मैं. मिलना भी नहीं चाहता हूं आई डोंट थिंक. दाऊद से मिलना कोई बहुत बड़ी बात है मब फल. आई ऑलवेज थिंक कि लोगों को ये क्यों लगता. है कि क्रिमिनल से मिलना बड़ी बात है यार. ही इज अ मैन हु इज रनिंग फ्रॉम द लॉ उस. मतलब आप किसी बहुत बड़े कहानीकार से बहुत. बड़े टैलेंटेड आर्टिस्ट से किसी बहुत बड़ी. चीज से मिले तो बात और है क्रिमिनल से. मिलना बड़ी बात क्या है मुझे एक आदमी ने. कहा कि मैं दाऊद भाई से मिलाता हूं आपको. और आप जहां बोलो मतलब उसने मुझसे कहा कि. दुबई में मिल सकते हैं पाकिस्तान में मिल.
सकते हैं और मैंने कहा भाई पाकिस्तान नहीं. जाना दुबई मुझे नहीं मिलना ही सर अच्छा एक. काम करते हैं मैं आपको मक्का मदीना में. मिला दूंगा मक्का मदीना में तोसे बहुत सी. मीटिंग्स होती रहती है मैंने कहा अरे भाई. आप धर्म का मिसयूज क्यों करना चाहते हैं. रिलीजन को क्यों मिसयूज कर रहे मक्का. मदीना जाके क्यों मिलूंगा उनसे बो नहीं. मतलब आप अगर चाह रहे हो कि एजेंसी आपको ना. मालूम करें सेड सी फर्स्ट ऑफ ऑल आई एम. वेरी हैप्पी नॉट मीटिंग हिम इफ एट ऑल आई. नीड टू टॉक टू हिम मैं फोन प उनसे बात कर. लूंगा बट मुलाकात मुझे नहीं करनी है तो यू. नेवर नो आप जिंदगी भ वहां से बात करके आए.
आपका फोन टैपिंग पे है यू आर बीइंग शैडोड. दाऊद के दुश्मन आपके दुश्मन हो जा रहे हैं. बेस्ट थिंग ए टेलिंग न द क्राइम जजम इज यू. शुड बी टोटली अन. अफिटेक पर से कभी भी एफिलिएट नहीं होना. चाहिए अरे ये दाऊद का आदमी है ये राजन का. आदमी है कभी भी वो एक स्टैंप आप पे लगना. नहीं चाहिए आई ऑलवेज वाट टू बी लाइक. इंडिपेंडेंट पर देन आपकी स्टोरी और. इंपोर्टेंट नहीं और ज्यादा स्ट्रांग नहीं. बन जाती अगर आप डायरेक्ट इंसान से मिलो. जिसके बारे में लिख रहे.
सी उसके दो प्रॉब्लम होते हैं आई टेल यू. व्ट सबसे पहला प्रॉब्लम आपने मान ली दाऊद. से मुलाकात की आपने और मान ली दाऊद यह. लिखो और यह मत लिखो या ऐसा करना और ऐसा मत. करना माय होल थिंग इ कि मेरी जिंदगी में. आज तक 25 30 साल में मैंने किसी की लिखने. लिखाने के बारे में नहीं सुनी है तो इसलिए. मिलना तो अब दाऊद नेर मुझसे कहा कि जदी. साहब यह कर दीजिए मना थोड़ी कर अब दाद भाई. नहीं मैं नहीं कर सकता तो मतलब वो क्यों. मतलब वई ड हैव टू गो गो इन टू प्लीडिंग.
मोड व् अपोलो जट मोड यार मैं नहीं कर सकता. मैं नहीं बस खत्म बात है बट आपका एक. स्टेटमेंट है ना कि दाऊद इज वेरी पोलाइट. एंड नाइस यू मेरा स्टेटमेंट नहीं है मेरा. एक्सपीरियंस है तो एक्सपीरियंस है मतलब आप. मिले ही नहीं हो तो कैसा एक्सपीरियंस है. व्हाट हैपेंड वाज के ये बात 1998 की है. मैंने 1995 में क्राइम जजम शुरू किया था. वेर आई मैनेज टू इंटरव्यू अरुण गवली इन. जेल इन औरंगाबाद जेल व्हिच इज हाई. सिक्योरिटी प्रिजन मैंने वहां जेल के अंदर. जाके अरुण गवली से मुलाकात की और पना घंटे.
उसका इंटरव्यू किया वच आई केम बैक एंड यू. नो पब्लिश फॉर इंडियन एक्सप्रेस फिर मैंने. अबू सालिम से फोन प बात की है मैंने छोड़. से बात की मैंने बहुत से गैंगस्टर से बात. की है ना तो मेरे एडिक्टर ने एक बार मुझसे. कहा कि व्हाई डोंट यू स्पीक टू दाऊद नाउ. 98 में इट वाज नॉट क्लियर के दाऊद दुबई. में है कि दाऊद जो है वो पाकिस्तान में है. एंड इवन दोस डेज आई वाज नॉट कीन ऑन मीटिंग. हिम मतलब मैं कोशिश करता था शायद मिल भी. लेता बट आई वाज नॉट की आई जस्ट फोन पर बात. कर लू तो देन आई आई स्पोक टू अ कांटेक्ट.
ऑफ माइन एंड ही सेज कि ही विल मेक मी. स्पीक टू दाऊद ऑन फोन सो दे पुट मी ऑन टू. दाऊद सो आई स्पोक टू दाऊद ऑन. फोन एंड व्हेन आई स्पोक टू हिम आई वाज बिट. सरप्राइज्ड बिकॉज मेरे माइंड में 98 में. आई मीन आई वाज जस्ट अ क्राइम जलिस्ट फॉर. थ्री इयर्स तो हम लोगों ने जो फिल्मों में. देखा था या हम लोगों को जो मालूम था कि एक. जो गैंटर वैसी बातें करता है ना तो मुझे. लगा शायद दाऊद वैसी बातें करेगा एकदम ग्रफ. आ वाइज में और बहुत गाली गल से भरी हुई.
मेरा एक्सपीरियंस यह था जब मैंने उससे बात. की और दाऊद से मैंने पूछा. कि बात करने लगा तो मुझे लगा ही स्पीकिंग. नाइस उर्दू एंड च आई वास सरप्राइजिंग फॉर. मी आई थॉट कि यार ये बम्बे का लड़का है. बम्बे के लोग इतनी अच्छी उर्दू बोलते नहीं. है ही हैज कम बैक फ्रॉम डोंगरी और डोंगरी. में आपको पता है एक चीज अजीब है आई ड नो. एनी एक्सप्लेन टू यू र नॉट डोंगरी वालों. की लिंगो अलग होती है वो जिसको कहते हैं. बोल बच्चन आई डोंट टू ऑफेंड एनी पीपल बट. मेरे बहुत से दोस्त यार रहते हैं डूंगरी.
में तो आई जस्ट थॉट कि अगर दाऊद इज फ्रॉम. डोंगरी एरिया हां वो जब मुझसे बात करेगा. क्या बडू कैसा है बोल भाई क्यों तेरे को. मे से बात करना था आई जस्ट थॉट ही इज. गोइंग टू टॉक टू मी लाइक दैट द मैन ऑन द. अदर एंड वाज वेरी सिविल कैसे बात करी. उन्होंने सलाम वालेकुम जी आप मुझसे बात. करना चाहते. थे इतनी सॉफ्ट व्हाई आई मीन ही सो आई थॉट. मे बी दाऊद का कोई फोन उठाने वाला. रिसेप्शन में जो है कोई है आदमी है हम का. राइट हैंड मैन है वो जो है मुझसे पूछ रहा.
है तो मैंने कहा कि नहीं मैं आपसे नहीं. बात करना चाहता. था बट आई जस्ट थॉट कि मैं भी लखनऊ से हूं. आई स्टार्ट फ्रंटिंग माय उर्दू आई सेड. आपका इसम ग्रामी क्या है इसम ग्रामी याने. व्हाट्स योर नेम व्ट्स योर काइंड नेम. ग्रामी रिस्पेक्टेड इमज. नेम ही सेड मेरा नाम दाऊद इब्राहिम है. वेरी सिंपल मैं दाऊद भाई बोल रहा हूं इवन. दैट काइंड ऑफ थिंग वाज नॉट देयर कुछ भी. नहीं हां सो आई जस्ट थॉट के द होल. सिविलिटी द द स्ट्रेटनेस ट वास काइंड ऑफ.
समथिंग च. पुट हैरान था कि लोग जो है आमत अपना असर्ट. करते हैं अपनी अथॉरिटी सो देन काइंड ऑफ. टॉकिंग फर अबाउट 45 मिनट हमने बातचीत की. इवन डरिंग द कोर्स उस 45 मिनट के उसे एक. गाली नहीं बग यार बम में लोग गाली ब मिट. क्या बात कर लट ऑफ क्वेश्चन मतलब उसके 93. के इवॉल्वमेंट से लेके उसके जो है जो उसने. दुबई क्यों चला गया बम क्यों इसके ज्यादा.
वो इवॉल्व रहा इन चीजों के अंदर तो पहली. हमारी जो 1015 मिनट की जो कन्वर्सेशन थी. हुआ यह था कि उस जमाने में आउटलुक ने एक. कवर पेज स्टोरी निकाली थी इंडियाज पब्लिक. एनिमी नंबर वन और दाऊद का फोटो जो है कवर. पेज पे था सो दाऊद के कुछ लोगों ने जाके. आउटलुक के ऑफिस में तोड़फोड़ कर दी थी और. काइंड ऑ बिकम अ फ्रंट पेज न्यूज़ एवरी. वेयर हां सो हमारा इंटरव्यू वहां से शुरू. हुआ था जहां पर दाऊद वास शोइंग हिस कंसर्न.
कि मैं इंडिया का एनी नंबर वन नहीं हूं सो. नाउ 1015 मिनट द मैन वाज लाइक इन अ काइंड. ऑफ मोनोलॉग वर ही वाज ट्राइट डिफेंड. हिमसेल्फ यार मैंने ऐसा क्या किया है तो. आई देन टोल्ड हिम कि आपने बॉम ब्लास्ट में. आपका हाथ था आपने 93 के बम ब्लास्ट में. इतने सारे लोगों की जाने गई है आप उसमें. इवॉल्वड है सो देन ही वाज एक्सप्लेनिंग के. आप पुलिस का एविडेंस बताइए मुझे कितने. एविडेंस कितने स्टेटमेंट मेरे खिलाफ है. मैंने क्या किया वो बताइए सो नाउ बिकॉज आई.
रिटन अ बुक आई वाज राइटिंग अ बुक 1993 की. लास्ट पे ब्लैक फ्राइडे इज माय फर्स्ट बुक. हां उस किताब में मैंने देखा कि देयर आर. ओनली थ्री स्टेटमेंट्स देयर आर 200. एक्यूज्ड लॉट ऑफ विटनेसेस ब देर ओनली थ्री. विटनेस व्हिच नेम दाऊद एंड दे जस्ट नेम के. दे मेट दाऊद इन वाइट हाउस जो दुबई में. उसका जो बंगला था दाऊद का उसके अलावा दाऊद. कहीं था ही नहीं उसके एविडेंस के हिसाब से. कहीं था नहीं और उसने जेट मनानी जो राम. जेट मलानी जिनका अभी देहांत हो गया उससे. जब वो लंडन में थे उनसे कहा भी था कि मुझे.
सरेंडर करना है जो महाराष्ट्र गवर्नमेंट. ने आई स्टिल डोंट अंडरस्टैंड द रीजन व्हाई. दे काइंड ऑफ रिजेक्टेड द प्रपोजल टू. सरेंडर टू इंडियन गवर्नमेंट तो यह कह रहा. था कि मैं आके लॉ फेस करने के लिए तैयार. हूं अगर मैं गिल्टी हूं तो आप मुझे सजा. दीजिए सो ही आल्सो सेड कि व्हाई ही हैज. बीन ट्राइट प्रूव दैट ही इज नॉट इवॉल्व इन. दिस बम ब्लास्ट बट कोई उसकी सुन नहीं रहा. है सो देन आई वेंट टू जर्नलिस्टिक मोड आई. सेड के ऐसा कैसे हो सकता है कि आपने कुछ.
किया नहीं है और उन्होंने आपको अक्यू नंबर. वन बना दिया है और आप बेकसूर रह गए इतनी. सारी हत्याएं आपके लगी है आप पे इतनी सारी. चीजें लगी हुई है सो ही वाज एक्सप्लेनिंग. कि भाई देखिए मैं तो आके सारा फेस करने को. तैयार हूं आपकी गवर्नमेंट नहीं करना चाहती. है बट उसमें एक बड़ा कोटेबल सा कोट दिया. था उसने एक डायलॉग जो मुझे आज तक याद है. उस इंटरव्यू में 1998 से आज 2025 27 साल. हो गए वो कहने गा देखिए अगर मैं 1947 में. पार्टीशन के टाइम प होता तो इंडियन. गवर्नमेंट को आदत है हर चीज चीज मुझ पर. ब्लेम करने की वो 1947 का बंटवारा भी मुझ.
पर लगा देते और मुझे इल्जाम ठहरा देते कि. मैंने इंडिया और पाकिस्तान का बटवारा. करवाया है सो दो थिंग दैट वी र जस्ट. हैविंग ऑल दोस काइंड डिस्कशन जो प घंटे तो. होते रहे बट देन ऐसे कभी आपने क्रॉस. क्वेश्चन नहीं किया कि इतना बड़ा जो. क्रिमिनल है और इतनी बड़ी उनके पास पूरा. सिस्टम है बहुत ओबवियस है उनके लिए और. बहुत आसान होगा सारे विटनेसेस हटाना सारी. चीजें हटाना तो अगर वो आके इधर अपने आप को. सरेंडर करते और उसके ऊपर काम करते कोई. खड़ा ही नहीं होता उनके सामने कुछ जवाब.
देने के लिए तो ओबवियस सी बात है कि अगर. उन्होंने किया भी हो या नहीं किया हो व्ट. एवर जो वह बोल रहे हैं बहुत करने वाली चीज. को भी प्रूफ करके ग गिल्ट फ्री कार्ड. निकालना बहु आ मेरा मानना था कि यूएस में. वो लोग के साथ जो उनको इश्यूज हुई थी ना. हम उनका प्रॉब्लम यह था कि उन्होने अल कपन. को जो है दे फाइनली कुड इंडा इट हिम ओनली. ऑन अ टैक्स इजन केस बट दे पुट हिम बिहाइंड. द बार्स माय पॉइंट इज के अबू सालिम के भी. पास बहुत से केसेस थे बट अब अब सालिम को. लोग पुर्तगाल से आठ केसेस में तो एक्सट.
करके ले आए और आई मीन हु सेज अबू सालिम इज. नॉट वेल कनेक्टेड आई मीन आई नो दैट द मैन. स्टिल हैज लाक है लॉट ऑफ पीपल अराउंड हिम. वर्किंग फॉर हिम उसकी कांटेक्ट बहुत अच्छे. हैं बट आके अभी जेल में पड़ा हुआ है ना वो. 2005 से लेक आज तक पड़ा हुआ है जेल में. उसका भाई इकबाल कासकर माय पॉइंट इज इवन. चलिए लेटेस्ट एग्जांपल छोटा राजन 75 केसेस. थे तिहार जेल में आज तक पड़ा हुआ है मतलब. डिस्पाइना अगर इंडियन गवर्नमेंट नहीं चाहे. तो जेल में रह सकता है माय पॉइंट इज कि एक.
क्रिमिनल का भारत में आके एक जेल में रहना. बेहतर है बजाय किसी फॉरेन कंट्री में रह. कर के टू पुल स्ट्रिंग्स एंड कॉज सम कांड. ऑ डैमेज टू इकोनॉमी एंड पीपल हियर आप बुला. लेते अब वो कितना इन्फ्लुएंस करेगा कितना. ज्यादा हमारी मशीनरी को कितना खराब करेगा. देखिए मेरा एक बात बहुत क्लियर मत है अगर. हमारी पुलिस किसी चीज पे जो है एकदम ठान. ले ठान ले ढूंढना के साथ सोच ले कि ब ये. हमको करना है आई एम टेलिंग यू नथिंग नो.
क्रिमिनल नथिंग कैन बें द लॉ यह आपको बता. दूं मैं सिर्फ उनको फोकस्ड होना चाहिए उस. टीम को के जो करना है उन्होंने किया है. बहुत वैसे कई बार कर भी चुके हैं अगर वो. सोच ले दाऊद आए और वो किसी विटनेस को. थ्रेट ना कर पाए किसी केस को इन्फ्लुएंस. ना कर पाए और ऐसा कोई काम ना कर पाए जो. ट्रायल को वो जो अलग तरफ मोड़ने वो नहीं. कर पाएगा अगर मुंबई पुलिस चाहे तो सो माय. थिंग इज कि व्हाट द गवर्नमेंट शुड है डन. वाज के लेट हिम कम एंड दे कुड हैव पुट हिम.
हाउस अरेस्ट ही वांटेड टू बी मुझे हाउस. अरेस्ट में रखिए जेल मत रखिए जेल में मेरे. राइवल्स मुझे मार सकते हैं मेरे खिलाफ आप. बम लस का केस चलाइए सो दिस वा हिज कंडीशन. आई ऑलवेज फील कि उसकी सरेंडर को एक्सेप्ट. करना चाहिए था और उसको प्रोसेक करना चाहिए. था एंड देन द सिस्टम थ्रू द सिस्टम वुड. हैव प्रोक्यू एंड केप्ट हिम इन बर्स एज. लंग एज दे वांटेड बट सम ऑफ दे डिड नॉट. अलाउ हिम टू कम एंड आज आज आजाद क्यों अलाव. नहीं किया आपको क्यों लगता. है रियली वाट टू नो आंसर हां.
देखिए ऐसा है. कि बहुत से फैक्टर्स हैं मतलब उन्होंने जो. उस वक्त एक रीजन दिया था कि कोई क्रिमिनल. हमको टर्म डिक्टेट नहीं कर सकता है अगर. हां सही है ना आप मानते हैं इस बात को ना. अगर ऐसे ही बात थी तो फिर अबू सालिम के. टर्म्स उन्होंने क्यों एक्सेप्ट कर लिए. यहां पे यानी अगर यही बात थी जब आपने. पुर्तगाल कोर्ट से उसको एक्जाइट किया था. आपको पता है उस वक्त हमारे डेप्युटी. मिनिस्टर एल के अडवा ने लिखित रूप में.
एश्योरेंस दिया था वी विल नॉट हैंग हिम. विल नॉट गिव हिम कैपिटल पनिशमेंट ऑफ. हैंगिंग ही विल नॉट गेट डेथ सेंटेंस ए ही. विल बी रिलीजड फ्रॉम प्रिजन इन 25 इयर्स. टाइम मुझे उसको सिर्फ आठ केसेस में उसके. ऊपर मुकदमा चलाया जाएगा बाकी केसेस पर उस. पर मुकदमा भी नहीं होगा आपको पता है जिन. केसेस से अबू सालिम को बाहर रखा गया है. वहां आने के बाद में उसमें एक है गुलशन. कुमार केस यानी मेरे ख्याल से अबू सालिम. ने जितने भी अपराध किए हैं उसमें गुलशन. कुमार केस जो है सबसे ज्यादा ग्रूसम है.
मतलब आई एम पर्सनली अफेक्टेड बाय गुलशन. कुमार केस मैं आपसे चकि मैं रिपोर्टर था. 97 में और मैंने उस केस को बहुत पसू किया. है मैंने उस केस को बहुत रिपोर्ट किया है. मैं पर्सनली उससे बहुत अफेक्टेड हूं लेकिन. आपको बताए उसको आपने ला करके गुलशन कुमार. केस में प्रोसीक नहीं करेंगे बम ब्लास्ट. में करेंगे जिसमें एक अंप्स था जो दूसरी. हत्या है उसमें करेंगे लेकिन गुलशन कुमार. में नहीं करेंगे तो यानी आप आपने आप सरकार. ने उसके टर्म्स मान लिए ना ना अबू सालिम. के टर्म्स एक्सेप्ट करके आप उसको लेकर आ.
गए 25 साल के बाद यानी 2030 में जब उसके. 25 साल हो जाते हैं आपको अबू सालम को रिहा. करना पड़ेगा अगर आपके कोर्ट ने उसको. गिल्टी मान लिया जहां पर उसको कैपिटल. पनिशमेंट देना होगी आपकी सरकार नहीं देगी. क्योंकि आपने लिखित तौर से मान लिया है सो. उसी तरह से गोइंग बैक टू दाऊद इब्राहिम. दाऊद इब्राहिम के केस में तो ये चीजें थी. ही नहीं वो कह रहा था कि मैं आके मुझे. सिर्फ तीन चीजें आपसे शरत रख रहा हूं कि. आप मुझे प्रोस क्यूट कीजिए बॉम ब्लास्ट.
में जेल में मत डालिए वो कह रहा है कि. मुझे जो है बाकी केसेस में जो आपने चक सेट. के उनको सब फ्रेम अप होंगे उन चीज में मत. करिए और मुझे हाउस अरेस्ट में रख दीजिए आप. बुला लेते अगर वो गिल्टी होता तो स्टॉप यू. कि आप उसको जो है जेल में ना डाले अगर वो. गिल्टी प्रूफ कर दिया कोर्ट तो कोर्ट का. फैसला सभी लोग मानते हैं बस मेरा यह मानना. था कि उन्होंने यह रीजन दिया कि हम किसी. क्रिमिनल की बात को नहीं मानेंगे बट जो. मेरी पर्सनल खुद की रिसर्च है जी खुद की. रिसर्च वेरी स्ट्रंग रीजन फॉर बिलीविंग.
दिस दाऊद इब्राहिम खुद से दाऊद इब्राहिम. नहीं बना 1970 में दाऊद इब्राहिम एक छोटा. सा गली का एक पेटी स्मॉल टाइम गैंगस्टर था. यानी क्या कर रहा था आपको बताऊं वो लोगों. को रोड पे जो है एक था पलटी मारना करके. छोटा सा स्कैम होता था जहां पे वो. इंपोर्टेड घड़ियां दिखाते थे आदमी को और. वो पैसे लेकर चुपचाप निकल जाते थे और और. उसके अंदर से कुछ पत्थर निकलता था या व.
छोटी-मोटी जो वारदातें होती हैं वो सब. करते थे छोटा सा गैंगस्टर था वो ही नेवर. प्लान कि मैं इतना बड़ा गैंगस्टर बन. जाऊंगा भारत का या वर्ल्ड का सबसे बड़ा. गैंगस्टर उसको जो पनपने दिया गया उसको जो. बड़ा करया गया वो लोकल लेवल की पुलिस ने. लोकल लेवल के पॉलिटिशियन ने एंड उसके बाद. में अगर आप मेरी किताब पढ़ेंगे मैंने उन. तमाम पॉलिटिशियन के नाम लिखे हैं. जिन्होंने दाऊद की ग्रोथ में उसको हेल्प. की है नाउ व्हाई इट्स नॉट के उनको दाऊद से.
कोई हमदर्दी थी इट वाज ऑल बिकॉज सम हाउ. कोई ना कोई. कॉम्प्लिटीशन में रुकता है और अगर. इंटरव्यूज होते हैं अगर लोग जो है पूछते. पाछे हैं और लोग जो है इन्वेस्टिगेशन शुरू. करते हैं तो सारे वो जो स्केलेटन है ना उस. कवट से बाहर आने लगेंगे उसका सारा जो. लोगों के साथ में जो कनेक्शन है वो बाहर. आने लग जाएगा बस बेहतर यह है कि वो आए ना.
बाहर रह जाए बस ये यही वजह थी आपने उसकी. ची को एक्सेप्ट नहीं किया दैट द रीजन एंड. क्या था लाइक टेल मी इन डिटेल क्यों वो. उसको हेल्प करेंगे क्यों उसको एक छोटे से. गैंगस्टर से इतना बड़ा बना देंगे देखिए. कभी-कभी ऐसा होता है कि एक स्ट्रेटेजिक. रीजंस होते हैं जो बाद में कंपल्शन बन. जाते हैं जैसे क्या स्टार्टिंग में क्या. हा आई विल टेल यू शुरू से. 1977 के आसपास में उससे पहले के आसपास में. बॉम्बे का जो ओरिजिनल माफिया है है पठान. हम आपको पता है कि पठान जो है वो 1933 से.
मुंबई में आ गए थे और उन्होंने 1933 से. मुंबई में एक दबदबा बना लिया था करीम लाला. रहीम लाला यह सारे लोगों ने बॉम्बे में. अपना जो वर्चस्व कायम कर लिया था दे वर. काइंड ऑफ रूलिंग द सिटी पूरा जो साउथ था. अगर आज भी आप देखें तो उमर खाड़ी से लेकर. के ग्रैंड रोड तक करीम लाला का दबदबा था. और उसका भाई रहीम लाला और बहुत से पठान. अगर मैं अभी नाम बताऊ तो बहुत से नाम हो. जाएंगे ये लोग रूल कर रहे थे दे वर रूलिंग.
सो मच सो के दाऊद इब्राहिम का जो बाप जो. हेड कांस्टेबल इब्राहिम कासकर था ही वाज. सस्पेंडेड फ्रॉम हिज ड्यूटी ही वाज. वर्किंग विद देम ही वाज सम एज अ लाइन ऑफस. वर्किंग फॉर पठान एंड लाइक और हाजी मस्तान. के लिए भी ही वाज गेटिंग द गुड्स रिलीजड. और उनको जो कुछ ना कुछ काम में हेल्प हो. रही थी ही वाज एन ऑनेस्ट मैन लेकिन तब भी. उनके साथ उनकी दोस्ती थी लोग उसको जो है. छोटा सा हेड कांस्टेबल नहीं समझते थे उसको. बहुत रिस्पेक्ट देते थे नाउ एक मौका ऐसा.
आता है जहां पर पुलिस को लगता है कि इन. पठान को कैसे खत्म करें सी पठान ना दे वर. नॉट रिस्पेक्टिंग द रूल ऑफ द लॉ आप ये देख. लीजिएगा बहुत सी कहानियां है. मतलब अगर उनको पुलिस वाले ने बुला दिया कि. तुमको लॉक अप प बुलाया है और अगर मान लीज. वो पहुंचा और पुलिस वाला वहां से बाहर चला. गया पेट्रोलिंग के ग कुछ बिजी है वो. गुस्से में आकर के हमको बुलाया कैसे से जब. ऑफिसर नहीं है वो टेबल तोड़ देता था उसको.
10 तारीख को अगर किसी ने उसका ब्याज का. पैसा लौटाया नहीं है उसको चाकू मार देता. है अरे भाई थप्पड़ मारना जो है वोह गैर. कानूनी है आप स्टैप कर देते हैं गुस्से. में आके सो ऐसे इतने सारे वाकत थे कि पठान. वर गेटिंग आउट ऑफ हैंड उनको कंट्रोल कैसे. करेगा तो वो जो वाकया जो मैंने बहुत अच्छे. से अपनी किताब में लिखा है के इंस्पेक्टर. रणवीर लीखा जो है डोंगरी पुलिस स्टेशन में. बहुत परेशान थे कि इन पठा का क्या करूं दे. आर नॉट गेटिंग अंडर कंट्रोल तो जमाने में.
क्राइम जर्नलिस्ट है इकबाल. नातिन का अपना एक अखबार था राजदार करके. एंड ही वास इन टच विद रणवीर लीखा सो. उन्होंने जाकर के रणवीर के साथ बैठे आप. साहब परेशान क्यों है सो इकबाल नाती वास. फ्रेंड ऑफ दाऊद ही सेड के साहब आपको अगर. पठान का आपको हैंडल करना है आप शोले देखिए. देखिए कितना प्री पोस्टेस आईडिया है शोले. देखिए रणबीर लिखा लॉस्ट इट ही वाज वेरी. एंग्री इकबाल तुम्हारा दिमाग खराब हो गया. है मैं पठानों से परेशान हूं तुम मुझे.
फिल्म देखने भेज रहे हो ही सेड साहब उसके. अंदर जो कैरेक्टर है वो एक डाकू खत्म करने. के लिए दो क्रिमिनल्स का फायदा उठाता है. और उस डाकू को खत्म करता है एक बड़े. क्राइम सिंडिकेट को खत्म करने के लिए दो. छोटे क्रिमिनल्स को लेता है और उनको खत्म. कर देता है शोले में ये दिखाया गया है. आपके लिए भी ऐसे ही अवेलेबल है एक मौका है. बोले क्या वो मौका है बताइए बोले पठा को. खत्म करने के लिए आप इब्राहिम भाई के. लड़कों को पूछिए दाऊद और साबिर दोस टू.
ब्रदर्स इब्राहिम भाई वा कांस्टेबल हेड. कांस्टेबल तो रर डिड नॉट बाय दिस आइडिया. एट दैट टाइम ही वाज वेरी एंग्री विद इकबाल. नाक टू कम वि दिस काइंड ऑफ आइडिया कि क्या. बेवकूफ आईडिया क्या बता रहा. है तुम पठान कोय दो लड़कों की मदद से. इब्राहिम भाई के लड़को से खत्म करके ओ तो. यानी नोबडी प्लान बट इब्राहिम भाई की. लड़की क्यों इतने लड़के हो सकते हैं वो. दोनों को वो लड़के जो उनमें देखिए हुआ यह. था ना आपको. बताए यह मतलब पूरी अजीब सी कहानी है उस.
जमाने में एक मौलाना जियाउद्दीन बुखारी. हुआ करते थे यह पॉलिटिकली इंक्लाइंड थे ही. वांटेड टू बिकम पॉलिटिकली बिग और यह लाइफ. में जो है ही वाज नॉट एबल टू य डू समथिंग. इन लाइफ के जहां पर वो कुछ लड़कों को ऊपर. लाकर सिखा सके उन्होंने एक यंग पार्टी. करके बनाई यंग पार्टी में उस एरिए के. मोहल्ले के सारे बेरोजगार लड़कों को उठाकर. जमा कर लिया और उनको कहा कि तुम लोग जो. कुछ ना कुछ करो सो उस वक्त उन्होंने क्या.
किया बेसिकली उन लड़कों को कहा कि तुम लोग. कुछ ना कुछ सोशल एक्टिविटीज किया करो. पढ़ाई लिखाई हेल्पिंग ये वो और हो सके तो. बाद में कुछ तीज त्यौहार प जुलूस निकाल. दिया करो सो के इट शुड लुक लाइक इ. कम्युनिटी थिंग हैपनिंग साथ में सब मिल जी. हां ये लड़के बेरोजगार थे स्कूल ड्रॉप आउट. थे दे डिड नॉट हैव एनी प्रोडक्टिव थिंग टू. डू कोई काम व भी नहीं कर रहा था पढ़ाई भी. नहीं कर रहा था कॉलेज भी नहीं जा रहा था. इन लड़कों ने इस ग्रुप को शुरू कर दिया. दादागिरी करने के लिए मारना पीटना एक्सटशन.
करना ना वो जो आज तो जगह का नाम चेंज हो. गया व पूरा एरिया ही चेंज हो गया है नाउ. इट्स लाइक बिकमिंग पूरा हाई राइज बट वो. मुसाफिर खाना का एरिया जिसको पाक मड़िया. स्ट्रीट कहते थे उस पाक मड़िया स्ट्रीट. में जो बेचारे बिजनेसमैन हुआ करते थे उन. बिजनेसमैन को धमका कर थन करके पैसे. निकालना यह करना यह उनका मामला बढ़ने लगा. उनके खिलाफ छोटे मोटे केसेस भी आने लगे तो. सम टाइम्स द पुलिस काइंड ऑफ लेट हिम बी ब. अरे यार ये वाले का बेटा है सम टाइम इतने.
परेशान थे कि वो लोग चुप हो गए बट व्हाट. हैप उसको लीड करते थे दाऊद साबिर दाऊद. साबिर लीड करते थे हा साबिर बड़ा भाई था. दाऊद छोटा था ये यंग ग्रुप जो था यंग. पार्टी जो थी यंग पार्टी को तो ये सम हाउ. दे वर काइंड ऑफ कमिंग अप अच्छा एक दो. वारदातें ऐसी हुई कि जहां पर इन लोगों ने. थोड़ी सी अपनी आई विल नॉट से हिम्मत बिकॉज. हिम्मत इज अ पॉजिटिव वर्ड उन्होंने जुर्रत. दिखा दी उन्होंने दु साहस हिंदी में कहते. हैं दिखा दिया कि जहां पे ये लोगों को लगा.
कि ये लड़के थोड़ा सा इनमें थोड़ा सा वो. है एक हिम्मत है या एक दुस्साहस करने की. वो शक्ति है जहां पठानों से भिड़ गए. मारपीट भी कर ली और उन्होंने कुछ कर लिया. तो मतलब दे वर रेडी टू टेक ऑन द चैलेंज ऑफ. हाई एंड माइटी जो उस बड़े फर्नी अर्था हम. बड़े से लड़ लेंगे हां हम अपने एरिया में. तो शेर हैं और होंगे वो अपने बड़े लेकिन. हम देख लेंगे ये वाली चीज स मैंने कहा ना. जब पुलिस कोई चीज मालूम करना होती है ना. दे विल ऑलवेज नो कि क्या करना है क्या चीज. कैसे यूज करनी है इन लोगों ने जो है सोचा. कि दाऊद को अगर हमको यूज करना एज क्रिमिनल. जो थोड़ा सा यहां पर बढ़ रहा है बड़ा हो.
रहा है हम पठान को खत्म कर देते हैं बाद. में दाऊद को भी खत्म कर देंगे इस तरह से. बात आगे बढ़ी तो उनको क्या पता था कि हम. इस वक्त जो कर रहे हैं एक फ्रैंकन स्टाइन. मनस्टर क्रिएट कर रहे हैं वो उनको पता. नहीं था सो दाऊद को जब रणवीर लीखा ने कहा. कि पठान के मेलिए काम करोगे तो पठान काइंड. ऑफ अग्री कि मैं तो पुलिस वाले के बेटा. हूं ही पुलिस को हेल्प करने में क्या हर्ज. है फिर बाद में जो है उसने जो इन लोगों के. पठान के खिलाफ शुरू की सो दे वाज सपोर्ट. टस सपोर्ट फॉर हिम वेर ही काइंड ऑफ टूक ऑन.
पठान पठान को एकएक करके वो जो है उनके. उनको खत्म करने लगा अपना बढ़ने लगा फास्ट. कर गए हम जी तो आपने बोला ये दोनों लड़कों. ने साहस दिखाया जी इन दोनों ने दिखा दिया. कि हम हम हमारे एरिया में हम ही शेर हैं. साबिर और दाऊद जी फिर जो क्राइम जर्नलिस्ट. थे वो यह लेके रणवीर सर के पास गए जी. उन्होंने तो ये आइडिया डिस्कार्ड कर दिया. था तो शुरू में कर दिया था बट फिर हुआ ये. कि जब एक बार वो एक गुजर रहे थे तो. उन्होंने आपको पता है बम्बे का मिजाज आज.
भी ऐसा ही है कि अगर रास्ते पर मारपीट. होती है तो लोग जो है फोटो वीडियो निकालने. लगते हैं फोनो निकाल के कोई बीच बचाव नहीं. करता घेर देखते हां अरे यार वीडियो निकाल. के अपलोड कर दें व्यूज मिलेंगे बमबे का. मिजाज ऐसे ही है उस जमाने में जब मारपीट. होती है लोग खाली मोबाइल फोन तो नहीं थे. बट सब लोग देख रहे थे हां यार देखते कौन. क्या जीतता है क्या होता है रोड पर चल रही. है जकड़ सो रणवीर लिखा की गाड़ी रुक गई. पुलिस वाले की गाड़ी लोग आगे बढ़ने दे रहे. ऐसी गर्दी रोड प हो रही है कि उनको आगे. बढ़ने नहीं दी वो उतरे और र लिखा ने लोगों.
को हटाना शुरू किया हटो हटो हटो क्या हो. रहा है अब जो हटाए तो देखिए दरमियान में. एक लड़का जो है किसी को एक बड़े मुंडे. आदमी को पीट रहा है दोन खूब जबरदस्त. वायलेंट फाइट चल रही है खूनम खानी हो गई. लेकिन लड़ रहे हैं उन्होने अलग किया दोनों. को एक एक थप्पड़ मारा अलग किया कौन है. क्या है दाऊद हूं और वो एक दूसरा जो है. पठान गैंग का था तो उसको रणबीर लिखा को. याद आया इकबाल ने मुझे कहा था ये तो फिर. रणबीर ने दाऊद को अपनी गाड़ी बैठाया पठान. को दूसरी गाड़ी में भेजा और फिर पूछा कौन.
है तू तो राहुत ने कहा मैं डिपार्टमेंट. वाले का लड़का हूं मैं तो तब रवीर क हमारे. लिए काम करेगा दाऊद ने कहा करना है क्या. करना है ही सेड जस्ट कुछ नहीं जो मैं. बोलूंगा वो करना है तो ही थॉट मे बी हीज. गोइंग टू यूज दाऊद इनफॉर्मेंट और मे बी. लास्ट दाऊद के उसको कुछ ऐसा करना है कि. पठान के बारे में उसको खबरें मिल सके ही. रब लिखा आईम शर उसने कभी सोचा नहीं मैं. दाऊद को क्या कर रहा हूं वो तो उ ऐसे खबरी. यूज कर रहा था बट दाऊद थॉट के आई विल. काइंड ऑफ यूज दिस टेसिट सपोर्ट जो आज भी. ऐसा होता है ना पुलिस की खबरी जो है वो.
पुलिस का नाम मिसयूज करते हैं बहुत सी. चीजों में उस जमाने में ऐसे होने लगा वेल. एक वक्त ऐसा आया कि इकबाल. नातिब में बहुत ही खबरें लिखने लगा बिकॉज. ही स्टार्टड गेटिंग लॉट ऑफ स्कूप्स हम. इमेजिन वन क्राइम रिपोर्टर हैविंग दाऊद. इब्राहिम एज अ मेन सोर्स एंड ही गेटिंग. पेज वन स्टोरीज बिकॉज ऑफ दाऊद इब्राहिम. लॉट ऑफ स्टोरीज सो जब बहुत सी कहानियां. होने लगी तो एक ऐसा वक्त जब पठानों को. इकबाल नाथ एक बुरा लने क बिकॉज होल थिंग.
वा अगेंस्ट पठान द वा गिविंग स्टोरी. अगेंस्ट पठान और वो राजदार की फ्रंट पेज. पर छपने लगी उसमें से एक कहानी ऐसी थी जो. चावला गेस्ट हाउस में दो पठानों ने एक. शादी कपल को उन्होंने जो है हस्बैंड को. मार दिया था लड़की को रेप कर लिया था च. अगेन बिकम फ्रंट पेज न्यूज इन द न्यूजपेपर. कि पठान ने किया था हाय पठान गैंग ने किया. था सद बाटला और अयूब लाला करके दो लोग थे. जिन्होने किया थाय नाउ इसके बाद थिंग्स. स्टार्ट टेकिंग अगली टर्न इन लोगों ने जो.
है वो इसको मार दिया इकबाल नाथ को मतलब जब. उने देखा बहुत ज्यादा हो गया है और इकबाल. नाथ बहुत कुछ उनके खिलाफ लिखने लगा है तो. दाऊद प तो हाथ नहीं डाल पाए लेकिन इकबाल. नाथ वाज अ सॉफ्ट थिंग तो उसको उन्होंने. इकबाल को मरवा दिया जब इकबाल नादक की. हत्या हो गई और उसने हत्या से पहले जो है. दाऊद को उसने बता दिया किसने मारा था तब. दाऊद स्टार्टेड हिज रिवेंज अगेंस्ट पठान. तब जो वायलेंस का चैप्टर शुरू हुआ स दाऊद. ने जो अयूब लाला की हत्या कि सहीद बाटला. के पीछे दौड़ा उसकी उंगलियां काट दी ये.
वाला चैप्टर जो है उसके बाद वायलेंस की. शुरुआत हुई और फिर दाऊद और जब पठान के बीच. जो जंग शुरू हुई तब जो सबसे पहला जो बड़ा. उन्होंने किया था साबिर की किलिंग 1981. में प्रभा देवी के पेट्रोल पंप में की थी. क्या की थी मतलब व्हाट दे डिड वाज के दे. दे रिलाइज कि दाऊद को क्या करें साबिर. बड़ा भाई था सो दे थॉट मे बी ही इज द हेड. ऑफ द गैंग वी शुड काइंड ऑफ एलिमिनेट हिम. तो आईडिया ये था कि साबिर को प्रभादेवी. मारेंगे और पूरे लोगों को लेके मुसाफिर. खाना पहुंचेंगे और दाऊद को मुसाफिर खाने. में बिकॉज वो अनवेयर है बिल्कुल तैयार.
नहीं होगा हम उसको गोलियों से भून के रख. देंगे तो दैट वाज द प्लान जो हुआ बजने सी. लाला हां इसने पठान गैंग ने कि पठान गैंग. ने अमीर जादा आलम जेब और इन लोगों ने पूरे. लोगों ने मिल कर के जो उसके साथ गए और. लोगों ने प्रभा दवी में पहले तो साबिर का. पीछा किया साबिर वाज अ वूमेनाइजर ही वाज. इंटरेस्टेड इन वमन तो उसके गर्लफ्रेंड थ. चित्रा जो वो कांग्रेस हाउस प थी तो साबिर. वाज इन लव विद दिस ग चित्रा. उसके साथ जो है वो ड्राइव पर चला जाता था.
गाड़ियों पर लेकर कभी घूमते थे फिरते थे. जो थे पठान र वाचिंग हिज मूवमेंट नाउ. साबिर वाज नॉट अ वेरी शार्प मैन आई मीन. इसके उसका मसला यह था कि इफ लड़की भी है. और शराब भी है तब उसके पीछे व कौन आ रहा. है उसको उसका अंदाजा नहीं हुआ सो वन साबर. वास काइंड ऑफ वंस ड्राइविंग फ्रॉम. कांग्रेस हाउस एंड टुवर्ड्स प्रभा देवी ही. वास बीइंग फॉलो बाय ऑल दिस पीपल जो उसको. पीछे थे इन लोगों ने जा कर के जब वो प्रभा.
देवी प पेट्रोल पंप भने पेट्रोल भरा नहीं. गया इन लोगों ने साबिर को घेर करके उसको. गोलियां भून दिया उन्होंने साबिर मार दिया. और फेमस किलिंग है हां दैट वाज द फर्स्ट. मेजर किलिंग दैट हैपेंड इन बिटवीन पठान. एंड दाऊद गैंग फिर उसके बाद ये लोगों ने. पूरी की पूरी टीम मिल कर के यह पहुंच गई. मुसाफिर खाना दाऊद के लोग सो रहे थे दे र. नॉट न रेडी उनको पता नहीं था किने मोबाइल. फोन का टाइम था नहीं 81 में तो फौरन प्रभा. देवी से लोग यहां आए और लोगों ने दाऊद के.
मुसाफिर खाने में गोलीबारी शुरू कर दी नाउ. यह सब लोग जो है वो रेडी नहीं थे बट खालिद. पहलवान ने उस वक्त उसके पास में ए के 47. थी या उसके पास कोई आई थिंक नॉट ए के ब ही. हैड सम गन मशीन जो उसने निकाल के उनको. रिटाइट किया और उन पर गोलियां चलाई तो जब. उनको सामने जवाबी फायरिंग होने लगी तो फिर. जो है ये लोग वहां से जो है भाग गए और फिर. दाऊद को जो है कोई नुकसान नहीं पहुंचा. लेकिन एट दैट टाइम दे रिलाइज के साबिर. नहीं है कहां है साबिर क्योंकि लोग को लगा. शायद वो कहीं होगा ग्रांट रोड में या.
कांग्रेस हाउस में जो जाता था वो तो बाद. में उनको जब साबिर का जब बॉडी जीजे. हॉस्पिटल पहुंची और जब उन्होंने देखा कि. उसकी हत्या हो गई है तब फिर दाऊद ने कहा. कि वो बदला लेगा लेकिन उससे पहले पुलिस ने. अमीर जादा आलम आलम को गिरफ्तार कर लिया था. हाउ एवर दाऊद गट अमीर जादा किल्ड इन अ. मुंबई सेशन कोर्ट थ्रू दैट हिटमैन डेविड. परदेसी उसका नाम था एंड बाद में आलम जेब. को बड़ोदा में उसने एनकाउंटर करवाया तो. मतलब ही गट देम किल्ड बट फिर होता रहा और. उसके बाद ही फिर आगे बढ़ता रहा समद खान जो.
रहीम लाला का बेटा था करीम लाला का भतीजा. था ही वाज समवन वाज अपकमिंग गैंगस्टर एट. दैट टाइम और उसको दाऊद पसंद नहीं था और. उसको मतलब जब वो बड़ा हुआ समद तो समद वाज. अ वेरी क्रुल मैन हम मतलब जब वो लोगों को. मारता भी था तो ऐसे गोली मार नहीं देता था. वो लोगों को तड़पा तड़पा के मारता था उनको. टॉर्चर करके करके मारता था उनको ऐसा था तो. जब समद ने ऐसी कुछ हरकतें की जहां पर दाऊद. का और उसका जब वहां प सामना हो लगा तब. करीम लाला बहुत परेशान था जोक पुलिस उसके.
पीछे दाऊद भी उसके पीछे तब करीम लाला ने. अपना हाथ हटा दिया था बोला मैं समद खान को. नहीं जानता उसने बाकायदा. इंकलाब न्यूज़पेपर के अंदर उसने एक ऐड भी. दिया हां स्टेटमेंट दिया आई डोंट हैव एनी. कनेक्शन विद समद खान पीपल कैन डील विद हिम. ऑन हिज ओन जो भी है तो फिर दाऊद ने समद. खान की हत्या की ही वास पर्सनली देयर टू. किल समद खान एट सिक्का नगर यहां भी जैसे. चित्रा का मामला साबिर के लिए था यहां एक. शिल्पा जबरी करके गर्लफ्रेंड थी देखिए ये.
आप देखिए बहुत सी अंडरवर्ल्ड कहानियों में. लड़कियां जो होती है ना वो कहीं ना कहीं. रिस्पांसिबल होती है यू चेस द गर्ल एंड यू. रीच द गैंगस्टर बस ऐसे ही था शिल्पा जबरी. का सिक्का नगर में घर था वहां पे समद खान. जाया करता था तो दाऊद ने और उसके पूरी. गैंग ने समद खान को उस दिन सुबह में गोली. मार दी एंड दिस वाज द लास्ट क्राइम दैट. दाउद कमिटेड बिफोर एस्केपिंग फ्रॉम मुंबई. फिर वो यहां से फरार होके चला गया ऐसे हुआ. था तो यही दा पठान और दाऊद गैंग के बीच का. जो स्ट्रगल चल रहा था पर ये जो पेट्रोल.
पंप हुआ था उसके बाद कुछ गैंगस्टर इंडिया. से भाग गए थे ना दाऊद के अगेंस्ट में जो. थे वाजन दैट द केस नो नो ये अमीर जा तो. पकड़ा गया था आलम जेब भी पकड़ा गया था तो. ये दो दो लोग मेन लोग थे और पठान गैंग. भागी नहीं क्या उसके बाद नहीं नहीं सी. पठान का था कि दे दे नेवर एस्केप उनके लिए. पठान और अरुण गवली इन दोनों का आप एक बात. ये देखिए दे ऑलवेज रिमन लोकल दे नेवर. ट्राइड टू गो अब्रॉड दे नेवर ट्राइड टू. एस्केप दे नेवर बिकम फूजिटिव दाऊद के लोग. ही जो है उन्होंने ही यहां से पलायन किया.
दे स्केप फ्रॉम हियर यानी दाऊद इब्राहिम. छोटा शकील छोटा राजन ये पूरी दावती जाएंगे. इतना ज्यादा अब आपने बोला उनके पास पुलिस. का सपोर्ट था फिर पॉलिटिशियन का. पॉलिटिशियन का सपोर्ट क्यों आया सब में. पुलिस का तो मैं समझ गया कि उस टाइम पर. उनको चाहिए था किय पठान गैंग है इससे पंगे. लेने के लिए हमको छोटे को बड़ा करना है वो. बड़ा करते करते क्या दाऊद ने उसको उनको लग. रहा था इनफॉर्मेंट तैयार करें दाऊद ने. अपॉर्चुनिटी देख के खुद बड़ा हो गया राट. अब यहां से पॉलिटिशियन का एट एंट्रेंस. कैसा हुआ.
ओके देखिए हुआ क्या है ना कि इलेक्शन में. जो कंसीट होती है उसमें उमर खाड़ी कंसीट. एंसी है उसके अंदर जो है अलग-अलग जो वहां. के डूंगरी की जो कंसीट एंसी में वो. छोटी-छोटी कंसीट को जीतने के लिए. पॉलिटिशियन को जरूरत पड़ती है वहां के. लोकल जो लोग हैं उनकी के वो किसी तरह से. ऐसा करें कि लोग इनको वोट दें तो ये लोग. क्या करते थे बूथ कैपचरिंग करते थे. यह लोग वहां के लोगों को इन्फ्लुएंस करते.
थे कि आपको जाकर इस कैंडिडेट को वोट देना. है अब यानी बाकायदा एक आदमी था जो मशहूर. था सलीम तलवार के नाम से जो इनके ऊपर जाके. बाकायदा धमका के सबको लाइन लगा के इनसे एक. पर्टिकुलर आदमी को वो देता था वोट दिलाता. था तो यानी अगर आपने ऐसी छोटी छोटी छोटी. कौंस से आपने अगर कब्जा कर ली तो वो आदमी. एमएलए बन जाता था अब नेशनल एमएलए को पता. है कि मैं इसकी वजह से बना हूं एमएलए इसके. लोगों ने मुझे हेल्प किया है तो वो इससे. और दोस्त हो जाता है अब दाऊद को पता है कि.
मैं इसके जरिए बड़ा बन रहा हूं तो तो. दैट्ची से कनेक्टेड था इतने सारे पुलिस. वालों से कनेक्टेड था इतना पैसा था इतना. बड़ा. उनका पावर हो गया था फिर वो इंडिया से. भागे क्यों देखिए एक अच्छी बात जो बहुत. बढ़िया है कि हमारे लीगल सिस्टम अब भी. जिंदा है हम यानी हमारे यहां पुलिस भले. कमजोर होगी लेकिन हमारे यहां कोर्ट्स अब. भी बहुत जबरदस्त है जिंदा है यानी वो.
कितने भी हरकतें इस तरह कर रहा हो और. पुलिस शायद उसके खिलाफ केस वीक बना दे बट. कोर्ट में तो मामला जाता है चार शट तो. फाइल होती है कोर्ट तो देखता है जजेस तो. देखते हैं कि भैया अपराधी जो है इसने इतनी. हत्याएं की है अब उसके खिलाफ वारंट अगर. इशू होना है या उसको समन करना है या उसको. कोर्ट में आना है तो जो जज है वो दाऊद से. नहीं डरता उसको दाउद से फर्क नहीं पड़ता. यानी ही ट्राइड टू दाऊद ने अपने हिसाब से. लॉ को काफी ट्विस्ट करने की कोशिश की है. लेकिन जब अदालतें उसके पीछे पड़ गई जहां.
पर उन्होंने पुलिस को इस बात प प्रेशराइज. किया कि हमको दावत चाहिए और हमको दावत प. मुकदमा करना है तब पुलिस क्या करेगी देन. दे हैव टू अरेस्ट हिम तो उस वक्त जो है. दाऊद को अरेस्ट करने के लिए पुलिस ने जो. एकदम जो उनके जो सीनियर्स थे और दाऊद का. ऐसा भी कनेक्शन लोकल तक था यानी अगर आप. क्राइम ब्रांच कहिए या पुलिस कमिश्नर कहिए. वो महकमा कहिए तो नहीं था 1982 में जूलियर. रोब रो आए थे मुंबई के कमिशनर बंद की और. जूली रोबो ने उस वक्त कसम खाई थी कि वो. मुंबई से अंडरवर्ल्ड का खात्मा कर देंगे. एंड ही वाज लाइक वेरी सीजन ऑफिसर एंड ही.
वाज समवन जो चाहते थे कि बंबई से क्राइम. को मिटा दे वो 82 में आए थे वो तो उसके. बाद से पुलिस की सरगर्मी बहुत बढ़ गई थी. अब यानी मैं आपको सिर्फ छोटा सा यह वाकया. बताऊं कि पॉलिटिशियन का और. इसका डी सोमन करके थे उन्होंने जो है वह. उस जमाने में क्राइम ब्रांच में थे और. उन्होंने सोचा था कि व दाऊद को अरेस्ट. करेंगे दाऊद पाक मड़िया स्ट्रीट में था. 1986 की बात हैय उन्होंने अपनी पूरी टीम. लेकर के जो है वह सोचे कि जाके इसको.
गिरफ्तार कर लेंगे लेकिन इन लोगों के लिए. जरूरी होता है कि व अपने लोगों को इफॉर्म. करें मिस्टर सोमन ने फोन किया मंत्रालय. में और उसे कहा कि मैं जा रहा हूं दाऊद को. गिरफ्तार करने के लिए यह सीक्रेट सिर्फ. मिस्टर सोमन और उस शख्स के बीच है जिसको. यह कॉल मिला है बाकी किसी को नहीं पता है. पुलिस के लोगों को नहीं पता है अफसर को. नहीं पता है बिकॉज उनके लिए चीजें आम बात. यूजुअल रूटीन रेड्स और रूटीन चीजें उनके. लिए होती रहती है ये सब जब पहुंचते हैं.
पाक मड़िया स्ट्रीट में उसके मुसाफिर खाने. में दाऊद का जो अपना ऑफिस है एसी एयर. कंडीशन ऑफिस है वो लोग जब वहां पहुंच जाते. हैं अंदर और वो लोग देखते हैं के एसी अब. भी चल रहा है एक सिगार वहां पर आधी जल रही. है और उस जमाने सोफे होते थे जैसे आपने. देखा होगा जिसमें आप बैठे तो अंदर थोड़ा. सा धस जाता है सोफा वो सोफा अब भी. धसान पिछले 10 मिनट मिनट में ऐसा कुछ हुआ. है कि कोई आदमी इतनी जल्दी में इस कमरे से.
निकल गया है जिसने एसी बंद नहीं किया है. जिसने सिगार को यहां छोड़ दिया है और जो. शायद इस सोफे बहुत आराम से बैठा हुआ था. लेकिन अभी पुलिस ने पहुंचने से पहले पहले. ऐसा कुछ हुआ है कि वो जल्दबाजी में निकल. गया है दैट वाज द लास्ट एक्शन अगेंस्ट. दाऊद और फिर वो यहां से निकल गया कैसे. निकल गया किसने इफॉर्म किया किसने उसको. हेल्प किया वो कैसे भारत छोड़ गया उसके. बाद दाऊद कभी नहीं मिला बस यही एक. मिस्ट्री जो आज तक सॉल्व नहीं हुई है किसी.
को भी नहीं पता है बस या सोमन को पता है. या उस शख्स को जहा जिसको उसने फोन किया था. सोमन को उसको बस आपको क्या लगता है वेल जो. दाऊद के लोग क्लोज थे आई डोंट नो इफ इट अ. फैक्ट र नॉट देखिए मैं मेरी प्रॉब्लम ये. है कि मैं एक जर्नलिस्ट हूं जर्नलिस्ट का. हमेशा से ये होता है कि वो अपने सोर्सेस. से पूछ करके लिखता है जर्नलिस्ट खुदा नहीं. होता जर्नलिस्ट कैन नेवर से कि ये. एक्यूरेट है अनलेस ही सीज अ डॉक्यूमेंट बट. डॉक्यूमेंट भी फोर्ज किए जा सकते हैं हम.
अगर मुझे कोई भी चीज दो लोग ऐसी कहते हैं. जिसको दो लोग उसको डिस्प्यूट ना करें तो. आई रिलाई ऑन दैट वरना मैंने ऐसी बहुत सी. कहानियां छोड़ दी हैं जहां पे दो लोग कुछ. कह रहे थे और एक आदमी कुछ और बोल रहा था. तो मुझे जो मेरे नजदीकी सूत्रों ने बताया. वो यह बताया कि जब दाऊद को फौरन फोन आ गया. और उसको एक पुलिस वाले ने बताया तो दाऊद. अपनी बिल्डिंग के टेरेस पे चला गया आपने. अगर डूंगरी पुरानी डूंगरी की अगर आपने. बिल्डिंग देखी हो तो बिल्ल्डिंग एक से एक. जुड़ी हुई होती थी उसके नीचे उतरने से. खतरा था कि शायद पुलिस को गिरफ्तार कर ली.
थी उसने वही बिल्डिंगों से बिल्डिंग जो है. लांग करके निकला एंड पुलिस ने फॉरन. एयरपोर्ट पे और सब जगह लुकआउट कर दिया था. इसलिए दाऊद डिड नॉट गो टू एयरपोर्ट टू. एस्केप टू दुबई क्योंकि दुबई आता जाता. रहता था तो उसका लुकआउट में वो एयरपोर्ट. में पकड़ा जा सकता था जसे ही टूक अ ट्रेन. आउट ऑफ मुंबई टू सम अदर सिटी मुझे नहीं. पता कहां मतलब उनका सिर्फ कहना है कि इट. कुड बी कोलकाता इट कुड स मद आई हैव नो. आईडिया जो मुझे पता नहीं मैं इसके बारे. में कहूंगा नहीं किसी शहर में ट्रे में. ट्रेन से चला गया क्योंकि अब बहुत भीड़. होती है उसको ढूंढना या पूरा करना बहुत.
मुश्किल होता है और जमाने सीसीटीवी भी. नहीं थी उस ट्रेन से उस तक गया वहां से. एयरपोर्ट से जो है वो दुबई चला गया तो. इसलिए मुंबई पुलिस के हाथ नहीं आ पाया अभी. जिंदा है दाऊद वेल छ महीने पहले उसकी. पॉइजनिंग की खबर आई थी कि उसको जो है फूड. पॉइजनिंग हो गई है जो अपने आप में सच थी. दाऊद को जो है पॉइजन फूड पॉइजनिंग हुई थी. और इस फूड पॉइजनिंग के बाद से पाकिस्तान. थोड़ा सा हिल गया था बिकॉज पाकिस्तान न के. अंदर जर्नलिस्ट जो है उनको दावत बहुत. अखरता है पाकिस्तान के जर्नलिस्ट को दावत.
पसंद नहीं है पाकिस्तान की आवाम को भी. दावत पसंद नहीं है दाऊद सिर्फ आईएसआई को. पसंद है दाऊद रूलिंग पार्टी को बहुत पसंद. है मैं अभी कल परसों चेन्न्नई एकसपेस में. था वहां पर मुझे एक बहुत ही वेटरन. जर्नलिस्ट से मेरी बात हो रही थी वो कह. रहे थे कि मैं पाकिस्तान गया था एक. क्रिकेट मैच कवर करने के लिए और वहां वो. और उनके साथ दूसरे और भी जर्नलिस्ट थे. उनको वहां का पाकिस्तानी जर्नलिस्ट मिला. जो उनको क्लिफटन बीच के पीछे दाऊद का घर.
है दाऊद का घर मोइन विला जो है जो उसके. बेटे के नाम पर है क्लिफटन बीच के पास ही. उसका घर है जहां अब्दुल्ला शाह गाजी बाबा. की दरगाह है उसके पीछे मैं भी जा चुका हूं. मैंने भी जाकर उस घर में एंट्री करने की. कोशिश कीब 2004 में पाकिस्तान गया था तब. मैं वहां गया था और वहां उसके बाहर बहुत. गाट थे तो उन्होंने मुझे रोक लिया था कहां. जाना है मैं मुझे दाऊद से मिलना है कौन. दाऊद मैंने कहा दाऊद इब्राम बमबे. वाला इधर कोई दाऊद नहीं रहता है ठीक है. यार जाने दो सेठ को सलाम द करके आ जाऊंगा. नहीं नहीं वापस जाओ वो लोग बहुत उन्होंने.
इतनी ज्यादा उससे कहा कि मैं डर के वहां. से फिर भाग आया था 2004 में तो खैर ये कह. थे ये जब गए यह जर्नलिस्ट और कुछ लोगों के. साथ इनको पाकिस्तानी जर्नलिस्ट ले गया तो. उसने कहा यह घर दाऊद इब्राहिम का है और. हमारी गवर्नमेंट इज इनकरिंग ह्यूज. फाइनेंशियल लॉसेस जस्ट टू कीप द मैन सेफ. यह आदमी बंबई का गैंगस्टर है तो या आपको. पता है ना कि पाकिस्तान की ही एक मैगजीन. में एक जर्नलिस्ट थे उनका नाम था गुलाम. हसनैन उन्होंने बाकायदा लिखा था कि कैसे.
दाऊद को पाकिस्तानी गवर्नमेंट बचा रही है. नॉट जस्ट दाऊद बल्कि टाइगर मेमन बल्कि. बहुत से जो बम ब्लास्ट के अप स्कडिंग. एक्यूज उनको भी बाद में गुलाम हुसैन साहब. कहां चले गए और उनका उनको पाकिस्तान. छोड़ना पड़ गया ये अलग बात है सो तब से. एवरीवन नोज कि दाऊद वहां पे है तो अभी जब. पाकिस्तान में तो पिछले साल जब उसको फूड. पॉइजनिंग का उसको जब उसके बारे में खबर. फैली थी तो सबको मालूम था यानी वहां के. जर्नलिस्ट लोगों ने भी लिखना शुरू किया.
वहां के जो यूट्यूब थे जो सारे लोग थे. उन्होंने भी जो है उसको लिखा के दाऊद. पाकिस्तान में है अभी कुछ महीनों पहले. जावेद मया दाद जो दाऊद के समदी है जिनका. बेटा जुनैद जो है उसकी शादी दाऊद की बेटी. से हुई है मूक से ही इज वन मैन जिसको. बिल्कुल तकल्लुफ नहीं होता कहने में कि. मैं दाऊद के रिश्तेदार हूं और मुझे इस बात. में बहुत गर्व है बहुत फक्र है कि जा रहे. हैं और ही इज कांस्टेंटली लाइक मीडिया को. इंटरव्यू देता रहता है और कोई प्रॉब्लम.
नहीं होती है सो दाऊद बाय ऑल मींस ही इज. अलाइव एंड ही इज लाइक रोबट एंड उसको अपनी. हुकूमत अब भी चला रखी है उसने पाकिस्तान. के अंदर तो अभी भी है उनकी हुकूमत वेल. आपने आपका एक मैं वीडियो देख रहा था आपने. बोला था कि दाऊद अभी जिंदा है वो. पाकिस्तान में है और दाऊद पाकिस्तान में. जाके अब किंग मेकर बन गया जी जी ये मेरी. अगली इसी किताब में आई मीन दुबई टू कराची. मेरी लेटेस्ट किताब है जो अभी रिलीज नहीं. हुई है. उस किताब के अंदर हां सो दुबई टू कराची की.
जो मेरी किताब है मतलब हुआ ये था कि मैंने. मैं लिख थक गया था दाऊद के लिखते हुए. ऑनेस्टली स्पीकिंग मैंने दाऊद के बहुत. लिखा है यार तो आई गट वन मिस्टीरियस कॉलर. जो पाकिस्तान में इज वेल कनेक्टेड सारी. पॉलिटिशियन पार्टीज को जानता है सबको पैसे. देता है सब उसको जानते हैं ही इज बेस्ड इन. यूएस ही इज अ ग्रीन कार्ड होल्डर एंड आई. कैन ओनली से दिस मच के ही इज अ लुक अलाइक. ऑफ शॉन कनरी जो मुझे मिला था अबू धाबी के. आईफा में उसने मुझे दाऊद के बारे में इतनी. हैरत अंगेज बातें बताई है जो मैं उसको.
सुनने के बाद में रुक ना पाया क्या बताइए. मतलब व कहता है कि इमरान खान अगर प्राइम. मिनिस्टर बना तो बिकॉज ऑफ दाऊद और वह अगर. हटा तो बिकॉज ऑफ दाऊद एंड देन ही शड मी. न्यूज चैनल क्लिपिंग जहां जावेद मिरदाद इ. सेइंग दिस के इमरान खान को हमने बनाया था. पीएम हमने उसको पीएम नहीं बनने दिया और जब. उससे न्यूज एंकर ने पूछा कि भाई कौन था ये. तो बोले कुछ है अला के प्यारे बंदे. जिन्होंने किया है भाई अल्लाह के प्यारे. बंदे कौन है आप नाम बताइए उन्होंने बताया.
नहीं बट देन देर सो मच एविडेंस अबाउट दाऊद. कॉलिंग द शॉर्ट्स फॉर एग्जांपल जो. पॉलिटिकल पार्टीज के इक्वेशन है मतलब बहुत. सी बातें अ हम आपसे क्या बताए पाकिस्तान. आपको किताब पढ़ना पड़ेगी अगर मैं सारी यही. बता दू य बताओ तो त लोग ये सुनेंगे और. उसके बाद जा किताब ज्यादा पढ़ेंगे तो मतलब. उसका दाऊद का शुरू से ही वास. फैसटेक्स्ट तो जब वो बम्बे में भी था तो. बॉलीवुड से उसकी कनेक्शन बहुत अच्छे थे तो.
जब पाकिस्तान गया तो उने वहां की भी फिल्म. इंडस्ट्री उसने बहुत अच्छी पहचान बना ली. तो वहां के एक्ट्रेसेस से उसके अफेयर तो. बहुत मशहूर है और फिल्मों में भी उसका जो. एक प्रोडक्शन का जो उसका शौक होता है उसने. वो भी रखा है फिल्मों के अंदर तो वो. इंडस्ट्री में उसका कनेक्शन फिर उसका जो. है साथ-साथ में क्या कहते हैं कि वहां की. पॉलिटिक्स दो चीजें जिको बहुत पसंद है. उसको फिल्म और पॉलिटिक्स बिकॉज पॉलिटिक्स. इज अ पावर अगर आपने पॉलिटिशियन को अपने. कंट्रोल में कर लिया तो आप जो है फिर उस. देश को रूल कर सकते हैं तो वहां के. इंटीरियर मिनिस्टर वहां के चीफ मिनिस्टर्स.
वहां की जो गवर्नमेंट अब अगर आप पीएम तक. सोचिए अगर आप चुनाव कर सकते हैं इफ यू कैन. डिसाइड कि आपका पीएम कौन है आपके सेनेट. में कौन होगा पाकिस्तान के जो लोग होते. हैं उ सेनेट कहते हैं और जो जो उनकी जो. पावरफुल बॉडीज है जो क्रिकेट की उनकी. बॉडीज है पीसीबी वगैरह यह सारी दाऊद के. खास लोगों के हाथ में है ट्स हाउ ही कॉल. शॉट्स इन पाकिस्तान तो यानी हुआ यह है कि. वो सारे लोग हैं पाकिस्तान में जो अपने. आपको मतलब डेमोक्रेसी का बादशाह कहते हैं. बट ऑल दज आर पपेट्स इन द हैंड ऑफ दाऊद.
इब्राहिम अब ये कि जो वहां से शुरू से. होते होते आज दाऊद इब्राहिम इस पावर पे आ. गया है कि ही कैन कॉल शॉर्ट्स इन. पाकिस्तान जिसको चाहे उठाए जिसको चाहे. बिठाए व्हाट एवर तो अब वो किंग मेकर. पाकिस्तान में बन चुके हैं जी हां बिल्कुल. ही इ बिकम अ किंग मेकर नाउ सो पाकिस्तान. यू से यू थिंक कि वहां की गवर्नमेंट. टेक्निकली वही चला रहे है ऑफकोर्स इट्स आई. मीन मैंने कहा कुछ चीजें जो है वो लिखित. रूप में नहीं होती है बट कुछ फैक्ट्स अपने. आप में होते हैं एंड ऐसे ऐसे क्या किया. उन्होंने कि वो वहां जाके सब चला रहे हैं. सिर्फ पोरली मनी दुनिया में सर द होल थिंग.
इज ना बीवी ना बच्चा ना बाप बड़ाना भैया. होल थिंग इज सबसे बड़ा रुपैया पाकिस्तान. इज अ बैंकट कंट्री उनकी इकोनॉमिक शैल्स दे. आर नॉट एबल टू यू नो सम हाउ टेक केयर ऑफ. देर इकोनॉमी उनका प्रॉब्लम देखिए कि उनके. कितने सारे मसाइल हो रहे हैं इसका. प्रॉब्लम ये है कि उनके करप्शन किस कदर. ज्यादा है यानी आप हर प्राइम मिनिस्टर को. देखिए वो वो करप्शन से भरा हुआ है आप. देखिए कि उनके यहां गवर्नमेंट की.
स्टेबिलिटी होती ही नहीं है यानी जब इमरान. खान जब उन्होंने अपनी गवर्नमेंट जब चलाई. थी उने तहरीक इंसाफ के नाम से जो उरी. पार्टी चल रही थी लोगों को एक नई उम्मीद. जगी थी लेकिन फिर इतना बड़ा स्कैम हो गया. उनके ऊपर अब्दुल कादिर का जो स्कैम चल गया. वो खुद रह नहीं पाए तो और उसके द वे इमरान. खान वाज इवॉल्वड इन इट वो अजीब था वो खुद. तो माय पॉइंट इज कि वहां जो करप्शन है ना. वो सबसे बड़ा प्रॉब्लम है उस कंट्री का. एंड दाऊद नोज या उसको पता कि कैसे करप्शन. का फायदा उठाना चाहिए वो भारत में देख. चुका है तो उसने पाकिस्तान उसको यूज कर.
लिया ओ डिवाइड दाऊद फॉर मी इन थ्री. पार्ट्स मेरे को तीन एरा के बारे में बताओ. दाऊद इब्राहिम मुंबई में दाऊद इब्राहिम. दुबई में और दाऊद इब्राहिम कराची में यह. एरा तीनों आपस में अलग क्या है इन तीनों. में उसके पावर की क्या कंडीशन थी तीनों. में उनका पैसे का फ्लो कैसा था सी दाऊद जो. है जब बम्बे में था तोत वो एक बहुत छोटा. सा स्ट्रगलिंग गैंगस्टर था ही जब दाऊद से. जो जब गैंग भी उसकी थी उस वक्त भी ही वाज. पार्ट ऑफ द सिंडिकेट जहां साबिर बड़ा भाई. था हम दाऊद मतलब ही वाज अ स्ट्रेटजिस्ट.
उसके उसका दिमाग था उसका शार्पनेस थी. लेकिन वह एक ऐसी गैंग थी जो बड़ी हो रही. थी हम तो बिटवीन 1974 जहां प उनका पहला. एस्टेब्लिश ऑर्गेनाइज्ड क्राइम था उनका. दाऊद इब्राहिम ने जो पहला उस गैंग ने किया. था वहां से उसकी शुरुआत हुई. 1986 यानी 12 साल जो है उस उ लोगों ने एक. बबर गैंग फॉर्म नहीं हुई थी लड़के थे आ जा. भाई उसको ठोक दे हां जा उसको उठा ले हां.
चल ये कर लेते हैं हां चल उसका काम बजा. देते हैं ऑर्गेनाइज क्राइम नहीं था कुछ भी. ऑर्गेनाइज था बट एड हॉक ओके मतलब सब आदमी. सब करेंगे देयर इज एक जो है डिवाइडेड कुछ. उसके अंदर वो नहीं था कोई डेलीगेटेड. रिस्पांसिबिलिटीज नहीं थी सब थे मतलब उसकी. जो भी गैंग के अंदर लोग थे और उसके बाद. उसने गैंग को अपने एक्सपें भी किया कि. अपनी गैंग के अंदर जो हुआ जो यंग पार्टी. जिसमें सिर्फ मुस्लिम लड़के थे बाद में जब. गैंग में बाद में नॉन मुस्लिम लड़के भी आ. गए फर एग्जांपल सुनील सावंत भी आ गया छोटा. रजन भी आ गया और उसके बाद में सुभाष सिंह.
ठाकुर भी आ गया लोग आ गए तो काफी गैंग. एक्सपें हो गई वो गैंग बम्बे में 1986 में. वो चला जाता है यहां से उस गैंग को से. लेकर के और बाद में और लोग भी आते हैं. छोटा उसको फॉलो करता है छोटा रजन दुबई चला. जाता है सो दुबई वाला जो उसका टाइम है. बिटवीन 1986 टू 1994 8 साल का यह वाला. उसका रियल ग्रोथ. है दाऊद इब्राहिम बिम दाऊद इब्राहिम इन. दुबई हाउ उस आदमी ने शायद वहां के जो लोग.
दुबई के जो लोग थे स्ट्रेटज थे मैनेजर्स. थे शेख थे या जो लोगों थे उन लोगों ने. उसको समझा दिया या उसने उसे सीख लिया कि. इस गैंग को. कॉरपोरेटाइज्म अब उसने क्या किया ना यहां. से वो जो बॉम्बे में डूंगरी की गलि में हो. रहा था इसको इसको ठोक दे इसको उठा दे इसको. यह कर दे अब वह सब नहीं हो रहा है अब यह.
हो रहा है कि उसने हिस्से बांट दिए हैं कि. शरत शेट्टी जो है वो क्रिकेट बैटिंग. देखेगा अनीस इब्राहिम जो है वो फिल्म लाइन. देखेगा छोटा शकील जो है वो कहीं और से. जाके वो प्रोटेक्शन रैकेट को हैंडल करेगा. नाउ देर आर पीपल आर लुकिंग फॉर हिम नाउ अब. जो बम्बे में अगर लोगों को सुपारी किलिंग. करनी है या लोगों को मारना है वो उसका एक. पर्टिकुलर आदमी करेगा दिस इज व्हाट ही डिड. इन दुबई दुबई में उसने अपना एक वाइट हाउस. बना लिया जहां से ही वाज लाइक रनिंग द होल.
शो दुबई में अब जो एक्टिविटी होगी उसको. दाऊद का अप्रूवल होना जरूरी है फॉर. एग्जांपल यहां से लोग जाते थे फिल्म. स्टार्स जाते थे शूटिंग के अंदर और जब वो. लोग वहां कोई कंसर्ट है या कोई के वहां पे. कोई बड़ा सा जो शूटिंग सेट वर है दे हैव. टू लाक मीट दाउद इब्राहिम आई मीन आपको पता. है कि दिर कुमार हैज मेट दाऊद इन दुबई ऋषि. कपूर हैज मेट दाऊद इन दुबई ऐसे लोगों की. वहां मुलाकात होती है तो ही वास काइंड ऑफ. हब नॉबिंग विथ स्टार्स विथ अदर इफ्लू पीपल.
इन दुबई और वहां पर अपना मामला बढ़ाते जा. रहा था शायद वो दुबई से ना जाता ब उसको. दुबई बहुत अच्छा लग रहा था 1993 के बम. ब्लास्ट के बाद में थिंग्स बिकम टोटली. क्रेजी फॉर हिम यानी इंडियन गवर्नमेंट ने. एक्सशन के लिए जो है उन सारे गैंगस्टर्स. को दुबई से यहां उनको चार के ला रहे थे. दाऊद वो उसको रिलाइज किया कि अगर मैं यहां. रु का रह गया तो दे माइट कम अ टाइम कि जब. वो अमेरिकन इन्फ्लुएंस को यूज करके इंडिया.
जो है उसको एक्सट करके य बुला लेगी सो तो. उन्होने क्या किया फिर दाऊद ने जो है वह. दुबई से माइग्रेट होना सोचा और तब ही वेंट. टू कराची नाउ सी टू से कि दाऊद ने एक. मास्टर प्लान बना रखा था और व उसको प्लान. करने वाला था वो नहीं होने वाला था ही वाज. जस्ट टेकिंग इट एज इट कम इसका मेन मोटिव. था सर्वाइवल ही वांटेड टू सरवाइव एट एवरी. लेवल मुबई में सरवाइव करना चाह रहा था और. दुबई में बड़ा तो हो रहा था ही वाज.
बिकमिंग रिच ही वाज बिकमिंग मोर. रिसोर्सफुल लेकिन तब भी सर्वाइवल ही था वह. पूरी तरह से वेल एंट्रेंचड वहां नहीं हो. गया था जब उस परे दुबई में देखा कि अब उस. परे गाज गिरने वाली है और उसको इंडियन. गवर्नमेंट एक्सट शायद कर जाए ही मूव टू. पाकिस्तान यानी अगेन सर्वाइवल ही हैज बिकम. बिगर उसने अपनी कंपनी को बड़ा कर लिया है. डिपार्टमेंट पैदा कर लिए अपने अलग-अलग. लोगों को डेलीगेट कर दि रिपस उसकी अब वो. बहुत जी र्ग नाइस तरीके से काम कर रहा है. बट देन ही कांट स्टे इन दुबई एनीमोर वो.
कराची चला गया कराची के शुरू के साल उसके. लिए बहुत प्रॉब्लम थे बिटवीन 94 और 98 तक. दाऊद वाज नॉट टोटली वेल एस्टेब्लिश इन द. सेंस. के सबसे पहले ही फेस द होस्टिलिटी ऑफ द. लोकल माफिया हम देखिए आपको बता देंगे पूरे. वर्ल्ड में पाकिस्तानी माफिया फैली हुई है. और पूरे वर्ल्ड के अंदर जो है आप यूएस में. भी जाइए यूएस की जेलों में भी जाइए आपको. पाकिस्तानी क्रिमिनल सब जगह मिलेंगे अब. अगर जिन लोगों ने फॉरेन कंट्रीज में अपनी.
माफिया को इतना बढ़िया एस्टेब्लिश कर दिया. है तो उन्होंने अपने खुद के कराची में. उन्होने क्या किया होगा कराची अगेन इ अ. पोर्ट सिटी इट्स लाइक बॉम्बे तो ने बहुत. सी चीजें बम्बे के अंदर वहां मिली हुई है. तो वहां का जाट माफिया जो है जो वहां के. अंदर जो है एक से एक लोग हैं पंजाबी. माफिया जाट माफिया सारे लोग जो वहां पे. लोग हैं पाकिस्तान के अंदर वहां पे वो लोग. अपना खुद का एक एस्टेब्लिश किए हुए हैं. सरनी दाऊद इब्राहिम करके एक आउटसाइड आ. जाता है एक बॉम्बे का गैंगस्टर आ जाता है. और वह आके देखता है कि उसको पाकिस्तानी.
रेंजर सिक्योरिटी दे रहे हैं उसको आर्मी. वाले सिक्योरिटी दे तो नेचुरली एक. होस्टिलिटी होती है दे डोंट वांट टू वेलकम. विद ओपन आर्म्स मतलब अगर वो काम भी कर रहा. है तो गवर्नमेंट का कर रहा है हमारे साथ. में हमारा हिस्सा क्यों ले रहा है तो दोस. इनिशियल इयर्स जो उसको प्रॉब्लम हुए थे. वहां प इन लोगों से कनेक्ट करने में वो. बिकॉज ऑफ दिस लोकल माफिया बट वंस व्हेन. दिस माफिया वर थ्रेटें वनड क्लीयरली टोल्ड. कि ही इज अ स्पेशल गेस्ट फॉर अस एंड ही इज.
हियर टू स्टे एंड वी आर गोइंग टू. प्रोटेक्ट हिम यू गाइज बेटर वाच आउट अब. अगर तुम लोग म उसको सताओगे तो देन ही. काइंड ऑफ गेटिंग इंट्रेस्ट तब उसके बाद. में उसके बाद इन लोगों ने अपना अपना. डिस्टेंस मेंटेन कर लिया और तब दाऊद जो वो. बड़ा होने लगा अब जब ये लोगों ने उसको. तकलीफ देना छोड़ दी गवर्नमेंट पूरी तरह उस. साथ आ गई इन्होंने देखा कि अब अमेरिकन जो. है वो इन्फ्लुएंस को लोग हैंडल कर सकते. हैं इंडिया का प्रेशर संभाल सकते हैं तब. फिर पाकिस्तानी गवर्नमेंट पूरी तरह से. उसके साथ होने लगी अब फिर ऐसा होने लगा कि.
क्रिकेटर्स यानी आपको पता है पाकिस्तानी. क्रिकेटर्स भी दाऊद से बहुत क्लोज थे सो. उसमें इन लोगों ने उसे क्लोज होते होते अब. ऐसा हो गया कि फिर आई थिंक सम वेर अराउंड. 24 2005 के आसपास जावेद ब दद की और दाऊद. की बेटों की बच्ची की शादी हो गई मतलब. दाऊद की बेटी मरूक और द जावेद का बेटा. जुनैद इन दोनों की शादी हो गई दिस वाज नाउ. नोन टू द होल वर्ल्ड के अ क्रिकेटर लाइक. जावेद मीर दाद क्या का बेटा उससे शादी कर. रहा है तो यह अब फैलने लगी यहां पे दाऊद.
ने पाकिस्तान के अंदर यह देख लिया कि मैं. बिजनेस कर सकता हूं मैं पैसे कर सकता हूं. मैं आई कैन गेट एवरीथिंग मतलब मैं. पाकिस्तान की फिल्म इस्ट्री को चला रहा. हूं और हालांकि एक स्टेज तक वो इंडिया की. इंडस्ट्री में पैसे इवॉल्व थे उसके हम. यानी आपको पता है वो जो चोरी चोरी. चुपके-चुपके का जो यहां पे एक स्कैंडल हुआ. था जहां पे नाजिम रिजवी हु वाज छोटा शकील. गाय एंड दे व प्रोड्यूस द मूवी तो वो. उन्होने बाकायदा क्राइम ब्रांच उस रैकेट.
को बस्ट किया था तो उसके बाद उनको लग गया. कि वो लोग इंडियन फिल्म इंडस्ट्री के अंदर. हाथ प हाथ पैर नहीं मार सकते हैं सो दे. काइंड ऑ रिट्रैक्टेड सो दे थॉट कि अब हमको. जो भी करना है वो पाकिस्तानी इंडस्ट्री. में करना है तो सारा बिजनेस देन व्हाट. हैपेंड कि उसने क्रिकेट में जो वहां पर जो. बैटिंग होती है और वहां जो उसके अंदर करना. है वो वहां करने लग गया नॉट जस्ट दैट दाऊद. इब्राहिम ने पाकिस्तान के अंदर गु गु का. भी इंट्रोड्यूस कर दिया फायर ब्रांड गुटका. बिलोंग टू अनीज इब्राहिम ऑफ दाऊद यानी आप.
सोचिए उसने अपनी जड़े पाकिस्तान के अंदर. पूरी तरह एस्टेब्लिश कर ली तो गुटका हो. क्रिकेट हो फिल्म इंडस्ट्री हो. वूमेनाइजिंग विद एक्ट्रेसेस हो हर चीज में. दाऊद का हाथ हो गया और फिर दाऊद को जो. लोगों ने उसकी इन्फ्लुएंस देखी तो. पॉलिटिशियन जो है उसके करीब भी आने लगे और. फिर उससे फेवर्स लेने लगे मतलब मेरे एक. दोस्त ने कहा था कि जब वो दाऊद से कभी. मिलने जाता था तो देखता था कि दाऊद के. रिसेप्शन हॉल में कोई ना कोई प्रोविंस का. बड़ा सा एक चीफ मिनिस्टर बैठा वेट करता.
होता था इमेजिन आप खाली इमेजिन कीजिए कोई. चीफ मिनिस्टर जो अपने आप में इतना बड़ा. पावरफुल आदमी होता है वो दाऊद के बाहर जो. है वेट कर रहा है दैट इंडिकेट के उसका. पावर कितना पाकिस्तान में हो गया था वंस. ही रिलाइज दिस उसने यह वाला इक्वेशन क्रैक. कर लिया के मुझे इन सबको जो है अगर अपने. हाथ में रख लिया और मैं यहां पर अपना पावर. बढ़ा सकता हूं तो फिर अपने पावर को. एक्सपेंड करने लगा तो पाकिस्तान का दाऊद. इब्राहिम जो है ही बिकम मोर ऑफ अ किंग.
मेकर पावर ब्रोकर या इनफ्लुएंशल इन अदर. वेज देन व्हाट वी सॉ इन दुबई एंड व्हाट वी. सॉ इन मुंबई तो वो वाला आदमी जो था वो. किंग मेकर ही इज काइंड ऑफ बिकम अ रियल गाय. अब आप ये सोचिए छोटा सा मिसाल खाली आपको. मैं दूं कि 2004 में यूएस ट्रेजरी. डिपार्टमेंट ने अ दाऊद को ग्लोबल टेररिस्ट. घोषित कर दिया है आप और हम इस वक्त 2025. में बैठे हैं 21 साल हो गए हमको बैठे हुए.
हैं और उसके बाद भी उनको पता है दाऊद जो. है वह पाकिस्तान में मौजूद है बट आप उसका. कुछ कर नहीं पा रहे हैं यानी मेरा कहना है. कि यूएस ने अपने डीए जो लोग हैं उनको बिठा. रखा है सीआईए वहां मौजूद है पाकिस्तान में. अभी जब दुबई में शादी हुई थी उनको सबको. पता था कि यहां सब कुछ हो रहा है बट उसके. बाद भी वो लोग उसको हटा नहीं पाए मैं जब. यूएस गया था वाशिंगटन और हमने जो उस. प्रोग्राम के अंदर जो है रिचार्ड बाउचर. करके जो वहां के ब्यूरोक्रेट थे जब.
उन्होंने उनका सेशन था तो मैंने उसे सवाल. किया था कि आप जब टेरर के खिलाफ आपने. बाकायदा एक जंग छेड़ दी आपने तो आप दाऊद. इब्राहिम को जो एक ग्लोबल टेररिस्ट है आप. उसको क्यों नहीं एक्ट कर रहे हैं उसको कुछ. क्यों नहीं कर रहे हैं मैं आज तक हैरान. हूं मतलब इस सवाल जवाब को री 10 15 साल हो. गए हैं मिस्टर बाउचर ने कहा कि हु सेज कि. देर आर नो बैड गाइ इन इंडिया आन बैड गा आर. एवरी वेयर हो सकता है कि दाऊद पाकिस्तान. में होगा बट आपके लोकल लोग भी प्रॉब्लम. करते हैं आप देखिए टेरर ट्रेन ब्लास्ट में.
कौन था दाऊद थोड़ी था ट्रेन ब्लास्ट के अर. दूसरे आपके लोग थे आई वास टोटली फ्लम बाय. दिस काइंड ऑफ रिएक्शन बाय एन अमेरिकन. ब्यूरोक्रेट तो सवाल ये है कि 21 साल में. दाऊद को पाकिस्तान में कोई उसका बाल नहीं. बाका कर पाया बिकॉज आईएसआई इसको प्रोटेक्ट. कर रही है आर्मी प्रोटेक्ट कर रही है और. हर रूलिंग डिस्पेंसेशन जो भी आती है चाहे. वो प्राइम मिनिस्टर हो चाहे वहां का कोई. प्रेसिडेंट हो फॉर एग्जांपल जनरल मुशरफ. जब आया तो तो बहुत बड़ी बातें कर रहा था. मैं यह कर दूंगा मैं वो कर दूंगा पूरे देश.
को क्लीन कर दूंगा बट बाद में क्या हुआ. किसी ने उसका कुछ नहीं बिगाड़ा वो वही है. प्राइम मिनिस्टर आए गए बी भुट्टू आई गई. लगार आया गया नवाज शरीफ आया सब गया दाऊद. अपनी जगह कांस्टेंट एंड ग्रोइंग और बढ़. रहा है बस एंड पैसे कैसे कमा जा व्ट वाज द. मनी सोर्स फॉर दात अब्राम ऑफ कोर्स इट्स. नॉट अ लेजिटीमेट इनकम ये मतलब मैंने कहा. ना कैसे होता था दुबई में कैसे होता था. कराची में कैसे होता कहां से सबसे ज्यादा. पैसे बनते हैं देखिए दाऊद का ऐसा था कि.
बॉम्बे में भी जो बिजनेस करता था चाहे वो. गोल्ड की स्मगलिंग थी शुरू में या बाद में. उसका जो हवाला था या बाद में उसके जो. क्रिकेट बैटिंग के रेकेट थे या उसका जो. हवाला सॉरी फिल्म के अंदर जो उसके जो एक. बेनामी फंडिंग थी या बा जो रियल स्टेट था. यह सारा बाद में उसने बुलियन मार्केट. गोल्ड मार्केट शेयर मार्केट के अंदर भी. दाद घुसाया उसने सारी चीजें की है अब अगर. यही चीज उसको रिप्लिकेट करनी है तो. पाकिस्तान इज वेरी मच लाइक इंडिया दे.
स्पीक द सेम लैंग्वेज दे हैव ऑलमोस्ट. सिमिलर कल्चर तो याने एक्सेप्ट फॉर द. लैंग्वेज ऑफ हिंदी एंड एक्सेप्ट फॉर द. लैंग्वेज ऑफ उर्दू दे आर ऑलमोस्ट द सेम तो. यानी करप्शन का लेवल दोनों का और दोनों को. पैसे का समझ एक चीज जैसी है दाऊद ने इसी. चीज को एगजैक्टली दुबई में हालांकि मामला. अलग था वहां पे ही वाज डूइंग थिंग्स. डिफरेंटली वो उस तरह से नहीं कर पा रहा. जैसे दुबई की जो मार्केट्स हैं वहां उसको. रियल स्टेट में था बट ही कुड नॉट गेट दैट. काइंड ऑफ फ्री हैंड या होटल इंडस्ट्री में. था बहुत कुछ नहीं कर पा रहा था गोल्ड. स्मगलिंग में उतना कुछ उसका हाथ नहीं था.
तो याने कुछ भी कहिए ही वास सम हाउ. स्टाइल्ड एक बंदिश उसके ऊपर थी जो. पाकिस्तान में नहीं थी पाकिस्तान में जाकर. के वो बाकायदा यानी उसने ऐसी कुछ कंपनीज. जो है खोल दी शुरू कर दी जो कहने के लिए. सॉफ्टवेयर कंपनी थी जिनको सिर्फ. एक्सक्लूसिव इस बात के परमिट थे कि ही कैन. इंपोर्ट सॉफ्टवेयर फ्रॉम एनीवे लेकिन जब. वो आती थी वहां से कहीं से तो उस. सॉफ्टवेयर के अंदर गोल्ड आता था मतलब मेरा.
कहना जो मशीनस कंप्यूटर की इलेक्ट्रॉनिक्स. की मशीन है चाहे वो सीपीयू हो चाहे वो. आपका मॉनिटर हो चाहे आपका लैपटॉप जो भी. चीज है उन डब्बो के अंदर या एक सॉफ्टवेयर. कंपनी है वो चला रहा है वो उस कंपनी के त. जो चीज इंपोर्ट होके आ रही है सारी उसके. अंदर गोल्ड आ रहा है तो यानी ये सिर्फ. दाऊद कर सकता है वहां पर उसको पता है कि. यहां पर भी अगर कस्टम जो है डब्बा नहीं. खोल के देखती है वहां भी डब्बा खोल के. नहीं देखती है अगर उस कंपनी का है आने दो. फिर उसने वहां पे एक एक्सचेंज बनाया मनी. एक्सचेंज बनाया जो मनी एक्सचेंज उसका.
एगजैक्टली यहां पे मुंबई में भी था ऐसे. मनी एक्सचेंज से कहने के लिए फॉरेन. एक्सचेंज की डीलिंग होती है बट वो हवाला. का फ्रंट है फिर रियल स्टेट जो उसने वहां. पे बनाई है वो रियल स्टेंट जो है वहां पे. बाकायदा बड़ी से बड़े जो उसने. कॉम्प्लेक्शन शिप है उसके अंदर तो माय होल. पॉइंट इज कि ये जो सारी जो करने लगा है वो. वहां पे बड़े पैमाने में करने लगा है. ऐसे-ऐसे. 400 करोड़ के पाकिस्तानी रुपयो 400 करोड़. रुपए तक के जो है टर्नओवर की चीज उसने की.
है वहां पर पाकिस्तान के तो ही नू हाउ टू. मल्टीप्लाई वेल्थ एंड हाउ टू इक्ट एक्संड. हि बिजनेस ये करने लगा वो आपका एक चैप्टर. था बुक में द गोल्ड किंग जी वो क्या. है यहां. का दुबई टू कराची में आपका एक चैप्टर है द. गोल्ड किंग तो वही उसने जिस तरह गोल्ड को. किस तरह से जो है यहां से लेके पाकिस्तान. तक या जो चीज यहां सीखी थी देखिए होता. क्या है कि जो चीज प्रोहिबिटेड हो गई उस.
चीज के ऊपर एक ड्यूटी होती है एक अपना. अपना प्रॉफिट उसके अर बनाने के तरीका होता. है अभी जो मैंने आपसे बताया कि जो. कंप्यूटर के इन बॉक्सेस के अंदर इंपोर्टेड. सपोसेडली जो है उसके अंदर गोल्ड आ रहा है. ही इंश्योर्ड के उसका ही गोल्ड पाकिस्तानी. मार्केट में चले एंड ही विल बी द हैविंग द. बिग मोनोपोली मार्केट इन गोल्ड उस आदमी ने. सारा का सारा पाकिस्तान का गोल्ड इकट्ठा. मतलब आई वुड से नॉट इकट्ठा बट आई वड से कि. अपने आप को उसने एक एक्सक्लूसिव डीलर कर.
दिया पाकिस्तान के अंदर जो कहने लिए कोई. और है दाऊद का नाम आपको कहीं नहीं मिलेगा. कि दाऊद इस कंपनी का हिस्सा है या उसके. रिलेटिव्स के हिस्सा है होता कोई और है बट. ऑलवेज बैकग्राउंड में दाऊद होता है तो वही. बात है चाहे गोल्ड हो चाहे दूसरे बिजनेस. हो मैंने कहा गुड का फायर गुड का या मैंने. पाकिस्तान की बहुत सी जो फिल्में हैं या. बहुत से प्रोडक्शन हाउसेस हैं वहां पे. दाऊद इब्राहिम है तो ये ऑलवेज द मैन. बिहाइंड एवरीथिंग तो मेजॉरिटी गोल्ड. मार्केट पाकिस्तान का भी दाऊद का बिल्कुल. दाऊद के हाथ में है मैंने कहा ना उसके.
अलावा भी एवरीथिंग दाऊद इब्राहिम का पसोना. को ज आप डिस्कस करेंगे उसके आसपास क्या. हुआ उसके आसपास कौन लोग थे फॉर एग्जांपल. छोटा राजन एक ऐसा गैंगस्टर था जो बॉम्बे. में दाऊद के लिए उसकी वफादारी से साथ उसके. बड़ा हुआ और फिर वफादार होकर के उसको जो. है दाऊद को बड़ा करना था एंड ही वाज. ट्राइम टू एश्योर कि दाऊद को जो है वो. वर्क फॉर हिम एंड शो हि लॉयल्टी एंड. इंप्रेस हिम बट एक स्टेज के बाद में उसके. और दाऊद के बीच मनमुटाव हो गया ना छोड़ा.
जन ट्रा टू प्रोजेक्ट ट ये कम्यून काइंड. ऑफ रिफ्ट है दोनों के बीच में जो कमल. बिल्कुल नहीं थी मेरा हमेशा से मानना है. कि गैंगस्टर कितना भी दावा कर ले वह. देशभक्त गैंगस्टर नहीं हो सकता मैं. देशभक्त गैंगस्टर व देश दोई गैंगस्टर देर. इ नो सच कांसेप्ट मतलब वो आम पब्लिक को. समझा दिया जाए बट ऐसा होता नहीं है तो ये. रिफ्ट की वजह से क्यों रिफ्ट हुई हुआ यह. था कि दाऊद इब्राहिम के बहनोई की हत्या. हुई थी 1992 में इब्राहिम पारकर और उस. वक्त छोड़ा जन वास कॉलिंग द शॉट इन दाऊद.
गैंग ही वा द टॉप गाय राइट हैंड फॉर दाऊद. इब्राहिम दाऊद इब्राहिम वास वेरी अफेक्टेड. विद दिस किलिंग उसकी जो बहन हसीना पारक थी. उसके शौहर की हत्या से दाऊद बहुत जो. अफेक्टेड था. साइकोलॉजिकली वह उम्मीद कर रहा था कि छोटा. राजन जो है उसका बदला लेगा देखिए. अंडरवर्ल्ड के अंदर य होता है कि किसी भी. चीज का बदला फौरन लेना उस इंपैक्ट को. प्रूव करता है और अगर आपने नहीं लिया फ आई. टोल्ड यू किने साबिर की किलिंग के लिए. अमीर जादा को कोर्ट में मरवा दिया ट्स हाउ.
दे काइंड ऑ असर्ट अथॉरिटी इब्राहिम परकार. की हत्या के बाद में जो है वो हसीना के. हस्बैंड का रिवेंज हो नहीं रहा था एंड. छोटा राजन वास मे बी नॉट गेटिंग द लीड या. मे बी वास टू बिजी विद बूज एंड बेब्स तो. उसको जो है वो यहां फोकस हुआ नहीं उसका. दिस काइंड ऑफ मेड एन ओपनिंग फॉर अदर पीपल. र एस्पायरिंग फॉर छोटा राजन पोजीशन तब. उन्होंने दाऊद के कान भरे अब य आदमी होता. है कि जितना आदमी बड़ा होता है उतने कान. का कच्चा होता है जब दाऊद के कान में लोग.
भरने लगे अरे भाई वो तो लड़कियां लेकर. बैठा है वो तो दारू प पी रहा है वो तो. ध्यान नहीं दे रहा है और फिर इब्राहिम भाई. का कौन बदला लेगा सो देन काइंड ऑफ दाउद. स्टार्टेड गेटिंग वॉर्म्ड अप टू दिस पीपल. एंड इन लोगों ने एक कदम आगे बढ़ कर के जो. है 1992 में जो शूट आउट हुआ था जेजे के. अंदर उस शूटआउट को बगैर छोटा राजन के. इवॉल्वमेंट के किया यानी आप सोचिए वो अपने. आप टॉप आदमी है राजें दाऊद का उसकी. इवॉल्वमेंट के बगैर इन लोगों ने इसको. अंजाम दे दिया और बहुत सक्सेसफुली अंजाम.
दे दिया उनके हिसाब से ऐसा था कि उन. हथियारों को उन्होंने जेजे हॉस्पिटल में. पुलिस की संरक्षण के अंदर मार दिया एक. इंस्पेक्टर मारा गया कांस्टेबल मारा गया. और एक गैंगस्टर उसम मारा गया और मार के. लोग वहां से फरार भी हो गए दाऊद को यह बात. बहुत अच्छी लगी और दाऊद को लगा यार यह नया. उभरता सितारा मेरी गैं का इसको जो अब मैं. चार्ज देने दूं सो दे स्टार्टेड काइंड ऑफ. टेकिंग चार्ज इन 1992 एंड की बात हो रही. है 93 में बॉम ब्लास्ट हो गए अब उस बॉम.
ब्लास्ट में ऐसा कि राजन तो पहले ही अपने. आप को कहीं मशगूल कर चुका था दारू में और. हुस्न में और जो भी व्हाट व से तो इसलिए. उसने ध्यान देना बंद कर दिया था सो ही. रिलाइज इंपोर्टेंस है बीन रिड्यूस्ड अब वो. कैसे अपना हटेगा वो तो ही हैज टू से के. देशद्रोही थे यह लोग देश के खिलाफ काम कर. रहे थे अब अगर ऐसा ही था तो 1994 तक 93. में बॉम लास्ट हुआ 94 तक उस गैंगस्टर गैंग. में कर थे तो जब उसके हत्या की ये लोग. प्लानिंग करने लगे उसको एक एक शिप में.
बुलाकर पार्टी बुलाकर उसको मरवाना चाह रहे. थे तब वहां से भागा है और तब जाकर उसने यह. वाला जो प्रोपेगेंडा शुरू किया ऐसे हुआ है. तो दाऊद इब्राहिम का मेंटर कौन था यह सब. सिखाने के लिए किसी ने तो उसके सर पर हाथ. रखा होगा किसीने सिखाया होगा यह सब काम. थोड़ी पुलिस ने नहीं सिखाया पॉलिटिशियन ने. नहीं सिखाया वो तोसे दोस्ती करी जी दाऊद. का जो मेंटर था. वो एक शख्स थाका नाम था खालिद पहलवान. खालिद पहलवान से मैं मुलाकात कर चुका हूं. दुबई में और मैंने उससे मुलाकात करके.
किताब लिखी दाऊद मेंटर खालिद पहलवान ने. पर्सनली मुझसे इंटरव्यू दिया था और मुझसे. शुरू में वह बहुत अनकंफर्ट बल था मुझसे. बात करने के लिए मतलब मैंने वो पूरा वाकया. लिखा है के जब मैं अपना लैपटॉप लेकर गया. तो उसने मेरे बैग को देख के बहुत कहा ये. क्या है ये क्यों तुम कैमरा लेके आ न. कैमरा ले आ स्टिंग ऑपरेशन कर रहे हो मैंने. कहा नहीं इसको बैग को बाहर रख के आओ तो ही. वाज नॉट वेरी क्लियर बट स्लोली ओपन विद मी. ही स्टार्टेड टेलिंग स्टोरी टू मी एंड देन. ही टोल्ड मी कि हाउ ही एंड दाऊद बिकम. फ्रेंड्स एंड हाउ दाऊद उसको बहुत मानता था.
बताओ. कैसे तो बताने लगा कि जब वो खालिद पहलवान. जो है वह पहलवान था आपके मध्य प्रदेश में. जो है एक हरदा जिला करके है जहां पे उसका. पहलवानी खानदान से उका ताल्लुक था म वो. सारे के सारे वो और उसके सारे भाई और उसका. उसके पिता सब के सब पहलवानी में थे तो यह. पहलवानी करते करते मशहूर हो गए थे और इसने. काफी अवार्ड जीत लिए मतलब मध्य प्रदेश से. पहुंचते पहुंचते ये दिल्ली पहुंच गया और. उसने वहां एक मुंबई के पहलवान वरुण माने.
को उसने हराया तो जब उसने वहां दिल्ली में. जब भारत केसरी अगर मुझे सही तरह याद हो उस. प्रतियोगिता का नाम भारत केसरी था शायद आई. माइट बी. फॉरगेटिका ने इसको नोटिस किया कि मेरे. प्रमोट किया हुआ पहलवान एक महाराष्ट्रीयन. वरुण माने जो बम्बे से लाया था उसको इसने. हरा दिया तो ही थॉट के खालिद पहलवान को वो. अपने साथ मिला लेगा खालिद पहलवान को उसने. बॉम्बे आने का ऑफर ऑफर दिया खालिद सेड कि. उसने मुझे बताया कि वह पुलिस में भर्ती.
होना चाहता था और 6 महीने बचे थे उसके. एग्जाम में देके उसके भर्ती होने के लिए. ही थॉट ही हैड सिक्स मंथ्स बॉम्बे सपनों. की नगरी है बॉम्बे आ जाऊं वह उस जमाने में. बॉम्बे आ गया और मुंबई आके व बासु दादा के. साथ गोल्ड स्मगलिंग करने लगा तो एक पठान. जो अ गोल्ड स्मगलिंग के अंदर था वह बॉम्बे. आके बासू की हेल्प करने लगा ना बाश खुद भी. एक वेल बिल्ट आदमी था और वह हालाकि गोल्ड. स् मंगलर था बासु दादा ने क्या किया था कि.
वह हाजी मस्तान के उस जमाने कंटेंपररी था. उस जमाने हाजी मस्तान सुकुर नारायण बकिया. ये सारे लोग थे लेकिन बाश दादा भी गोल्ड म. में अपना स्मगलिंग में अपना सिक्का जमा. चुका था तो एक छोटा सा इंसिडेंट जो मैं. अक्सर मैं बयान किया करता हूं दाऊद मेंटर. में मैंने अच्छे से लिखा है कि एक बार. बासु मर्सडीज में जा रहा था और उसको जो है. वो कुछ गुंडों ने घेर लि. मेरे ख्याल से शायद हसू दादा या हसू. पहलवान के लोग थे छह आठ लोग थे जिन लोगों.
ने उसकी गाड़ी को घेर लिया था एंड बासू. दादा को लगा कि आज ये छह लोग मिलके इसको. मार देंगे हम तो खालिद ने जैसा मुझे बयान. किया कि बा शुदा ने उसे कहा कि भाई आज बचा. लू सो देन खालिद ने ही वाज अ ट्रेड पठान. पहलवान ही वाज लाइक पठान तो खैर था ही वो. एकदम लंबा चौड़ा सा आज भी मतलब जब मैं. उससे मिला था दुबई में आई थिंक ही वा 70. प्लस एट दैट टाइम 70 प्लस की एज में उसने. जो है मेरे सामने एक 30 साल के लड़के को.
उठा लिया अपने सर के ऊपर आई मीन फॉर दैट. स्ट्रेंथ इट वाज एक्सेप्शनल एनीवे तो ये. जो पहलवान था इसने उन पांच छह गली गुंडे. गली गुंडे कैसे होते हैं उन तो चाकू दिखा. के सोते लोग से डर जाएंगे बट इसने उन सबको. उठा उठा के पटक दिया और फौरन मिनटों. सेकंडो में बासू दादा जो अपने जान से डरा. हुआ खौफ जदा बैठा था वो खालिद पहलवान के. इस कमाल को देख के बहुत इंप्रेस्ड हो गया. तो मैं यही बयान करता हूं कि अपनी कहानी. में बयान किया कि बासू दादा अकेला इंप्रेस.
नहीं हुआ था वहां कोने में एक लड़का खड़ा. हुआ था दाऊद इब्राहिम उसने देखा कि इस. आदमी ने किस तरह से इतने सारे गुंडों को. अकेले धारा शही कर दिया जो लोग जानते हैं. वो जानते हैं कि दाऊद इब्राहिम एक बहुत. दुबला पतला सा लड़का था दाऊद इब्राहिम वाज. नॉट सम वेरी स्ट्रंग मैन कोई वेल बिल्ट. आदमी नहीं था लबला पतला सा लड़का था और. दाऊद जिस घराने से आया था उस घराने में. बहुत गरीबी थी उन लोगों को कभी-कभी दो. वक्त का खाना भी नहीं मिलता था ऐसा लड़का.
जो इतना मजबूत भी ना हो उस आदमी ने जब. खालिद पहलवान की छत्रछाया में गया तब उसने. ल लड़ना सीखा उसको खालिद पहलवान ने कहा. मैंने दाऊद को चाकू चलाना सिखाया मैंने. दाऊद को लड़ना सिखाया मैंने दाऊद को गोल्ड. स्मगलिंग सिखाई मैंने दाऊद को गोल्ड के. रेट्स फिक्स करना सिखाए यानी बाकायदा जो. सारे आप कहते हैं गुर होते हैं ना एक. अंडरवर्ल्ड की चीजें बिकॉज सी दाउद वाज. नॉट न वेरी एजुकेटेड मैन वो क्लास सिक्स. का ड्रॉप आउट था अ अंग्रेजी मीडियम से. पढ़ा था वो जो नागपाड़ा में एक स्कूल है.
दाऊद सेलर करके वहां से पढ़ा हुआ तो था. लेकिन ही नेवर पास्ड आउट इवन द स्कूल तो. इस आदमी को ट्रेनिंग कहां से आएगी तो. अकॉर्डिंग टू खालिद पहलवान अ मैंने सारी. चीजें दाऊद को सिखाई तो. दैट्ची सिखाई अब दाऊद ने उस चीज को सीख. करके अच्छा शागिर्द वही होता है ना जो कुछ. चीज अने गुरु से सीखने के बाद में कुछ. चीजें अपने खुद ऐड करके बड़ी करें तो दाऊद. ने बाद में उसको और मल्टीप्लाई कर दिया. अपने टैलेंट को एंड आज तक वो साथ में नहीं.
देयर केम अ पॉइंट व्हेन सम हाउ दाऊद एंड. खालिद डिन सी आई टू आई उन दोनों के बीच. कॉन्फ्लेट हो गया क्या मतलब आई थिंक इट. वाज अबाउट मनी एंड जहां तक मेरा अंदाजा है. एक थी जनाबाई दारूवाली हम स आई टोल्ड यू. ना कि औरतों का मसला अजीब होता है मतलब. कहां तो एक इश्क में दो दोस्तों को लड़ा. देती है और कहां किसी को मरवा देती है. यहां पे जनाबाई दारु बस पुलिस इनफॉर्मर. जेना भाई दारूवाली को दाऊद अपनी मासी. बोलता था जेना मासी बोलता था जेना मासी.
वाज अ फ्रेंड ऑफ दाऊद मदर जो आमीना उसका. नाम था वो और जेना भाई दोनों की दोस्ती थी. दाऊद उसको मासी बोलता था शी वाज आल्सो. पुलिस इनफॉर्मेंट हम तो पुलिस से मतलब. कनेक्शन कैसे होगा अगर एक जगह आप माल. पकड़ाएंगे तो पुलिस उसपे ज्यादा भरोसा. करेगा उसके जनाब आसी यही किया करती थी. इसके एक दो बार टिप ऑफ से खालिद का कुछ. माल पकड़ा गया सो सा दाऊद और खालिद के बीच. में कुछ इस किस्म की बातें पैदा हुई कि. क्या हुआब जेना उसकी मासी है माल पुलिस.
पकड़ रही है तो कौन कर रहा है तो इन दोनों. के बीच बातें पैदा लेकिन दोनों के बीच. घनिष्ठता इसी बात से अंदाज लगा सकते हैं. कि इन दोनों के बीच को भी जंग नहीं हुई इन. दोनों कभी लड़े नहीं ये दोनों के बीच ऐसा. ऐसा मनमुटाव नहीं हुआ जो मेलिस और नफरत तक. जाए इन लोगों ने आपस में तय कर लिया कि इस. बेटर के हम लोग जो है अलग लोग हो जाए साथ. में रहकर झगड़े हो रहे हैं न खालिद बिफोर. बम ब्लास्ट ही मूव टू दुबई और आज भी दुबई. में है बट दे बोथ नेवर केम इन द सेम पाथ.
दोनों एक दूसरे कभी लड़े नहीं और दोनों. में बहुत दोस्ती रहती है दोनों के आज भी. मतलब अक टू खालिद देरी कडिल ट वि र आज. आपको लगता है क्या कि इन टुडे एरा एंड. टुडेज वर्ल्ड दाउ अब्राहिम जैसा क्रिमिनल. बनना पॉसिबल है कोई बन रहा होगा. [संगीत]. अभी माय वे पॉइंट ऑफ व्यू कि दाऊद उस. जमाने में क्क 1977 में शुरू हुआ था जिस.
जमाने में हमारी पुलिस मशनरी बहुत. स्ट्रांग नहीं थी वी डिड नॉट हैव. टेक्नोलॉजी वी डिड हैव वाइप सर्वेस हमारे. पास सब कुछ नहीं था तो इसलिए वो आदमी का. बड़ा बन जाना आसान था आज के जमाने में. दुनिया ने इतना प्रोग्रेस कर लिया है आज. हमारी विजिलेंस इस कदर ज्यादा तेज हो गई. है हमारी एजेंसी इतनी ज्यादा नजर रखने लगी. है अब किसी ऐसे आदमी को बड़ा बनने नहीं. दिया जाएगा इट्स नॉट पॉसिबल अनलेस द स्टेट. देम सेल्स वांट एन ऑफिशियल गैंगस्टर फॉर. सम डर्टी वर्क तब तक तो ऐसा कोई आदमी वहां. तक नहीं पहुंचेगा ओके यू सेड दाऊद का फोन.
कॉल के बारे में बात कर रहे थे अ जी. स्टार्टिंग में कि आपने उनके साथ फोन पे. बात करी जी और दाऊद इब्राहिम का फोन पे. इंटरव्यू लिया तो क्या उनका डिफेंस था कि. 1993 में मैंने बॉम ब्लास्ट नहीं किया ही. सेज आई वा नॉट इवॉल्वड ही सेज कि आप मुझे. एविडेंस बताइए क्या है एंड इवॉल्वमेंट. नहीं होने का क्या रीजन था उनका कैसे. प्रूफ कर रहे थे कि नहीं है वो देखिए उसका. उस जमाने में तो मैंने किताब लिखना शुरू. नहीं की थी 1998 में मैंने सिफ रिसर्च. ब्लैक फ्राइडे में शुरू की थी तो आई वाज. नॉट रेडी विथ ऑल द डॉक्यूमेंट एंड ऑल द.
एविडेंस टू यू नो क्वेश्चन है या बट उसका. जो थ्रू आउट यह था कि मैं बम ब्लास्ट में. नहीं हूं मैं इस देश से बहुत प्रेम करता. हूं मुझे आज भी जेजे का चौराहे का वह. सिग्नल मुझे बहुत पसंद है मुझे डूंगरी. गलियां पसंद है मैं उस शहर से मोहब्बत. करता हूं और मुझे मतलब उसने उस इंटरव्यू. में कहा है मुझे यह अरमान है कि मैं एक. बार आऊं और मुंबई में आ करके मैं फिर से. अपनी जिंदगी गुजार हं वो मुझसे ये कह रहा. था और उसका कहना है कि उसके मां-बाप जो है.
उनका देहांत यही हुआ है उसके मां-बाप उसके. यहीं मरे हैं मुझे भी यहीं आना है उनके. बाद उनके पास ही दफन हो रहा है मेरा भाई. साबिर भी यहीं दफन हुआ है सो ही काइंड ऑफ. शड लॉट ऑफ लव टुवर्ड्स द सिटी सो ही वाज. ट्रांग टू से कि व्हाई शुड आई डू इट आपने. बोला था अबू सालेम के बारे में जब आप बात. कर रहे थे जी कि गुलशन कुमार वाला केस. उसमें आप बहुत पर्सनली अफेक्ट हुए थे जी. क्या था पूरा केस सी हुआ ये था ना के. अ ये बात है. अगस्त 1997 की अगस्त 1997 में फिल्म.
पर्सनालिटी पर काफी हमले होने लगे थे. सुभाष गाय पर हमला हुआ था राकेश रोशन पर. हमला हुआ था और आमिर खान पर हत्या करने के. प्लान करने वाले कुछ लोगों को गिरफ्तार कर. लिया गया था तो. जब 5 अगस्त 1997 को जब सुभाष गा पर हमला. हुआ था तो मैंने फोन किया ब सालिम को. मैंने कहा वई आर यू डूइंग दिस मतलब तुम. क्यों फिल्म वालों पर क्यों हमले करवा रहे. हो क्यों गोलियां चलवा रहे हो मतलब वई इन.
लोगों को क्यों तो कहने लगा मैं उनको मरवा. नहीं रहा हूं मैं सिर्फ उनको डरा रहा हूं. उनको मुझे सीरियसली समझाना चाहिए और तुम. तो अपने वाले हो यार तुम को उनकी उनको. सपोर्ट क्यों कर रहे हो तुम मैंने कहा मैं. अपने वाला नहीं हूं माय वाइफ इज नॉट अ. मुस्लिम एंड आई एम नॉट समवन हु विल बी. पार्ट ऑफ अपना वाला मेरा वाला डोंट इवन से. द टाइम उसको बहुत बुरी लगी थी य बात एनीवे. तो लेकिन फिर उसने मुझसे कहा अच्छा सुनो.
इन लोगों तो मरवाना नहीं चाह रहा था अगले. हफ्ते मैं ऐसा कुछ करने वाला हूं कि तुमको. पता चलेगा मैं क्या कर सकता हूं यह. पांच अगस्त के दिन मैं भागा सुनते ही और. मैंने क्राइम ब्रांच के एक सीनियर ऑफिसर. को जाक कहा कि मेरी अभी अभी अबू सालिम से. बात हुई है और मैं चाह रहा हूं कि आप लोग. देख ले कि कौन-कौन आदमी सालिम के राडार पर. है किसको इसको थ्रेट मिला है और कौन-कौन. जो है वो अबू सालिम उसको धमका रहा मारना.
चाह रहा है उन्होंने पहलाज नीलानी जोत जो. इंप केशन हेड थे उनकी सिक्योरिटी बढ़ा दी. उन्होने और लोगों की सिक्योरिटी बढ़ा दी. होगी मुझे नहीं पता मुझसे उन्होने कुछ कहा. नहीं लेकिन उन्होने कहा ठीक है हम आपकी. बात समझते हैं और एटली एक हफ्ते के बाद. 12थ अगस्ट. 1997 गुरशन कुमार जो है उनकी हत्या होती. है अंधेरी में में अ महादेव मंदिर आसपास. के पास आई थिंक हीज गन टू दैट मंदिर समर.
और बहुत ही निशन हत्या बहुत बुरी तरह से. उनको जो मारा गया उनका गार्ड भी नहीं था. उनकी प्राइवेट सिक्योरिटी भी कुछ नहीं थी. एंड व्हाट हैपन द मैन समवन जो शॉट हिम इंड. स्केप तो बस मेरे लिए यह था कि. आईड मुझे पता था कि ये हत्या हो सकती है. मुझे ऐसा लग रहा था कि यार मैंने पुलिस को. बताया है और फिर जिस बेदार से मारा गया दे. वर नॉट एबल टू मेक अ टाइट केस मतलब जो. उसके खिलाफ जो लोग उन्हो ने अबू सालिम के. जो खिलाफ केस बनाया था वो एक उनका जो. इनफॉर्मर था वो घड़ी-घड़ी आगे पीछे हो रहा.
था जिन लोगों को उने शूटिंग गिरफ्तार किया. था वो लोग नहीं हो रहे थे जो कंस्पिरेशन. के अंदर जो लोग इवॉल्व किए थे तो मतलब. कहने को पुलिस ने बहुत कुछ किया मतलब बहुत. से फिल्म स्टारों को बुलाया उनको उनके. स्टेटमेंट लिए बहुत कुछ किया बट देन इन द. एंड जो है कुछ हो नहीं पाए उस केस के अंदर. और इसीलिए जब अबू साले आया भी 2005 में ज. एक्साइड होके आया भी तो उसके बाद भी उसपे. वो केस में मुकदमा नहीं दर्ज हुआ तो आई. जस्ट थॉट के हाउ मलब पुलिस मिशनरी क्यों. कुछ नहीं कर पाई एंड व्हाई इ नॉट बीन. ब्रॉट टू बुक फॉर दैट पर्टिकुलर केस बस यह.
मसला था आपको क्यों लगता है कि क्यों मारा. होगा. उने यह मामला जो है वो बहुत अजीब सा है आज. तक मालूम नहीं पड़ा लोग नदीम सैफी को कहते. हैं कि उसकी कोई राइवल थी जो उसने जो है. सुपारी देके मरवा दिया लोग बहुत स नाम. लेते हैं कि क्या था रियल केस तो आज तक. पता नहीं जब अबू सालिम को मैंने पूछा कि. भाई तुम तुमने क्यों बेचारे की हत्या कर. दी तो कहने लगा कि आप जाके हेलवानी से. पूछो आप ये करो मैं व्हाट डू आई से आई मीन.
ये क्या बकवास कर रहा था वो बट सिर्फ मुझे. इतना पता चला कि वो एक्सटशन करना चाह रहा. था गुलशन कुमार डिड नॉट वांट टू सकम टू. हिज प्रेशर गुलशन कुमार ने उसको रिफ्यूज. किए पैसे देने के लिए एंड ही वाज श्यर कि. वो अबूसा से कुछ बिगाड़ नहीं पाएगा इट. फाइनली बिकम एन ईगो का मामला कि उसने कहा. था पहले तो 5 करोड़ मांगे थे और फिर 5 लाख. पे आ गए लेकिन गुल कुमार उसे चकि डरे नहीं. तो थ लेस. ट. एंड आपको कभी किसी ने धमकी दी है थ्रेट.
किया है हा अंडरवर्ल्ड से पुलिस से दोनों. तरफ से. क्यों मतलब मैं थोड़ा सा पागल सा आदमी हूं. ना वसे पागलपन करता रहता हूं लोगों को और. मुझे पता नहीं आउटकम क्या होगा तो मैं. करता रहता हूं क्या बोला क्या थ्रेट किया. और पागलपन मतलब क्या एक आईपीएस ऑफिसर थे. मलब पहले पुलिस का बता दूं फिर आपको. अंडरवर्ल्ड का बताता हूं आईपीएस ऑफिसर जी. एक आईपीस ऑफिसर थे उनके खिलाफ जो है मैंने.
एक स्टोरी कर दी के यह जो है वह जबरदस्ती. के अपने फेमस होते रहते हैं और यह जो ड्रग. सीज करते हैं आधी ड्रग दिखाते हैं आधी. मार्केट में बेच देते हैं और उससे पैसे. बना लेते हैं और इनका अपना करप्शन एंपायर. चल रहा. है तो इनको बहुत गुस्सा आ गया इन्होंने. हमारे एडिटर को फोन कर दिया और फोन करके. कहा कि कुछ भी बकवास कर रहा है मैं आप डिफ. करने वाला हूं यह करने वाला वो करने वाला. हूं और ऐसा चल रहा है तो मैंने कहा इशन.
आता होगा टाइम है दो चार दिन लगेंगे तो एस. जर्नलिस्ट आ वेरी अग्रेसिव मैंने कहा पागल. था उस वक्त भी था आज भी ज्यादा पागल था आज. तो र थोड़ा सा कम हो गई पागलपन मैंने सोचा. इनका डिने से पहले इनके खिलाफ एक स्टोरी. और कर. दू उनके विभाग के ऑफिसर के बारे में मैंने. ट्रांसक्रिप्ट निकाल ली ट्रांसक्रिप्ट में. वह साफ-साफ कह रहे थे कि मुझे उनके उस. सीनियर ऑफिसर ने बाकायदा ये इंस्ट्रक्शन.
दिए थे ऐसे करने के इट्स अ इट्स अ. ट्रांसक्रिप्ट जो इंडियन एक्सप्रेस ने बाद. में अपनी अखबार के आठ कॉलम फ्लायर में. छापी बाकायदा उस ऑफिसर का नाम भी और दूसरे. ऑफिसर के नाम के साथ में कि यह सब चीजें. वहां पे हो रही गोरक धंधा अब ये वाली चीज. से तिल मिला के रहेंगे और उसने सोचा कि. मैं तो चाह रहा था कि इसको जो मैं रोकूं. डिफन के धमकी से इसने लिख दिया. तब उसने फोन किया मेरे एटर को फिर से और. कहा मैं इसको प्रोफेशनली फिनिश कर दूंगा.
मुझे भी फोन किया उसने कहा मैं तुमको सब. उसने बहुत सा कहा मैंने कहा ठीक है आप काम. कीजिए ना आप अपना काम कीजिए मैं अपना कह. रहा हूं आपका डिफन कब आने ला बताइए कल परस. आ रहा है मैं स्टोरी और छाप देता हूं तो. यानी उसको लगा कि अगर वो छापे करेगा और. मैं उसको छापते रहूंगा तो तब वो रुक गया. और फिर उसने खाली एक ऑफर मेरे एट को दिया. कि उससे कहो कि बहुत कहानी ना करे मैं डिफ. नहीं लिखूंगा मैंने कहा मैं मैं करता. रहूंगा कहानी मुझे और मिलेगी तो ये अलग. बात है मुझे मिली नहीं मतलब और लोग घबरा. गए कि ये क्या होगा अगर मिली हो तो मैं.
वाकई और लिख देता हां तो यह तो पुलिस. वालों का. था फिर अंडरवर्ल्ड कैसा था कि मैं मिडडे. में काम कर रहा था और मतलब यह बात 2003 की. है तो उस जमाने में क्या है कि आई हैड अ. प्लेस जहां पे मतलब जब भी कोई कॉल आता था. जितने वैसे अंडर के बहुत से लोग मोबाइल प. फोन नहीं करेंगे दे विल कॉल य फ्रॉम पीसीओ. लाइन लाइन पर कॉल आया और कॉल कॉल आके वह. आदमी ने मुझे एक पर्टिकुलर कहानी पर धमकी. दी अब मेरी प्रॉब्लम थी कि वो मैंने वो वो.
सारे माहौल ऐसे थे कि मैंने उसको. स्पेसिफाई किया नहीं मैंने उस जमान में. कहानी की थी कि हाउ एट दैट टाइम रूलिंग. गवर्नमेंट का जो होम मिनिस्टर था ही वाज. इनग्रिड में एक सलीम पटेल करके था जो. हसीना प्रकार का ड्राइवर था उसके जगह उसकी. प्रॉपर्टी में वो अपनी पार्टी का ऑफिस. इनग्रेट कर रहा है मैंने मिडडे की फ्रंट. पेज पर ऐसे छाप दिया था तो अब मुझे पता.
नहीं उसके बाद ही मुझे कॉल आता है पता. नहीं किसना कौन था क्या पता नहीं लेकिन उस. आदमी ने फोन करके मुझसे अनाप शनाप बातें. करना शुरू कर दी मुझे धमकी ने कहा देखो. आपको बहुत भारी पड़ेगा बहुत महंगा पड़ेगा. ये हो जा सुधर जाओ सब अब मैं पहले सुनता. रहा तो मैंने कहा अ जो बकवास आदमी करने. वाले होते हैं एक स्टॉक खत्म हो जाए काम. हो जाएगा फिर जब बोल चुका और मुझे जब कुछ. फर्क नहीं पड़ा मैंने कोई डर रे नहीं. करूंगा नहीं करूंगा ऐसे हुआ नहीं तो बोला. मुझे पता है आपका एक बेटा भी है और हम.
देखो कुछ भी कर सकते हैं यह वाला जो था ना. दैट वाज लाइक बिलो द बेल्ट आई कुड नॉट टेक. इट लेकिन अब मेरी चॉइस य थी कि मैं या तो. डर जाऊं या तो मैं ना डरू तो आई टोल्ड हिम. क् क्लीयरली कि आपको शायद पूरी बात नहीं. पता है मेरे बेटे का नाम अली है 6 साल का. है सरस्वती विद्यालय में पढ़ता है वो तो. अब जो इतना सा बता दिया तो वो आदमी थोड़ा. सा हैरान हो गया और तब उसके पास उसने एक. वर्ड नहीं कहा यानी मैंने सिर्फ सुना कि व. 10 सेकंड शायद और था गुस्से में उसकी मुझे.
सांसे तेज चल आवाज आ रही थी बट ही काइंड. ऑफ असके केप्ट द फोन डाउन यहां से व जो है. एक धमकी आई थी जो उसके बाद और लोगों ने. धमकी नहीं दी मुझे डू यू थिंक आज भी. अंडरवे एसिस्ट करता है. अ दाऊद है शकील है राजन है तो सारे गैंग्स. तो आज भी है लोग तो है मतलब उनके लोग हैं. दे आर नॉट एज. बट अभी भी कोई एक्टिविटीज हो रही है. क्राइम होता है परफॉर्म कर हा छोटे मोटे. छोटे-मोटे लोग हैं जो छोटे म चीज अब लोग.
बाय बाय एयर जो है जो गोल्ड स्मगलिंग होती. है बाय एयर जो ड्रग्स होते हैं बाय एयर जो. एक्सपेंसिव फार्मास्यूटिकल्स होते हैं. आपको पता है इस बात कस्टम्स जो है वो सबसे. बड़ा सीजर जो होता है उनकी वो लाइफ सेविंग. ड्रग्स है जो इंडिया में बहुत महंगी होती. है और बाहर से लोग बहुत सस्ते मिलाकर उसको. यहां पे बेचते हैं तो इस किसम ची की स्म. होती है अब भी लेकिन एयर से होती है लेकिन. अ गैंग वाइज नहीं होती है ये छोटा छोटा. कार्टल होता है जो यहां फैला वो लोग करते. हैं ओके प्रॉपर अंडरवर्ल्ड जैसे बनावा.
नहीं अब बनावा जैसा नहीं है एंड व्ट आर. योर ओपिनियन ऑन लॉरेंस बिश्नोई और यह सब. जो. करते लॉरेंस बिश्नोई कांसेप्ट. है ऐसे कांसेप्ट को जो है लोग कभी कभी जो. है इस्तेमाल करते हैं ताकि कुछ लोग अपने. अपने हदों में बाकी रहे आई ट मच मतलब. एक्सप्लेन करो मतलब मतलब आई एम टोटली. सरप्राइज्ड के लॉरेंस बिश्नोई एक जेल में. है हम हाई सिक्योरिटी प्रिजन में है हम.
हाउ डज लॉरेंस बिश्नोई या उसका कोई आदमी फ. प जो है हत्या करके इस चीज को जो है वो कर. सकता है कि. मतलब हमने बाबा सिद्दीकी को मर्डर इसलिए. कर दिया कि वो सलमान खान का दोस्त था एंड. हाउ नोबडी काइंड ऑफ फाइंड आउट दिस थिंग. किसी ने कहा किसी ने कहा बोला और इ लोगों. ने उनको अरेस्ट कर लिया और उस चीज को अपने. इन्वेस्टिगेशन का हिस्सा मान लिया सो आई. जस्ट थॉट के वाई मतलब मेरे तो समझ से बाहर. है मैंने उस केस को फॉलो अप नहीं किया है.
बट जो भी मैंने अखबार में आया जो भी कुछ. लोगों से बात की है टू मी इट टू बी इट. लुक्स वेरी कन्वेनिएंट थिंग ऑफ सॉल्विंग अ. केस बस यू फील बोगस है रियल नहीं है आई. विल नॉट से देखिए पुलिस का केस सबज मामला. इन्वेस्टिगेशन के अंदर है आई शुड नॉट गय. ओपिनियन आई जस्ट थॉट के द कॉप कुड हैव डन. सम मोर वर्क ऑन दैट नॉट दिस केस आई एम. टॉकिंग अबाउट द कांसेप्ट आपने बोला एक. कांसेप्ट है तो कांसेप्ट मतलब बोगस है ये. रियल नहीं है अब कांसेप्ट ये होता कि. देखिए माय पॉइंट इज के यू विल किल अ. पॉलिटिशियन ओनली बिकॉज ही इज अ फ्रेंड ऑफ.
समवन मतलब मुझे ये बात हजम नहीं होती है. एंड आई एम शर और को भी हजम नहीं होगी कि. आप किसी के दोस्त को क्यों मार दे रहे हैं. दूसरी बात मेरा मानना यह है कि बिश्नोई. समाज मतलब उनकी सबसे बेहतरीन बात यह कि दे. आर. एनवायरमेंटलिस्ट मतलब उनके बुजुर्गों ने. अपनी जाने क्यों दी है पेड़ बचाने के लिए. उनके बुजुर्गों ने जान दिया हिरन के. बच्चों को बचाने के लिए शिकारियों से उनके. बुजुर्गों ने अपनी अपनी जिंदगियों का.
बलिदान किया बड़े-बड़े चीजों के लिए अब आप. अगर उस समाज को मानते हैं उस समाज की. मर्यादा रखते हैं तो आपके ह्यूमन लाइफ शुड. बी मच मोर इंपोर्टेंट सो आई जस्ट डोंट. अंडरस्टैंड द होल पैराडॉक्स बस बट डू यू. फील देर लाइक लॉट ऑफ कंस्पिरेशन अराउंड इट. कि कुछ पावरफुल लोग करवाते हैं यह काम और. फिर उसके बाद बस वो नाम यूज कर लेते हैं. बिकॉज आज चल रहा है नाम तो चला देते हैं. आई टोल्ड यू इटस कांसेप्ट यू फील ट्स द. रियल इट्स अ कांसेप्ट माय पॉइंट इज ही इज. इन इन जेल ही इज इन द हैंड्स ऑफ द. गवर्नमेंट गवर्नमेंट शुड बी एबल टू टोटली.
डिकोड इट बस तो मतलब मुझे ये समझ में नहीं. आ रहा ना कि इसका क्या वो एक्चुअली रहस्य. क्या है व्हाट द मिस्ट्री बिहाइंड एनटायर. थिंग आपने इतने सारे क्रिमिनल्स और. गैंगस्टर से मिले हो कोई साइकोलॉजिकल. ट्रेट देखा है सब में जो सिमिलर हो या कोई. पैटर्न देखा है दे आर वेरी इनसिक्योर डीप. डाउन आई हैव नॉट सीन एनी गैंगस्टर्स वेरी. कॉन्फिडेंट आई हैव नॉट सीन एनी गैंगस्टर. जो बहुत सिक्योर. उन सबके अंदर एक डीप सीटेड इनसिक्योरिटी. होती है जो उनको गैंगस्टर बनाती है जो जो.
उनसे सारे जुर्म कराती है सारी हत्याएं. कराती है इनसिक्योरिटी कैसी मतलब उसको. लगता है कि मुझे जीना है मुझे जो है पैसे. बनाने हैं मुझे पावरफुल होना है मुझे और. बड़ा होना है मतलब प्रॉब्लम ये होती है कि. जब तक वो गैंगस्टर अपने में सिक्योर होगा. तब तक जो है वो ऐसे कोई अपराध नहीं करेगा. फॉर एग्जांपल माय पॉइंट इज आज ये जो जो. लोगों का ट्रेंड निकला है ना जिन. क्रिमिनल्स का वो लोग सारे क्या देते हैं. हालात की मजबूरी ने मुझे क्रिमिनल बना. दिया या टेररिस्ट क्या बोलते हैं मुझे. हालात की मजबूरी ने सरकार की नाइंसाफी ने.
बना दिया माय पॉइंट इज व्हाई डोंट एवरीवन. बिकम ट्राई टू बिकम अ गैंगस्टर व्हाई एवरी. मैन इज नॉट बिकमिंग टेररिस्ट तो यह एक. इनसिक्योरिटी है जो उनको ड्राइव करती है. इस तरह करने के लिए अदर वाइज पीपल नो कि. उनको चॉइस क्या करनी है फॉर एपल आज जितने. भी लोग हैं जो जो फॉर एग्जांपल क्रिमिनल. बने हैं दे लवेज हैड द चॉइस टू बिकम गुड. पीपल नहीं बने उ उनको. उनको पुलिस एनकाउंटर कर देगी या उनके पास. कोई और लेजिटिमेसी.
रहना है वरना उनको भाई गैंगस्टर मार देगा. मतलब सम र द अदर सिक्योरिटी जज काइंड ऑफ य. वीक लग रहा है खुद में तो पावरफुल बनना हा. बस मतलब उनको बेसिकली द पॉइंट इ उनको. कॉन्फिडेंट होना चाहिए उनको ये होना चाहिए. कि मैं जों लाइफ में जो हूं जिंदगी में. मुझे ये नहीं करना है एंड बस इसके वजह से. जो है वो लोग लाइफ में ये बुरा रास्ता. सारे गैंगस्टर्स में ये सिमिलर होता है. इनसिक्योरिटी इज देयर इन एवरी वेर इन एवरी. गैंगस्टर परफेक्ट थैंक यू सो मच थंक य राज. स्पेंडिंग. टाइम थैंक य बहुत बहुत.
[संगीत]. शुक्रिया. [संगीत]. हेलो ने की जो इत्तेफाक से दिल में ब सो. नाइस टू मीट यू प्लेजर ऑफ मीटिंग यू सर एक. किताबें नहीं बहुत.
किताबें मुझे बैट किसी ने समझाया एक फिल्म. मेकर ने और एक आदमी ने कि तुमको जाके राज. चमारी से कुछ सीखना चाहिए वो मुझसे बहुत. यंग आदमी है ऐसे गिल्ट ट्रिप में मत डालो. सर ऐसे नहीं है बिल्कुल दैट यू आर. ब्रेकिंग द केज ट्स अ फैंटास्टिक थिंग. थैंक यू सो मच ये एपिसोड एंड तक देखने के. लिए अब आपको तीन चीजें करनी है नंबर वन इस. चैनल को इसी टाइम सब्सक्राइब कर लो. क्योंकि जितना आप सब्सक्राइब करते हो उतनी. हमें हेल्प होती है कि हम और बेहतर और. बड़े गेस लेके आए आपके लिए ताकि आपको. ज्यादा से ज्यादा हम वैल्यू डिलीवर कर. पाएं नंबर टू मुझे अभी कमेंट्स में बताओ.
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विल सी यू नेक्स्ट टाइम अटिल देन कीप. फिगरिंग आउट. [संगीत].
